Friday, July 3, 2026 5:35 am

IIMT विश्वविद्यालय में हनुमान चालीसा पढ़ने पर दर्ज होता है मुकदमा, अब नमाज अदा करते छात्रों का वीडियो वायरल

मेरठ IIMT विश्वविद्यालय में छात्रों के नमाज पढ़ने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. जिससे विवाद पैदा हो गया है. वीडियो में करीब 50 छात्र विश्वविद्यालय परिसर में नमाज अदा करते हुए नजर आ रहे हैं. ये वीडियो इंस्टाग्राम पर खालिद मेवाती नाम के अकाउंट से अपलोड किया गया है. वीडियो वायरल होने के बाद हिंदू संगठन ने IIMT विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है. उनका कहना है कि यदि हनुमान चालीसा पढ़ने पर मुकदमा दर्ज हो सकता है, तो नमाज पढ़ने पर क्यों नहीं? इस पर कार्रवाई की जानी चाहिए. हिंदू संगठनों का आरोप है कि विश्वविद्यालय परिसर में धार्मिक गतिविधियों को बढ़ावा देने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए. पुलिस और IIMT विश्वविद्यालय प्रशासन कर रहा जांच IIMT विश्वविद्यालय प्रशासन और पुलिस ने वायरल वीडियो के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है. ये वीडियो गंगानगर स्थित IIMT विश्वविद्यालय का है. जिसके सामने आने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं. हिंदू संगठनों ने जांच की मांग करते हुए विश्वविद्यालय प्रबंधन पर मुकदमा दर्ज करने की भी मांग की है. हालांकि, पुलिस और विश्वविद्यालय प्रशासन इस पूरे मामले की जांच कर रहे हैं. recent visitors 33

ई-पैक्स प्रशिक्षण सह संवेदीकरण कार्यक्रम पर एक दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला

भोपाल सहकारिता मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने कहा है कि सहकारिता का संकल्प नए आयाम स्थापित करेगा। सहकारिता के माध्यम से ही समृद्धि स्थापित होगी। जरूरत है मेहनत, लगन और पारदर्शिता की। मंत्री सारंग ने कहा कि नवाचार से किये गये कार्य के जरिये व्यक्ति नई ऊंचाईयों को पा सकता है। मंत्री सारंग बुधवार को अपेक्स बैंक परिसर स्थित समन्वय भवन में पैक्स कम्प्यूटराईजेशन योजनांतर्गत ई-पैक्स प्रशिक्षण सह संवेदीकरण कार्यक्रम पर राज्य स्तरीय कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर उन्होंने सहकारिता विभाग में 25 अनुकम्पा नियुक्ति पाने वालों को नियुक्ति आदेश भी प्रदान किये। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव अशोक वर्णबाल भी उपस्थित थे। ब्रांडिंग और दृढ़ता के साथ काम करने की भावना स्थापित करें मंत्री सारंग ने कहा कि सहकारिता में ब्रांडिंग और दृढ़ता के साथ काम करने की भावना स्थापित हो। नित नये नवाचार के जरिये अपनी पहचान बनाएं। उन्होंने कहा पूरी दुनिया में उदाहरण है जिन्होंने काम किया लोग उन्हें ही याद रखते है। इसलिये स्वयं अपने व्यक्तित्व निर्माण के साथ उत्कृष्ट कार्य करें, जिससे उन्हें आगे बढ़ने के अवसर मिले और लोग उन्हें याद रखे। पैक्स कम्प्यूटराइजेशन में मध्यप्रदेश प्रथम मंत्री सारंग ने कहा की सीखने की कोई उम्र नहीं होती। सीखने की चाहत सफल बनाती है। सहकारिता के माध्यम से ही अर्थ-व्यवस्था का उन्नयन किया जा सकता है। उन्होंने खुशी जाहिर की कि पैक्स कम्प्यूटराइजेशन में मध्यप्रदेश प्रथम स्थान पर रहा है। कम्प्यूटराइजेशन की इस बड़ी मुहिम में पारदर्शिता के साथ हमारा प्रयास सफल रहा। सीपीपीपी मॉडल की सराहना मंत्री सारंग ने बताया कि मध्यप्रदेश का नया सीपीपीपी (को-ऑपरेटिव पब्लिक पा्रयवेट पारटरशिप) मॉडल की ग्लोबल इन्वेस्टर समिट में सराहना हुई। यही नहीं राज्य सरकार ने सहकारिता के क्षेत्र में 2500 करोड़ के एम.ओ.यू. भी किये। मंत्री सारंग ने सहकारिता विभाग में अनुकंपा नियुक्ति प्राप्त करने वालों को भी जिम्मेदारी के साथ दिये गये काम को सम्पादित करने को कहा। उन्होंने युवाओं से आहवान किया कि पारदर्शिता, निपुणता और व्यावसायिकता के साथ काम करें। इस मौके पर उन्होंने एक मार्गदर्शिका का विमोचन भी किया। अपेक्स बैंक प्रबंध संचालक मनोज गुप्ता ने स्वागत भाषण दिया। आयुक्त सह पंजीयक मनोज पुष्प, पी.एस. तिवारी और बी.एस. शुक्ला उपस्थित रहे। अनुकंपा नियुक्ति पाने वालों को नियुक्ति पत्र मंत्री सारंग ने इंदौर की कु. प्रेरणा सोनी, टीकमगढ़ की श्रीमती तरूणा झाम और श्रीमती ऊषा सेन, नरसिंहपुर की कु. पूर्णिमा गहलोद, शाजापुर की कुमारी सौम्या मालवीय, महाराष्ट्र वर्धा की कु. योगिता सतपाल, सतना की श्रीमती शुभांगी श्रीवास्तव और श्रीमती सुभद्रा सिंह, जबलपुर की कु. कंचन दाहिया और श्रीमती भावना तिवारी, रतलाम की सुनेहा सोलंकी, सागर के ओजस्वा यादव और अमित जाटव, बालाघाट के विजय राज सोनवे, रीवा के संजय रत्नाकर, सीहोर मुकेश कुमार और दीपेश सिसोदिया, विदिशा के विनोद रायकवार, बैतूल के हेमंत प्रधान, मुरैना के अक्षय चौहान, रीवा के देशराज वर्मा, भोपाल के शुभम पांचाल, श्योपुर के जयकुमार रेगर, सिवनी के आशीष कोरी और सीधी के राजेश कुमार पटले को नियुक्ति पत्र प्रदान किये।   recent visitors 39

विज्ञापनों पर असम सरकार ने खर्च किए 370 करोड़ रुपए , मंत्री ने विधानसभा में दी जानकारी

असम असम में भाजपा की सरकार ने पिछले 4 सालों में विज्ञापनों पर भारी खर्च किया है। राज्य के सूचना और जनसंपर्क मंत्री, पीयूष हजारिका ने बुधवार को विधानसभा में जानकारी दी कि मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की सरकार ने पिछले 4 वित्तीय वर्षों में विज्ञापनों पर 370 करोड़ रुपए से ज्यादा खर्च किए हैं। हजारिका ने बताया कि 2016 से 2021 तक असम के मुख्यमंत्री रहे सर्बानंद सोनोवाल के नेतृत्व में राज्य सरकार ने 2016-17 से लेकर पांच वित्तीय वर्षों में विज्ञापनों पर कुल 125.6 करोड़ रुपए खर्च किए थे। सरकार के कार्यकाल के दौरान, विज्ञापनों पर खर्च में लगातार वृद्धि हुई है। 2020-21 में सोनोवाल सरकार ने विज्ञापनों पर 30.24 करोड़ रुपए खर्च किए थे, जबकि 2021-22 में जब हिमंत बिस्वा सरमा ने मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी संभाली, तो यह खर्च बढ़कर 72.83 करोड़ रुपए हो गया। इसके बाद, सरमा सरकार के तहत हर साल विज्ञापनों पर खर्च बढ़ता ही गया। 2022-23 में यह खर्च 78.85 करोड़ रुपए तक पहुंच गया और 2023-24 में यह बढ़कर 160.92 करोड़ रुपए हो गया। इसी तरह, वित्त वर्ष 2024-25 में अब तक विज्ञापनों के लिए 59.72 करोड़ रुपए खर्च किए जा चुके हैं। इसके अलावा, मंत्री हजारिका ने यह भी बताया कि 2015-16 में, जब असम में तरुण गोगोई की सरकार थी, तो विज्ञापनों पर 18.58 करोड़ रुपए खर्च किए गए थे। इसके बाद जब बीजेपी की सरकार आई और सर्बानंद सोनोवाल ने मुख्यमंत्री का पद संभाला, तो अगले साल ही विज्ञापनों पर खर्च बढ़कर 26.88 करोड़ रुपए हो गया।   recent visitors 30

प्रदेश के विकास में मील का पत्थर साबित होने वाला बजट : मंत्री कुशवाह

भोपाल उद्यानिकी एवं खाद्य प्र-संस्करण मंत्री श्री नारायण सिंह कुशवाह ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार का 2025-26 का बजट विकसित मध्यप्रदेश के लक्ष्य को प्राप्त करने में मील का पत्थर साबित होने वाला बजट है। बजट में 15 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी इस बात को परिलक्षित करती है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश कृषि प्रधान प्रदेश है, किसान की आय को दोगुना करने के लिए आवश्यक है कि कृषि के साथ उद्यानिकी और फिर खाद्य प्र-संस्करण को सशक्त बनाया जाये। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा इस वर्ष के बजट में उद्यानिकी एवं खाद्य प्र-संस्करण के लिए 547 करोड़ का प्रावधान किया गया जो, गतवर्ष से 23 करोड़ रूपये अधिक है। प्रदेश में फल, फूल एवं सब्जी के उत्पादन के लिए नवीनतम प्रणालियाँ तथा इन उत्पादों के बेहतर विपणन व मूल्य के लिए खाद्य प्र-संस्करण को प्रोत्साहित किया जा रहा है। प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना के अंतर्गत4 हजार 416 इकाईयां स्थापित की गई है। राष्ट्रीय उद्यानिकी मिशन में 100 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। इसी प्रकार सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन कल्याण की भावना के तहत भी राज्य सरकार द्वारा वर्ष 2025-26 के बजट के लिये 4654 करोड़ का प्रावधान किया गया जो गत वर्ष से 50 करोड़ रूपये अधिक है। उन्होंने कहा राज्य शासन की मंशा समाज के प्रत्येक वर्ग को विकास की मुख्य धारा से जोड़ना है। सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना तथा राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना के माध्यम से 55 लाख 60 से अधिक हितग्राहियों को सहायता प्रदान की जा रही है। इस वर्ष के बजट में राज्य सरकार द्वारा 4066 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। साथ ही वरिष्ठजन और दिव्यांगजन भाईयों को तीर्थ यात्रा जैसे पुनित कार्य के लिये 50 करोड़ का प्रावधान स्वागत योग्य है। अभी तक 8 लाख से अधिक वरिष्ठजनों को तीर्थ यात्रा कराई जा चुकी है।   recent visitors 37

ICC अवॉर्ड जीतकर सलामी बल्लेबाज शुभमन गिल ने रचा इतिहास, मिला प्लेयर ऑफ द मंथ अवॉर्ड

नई दिल्ली चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के बाद भारत के सलामी बल्लेबाज शुभमन गिल की बांछें खिल गई हैं। इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (आईसीसी) ने बुधवार को गिल को प्लेयर ऑफ द मंथ अवॉर्ड से नवाजा। उन्हें फरवरी महीने में शानदार प्रदर्शन की वजह से सर्वश्रेष्ठ पुरुष खिलाड़ी चुना गया। गिल ने ऑस्ट्रेलिया के स्टीव स्मिथ और न्यूजीलैंड के ग्लेन फिलिप्स को पछाड़कर अवॉर्ड जीता। वह तीसरी बार आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ बने हैं और इतिहास रच डाला। दरअसल, गिल सबसे ज्यादा प्लेयर ऑफ द मंथ पुरस्कार हासिल करने वाले वाले भारतीय क्रिकेटर बन गए हैं। उन्होंने ओवरऑल लिस्ट में पाकिस्तान के बल्लेबाज बाबर आजम की बराबरी कर ली है। बाबर ने भी अब तक तीन बार पुरुष प्लेयर ऑफ द मंथ अवॉर्ड अपने नाम किया है। 25 वर्षीय गिल ने पिछले महीने पांच वनडे मैचों में 101.50 की औसत और 94.19 के स्ट्राइक रेट से 406 रन बनाए। उन्होंने फरवरी में इंग्लैंड के खिलाफ तीन मैचों की वनडे सीरीज में दो अर्धशतक और एक शतक लगाकर भारत को 3-0 से जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने नागपुर में खेले गए पहले वनडे में 87, कटक में खेले गये दूसरे मैच में 60 और अहमदाबाद में तीसरे वनडे में 112 रन की पारी खेली। उन्होंने अहमदाबाद में 102 गेंद की पारी में 14 चौके और तीन छक्के जड़कर वह प्लेयर ऑफ द मैच के साथ प्लेयर ऑफ द सीरीज बने थे। उन्होंने इस शानदार लय को चैंपियंस ट्रॉफी में भी जारी रखा। गिल ने दुबई में भारत के पहले मैच में बांग्लादेश के खिलाफ 101 रन और पाकिस्तान के खिलाफ 46 रनों का योगदान दिया। बता दें कि भारत के उपकप्तान और नंबर वन वनडे बल्लेबाज गिल ने चैंपियंस ट्रॉफी में पांच मैचों में 47.00 की औसत से कुल 188 रन बटोरे। भारत ने फाइनल में न्यूजीलैंड को चार विकेट से हराया, जिसमें गिल के बल्ले से 31 रन निकाले। गिल ने इससे पहले 2023 में दो बार (जनवरी और सितंबर) आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ अवॉर्ड जीता था। भारत के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह ने अभी तक दो बार यह अवॉर्ड हासिल किया है। गिल ने कहा, ''मैं फरवरी के लिए आईसीसी पुरुष प्लेयर ऑफ द मंथ अवार्ड जीतकर बहुत खुश हूं। बल्ले से अच्छा प्रदर्शन करने और अपने देश के लिए मैच जीतने से ज्यादा मुझे कुछ प्रेरणा नहीं देता।'' वहीं, ऑस्ट्रेलिया की ऑलराउंडर अलाना किंग फरवरी 2025 की आईसीसी महिला प्लेयर ऑफ द मंथ चुनी गईं। recent visitors 40

इस महीने लागू होगा 8वां वेतन आयोग, 50 हजार रुपए से अधिक हो सकती है न्यूनतम बेसिक सैलरी

नई दिल्ली अगर सैलरी की बात करें तो 8वें वेतन आयोग के तहत केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी में फिटमेंट फैक्टर के हिसाब से बढ़ोतरी होगी। ऐसा माना जा रहा है कि सरकार 1.92 से 2.08 के बीच फिटमेंट फैक्टर को मंजूरी दे सकती है। केंद्र सरकार ने जनवरी माह में 8वें वेतन आयोग को मंजूरी दे दी थी। इसके तहत सरकारी कर्मचारियों की सैलरी और पेंशनधारकों की पेंशन में बंपर इजाफा होगा। वहीं इस घोषणा के बाद से सरकारी कर्मचारी 8वां वेतन आयोग लागू होने का बेसब्री से इंतजार करने लगे हैं। कितनी बढ़ेगी सैलरी? अगर सैलरी की बात करें तो 8वें वेतन आयोग के तहत केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी में फिटमेंट फैक्टर के हिसाब से बढ़ोतरी होगी। ऐसा माना जा रहा है कि सरकार 1.92 से 2.08 के बीच फिटमेंट फैक्टर को मंजूरी दे सकती है। हालांकि, कई एक्सपर्ट्स का कहना है कि सरकार फिटमेंट फैक्टर 2.86 को मंजूरी देगी। यदि फिटमेंट फैक्टर 2.08 तय होता है, तो केंद्रीय कर्मचारियों की न्यूनतम बेसिक सैलरी (Basic Salary) 18,000 रुपए से बढ़कर लगभग 37,440 रुपए हो सकती है। इसी तरह, पेंशन 9,000 रुपओ से बढ़कर 18,720 रुपए तक हो सकती है। वहीं, अगर फिटमेंट फैक्टर 2.86 तक तय किया जाता है, तो सैलरी में करीब 186% की बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। ऐसे में न्यूनतम सैलरी 51,480 रुपये और पेंशन 25,740 रुपए तक बढ़ सकती है।   कब लागू होगा 8वां वेतन आयोग पहले कहा जा रहा था सरकार 1 जनवरी, 2026 से 8वां वेतन आयोग लागू कर सकती है। लेकिन कुछ विशेषज्ञों का कहना है कि 8वां वेतन आयोग लागू करने में कुछ देरी हो सकती है। विशेषज्ञों का ये भी कहना है कि अगर 8वां वेतन आयोग लागू होने में देरी होती है तो सरकार सभी कर्मचारियों को देरी की अवधि के बराबर एरियर यानि पूरे बकाए का भुगतान करेगी। हालांकि, केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा था कि 8वां वेतन आयोग लागू करने के लिए पर्याप्त समय है क्योंकि एक साल पहले ही इसकी घोषणा कर दी गई है।  recent visitors 42

प्रधानमंत्री के चार संकल्प पर आधारित प्रदेश के समावेशी विकास का बजट : खाद्य मंत्री राजपूत

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मार्गदर्शन में उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा द्वारा प्रस्तुत बजट का मुख्य फोकस प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के चार संकल्प गरीब कल्याण, युवा शक्ति, अन्नदाता और नारी शक्ति का सर्वांगीण विकास है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री श्री गोविन्द सिंह राजपूत ने कहा है कि आज प्रस्तुत बजट प्रदेश के सर्वांगीण विकास का बजट है। मंत्री श्री राजपूत ने कहा है कि बजट में सभी वर्गों के कल्याण के लिए समुचति प्रावधान किये गए हैं। उन्होंने कहा है कि बजट में खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के लिए गत वर्ष की तुलना में लगभग 30 प्रतिशत अधिक राशि का प्रावधान किया गया है। इससे विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आयेगी। मंत्री श्री राजपूत ने बताया है कि समर्थन मूल्य पर किसानों से फसल उपार्जन पर बोनस के भुगतान के लिए एक हजार करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना में 89 लाख हितग्राहियों को निःशुल्क गैस कनेक्शन उपलब्ध कराये गए हैं। गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले ऐसे हितग्राही जो प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभ से वंचित रह गये हैं, उन्हें राज्य सरकार की गैर उज्ज्वला योजना में शामिल किया गया है। इन दोनों योजनाओं के लिए 442 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। प्रदेश के किसानों को धान उपार्जन के लिए 4 हजार रूपये प्रति हेक्टेयर के मान से प्रोत्साहन राशि देने के लिए 850 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। श्री राजपूत ने बताया कि लक्षित सार्वजनिक वितरण प्रणाली अंतर्गत परिवहन कमीशन व्यय की प्रतिपूर्ति के लिए 625 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। डबल फोर्टिफाइड़ आयोडिन युक्त नमक के वितरण के लिए 140 करोड़ का प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री के संकल्प से बदल रही तस्वीर खाद्य मंत्री श्री राजपूत ने कहा कि प्रदेश में मुख्यमंत्री डॉ. यादव के औद्योगिक विकास के संकल्प से मध्यप्रदेश की तस्वीर बदल रही है। हाल ही में संपन्न जीआईएस से प्राप्त 27 हजार करोड़ के निवेश प्रस्ताव से प्रदेश में औद्योगिक क्रांति की नई इबारत लिखी जा रही है। सरकार का लक्ष्य प्रदेश के युवा, अन्नदाता, मातृशक्तियों एवं गरीब कल्याण की दिशा में आर्थिक संबल प्रदान करना है। प्रदेश के 19 उत्पादों को जीआई टैग मिलने का जिक्र करते हुये कहा कि समावेशी विकास में जुटी मोहन सरकार अब सुशासन की दिशा में एक और कदम बढ़ाते हुये जिला विकास समिति का गठन का निर्णय लेकर अब जिला स्तर पर विकास का रोड़ मैप तैयार करने का संकल्प लिया है। श्री राजपूत ने मुख्यमंत्री समृद्धि परिवार योजना, मुख्यमंत्री वंदन ग्राम योजना, प्रधानमंत्री जन-मन योजना, मुख्यमंत्री मजरा-टोला सड़क योजना, प्रधानमंत्री कृषक मित्र सूर्य योजना तथा सोलर पार्क के विकसित होने पर प्रसन्न्ता जाहिर करते हुये कहा कि आने वाले समय में मध्यप्रदेश रोजगार और विकास के नये स्वरूप में नजर आयेगा। recent visitors 34