Prayagraj DM ने बसंत पंचमी पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के मद्देनजर सरकारी दफ्तरों में छुट्टी की घोषित

 प्रयागराज बसंत पंचमी के अवसर पर स्नान के लिए देश-विदेश से बड़ी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं के मद्देनजर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रयागराज के जिला मजिस्ट्रेट ने आज (सोमवार) को जिले के सरकारी कार्यालयों में स्थानीय अवकाश घोषित किया है। जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय के एक आदेश के अनुसार, इसमें कहा गया है कि लाखों श्रद्धालुओं और तीर्थयात्रियों की निरंतर आमद के कारण मुख्य स्नान के दिनों में प्रयागराज जिले की सीमा के भीतर सभी सरकारी कार्यालयों में छुट्टी घोषित करना आवश्यक हो गया है। महाकुंभ के दौरान त्रिवेणी संगम पर पवित्र स्नान के लिए देश-विदेश से लोग उमड़ रहे हैं। आदेश में कहा गया है कि सूचित किया जाता है कि 3 फरवरी को बसंत पंचमी के मुख्य स्नान पर्व के अवसर पर श्रद्धालुओं एवं स्नानार्थियों की भारी भीड़ एवं यातायात प्रतिबंध के कारण शांति और कानून और व्यवस्था बनाये रखने हेतु जनपद प्रयागराज में सरकारी कार्यालयों में स्थानीय अवकाश घोषित किया गया है। इससे पहले, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) राजेश द्विवेदी ने रविवार को आश्वासन दिया कि पवित्र आयोजन की सुचारू कार्यवाही सुनिश्चित करने के लिए त्रिस्तरीय प्रणाली लागू की जा रही है। समाचार एजेंसी से बात करते हुए द्विवेदी ने कहा, “यहां एक त्रिस्तरीय प्रणाली काम कर रही है। सभी वरिष्ठ अधिकारी समन्वय कर रहे हैं ताकि इस तरह की कोई घटना न हो और चीजें सुचारू रूप से चलें।” उन्होंने कहा, ” हम भीड़ की गतिविधियों पर बारीकी से नजर रख रहे हैं।” शनिवार तक 330 मिलियन (33 करोड़) से अधिक श्रद्धालुओं ने महाकुंभ में पवित्र स्नान किया है, जो इसे दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन बनाता है। उसी दिन 200 से अधिक अंतर्राष्ट्रीय भक्तों ने प्रयागराज में प्रार्थना और भजन कीर्तन में भाग लिया और कार्यक्रम की आध्यात्मिक ऊर्जा और असाधारण संगठन के लिए अपनी सराहना व्यक्त की। उत्तर प्रदेश सरकार ने इस आयोजन के लिए विस्तृत व्यवस्था की है, जिसकी भक्तों ने प्रशंसा की है। कई लोगों ने तीर्थयात्रियों के लिए एक सहज और सुरक्षित अनुभव सुनिश्चित करने में सरकार के प्रयासों की सराहना की है।   recent visitors 57

तकनीकी गड़बड़ी के कारण स्‍पेस में अटकी NVS-02 नेविगेशन सेटेलाइट, 100वें मिशन को लगा झटका, अब क्‍या करेगा ISRO?

बेंगलुरु ISRO यानी भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन के 100वें रॉकेट मिशन को झटका लगा है। खबर है कि बुधवार को लॉन्च हुए मिशन को रविवार को तकनीकी परेशानी का सामना करना पड़ा है। 2250 किलो वजनी सैटेलाइट नेविगेशन विद इंडियन कॉन्स्टलेशन या NavIC का हिस्सा थी। माना जाता है कि NavIC सीरीज की कई सैटेलाइट्स 2013 से लेकर अब तक उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे हैं। ISRO के NVS-02 उपग्रह को कक्षा में स्थापित करने के प्रयासों को उस समय झटका लगा जब अंतरिक्ष यान में लगे ‘थ्रस्टर्स’ काम नहीं कर सके। स्पेस एजेंसी ने रविवार को घटना की जानकारी दी है। इसरो ने अपनी वेबसाइट पर कहा कि अंतरिक्ष यान में लगे ‘थ्रस्टर्स’ के काम नहीं करने के कारण एनवीएस-02 उपग्रह को वांछित कक्षा में स्थापित करने का प्रयास सफल नहीं हो सका। भारत की अपनी अंतरिक्ष-आधारित नेविगेशन प्रणाली के लिए महत्वपूर्ण माने जाने वाले एनवीएस-02 उपग्रह को 29 जनवरी को जीएसएलवी-एमके 2 रॉकेट के जरिए लॉन्च किया गया था। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इसरो ने यह भी कहा, 'सैटेलाइट सिस्टम स्वस्थ हैं और सैटेलाइट फिलहाल एलिप्टिकल ऑर्बिट में है। एलिप्टिकल ऑर्बिट में नेविगेशन के लिए सैटेलाइट के इस्तेमाल के लिए मिशन की वैकल्पिक रणनीतियों पर काम किया जा रहा है।' खबरें हैं कि साल 2013 के बाद से अब तक NavIC सीरीज की कुल 11 सैटेलाइट लॉन्च की गई हैं, जिनमें से 6 पूरी या आशिंक रूप से असफल हो गई हैं। भारत ने साल 1999 में पाकिस्तान के साथ करगिल युद्ध के बाद NavIC को विकसित किया था। युद्ध के दौरान भारत को GPS डेटा देने से इनकार कर दिया गया था और तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने GPS का एक क्षेत्रीय संस्करण बनाने का वादा किया था। क्‍या था इसरो का प्‍लान? इसरो के सूत्रों का कहना है कि सेटेलाइट को कक्षा में स्थापित करने के बाद वो फायर करने में विफल रहा. इसरो ने कहा, “सेटेलाइट सिस्‍टम एक दम हेल्दी है और वो मौजूदा वक्‍त में अण्डाकार कक्षा में है. अण्डाकार कक्षा में नेविगेशन के लिए उपग्रह का उपयोग करने के लिए वैकल्पिक मिशन रणनीतियों पर काम किया जा रहा है.” इसरो का NVS-02 सेटेलाइट को पृथ्वी के चारों ओर एक अण्डाकार कक्षा में स्थापित करने का इरादा था. बताया गया था कि इसकी अपोजी यानी सबसे दूर का बिंदू 37,500 किमी रहेगा जबकि पेरीजी यानी निकटतम बिंदू और 170 किमी की होगी. 29 जनवरी को GSLV द्वारा बहुत सटीक इंजेक्शन ने सेटेलाइट को एक ऐसी कक्षा में स्थापित कर दिया था जो लक्ष्‍य किए गए अपोजी से 74 किमी और पेरीजी से 0.5 किमी दूर थी. भारत के लिए क्‍यों अहम है यह मिशन? भारतीय राष्ट्रीय अंतरिक्ष संवर्धन एवं प्राधिकरण केंद्र (INSACI)आईएनएसपीएसीई) के अध्यक्ष पवन कुमार गोयनका ने लॉन्‍च के वक्‍त कहा था, ‘‘यह मिशन भारत की अंतरिक्ष एक्‍सप्‍लोरेशन की दशकों पुरानी विरासत और हमारे भविष्य के संकल्प को भी दर्शाता है. निजी प्रक्षेपणों के साथ-साथ, मैं अगले पांच वर्षों में अगले 100 प्रक्षेपणों को देखने के लिए उत्सुक हूं.’’ हैदराबाद स्थित अनंत टेक्नोलॉजीज लिमिटेड के सीएमडी सुब्बा राव पावुलुरी ने कहा था कि 100वां प्रक्षेपण न केवल इसरो की तकनीकी क्षमता का उत्सव है, बल्कि वैश्विक अंतरिक्ष क्षेत्र में भारत की बढ़ती क्षमताओं का भी प्रदर्शित करता है. ‘‘पिछले कुछ वर्षों में हमें इसरो के अनेक मिशनों में योगदान देने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है, जहां हमने अत्याधुनिक वैमानिकी, प्रणालियां और समाधान उपलब्ध कराए हैं, जिन्होंने इन प्रयासों की सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है.’’ इसरो ने क्या कहा, पहले यह जान लीजिए इसरो के पूर्व साइंटिस्ट विनोद कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि एनवीएस-02 उपग्रह को उसकी मनचाही कक्षा में स्थापित करने के इसरो के प्रयासों को झटका लगा है। दरअसल, अंतरिक्ष यान के थ्रस्टर को एक्टिव नहीं किया जा सका है। एनवीएस-02 उपग्रह भारत के स्वदेशी अंतरिक्ष-आधारित नेविगेशन सिस्टम यानी नाविक के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। इसे 29 जनवरी को जीएसएलवी-एमके 2 रॉकेट से श्रीहरिकोटा से लॉन्च किया गया था। थ्रस्टर्स को फायर करने के लिए वॉल्व नहीं खुल पाए इसरो के पूर्व साइंटिस्ट विनोद कुमार श्रीवास्तव बताते हैं कि किसी भी सैटेलाइट को एक तय कक्षा में स्थापित किया जाता है। इसरो के इस सैटेलाइट को भी तय ऑर्बिट में ही कायम किया जाना था। मगर, वक्त पर इसके थ्रस्टर्स फायर नहीं कर पाए। ये थ्रस्टर्स एक तरह से छोटे-छोटे रॉकेट होते हैं। इनमें ऑक्सीडाइजर को प्रवेश देने वाले वॉल्व नहीं खुल पाए, जिससे फायरिंग नहीं हुई। दीर्घवृत्ताकार ऑर्बिट में नेविगेशन की खातिर सैटेलाइट का उपयोग करने के लिए वैकल्पिक मिशन रणनीतियों पर काम किया जा रहा है। कश्मीर से कन्याकुमारी तक कवर करेगा इसरो इससे पहले ISRO ने बताया था कि NVS-02 को जियोसिंक्रोनस ट्रांसफर ऑर्बिट में स्थापित कर दिया गया है। यह सैटेलाइट नेविगेशन सिस्टम का हिस्सा है, जो भारत में GPS जैसी नेविगेशन सुविधा को बढ़ाने के लिए डिजाइन किया गया है। इसरो के पूर्व साइंटिस्ट विनोद कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि यह सिस्टम कश्मीर से कन्याकुमारी, गुजरात से अरुणाचल तक का हिस्सा कवर करेगा। साथ ही साथ कोस्टल लाइन से 1500 किमी तक की दूरी भी कवर होगी। इससे हवाई, समुद्री और सड़क यात्रा के लिए बेहतर नेविगेशन हेल्प मिलेगी। अभी किस स्थिति में है नाविक सैटेलाइट विनोद कुमार श्रीवास्तव के अनुसार, सैटेलाइट अब अंडाकार भू-समकालिक स्थानांतरण कक्ष (GTO) में पृथ्वी का चक्कर लगा रहा है, जो नेविगेशन सिस्टम के लिए ठीक नहीं है। इसरो ने कहा, सैटेलाइट सिस्टम ठीक है और सैटेलाइट मौजूदा वक्त में अंडाकार ऑर्बिट में है। यह ऑर्बिट में नेविगेशन के लिए सैटेलाइट का उपयोग करने के लिए वैकल्पिक मिशन रणनीतियों पर काम किया जा रहा है।   recent visitors 61

‘यही लोकतंत्र की असली पहचान: ओपी चौधरी’, छत्तीसगढ़-रायपुर से भाजपा महापौर प्रत्याशी के ठेले में मंत्री ने बनाई चाय

रायपुर. छत्तीसगढ़ में चारों तरफ नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव का शोर है. इसी बीच आज रायगढ़ नगर निगम के भाजपा महापौर प्रत्याशी जीवर्धन चौहान से उनके चाय ठेले में वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने मुलाकात की. उन्होंने चाय भी बनाई. मंत्री चौधरी ने सोशल मीडिया पर फोटो शेयर कर लिखा है कि आज रायगढ़ नगर निगम के भाजपा महापौर प्रत्याशी जीवर्धन चौहान से उनके चाय ठेले में मुलाकात की और चाय भी बनाई, जिसका हम सभी ने आनंद लिया. यह लोकतंत्र की असली पहचान है, जिसमें एक साधारण चाय वाला भी महापौर बन सकता है. recent visitors 68

सभी की हुई शिनाख्त, छत्तीसगढ़-बीजापुर में मुठभेड़ में मारे गए 16 लाख के इनामी नक्सली

बीजापुर। बीजापुर में बीते दिनों गंगालुर थाना क्षेत्र के तोड़का व कोरचोली के जंगल में हुई मुठभेड़ में मारे  गये आठ नक्सलियों की शिनाख्त हो गई है। मारे सभी नक्सलियों पर 16 लाख रुपये का ईनाम घोषित है। मारे गए नक्सली पश्चिम बस्तर डिवीजन के गंगालुर एरिया कमेटी एसीएम समेत मिलिशिया कंपनी के सदस्य शामिल है। पुलिस ने बताया कि तोड़का कोरचोली मुठभेड़ में मारे गए नक्सलियों की पहचान कर ली गई है। मुठभेड़ में मारे गए 8 नक्सलियों में 5 लाख के इनामी गंगालुर एरिया कमेटी एसीएम कमलेश नीलकंठ उम्र 24, 3 लाख के इनामी गंगालुर एलओएस सदस्य ताती कमलू पिता सोमा उम्र 30, 3 लाख के इनामी गंगालुर एलओएस सदस्य मंगल ताती पिता सुक्कू ताती उम्र 35, 1 लाख के इनामी मिलिशिया कमाण्डर लच्छू पोटाम पिता बुड़ता उम्र 40, 1 लाख के इनामी आरपीसी उपाध्यक्ष शंकर ताती पिता सुक्कू ताती उम्र 26, 1 लाख के ईनामी सावनार आरपीसी उपाध्यक्ष राजू ताती पिता सुक्कू ताती, 1 लाख के ईनामी मिलीशिया कंपनी सदस्य विज्जु पदम पिता मुन्ना पदम उम्र 22 व 1 लाख के इनामी जनताना सरकार कमाण्डर सावनार आरपीसी सन्नू ताती पिता स्व. मासा उम्र 40 शामिल है। पुलिस के मुताबिक मुठभेड़ के बाद घटना स्थल से 1 इंसास रायफल 3 मैगजीन, 2 नग 12 बोर रायफल व सेल, 1 नग बीजीएल लांचर, 10 नग सेल व पोच, 4 नग मुजल लोडिंग रायफल, स्क्रेनर सेट व भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री माओवादी साहित्य व दैनिक उपयोगी सामान बरामद की गई है। recent visitors 53

थाना कोतवाली पुलिस ने 15 पैकेट में रखी 15 किलो 631 किलोग्राम गांजा के साथ आरोपी को किया गिरफ्तार

थाना कोतवाली पुलिस ने 15 पैकेट में रखी 15 किलो 631 किलोग्राम गांजा के साथ आरोपी को किया गिरफ्तार लगभग 15 किलो 621 ग्राम, 1 लाख 50 हजार रूपये कीमती गांजा किया गया जप्त मंडला "आपरेशन क्लीन स्वीप" के तहत मंडला पुलिस द्वारा पुरे जिले में अवैध मादक पदार्थों के क्रय–विक्रय में संलिप्त व्यक्तियो के संबंध मे प्राप्त सूचना पर प्रभावी कार्यवाही की जा रही है। इसी तारतम्य में ऑपरेशन के तहत थाना कोतवाली पुलिस द्वारा दिनांक 02.02.2025 को मुखबिर से सूचना पर कार्यवाही करते हुए आरोपी से ट्राली बैग में 15 पैकेट में रखी कुल 15 किलो 621 ग्राम गांजा जब्त करने में सफलता प्राप्त हुई। मामले में थाना कोतवाली को सूचना प्राप्त हुई कि एक व्यक्ति बस स्टैंड में ट्राली बैग जिसमें गांजा रखा हुआ हैं। प्राप्त सूचना से अनुविभागीय अधिकारी पुलिस मंडला को अवगत कराते हुए प्राप्त निर्देशानुसार थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक शफीक खान के नेतृत्व में थाना कोतवाली पुलिस टीम द्वारा विधिवत् कार्यवाही करते हुए आरोपी लक्ष्मण उर्फ सोनू पिता अर्जुन सिंह तोमर उम्र 34 साल निवासी ग्राम कोथर खुर्द थाना पोरसा जिला मुरैना की घेराबंदी कर तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान ट्राली बैंग में अवैध मादक पदार्थ गांजा जिसका वजन कुल 15 किलो 621 ग्राम जिसकी कीमत लगभग 1 लाख 50 हजार रूपये जप्त कर गिरफ्तार किया जाकर आरोपी के विरूद्ध थाना कोतवाली मंडला में एनडीपीएस की धाराओं में अपराध पंजीबध्द कर विवेचना में लिया। उक्त कार्यवाही अनुविभागीय अधिकारी पुलिस मंडला के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक शफीक खान की टीम निरीक्षक सफीक खान  उनि जग्गू बघाड़ॆ सउनि  भुवनेश्वर वामनकर प्रआर.पूरन इडपाचे,आरक्षक इसरार खान ,हन्नू मार्को  ,राजकुमार,  अमित गरयार , रमेश सिंगरोरे,सुन्दर भलावी,  रामचंद्र कुर्वेती , सुरेंद्र की महत्वपूर्ण भूमिका रहीं। recent visitors 23

तीन लोग गंभीर घायल, छत्तीसगढ़-अंबिकापुर के चार लोगों की उत्तर प्रदेश में सड़क हादसे में मौत

अंबिकापुर। उत्तर प्रदेश के हाथीनाला थाना क्षेत्र के रानीताली में रविवार शाम हुए भीषण सड़क हादसे में छह लोगों की मौत हो गई। मृतकों में बलरामपुर जिले के कोरंधा थाना में पदस्थ प्रधान आरक्षक रवि मिश्रा (45), उनके छोटे पुत्र व रामानुजंगज निवासी सोनू कादरी (37) के अलावा एक राहगीर तथा एक ट्रक और एक ट्रेलर चालक शामिल है। कार में सवार तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इनमें मृतक रवि मिश्रा की पत्नी व बड़ा पुत्र शामिल है। मूलरूप से अंबिकापुर के गंगापुर निवासी प्रधान आरक्षक रवि मिश्रा, पत्नी व परिवार के अन्य सदस्यों तथा रामानुजंगज के सोनू कादरी के साथ वाराणसी की ओर जा रहे थे। उत्तर प्रदेश के हाथीनाला थाना के रानीताली स्थित पुराने पेट्रोल पंप के पास सामने से डिवाइडर तोड़ कर गलत दिशा में घुसी ट्रेलर से कार की जोरदार टक्कर हो गई। हादसा इतना जबरदस्त था कि एक पैदल जा रहे राहगीर सहित एक दूसरे ट्रक का चालक भी दुर्घटनाग्रस्त वाहनों की चपेट में आ गया। इससे दोनों की मौत हो गई। ट्रक चालक अपनी वाहन खड़ी कर  सड़क के दूसरी ओर चाय पीने जा रहा था। दुर्घटना में कार में सवार तीन लोगों के अलावा ट्रेलर चालक ने भी दम तोड़ दिया। मृतकों के शवों को दुद्धी सीएचसी भेजा गया है। कार में सवार  तीन गंभीर रूप से घायल लोगों को चोपन अस्पताल भेजा गया है। मृतक रवि मिश्रा लंबे समय तक रामानुजगंज थाने में पदस्थ थे दुर्घटना में उनके तथा पुत्र के मौत की खबर से रामानुजगंज सहित बलरामपुर पुलिस में शोक की लहर है। दुर्घटना की खबर मिलते ही अंबिकापुर और रामानुजगंज से स्वजन तथा परिचित दुद्धी के लिए रवाना हो चुके हैं। recent visitors 40

BSE Sensex खुलने के साथ ही 700 अंक तक फिसला, NSE Nifty भी 200 अंक से ज्यादा टूटा

मुंबई देश का आम बजट (Union Budget 2025) पेश होने के बाद आज शेयर बाजार बड़ी गिरावट लेकर खुला. बजट में किए गए तमाम बड़े ऐलानों का असर दिखने की उम्मीद की जा रही थी, लेकिन ऐसा नजर नहीं आया, सेंसेक्स और निफ्टी दोनों इंडेक्स बुरी तरह टूटकर ओपन हुए. एक ओर BSE Sensex खुलने के साथ ही 700 अंक तक फिसल गया, तो NSE Nifty भी 200 अंक से ज्यादा टूटकर कारोबार करता नजर आया. आम बजट में मोदी सरकार द्वारा 12 लाख रुपये तक की इनकम को टैक्स फ्री करने समेत अन्य बड़े ऐलानों का असर भी बाजार पर नहीं दिखा. जबकि दूसरी ओर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ वॉर (Trump Tariff War) का असर ग्लोबल मार्केट की तरह ही भारतीय शेयर बाजार पर भी देखने को मिल रहा है. मिनटों में 700 अंक फिसल गया सेंसेक्स बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज के 30 शेयरों वाले सेंसेक्स (BSE Sensex) ने बजट वाले दिन के अपने बंद 77,505.96 की तुलना में गिरकर 77,063.94 के लेवल पर ओपन हुआ और महज कुछ ही मिनटों के कारोबार के दौरान ये इंडेक्स 700 अंक से ज्यादा फिसलकर 76,774.05 के स्तर पर आ गया. सेंसेक्स की तरह निफ्टी ने भी खुलने के साथ ही बड़ी गिरावट देखी. NSE Nifty अपने पिछले बंद 23,482.15 की तुलना में टूटकर 23,319 के लेवल पर खुला था और देखते ही देखते ये भी 220 अंक से ज्यादा की गिरावट लेकर 23,239.15 पर आ गया. बजट वाले दिन ऐसी रही थी चाल शनिवार को बजट वाले दिन शेयर बाजार खुला था, लेकिन दिनभर सेंसेक्स-निफ्टी ने सुस्ती में कारोबार किया था और अंत में फ्लैट लेवल पर क्लोज हुए. बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) 77,637 अंक पर खुला और कारोबार के अंत में 5.39 अंक की मामूली तेजी लेकर 77,506 पर बंद हुआ था. वहीं दूसरी ओर निफ्टी (NSE Nifty) 26.25 अंक फिसलकर 23,482.15 पर बंद हुआ था. लेकिन एक्सपर्ट्स उम्मीद जता रहे थे कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की ओर से बजट में किए गए बड़े ऐलानों और तमाम सेक्टर्स के लिए किए गए आवंटन का असर दिख सकता है. ट्रंप के टैरिफ वॉर से ग्लोबल बाजारों में हड़कंप एक ओर जहां शेयर बाजार में Budget 2025 में हुए ऐलानों के असर से तेजी का अनुमान जाहिर किया जा रहा है, तो वहीं दूसरी ओर ग्लोबल मार्केट बाजार का मूड बिगाड़ते नजर आ रहे हैं. दरअसल, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप  (Donald Trump) ने कनाडा (Canada), मैक्सिको (Maxico) और चीन (China) पर टैरिफ लगाने का फैसला किया है. US Tariff War के बाद दुनियाभर के बाजारों में कमजोरी देखने को मिल रही है. अमेरिकी मार्केट के प्रमुख इंडेक्स डाओ फ्यूचर्स में 550 अंकों की गिरावट के साथ बंद हुआ, तो वहीं Dow Jones 337 अंक, S&P 500 भी 30.64 अंक गिरकर बंद हुआ, तो Nasdaq भी 54 अकं टूटकर बंद हुआ. दिख रही है. टैरिफ वॉर पर एक नजर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप शपथ लेने के बाद से ही टैरिफ की पॉलिसी पर आगे बढ़ रहे हैं. कनाडा, मेक्सिको और चीन पर टैरिफ लगाए जाने के बाद अब ट्रंप ने यूरोपियन यूनियन (EU) पर टैरिफ लगाने की बात कही है. इस बीच कनाडा ने अमेरिकी टैरिफ पर जवाबी कार्रवाई करते हुए 155 अरब डॉलर के अमेरिकी आयात पर 25 फीसदी टैरिफ लगाने का फैसला किया है. बता दें इससे पहले साल 2018 में राष्ट्रपति पद पर रहते हुए ट्रंप ने यूरोपियन यूनियन से इंपोर्ट होने वाले एल्यूमिनियम स्टील पर टैरिफ लगा दिया था. इसके बाद EU ने भी व्हिस्की और मोटरसाइकिल सहित अमेरिकी उत्पादों पर टैरिफ लगाया था. 1678 शेयर लाल निशान पर खुले कमजोर ग्लोबल संकेतों के बीच शेयर बाजार की खराब शुरुआत रही और अमेरिका समेत तमाम एशियाई बाजारों और Gift Nifty में जारी गिरावट को देखते हुए पहले से ये अनुमान लगाए जा रहे थे. इस बीच बता दें कि Share Market में कारोबार ओपन होने के दौरान 1678 कंपनियों के शेयर ऐसे रहे, जो गिरावट के साथ लाल निशान पर ओपन हुए, तो वहीं 875 शेयरों ने ग्रीन जोन में कारोबार की शुरुआत की. इसके अलावा 186 शेयरों की स्थिति में कोई बदलाव देखने को नहीं मिला. सबसे ज्यादा बिखरे ये शेयर सोमवार को सबसे ज्यादा टूटने वाले शेयरों पर नजर डालें, तो खबर लिखे जाने तक लार्जकैप में शामिल L&T Share (4.24%), NTPC Share (3.73%), PowerGrid Share (3.60%), Tata Steel Share (3.46%), Tata Motors Share (2.51%) और Reliance Share (1.70%), Adani Ports Share (1.42%) गिरकर कारोबार कर रहे थे. इसके अलावा SBI, IndusInd Bank, ICICI Bank, HDFC Bank, Zomato समेत अन्य बड़े शेयर भी रेड जोन में कारोबार कर रहे हैं. मिडकैप कैटेगरी में Hindustan Petrolium Share (6.34%), RVNL Share (6.28%), GICRE Share (5.80%), SAIl (5.22%), NMDC (5.13%), BHEL (4.43%) और Maxgaon Dock (4.28%) फिसलकर कारोबार कर रहा था. वहीं स्मॉलकैप शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट BDL (8.29%) और JWL Share (7.06%) की आई. recent visitors 74