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भाजपा ने कांग्रेस पर5600 करोड़ रुपए के अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स सिंडिकेट मामले में आरोप, स्पेशल सेल ने तुषार गोयल का नाम लिया

नई दिल्ली  5 हजार करोड़ रुपए के इंटरनेशनल ड्रग्स सिंडिकेट मामले के तार अब कांग्रेस से जुड़ते दिख रहे हैं। भारतीय जनता पार्टी ने आज बकायदा प्रेस कॉन्फ्रेंस कर देश की सबसे पुरानी पार्टी पर खूब हमला बोला। बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने पूछा कि आखिर कांग्रेस के इस व्यक्ति के ड्रग सिंडिकेट से क्या रिश्ते हैं? सुधांशु त्रिवेदी ने ये सारी बातें दिल्ली पुलिस की स्पेशल की ओर से किए गए खुलासे के आधार पर लगाए हैं। बीजेपी की प्रेस कॉन्फ्रेंस से पहले दिल्ली पुलिस ने बताया कि इंटरनेशनल ड्रग्स सिंडिकेट में मास्टरमाइंड तुषार गोयल का नाम सामने आया है, जो 2022 तक दिल्ली प्रदेश कांग्रेस के आरटीआई सेल का चेयरमैन रह चुका है। बीजेपी ने पूछ लिए राहुल गांधी से सवाल भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने प्रेस वार्ता में सीधे सांसद राहुल गांधी पर अटैक किया। बीजेपी के राज्यसभा सांसद ने राहुल को संबोधित करते हुए कहा कि अब लगता है मोहब्बत की दुकान में नफरत के सामान तो मिल ही रहे थे, अब नशे का सामान भी मिलने लगा है। सुधांशु त्रिवेदी ने आगे कहा कि मैं पूछना चाहता हूं कि आखिर इतने बड़े ड्रग सिंडिकेट के खुलासे से तुषार गोयल के क्या संबंध हैं? बीजेपी सांसद ने कहा कि हमारे पास यूथ कांग्रेस के चेयरमैन पद के लिए तुषार गोयल का नियुक्ति पत्र भी है। इस नियुक्ति पत्र में राहुल गांधी और सोनिया गांधी का भी जिक्र है। सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि तुषार गोयल की हरियाणा के कांग्रेस नेता और सांसद दीपेंद्र हुड्डा के साथ भी फोटो है। बीजेपी ने पूछा कि लोगों को जानने का हक है कि तुषार गोयल का आपसे क्या संबंध है? उन्होंने प्रेस वार्ता की मदद से तीन सवाल भी पूछे।भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने आगे कहा कि हमें कांग्रेस पार्टी, हुड्डा परिवार से जवाब चाहिए। सवाल1- इंटरनेशनल ड्रग्स सिंडिकेट के भंडाफोड़ के बाद जो इतनी रकम मिली है, क्या कांग्रेस के इस पदाधिकारी तुषार गोयल का इससे संबंध है? अगर हां तो क्यां कांग्रेस के पास पहले भी इससे जुड़े पैसे आ चुके हैं? सवाल 2- क्या ड्रग का यह पैसा विधानसभा चुनाव के लिए तो नहीं उपयोग में लाया जा रहा था? 5600 करोड़ रुपये का कांग्रेस से क्या संबंध है? क्या कांग्रेस को इस पैसे की जानकारी है? सवाल 3– क्या कांग्रेस के कुछ नेताओं का ड्रग डीलरों से कोई संबंध है? पार्टी ने इन्हें आश्वासन दिया हो कि हरियाणा में अगर सरकार बनी तो हम इस ड्रग मैनेजमेंट के लिए मार्ग प्रशस्त करेंगे? देश के युवाओं को सीधे नशे में धकेलने वाले इतने बड़े ड्रग्स कांड के आरोपी, तुषार गोयल, 'इंडियन यूथ कांग्रेस' के RTI सेल के चीफ, के साथ कांग्रेस के आधिकारिक पदाधिकारियों का सीधा संबंध दिखाता है कि अगर इन्हें थोड़ी सी भी शक्ति मिली, तो ये देश को किस गर्त में धकेल देंगे।   दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने किया खुलासा इंटरनेशनल ड्रग्स सिंडिकेट का खुलासा करते हुए दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने अपने खुलासे में बताया कि तुषार गोयल वह कांग्रेस के आरटीआई सेल का प्रमुख था, और उसने अपनी सोशल मीडिया प्रोफाइल पर आरटीआई सेल चेयरमैन, दिल्ली प्रदेश कांग्रेस लिखा है। इसके अलावा, गोयल ने "डिग्गी गोयल" के नाम से भी एक प्रोफाइल बनाई हुई है। जांच के दौरान, कई कांग्रेस नेताओं के साथ गोयल के फोटो भी सामने आए हैं। इस ड्रग्स सिंडिकेट के तार दुबई से जुड़े हुए पाए गए हैं। स्पेशल सेल की जांच में एक बड़े दुबई कारोबारी का नाम सामने आया है, जो कोकीन का प्रमुख सप्लायर है। यह जानकारी सामने आई है कि दुबई की 'डी' कंपनी ड्रग्स की खरीद-फरोख्त के लिए एक सेफ जोन के रूप में जानी जाती है और एजेंसियों को इस संबंध में पुख्ता जानकारी थी। इस मामले में मुंबई कनेक्शन भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि बड़ी मात्रा में कोकीन की खेप मुंबई भेजी जा रही थी। बता दें कि बुधवार को दिल्ली पुलिस ने ड्रग्स की अब तक की बड़ी खेप पकड़ी थी। अधिकारियों के अनुसार, 560 किलोग्राम से अधिक कोकीन और 40 किलोग्राम 'हाइड्रोपोनिक मारिजुआना' जब्त किया था। जब्त किए गए ड्रग्स की अनुमानित कीमत लगभग 5,620 करोड़ रुपए है। स्पेशल सेल टीम ने महिपालपुर से चार व्यक्तियों को गिरफ्तार किया। गोयल इस अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स गिरोह का प्रमुख वितरक बताया जा रहा है। 1 अक्टूबर को महिपालपुर में एक गोदाम के बाहर सबको गिरफ्तार किया गया, जहां 22 कार्टन में 547 किलोग्राम कोकीन और 40 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक मारिजुआना मिला। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 54

बंगला नंबर-5; पूर्व मुख्यमंत्री को मिल गया नया पता, सांसद आवास में रहेंगे AAP मुखिया

नई दिल्ली दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल शुक्रवार को अपना आवास खाली करेंगे। मुख्यमंत्री वाला घर छोड़कर केजरीवाल अब एक सांसद आवास में शिफ्ट होने जा रहे हैं। यह आम आदमी पार्टी के एक राज्यसभा सांसद के नाम आवंटित है, जो नई दिल्ली में फिरोजशाह रोड पर है। यानी आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक का नया पता है- बंगला नंबर 5, फिरोजशाह रोड, नई दिल्ली। मुख्यमंत्री पद से इस्तीफे के बाद आम आदमी पार्टी के नेताओं, पार्षदों, विधायकों और सांसदों ने केजरीवाल को अपना घर देने की पेशकश की थी। केजरीवाल के लिए एक ऐसे घर की तलाश थी जो पार्टी मुख्यालय से नजदीक हो। ऐसे में फिरोजशाह रोड स्थिति बंगला नंबर 5 का चुनाव किया गया। यहां रहने से केजरीवाल को कई फायदे होंगे। एक तरफ जहां वह अपनी विधानसभा सीट को साध सकते हैं तो दूसरी तरफ पार्टी मुख्यालय तक उनकी पहुंच आसान रहेगी। कथित शराब घोटाले में कई महीने जेल में रहकर निकले अरविंद केजरीवाल ने सीएम पद से इस्तीफा दे दिया था। नियम मुताबिक उन्हें सीएम आवास खाली करना है। अब इस घर में दिल्ली की नई मुख्यमंत्री आतिशी शिफ्ट होने जा रही हैं। अभी उनके नाम जो आवास आवंटित है उसमें दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया का परिवार रह रहा है। पहले यह आवास सिसोदिया के नाम आवंटित था। आम आदमी पार्टी ने कहा था कि केजरीवाल नवरात्रि के दौरान मुख्यमंत्री आवास खाली कर देंगे। इस आवास को लेकर काफी राजनीति भी होती रही है। भाजपा आरोप लगाती है कि केजरीवाल ने सीएम आवास में करोड़ों रुपए खर्च किए। भाजपा इसे शीशमहल कहकर केजरीवाल को घेरती रही है। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 42

केजरीवाल एक से दो दिनों में मुख्यमंत्री आवास खाली कर देंगे, नया घर तय, अब यहां करेंगे निवास

नई दिल्ली दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का नया घर तय हो गया है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, केजरीवाल एक से दो दिनों में मुख्यमंत्री आवास खाली कर देंगे और अपने विधानसभा क्षेत्र में एक नए घर में शिफ्ट होंगे। यह निर्णय उनके कामकाज की सुविधा और अपने निर्वाचन क्षेत्र के लोगों से निकटता को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। आपको बता दें कि पूर्व CM केजरीवाल ने 17 सितंबर को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था। जानकारी के अनुसार, वह दो दिन के भीतर सिविल लाइंस में 6, फ्लैगस्टाफ रोड स्थित मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास को खाली कर देंगे। इस बदलाव से उन्हें स्थानीय निवासियों के साथ और बेहतर संपर्क स्थापित करने का अवसर मिलेगा। नए आवास की तलाश आम आदमी पार्टी ने केजरीवाल के लिए ऐसा स्थान खोजा है, जो उनके काम के लिए सुविधाजनक हो और यात्रा में भी कोई दिक्कत न हो। इससे उन्हें शहर के विभिन्न क्षेत्रों और निवासियों से जुड़े रहने में मदद मिलेगी। पार्टी पहले ही यह घोषणा कर चुकी थी कि केजरीवाल जल्द ही मुख्यमंत्री आवास खाली करेंगे और नए आवास की तलाश की जा रही है। विधानसभा क्षेत्र से जुड़ाव केजरीवाल नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र के निकट एक घर तलाश रहे हैं ताकि वे वहां के लोगों से लगातार संपर्क में रह सकें। दिल्ली विधानसभा चुनाव नजदीक होने के कारण ‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक अपने समय और संसाधनों का पूरा उपयोग करना चाहते हैं। आवास की पेशकश पार्टी ने बताया कि विधायकों, पार्षदों और आम लोगों ने भी केजरीवाल के लिए आवास की पेशकश की है। डिफेंस कॉलोनी, पीतमपुरा, जोरबाग, चाणक्यपुरी, ग्रेटर कैलाश, वसंत विहार और हौज खास जैसे विभिन्न क्षेत्रों से उन्हें प्रस्ताव मिले हैं। लेकिन केजरीवाल का मानना है कि वे ऐसी जगह रहेंगे, जो उनके विधानसभा क्षेत्र के लोगों से मिलने में सहायक हो। केंद्र सरकार से मांग ‘आप’ ने केंद्र सरकार से यह मांग की है कि अरविंद केजरीवाल, जो एक राष्ट्रीय दल के प्रमुख हैं, उन्हें आधिकारिक आवास मुहैया कराया जाए। केजरीवाल अपनी पत्नी, बच्चों और बुजुर्ग माता-पिता के साथ रहते हैं, और इस कारण एक उपयुक्त आवास की आवश्यकता और भी बढ़ जाती है। इस मांग से पार्टी यह सुनिश्चित करना चाहती है कि केजरीवाल को राजनीतिक और व्यक्तिगत दोनों पहलुओं में सुविधाएं उपलब्ध हों। राजनीतिक पृष्ठभूमि राजनीति में आने से पहले केजरीवाल उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में रहते थे। उन्होंने 2013 में पहली बार दिल्ली के मुख्यमंत्री के रूप में पद ग्रहण किया और तिलक लेन में एक बंगले में रहे। 2015 में दूसरी बार मुख्यमंत्री बनने के बाद, वे फ्लैगस्टाफ रोड पर स्थित आवास में निवास करते थे। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 46

नोएडा अथॉरिटी की बोर्ड बैठक में नए नियम के साथ अब बिल्डर नहीं कर पाएंगे बायर्स के साथ धोखाधड़ी

नोएडा नोएडा अथॉरिटी की बोर्ड बैठक में जल्द ही नया नियम बनाने की तैयारी की जा रही है, जिसके बाद बिल्डर बायर्स के साथ धोखाधड़ी नहीं कर पाएंगे और उन्हें फ्लैट की बुकिंग करने के साथ-साथ उसकी रजिस्ट्री भी करवानी होगी। इसके चलते सरकार को राजस्व का नुकसान भी नहीं होगा। अक्सर देखा गया कि बिल्डर मुनाफा कमाने के लिए एक ही फ्लैट कई लोगों को बेच देता है। वो अपना तो मुनाफा कमा लेता है, लेकिन इससे राजस्व की बड़ी हानि होती है। नोएडा प्राधिकरण की एसीईओ वंदना त्रिपाठी ने बताया कि क्योंकि नोएडा में त्री पक्षीय रजिस्ट्री होती है। यहां जितनी बार भी फ्लैट बिकेगा प्राधिकरण को ट्रांसफर चार्ज देना होगा। जिसे तकनीकी रूप से ट्रांसफर ऑफ मेमोरेंडम कहते है। बिल्डर अब ये चालाकी नहीं कर सकेगा। नए नियम के तहत बिल्डर को एग्रीमेंट टू सेल करने के साथ ही बायर्स की रजिस्ट्री करानी होगी। जिससे बायर्स को मालिकाना हक मिलेगा। ऐसा करने से बायर्स का पूरा रिकॉर्ड प्राधिकरण में अपडेट हो जाएगा। इससे बिल्डर किसी दूसरे को फ्लैट नहीं बेच सकेगा। यदि ऐसा करता है तो बायर्स को प्राधिकरण से टीएम कराना होगा और चार्ज देना होगा। दूसरा बायर्स को समय से फ्लैट मिलेगा। अब तक ये व्यवस्था लागू नहीं थी। ऐसे में बिल्डर धोखे से एक ही फ्लैट को कई बार बेचकर मुनाफा कमाता था। साथ ही बायर्स के साथ भी धोखाधड़ी होती थी। ऐसे कई मामले रेरा और नोएडा के थानों में दर्ज है। जिसमें बिल्डर ने बायर्स से धोखाधड़ी करके एक ही फ्लैट कई लोगों को बेचा और सभी से टीएम के नाम पर पैसे लिए। नए नियम के तहत कोई बायर्स बिल्डर से फ्लैट खरीदने जाता है। बुकिंग के समय 10 प्रतिशत राशि देकर बिल्डर उसके पक्ष में एग्रीमेंट टू सेल एक्सक्यूट करेगा। साथ ही इस प्रॉपर्टी की वैल्यू के अनुसार स्टॉप ड्यूटी देते हुए इसे रजिस्टर कराना होगा। निर्माण पूरा होने के बाद पजेशन देते समय 100 रुपए के स्टांप पेपर पर पजेशन डीड रजिस्टर किया जा सकता है। नोएडा में सबसे बड़ी समस्या रजिस्ट्री नहीं होना है। यहां बिल्डरों ने प्राधिकरण का पैसा जमा नहीं किया। जिसके एवज में प्राधिकरण ने रजिस्ट्री रोक दी है। अमिताभ कांत सिफारिश के बाद बिल्डर से 25 प्रतिशत राशि लेकर रजिस्ट्री की जा रही है। नए नियम के तहत ऐसा कुछ नहीं होगा। जैसे ही बायर्स फ्लैट की राशि 10 प्रतिशत देकर बुकिंग कराएगा, उसी समय बिल्डर बायर्स के पक्ष में एग्रीमेंट टू सेल करते हुए कुल वैल्यू की स्टांप ड्यूटी देते हुए रजिस्ट्री कराएगा। एक बार रजिस्ट्री होने से बायर्स को मालिकाना हक मिलेगा। साथ ही डर समाप्त हो जाएगा कि उसका फ्लैट कही और नहीं बिका है। प्राधिकरण या सरकार को राजस्व मिलेगा। साथ ही बिल्डर की ओर से की जाने वाली हेराफेरी समाप्त होगी। इससे संबंधित एक पत्र नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना विकास प्राधिकरण को अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त की ओर से भेजा गया है। यमुना प्राधिकरण ने बोर्ड में प्रस्ताव लाकर इसे अपने यहां लागू कर दिया है। वहीं नोएडा प्राधिकरण की बोर्ड बैठक भी जल्द होने जा रही है। इस प्रस्ताव को बोर्ड में लाया जाएगा। वहां से अप्रूवल मिलते ही इसे लागू कर दिया जाएगा   Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 40

बदमाशों की पुलिस से मुठभेड़, एक को पुलिस ने पकड़ लिया है, जबकि दूसरा बदमाश फरार हुआ

नोएडा नोएडा पुलिस और बदमाशों के बीच बीती देर रात मुठभेड़ हुई है। जिसमें बाइक सवार बदमाशों में से एक को पुलिस ने पकड़ लिया है, जबकि दूसरा बदमाश फरार हो गया है। फरार बदमाश की तलाश की जा रही है। यह बदमाश स्क्रैप और अलग-अलग जगह से ही ई-रिक्शा चोरी करने का काम करते हैं। पुलिस ने जानकारी देते हुए बताया है कि 1 अक्टूबर को थाना सेक्टर-126 पुलिस द्वारा पुस्ता रोड पर चेकिंग की जा रही थी। तभी एक बाइक सवार दो संदिग्ध व्यक्तियों को चेकिंग के लिए रुकने का इशारा किया गया। जिस पर बाइक सवार बैरियर से बचकर भागने का प्रयास करने लगे जिससे उनकी मोटरसाइकिल डिवाइडर से टकराकर फिसल गई। बदमाशो ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर फायर कर दिया। पुलिस द्वारा की गई जवाबी कार्रवाई में एक बदमाश पैर में गोली लगने से घायल हो गया। जिसकी पहचान गौरव उर्फ तुषार के रूप में हुई है। बदमाश के कब्जे से एक मोटरसाइकिल जो गाजियाबाद से चोरी हुई थी, 1 अवैध तमंचा .315 बोर, एक खोखा व दो जिंदा कारतूस 315 बोर बरामद हुए हैं। घायल बदमाश का साथी अंधेरे में झाड़ियों का फायदा उठाकर भाग गया जिसकी तलाश के लिए कांबिंग की जा रही है। पुलिस ने बताया है कि पकड़ा गया बदमाश थाना सेक्टर-24 क्षेत्र के अंतर्गत ई रिक्शा व जेपी विशटाउन से स्क्रैप चोरी करने में शामिल था। घायल बदमाश को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। घायल बदमाश पर थाना 126 पर कई मामले दर्ज है और उसके आपराधिक इतिहास की जानकारी भी की जा रही है।   Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 42

सोचकर सीना चौड़ा हो जाता है कि महात्मा गांधी भारत में पैदा हुए थे, हम गांधी के वंशज हैं यह हमारा सौभाग्य है: राघव चड्ढा

नई दिल्ली आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने गांधी जयंती के अवसर पर महात्मा गांधी को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी। राघव चड्ढा ने एक वीडियो संदेश के जरिए कहा कि यह सोचकर सीना चौड़ा हो जाता है कि महात्मा गांधी भारत में पैदा हुए थे। हम गांधी के वंशज हैं यह हमारा सौभाग्य है। कितने खुशनसीब थे वह लोग जिन्होंने गांधी को देखा होगा। वह जितने मन से साहसी थे उतने ही मुलायम भी थे। अपनों के लिए लड़ते हुए भी दुश्मनों के प्रति नफरत ना रखने वाले गांधी का दिल इतना बड़ा था कि उन्होंने उसे भी माफ कर दिया जिसने उनको यातनाएं दीं, मारने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी की सत्य और हिंसा की ताकत ने दुनिया की सारी ताकतों को बौना कर दिया। गांधी के बारे में अल्बर्ट आइंस्टीन कहा करते थे कि आने वाली नस्लें इस बात पर यकीन नहीं कर पाएंगी कि हाड़ मांस का कोई पुतला ऐसा भी था जिसके करिश्मे के सामने दुनिया की सारी शक्तियां नतमस्तक हो गई। दक्षिण अफ़्रीका में पिछड़ों, शोषितों और अन्य वर्गों के अधिकार के लिए लड़ाई लड़ने वाले गांधी अपने देश के लोगों की गरीबी से अधीर होकर आधी धोती में पूरा जीवन गुजारने वाले थे। उन्होंने शक्तिशाली ब्रिटिश क्राउन की आंख में आंख डालकर उसकी तानाशाही का विरोध किया। गांधी केवल व्यक्तित्व नहीं थे, वह स्वयं में एक युग हैं। ऐसा युग जिसमें न्याय की लड़ाई है, ऐसा युग जिसमें अधिकारों के लिए संघर्ष है, ऐसा युग जिसमें इंसानियत और दूसरे का दुख महसूस करने का साहस है। उन्होंने कहा कि ऐसा युग जिसमें राम सिर्फ नाम नहीं, मर्यादा और कर्तव्य हैं। शायद यही कारण है कि गांधी के जाने के 76 साल बाद भी अमेरिका से लेकर यूरोप तक, अफ्रीका से लेकर ऑस्ट्रेलिया की गलियों तक आपको गांधी दिख जाएंगे। उनका कद कितना बड़ा है, उनका ओहदा कितना ऊंचा है। यह उनकी मूर्ति के सामने झुके हुए लोगों से पता चलता है। आज जब कोई हिंदुस्तानी भारत से बाहर किसी दूसरे देश में जाता है, तो वहां उसकी इज्जत इसलिए भी होती है क्योंकि वह गांधी के देश से आया है। रंगभेद से लड़ने वाले नेल्सन मंडेला जेल में लगभग तीन दशक गुजारने के बाद जब जेल से बाहर निकले तो मुस्कुराए, जिस पर पत्रकारों ने उनसे पूछा इतनी मुश्किल के बावजूद भी आप मुस्कुरा रहे हैं, तो मंडेला ने कहा, ‘मैंने गांधी को पढ़ा है।’ यह है गांधी की ताकत। सारी दुनिया में अहिंसात्मक आंदोलनों के प्रेरणा स्रोत हैं गांधी। राघव चड्ढा ने आगे कहा कि देश की आजादी के लिए गोली बंदूक, तोप और गोलों के खतरनाक अंजाम से बेफिक्र होकर गांधी निहत्थे लड़ते रहे। मार्टिन लूथर किंग ने गांधी जी के सिद्धांतों पर चलकर अपने देश में अफ्रीकी अमेरिकी को समानता का अधिकार दिलाया। जिस चार्ली चैपलिन के पीछे दुनिया दीवानी थी, वह चार्ली चैपलिन गांधी से मिलने के लिए बेताब रहते थे। आज दुनिया के सैकड़ों देशों में अनगिनत शहरों में आपको पतले दुबले लाठी टेके गांधी की प्रतिमा दिख जाएगी। जहां दुनिया की नामचीन विभूतियां झुक-झुक कर फूल अर्पित करती, फूल चढ़ाती नजर आएंगी। आज जब हम गांधी को याद करते हैं तो अपने इतिहास के गौरव को जिंदा करते हैं। उन्होंने आगे कहा कि जब बापू का नाम लेते हैं तो हिंदुस्तान की असली ताकत का एहसास करते हैं। गांधी भले इस दुनिया में नहीं, मगर दुनिया के दिलों में गांधी हैं। गांधी मोहब्बत की परंपरा बनकर हिंदुस्तान के सीने में धड़कते हैं। आज भी सत्य की पगडंडियों पर चलते हुए गांधी मिल जाएंगे आप बस उनको दिल से याद तो कीजिए।   Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 56

दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने ड्रग्स तस्करी करने वाला अंतरराष्ट्रीय गैंग का खुलासा, 2000 करोड़ की 500 KG कोकीन बरामद

नई दिल्ली दिल्ली पुलिस ने ड्रग्स की एक बहुत बड़ी खेप बरामद की है. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने करीब 2 हजार करोड़ रुपये की कोकीन बरामद की है. एक बरामदगी दक्षिण दिल्ली में एक छापे के बाद हुई है. दिल्ली पुलिस के अनुसार स्पेशल सेल ने करीब 565 किलो से ज्यादा कोकीन बरामद की है. इस मामले में 4 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. इस ड्रग्स की कीमत 2000 करोड़ रुपये आंकी गई है. पुलिस गिरफ्तार लोगों से कड़ाई से पूछताछ कर रही है और ये ड्रग्स राजधानी में किसके लिए गए थे, इसकी डिलीवरी किसको होनी थी, इस गिरोह के साथ कौन कौन से लोग जुड़े हैं. इन सवालों का जवाब तलाश रही है. दिल्ली पुलिस के अनुसार ये राजधानी अबतक की सबसे बड़ी ड्रग्स बरामदगी है. पुलिस इसे बड़ी कामयाबी मान रही है. रिपोर्ट के मुताबिक इस सप्लाई के पीछे इंटरनेशनल ड्रग सिंडिकेट काम कर रहा है. पुलिस अब इसकी जानकारी हासिल कर रही है. ये दिल्ली में कोकीन का अब तक का सबसे बड़ा सीजर है. कोकीन हाई प्रोफाइल पार्टी में इस्तेमाल होने वाला ड्रग्स है. पुलिस के अनुसार, यह गैंग काफी समय से दिल्ली और आस-पास के इलाकों में नशे की तस्करी कर रहा था और त्योहारों के अवसर पर भारी मात्रा में नशीले पदार्थों को बाजार में लाने की योजना बना रहा था। इस बड़ी खेप को पकड़कर दिल्ली पुलिस ने न केवल नशे की लत में फंसे लोगों की जिंदगी बचाई है, बल्कि ड्रग्स के खिलाफ अपनी कड़ी कार्रवाई का एक और उदाहरण पेश किया है। पकड़ी गई कोकीन की खेप की मात्रा और उसकी बाजार में कीमत ने पुलिस और प्रशासन को सकते में डाल दिया है। स्पेशल सेल के अनुसार, इस मामले में नार्को-टेरर एंगल की भी जांच की जा रही है। इसका मतलब है कि तस्करी से मिले पैसों का उपयोग आतंकवादी गतिविधियों में होने की आशंका भी है। इसलिए, इस मामले की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने अपनी जांच का दायरा और व्यापक कर दिया है और नार्कोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) और अन्य संबंधित एजेंसियों की भी मदद ली जा रही है। इस मामले में गिरफ्तार किए गए चार लोगों से पूछताछ के बाद यह जानकारी मिली है कि इस गैंग के तार कई देशों से जुड़े हुए हैं। यह अंतरराष्ट्रीय तस्कर नेटवर्क था जो विभिन्न देशों से ड्रग्स की तस्करी कर भारत में उन्हें बेचने की योजना बना रहा था। पुलिस को इस बात का भी अंदेशा है कि इसमें कई और लोग शामिल हो सकते हैं और जांच के जरिए इस पूरी तस्करी श्रृंखला का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। स्पेशल सेल की इस कार्रवाई से यह साफ हो गया है कि तस्करी के इस गिरोह का नेटवर्क न केवल दिल्ली बल्कि देश के अन्य हिस्सों तक भी फैला हुआ था। गिरफ्तार किए गए तस्करों में से कुछ विदेशियों के संपर्क में थे, जो ड्रग्स की आपूर्ति करते थे। इस मामले में पुलिस ने कई संदिग्ध लोगों की पहचान की है और उन्हें पकड़ने के लिए छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है। इसके अलावा, पुलिस उन स्थानों की भी जांच कर रही है जहां तस्करों ने कोकीन की खेप को छुपाने का प्रयास किया था। पुलिस की यह कार्रवाई एक बड़े अभियान का हिस्सा थी, जिसमें राजधानी में तस्करी के माध्यम से नशे के पदार्थों को फैलाने की कोशिश को नाकाम किया गया है। त्योहारों का समय होता है जब नशे का कारोबार तेजी से बढ़ता है और नशीले पदार्थों की मांग भी बढ़ जाती है। इसी का फायदा उठाने के लिए यह अंतरराष्ट्रीय गिरोह इतनी बड़ी खेप दिल्ली लाया था, जिसे पुलिस ने समय रहते पकड़ लिया। स्पेशल सेल के वरिष्ठ अधिकारी ने इस बात की पुष्टि की है कि पकड़ी गई कोकीन की क्वालिटी बहुत उच्च स्तर की है और इसे विभिन्न देशों से लाया गया था। गिरोह के सदस्यों से पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ है कि उनके पास कई फर्जी दस्तावेज थे, जिनकी मदद से वे आसानी से ड्रग्स की तस्करी कर रहे थे। पुलिस अब इन फर्जी दस्तावेजों के नेटवर्क को भी ध्वस्त करने की कोशिश कर रही है, ताकि भविष्य में ऐसे तस्करों को पकड़ा जा सके। इस पूरे मामले में सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि ड्रग्स की तस्करी का पैसा आतंकवादी गतिविधियों में भी इस्तेमाल किया जा सकता है। इसलिए, दिल्ली पुलिस इस मामले में नार्को-टेरर एंगल से भी जांच कर रही है। इस मामले को राष्ट्रीय सुरक्षा के दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि तस्करी के माध्यम से जुटाए गए पैसे का उपयोग देश की सुरक्षा को खतरे में डालने के लिए हो सकता है। दिल्ली पुलिस की इस बड़ी सफलता को देखते हुए केंद्रीय एजेंसियों ने भी इस मामले में दिलचस्पी दिखाई है और आगे की जांच में सहयोग कर रही हैं। नार्कोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो भी इस जांच में शामिल हो चुका है और ड्रग्स की तस्करी के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस ने इस बात के संकेत दिए हैं कि इस मामले में और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं, क्योंकि पकड़े गए तस्करों से मिली जानकारी के आधार पर कुछ और लोगों की पहचान हुई है। ड्रग्स की तस्करी का यह मामला दिल्ली की सुरक्षा व्यवस्था के लिए एक बड़ी चुनौती के रूप में सामने आया है। हालांकि, दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने अपने साहसिक और सूझबूझ भरे काम से न सिर्फ दिल्ली बल्कि देश के युवाओं को एक बड़ी मुसीबत से बचा लिया है। दिल्ली पुलिस का यह कदम नशे के खिलाफ एक महत्वपूर्ण संदेश देता है और ड्रग तस्करों को यह चेतावनी है कि कानून के हाथ लंबे हैं और वे कहीं भी छुप नहीं सकते। ड्रग्स की तस्करी समाज के लिए एक बड़ी चुनौती है, और यह घटना इस बात का प्रमाण है कि नशे के कारोबारी किस तरह से समाज को जकड़ने का प्रयास कर रहे हैं। दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई से न केवल तस्करों के हौसले पस्त हुए हैं, बल्कि यह उन लोगों के लिए भी एक संदेश है जो नशे के इस अवैध कारोबार में शामिल हैं। पुलिस प्रशासन … Read more