आतंकियों ने सपने में भी नहीं सोचा होगा, मोदी से मुकाबला करना इतना मुश्किल होगा, बोले PM मोदी

दाहोद पीएम नरेंद्र मोदी ऑपरेशन सिंदूर की सफलता का जश्न मनाने के लिए दो दिवसीय गुजरात दौरे पर हैं, जहां उन्होंने वडोदरा में रोड शो किया. इस दौरान 30 हजार महिलाएं पीएम का स्वागत किया. रोड शो के बाद पीएम दाहोद के लिए रवाना हो गए हैं, जहां पीएम लोको निर्माण शॉप-रोलिंग स्टॉक वर्कशॉप का उद्घाटन किया और कर्मचारियों से मुलाकात भी की . आतंकियों ने सपने में भी नहीं सोचा होगा, मोदी से मुकाबला करना इतना मुश्किल होगा, बोले PM मोदी गुजरात के दाहोद में जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर सैन्य कार्रवाई नहीं है. ये हम भारतीयों के संस्कारों, हमारी भावनाओं की अभिव्यक्ति है. आतंक फैलाने वालों ने सपने में भी सोचा नहीं होगा कि मोदी से मुकाबला करना कितना मुश्किल होता है. बाल-बच्चों के सामने पिता को गोली मार दी. आज भी वो तस्वीरें देखते हैं तो खून खौल जाता है. ये 140 करोड़ भारतीयों को चुनौती दी इसलिए मोदी ने वही किया, जिसके लिए देशवासियों ने आपने मुझे प्रधान सेवक की जिम्मेदारी दी. मोदी जी अपनी तीनों सेनाओं को खुली छूट दी और हमारी सेना ने वो कर दिखाया जो दुनिया ने पिछले कई दशकों से नहीं देखा था. हमने सीमा पार चल रहे आतंक के नौ सबसे बड़े आतंकी ठिकाने, उन्हें ढूंढ निकाला. हिसाब-किताब पक्का कर लिया और 22 तारीख को जो खेल खेला गया था, छह तारीख की रात को 22 मिनट में हमने उन्हें मिट्टी में मिला दिया. लेकिन जब पाकिस्तानी सेना ने दुस्साहस दिखाया तो हमारी सेना ने पाकिस्तानी सेना को धूल चटा दी. देश को विकसित राष्ट्र बनाने के लिए हर चीज देश के अंदर बनाने की जरूरत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात के दो दिवसीय दौरे पर हैं. दाहोद में लोकोमोटिव विनिर्माण संयंत्र का उद्घाटन करने के बाद उन्होंने एक जनसभा को संबोधित किया. इससे पहले पीएम मोदी ने रोड शो निकाला. पीएम मोदी ने दाहोद में एक सार्वजनिक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि आज के ही दिन 2014 में पहली बार उन्होंने प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली थी. गुजरात के लोगों ने उन्हें सबसे पहले आशीर्वाद दिया, फिर करोड़ों भारतीयों ने मुझे आशीर्वाद दिया. पीएम मोदी ने आगे कहा कि हाल के वर्षों में देश ने ऐसे निर्णय लिए जो अकल्पनीय और अभूतपूर्व थे. देश ने दशकों पुरानी बेड़ियां तोड़ दी. 140 करोड़ भारतीय देश को विकसित बनाने की दिशा में लगे हैं. यह समय की मांग है कि भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के लिए देश के भीतर हर चीज बनाई जाए. भारत विनिर्माण की दुनिया में तेजी से आगे बढ़ रहा है. इससे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दाहोद में भारतीय रेलवे के लोकोमोटिव विनिर्माण संयंत्र का उद्घाटन किया. वहीं, उन्होंने वडोदरा में रोड शो किया जिसमें लोगों ने उनका जोरदार स्वागत किया. लोकोमोटिव विनिर्माण संयंत्र घरेलू उद्देश्यों और निर्यात के लिए 9000 एचपी के इलेक्ट्रिक इंजनों का उत्पादन करेगा. ये इंजन भारतीय रेलवे की माल ढुलाई क्षमता को बढ़ाने में मदद करेंगे. पीएम मोदी का रोड शो में जोरदार स्वागत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात के दो दिनों के दौरे पर आज वडोदरा पहुंचे. ऑपरेशन सिंदूर के बाद उनका यह पहला गुजरात दौरा है. यहां रोड शो के दौरान उनका भव्य स्वागत किया गया. सड़क किनारे भारी सख्या में मौजूद लोगों ने उनके ऊपर फूल बरसाकर खुशी का इजहार किया. पीएम मोदी वडोदरा से दाहोद जाएंगे. बता दें कि पीएम मोदी अपनी इस यात्रा के दौरान राज्य में विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे. जानकारी के मुताबिक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वडोदरा में रोड शो के दौरान भारतीय सेना की अधिकारी कर्नल सोफिया कुरैशी के परिवार के सदस्यों ने पुष्प वर्षा की. कर्नल सोफिया कुरैशी की जुड़वां बहन शायना भी पहुंची पीएम मोदी के रोड शो पर कर्नल सोफिया कुरैशी की जुड़वां बहन शायना सुनसारा ने कहा, 'पीएम मोदी से मिलकर हमें अच्छा लगा. पीएम मोदी ने महिला सशक्तिकरण के लिए बहुत कुछ किया है. सोफिया मेरी जुड़वां बहन है. जब आपकी बहन देश के लिए कुछ करती है, तो यह न केवल मुझे बल्कि दूसरों को भी प्रेरित करती है. वह अब सिर्फ मेरी बहन नहीं बल्कि देश की बहन भी है.' कर्नल सोफिया की बहिन के अलावा उनके भाई संजय कुरैशी ने कहा कि जब प्रधानमंत्री मोदी यहां आए तो यह एक शानदार पल था. हम उन्हें पहली बार देख पाए. इशारों से उन्होंने हमारा अभिवादन किया. मैं अपने रक्षा बलों और भारत सरकार को धन्यवाद देता हूं जिन्होंने मेरी बहन को यह मौका दिया. एक महिला उन महिलाओं का बदला ले रही है जिन्होंने इतना कुछ सहा है, इससे बेहतर क्या हो सकता है? वहीं, रोड शो में अंतरराष्ट्रीय छात्रों सहित भारी संख्या में लोग शामिल हुए.          पीएम मोदी का थोड़ी देर में एक लोकोमोटिव निर्माण संयंत्र को राष्ट्र को समर्पित करने का कार्यक्रम है. इसके साथ ही एक इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव को हरी झंडी भी दिखाएंगे. इसके बाद वे दाहोद में करीब 24,000 करोड़ रुपये की लागत वाली कई विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे. प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी आधिकारिक विज्ञप्ति में कहा गया है कि वे एक सार्वजनिक समारोह को भी संबोधित करेंगे. प्रधानमंत्री भुज जाएंगे और शाम करीब 4 बजे भुज में 53,400 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली कई विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे. वे एक सार्वजनिक समारोह को भी संबोधित करेंगे. इसके अलावा, प्रधानमंत्री गांधीनगर जाएंगे और 27 मई को सुबह करीब 11 बजे गुजरात शहरी विकास की 20वीं वर्षगांठ के समारोह में भाग लेंगे और शहरी विकास वर्ष 2025 का शुभारंभ करेंगे. इस अवसर पर वे उपस्थित लोगों को संबोधित भी करेंगे. गुजरात में पूरा रेल नेटवर्क का हुआ 100% विद्युतीकृत: पीएम मोदी PM ने कहा, 'आज दाहोद में हजारों करोड़ रुपये की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया गया. इनमें सबसे उल्लेखनीय दाहोद में इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव फैक्ट्री है. तीन साल पहले मुझे इसकी आधारशिला रखने का सौभाग्य मिला था. अब इस फैक्ट्री से पहला इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव सफलतापूर्वक बनाया गया है. एक और बड़ी उपलब्धि यह है कि गुजरात में पूरा रेलवे नेटवर्क अब 100 प्रतिशत विद्युतीकृत हो गया है. इसके लिए मैं आप सभी को बहुत-बहुत बधाई देता … Read more

भारत ने कहा अगर पाकिस्तान बड़ा हमला करेगा तो हम उससे भी बड़ा हमला करने के लिए तैयार हैं: मंत्री जयशंकर

नई दिल्ली विदेश मंत्री एस. जयशंकर की अध्यक्षता में सोमवार को संसदीय सलाहकार समिति की बैठक हुई, जिसमें विदेश मामलों से जुड़े कई संवेदनशील मुद्दों पर चर्चा हुई. बैठक में सिंधु जल संधि, सीजफायर समझौते, विदेशी दबाव और ऑपरेशन सिंदूर जैसे विषय प्रमुख रहे. सूत्रों के मुताबिक, विदेश मंत्री ने सभी सदस्यों को भरोसा दिलाया कि सरकार देशहित में कदम उठा रही है और आगे भी हर निर्णय राष्ट्रीय हित को प्राथमिकता देकर ही लिया जाएगा. सूत्रों के अनुसार, विदेश मंत्री ने सिंधु जल संधि को लेकर समिति के सदस्यों को आश्वस्त किया कि जो भी होगा, वह 'देशहित में और अच्छा' होगा. विदेशी हस्तक्षेप पर जयशंकर ने बताया कि जब भी किसी देश ने भारत से जवाब मांगा, तो हमने साफ शब्दों में कहा, वह फायर करेंगे तो हम फायर करेंगे वो रोकेंगे तो हम रुकेंगे. 'सीजफायर आपसी बातचीत से हुआ' विदेश मंत्री ने सदस्यों को बताया कि जब अमेरिका के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि पाकिस्तान बड़ा हमला कर सकता है, तो भारत ने साफ कह दिया, 'अगर पाकिस्तान बड़ा हमला करेगा तो हम उससे भी बड़ा हमला करने के लिए तैयार हैं.' जयशंकर ने सदस्यों को बताया कि सीजफायर किसी बाहरी दबाव से नहीं, बल्कि दोनों देशों के DGMO के आपसी संपर्क से हुआ. पाकिस्तान की ओर से पहल करते हुए उनके DGMO ने भारतीय DGMO से संपर्क किया था. 'कोई जानकारी चाहिए तो सरकार से संपर्क करें' ऑपरेशन सिंदूर को लेकर विपक्षी दलों की ओर से उठाए जा रहे सवालों पर विदेश मंत्री ने साफ किया कि ऑपरेशन शुरू होने के आधे घंटे के भीतर पाकिस्तान को सूचित कर दिया गया था कि हमला सिर्फ आतंकी ठिकानों पर किया गया है. साथ ही उन्होंने अपील की कि इस संवेदनशील मसले पर अगर किसी को जानकारी चाहिए तो सरकार से सीधे संपर्क करें, मीडिया में बयानबाजी से बचें क्योंकि इससे माहौल बिगड़ता है. जयशंकर ने यह भी स्पष्ट किया कि ऑपरेशन सिंदूर अभी खत्म नहीं हुआ है. 'चीन ने नहीं दिया पाकिस्तान का खुलकर साथ'   विदेश मंत्री ने बताया कि पाकिस्तान को अंतरराष्ट्रीय मंच पर सिर्फ तुर्की और अजरबैजान का खुला समर्थन मिला, जबकि भारत के साथ कई देश खुले तौर पर सामने आए. जो देश सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए, उन्होंने भी आतंकवाद के मुद्दे पर भारत का समर्थन किया. सूत्रों के अनुसार, जयशंकर ने बताया कि तुर्की और अजरबैजान भले ही पाकिस्तान के समर्थन में खुलकर आए हों, लेकिन चीन ने वैसा खुला समर्थन नहीं दिया जैसा पाकिस्तान को उम्मीद थी.   recent visitors 52

मुख्य सचिव की अध्यक्षता में त्रिस्तरीय पंचायतों में इंटरनेट कनेक्टीविटी एवं क्रियान्वयन के लिए समिति गठित

भोपाल राज्य शासन ने राज्य की समस्त त्रिस्तरीय पंचायतों में इंटरनेट कनेक्टीविटी की उपलब्धता एवं अमेंडेड भारत नेट अभियान के बेहतर क्रियान्वयन तथा निरंतर समीक्षा के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में अमेंडेड भारत नेट समिति का गठन किया है। समिति में अपर मुख्य सचिव/ प्रमुख सचिव/ सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास, उर्जा, लोक निर्माण,वन, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, संचालक सह-आयुक्त पंचायत राज संचालनालय सदस्य होंगे। मुख्य महाप्रबंधक, भारत संचार निगम लिमिटेड को सदस्य सचिव बनाया गया है। समिति द्वारा प्रत्येक तिमाही में कम से कम एक बार अमेंडेड भारत नेट की बैठक और त्रिस्तरीय पंचायतों में इंटरनेट कनेक्टीविटी की समीक्षा की जायेगी।   recent visitors 47

राशन की कालाबाजारी की सूचना के आधार पर कलेक्टर ने दोनों दुकान संचालक औरअध्यक्ष के खिलाफ FIR करवाई

जबलपुर  कलेक्टर के निर्देशन पर कार्रवाई करते हुए दो राशन दुकान संचालक के खिलाफ FIR दर्ज की गई है , आरोप है कि जबलपुर के परियट पिपरिया शासकीय उचित मूल्य की दुकान की अध्यक्ष और विक्रेता ने मिलकर अपनी दो दुकानों से 23 लाख रुपए के राशन की कालाबाजारी कर दी। सूचना के आधार पर कलेक्टर दीपक कुमार सक्सेना ने जांच के बाद दोनों दुकान संचालक और दुकान अध्यक्ष के खिलाफ FIR करवाई है। टीम गई तो दुकान में ताला लटका मिला प्रशासन को शिकायत मिली थी कि हितग्राही दुकानों के चक्कर काट काट परेशान हो गए लेकिन उन्हें कोई राशन नहीं मिला लेकिन उनके नाम की पर्ची जरूर कट गई। दुकान की अध्यक्ष शहाना बेगम और विक्रेता इमरान मंसूरी है। पुलिस ने बताया कि वार्ड-76 में शासकीय उचित मूल्य दुकान का संचालन किया जाता है जिसको लेकर हितग्राहियों ने शिकायत की थी। दुकान अक्सर बंद रहने से राशन नहीं मिलता। जिसके बाद जांच टीम 13, 15 और 17 मई को परियट पिपरिया दुकान गई, लेकिन दुकान में ताला लटका मिला और तो और वहां दुकान का कोई बोर्ड भी नहीं लगा था। हितग्राहियों के नाम आवंटन बता गड़बड़झाला अधिकारियों ने दुकान के पास से ही इमरान को फोन करके बुलाया, ताकि दुकान में मौजूद स्टॉक जांच की जा सके, लेकिन वह नहीं आया। वहीं एक टीम इसी सहकारी भंडार की चितरंजन दास वार्ड की दुकान का निरीक्षण करने 15 मई को ही पहुंची, तो वह भी बंद मिली। विक्रेताओं ने बताया कि उन्हें राशन नहीं दिया गया, लेकिन उनकी पर्ची निकाल ली गई। जांच में सामने आया कि दोनों दुकानों से 8 लाख 59 हजार रुपए का गेहूं, 14 लाख 82 हजार रुपए का चावल और दो हजार रुपए की शक्कर का आवंटन हितग्राहियों के नाम बता कुल 29 लाख रुपए के राशन का गड़बड़झाला किया था। जांच के बाद गोहलपुर थाने में सहायक आपूर्ति अधिकारी ने एफआइआर दर्ज कराई। recent visitors 41

कलियासोत नदी के बफर जोन में 1100 निर्माण, एनजीटी और हाईकोर्ट के निर्देशों के अनुसार नोटिस दे रहे

भोपाल महाराष्ट्र के पिंपरी चिंचवड में सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर नदी के जलभराव क्षेत्र में बने 36 बंगलों को 17 मई को ढहा दिया गया। लेकिन, भोपाल की कलियासोत नदी के जलभराव क्षेत्र और इसके बफर जोन में 1100 निर्माणों को अभी तक हटाने प्रक्रिया भोपाल में प्रशासन ने शुरू नहीं की। जिला प्रशासन रटा रटाया जवाब देता है।  एनजीटी और हाईकोर्ट के निर्देशों के अनुसार नोटिस दे रहे हैं। जल्द कार्रवाई करेंगे। यह जवाब पिछले 12 सालों से मिल रहा है। महाराष्ट्र में एनजीटी व सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर पांच साल में ही कार्रवाई की, लेकिन भोपाल में कलियासोत में 12 साल बाद भी कुछ नहीं हुआ। जबकि, एनजीटी व हाईकोर्ट कई बार निर्देश दे चुका हैं। नदी तालाब किनारे बड़े निर्माण -कलियासोत रिजर्वायर में 11 बड़े बंगले, फार्म हाउस व रेस्टोरेंट -नदी से 33 मीटर में 58 से अधिक बड़े प्रोजेक्ट में लाखों के फ्लैट -बड़ा तालाब एफटीएल से 50 मीटर में 12 होटल समेत 300 पक्के निर्माण -मोतिया तालाब, नवाब सिद्दीक हसन, बाग मुंशी हुसैन तालाब के अंदर तक फिलिंग -केरवा डैम के अंदर तक 2000 डंपर की फिलिंग कर निर्माण के लिए जगह बनाई -बड़ा तालाब कैचमेंट का 22 फीसदी हिस्सा आवंटित, 32 फीसदी में निर्माण कौशलेंद्र विक्रम सिंह, कलेक्टर का कहना है कि तय निर्देश के अनुसार जांच, सर्वे और नोटिस देकर कार्रवाई तय की जा रही है। कोर्ट के निर्देश के अनुसार ही कार्रवाई तय करेंगे। recent visitors 41

एसआई भर्ती मामले में एएजी शाह ने कोर्ट में पेश किया प्रार्थना पत्र, 2 जुलाई तक टाली सुनवाई

जयपुर विवादित SI भर्ती 2021 को लेकर सरकार को हाईकोर्ट से आज राहत मिल गई है। कोर्ट ने मामले में 2 जुलाई को अगली सुनवाई करने तारीख तय कर दी है।  इससे पहले राज्य सरकार की ओर से एडिशनल एडवोकेट जनरल विज्ञान शाह ने कोर्ट में एक प्रार्थना पत्र पेश किया। इसमें कहा गया है कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा दिल्ली में नीति आयोग की बैठक में व्यस्त हैं, जिसके चलते इस मामले पर अंतिम निर्णय नहीं लिया जा सका। इससे पहले याचिकाकर्ताओं के वकील हरेंद्र नील ने प्रार्थना पत्र का विरोध करते हुए कहा- सरकार  भर्ती पर कोई निर्णय नहीं लेना चाहती है, इसलिए इस तरह से समय निकाला जा रहा है। सरकार ने अदालत को बताया कि हाईकोर्ट के निर्देश के अनुसार 20 मई को कैबिनेट सब कमेटी की बैठक आयोजित की गई थी। हालांकि इसके बाद 24 और 25 मई को दिल्ली में नीति आयोग की बैठक थी, जिसमें मुख्यमंत्री को भाग लेना पड़ा। इसलिए मुख्यमंत्री स्तर पर निर्णय नहीं हो सका। सरकार ने कोर्ट से अपील की है कि उसे अंतिम निर्णय के लिए और समय दिया जाए। इससे पहले भी सरकार ने समय की मांग करते हुए 13 मई को एक सब-कमेटी मीटिंग बुलाई थी, लेकिन ऑपरेशन सिंदूर के कारण कई मंत्री उसमें शामिल नहीं हो सके। साथ ही कमेटी के एक सदस्य मंत्री की तबीयत खराब होने के चलते बैठक पूरी नहीं हो पाई। इसके बाद सरकार ने 21 मई को दूसरी बैठक रखी और 20 मई को इसे आयोजित भी किया, लेकिन अब तक मुख्यमंत्री स्तर पर विचार-विमर्श नहीं हो सका। वहीं याचिकाकर्ताओं के वकील हरेन्द्र नील ने सरकार के इस प्रार्थना पत्र का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि सरकार जान-बूझकर फैसला टाल रही है और कोर्ट के आदेशों का पालन नहीं कर रही है। पिछली सुनवाई में जस्टिस समीर जैन की पीठ ने सरकार को स्पष्ट चेतावनी दी थी कि अगर 26 मई तक निर्णय नहीं लिया गया, तो प्रक्रिया में शामिल अधिकारियों और जिम्मेदारों को इसके परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। अब देखना यह होगा कि सोमवार को कोर्ट सरकार के रुख से कितना संतुष्ट होता है और आगे क्या आदेश जारी करता है। recent visitors 64

छत्तीसगढ़ से होगा अब पूरे देश को ट्रांसफॉर्मर सप्लाई

300 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश प्रस्ताव नई दिल्ली/रायपुर विकसित भारत के सपने को साकार करने की दिशा में छत्तीसगढ़ एक और बड़ी छलांग लगाने जा रहा है। देश की प्रतिष्ठित कंपनी करमवीर इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड ने रायपुर में अत्याधुनिक ट्रांसफॉर्मर निर्माण इकाई स्थापित करने का प्रस्ताव मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के समक्ष प्रस्तुत किया। इस इकाई में 300 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश किया जाएगा, जिससे छत्तीसगढ़ का नाम देश के सबसे बड़े ट्रांसफॉर्मर निर्माण केंद्रों में शामिल हो जाएगा। इस अवसर पर कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री विवेक जैन ने मुख्यमंत्री से छत्तीसगढ़ सदन, नई दिल्ली में मुलाकात की। बैठक में प्रस्तावित परियोजना की रूपरेखा, निवेश संभावनाएं और रोजगार सृजन के आयामों पर विस्तार से चर्चा हुई। श्री जैन ने बताया कि यह यूनिट तकनीकी दृष्टि से देश की सबसे उन्नत ट्रांसफॉर्मर निर्माण इकाई होगी, जो भविष्य में ऊर्जा क्षेत्र की ज़रूरतों को पूरा करने में मील का पत्थर साबित होगी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने निवेश प्रस्ताव का स्वागत करते हुए कहा, “हमारा लक्ष्य है कि छत्तीसगढ़, विकसित भारत 2047 के निर्माण में एक मजबूत स्तंभ बने। यह निवेश सिर्फ एक औद्योगिक इकाई नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की तकनीकी क्षमता और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक मजबूत कदम है। राज्य सरकार इस परियोजना को हरसंभव सहायता प्रदान करेगी।” यह परियोजना राज्य में बिजली क्षेत्र के आधुनिकीकरण, स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार, और उद्योग आधारित विकास को गति देगी। विशेष रूप से यह पहल “मेक इन छत्तीसगढ़” के नारे को मजबूती देती है, जहां अब अत्याधुनिक तकनीक से बने ट्रांसफॉर्मर पूरे देश को रोशन करने का कार्य करेंगे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध सिंह नई दिल्ली में छत्तीसगढ़ के इनवेस्टमेंट कमिश्नर  ऋतु सेन भी उपस्थित थी । recent visitors 51