कैपिटल माइंड के CEO शेनॉय का 90 घंटे काम को समर्थन, ‘मैं सप्ताह में 100 घंटे काम करता हूं’

नई दिल्ली। लार्सन एंड टूब्रो (एल एंड टी) के चेयरमैन एसएन सुब्रह्मण्यन के सप्ताह में 90 घंटे काम करने के बयान ने सोशल मीडिया पर कार्य संतुलन को लेकर एक नई बहस छेड़ दी है। अब इस मामले पर एक और कारोबारी  कैपिटल माइंड के संस्थापक और सीईओ दीपक शेनॉय की प्रतिक्रिया सामने आई है। जिसमें उन्होंने उत्पादकता और कार्य संतुलन पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उनका कहना है कि, वे अक्सर सप्ताह में 100 घंटे से ज्यादा काम करते हैं। 'असली काम दिन में 4-5 घंटे में होता है' एसएन सुब्रह्मण्यन के बाद एक्स पर कैपिटलमाइंड के संस्थापक और सीईओ दीपक शेनॉय ने लिखा कि मैंने अपने पूरे कार्यकाल में शायद सप्ताह में 100 घंटे काम किया है, लेकिन उसमें से अधिकांश काम मैंने एक कारोबारी के तौर पर किया है। आपको काम के घंटे लागू करने की जरूरत नहीं है, जो लोग प्रेरित हैं वे खुशी से काम करेंगे। वैसे भी अधिकतर असली काम दिन में 4-5 घंटे में होता है, लेकिन आपको नहीं पता कि ऐसा कब होता है। दीपक शेनॉय ने आगे लिखा कि मुझे अभी भी बैठकों को काम कहना मुश्किल लगता है, लेकिन इसमें उस काम से ज्यादा ऊर्जा लगती है जिसे मैं काम कहता हूं। कुछ हद तक यह काम 'एक्स' घंटे का तर्क मेरे लिए समझ से परे है। जब मैं खेलता हूं, तो मैं जमकर खेलता हूं। जब मैं काम करता हूं, तो मैं जमकर काम करता हूं। एसएन सुब्रह्मण्यन की टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर जमकर लोगों और सेलेब्रिटी की ओर से प्रतिक्रियाएं सामने आई थीं। उद्योगपति हर्ष गोयनका ने एक्स प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट में लिखा कि सप्ताह में 90 घंटे? संडे का नाम बदलकर 'सन-ड्यूटी' क्यों न कर दिया जाए और 'छुट्टी का दिन' को एक मिथकीय अवधारणा क्यों न बना दिया जाए? मैं कड़ी मेहनत और समझदारी से काम करने में विश्वास करता हूं, लेकिन जीवन को एक सतत कार्यालय शिफ्ट में बदल देना? यह सफलता नहीं, बल्कि बर्नआउट का नुस्खा है। वहीं इस मामले पर अभिनेत्री दीपिका पादुकोण ने कहा कि,  ऊंचे पदों पर बैठे लोगों के मुंह से इस तरह का बयान सुनना चौंका देने वाला है। मानसिक स्वास्थ्य मायने रखता है। पूर्व बैडमिंटन स्टार ज्वाला गुट्टा ने एलएंडटी के चेयरमैन पर जमकर निशाना साधा। ज्वाला गुट्टा ने लिखा कि, उसे अपनी पत्नी को क्यों नहीं निहारना चाहिए और केवल रविवार को ही क्यों? यह दुखद और कभी-कभी अविश्वसनीय है कि ऐसे पढ़ें लिखे और बड़े संगठनों के ऊंची पदों पर बैठे लोग मानसिक स्वास्थ्य और मानसिक आराम को सीरियस नहीं ले रहे हैं और इस तरह के महिला विरोधी बयान दे रहे हैं। कर्मचारियों को सप्ताह में 90 घंटे काम करना चाहिए: सुब्रह्मण्यन सुब्रह्मण्यन ने कहा था कि कर्मचारियों को सप्ताह में 90 घंटे काम करना चाहिए और रविवार को भी छुट्टी नहीं लेनी चाहिए। उन्होंने कर्मचारियों से पूछा, "आप अपनी पत्नी को कितनी देर तक घूर सकते हैं?" उन्होंने कर्मचारियों से घर पर कम और कार्यालय में ज्यादा समय बिताने की अपील की। उन्होंने कहा कि मुझे खेद है कि मैं आपको रविवार को काम करने के लिए बाध्य नहीं कर सकता। अगर मैं आपको रविवार को काम करने के लिए बाध्य कर सक सकूं, तो मुझे अधिक खुशी होगी, क्योंकि मैं रविवार को काम करता हूं।" सुब्रह्मण्यन ने आगे सवाल किया कि घर पर रहने के दौरान कर्मचारी क्या करते हैं। उन्होंने पूछा, "आप घर पर बैठकर क्या करते हैं? आप अपनी पत्नी को कितनी देर तक घूर सकते हैं?" तो फिर चलो चलो, दफ्तर आओ और काम करना शुरू करो। recent visitors 108

पूर्व कप्तान शॉन पोलाक ने कहा- अब नहीं चलेगी बल्लेबाजों की मनमानी, गेंदबाजों को ये छूट देने पर विचार कर रहा है आईसीसी

नई दिल्ली साउथ अफ्रीका के दिग्गज क्रिकेटर और पूर्व कप्तान शॉन पोलाक ने कहा कि आईसीसी क्रिकेट समिति गेंदबाजों को वाइड पर थोड़ी अधिक छूट देने की दिशा में काम कर रही है क्योंकि मौजूदा नियम उन पर बहुत सख्त है, विशेषकर तब जबकि बल्लेबाज आखिरी क्षणों में मूवमेंट करते हैं। वनडे और टी-20 में, बल्लेबाज गेंदबाज की लाइन और लेंथ को बिगाड़ने के लिए क्रीज पर अंतिम पलों में मूवमेंट करते हैं जिससे अक्सर गेंद वाइड हो जाती है। पोलाक ने पीटीआई से कहा, ‘‘मैं आईसीसी क्रिकेट समिति का हिस्सा हूं और हम वाइड गेंद पर गेंदबाजों के लिए कुछ और छूट लाने पर विचार कर रहे हैं। मुझे लगता है कि इसको लेकर नियम गेंदबाजों के प्रति बहुत सख्त हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘अगर कोई बल्लेबाज आखिरी मिनट में उछलता है, तो यह वास्तव में गेंदबाजों के लिए आदर्श स्थिति नहीं होती है। मुझे लगता है कि एक गेंदबाज को अपने रन अप की शुरुआत में यह जानना जरूरी है कि वह कहां गेंदबाजी कर सकता है।’’ पोलाक ने कहा, ‘‘मौजूदा नियमों के अनुसार अगर गेंदबाज के गेंद छोड़ने से तुरंत पहले बल्लेबाज अपनी जगह बदलता है तो इससे गेंद वाइड दे दी जाती है। मैं इस नियम में थोड़ा बदलाव चाहता हूं।’’ इस 51 वर्षीय ऑलराउंडर ने कहा कि गेंदबाजों को रन अप के समय पता होना चाहिए कि उसे कहां गेंदबाजी करनी है। उन्होंने कहा, ‘‘मैं चाहता हूं कि एक गेंदबाज को रन अप के समय पता होना चाहिए कि उसे कब, क्यों या कैसी गेंद करनी है। एक गेंदबाज से यह उम्मीद कैसे की जा सकती है कि वह गेंदबाजी करते समय आखिरी सेकंड में अपनी रणनीति बदल देगा। उसे पहले ही स्पष्ट रूप से पता होना चाहिए कि उसे कहां गेंदबाजी करनी है। यह मुख्य पहलू है जिस पर हम चर्चा कर रहे हैं।’’ पोलाक ने कहा कि साउथ अफ्रीका को आगामी चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान उपमहाद्वीप की परिस्थितियों में अपने खिलाड़ियों के अनुभव का लाभ उठाना चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘हमारी टीम में अधिकतर वही खिलाड़ी शामिल हैं जो (वनडे) वर्ल्ड कप (2023) में खेले थे, जहां हम सेमीफाइनल में पहुंचे थे और ऑस्ट्रेलिया से हार गए थे।’’ पोलाक ने कहा, ‘‘हमारी टीम में कई ऐसे खिलाड़ी हैं जो आईपीएल में खेलते रहे हैं और उपमहाद्वीप की परिस्थितियों से अच्छी तरह से अवगत हैं। इससे दक्षिण अफ्रीका को मदद मिल सकती है। हमारी टीम विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में जगह बना चुकी है और उम्मीद है कि कुछ युवा खिलाड़ी सामने आएंगे। इससे हमारी टेस्ट क्रिकेट को मजबूती मिलेगी।’’ recent visitors 118

सर्दियों के लिए 5 हेल्दी आदतें आज ही अपनाएं

सर्दियों के दिनों में सुबह के वक्त उठना सबसे ज्यादा आलस भरा काम होता है और जब बात एक्सरसाइज करने की आती है तो ज्यादातर लोग इसे अगले दिन के लिए टाल देते हैं। दरअसल सर्दी के दिनों में रजाई की गरमाहट आपको उठने से रोकती है लेकिन क्या आप जानते हैं कि कुछ चीजों को करने भर से आप रजाई जितनी ही गर्मी प्राप्त कर सकते हैं? आइए आपको बताते हैं ऐसे कुछ आसान टिप्स के बारे में, जिनकी मदद से आप शारीरिक और मानसिक रूप से ठंड के दिनों में खुद को फिट रख सकते हैं। ये टिप्स आपको सर्दियों में हेल्दी रखने के अलावा आपका आलसपना दूर करने में मदद कर सकते हैं। सर्दियों में 5 तरीकों से करें आलस को दूर वार्म अप करें सर्दियों के दिनों में सुबह उठकर, जो आपको सबसे पहले काम करना है वो ये कि आप हल्का-फुल्का वार्म अप करें। वार्म अप आपकी बंद आंखों को खोलने में मदद करेगा साथ ही शरीर को गर्माहट भी प्रदान करेगा। वार्म अप करने से न सिर्फ आपके शरीर को आलस दूर करने में मदद मिलेगी बल्कि आप पहले से ज्यादा बेहतर महसूस करेंगे। टहलें खाना खाने के बाद टहलना फायदेमंद माना जाता है लेकिन आप अगर सुबह-सुबह उठने के बाद थोड़ी दूर तक टहलने के लिए जाते हैं तो आप खुद को सर्दियों में फिट रख सकते हैं। आपको बस चलते वक्त अपने जोड़ों पर कम से कम दबाव डालना है और इतना ध्यान रखना है कि चलते वक्त आपके पैर बिल्कुल सही स्थिति में हों। इससे आपको अपनी हड्डियों को मजबूत बनाने में भी मदद मिलेगी। फार्टलेक ट्रेनिंग आपको कम से कम 15 मिनट तक तेजी से भागने और पैरों को जितना हो सके उतना फैला कर भागना चाहिए। ये ट्रेनिंग आपको फिट रखने के साथ-साथ शरीर को गर्म रखने में भी मदद करेगी। आप चाहें तो हर 2 मिनट बाद थोड़ी-थोड़ी दूर लंबी कूद भी कर सकते हैं या फिर हल्के-हल्के कदमों से भी दौड़ सकते हैं। स्किन का रखें ख्याल सर्दियों में अक्सर आपकी स्किन ड्राई हो जाती है इसलिए ये सलाह दी जाती है कि आपको मॉश्चराइजर का इस्तेमाल करने के साथ-साथ पर्याप्त मात्रा में पानी पीने की जरूरत होती है। सर्दियों में आपके होंठ या फिर हाथों की स्किन न फटे इसके लिए आप पैट्रोलियम जेली का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। अच्छी डाइट लें सर्दियों में आपको अपने खान-पान का विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। सर्दियों में गर्म खाने का मतलब ये नहीं है कि आप कुछ भी खा लें। बल्कि आपको ऐसे फूड्स का विकल्प चुनना चाहिए, जो आपका वजन बढ़ाए बिना आपको अंदर से गर्म रखने में मदद करें। आप एक्सरसाइज के साथ-साथ हेल्दी डाइट जरूर फॉलो करें। recent visitors 114

तरुणाई को ऊर्जस्व बनाये रखने ‘स्वामी विवेकानंद युवा शक्ति मिशन’ का शुभारंभ विवेकानंद जयंती से : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि स्वामी विवेकानंद की जयंती का दिन देश के युवाओं के लिए उस चिर युवा ऊर्जा से प्रेरणा लेकर नए संकल्प लेने का है, जो आज भी हमारी तरुणाई को ऊर्जस्व बनाए हुए है। उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानन्द ने ‘उत्तिष्ठ, जाग्रत प्राप्य वरान्निबोधत’ के उद्घोष से भारत के युवाओं को प्रेरित किया था। युवा अपने गौरवशाली अतीत को जानें, उस पर गर्व करें और उससे शिक्षा एवं प्रेरणा लेकर स्वर्णिम भविष्य के सृजन पथ पर बिना थके चलते रहें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वामी विवेकानन्द का संदेश था कि दृढ़-आत्मविश्वास से असंभव को भी संभव बनाया जा सकता है। यह संदेश विश्व के सभी देशों से अधिक युवाओं की शक्ति से संपन्न भारत के लिए आज भी समीचीन है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वामी विवेकानंद की 162वीं जयंती पर युवाओं का उन्मुक्त उड़ान के लिये खुला आकाश उपलब्ध कराने राज्य सरकार 'स्वामी विवेकानंद युवा शक्ति मिशन' का शुभारंभ करने जा रही है। इस मिशन में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के GYAN (ग़रीब, युवा, अन्नदाता और नारी) पर ध्यान के ध्येय मंत्र को धरातल पर साकार किया जाएगा। हम आशान्वित हैं कि यह मिशन प्रदेश के युवाओं को आत्मनिर्भर एवं सशक्त बनाने और उनमें नेतृत्व क्षमता विकसित कर उनकी ऊर्जा को रचनात्मक दिशा में गतिशील रखकर स्वामी विवेकानंद की अभिप्रेरणाओं को जीवंत बनाए रखेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के युवाओं को सशक्त, सक्षम और समृद्ध भारत के संकल्प सिद्धि के मार्ग पर सधे हुए मजबूत कदमों से आगे बढ़ाने में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ेगी। स्वामी विवेकानन्द की जयंती पर हमारा यह संकल्प है कि हम इस मिशन से वर्ष-2030 तक प्रदेश के 70 प्रतिशत युवाओं की आय में और अधिक वृद्धि करने में सफल होंगे। इसके लिए वर्ष 2028 तक प्रदेश के शत-प्रतिशत युवा को 10वीं एवं 2030 तक 12वीं तक अनिवार्य रूप से शिक्षित किया जाएगा। स्वामी विवेकानंद युवा शक्ति मिशन का ध्येय वाक्य, ‘संवाद-सामर्थ्य-समृदिध’ के माध्यम से ‘आत्म दीपो भवः’ है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विश्वास जताया कि स्वामी विवेकानंद ‘युवा शक्ति मिशन’ मध्यप्रदेश के युवाओं के सशक्तिकरण की मजबूत बुनियाद सिद्ध होगा। मिशन से युवाओं में शिक्षा, कौशल विकास और सामुदायिक सेवा की भावनाएं विकसित होंगी। साथ ही वह आधुनिक तकनीक के कुशल प्रयोग में सक्षम बनेगा और उनमें सफल एवं सक्षम नेतृत्व के गुण भी विकसित होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वामी विवेकानंद की ऊर्जा से अभिप्रेरित देश का युवा आज स्टार्ट-अप जैसे नवाचारों की नवीन धारा से देश का का नेतृत्व कर रहा है। विश्व को अपनी ऊर्जस्विता से झँकृत कर देने वाली चिर युवा चेतना का ही प्रताप है कि आज भारत के युवाओं ने भारत को विश्व की शीर्ष स्टार्ट-अप फिनामिना में तीसरे स्थान ला खड़ा किया है। देश के 73 हजार से अधिक स्टार्ट-अप्स में 100 से अधिक यूनिकार्न बन चुके है, इनमें से प्रत्येक में कम-से-कम एक महिला निदेशक है। भारत के यूनिकार्न बिलियन डॉलर कमाने में भी विश्व में तीसरे स्थान पर हैं। देश के युवाओं ने इतने पेटेंट कराए कि भारत तीनों प्रमुख बौद्धिक संपदा अधिकारों-पेटेंट, ट्रेडमार्क और औद्योगिक डिजाइनों के लिए विश्व के टॉप-10 देशों में शामिल हो गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत के सर्वांगीण विकास की जादुई गति, देश के नौजवानों की ऊर्जा का ही पुण्य-प्रताप है। स्वामी विवेकानंद के देश के युवाओं ने न सिर्फ सपने देखे, बल्कि अपने सपनों को देश की आवश्यकताओं और आकांक्षाओं से जोड़ा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश की युवा शक्ति भी भविष्य के स्वर्णिम भारत को गढ़ने के इस पावन अभियान में कंधे से कंधा मिला कर आगे बढ़ रही है। स्वच्छ भारत अभियान में प्रदेश के युवाओं के भावानात्मक जुड़ाव और ऊर्जस्वी नेतृत्व के कारण ही मध्यप्रदेश आज देश का सबसे स्वच्छ एवं हरा भरा राज्य है। हम युवाओं की सामर्थ्य के बल पर ही प्रदेश में ‘Ease of Doing Business’ और ‘Ease of living’ का इंड्स्ट्री-फ्रैंडली वातावरण निर्मित कर पा रहे हैं। मध्यप्रदेश सरकार भी युवाओं के सपनों को पंख देने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है।   recent visitors 96

राष्ट्रपति मैक्रों ने खुद दी जानकारी, फ्रांस में एआई सम्मेलन में शामिल होने जाएंगे पीएम मोदी

नई दिल्ली/पेरिस। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अगले माह फ्रांस दौरे पर जाएंगे। पीएम मोदी फ्रांस में 10-11 फरवरी को होने वाले एआई एक्शन सम्मेलन में शिरकत करेंगे। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। शुक्रवार को 30वें राजदूतों के सम्मलेन के दौरान अपने संबोधन में मैक्रों ने कहा कि 'फ्रांस 10-11 फरवरी को एआई एक्शन सम्मेलन का आयोजन करेगा। इस सम्मेलन में एआई को लेकर अंतरराष्ट्रीय विमर्श होगा। इसमें पीएम नरेंद्र मोदी भी शामिल होंगे। यह एक अहम दौरा होगा क्योंकि हम हम सभी एआई ताकतों से इसे लेकर चर्चा करना चाहते हैं।' एआई सम्मेलन के दौरान इन मुद्दों पर होगा फोकस फ्रांसीसी राष्ट्रपति ने कहा कि वैश्विक विमर्श में एआई पर बात करना बेहद अहम है। उन्होंने कहा कि 'एआई सम्मेलन में अमेरिका, चीन, भारत के साथ ही अरब देश भी शिरकत करेंगे और इन देशों का एआई तकनीक को विकसित करने और इसका नियमन करने में अहम भूमिका है।' मैक्रों ने कहा कि सम्मेलन में नवाचार, टैलेंट पर फोकस किया जाएगा और इससे फ्रांस और यूरोप को वैश्विक एआई परिदृश्य में केंद्र में रखा जाएगा। इससे पहले दिसंबर में इमैनुएल मैक्रों ने एआई सम्मेलन में भारत को आमंत्रित करने की बात कही थी और कहा था कि भारत एक अहम देश है। फ्रांसीसी राष्ट्रपति ने भारत को बेहद अहम देश मीडिया से बात करते हुए फ्रांसीसी राष्ट्रपति ने कहा कि एआई एक्शन सम्मेलन में शामिल होने के लिए भारत समेत 90 के करीब देशों को आमंत्रित किया गया है। इस सम्मेलन में एआई के जरिए गलत सूचनाओं के प्रसार और एआई के गलत इस्तेमाल के विषय पर भी बात होगी। मैक्रों ने भारत की तारीफ करते हुए कहा कि भारत एक बहुत ही अहम देश है और खासकर लोगों के जीवन पर प्रभाव छोड़ने में इसकी क्षमता बहुत ज्यादा है। एआई सम्मेलन पेरिस के ग्रैंड पालासिस में आयोजित किया जाएगा। इसमें राष्ट्राध्यक्षों समेत, शीर्ष प्रशासनिक अधिकारी, विभिन्न कंपनियों के सीईओ और शिक्षा जगत के लोग, एनजीओ, कलाकातर और नागरिक समाज समूह के सदस्य भी शामिल होंगे। recent visitors 105

समग्र एवं उन्नत शिक्षा की ओर बढ़ें, अन्य राज्यों की शिक्षा व्यवस्था का भी अध्ययन कर लें : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को स्थित समत्व भवन (मुख्यमंत्री निवास) में जनजातीय कार्य विभाग की योजनाओं और गतिविधियों की गहन समीक्षा की। बैठक में प्रदेश के सभी जनजातीय समुदायों के कल्याण के लिए चल रही सभी योजनाओं, विकास कार्यक्रमों और इनकी अब तक की प्रगति पर विस्तार से समीक्षा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनजातीय क्षेत्रों में विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जाये। सभी निर्माणाधीन विकास कार्य तेजी से पूर्ण कराये जायें। योजनाओं का क्रियान्वयन नियोजित एवं समयबद्ध तरीके से सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास, रोजगार सृजन और अधोसंरचना विकास कार्यों में तेजी लाकर जनजातीय समुदायों को समर्थ बनाने के लिए ठोस प्रयास किए जाएं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को जनजातीय वर्ग के विद्यार्थियों को रोजगारपरक शिक्षा देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसी समग्र एवं उन्नत शिक्षा दी जाए, जिनसे जनजातीय विद्यार्थियों का जीवन आलोकित हो और वे समर्थ बनें। इसके लिए देश के अन्य राज्यों में जनजातीय वर्ग के लिए शिक्षा व्यवस्था का भी अध्ययन कर लें। उनकी अच्छाईयों को आत्मसात करें और एक बेहतर व रोजगापरक शिक्षा की ओर आगे बढ़ें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जनजातियों की आर्थिक स्थिति में आमूल-चूल सुधार लाने के लिए जनजातीय क्षेत्रों में गौ-शालाओं के निर्माण पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि जनजातीय बंधुओं को अच्छी नस्ल के दुधारू पशुओं के पालन-पोषण की ओर प्रवृत्त किया जाए। दूध उत्पादन एवं डेयरी उत्पादों से ही जनजातियों की आर्थिक स्थिति बदलेगी, उनका जीवन स्तर सुधरेगा। उन्होंने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य एवं रोजगार सृजन पर विशेष ध्यान दिया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पेसा एक्ट के जरिए जनजातियों को समर्थ किया गया है। इससे उनको अपने विकास की ओर बढ़ने में मदद मिली हैं। जनजातीय गांवों में सुधार दिखाई देता है, यह प्रशंसनीय है। मुख्यमंत्री ने जनजातियों के वाद्य यंत्रों का संरक्षण करने और उनकी पुरातन धरोहर को संभाल कर रखने के लिए शासन स्तर से विशेष प्रोत्साहन दिए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों में ग्राम पर्यटन को बढ़ावा दिया जाए। होम स्टे के जरिए जनजातीय लोगों को आय का अतिरिक्त साधन मुहैया होता है। इसलिए इस दिशा में समग्र प्रयास किए जाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों में उनकी सामाजिक संरचना को नेतृत्व देने वाले व्यक्तियों को चिन्हित किया जाए और इनके साथ मिलकर जनजागरण का काम किया जाए। जनजातीय वर्ग के युवाओं को नशाखोरी से बचाने सहित उनके सामाजिक व पारिवारिक संरक्षण की दिशा में गायत्री परिवार जैसे सामाजिक संगठन को जोड़ा जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातीय वर्ग के विद्यार्थियों के लिए बने सभी छात्रावास व आश्रम शालाओं में निवासरत बच्चों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसका विशेष ध्यान रखा जाए। छात्रावासों में सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध रहें। सभी विभागीय पदों (बैकलॉग सहित) पर शीघ्र भर्ती कर ली जाए। उन्होंने जनजातीय कार्य विभाग के छात्रावासों के संचालन के लिए छात्रावास अधीक्षकों का नया कैडर बन जाने पर प्रसन्नता व्यक्त कर कहा कि इन पदों पर एक तय संख्या में नियमित रूप से भर्ती की जाए। मुख्यमंत्री ने जनजातीय समुदायों के विकास के लिए नवोन्मेषी और समावेशी प्रयास किए जाने की जरूरत पर जोर दिया। जनजातीय कार्य, लोक परिसंपत्ति प्रबंधन तथा भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह ने कहा कि जनजातीय समुदायों के सशक्तिकरण के लिए प्रदेश में कई नवाचारी प्रयास किए जा रहे हैं। डॉ. शाह ने कहा कि विभाग द्वारा छात्रावास अधीक्षकों के करीब 4 हजार 800 पदों पर सिलसिलेवार भर्ती की जाएगी। उन्होंने राज्य शासन स्तर से जनजातीय क्षेत्रों में संचालित छात्रावासों/आश्रम शालाओं के संचालन के निरीक्षण के लिए सचिव स्तर के अधिकारियों द्वारा निरीक्षण उपरांत मिली कमियों की ओर मुख्यमंत्री की ओर ध्यान आकृष्ट कराया। उन्होंने कहा कि छात्रावासों के बेहतर संचालन के लिए छात्रावास अधीक्षकों का छात्रावास परिसर में ही निवास जरूरी है और हम इसी दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन ने कहा कि जनजातीय विद्यार्थियों के लिए संचालित सभी विभागीय शालाओं छात्रावासों, आश्रम शालाओं एवं अन्य शिक्षण संस्थाओं में विद्यार्थियों को दी जाने वाली पुस्तकें, गणवेश, सायकिल, बेडिंग या अन्य जरूरतों की वस्तुएं अप्रैल से जून-जुलाई के मध्य वितरित कर दी जाए। सुनिश्चित करें कि शासकीय स्तर पर वितरित की जाने वाली ये सभी सामग्री विद्यार्थियों को समय पर ही मिल जाएं। प्रमुख सचिव जनजातीय कार्य श्री गुलशन बामरा ने बताया कि जनजातीय वर्ग के हितग्राहियों तक विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ एवं नागरिक सुविधाएं पहुंचाने के लिए तकनीकी माध्यमों का भी उपयोग किया जा रहा है। पीएम जनमन में मध्यप्रदेश में किये गये कार्य की सराहना केन्द्र सरकार ने भी की है। पीएम जनमन की सफलता के मद्देनजर ही केन्द्र सरकार ने "धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान" प्रारंभ किया है। इस अभियान में 17 विभागों की 25 प्रकार की विभिन्न योजनाओं/सेवाओं/सुविधाओं का लाभ प्रदेश के जनजातीय बहुल गाँवों में जनजातीय बंधुओं को मुहैया कराया जाएगा। recent visitors 85

विंध्य को आगे बढ़ाने में युवा करें अपनी भूमिका का निर्वहन : उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल

रीवा उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने टीआरएस कालेज रीवा में आयोजित बघेली कलाकार प्रीमियर लीग क्रिकेट प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि कला व खेल के माध्यम से विंध्य की और रीवा की समृद्धि का संकल्प लें। उन्होंने कहा कि बघेली भाषा को कला के माध्यम से यहां के युवा प्रचारित कर रहे हैं, अब बघेली कलाकार खेल के माध्यम से भी अपनी बोली को जन-जन तक पहुंचाने का माध्यम बनेंगे। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि युवा नशे से दूर रहने का संकल्प लें तथा जिले, प्रदेश व देश को समृद्धि की राह में आगे बढ़ाने में अपनी सहभागिता निभाएं। नशे से दूर रहने के लिए जागरूकता अभियान चलाएं। उन्होंने आयोजकों को रचनात्मक कार्यों के साथ खेल की विधा के आयोजन की प्रशंसा की। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कार्यक्रम में बघेली पोस्टर का विमोचन किया गया। उल्लेखनीय है कि एन सी सी ग्राउंड रीवा में आयोजित यह प्रतियोगिता चार दिवस तक चलेगी। सांसद श्री जनार्दन मिश्र, विधायक मऊगंज श्री प्रदीप पटेल, नगर निगम रीवा के अध्यक्ष श्री व्यंकटेश पाण्डेय सहित स्थानीय जन व खेल प्रेमी उपस्थित रहे। लालगांव से नेवरिया पहुंचमार्ग का किया भूमिपूजन उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने रीवा प्रवास के दौरान 40 लाख 73 हजार रूपये से अधिक लागत की लालगांव कटरा मुख्यमार्ग से नेवरिया सड़क निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया। उन्होंने सड़क निर्माण के लिये जमीन दान देने वाले दानदाताओं श्रीमती वंदना मिश्रा, श्री गया मिश्रा व श्रीमती कुसुम तिवारी की प्रशंसा करते हुए कहा कि अपने लिये तो सभी जीते हैं मगर असली जीना उसी का है जो दूसरों के हित के लिये जिये। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि इस गांव से मेरा बचपन से जुड़ाव है। मेरे पिता जी की यह ननिहाल है उनका जन्म भी यहीं हुआ था। उन्होंने अपने पूज्य पिता जी के साथ बिताए क्षणों को याद करते हुए संस्मरण सुनायें तथा कहा कि उनकी सेवाभाव व संस्कार से हमें जीवन में सीख मिली है और उन्हीं के स्थापित भव्यों पर आगे बढ़ने व सेवा का संकल्प लिया है। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि रीवा जिला विकास के पायदान पर आगे बढ़ रहा है। सभी के समन्वित प्रयास व सहयोग से इसे प्रदेश व देश का उत्कृष्ट जिला बनाने का संकल्प पूरा करेंगे। सांसद श्री जनार्दन मिश्र, विधायक मनगवां इंजी. नरेन्द्र प्रजापति, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नीता कोल, अध्यक्ष नगर निगम रीवा श्री व्यंकटेश पाण्डेय सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। recent visitors 80