नई दिल्ली
न्यूजीलैंड ने बेंगलुरु टेस्ट में टीम इंडिया को 8 विकेट से हराकर ना सिर्फ तीन मैच की सीरीज में 1-0 की बढ़त बनाई है, बल्कि 1988 के बाद भारत में पहली जीत भी दर्ज की है। जी हां, कीवी टीम ने भारत को भारत में आखिरी बार 24 नवंबर 1988 को हराया था। इसके बाद टीम 10 टेस्ट हारी और 9 मुकाबले ड्रॉ रहे। 19 मैचों के बाद न्यूजीलैंड को अब भारत में एक बार फिर जीत नसीब हुई है। वहीं न्यूजीलैंड की यह टीम इंडिया के खिलाफ भारतीय सरजमीं पर 37 मैचों में मात्र तीसरी जीत है। 2024 और 1988 से पहले टीम ने पहला टेस्ट 1969 में जीता था।

भारत ने बेंगलुरु टेस्ट में टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला लिया था। पहला दिन बारिश की भेंट चढ़ने के बावजूद रोहित का यह फैसला क्रिकेट पंडितों की समझ के परे था। रोहित के इस गलत फैसले का खामियाजा भारत को उठाना पड़ा और टीम इंडिया मात्र 46 के स्कोर पर सिमट गई। भारत का यह घर पर टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में सबसे कम स्कोर है।

न्यूजीलैंड ने टीम इंडिया को इतने कम स्कोर पर समेट पहली पारी में 402 रन बनाए और 356 रनों की बढ़त हासिल की। कीवी टीम के लिए डेवोन कॉन्वे ने 91 तो रचिन रविंद्र ने शतक जड़ते हुए 134 रनों की पारी खेली। रचिन ने इस दौरान पूर्व कप्तान टिम साउदी के साथ 8वें विकेट के लिए 137 रनों की साझेदारी की जो टीम इंडिया पर काफी भारी पड़ी। साउदी ने इस दौरान 65 रनों की शानदार पारी खेली।

टीम इंडिया ने दूसरी पारी में शानदार कमबैक किया और बोर्ड पर 462 रन लगाए। सरफराज खान ने इस दौरान इंटरनेशनल मंच पर पहला शतक जड़ते हुए 150 रनों की पारी खेली, वहीं ऋषभ पंत ने 99 रन बनाए। पंत मात्र 1 रन से अपने शतक से चूके।

टीम इंडिया दूसरी पारी में 462 रनों के साथ पारी से तो हार टालने में कामयाब रही, मगर जीत के लिए भारत न्यूजीलैंड के सामने 107 रनों का टारगेट रखने में कामयाब हुआ। कीवी टीम ने इस स्कोर को 8 विकेट शेष रहते हासिल किया और सीरीज में बढ़त बनाई।

Loading spinner
यूजफुल टूल्स
QR Code Generator

QR Code Generator

Age Calculator

Age Calculator

Word & Character Counter

Characters: 0

Words: 0

Paragraphs: 0