Tuesday, July 7, 2026 11:38 am

नवल सागर झील के किनारे बैठकर विकास को लेकर लोगों से की चर्चा, राजस्थान-बूंदी पहुंचे ओम बिरला

बूंदी. लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने अपने बूंदी प्रवास के दौरान रविवार को नवल सागर झील के किनारे शहरवासियों और प्रबुद्धजनों से मुलाकात कर शहर के समग्र विकास को लेकर चर्चा की। इस दौरान ऊर्जा राज्यमंत्री एवं बूंदी जिला प्रभारी हीरालाल नागर भी उनके साथ उपस्थित थे। बिरला ने बूंदीवासियों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने और पर्यटन को बढ़ाने के लिए हो रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बालचंदपाड़ा और नाहर का चौहट्टा क्षेत्र में गर्मियों के दौरान बिजली की अनियमित आपूर्ति को देखते हुए ग्रिड सब-स्टेशन का निर्माण करवाया जा रहा है। जमीन आवंटन की प्रक्रिया शीघ्र पूरी होने के बाद इसका कार्य प्रारंभ होगा। उन्होंने पुराने शहर के हैरिटेज लुक को बनाए रखने के लिए झूलते बिजली तारों को भूमिगत करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए। लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि बूंदी शहर पर्यटन के क्षेत्र में अपार संभावनाएं रखता है। रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व में जंगल सफारी और बोटिंग जैसी सुविधाओं की शुरुआत की गई है, जिससे यह देश का एक प्रमुख टाइगर रिजर्व बनेगा। उन्होंने कहा कि योजनाबद्ध विकास कार्यों से बूंदी को पर्यटन स्थल के रूप में पहचान दिलाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। बिरला ने कहा कि नवल सागर झील को पर्यटन का प्रमुख आकर्षण बनाने के लिए इसके सौंदर्यीकरण का कार्य तेजी से चल रहा है। झील में गिरने वाले गंदे पानी की समस्या का समाधान करने और कैचमेंट एरिया को पक्का करने के बाद इसे और आकर्षक बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि इन विकास कार्यों से झील देशी-विदेशी पर्यटकों के लिए एक खास आकर्षण बन जाएगी। अपने प्रवास के दौरान लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और मंत्री हीरालाल नागर ने पूर्व जिला प्रमुख राकेश बोयत के निवास पर पहुंचकर उनकी माता के निधन पर शोक व्यक्त किया और परिवार को सांत्वना देते हुए दुख की इस घड़ी में धैर्य रखने की बात कही। इस दौरान पूर्व विधायक अशोक डोगरा, जिला पुलिस अधीक्षक राजेंद्र कुमार मीणा, नगर परिषद सभापति सरोज अग्रवाल, जिलाध्यक्ष सुरेश अग्रवाल, एडीएम सुदर्शन सिंह तोमर, और अन्य गणमान्य नागरिक एवं अधिकारी उनके साथ उपस्थित रहे। recent visitors 233

गर्म सलाखों से दागकर घसीटा और सिर मुंडवाया, राजस्थान-बूंदी में महिला से हैवानियत

बूंदी. बूंदी जिले में एक महिला को डायन बताकर गर्म सलाखों से दागने का मामला सामने आया है। डायन बताकर महिला का सिर तक मुंडवा दिया और गरम-गरम भालो से जगह-जगह झूलसाया गया और मुंह काला कर पेड़ पर बांध दिया। हद तो तब हो गई जब आरोपियों ने उसे पूरे गांव में घुमाया गया। महिला की हालत सही नहीं होने पर पूरा मामला उजागर हो गया और मामला पुलिस तक पहुंचा। इस पर महिला के परिजनों ने हिंडोली थाने में मामला दर्ज करवाया है। पुलिस ने महिला का मेडिकल मुआयना करवाया है और आरोपी के विरुद्ध मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बूंदी महिला अनुशासन सेल के एएसपी जसवीर मीणा ने बताया कि पीड़िता नंदू बाई के साथ घटना घटित हुई है। हिंडोली थाना में रिपोर्ट दी गई है। जिसमें बताया कि नंदू बाई की मौसी की लड़की राधा बाई का पेट अधिकांश समय तक दर्द में रहता था। राधाबाई अधिकतर बार जहाजपुर क्षेत्र के खास हाली का झोपड़ा बापजी के स्थान पर आती जाती रहती थीं। वहां से भोपा ने बताया कि उसका पेट दर्द इस वजह से होता है कि उसकी मौसी नंदू बाई के शरीर में बुरी आत्मा है और वही पेट में आती है। इस भोपा यानी तांत्रिक द्वारा नंदू बाई के शरीर में बुरी आत्मा बताकर उसे वहां पर बुलाया गया। इस पर परिवार के लोग नंदू बाई को डायन बताकर भोपा के पास लेकर गए। यहां पर भोपा ने महिला पर डायन बताकर उसके साथ तांत्रिक क्रियाएं की और जगह-जगह से लोहे के भाले और चिमटे से उसे दाग दिया। उसके बाल काटे गए और उसे प्रताड़ित किया गया। पूरे मामले में हिंडोली थाने को मौके पर भेजकर पीड़िता को अपने कब्जे में लिया है और उसका मेडिकल मुआयना करवाया गया है। मामला दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी। recent visitors 70

पुलिस टीम रिमांड पर लाने रवाना, राजस्थान-बूंदी में शिक्षक की हत्या का मुख्य आरोपी डीडवाना में गिरफ्तार

बूंदी. शहर कोतवाली थाना क्षेत्र के अम्बेडकर सर्कल लंका गेट पर  4 नवंबर को हुई शिक्षक मनीष मीना की हत्या के मुख्य आरोपी गुरुप्रीत सिंह उर्फ गोपी को आखिरकार पुलिस ने गिरफ्तार कर ही लिया। आरोपी ने मनीष की चाकू घोंपकर हत्या की थी, जिसके बाद से ही वह फरार चल रहा था तथा लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था। डीडवाना पुलिस ने बीकानेर में एक मकान में छापेमारी करते हुए शुक्रवार रात आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। डीडवाना पुलिस अधीक्षक हनुमानप्रसाद मीणा ने इस गिरफ्तारी की पुष्टि की है और कहा कि मुख्य आरोपी को डीडवाना से बूंदी लाने के लिए बूंदी पुलिस अधीक्षक सहित सदर थाना पुलिस टीम रवाना हो गई है। पुलिस अधीक्षक ने मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का नकद इनाम घोषित किया था। पुलिस ने हत्या में शामिल तीन अन्य आरोपियों को 48 घंटे के भीतर ही गिरफ्तार कर लिया था लेकिन गुरुप्रीत सिंह फरार होने में सफल रहा।डीडवाना पुलिस ने मनीष मीना हत्याकांड के मुख्य आरोपी गुरुप्रीत सिंह को पकड़ने के बाद बूंदी पुलिस को सूचना दी। बूंदी पुलिस की टीम ने आरोपी को पकड़ने के लिए राजस्थान, पंजाब, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र सहित कई अन्य स्थानों पर दबिश दी थी लेकिन आरोपी पुलिस टीमों से पहले फरार हो जाता था। आखिरकार डीडवाना पुलिस की टीम ने उसे गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की। शिक्षक मनीष मीना की हत्या के बाद मीना समाज ने बूंदी में जंगी धरना प्रदर्शन किया था। recent visitors 74

बार-बार जांच बदलकर बलात्कारी को बचा रही पुलिस, राजस्थान-बूंदी विधायक ने लगाया आरोप

बूंदी. हिंडौली विधायक अशोक चांदना ने पुलिस पर महिला से बलात्कार के मुख्य आरोपी को बचाने एवं पीड़ित पक्ष के लोगों के साथ मारपीट करने का आरोप लगाया है। चांदना ने इस मामले में पुलिस महानिरीक्षक सहित जिले के पुलिस अधिकारियों को भी आड़े हाथों लिया है और कहा कि लोकसभा अध्यक्ष के ओएसडी राजीव दत्ता की शह पर पुलिस बलात्कार के मामले की जांच बार-बार बदल रही है और आरोपी को बचा रही है। चांदना ने पुलिस पर पीड़ित पक्ष के लोगों के साथ मारपीट करने व उनके खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज करने का आरोप भी लगाया है। चांदना ने शनिवार दोपहर सर्किट हाउस में आयोजित पत्रकार वार्ता में बताया कि इस मामले का ज्ञापन मुख्यमंत्री व राज्य पुलिस निदेशक को भेजा है। यदि इस मामले में शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वह पीड़ित पक्ष के लोगों के साथ मुख्यमंत्री व पुलिस निदेशक के समक्ष धरना देंगे। चांदना ने बताया कि दबलाना थाना में 8 अप्रैल 2024 को मेंडी पंचायत के अमरपुरा गांव निवासी पीड़ित महिला ने गांव के ही एक व्यक्ति के खिलाफ जबरन बलात्कार करने का मामला दर्ज कराया था, जिसमें दबलाना पुलिस व हिंडौली पुलिस उपअधीक्षक ने घटना को प्रमाणित माना था। बाद में पुलिस अधीक्षक ने दो बार जांच अधिकारी बदल दिए। इसके बाद महानिरीक्षक कोटा रेंज ने 23 अक्टूबर को उक्त प्रकरण की पुनः जांच बदलते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कोटा शहर को पत्रावली जांच के लिए सुपुर्द कर दी। चांदना ने कहा कि पुलिस को मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर पीड़िता को न्याय दिलाना चाहिए, जिसकी जगह पुलिस ओएसडी के इशारे पर बार-बार जांच बदल रही है। वहीं आरोपी पक्ष के लोग पीड़ित लोगों के साथ मारपीट कर रहे हैं और राजीनामे के लिए दबाव बना रहे हैं। recent visitors 62

बाघ की शिफ्टिंग से बढ़ेगी रौनक, राजस्थान-बूंदी के रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व को मिला नया राजा

बूंदी. बूंदी जिले के रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व में एक नर बाघ के रूप में नया राजा मिल गया है। सरिस्का टाइगर रिजर्व से बाहर निकले टाइगर 2303 को रविवार शाम हरियाणा में झाबुआ के जंगल से ट्रेंकुलाइज कर उसे रामगढ़ टाइगर रिजर्व में शिफ्ट कर दिया गया है। बता दें कि यह नर बाघ करीब तीन साल का युवा और काफी हष्ट-पुष्ट बाघ है। उम्मीद है कि आने वाले समय में रामगढ़ में यह बाघ कुनबा बढ़ाने में सहायक सिद्ध होगा। पूर्व में रणथंभौर से खुद चलकर आया बाघ आरवीटी 1 मौजूद है। अब हरियाणा के झाबुआ से एक और बाघ आने से टाइगर रिजर्व में दो नर, एक मादा और दो मादा बाघिन हो गई है। शीघ्र ही मादा बाघिन भी शिफ्ट होने की संभावना है। शुरू में बाघ को शॉफ्ट एनक्लोजर में रखा जाएगा। सरिस्का टाइगर रिजर्व का बाघ टी 2305 एक साल से टेरिटरी की तलाश में भटक रहा था। यह बाघ दो बार सरिस्का से बाहर निकल चुका था और वन विभाग के लिए इसकी मॉनिटरिंग चुनौती बनी हुई थी। कई बार इसे ट्रेंकुलाइज करने के प्रयास किए गए, लेकिन सफलता नहीं मिली। पहली बार रामगढ में ट्रेंकुलाइज कर लाया गया नर बाघ राज्य के चौथे एवं तेजी से उभरते रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व में सोमवार सुबह करीब साढ़े पांच बजे पहली बार एक नर बाघ को ट्रेंकुलाइज कर शॉफ्ट एनक्लोजर में रिलीज किया गया। इससे पूर्व अब तक यहां नर बाघ खुद चलकर आते रहे हैं। इससे पहले यहां दो मादा बाघिन छोड़ी गई थी। नए बाघ को आरवीटी 4 के रूप में पहचाना जाएगा और उम्मीद है कि इसे जल्दी ही खुले जंगल मे छोड़ दिया जाएगा। एक बाघिन दूसरे राज्य से लाने की भी वन विभाग तैयारी कर रहा है। recent visitors 79

चयनित 20 कॉलेजों में होंगे बदलाव, राजस्थान-बूंदी का भगवा रंग में नजर आएगा राजकीय महाविद्यालय

बूंदी. कॉलेजों में वातावरण को और सकारात्मक बनाना और छात्रों के लिए एक बेहतर शिक्षा माहौल तैयार करने के उद्देश्य से राजस्थान के सरकारी कॉलेजों के परिसर में अब नया बदलाव देखने को मिलेगा। राज्य सरकार के निर्णयानुसार, इन कॉलेजों के मेन गेट और एंट्रेंस हॉल को भगवा रंग में रंगा जाएगा। बता दें कि इस कार्य के लिए कॉलेज शिक्षा आयुक्तालय द्वारा पहले चरण में 20 कॉलेजों को चयनित किया है, जिनमें कॉलेज बिल्डिंग के फ्रंट एरिया, एंट्रेंस हॉल और गैलरी को व्हाइट गोल्ड और ऑरेंज-ब्राउन रंगों में रंगा जाएगा। राजस्थान के इन चयनित 20 कॉलेजों में बूंदी जिले का राजकीय महाविद्यालय भी शामिल है, जहां यह बदलाव देखने को मिलेगा। राजस्थान के उच्च शिक्षा विभाग के अनुसार, इस बदलाव का मुख्य उद्देश्य कॉलेज परिसर में सकारात्मकता, स्वच्छता और एक प्रेरणादायक माहौल का निर्माण करना है। भगवा रंग को ऊर्जा, शक्ति और संकल्प का प्रतीक माना जाता है। विभाग के ज्वाइंट डायरेक्टर डॉ. विजेंद्र कुमार शर्मा ने बताया कि ये रंग छात्रों को कॉलेज में प्रवेश करते ही और सकारात्मकता का अनुभव कराएंगे, जिससे वे शिक्षा के प्रति अधिक प्रेरित महसूस करेंगे। यह होंगे बदलाव कॉलेज परिसर में भगवा रंग के अलावा, व्हाइट गोल्ड और ऑरेंज ब्राउन रंगों का भी प्रयोग किया जाएगा। यह संयोजन कॉलेज के मुख्य प्रवेश द्वार, गैलरी, और एंट्रेंस हॉल में होगा, जिससे कि छात्रों के लिए स्वच्छ, प्रेरणादायक और सकारात्मक वातावरण बनाया जा सके। इसे आवश्यक बदलाव मानते हुए शिक्षाविदों का कहना है कि इससे कॉलेज के परिसर में जहां सकारात्मक ऊर्जा का संचार होगा, वहीं, कुछ ने रंगों में बदलाव के साथ-साथ शिक्षा की गुणवत्ता को भी सुधारने की आवश्यकता जताई। यह हैं पहले चरण में चयनित कॉलेज —- 0- राज्य के 10 संभागों में कुल 20 कॉलेजों को पहले चरण में चुना गया है। ये सभी कॉलेज राजस्थान के अलग-अलग क्षेत्रों में स्थित हैं। यहां उन कॉलेजों की सूची दी गई है, जहां भगवा रंग का काम शुरू किया जा रहा है। 0- अजमेर संभाग में एसपीसी गवर्नमेंट कॉलेज और एसबीआरएम गवर्नमेंट कॉलेज। 0- बांसवाड़ा संभाग में राजकीय महाविद्यालय बांसवाड़ा और राजकीय महाविद्यालय प्रतापगढ़। 0- बीकानेर संभाग में गवर्नमेंट डूंगर कॉलेज और गवर्नमेंट कॉलेज गंगानगर। 0- भरतपुर संभाग में एमएसजे गवर्नमेंट कॉलेज और एससीआरएस गवर्नमेंट कॉलेज सवाई माधोपुर।जयपुर संभाग के बीएसआर गवर्नमेंट कॉलेज अलवर और एलबीएस गवर्नमेंट कॉलेज कोटपुतली।जोधपुर संभाग में गर्वमेंट कॉलेज जोधपुर और एमबीआर गवर्नमेंट कॉलेज बालोतरा। 0- कोटा संभाग में गवर्नमेंट साइंस कॉलेज कोटा और गवर्नमेंट कॉलेज बूंदी। 0- पाली संभाग में गवर्नमेंट बांगर कॉलेज पाली और गवर्नमेंट कॉलेज जालोर। 0- सीकर संभाग में एसके गवर्नमेंट गर्ल्स कॉलेज सीकर और गवर्नमेंट लोहिया कॉलेज चूरू। 0- उदयपुर संभाग में गवर्नमेंट मीरा गर्ल्स कॉलेज उदयपुर और एमपी गवर्नमेंट कॉलेज चितौड़गढ़ शामिल हैं। recent visitors 122

सांसद और संघर्ष समिति की बैठक में बनी सहमति, राजस्थान-बूंदी में राव सूरजमल हाड़ा की दोबारा बनेगी छतरी

बूंदी. बूंदी के तुलसी गांव में खंडित की गई पूर्व नरेश राव सूरजमल हाड़ा की छतरी अपने स्थान पर ही बनेगी। संघर्ष समिति के अक्षय हाड़ा ने बताया कि लोकसभा अध्यक्ष व कोटा-बूंदी सांसद ओम बिरला के साथ मीटिंग के बाद यह निर्णय हुआ है। छतरी का निर्माण प्रारंभ होगा। छतरी के पुनः निर्माण को लेकर गुरुवार शाम कोटा में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के कैंप कार्यालय में एक बैठक हुई। जिसमें कलेक्टर कोटा रविंद्र गोस्वामी, कलेक्टर बूंदी अक्षय गोदारा, ओम बिरला के ओएसडी राजीव दत्ता, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया की दिल्ली से आई टीम, कोटा विकास प्राधिकरण की टीम, संघर्ष समिति के अध्यक्ष ब्रिगेडियर भूपेश सिंह हाड़ा, उपाध्यक्ष अक्षय हाड़ा और अन्य सदस्य शामिल हुए। अक्षय हाड़ा ने एयरपोर्ट की ड्राइंग और अन्य डिटेल्स से सभी को अवगत कराते हुए कहा कि छतरी प्रस्तावित एयरपोर्ट के रनवे में रुकावट नहीं डाल रही है। यह रनवे से 300 मीटर दूर एप्रेन के पास आ रही है। गौरतलब है कि कोटा के प्रस्तावित ग्रीन एयरफील्ड एयरपोर्ट के लिए अधिग्रहीत भूमि पर आ रही बूंदी के पूर्व नरेश राव सूरजमल हाड़ा की 600 साल पुरानी छतरी को 20 सितंबर को खंडित कर दिया गया था। केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत के विरोध जताने के बाद राज्य सरकार ने छतरी (मंदिर) को खंडित करने वाले तीन अधिकारियों को निलंबित भी किया था, लेकिन सर्वसमाज छतरी को उसी स्थान पर बनाने के लिए संघर्ष कर रहा था। बैठक में छतरी के पुनर्निर्माण के निर्णय के बाद भूमिपूजन किया जाएगा। recent visitors 146

एसडीआरएफ ने सुरक्षित निकाला, राजस्थान-बूंदी के बिलकेश्वर महादेव मंदिर में गए 11 पर्यटक बाढ़ मे फंसे

बूंदी. जिले के बिलकेश्वर महादेव मंदिर में दर्शन करने के लिए गए पर्यटक पानी भरने के कारण वहां फंस गए। बताया जा रहा है के जब वे महादेव दर्शन के लिए गए थे तब सीढ़ियों पर पानी नहीं था लेकिन वापस लौटते समय लगातार हुई तेज बारिश के कारण मेज नदी ऊफान पर आ गई और मंदिर की सीढ़ियां पानी में डूब गईं। समय रहते लोगों ने गेंडोली थाना पुलिस को सूचना दी। पानी का सैलाब बढ़ता देख पूरा मामला एसडीआरएफ के हवाले किया गया। जिस पर एक दर्जन से अधिक एसडीआरएफ के जवानों ने पांच घंटे की मशक्कत के बाद सभी को पानी से सुरक्षित निकाल लिया। एसडीआरएफ से मिली जानकारी के अनुसार जिले के रिहाणा, ख्यावदा, गोलपुरा गांव के युवक नैनवा रोड पर त्रिवेणी संगम पर बिल्केश्वर महादेव के दर्शन करने पहुंचे थे। दर्शन करने के बाद वापस घर लौटने लगे तो मेज नदी में ऊफान आ गया। नदी में लगातार पानी बढ़ने से 11 बच्चे ओर दो युवक मंदिर मे ही डटे रहे लेकिन पानी कम नहीं होने पर लोगों ने प्रशासन को इसकी सूचना दी, जिस पर गेंडोली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और एसडीआरएफ टीम को बुलाया गया। हिंडोली क्षेत्र में पिछले 24 घंटे में 8 इंच बारिश हुई, जिसके चलते जिले की कई नदियां ऊफान पर हैं। यहां से निकलने वाली मेज नदी में जल स्तर खतरे के निशान से ऊपर बह रहा है, जिसके चलते खटकड़ पुलिया पर 1 से 2 फीट पानी आ जाने के चलते मार्ग पूरा बाधित हो गया।  recent visitors 120

लोगों ने मशक्कत कर बचाया, राजस्थान-बूंदी में भारी बारिश में बही पुलिस जवानों से भरी जीप

बूंदी. राजस्थान के बूंदी में मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है। जिले में भारी बारिश का सिलसिला अनवरत जारी है। इस बारिश के कारण जैत सागर झील उफान पर आ गई है, जिसके चलते प्रशासन ने झील के सभी गेट खोल दिए हैं। इस दौरान एक बड़ा हादसा होते-होते बच गया जब महावीर कॉलोनी में जैत सागर नाले की पुलिया को पार करते समय पुलिसकर्मियों से भरी जीप सैलाब में बह गई। स्थानीय लोगों ने जैसे ही पुलिस की जीप को बहते हुए देखा, उन्होंने तुरंत बड़ी रस्सियों का उपयोग करके पुलिसकर्मियों को एक-एक करके सुरक्षित बाहर निकाला। लोगों की सूझबूझ और तत्परता के चलते यह बड़ा हादसा टल गया। हादसे की सूचना मिलते ही जिला कलेक्टर अक्षय गोदारा और एसपी हनुमान प्रसाद मीणा मौके पर पहुंचे, साथ ही एसडीआरएफ की टीम को भी रेस्क्यू के लिए बुलाया गया। एसडीईआरएफ के कमांडो गोपाल सिंह के नेतृत्व में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया, जिसमें जेसीबी की मदद से पानी में डूबी जीप को निकालने का प्रयास किया गया। हालांकि, पानी के तेज बहाव के कारण रेस्क्यू में कई कठिनाइयाँ आईं, लेकिन अंततः जीप को बाहर निकाला जा सका। देई खेड़ा थाना के पुलिसकर्मी स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने के लिए बूंदी आए थे। वापस लौटते समय उन्होंने शहर का रास्ता छोड़कर कॉलोनी का रास्ता पकड़ा, जहाँ यह हादसा हुआ। पुलिया पर दो से तीन फीट पानी होने के कारण जीप अनियंत्रित हो गई और सैलाब में बह गई। इस हादसे में पुलिसकर्मियों की जान लोगों की सूझबूझ से बच सकी। वर्तमान में कलेक्टर और एसपी ने जैत सागर झील का निरीक्षण किया और पानी के वेग की स्थिति का जायजा लिया। बूंदी में भारी बारिश का सिलसिला जारी है, जिससे इलाके में जलमग्न की स्थिति बनी हुई है। recent visitors 109