Sunday, July 5, 2026 5:38 am

Stock Market: सेंसेक्स की बड़ी छलांग, मार्केट खुलते ही दौड़ा बाजार, सेंसेक्स 1600 और निफ्टी 500 के पार

मुंबई मंगलवार को शेयर मार्केट फिर से झूम उठी। तीन दिन बंद रहने के बाद मंगलवार को सेंसेक्स और निफ्टी, दोनों में तेजी आई। मंगलवार को सेंसेक्स 1600 से ज्यादा अंकों की तेजी के साथ 76,852.06 अंक पर खुला। वहीं निफ्टी ने भी ऊंची छलांग लगाई और यह 500 से ज्यादा अंकों की बढ़त के साथ 23,368.35 अंक पर खुला। इससे पहले शुक्रवार को भी मार्केट बढ़त के साथ बंद हुई थी। शुक्रवार को सेंसेक्स 1,310 अंक की बढ़त के साथ 75,157 पर और निफ्टी 429 अंक की तेजी के साथ 22,828 पर बंद हुआ था। शेयर बाजार में तेजी की वजह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से टैरिफ यानी टैक्स को 90 दिनों के लिए टालने को माना जा रहा है। ट्रंप ने दो अप्रैल को अमेरिका को माल निर्यात करने वाले करीब 60 देशों पर टैरिफ लगाया था। शुक्रवार को बाजार में तेजी का नेतृत्व ऑटो और फार्मा शेयरों ने किया। निफ्टी ऑटो इंडेक्स 2.03 प्रतिशत और निफ्टी फार्मा इंडेक्स 2.43 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ था। इसके अलावा, पीएसयू बैंक, फाइनेंशियल सर्विसेज, मेटल, एनर्जी और मीडिया के साथ सभी इंडेक्स हरे निशान में बंद हुए थे। सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती के कारण छुट्टी थी। क्यों आई तेजी? शेयर मार्केट में तेजी दुनिया भर के बाजारों में आई तेजी और व्यापार को लेकर तनाव कम होने की उम्मीद के कारण है। अमेरिका की सरकार ने कुछ ऐसे संकेत दिए हैं जिससे लग रहा है कि वे टैरिफ में कुछ राहत दे सकते हैं। खासकर सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स के क्षेत्र में। वहीं निवेशकों को लग रहा है कि यह चीन के साथ एक बड़े व्यापार समझौते की ओर एक कदम हो सकता है। दुनिया के मार्केट में दिखा असर ट्रंप के इन फैसलों का असर दुनियाभर के शेयर बाजार में देखने को मिला। सोमवार को एशिया, यूरोप और अमेरिका के बाजार तेजी के साथ बंद हुए थे। अमेरिका की बड़ी टेक कंपनियों के शेयरों में प्री-मार्केट ट्रेडिंग में 6 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़त देखी गई। एशियाई बाजारों की बात करें तो ज्यादातर में तेजी रही। ताइवान का वेटेड इंडेक्स 1.6 फीसदी से ज्यादा बढ़ा। दक्षिण कोरिया का KOSPI 0.79 फीसदी ऊपर गया, जापान का निक्केई 225 0.88 फीसदी ऊपर गया और हांगकांग का हैंग सेंग इंडेक्स 0.07 फीसदी ऊपर गया। एसआईपी से भी मिला सहारा भारतीय निवेशकों का बाजार पर भरोसा बना हुआ है। मार्च में नकदी की कमी के बावजूद, भारतीय SIP निवेशकों ने इक्विटी म्यूचुअल फंड में 25,000 करोड़ रुपये से ज्यादा का निवेश किया है। इससे बाजार को काफी सहारा मिला है। विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने 11 अप्रैल को पिछले सत्र में 2,519 करोड़ रुपये निकाले। वहीं, घरेलू संस्थागत निवेशक (DII) 3,759 करोड़ रुपये का निवेश करके नेट खरीदार बने रहे। recent visitors 45

1000 मिनटों तक UPI के जरिए पैसों का नहीं हो सका लेन-देन, 5 साल में 17 बार हुआ क्रैश

नई दिल्ली पिछले दिनों UPI के एक महीने में तीसरी बार ठप होने की वजह से इस पर चर्चा शुरू हो गई है। वहीं अब UPI डाउन होने को लेकर कुछ डेटा निकल कर सामने आया है। NPCI के आंकड़ों के अनुसार, मार्च 2020 से लेकर मार्च 2025 तक कुल 17 बार UPI ठप रहा। इस दौरान लगभग 1000 मिनटों तक UPI के जरिए पैसों का कोई लेन-देन नहीं हो सका। बता दें कि NPCI की वेबसाइट पर फिलहाल अप्रैल 2025 में इसके ठप होने का डेटा अपडेट नहीं किया गया है। इसे लेकर सोशल मीडिया साइट X पर NPCI ने यह बयान दिया था- ‘NPCI को रुक-रुक कर तकनीकी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, जिससे UPI लेनदेन में गिरावट आ रही है।’ NPCI ने इसे लेकर खेद जताया और माफी भी मांगी। जुलाई 2024 में सबसे ज्यादा देर ठप रहा UPI डेटा से पता चला है कि जुलाई 2024 में सबसे ज्यादा देर के लिए UPI ठप रहा था। उस महीने में यह 207 मिनट बंद रहा। वहीं जानकारी यह भी दी गई है कि UPI का अपटाइम हर महीने 99% से ज्यादा रहा है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि 1 घंटे के लिए UPI ठप होने का मतलब है कि तकरीबन 4 करोड़ UPI लेनदेन का प्रभावित होना। बता दें कि मार्च में UPI के जरिये रोजाना औसतन 59 करोड़ का लेनदेन हुआ। 26 मार्च को UPI पहली बार ठप हुआ था और उस दिन 55 करोड़ का लेनदेन हुआ, जो इससे पिछले दिन किए गए 58.1 करोड़ के लेनदेन से 7% कम है। उठ चुकी है UPI पर चार्ज लगाने की मांग बता दें कि पेमेंट काउंसिल ऑफ इंडिया इस तरीके की तकनीकी खामियों से निपटने के लिए PM मोदी से जीरो मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) नीति पर पुनर्विचार करने की मांग कर चुका है। इसके लिए पेमेंट काउंसिल ऑफ इंडिया ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखा था। दरअसल पेमेंट काउंसिल ऑफ इंडिया चाहता है कि UPI और रुपे डेबिट कार्ड के ट्रांजेक्शन पर 0.3% का चार्ज लगाया जाए। बताया यह भी जा रहा है कि छोटे व्यापारियों के लिए किसी भी तरह की फीस को न लगाते हुए बड़े व्यापारियों को इस दायरे में लाने पर बात चल रही है। बताया जा रहा कि इस चार्ज का इस्तेमाल UPI सिस्टम को मेंटेन करने के लिए किया जाएगा। किसकी कितनी हिस्सेदारी हाल के दिनों में UPI पर दो कंपनियों का वर्चस्व देखने को मिला है। NPCI के आंकड़ों के अनुसार मार्च में UPI से होने वाले लेनदेन में 47.25% हिस्सा phonepe का रहा। वहीं दूसरे नंबर पर 36.04% हिस्सेदारी के साथ google pay रहा। वहीं अब paytm की हिस्सेदारी 6.67% रह गई है। recent visitors 47

नए युग की तकनीक पर ₹10000 करोड़ का स्टार्टअप फंड होगा खर्च

 नई दिल्ली वाणिज्य व उद्योग मंत्रालय ने स्टार्टअप्स के लिए 10,000 करोड़ रुपये की दूसरी फंड ऑफ फंड्स योजना (एफएफएस) से जुड़ा बड़ा एलान किया है। सरकार के अनुसार, इसका एक बड़ा हिस्सा नये युग की प्रौद्योगिकी, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) और मशीन निर्माण जैसे क्षेत्रों के उभरते उद्यमियों को आवंटित किया जा जाएगा। स्टार्टअप्स की मदद के लिए 2016 की तर्ज पर नई योजना बजट में सरकार ने 10,000 करोड़ रुपये के कोष के साथ एक नई एफएफएस की घोषणा की है। 2016 में भी सरकार ने इसी तरह की योजना शुरू की थी। एक अधिकारी ने कहा, "हम 10,000 करोड़ रुपये के इस फंड का बड़ा हिस्सा नए युग की तकनीक, एआई और मशीन निर्माण के लिए समर्पित करने जा रहे हैं।" वर्ष 2016 की यह योजना घरेलू उद्यमों में पूंजी निवेश को बढ़ावा देने के लिए शुरू की गई थी। इसका संचालन भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) की ओर से किया जाता है। इसके तहत भारतीय प्रतिभूति व विनिमय बोर्ड (सेबी) में पंजीकृत एआईएफ (वैकल्पिक निवेश कोष) को पूंजी प्रदान की जाती है, जो बदले में स्टार्टअप्स में निवेश करते हैं। 16 जनवरी 2016 को शुरू की गई थी स्टार्टअप इंडिया पहल अधिकारी ने उम्मीद जताई है कि कि सिडबी ही दूसरी योजना का भी प्रबंधन करेगा। नवाचार को बढ़ावा देने और स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए देश में एक मजबूत पारिस्थितिकी तंत्र बनाने के इरादे से सरकार ने 16 जनवरी, 2016 को स्टार्टअप इंडिया पहल शुरू की थी। सरकार की पात्रता शर्तों के अनुसार, स्टार्टअप इंडिया पहल के तहत संस्थाओं को विभाग की ओर से 'स्टार्टअप' के रूप में मान्यता दी जाती है। अब तक 55 से अधिक उद्योगों में 1,50,000 से अधिक संस्थाओं को स्टार्टअप के रूप में मान्यता दी गई है। ये इकाइयां स्टार्टअप इंडिया कार्य योजना के अंतर्गत कर और गैर-कर प्रोत्साहन प्राप्त करने के पात्र हैं। recent visitors 54

टूट गईंचेन्नई सुपर किंग्स की हार की बेड़ियां, धोनी और दुबे का कमाल; लखनऊ को 5 विकेट से हराया

लखनऊ इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 के मैच नंबर-30 में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) ने लखनऊ सुपरजायंट्स को 5 विकेट से हराया. दोनों टीमों के बीच यह मुकाबला लखनऊ के भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी इकाना क्रिकेट स्टेडियम में खेला गया. इस मैच में टॉस जीतकर चेन्नई ने पहले गेंदबाजी का फैसला लिया था. लखनऊ की टीम पहले बैटिंग करते हुए पंत की फिफ्टी के दम पर सीएसके के सामने 167 रनों का लक्ष्य दिया था. इसके जवाब में उतरी सीएसके ने 20वें ओवर में यह लक्ष्य हासिल कर लिया. धोनी ने 10 गेंदों में 26 रनों की नाबाद पारी खेली. ऐसी रही चेन्नई की बल्लेबाजी 167 रनों के जवाब में उतरी सीएसके की शुरुआत बेहद शानदार रही. शेख रसीद और रचिन रविंद्र ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की. हालांकि, 5वें ओवर में शेख रसीद आउट हो गए. उनके बल्ले से 27 रन निकले. हालांकि, 8वें ओवर में रविंद्र का विकेट गिरा. उनके बल्ले से 37 रन निकले. इसके बाद अगले ही ओवर में राहुल त्रिपाठी भी आउट हो गए. जडेजा भी कमाल नहीं कर सके और 7 रन बनाकर आउट हो गए. इसके बाद 15वें ओवर में विजय शंकर भी 9 रन बनाकर आउट हो गए. इसके बाद महेंद्र सिंह धोनी ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की. धोनी ने 11 गेंद में 26 रन बनाए. वहीं, शिवम दुबे ने 43 रन बनाए. जिसके दम पर चेन्नई ने 20वें ओवर में ये मैच जीत लिया. लगातार 5 मैचों में मिली हार के बाद सीएसके को ये जीत मिली है. पहले बल्लेबाजी करने उतरी लखनऊ की शुरुआत अच्छी नहीं रही. पहले ही ओवर में खलील अहमद ने मारक्रम को आउट किया. इसके बाद निकोलस पूरन भी चौथे ओवर में कंबोज का शिकार हो गए. पूरन के बल्ले से केवल 8 रन निकले. इसके बाद पंत और मार्श के बीच अच्छी साझेदारी हुई लेकिन 10वें ओवर में जडेजा ने मार्श को बोल्ड कर दिया. इसके बाद 14वें ओवर में जडेजा ने अच्छी लय में दिख रहे बदोनी को आउट कर दिया. बदोनी के बल्ले से केवल 22 रन निकले. लेकिन ऋषभ पंत एक छोर पर डटे रहे. पंत ने 63 रनों की पारी खेली. इसके दम पर लखनऊ ने चेन्नई को 167 रनों का टारगेट दिया. 167 रनों के जवाब में उतरी सीएसके की शुरुआत बेहद शानदार रही. शेख रसीद और रचिन रविंद्र ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की. हालांकि, 5वें ओवर में शेख रसीद आउट हो गए. उनके बल्ले से 27 रन निकले. हालांकि, 8वें ओवर में रविंद्र का विकेट गिरा. उनके बल्ले से 37 रन निकले. इसके बाद अगले ही ओवर में राहुल त्रिपाठी भी आउट हो गए. जडेजा भी कमाल नहीं कर सके और 7 रन बनाकर आउट हो गए. इसके बाद 15वें ओवर में विजय शंकर भी 9 रन बनाकर आउट हो गए. इसके बाद महेंद्र सिंह धोनी ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की. धोनी ने 11 गेंद में 26 रन बनाए. वहीं, शिवम दुबे ने 43 रन बनाए. जिसके दम पर चेन्नई ने 20वें ओवर में ये मैच जीत लिया. लगातार 5 मैचों में मिली हार के बाद सीएसके को ये जीत मिली है. पहले बल्लेबाजी करने उतरी लखनऊ की शुरुआत अच्छी नहीं रही. पहले ही ओवर में खलील अहमद ने मारक्रम को आउट किया. इसके बाद निकोलस पूरन भी चौथे ओवर में कंबोज का शिकार हो गए. पूरन के बल्ले से केवल 8 रन निकले. इसके बाद पंत और मार्श के बीच अच्छी साझेदारी हुई लेकिन 10वें ओवर में जडेजा ने मार्श को बोल्ड कर दिया. इसके बाद 14वें ओवर में जडेजा ने अच्छी लय में दिख रहे बदोनी को आउट कर दिया. बदोनी के बल्ले से केवल 22 रन निकले. लेकिन ऋषभ पंत एक छोर पर डटे रहे. पंत ने 63 रनों की पारी खेली. इसके दम पर लखनऊ ने चेन्नई को 167 रनों का टारगेट दिया. recent visitors 33

छत्तीसगढ़ के कई जिलों में अगले चार-पांच दिन बारिश का अलर्ट

रायपुर छत्तीसगढ़ में रविवार शाम से मौसम ने करवट ली है. राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के एक-दो स्थानों पर तेज आंधी के साथ ही हल्की से मध्यम बारिश हुई है. वहीं आज भी मौसम विभाग ने प्रदेश के 7 जिलों में आंधी-तूफान के साथ बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है. अगले 3 घंटों में बेमेतरा, बिलासपुर, गौरेला पेंड्रा मरवाही, कबीरधाम, खैरगढ़ छुईखदान गंडई, कोरबा, मुंगेली में अलग-अलग स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है. अगले 5 दिनों तक प्रदेश में मौसम का मिजाज ऐसे ही बने रहने की संभावना है. अगले 48 घंटों में 2-3 डिग्री लुढ़केगा पारा मौसम विभाग के अनुसार, समुद्र तल पर चक्रवाती परिसंचरण बनने के कारण मौसम में बदलाव आया है. इसके प्रभाव से छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिनों तक तेज हवा के साथ हल्की बारिश होने की संभावना बनी रहेगी. आज 14 अप्रैल से बादल गरजने के साथ तेज हवा की गतिविधि बढ़ने की संभावना है. वहीं अगले 48 घंटों में अधिकतम तापमान में 2 डिग्री की गिरावट होने और आगामी दिनों में अधिकतम तापमान में 2-3 डिग्री की बढ़ोतरी होगी. बीते दिन ऐसा रहा प्रदेश का मौसम बीते दिन एक्टिव सिस्टम के चलते प्रदेश के बस्तर संभाग के कुछ इलाकों में तेज बारिश हुई. कोंडागांव में आंधी-बारिश के साथ ओले भी गिरे. कई घरों के छप्पर उड़ गए हैं. सड़कों पर पानी भर गया. वहीं सरगुजा संभाग में भी तापमान में गिरावट दर्ज की गई. राजधानी में मौसम का पूर्वानुमान रायपुर में 14 अप्रैल को आकाश आंशिक मेघमय रहने और चमक गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है. अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमशः 40 और 25 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है. बीते दिन ऐसा रहा प्रदेश का तापमान शहर अधिकतम तापमान न्यूनतम तापमान रायपुर 39.8°C 25.5°C बिलासपुर 38°C 24.7°C जीपीएम 35°C 23.4°C अंबिकापुर 33.9°C 21.6°C राजनांदगांव 42°C 25°C जगदलपुर 37.3°C 22°C     recent visitors 33

मार्च में यूपीआई के जरिए 18.30 अरब का हुए लेनदेन

नई दिल्ली भारत में यूपीआई लेनदेन लगातार बढ़ रहा है। मार्च में यूपीआई के जरिए लेनदेन में 13.6 फीसदी का इजाफा हुआ है। यूपीआई पेमेंट के लिए लोग बड़ी संख्‍या में फोनपे, गूगलपे और पेटीएम जैसे ऐप्‍स का इस्‍तेमाल करते हैं। यूपीआई पेमेंट इसलिए भी सुर्खियों में है, क्‍योंकि हाल में लोगों को इसकी वजह से परेशान होना पड़ा है। यूपीआई डाउन होने से लोग पेमेंट, फंड ट्रांसफर जैसे जरूरी काम नहीं कर पाए। सोशल मीडिया में यूजर्स ने तीखी प्रतिक्र‍िया के साथ मजेदार कमेंट्स किए कि जेब में वॉलेट और वॉलेट में पैसे हमेशा रखने चाहिए। इन सबके बावजूद यूपीआई पेमेंट की ग्रोथ जारी है। ऐसे में यह जानना भी जरूरी है कि भारत के टॉप 5 यूपीआई ऐप्‍स कौन से हैं। भारत में टॉप 5 यूपीआई ऐप्‍स आंकड़ों के अनुसार, मार्च 2025 में भारत के टॉप 5 यूपीआई ऐप्‍स में फोनपे, गूगलपे, पेटीएम, नावी और सुपरमनी ऐप शामिल हैं। सुपरमनी ऐप ने फरवरी में ही क्रेड को पांचवीं पोजिशन से नीचे धकेला था। आंकड़ों से पता चलता है कि 47.25% मार्केट शेयर के साथ फोनपे सबसे आगे है। गूगलपे का मार्केट शेयर 36.04 फीसदी है। यह दोनों पेमेंट ऐप यूपीआई पेमेंट का 83 फीसदी मार्केट शेयर रखते हैं। एक जमाने में बेहद पॉपुलर रहा पेटीएम 6.67 फीसदी मार्केट शेयर रखता है। लिस्‍ट में इसके बाद मौजूद यूपीआई ऐप्‍स छोटे-छोटे मार्केट शेयर के साथ अपनी मजबूती बनाए हुए हैं। भीम ऐप की क्‍या है पोजिशन भीम ऐप की पोजिशन पर बात करने से पहले क्रेड के बारे में बताना जरूरी है। फरवरी में क्रेड को सुपरमनी ऐप ने पांचवीं पोजिशन से हटाया था और मार्च में इस ऐप को एक्सिस बैंक ऐप ने छठी पोजिशन से हटाकर सातवें नंबर पर कर दिया। एक्सिस बैंक अब छठे नंबर पर है। उसके बाद क्रेड और 8वें नंबर पर आता है भीम ऐप। हाल के दिनों में भीम ऐप एडवांस हुआ है और इसका यूजर बेस लगातार बढ़ रहा है। भीम ऐप को एनपीसीआई ने डेवलप किया है। हाल में भीम 3.0 लॉन्‍च किया गया है, जिसका रोलआउट इस महीने से शुरू होने वाला है। भीम ऐप के बाद एमेजॉनपे और मोबिक्विक का नंबर आता है। मार्च में हुआ कितना लेनदेन यूपीआई के जरिए होने वाला लेनदेन लगातार बढ़ रहा है। यह 13.6 फीसदी बढ़ा है। आंकड़ों से पता चलता है कि कुल 18.30 अरब लेनदेन मार्च में हुए। यह दर्शाता है कि लोग पहले से ज्‍यादा यूपीआई ऐप्‍स का इस्‍तेमाल कर रहे हैं। यूपीआई पेमेंट में सबसे आगे रहा फोनपे, जिसके जरिए 864.7 करोड़ लेनदेन किए। यह कुल UPI लेनदेन का 47.25% है। कुल 12.57 लाख करोड़ रुपये का लेनदेन हुआ। यह कुल UPI लेनदेन का 50.74 फीसदी है। यूपीआई डाउन होने से न‍िराश यूजर्स हाल के दिनों में कई बार यूपीआई डाउन होने से लोगों को परेशानी हुई है। पीक आवर्स में यूपीआई पेमेंट नहीं हो पाने से लोग दिक्‍कत में आए हैं, क्‍योंकि अब लोगों ने वॉलेट रखना या वॉलेट में पैसे रखना कम कर दिया है। बीते शनिवार को भी यूपीआई पेमेंट डाउन रहा। खास बात है कि एनपीसीआई हर बार तकनीकी गड़बड़ी की बात कहता है। यूपीआई डाउन होने पर सोशल मीडिया में भी लोग मजेदार जोक शेयर करते हैं। हाल ही में एक यूजर ने लिखा था कि आज तो बर्तन धोने ही पड़ेंगे। उसका इशारा रेस्‍टोरेंट में यूपीआई पेमेंट नहीं होने की ओर था। शनिवार से पहले 2 अप्रैल को भी कुछ बैंकों के यूपीआई पेमेंट सर्वर में परेशानी आ गई थी। recent visitors 39

पेट्रोल, डीज़ल और CNG से चलने वाली गाड़ियों पर आ सकते हैं कई नए नियम

नई दिल्ली राजधानी दिल्ली में आगामी कुछ दिन स्वास्थ्य और परिवहन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण होने जा रहे हैं. दिल्ली के स्वास्थ्य, परिवहन और आईटी मंत्री डॉ. पंकज सिंह ने कई अहम घोषणाएं कीं, जिनमें आने वाली EV पॉलिसी से लेकर स्वास्थ्य ढांचे में हो रहे सुधारों तक, दिल्ली सरकार की व्यापक योजनाएं शामिल हैं. दिल्ली सरकार आज नई इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) 2.0 पॉलिसी का ऐलान कर सकती है. इस नीति के लागू होने के बाद राजधानी में पेट्रोल, डीज़ल और CNG से चलने वाली गाड़ियों पर कई नए नियम आ सकते हैं. डॉ. पंकज सिंह ने बताया कि दिल्ली सरकार 15 अप्रैल को “EV 2.0 पॉलिसी” की घोषणा करने जा रही है, जिसका उद्देश्य वाहनों से होने वाले प्रदूषण को न्यूनतम स्तर तक लाना है. उन्होंने स्पष्ट किया कि दिल्ली की वायु गुणवत्ता में सुधार लाने के लिए सरकार इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को प्राथमिकता दे रही है. इसके अंतर्गत सरकार अगले 10 दिनों में नई इलेक्ट्रिक बसें भी लॉन्च करने जा रही है, जिससे सार्वजनिक परिवहन प्रणाली और अधिक पर्यावरण-मित्र बन सके. डॉ. सिंह के अनुसार, किसी भी देश के विकास में ट्रांसपोर्टेशन एक प्रमुख कड़ी होता है, और दिल्ली सरकार इसी सोच के साथ आगे बढ़ रही है. पिछले 15 दिनों में दिल्ली की स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में भी कई बड़े कदम उठाए गए हैं. 5 अप्रैल को दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार के बीच “आयुष्मान भारत योजना” को राजधानी में लागू करने हेतु एक महत्वपूर्ण समझौता (MOU) हुआ. इसके बाद 10 अप्रैल से इस योजना के अंतर्गत रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई. EV चार्जिंग स्टेशनों की संख्या बढ़ाई जाएगी दिल्ली में इलेक्ट्रिक वाहन (EV) चार्जिंग स्टेशनों और बैटरी स्वैपिंग केंद्रों की संख्या को बढ़ाने के लिए नई पॉलिसी लागू की जाएगी, जिससे चार्जिंग की सुविधा अधिक सुलभ हो सके. वर्तमान में, दिल्ली में 1,919 इलेक्ट्रिक चार्जिंग स्टेशंस, 2,452 चार्जिंग प्वाइंट्स और 232 बैटरी स्वैपिंग केंद्र हैं. इस पॉलिसी के तहत, दिल्ली में 13,200 सार्वजनिक चार्जिंग पॉइंट्स स्थापित करने का प्रस्ताव है, जिससे हर 5 किलोमीटर के भीतर एक चार्जिंग स्टेशन उपलब्ध हो सकेगा. महिलाओं को 36 हजार तक की सब्सिडी इस पॉलिसी के कार्यान्वयन के बाद, दिल्ली की पहली 10,000 महिलाओं को दो पहिया इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर सरकार 36,000 रुपये तक की सब्सिडी प्रदान कर सकती है. इसके अतिरिक्त, पुरुषों और पहले 10,000 महिलाओं के बाद अन्य महिलाओं को 2030 तक दो पहिया इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर 30,000 रुपये की सब्सिडी मिल सकती है. इसके अलावा, यदि कोई नया इलेक्ट्रिक ऑटो (L5M श्रेणी) खरीदता है, तो सरकार ₹10,000 प्रति किलोवाट के हिसाब से ₹45,000 तक की सब्सिडी दे सकती है. चार पहिया इलेक्ट्रिक कमर्शियल वाहन खरीदने पर सरकार ₹75,000 तक की सब्सिडी और चार पहिया कार पर डेढ़ लाख रुपये की सब्सिडी प्रदान कर सकती है, जिसमें कार की अधिकतम कीमत 20 लाख रुपये तक हो सकती है. क्या हो सकते हैं बड़े बदलाव?    •  15 अगस्त 2026 से पेट्रोल और CNG दोपहिया गाड़ियों की बिक्री बंद हो सकती है.   • 15 अगस्त 2025 से दिल्ली में नए पेट्रोल, डीज़ल और CNG थ्री-व्हीलर (जैसे ऑटो) का रजिस्ट्रेशन नहीं होगा.  •  जो CNG ऑटो 10 साल पुराने हैं, उन्हें इलेक्ट्रिक ऑटो में बदलना अनिवार्य हो जाएगा. तीसरी गाड़ी सिर्फ इलेक्ट्रिक सूत्रों के मुताबिक, अगर किसी व्यक्ति के नाम पर पहले से दो पेट्रोल या डीज़ल गाड़ियां रजिस्टर्ड हैं, तो उसके नाम पर तीसरी गाड़ी केवल इलेक्ट्रिक ही रजिस्टर होगी. सरकारी गाड़ियां भी होंगी इलेक्ट्रिक नई नीति के तहत दिसंबर 2027 तक दिल्ली नगर निगम (MCD), NDMC और जल बोर्ड की सभी गाड़ियां इलेक्ट्रिक हो जाएंगी. हर 5 किलोमीटर पर चार्जिंग स्टेशन  •  इस वक्त दिल्ली में 1,919 चार्जिंग स्टेशन, 2,452 चार्जिंग पॉइंट और 232 बैटरी स्वैपिंग सेंटर हैं.    • पॉलिसी के तहत 13,200 नई चार्जिंग पॉइंट्स लगाने का प्रस्ताव है, ताकि हर 5 किमी पर चार्जिंग की सुविधा मिले. महिलाओं और आम लोगों को मिलेगी सब्सिडी      •  पहली 10,000 महिलाएं अगर इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन खरीदती हैं, तो उन्हें 36,000 रुपए तक की सब्सिडी मिल सकती है.        •  बाकी लोगों को 10,000 रुपए प्रति किलोवाट की दर से 30,000 रुपए तक की सब्सिडी 2030 तक मिल सकती है. इलेक्ट्रिक ऑटो, कार और कमर्शियल वाहनों पर भी सब्सिडी       •    नया इलेक्ट्रिक ऑटो (L5M) खरीदने पर 45,000 रुपए तक की सब्सिडी.     •  चार पहिया कमर्शियल EV पर 75,000 रुपए तक की सब्सिडी.     •   चार पहिया कार (20 लाख तक की कीमत वाली) पर ₹1.5 लाख की सब्सिडी. स्क्रैपिंग पर मिलेगा अलग बोनस अगर कोई व्यक्ति 12 साल से कम पुरानी पेट्रोल या डीज़ल बाइक/स्कूटर स्क्रैप करता है, तो EV खरीदते समय उसे अतिरिक्त 10,000 रुपए मिल सकते हैं. लक्ष्य दिल्ली सरकार का लक्ष्य है कि 2027 तक रजिस्टर्ड होने वाली 95% नई गाड़ियां इलेक्ट्रिक हों. और 2030 तक यह आंकड़ा 98% तक पहुंच जाए. पॉलिसी कब तक लागू रहेगी? EV 2.0 पॉलिसी 31 मार्च 2030 तक लागू रहेगी. recent visitors 32