प्रधानमंत्री के आनंदपुर धाम दौरे से पहले सुरक्षा सख्त, 1930 से सक्रिय ट्रस्ट बना सामाजिक सरोकारों का केंद्र

भोपाल /अशोकनगर प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी 11 अप्रैल को उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश जाएंगे।  मोदी वाराणसी में सवेरे 11 बजे 3,880 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे। प्रधानमंत्री एक जनसभा को भी संबोधित करेंगे। इसके अलावा, केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी 10 अप्रैल को धार जिले के बदनावर से प्रदेश की राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे  मोदी इसके बाद मध्य प्रदेश जाएंगे और लगभग 3:15 बजे, ईसागढ़ में गुरु जी महाराज मंदिर में दर्शन और पूजा अर्चना करेंगे। प्रधानमंत्री इसके अलावा, लगभग 4:15 बजे, आनंदपुर धाम में एक सार्वजनिक कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे।  मोदी इस अवसर पर एक जनसभा को भी संबोधित करेंगे। प्रधानमंत्री के उत्तर प्रदेश में कार्यक्रम प्रधानमंत्री वाराणसी में 3,880 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे। श्री मोदी अवसंरचना के विकास, विशेष रूप से वाराणसी में सड़क संपर्क बढ़ाने की अपनी प्रतिबद्धता के अनुरूप इस क्षेत्र में विभिन्न सड़क परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे। प्रधानमंत्री इसके अलावा वाराणसी रिंग रोड और सारनाथ के बीच एक सड़क पुल, भिखारीपुर और मंडुआडीह क्रॉसिंग पर फ्लाईओवर और वाराणसी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एनएच -31 पर 980 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से एक राजमार्ग अंडरपास सड़क सुरंग की आधारशिला भी रखेंगे। प्रधानमंत्री विद्युत अवसंरचना को प्रोत्साहन देते हुए, वाराणसी मंडल के जौनपुर, चंदौली और गाजीपुर जिलों के दो 400 केवी और एक 220 केवी पारेषण उपकेंद्र और संबंधित पारेषण लाइनों का उद्घाटन करेंगे। इनकी लागत 1,045 करोड़ रुपये से अधिक है। श्री मोदी वाराणसी के चौकाघाट में 220 केवी पारेषण उपकेंद्र, गाजीपुर में 132 केवी पारेषण उपकेंद्र और वाराणसी नगर विद्युत वितरण प्रणाली की आधारशिला भी रखेंगे। इनकी लागत लगभग 775 करोड़ रुपये से अधिक है। प्रधानमंत्री सुरक्षा कर्मियों के लिए सुविधाओं में सुधार के लिए पुलिस लाइन में ट्रांजिट हॉस्टल और पीएसी रामनगर परिसर में बैरकों का उद्घाटन करेंगे। श्री मोदी पुलिस लाइन में विभिन्न पुलिस थानों में नए प्रशासनिक भवनों और एक आवासीय छात्रावास की आधारशिला भी रखेंगे। प्रधानमंत्री सभी के लिए शिक्षा सुनिश्चित करने के अपने दृष्टिकोण के अनुरूप, पिंडरा में एक सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज, बड़की गांव में सरदार वल्लभभाई पटेल सरकारी कॉलेज, 356 ग्रामीण पुस्तकालयों और 100 आंगनवाड़ी केंद्रों सहित विभिन्न परियोजनाओं का भी उद्घाटन करेंगे। श्री मोदी स्मार्ट सिटी मिशन के अंतर्गत 77 प्राथमिक स्कूल भवनों के नवीनीकरण और वाराणसी के चोलापुर में कस्तूरबा गांधी स्कूल के लिए एक नए भवन के निर्माण की आधारशिला भी रखेंगे। प्रधानमंत्री शहर में खेल अवसंरचना को प्रोत्साहन देने के लिए उदय प्रताप कॉलेज में फ्लडलाइट और दर्शक दीर्घा के साथ सिंथेटिक हॉकी टर्फ तथा शिवपुर में एक मिनी स्टेडियम की आधारशिला रखेंगे। प्रधानमंत्री गंगा नदी में सामने घाट और शास्त्री घाट के पुनर्विकास, 345 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से जल जीवन मिशन के अंतर्गत 130 ग्रामीण पेयजल योजनाओं, वाराणसी के छह नगरपालिका वार्डों के सुधार और वाराणसी के विभिन्न स्थलों पर भूनिर्माण और मूर्तिकला प्रतिष्ठानों का भी उद्घाटन करेंगे। प्रधानमंत्री वाराणसी में कारीगरों के लिए एमएसएमई यूनिटी मॉल, मोहनसराय में ट्रांसपोर्ट नगर योजना के अवसंरचना विकास कार्यों, डब्ल्यूटीपी भेलूपुर में 1 मेगावाट का सौर ऊर्जा संयंत्र, 40 ग्राम पंचायतों में सामुदायिक हॉल और विभिन्न पार्कों के सौंदर्यीकरण की आधारशिला भी रखेंगे। प्रधानमंत्री मोदी 70 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को पहली बार आयुष्मान वय वंदना कार्ड भी वितरित करेंगे। श्री मोदी तबला, पेंटिंग, ठंडाई, तिरंगा बर्फी सहित विभिन्न स्थानीय वस्तुओं और उत्पादों को भौगोलिक संकेत (जीआई) प्रमाण पत्र प्रदान करेंगे। प्रधानमंत्री बनास डेयरी से जुड़े उत्तर प्रदेश के दुग्ध आपूर्तिकर्ताओं को 105 करोड़ रुपये से अधिक का बोनस भी हस्तांतरित करेंगे। 1930 में की गई थी धाम की स्थापना आनंदपुर धाम की स्थापना 1930 में की गई। इसके बाद 1954 में श्री आनंदपुर ट्रस्ट की स्थापना की गई। आनंदपुर धाम पिछले कुछ वर्षों में अपने सामाजिक और सार्वजनिक कल्याण कार्यों के लिए चर्चा में रहा है। यह सामाजिक कार्यों का केंद्र बन चुका है। ट्रस्ट कृषि, अस्पताल, स्कूल, प्रिंटिंग प्रेस और गौशाला का संचालन करने में सक्रिय है। ट्रस्ट की संपत्तियां ग्वालियर, इंदौर समेत कई प्रमुख शहरों में है, जो ट्रस्ट ने खरीदी है। आनंदपुर धाम से जुड़े श्रद्धालु पंजाबी और सिंधी समुदाय के अनेक लोग हैं, जो यहां के धार्मिक और सामाजिक कार्यों से जुड़े हुए हैं। नो फ्लाइंग जोन और रेड जोन घोषित प्रधानमंत्री के दौरे के मद्देनजर आनंदपुर धाम में सुरक्षा के सख्त इंतजाम किए गए हैं। अशोकनगर और अन्य जिलों से पुलिस बल के साथ एनएसजी और एसपीजी के जवान तैनात किए गए हैं। इंटेलिजेंस अधिकारियों ने भी सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया है। जिला प्रशासन ने आनंदपुर धाम को नो फ्लाइंग जोन और रेड जोन घोषित किया है। आनंदपुर धाम के 10 किलोमीटर के दायरे में ड्रोन उड़ानें और संदिग्ध व्यक्तियों के प्रवेश पर पूरी तरह से पाबंदी लगा दी गई है। आश्रम प्रबंधन ने 11 अप्रैल को केवल आधार कार्डधारकों को प्रवेश देने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही, जिनके पास ऑनलाइन पास होंगे, उन्हें भी एंट्री दी जाएगी। प्रधानमंत्री के मध्य प्रदेश में कार्यक्रम प्रधानमंत्री भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को आगे बढ़ाने की अपनी प्रतिबद्धता के अनुरूप मध्य प्रदेश के अशोकनगर जिले में ईसागढ़ तहसील के आनंदपुर धाम जाएंगे। श्री मोदी गुरु जी महाराज मंदिर में दर्शन और पूजा अर्चना करेंगे। प्रधानमंत्री आनंदपुर धाम स्थित मंदिर परिसर का भ्रमण भी करेंगे। आनंदपुर धाम की स्थापना आध्यात्मिक और परोपकारी उद्देश्यों के लिए की गई है। 315 हेक्टेयर में फैले इस क्षेत्र में 500 से अधिक गायों के साथ एक आधुनिक गौशाला है और श्री आनंदपुर ट्रस्ट परिसर के अंतर्गत कृषि गतिविधियां संचालित की जाती हैं। ट्रस्ट सुखपुर गांव में चैरिटेबल अस्पताल, सुखपुर और आनंदपुर में स्कूल और देश भर में विभिन्न सत्संग केंद्रों का संचालन कर रहा है। PM मोदी आनंद सरोवर में पुष्प करेंगे अर्पित, लंगर भी चखेंगे प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार 11 अप्रैल को प्रधानमंत्री  मोदी श्री आनंदपुर धाम परिसर स्थित आनंद सरोवर में पुष्प अर्पित करेंगे. मोदी को इस धाम में होने वाली भक्ति और ज्ञान से जुड़ी गतिविधियों के साथ ही संचालित सेवा कार्यों की भी जानकारी दी जाएगी. निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार पीएम मोदी श्री आनंदपुर सत्संग आश्रम परिसर … Read more

हाउस ऑफ पुचका रायपुर की संस्थापक ईशा पटेल ने पीएम मोदी को बताई अपनी बिजनेस जर्नी

रायपुर पीएम नरेंद्र मोदी ने रायपुर की युवा उद्यमी से बातचीत की है। इसका वीडियो सीएम विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म  X पर पोस्ट किया है। सीएम ने लिखा कि आसमान की कोई सीमा नहीं होती है।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजधानी रायपुर की एक युवा उद्यमी और हाउस ऑफ पुचका की संस्थापक से बातचीत की। इन्होंने घर पर खाना पकाने से लेकर एक सफल कैफे व्यवसाय स्थापित करने तक की अपनी प्रेरक यात्रा साझा की। ईशा का रायपुर में गोलगप्पे (गुपचुप) का कैफे है। हाउस ऑफ पुचका नाम का ये स्टार्टअप हाल ही में ईशा ने शुरू किया है। बैचलर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन कर चुकीं ईशा मुंबई की एक कंपनी में 6 लाख रुपए सालाना के पैकेज पर काम कर रही थीं। कॉर्पोरेट कंपनी में काम से उब चुकीं 23 साल की ईशा ने, अपना बिजनेस शुरू करने का सोचा। दोस्तों और परिवार के लोगों से मिले सपोर्ट के बाद उन्होंने इसे शुरू किया। 6 लाख रुपए का मुद्रा लोन लिया। फंडिंग एजेंसियों ने शुरू में नहीं जताया भरोसा ईशा बताती हैं जब मैंने फंडिंग के बारे सोचा तो लोन चाहिए था। तब मेरी उम्र 22 थी, इस उम्र में बैंक लोन दें और ये पैसे कैसे वापस बैंक को हम लौटाएंगे, इसे लेकर फंडिंग एजेंसी भरोसा नहीं जता पा रही थीं। ऐसे में मैंने रिसर्च किया तो सरकारी योजना के बारे पता चला और हमें मदद मिली। हर महीने की 50 हजार की सैलरी छोड़ना रिस्क था PM नरेंद्र मोदी ने ईशा से मुलाकात में कहा कि आपने इतना रिस्क लिया। आपके दोस्त इसपर क्या सोचते हैं, ईशा ने जवाब में बताया कि प्रॉपर रिसर्च के साथ काम करें तो रिजल्ट मिलते हैं। दैनिक भास्कर से चर्चा में ईशा ने कहा कि अच्छी सैलरी छोड़ कर आना रिस्क तो था ही मगर काम करने के दौरान कुछ सेविंग की और कैफे बिजनेस के बारे में लगातार दोस्तों से बात की। स्टडी किया तो समझ आया कि कैसे प्रॉफिट जनरेट किया जाए। इसके बाद काम शुरू किया, आज रिस्पॉन्स अच्छा है। अहमदाबाद से ली मशीन ईशा ने बताया कि हम 5 तरह के चटपटे पानी के साथ गोलगप्पे सर्व करते हैं। कोलकाता वाला पानी खूब पसंद किया जाता है। इसलिए हमनें अपने स्टार्टअप का नाम हाउस ऑफ पुचकास रखा। इसके लिए हमनें अहमदाबाद से मशीनें मंगवाई हैं, जो हाइजीन के साथ गोलगप्पे तैयार करती है। ईशा ने बताया कि उनका परिवार रायपुर के खमतराई में रहता है। पिता नवीन पटेल बिजनेसमैन और मां रश्मि होममेकर हैं। PM Mudra Yojana: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय (CM Vishnu Deo Sai) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और एंटरप्रेन्योर ईशा पटेल की बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया। पीएम मोदी (PM Narendra Modi) और हाउस ऑफ पुचका की संस्थापक ईशा पटेल के बीच बातचीत इस प्रकार है… लाभार्थी ईशा पटेल– सपने वो नहीं जो हम सोते वक्त देखते हैं, सपने वो होते हैं जो हमें सोने नहीं देते हैं। मुसीबतें होंगी और मुश्किलें भी आएंगी, जो संघर्ष करेगा, वही सफलता पाएगा। ईशा पटेल– I am the founder of हाउस ऑफ़पुचका. घर पर खाना-वाना बनाते थे तो हाथों में टेस्ट अच्छा था, तो सबने सजेस्ट किया कि आप कैफे फील्ड में जाओ। फिर उसमें रिसर्च करके पता चला कि प्रॉफिट मार्जिन वगैरा भी अच्छा है, तो फूड कॉस्ट वगैरा मैनेज करेंगे, तो आप एक सक्सेसफुल बिजनेस रन कर सकते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी– एक यूथ, एक जनरेशन है, कुछ पढ़ाई की तो उनको लगता है कि नहीं-नहीं मैं तो कहीं नौकरी करके सेटल हो जाऊंगा, रिस्क नहीं लूंगा। आप में रिस्क टेकिंग कैपेसिटी है। ईशा पटेल– जी। प्रधानमंत्री मोदी– तो आपके रायपुर के भी दोस्त होंगे और corporate वर्ल्ड के दोस्त होंगे, स्टूडेंट दोस्त भी होंगे। उन सब में इसकी क्या चर्चा है? क्या सवाल पूछते हैं? उनको क्या लगता है? ऐसा कर सकते हैं? करना चाहिए, उनको भी आगे आने का मन करता है? ईशा पटेल– सर, मैं जैसे कि अभी मेरी ऐज 23 ईयर्स है, तो मेरे पास अभी रिस्क टेकिंग एबिलिटी भी है, और टाइम भी है, तो यही समय होता है, मैं ना यूथ को लगता है कि हमारे पास फंडिंग नहीं है, बट वह गवर्नमेंट स्कीम्स के बारे में अवेयर नहीं है, तो मैं अपनी साइड से यहीं उन्हें सजेशन देना चाहूंगी, आप थोड़ा रिसर्च करो, जैसे मुद्रा लोन भी है, वैसे पीएम ईजीपी लोन भी है, कई लोन जो आपको विदाउट mortgage मिल रहे हैं, तो अगर आप में पोटेंशियल है तो आप जब ड्रॉप करो, क्योंकि sky has no limits for you, तो आप बिजनेस करिए और जितना चाहे उतना grow कर सकते हैं। PM मोदी ने किया स्टार्टअप के लिए इंस्पायर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मुद्रा योजना के 10 साल पूरे होने पर ये मिट-अप किया। प्रधानमंत्री ने यूथ को स्टार्टअप के लिए इंस्पायर करते हुए बताया कि मुद्रा लोन से वो ये काम कर सकते हैं। शुरुआत में 50,000 रुपए से लेकर 5 लाख रुपए तक के लोन का दायरा था। अब इसे बढ़ाकर अब 20 लाख रुपए कर दिया गया है। इस योजना के तहत 52 करोड़ का लोन अब तक दिया गया है। आप भी ले सकते हैं लोन और शुरू करें स्टार्टअप 2015 में शुरू हुई इस योजना का उद्देश्य रेहड़ी-पटरी वाले से लेकर छोटे कारोबार को बिना किसी जमानत के लोन मुहैया कराना है। इस योजना के तहत कोई भी व्यक्ति अपना व्यवसाय शुरू करने के लिए लोन ले सकता है।     इस योजना की सबसे अच्छी बात ये है कि इसके तहत बिना गारंटी के लोन मिलता है। इसके अलावा लोन के लिए कोई प्रोसेसिंग चार्ज भी नहीं लिया जाता है।     लोन लेने वाले को एक मुद्रा कार्ड मिलता है, जिसकी मदद से कारोबारी जरूरत पर आने वाले खर्चों का पेमेंट उससे कर सकता है।     ये लोन वाणिज्यिक (कमर्शियल) बैंकों, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों, छोटे फाइनेंस बैंकों, सहकारी बैंकों, माइक्रो-फाइनेंस संस्थानों और गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों में आवेदन देकर पाया जा सकता है। recent visitors 40

पीएम मोदी ने वक्फ बोर्ड ऐक्ट बनने को लेकर कहा कि इससे पसमांदा मुस्लिमों, महिलाओं और गरीबों के हित में काम होगा

नई दिल्ली पीएम नरेंद्र मोदी ने वक्फ बोर्ड ऐक्ट बनने को लेकर कहा कि इससे पसमांदा मुस्लिमों, महिलाओं और गरीबों के हित में काम होगा। उन्होंने कहा कि देश अब तक तुष्टिकरण की राजनीति से चलाया आया और उसका हमें खामियाजा भी भुगतना पड़ा। पीएम मोदी ने कहा कि तुष्टिकरण की राजनीति कोई नहीं है। इसका बीज स्वतंत्रता संग्राम के समय ही बो दिया गया था। उन्होंने न्यूज 18 के राइजिंग भारत समिट में हिस्सा लेते हुए कहा, ‘भारत कई देशों के साथ ही आजाद हुआ था, लेकिन किसकी स्वतंत्रता की शर्त विभाजन थी। भारत के साथ ही ऐसा क्यों हुआ। ऐसा इसलिए क्योंकि उस समय राष्ट्र हित से ऊपर सत्ता का मोह हो गया। विभाजन सभी मुस्लिमों का काम नहीं था बल्कि कांग्रेस समर्थित कट्टरपंथियों का काम था।’ उन्होंने कहा कि इसी तुष्टिकरण की राजनीति का शिकार तो पसमांदा मुस्लिम हुए और महिलाएं भी हैं। कांग्रेस ने इसे वोटबैंक की राजनीति का हथियार बना लिया। 2013 में वक्फ बोर्ड में किया गया संशोधन कट्टरपंथियों और भूमाफियाओं को खुश करने का कानून था। वक्फ कानून ने संविधान को भी कमतर कर दिया। हाल यह हो गया कि भूमाफियाओं के हौसले बुलंद हो गए। केरल में ईसाई समुदाय के लोगों की जमीनों पर दावा, हरियाणा में गुरुद्वारों की जमीन पर विवाद हो गया। इसके अलावा उन्होंने कर्नाटक का भी एक मामला बताया। मंदिर, चर्च, गुरुद्वारा, खेत और सरकारी जमीन हो, किसी को यह भरोसा नहीं रह गया था कि उनकी जमीन उनकी ही रहेगी। बस एक नोटिस आता था और लोग अपने ही घर के कागज ढूंढने लग जाते थे। आखिर यह कैसा कानून था, जिसने डर पैदा किया था। अब एक शानदार कानून बना है। यह देश और मुस्लिम समाज के हित में है। इससे वक्फ की पवित्र भावना की भी रक्षा होगी। इसके अलावा गरीब, पसमांदा मुस्लिम और उनके बच्चों के हित सुरक्षित रहेंगे। वक्फ पर हुई डिबेट दूसरी सबसे लंबी बहस थी। इसे सदन में दोबारा लाने से पहले जेपीसी की 38 बैठकें हुई थीं। यह दिखाता है कि भारत में लोकतंत्र कितना प्रभावी है। पीएम मोदी ने कहा कि वक्फ बोर्ड की ताकत इतनी थी कि हर कोई डरा रहता था कि कब नोटिस न आ जाए। नोटिस आया नहीं कि लोग कानूनी लड़ाई में उलझ जाते थे। वह भी उस जमीन के लिए जो उनकी अपनी हुआ करती थी। उन्होंने कहा कि हमने वक्फ बोर्ड ऐक्ट लाकर न्याय किया है और इससे सारी विसंगतियां दूर हो जाएंगी। recent visitors 32

प्रधानमंत्री संतगण से करेंगे भेंट, आनंद सरोवर में करेंगे पुष्प अर्पित: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

प्रधानमंत्री मोदी के आगमन से वैशाखी का वार्षिक मेला बनेगा अविस्मरणीय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रधानमंत्री बनेंगे आनंदपुर धाम के सेवा कार्यों के साक्षी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रधानमंत्री संतगण से करेंगे भेंट, आनंद सरोवर में करेंगे पुष्प अर्पित: मुख्यमंत्री डॉ. यादव आनंदपुर धाम जैसा केन्द्र, एक बार जरूर देखना चाहिए मुख्यमंत्री ने की प्रधानमंत्री की मध्यप्रदेश यात्रा की तैयारियों की समीक्षा भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार को वीडियो कान्फ्रेन्स द्वारा ग्वालियर संभाग के कमिश्नर, आईजी सहित वरिष्ठ अधिकारियों और कलेक्टर, एसपी अशोक नगर से चर्चा कर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आगामी 11 अप्रैल को प्रस्तावित कार्यक्रम की व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आयोजन स्थल पर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं गरिमामयपूर्वक सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव इसके पहले गत 4 अप्रैल को आनंदपुर धाम पहुंचकर प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा की तैयारियों को लेकर किये गये प्रबंधों का अवलोकन कर चुके हैं। प्रधानमंत्री मोदी आगामी 11 अप्रैल को मध्यप्रदेश आएंगे। प्रधानमंत्री मोदी अशोक नगर जिले के आनंदपुर धाम में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। प्रधानमंत्री मोदी परमहंस अद्वैत मत के प्रमुख गुरू महाराज, महात्मा शब्द प्रेमानंद जी और अन्य संतगण से भेंट कर आनंदपुर धाम के सेवा प्रकल्पों की जानकारी लेंगे। धाम में वैशाखी मेले में लगभग 20 हजार श्रद्धालु भागीदारी करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बैठक में कार्यक्रम के स्वरूप और अन्य तैयारियों की विस्तार से जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा के लिए सभी जरूरी प्रबंध कर लिए गए हैं। बैठक में मुख्य सचिव अनुराग जैन, मुख्यमंत्री कार्यालय में अपर मुख्य सचिव डॉ. राजेश राजौरा सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि देश के प्रमुख धार्मिक, आध्यात्मिक और सेवा संस्थानों में से एक अशोकनगर के आनंदपुर धाम में प्रतिवर्ष वैशाखी पर वार्षिक मेला लगता है। इस समागम में धाम से जुड़े हजारों देशी-विदेशी अनुयायी पधारते हैं। इस वर्ष प्रधानमंत्री मोदी के आगमन से यह मेला अविस्मरणीय बनने जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आनंदपुर धाम जैसे स्थान आस्था के केंद्र होने के साथ ही धार्मिक, आध्यात्मिक पर्यटन के भी बड़े केंद्र हैं। इसे जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों को एक बार जरूर देखना चाहिए। प्रधानमंत्री मोदी आनंद सरोवर में पुष्प करेंगे अर्पित प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार 11 अप्रैल को प्रधानमंत्री मोदी आनंदपुर धाम परिसर स्थित आनंद सरोवर में पुष्प अर्पित करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी को इस धाम में होने वाली भक्ति और ज्ञान से जुड़ी गतिविधियों के साथ ही संचालित सेवा कार्यों की भी जानकारी दी जाएगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रधानमंत्री मोदी आनंदपुर सत्संग आश्रम परिसर स्थित चारों मंदिरों को देखेंगे। वे विशाल सत्संग हॉल में मंचीय कार्यक्रम में वैशाखी के वार्षिक मेला आयोजन में नागरिकों और इस धाम से जुड़े देश-विदेश के अनुयायियों को संबोधित करेंगे। वे लंगर में प्रसाद भी ग्रहण करेंगे।   recent visitors 37

एक दशक में दूसरी बार भारतीय प्रधानमंत्री ने यात्रा के लिए भारतीय वायुसेना के हेलिकॉप्‍टर का इस्‍तेमाल किया

नई दिल्ली  श्रीलंका की सफल यात्रा के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत लौट आए हैं। थाईलैंड के बाद श्रीलंका पहुंचे पीएम मोदी का जोरदार स्‍वागत किया गया। इस दौरान श्रीलंका के राष्‍ट्रपति अनूरा कुमार दशनायके ने शनिवार को पीएम मोदी को देश का सर्वोच्‍च नागर‍िक सम्‍मान 'श्रीलंका मित्र व‍िभूषण' दिया। पीएम मोदी ने बौद्ध धर्मस्‍थलों का भी दौरा किया जिनका भारत से करीबी नाता रहा है। पीएम मोदी की इस यात्रा के दौरान एक दुर्लभ घटना घटी। पीएम मोदी ने श्रीलंका में अनुराधापुरम की अपनी यात्रा के लिए भारतीय वायुसेना के बेहद शक्तिशाली हेलिकॉप्‍टर का इस्‍तेमाल किया। एक दशक में ऐसा दूसरी बार हुआ है जब भारतीय प्रधानमंत्री ने श्रीलंका के अंदर यात्रा के लिए भारतीय वायुसेना के हेलिकॉप्‍टर का इस्‍तेमाल किया। बताया जा रहा है कि कभी तमिल विद्रोही गुट लिट्टे का गढ़ रहे श्रीलंका में सुरक्षा कारणों से पीएम मोदी के लिए यह फैसला लिया गया। यही नहीं पिछले कुछ वर्षों में श्रीलंका के अंदर कई आतंकी हमले भी हो चुके हैं। इसी खतरे को देखते हुए पीएम मोदी के लिए भारतीय वायुसेना के हेलिकॉप्‍टर का इस्‍तेमाल किया गया। पीएम मोदी ने अनुराधापुरम में भारत के वित्‍तपोषण वाले कई रेलवे प्राजेक्‍ट का उद्घाटन किया। इसमें माहो- ओमानथाई लाइन और हाल ही में बनाया गया माहो- अनुराधापुरम खंड शामिल है। इसके अलावा माहो- अनुराधापुरम खंड के सिग्‍नल को भी दुरुस्‍त किया गया। पीएम मोदी ने क‍िया वायुसेना के हेलिकॉप्‍टर का इस्‍तेमाल वरिष्‍ठ पत्रकार येशी सेली ने अपनी रिपोर्ट में खुलासा किया कि सुरक्षा कारणों से भारतीय हेलिकॉप्‍टर इस्‍तेमाल करने का यह फैसला लिया गया था। एक सूत्र ने कहा, 'यह किसी राष्‍ट्राध्‍यक्ष के लिए ऐसी जगहों पर जिन्‍हें सुरक्षित नहीं माना जाता है, वहां पर अपनी सेना के हेलिकॉप्‍टर या विमान का इस्‍तेमाल करने में कुछ भी असामान्‍य नहीं है। इसके लिए काफी पहले ही हवाई क्लियरेंस ले लिया जाता है।' उन्‍होंने कहा कि निश्चित रूप से भारतीय प्रधानमंत्री के इस हेलिकॉप्‍टर के लिए पहले ही मंजूरी ले ली गई होगी। दुनियाभर में हाल के वर्षों में राष्‍ट्राध्‍यक्षों के साथ कई ऐसी घटनाएं हुई हैं। माना जा रहा है कि इसी वजह से भी पीएम मोदी को किसी खतरे से बचाने के लिए भारतीय वायुसेना के हेलिकॉप्‍टर का इस्‍तेमाल किया गया। प‍िछले साल 19 मई को ईरानी एयरफोर्स का एक हेलिकॉप्‍टर अजरबैजान की सीमा के पास क्रैश हो गया था और इसमें ईरान के तत्‍कालीन राष्‍ट्रपति इब्राहिम रईसी की मौत हो गई थी। सूत्र ने कहा, 'श्रीलंका में हालांकि हालात सुधर गए हैं लेकिन फिर भी हम खतरा नहीं उठा सकते हैं।' माना जा रहा है कि उनका इशारा श्रीलंका के गृहयुद्ध की ओर था जिसमें हजारों लोग मारे गए थे। पीएम मोदी ने एसपीजी के साथ अपनी लैंड रोवर में क‍िया सफर लिट्टे नेता प्रभाकरण की मौत के बाद तमिल हिंसक आंदोलन खत्‍म हो गया। लिट्टे के ही आत्‍मघाती हमले में पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की मौत हो गई थी। इससे पहले साल 2015 में जब पीएम मोदी श्रीलंका के अनुराधापुरम, जाफना और तलाईमनार की यात्रा पर गए थे तब उन्‍होंने भारतीय वायुसेना के हेलिकॉप्‍टर का इस्‍तेमाल किया था। पीएम मोदी की यात्रा को देखते हुए श्रीलंका की सरकार ने कुछ समय के लिए अनुराधापुरम के एयरफोर्स बेस को रविवार को इंटरनैशनल एयरपोर्ट घोषित कर दिया था ताकि भारतीय प्रधानमंत्री यहां से आसानी से स्‍वदेश रवाना हो सकें। पीएम मोदी अपनी खास लैंडरोवर कार से इस एयरपोर्ट पर पहुंचे थे जिसे खासतौर पर श्रीलंका पहुंचाई गई थी। पूरी सुरक्षा का जिम्‍मा एसपीजी कमांडो के हवाले था। यह शक्तिशाली कार हर तरह के हमले झेल सकती है। recent visitors 49

PM मोदी और गृह मंत्री अमित शाह सप्ताहभर में करेंगे प्रदेश दौरा, सियासी सरगर्मी तेज

भोपाल प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह मध्य प्रदेश के दौरे पर आ रहे हैं. इस दौरे से मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी सौगात मिलने जा रही है. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 11 अप्रेल को मध्य प्रदेश के ग्वालियर और अशोक नगर पहुंचेंगे. वहीं गृह मंत्री अमित शाह 13 अप्रैल को आएंगे. प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के मध्य प्रदेश के दौरे को लेकर प्रशासन तैयारियों में जुटा है. मुख्य सचिव अनुराग जैन ने पीएम की विजिट को लेकर ग्वालियर के अधिकारियों को तैयारियों को लेकर निर्देश दिए हैं. 11 अप्रेल को अशोकनगर पहुंचेंगे पीएम मोदी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 11 अप्रैल को ग्वालियर विमानतल पर उतरेंगे. यहां वे कुछ समय रुकने के बाद अशोकनगर के लिए रवाना होंगे. पीएम मोदी अशोकनगर के ईसागढ़ में स्थित आनंदपुर ट्रस्ट में होने जा रहे कार्यक्रम में शामिल होंगे. पीएम मोदी आनंदपुर धाम में परमहंस अद्वैत मत श्री आनंत शांति कुंज, श्री आनंद शांति भवन और श्री आनंद सरोवर के दर्शन करेंगे. बैसाखी पर आनंदपुर धाम में हर साल मेला भी लगता है. पीएम मोदी की यात्रा के पहले मुख्यमंत्री डॉ. मोहदन यादव यहां का दौरा कर तैयारियों का जायजा ले चुके हैं. 13 अप्रैल को गृह मंत्री अमित शाह भोपाल में पीएम मोदी की यात्रा को लेकर प्रशासन तैयारियों में जुटा है. आनंदपुर धाम ईसागढ़ के दस किलोमीटर के दायरे को नो फ्लाइंग जोन बना दिया गया है. यहां बुधवार 9 अप्रैल से लेकर 11 अप्रैल की रात तक कोई ड्रोन भी नहीं उड़ा सकेगा. उधर, 13 अप्रैल को गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह भोपाल पहुंचने वाले हैं. वे भोपाल के रवीन्द्र भवन में होने वाले राज्य स्तरीय दुग्ध उत्पादक गोपाल सम्मेलन में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे. इस सम्मेलन में गृह मंत्री अमित शाह के सामने मध्यप्रदेश के सांची दुग्ध संघों और राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड, एमपी स्टेट को-ऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन के बीच कोलेबोरेशन एग्रीमेंट होगा. दुग्ध उत्पादकों को 5 रुपये प्रति लीटर बोनस इसके साथ ही मध्य प्रदेश के दुग्ध उत्पादक किसानों को दूध पर 5 रुपए प्रति लीटर का बोनस का लाभ देना शुरू होगा. हालांकि किसानों को इसका लाभ उठाने के लिए राज्य सरकार द्वारा पंजीकृत दूध उत्पादक संघ से जुड़ना होगा. योजना का लाभ उन्हीं किसानों को मिलेगा, जो संगठित दुग्ध सहकारी समितियों से जरिए बूध बेचते हैं. recent visitors 43

मुद्रा योजना के10 साल, लाभार्थियों में 68% महिलाएं, मोदी बोले- योजना ने लोगों के सपनों को हकीकत बनाया

नई दिल्ली मुद्रा योजना के 10 साल पूरा होने के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को मुद्रा योजना के लाभार्थियों से बातचीत की. इस दौरान कुछ ऐसे मौके भी आए, जब पीएम मोदी ने मजाकिया अंदाज में लोगों से बात की. प्रधानमंत्री आवास पर आयोजित कार्यक्रम में पीएम मोदी ने कहा कि यह योजना मोदी के लिए नहीं है. यह जरूरतमंदों के लिए है. भारत के लोगों के लिए कुछ भी असंभव नहीं है. लाभार्थियों की यात्रा प्रेरणा देने वाली है. मुद्रा योजना देश के नौजवानों के लिए है. नौजवानों को उनके पैरों पर खड़ा करने के लिए है. इस दौरान पीएम मोदी ने एक लाभार्थी से पूछा कि फिलहाल आपकी आय कितनी है? इस पर उस शख्स की झिझक देखते हुए पीएम मोदी ने कहा कि वित्त मंत्री मेरे बगल में बैठे हैं, उन्हें बोल दूंगा इनकम टैक्स वाले नहीं आएंगे. इस पर सभी ठहाका लगाकर हंसने लगे.. 'मुद्रा योजना ने कई सपनों को हकीकत में बदला' पीएम मोदी ने लिखा, 'आज, जब हम मुद्रा योजना के 10 साल पूरे कर रहे हैं, मैं उन सभी को बधाई देना चाहता हूं, जिनके जीवन में इस योजना की बदौलत बदलाव आया है। इस दशक में मुद्रा योजना ने कई सपनों को हकीकत में बदला है। ऐसे लोगों को सशक्त बनाया है, जिन्हें पहले वित्तीय सहायता से वंचित रखा गया था। यह दर्शाता है कि भारत के लोगों के लिए कुछ भी असंभव नहीं है!' पीएम ने आगे कहा, भारत के लोगों के लिए कुछ भी असंभव नहीं है, 33 लाख करोड़ देश के लोगों को बिना गारंटी दिए गए, इससे जीवन बदला है, सबसे ज्यादा महिलाएं आगे आई हैं। क लाभार्थी ने बताया कि मुद्रा लोन से अपना बिजनेस सेट-अप करके घर भी खरीदा है। उन्होंने बताया कि जहां पहले उनका सालाना टर्नओवर 12 लाख था, वो अब 50 लाख हो चुका है। उन्होंने पीएम मोदी को इसके लिए थैंक्यू कहा। एक ने कहा मुद्रा योजना से पहले वो 20 हजार रुपए महीना कमाता था, आज उसकी इनकम दोगुनी हो गई है। पहली बार फ्लाइट में बैठी महिला एक लाभार्थी ने बताया कि वह बहुत गरीबी में थीं। उन्होंने बताया कि वह पहली बार दिल्ली आईं और पहली बार ही फ्लाइट में बैठीं। उन्होंने बताया कि उन्हें लोन कैसे मिला। उन्होंने बताया कि वे एक महीने का 60 हजार रुपये इनकम कर रही हैं। पीएम मोदी ने लाभार्थी की सराहना की और उन्हें बधाई दी। नहीं आएंगे इनकम टैक्स वाले इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक लाभार्थी से पूछा कि आपकी आय कितनी है? पीएम मोदी के इस सवाल से लाभार्थी झिझक गया। इस पर पीएम मोदी ने कहा कि वित्त मंत्री मेरे बगल में बैठे हैं, उन्हें बोल दूंगा इनकम टैक्स वाले नहीं आएंगे। पीएम मोदी का इस तरह तंज कसने पर सभी लाभार्थी हंस पड़े।  ये योजना मोदी की तारीफ के लिए नहीं, लाभार्थियों से बोले पीएम लाभार्थियों से बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि मुद्रा योजना मोदी की तारीफी के लिए नहीं है। यह योजना मेरे देश के युवाओं को अपने पैरों पर खड़े होने का साहस देने के लिए है। पीएम मोदी से बात करते हुए मध्य प्रदेश के भोपाल के लाभार्थी लवकुश मेहरा ने कहा, 'पहले मैं किसी के यहां काम करता था, नौकर था, लेकिन आपने मुद्रा लोन के ज़रिए हमारी गारंटी ली और आज हम मालिक बन गए हैं।' 50 लाख से ज्यादा का हुआ टर्नओवर इसके साथ ही लवकुश ने कहा, 'मैंने 2021 में अपना व्यवसाय शुरू किया और मैंने बैंक से संपर्क किया, उन्होंने मुझे 5 लाख रुपये की लोन लिमिट दी। मुझे डर था कि मैं पहली बार इतना बड़ा लोन ले रहा हूं। मैं इसे चुका पाऊंगा या नहीं। आज मेरा मुद्रा लोन 5 लाख रुपये से बढ़कर 9.5 लाख रुपये हो गया है। मेरा पहले साल का टर्नओवर 12 लाख रुपये था, जो अब 50 लाख रुपये से ज्यादा हो गया है।' क्या है मुद्रा योजना? मालूम हो कि प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, पीएम मोदी की प्रमुख योजना है। इसका उद्देश्य वित्तपोषित सूक्ष्म उद्यमों और छोटे व्यवसायों को वित्तपोषित करना है। पिछले 10 सालों में 50 करोड़ ऋण खातों को मंजूरी दी है। इस योजना में 68 प्रतिशत महिला लाभार्थी प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के 10 साल पूरे होने पर वित्तीय सेवा विभाग के सचिव एमनागराजू ने कहा, 'प्रधानमंत्री ने उन लोगों के लिए यह व्यवसाय योजना शुरू की है जो बिना किसी गारंटी के ऋण चाहते हैं। हमने पिछले 10 सालों में 50 करोड़ ऋण खातों को मंजूरी दी है और कुल 33 लाख करोड़ रुपये का ऋण दिया है। इनमें से 68 प्रतिशत महिला लाभार्थी हैं, और 50 प्रतिशत अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़े समुदायों से हैं। लाभार्थी ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से ऋण के लिए आवेदन कर सकते हैं।' 'देश के नौजवानों के लिए है योजना' पीएम मोदी ने कहा कि मुद्रा योजना मोदी के लिए नहीं है, बल्कि देश के नौजवानों के लिए है।  पीएम मोदी ने कहा- हमारे देश में बहुत कम लोग हैं, जिन्हें पता है साइलेंटली कैसे रिवॉल्योशन हो रहा है। 'सालाना टर्नओवर 12 से 50 लाख पहुंचा' पीएम मोदी को लोगों ने अपने अनुभव बताया, एक ने कहा मुद्रा लोन के बाद हमने पेट को लेकर सुविधा शुरू की। अब मुझे इसे बहुत फायदा हो रहा है। पीएम मोदी ने एक लाभार्थी से पूछा कि फिलहाल आपकी आय कितनी है? इस पर उस शख्स की झिझक देखते हुए पीएम मोदी ने कहा कि वित्त मंत्री मेरे बगल में बैठे हैं, उन्हें बोल दूंगा इनकम टैक्स वाले नहीं आएंगे। बता दें कि मुद्रा योजना की शुरुआत आठ अप्रैल 2015 को हुई थी. इससे हर साल मुद्रा योजना 5.14 करोड़ रोजगार का सृजन हुआ है. इस योजना के तहत सरकार ने दस साल में 53 लाख करोड़ का लोन दिया है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट कर बताया कि मुद्रा योजना के 10 साल पूरा होने के मौके पर मैंने देशभर से मुद्रा लाभार्थियों को अपने निवास पर आमंत्रित किया था. लाभार्थियों ने हमें बताया कि किस तरह यह योजना उनके जीवन में बदलाव लेकर आई है. recent visitors 37