Sunday, July 5, 2026 2:01 am

13 दिसंबर से 3 राशियों को होगा लाभ ही लाभ

मेष राशि- आज के दिन किसी पुराने इन्वेस्टमेंट से अच्छा रिटर्न मिल सकता है। वहीं, बिजनेस कर रहे लोगों को नयी पार्टनरशिप अट्रैक्ट कर सकती है। सेहत के मामले में दिन यादगार रहेगा। वृषभ राशि- आज लव लाइफ में पास्ट के मुद्दे न उठाना ही बेहतर है। आपको धन लाभ हो सकता है। बेवजह का तनाव न लें। खुद की जरूरतों पर ध्यान दें। पैसों के मामले में साथी की सलाह लेना अच्छा रहेगा। मिथुन राशि- आज जीवन में हलचल रहेगी। कार्यभार संभालते वक्त समय-समय पर ब्रेक लेते रहें। जहां धन का आगमन होगा वहीं, खर्च की भी अधिकता रहेगी। अपनी मां की सेहत का ख्याल रखें। कर्क राशि- आज आपका दिन बेहतरीन रहने वाला है। आर्थिक तौर पर किसी की सहायता भी करनी पड़ सकती है। लॉन्ग डिस्टेंस वालों को रिश्ते को मजबूत बनाने पर ध्यान देना चाहिए। सिंह राशि- आज के दिन धन लाभ होने के योग बन रहे हैं। बड़े बदलावों के लिए तैयार हो जाएं। काम की प्रशंसा होगी। अपनी डाइट को हेल्दी रखें। शारीरिक स्वास्थ्य पर ध्यान दें। कन्या राशि- आज का दिन बिजी फील हो सकता है। अपने पार्टनर की सेहत पर ध्यान दें। हो सकता है आज आपका क्रश आपको रिप्लाई दे। किसी भी नए काम की शुरुआत आज न करें। तुला राशि- आज करियर तौर पर आपको कोई नया प्रोजेक्ट हासिल हो सकता है। लव के मामले में मैरिड कपल्स को एक दूसरे के साथ क्वालिटी टाइम स्पेंड करना चाहिए। वृश्चिक राशि- आज आपका दिन काफी रोमांटिक रहने वाला है। कमिटेड लोगों को अपने बॉन्ड को स्ट्रांग बनाने के लिए एक दूसरे को सपोर्ट करना चाहिए। ऑफिस में क्लीग्स के साथ बहस करने से बचें। धनु राशि- आज आपका दिन थोड़ा हलचल भरा रह सकता है। ऑफिस रोमांस विवाहित जातकों के लिए भारी पड़ सकता है। शारीरिक स्वास्थ्य के साथ मानसिक स्वास्थ्य पर भी ध्यान देना भी जरूरी है। मकर राशि- लव के मामले में बड़े बदलावों के लिए तैयार हो जाएं। आर्थिक तौर पर खर्च बढ़ सकते हैं। आपको फाइनेंशियल तौर पर बेहद सोच समझकर डिसीजन लेने चाहिए। कुंभ राशि- आज जोखिम भरा इन्वेस्टमेंट न करें। शादीशुदा लोगों को जीवन में थोड़ी मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है। सिंगल वालों को सरप्राइज मिल सकता है। खुद को हाइड्रेटेड रखें। मीन राशि- आज उथल-पुथल भरा साबित हो सकता है। तनाव ज्यादा न लें। अपने गुस्से को काबू में रखें। काम और निजी जीवन के बीच में संतुलन बनाकर रखें। बड़े फैसले न लें। recent visitors 70

सिंगल मदर किरण गुप्ता के जीवन में महतारी वंदन योजना लाई सकारात्मक बदलाव

सहायता राशि से शुरू किया अपना व्यवसाय, अब हो रही है दोगुनी कमाई, लोगों को भी खूब भा रहे उनके हाथों के बने आचार अम्बिकापुर सहायता राशि से शुरू किया अपना व्यवसाय, अब हो रही है दोगुनी कमाई, लोगों को भी खूब भा रहे उनके हाथों के बने आचारमुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के सुशासन में महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए शुरू की गई महतारी वंदन योजना ने महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। ऐसी ही एक कहानी अम्बिकापुर के किरण गुप्ता की है, जिन्होंने महतारी वंदन योजना के द्वारा मिलने वाली सहायता राशि का उपयोग कर आचार का छोटा सा व्यवसाय शुरू किया। किरण बताती हैं कि वो अपनी बेटी के साथ अम्बिकापुर में रह रहीं हैं, जब बेटी लगभग दो वर्ष की थी तभी से वो सिंगल मदर के रुप में सिलाई-कढ़ाई के साथ दूसरे के किराने के दुकान में काम कर होने वाली थोड़ी बहुत आय से उसकी परवरिश कर रही हैं। बेटी आज कॉलेज में है, अब उन्हें आगे की पढ़ाई की चिंता होने लगी थी। उन्होंने बताया कि मुझे आचार बनाने का बहुत शौक था, तब मेरी बहन ने आचार का ही व्यवसाय शुरू करने की सलाह दी। परन्तु आर्थिक स्थिति ऐसी थी कि कुछ नया सोचने की हिम्मत नहीं हुई। किरण कहतीं हैं कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय द्वारा महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए शुरू की गई महतारी वंदन योजना ने उनकी जिंदगी बदल दी है। महतारी वंदन योजना से मिली राशि को जोड़कर किरण ने “होम मेड पिकल“ यानी घर में बने आचार बनाकर बेचना शुरू किया। अब किरण अम्बिकापुर के मुख्य चौक-चौराहे पर स्टॉल लगाकर अलग-अलग तरह के आचार बेचतीं हैं। लोगों को उनके हाथ के बने आचार खूब भा भी रहें हैं, पहले उन्हें अन्य कार्यों से  महज 5-6 हजार रुपये मिलते थे, लेकिन अब खुद का व्यवसाय शुरू करके दोगुनी आमदनी मिल रही हैं। किरण की बेटी भी उनके इस सफर में उनका साथ देती हैं। किरण ने इस योजना के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का दिल से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि महतारी वंदन योजना हम महिलाओं के लिए एक मजबूत सहारा साबित हुई है। आज महतारी वंदन योजना के बदौलत उनका खुद का व्यवसाय शुरू हुआ है और वह आत्मनिर्भर बन रहीं हैं। recent visitors 150

गौरेला पेण्ड्रा मरवाही : डांडजमड़ी पंचायत के सभी 90 घरों में नल से पहुंच रहा है शुद्ध पेयजल

गौरेला पेण्ड्रा मरवाही डांडजमड़ी पंचायत के सभी 90 घरों में नल से पहुंच रहा है शुद्ध पेयजलजल जीवन मिशन के तहत  आकांक्षी ब्लॉक गौरेला के डांडजमड़ी पंचायत के सभी 90 घरों में नल से शुद्ध पेयजल पहुंचना प्रारंभ हो गया है। इस उपलब्धि पर ग्रामवासी ललिता वाकरे ने बताया कि उन्हें नल से घर में जल मिलने से बहुत खुशी हो रही है। अब उन्हें पानी लेने के लिए दूर स्थित कुएं तक नहीं जाना पड़ता। योजना के संचालन एवं संधारण के लिए ग्राम पंचायत को हस्तातंरण कर दिया गया है। साथ ही ग्राम के सरपंच इंजोरसिंह धुर्वे, पंचायत सचिव रतन सिंह और ग्राम जल स्वच्छता समिति के सदस्यों तथा ग्रामवासियों को जल की उपयोगिता, जल प्रबंधन, जल संरक्षण, वर्षा जल संचयन के बारे में बताया गया है। जल जीवन मिशन भारत सरकार का एक प्रमुख कार्यक्रम है, जो प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 15 अगस्त 2019 को शुरू किया गया है। recent visitors 66

गुरु घासीदास जयंती के अवसर पर 18 दिसंबर को शुष्क दिवस घोषित

अम्बिकापुर, आबकारी आयुक्त छत्तीसगढ़ द्वारा जारी पत्र के परिपालन में कलेक्टर सरगुजा द्वारा जिले में गुरू घासीदास जयंती 18 दिसंबर 2024 को शुष्क दिवस घोषित किया गया है। इस दौरान जिले में संचालित समस्त देशी मदिरा दुकानें , विदेशी मदिरा दुकानें , संलग्न अहाता, एफ.एल.8 तथा मद्य  भण्डागार पूर्णतः बंद रहेगा। इस दिन मदिरा का विक्रय, परिवहन एवं परोसना पूर्णतः बंद रहेगा। उन्होंने इस आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए हैं। recent visitors 62

दुर्गाडी किला मंदिर या मस्जिद आया फैसला सब कुछ हुआ साफ, 48 साल पुराने विवाद पर कोर्ट का निर्णय

मुंबई  48 साल बाद कल्याण के ऐतिहासिक दुर्गाडी किले को लेकर बड़ा फैसला आया है। कल्याण सिविल कोर्ट ने दुर्गाडी के अंदर ईदगाह (प्रार्थना स्थल) के स्वामित्व का दावा करने वाले एक मुस्लिम ट्रस्ट के दायर मुकदमे को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने महाराष्ट्र सरकार के पक्ष में फैसला सुनाया है। सिविल जज सीनियर डिवीजन एएस लांजेवार ने कहा कि यह निर्धारित किया गया है कि ट्रस्ट का दावा अमान्य है क्योंकि वह कथित बेदखली के बाद तीन साल की अवधि के भीतर मुकदमा दायर करने में विफल रहा, जो कि सीमा अधिनियम के तहत आवश्यक है। दुर्गाडी किले में स्थित दुर्गाडी मंदिर और ईदगाह के स्वामित्व को लेकर कानूनी लड़ाई 1976 से चल रही है। मजलिश-ए-मुशावरीन मजीद ट्रस्ट ने मुकदमा दायर किया था। दुर्गाडी नमाज स्थल पर मुस्लिम समुदाय की दायर याचिका को मंगलवार को एक सिविल कोर्ट ने खारिज कर दिया और इसे ठाणे कलेक्टर (महाराष्ट्र सरकार) की भूमि घोषित कर दिया। बॉम्बे हाई कोर्ट जाएगा मुस्लिम ट्रस्ट ट्रस्ट अधिकारियों ने कहा कि वे इस आदेश के खिलाफ बॉम्बे हाई कोर्ट में अपील करेंगे। महाराष्ट्र में यह विवाद सबसे पहले दिवंगत बालासाहेब ठाकरे ने उठाया था। बाद में शिवसेना के पदाधिकारी आनंद दिघे ने यह मुद्दा उठाया। आनंद दिखे से उनके शिष्य एकनाथ शिंदे ने इस मुद्दे को लेकर मुखर थे। महाराष्ट्र सरकार को दिया स्वामित्व मुस्लिम ट्रस्ट के दावों को खारिज किए जाने के बाद, केस लड़ रहे हिंदू संगठनों के नेताओं के साथ-साथ शिवसेना, भारतीय जनता पार्टी और शिवसेना यूबीटी के नेताओं ने अदालत के फैसले पर खुशी जताई। चूंकि दुर्गाडी किला ऐतिहासिक और प्राचीन है, इसलिए महाराष्ट्र सरकार ने 1971 में इसे विरासत संपत्ति घोषित किया था। इसके साथ ही, दुर्गाडी किले का कब्जा और स्वामित्व राज्य सरकार के पास रहेगा। पट्टे पर लिया था परिसर, बन गए मालिक ट्रस्ट चाहता था कि सरकार दुर्गाडी ईदगाह और मंदिर को अपनी संपत्ति घोषित करे, क्योंकि 1968 तक स्थानीय मुस्लिम समुदाय इसका सक्रिय रूप से नमाज के लिए उपयोग करते थे। मुकदमे के अनुसार, उस समय सरकार ने कल्याण नगर परिषद को परिसर पट्टे पर दिया था। श्री दुर्गाडी देवी उत्सव समिति कल्याण और कल्याण शहर के कुछ हिंदू नागरिकों ने सिविल कोर्ट में एक आवेदन दायर किया था। इस बीच, 2018 में मुस्लिम ट्रस्ट ने कल्याण सिविल कोर्ट में इस दावे को वक्फ बोर्ड, औरंगाबाद (संभाजीनगर) को हस्तांतरित करने के लिए एक आवेदन दायर किया। इस वाद में उन्होंने दावा किया गया कि उनके दावों पर निर्णय लेने का अधिकार वक्फ बोर्ड के अंतर्गत आता है। 'मंदिर को मुसलमानों ने बनाया मस्जिद' मजिस्ट्रेट कोर्ट ने उक्त आवेदन पर एक आदेश पारित किया और मामले को वक्फ बोर्ड को हस्तांतरित करने के उनके दावे को खारिज कर दिया। हिंदू मंच के अध्यक्ष दिनेश देशमुख का दावा है कि उपलब्ध अभिलेखों से पता चलता है कि दुर्गाडी किले पर एक दुर्गा मंदिर है। मुसलमान इसे ईदगाह कहते हैं, वह वास्तव में किले की दीवार है। बालासाहेब ठाकरे को दिया श्रेय भाजपा विधायक रवींद्र चव्हाण ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि उन्हें उम्मीद है कि आने वाले दिनों में राज्य सरकार इस मामले पर अदालत के आदेश को लागू करेगी। शिवसेना और सेना यूबीटी के स्थानीय पदाधिकारियों ने भी इस फैसले का स्वागत किया। उन्होंने दावा किया कि कानूनी लड़ाई के अनुकूल परिणाम का श्रेय दिवंगत बालासाहेब ठाकरे को जाता है। क्‍या है पूरा मामला इस जगह पर 1968 तक मंदिर और मस्जिद दोनों का इस्तेमाल दोनों समुदाय करते थे, लेकिन इसके बाद विवाद हो गया. इसके बाद साल 1967 में यहां पूजा करने पर भी रोक लगा दी गई. महाराष्ट्र सरकार ने 1968 में दुर्गाडी किले को लेकर आदेश जारी क‍िया. राज्य सरकार के आदेश के मुताबिक, मुस्लिम पक्ष को केवल दो दिन रमजान ईद और बकरीद पर नमाज अदा करने का आदेश दिया. फिर 1976 में मजलिस नामक एक मुस्लिम संगठन ने दावा दायर किया कि सदर किला एक मंदिर नहीं बल्कि एक मस्जिद है. दावा कई वर्षों से लंबित था. बाद में मजलिस ने जमीन को वक्फ संपत्ति घोषित कर दिया. मजलिस के दावे के खिलाफ अदालत करीब 48 साल से सुनवाई कर रही थी. इसके बाद कोर्ट ने राज्य सरकार के पक्ष में फैसला सुनाया. recent visitors 58

गणतंत्र दिवस समारोह की गरिमापूर्ण मनाने प्रारंभिक तैयारियां शुरू

अपर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बैठक सम्पन्न रायपुर, गणतंत्र दिवस 26 जनवरी 2025 गरिमापूर्ण मनाने और इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम की पूर्व तैयारियों के लिए आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में अपर मुख्य सचिव श्रीमती रेणु जी पिल्ले ने राज्य शासन के विभिन्न विभागों के उच्च स्तरीय अधिकारियों की बैठक ली। अपर मुख्य सचिव ने गणतंत्र दिवस 26 जनवरी के आयोजन के संबंध में तमाम व्यवस्था और तैयारियों के लिए अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए हैं। श्रीमती पिल्ले ने कार्यक्रम स्थल पर प्रदर्शित की जाने वाली झांकियां तथा उसकी थीम का निर्धारण एक सप्ताह के भीतर करने के निर्देश दिए हैं।     बैठक में राजधानी में आयोजित कार्यक्रम के आयोजन स्थल एवं समय का निर्धारण, समारोह के पल-प्रति कार्यक्रम का निर्धारण, आमंत्रण पत्र के प्रारूप का अनुमोदन, मुद्रण एवं उसका वितरण, मंच, पंडाल व्यवस्था, बैठक व्यवस्था निर्धारण, माननीय राज्यपाल तथा माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा दिए जाने वाला उद्बोधन/संदेश को तैयार करना, संबंधी निर्देश दिए गए। अपर मुख्य सचिव ने कहा कि समारोह स्थल पर परेड कार्यक्रम, भाग लेने वाली टुकड़ियों का निर्धारण एवं रिहर्सल, स्कूली बच्चों के कार्यक्रम, अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं कार्यक्रम में भाग लेने वाले बच्चों तथा उत्कृष्ठ झांकी को पुरस्कार वितरण, के साथ ही कार्यक्रम के उद्घोषक का निर्धारण, किया जाना सुनिश्चित करें। इसी प्रकार पार्किंग एवं ट्रेफिक व्यवस्था, कार्यक्रम स्थल पर विभागों द्वारा प्रदर्शित की जाने वाली झांकियों के लिए नोडल अधिकारी की नियुक्ति, कार्यक्रम के रिहर्सल की तिथि, प्रतिभागियों, स्कूली बच्चों के लिए स्वल्पाहार/पीने के पानी की व्यवस्था, कार्यक्रम स्थल, साफ-सफाई, अस्थाई शौचालय इत्यादि की व्यवस्था, संध्याकालीन कार्यक्रम की रूपरेखा, स्थान एवं समय का निर्धारण, जिला एवं तहसील स्तर पर आयोजित किए जाने वाली कार्यक्रमों का निर्धारण करना सुनिश्चित करें। जिला मुख्यालयों पर माननीय मुख्यमंत्री, मंत्रीगण, विधान सभा अध्यक्ष एवं अन्य माननीय मुख्य अतिथियों द्वारा ध्वजारोहण के लिए जिलों का निर्धारण, स्कूली बच्चों द्वारा प्रस्तुत किए जाने वाले कार्यक्रमों का निर्धारण, शासकीय भवनों पर प्रकाश व्यवस्था सहित अन्य व्यवस्थाओं के लिए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए।     बैठक में अपर मुख्य सचिव श्री सुब्रत साहू, सचिव लोक निर्माण डॉ. कमलप्रीत सिंह, कृषि उत्पादन आयुक्त सचिव श्रीमती शहला निगार, सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव श्री अविनाश चंपावत सहित अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। recent visitors 64

आरक्षक ने बटालियन से चुराया इंसास रायफल, बदले में मांगी 10 लाख की फिरौती

कवर्धा छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले में 3 नवंबर 2024 को 17वीं बटालियन छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल (CAF) के सरेखा स्थित मुख्यालय कैंप से एक इंसास राइफल, 20 राउंड कारतूस और मैगजीन चोरी हो गई थी. चोरी की गई राइफल को लौटाने के लिए आरोपी ने कई अलग-अलग नंबरों से फोन कर 10 लाख रुपए की फिरौती की मांग की. इस मामले का पर्दाफाश करते हुए कबीरधाम पुलिस ने आरोपी आरक्षक नरोत्तम रात्रे को जाल में फंसा कर गिरफ्तार कर लिया है, जो इस घटना में शामिल था. जानकारी के अनुसार, आरोपी नरोत्तम रात्रे, जो 17वीं बटालियन में आरक्षक था, वर्तमान में चिकपाल कैंप, थाना कटेकल्याण, जिला दंतेवाड़ा में पदस्थ था. उसका स्थायी निवास ग्राम धाबाडीह, थाना लवन, जिला बलौदाबाजार है. आरोपी ऑनलाइन जुआ और सट्टा खेलने का आदी था और उसके ऊपर लगभग 4 लाख रुपये का कर्ज था. कर्ज चुकाने के लिए ही उसने इस चोरी की योजना बनाई. आरोपी ने चोरी से एक माह पहले 1 महीने का अवकाश लिया था और इस दौरान सरेखा कैंप में 15 दिन तक रुका था. यहां उसने कैंप की रेकी कर रायफल चोरी की योजना बनाई. घटना के दिन, 03 नवंबर 2024 को आरोपी ने बाइक लेकर सरेखा कैंप पहुंचकर चोरी की. आरोपी, जो पहले भी कैंप में तैनात रह चुका था, ने गार्ड रूम में जाकर ड्यूटी के समय का फायदा उठाया और इंसास रायफल, मैगजीन और 20 राउंड कारतूस चुरा लिए. घटना की जानकारी तब मिली जब जवानों ने गार्ड रूम में लौटकर हथियारों की जांच की. फिरौती की मांग चोरी के तीन हफ्ते बाद, आरोपी ने पीड़ित जवान को अलग-अलग नंबरों से मैसेज करके राइफल वापस करने के बदले 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी. आरोपी ने अपनी पहचान छिपाने के लिए फर्जी सिम कार्ड का इस्तेमाल किया था और पीड़ित को बार-बार पैसे देने की धमकी दी. पुलिस ने आरोपी के साथी सुकित केसरवानी को भी गिरफ्तार किया, जिसने आरोपी को फर्जी सिम कार्ड उपलब्ध कराया था. पुलिस की कार्रवाई पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह (IPS) के निर्देश पर पुलिस ने विशेष जांच टीम गठित की. इस टीम में थाना प्रभारी कवर्धा, साइबर सेल प्रभारी और अन्य पुलिस कर्मी शामिल थे. टीम ने आरोपी द्वारा इस्तेमाल किए गए नंबरों की जांच की और आरोपी को गिरफ्तार किया. आरोपी की निशानदेही पर चोरी की गई रायफल, कारतूस और मैगजीन बरामद कर ली गई. पुलिस ने आरोपी के खिलाफ चोरी और फिरौती मांगने के लिए दो अलग-अलग प्रकरणों में अपराध दर्ज किया है:     अपराध क्रमांक-689/2024, धारा 331(2), 305(ड.) BNS 2023 IPC (रायफल चोरी का मामला).     अपराध क्रमांक-752/2024, धारा 308(2) BNS 2023 (फिरौती मांगने का मामला). एसपी का बयान पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने कहा, “हमारी टीम ने समयबद्ध तरीके से काम करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया और चोरी की गई रायफल को बरामद कर लिया. इस जटिल मामले की जांच और कार्रवाई में सभी अधिकारियों का योगदान सराहनीय रहा है.” इस मामले में आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी. recent visitors 62