मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भोपाल नगर निगम के 43.39 करोड़ रुपए के उपकरणों एवं विकास कार्यों का लोकार्पण किया

भोपाल 2 अक्टूबर गांधी जयंती के अवसर पर आज स्वच्छ भारत एवं अमृत योजना में प्रदेश में 685 करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं का भूमि पूजन और लोकार्पण हुआ है। राजधानी भोपाल में स्थित कुशाभाऊ ठाकरे इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में सुबह 10 बजे से कार्यक्रम की शुरुआत हुई। स्वच्छता दिवस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी वर्चुअली शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में चलाए गए स्वच्छता पखवाड़े में जिस जूनून से प्रदेशवासियों ने सहभागिता की, वह सराहनीय हैं। उज्जैन के सफाई मित्रों को सौगात मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव स्वच्छ सर्वेक्षण-2022 में नगर पालिक निगम उज्जैन को थ्री स्टार रेटिंग प्राप्त करने पर उज्जैन के 2314 सफाई मित्रों को सिंगल क्लिक से 69 लाख 42 हजार रुपए ट्रांसफर किए। इस योजना में हर सफाई मित्र के खाते में 3 हजार रुपए प्रोत्साहन राशि पहुंचाई गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव स्वच्छता ही सेवा अभियान-2024 में उत्कृष्ट कार्य करने वाले मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को सम्मानित किया। इसके अलावा मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भोपाल नगर निगम के 43.39 करोड़ रुपए के उपकरणों एवं विकास कार्यों का लोकार्पण भी किया। इन परियोजना का भी भूमि पूजन और लोकार्पण -इन योजनाओं का हुआ भूमिपूजन सागर निकाय की 299.20 करोड़ रुपए की सीवरेज योजना का लोकार्पण, सिवनी-मालवा निकाय की 61.17 करोड़ रुपए की जल प्रदाय योजना और छिंदवाड़ा निकाय की 75.34 करोड़ रुपए की जल प्रदाय योजना का वर्चुअली भूमि पूजन किया। मुख्यमंत्री प्रदेश की 19 नगरीय निकायों में सीवरेज और जल प्रदाय परियोजना का भूमि पूजन किया। -इन परियोजनाओं की भी सौगात इनमें विदिशा की 19.90 करोड़ रुपए की सीवरेज परियोजना, शाजापुर की 15.75 करोड़ रुपएकी, शाहपुर की 12.40 करोड़ रुपए की, शाहगढ़ की 13.05 करोड़ रुपए की, रौन की 11.91 करोड़ रुपए की, पीथमपुर की 24.58 करोड़ रुपए की, महू कैंट की 40.30 करोड़ रुपए की, डोला की 10.67 करोड़ रुपए की, दमोह की 12.52 करोड़ रुपए की, बरगवां (अमलाई) की 22.55 करोड़ रुपए की और बंडा की 10.16 करोड़ रुपए की सौगात दी। -ये सौगातें भी दी गईं वहीं, बिस्टान की 31.71 करोड़ रुपए की, सतवास की 3.09 करोड़ रुपए की, नामली की 3.10 करोड़ रुपए की, सुवासरा की 3.15 करोड़ रुपए की, बड़ौद की 3.20 करोड़ रुपए की, रतनगढ़ की 3.22 करोड़ रुपए की, पिपलोदा की 3.92 करोड़ रुपए की और कन्नौद की 3.97 करोड़ रुपए की जलप्रदाय योजना का वर्चुअली भूमिपूजन किया। इस मौके पर गौवंश के उत्थान के लिए किए जा रहे कार्यों और स्वच्छता ही सेवा अभियान -2024 पर केंद्रित फिल्मों का प्रदर्शन भी हुआ। recent visitors 55

मध्य प्रदेश से आवागमन करने वाली ये 22 ट्रेनें निरस्त: इन ट्रेनों के बदले रूट, सफर करने से पहले यहां चेक करें शेड्यूल

भोपाल  नवरात्र में अगर आप भोपाल से रायपुर और लखनऊ की ओर जाने के बारे में सोच रहे हैं, तो रेल यात्रा में काफी परेशानियों को सामना करना पड़ेगा। इसका मुख्य कारण यह है कि पश्चिम मध्य रेल जोन से जाने वाली 22 ट्रेनों को निरस्त किया गया। वहीं इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के बिलासपुर मंडल में तीसरी रेल लाइन परियोजना का कार्य किया जा रहा है। इसके अंतर्गत बीरसिंहपुर रेलवे स्टेशन को तीसरी लाइन से जोड़ने के लिए यार्ड रिमाडलिंग का कार्य चल रहा है। इसके कारण से 22 यात्री ट्रेनों का परिचालन प्रभावित रहेगा। यह ट्रेन रहेंगी रद्द     ट्रेन (18235) भोपाल-बिलासपुर एक्सप्रेस – 2 से 12 अक्टूबर     ट्रेन (18236) बिलासपुर-भोपाल एक्सप्रेस – 30 सितंबर से 10 अक्टूबर     ट्रेन (11265) जबलपुर-अम्बिकापुर एक्सप्रेस – 2 से 11 अक्टूबर     ट्रेन (11266) अम्बिकापुर-जबलपुर एक्सप्रेस – 3 से 12 अक्टूबर     ट्रेन (18247) बिलासपुर-रीवा एक्सप्रेस – 1 से 9 अक्टूबर     ट्रेन (18248) रीवा-बिलासपुर एक्सप्रेस – 2 से 10 अक्टूबर     ट्रेन (11751) रीवा-चिरमिरी एक्सप्रेस – 4, 7, 9 और 11 अक्टूबर     ट्रेन (11752) चिरमिरी-रीवा एक्सप्रेस – 5, 8, 10 एवं 12 अक्टूबर     ट्रेन (06617) कटनी-चिरमिरी एक्सप्रेस – 2 से 11 अक्टूबर     ट्रेन (06618) चिरमिरी-कटनी एक्सप्रेस – 3 से 12 अक्टूबर पश्चिम मध्य रेलवे से गुजरने वाली निरस्त ट्रेन     ट्रेन (18233) इंदौर-बिलासपुर नर्मदा एक्सप्रेस – 1 से 12 अक्टूबर     ट्रेन (18234) बिलासपुर-इंदौर नर्मदा एक्सप्रेस – 30 सितंबर से 11 अक्टूबर     ट्रेन (12535) लखनऊ-रायपुर गरीबरथ एक्सप्रेस – 3, 7 एवं 10 अक्टूबर     ट्रेन (12536) रायपुर-लखनऊ गरीबरथ एक्सप्रेस – 4, 8 एवं 11 अक्टूबर     ट्रेन (22867) दुर्ग-निजामुद्दीन एक्सप्रेस – 4, 8 एवं 11 अक्टूबर     ट्रेन (22868) निजामुद्दीन-दुर्ग एक्सप्रेस – 5, 9 एवं 12 अक्टूबर     ट्रेन (18203) दुर्ग-कानपूर एक्सप्रेस – 6 एवं 8 अक्टूबर     ट्रेन (18204) कानपूर-दुर्ग एक्सप्रेस – 7 एवं 9 अक्टूबर     ट्रेन (18213) दुर्ग-अजमेर एक्सप्रेस – 6 अक्टूबर     ट्रेन (18214) अजमेर-दुर्ग एक्सप्रेस – 7 अक्टूबर     ट्रेन (18205) दुर्ग-नवतनवा एक्सप्रेस – 3 एवं 10 अक्टूबर     ट्रेन (18206) नवतनवा-दुर्ग एक्सप्रेस – 5 एवं 12 अक्टूबर रानी कमलापति-दानापुर एक्सप्रेस स्पेशल ट्रेन में चार कोच अतिरिक्त लगेंगे यात्रियों की सुविधा व प्रतीक्षा सूची को ध्यान में रखते हुए ट्रेन 01661-01662 रानी कमलापति-दानापुर एक्सप्रेस स्पेशल ट्रेन चलायी जा रही है। इस ट्रेन में स्थायी रूप से दो शयनयान श्रेणी (स्लीपर) और दो वातानुकूलित तृतीय श्रेणी (एसी थर्ड) के अतिरिक्त कोच जोड़ने का निर्णय लिया गया है। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ कटारिया ने बताया कि यह अतिरिक्त कोच 01661 रानी कमलापति-दानापुर एक्सप्रेस स्पेशल में 26 अक्टूबर से तथा ट्रेन 01662 दानापुर-रानी कमलापति एक्सप्रेस स्पेशल में 27 अक्टूबर से प्रारंभिक स्टेशन से गंतव्य के लिए लगाए जाएंगे। ऐसे में 288 अतिरिक्त यात्रियों को फायदा होगा। recent visitors 74

महाकाल मंदिर को बम से उड़ाने की धमकी, जैश-ए-मोहम्मद के नाम से मिला खत

उज्जैन  राजस्थान के हनुमानगढ़ रेलवे स्टेशन पर 1 अक्टूबर को एक पत्र मिला है, जिसमें उज्जैन के महाकाल मंदिर सहित कई रेलवे स्टेशनों को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। पत्र में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद का नाम लिखा है। इस घटना के बाद पुलिस अलर्ट हो गई और सुरक्षा जांच कड़ी कर दी गई है।  जिसमें 2 नवंबर को उज्जैन के महाकाल मंदिर को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। इसके साथ ही जयपुर, उदयपुर, बूंदी, कोटा, बीकानेर, जोधपुर, हनुमानगढ़ और गंगानगर रेलवे स्टेशनों को बम 30 अक्टूबर को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हनुमानगढ़ स्टेशन मास्टर को भेजे गए पत्र में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद का नाम लिखा हुआ है। यह पत्र डाक के जरिए भेजा गया है। स्टेशन मास्टर ने तुरंत इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दी। पुलिस ने स्टेशन पहुंचकर पत्र की जांच की और इसकी जानकारी सुरक्षा एजेंसियों को दी। पत्र मिलने के बाद से सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं। महाकाल मंदिर में रोज बम स्क्वाड की टीम करती है जांच उज्जैन के महाकाल मंदिर में रोज बम स्क्वाड की टीम जांच करती हैं। इसके साथ ही मंदिर के प्रवेश द्वार पर मेटल डिटेक्टर भी लगाए हैं। धमकी वाला पत्र भेजने वाले ने खुद को आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद का एरिया कमांडर बताया है। महाकाल मंदिर के साथ उसने राजस्थान के धार्मिक स्थलों को भी निशाना बनाने की बात लिखी है। इस धमकी भरे पत्र के सामने आने के बाद आरपीएफ और जीआरपी जांच में जुट गए हैं। अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर जाँच की जा रही है। पत्र किसने भेजा इसे लेकर अब तक कोई जानकारी सामने नहीं आई है। पुलिस का कहना है कि, रेलवे स्टेशन पर कोई संदिग्ध वास्तु नहीं मिली। इधर मध्यप्रदेश में बाबा महाकाल का मंदिर भी पूरी तरह सुरक्षित है। हनुमानगढ़ अधीक्षक को मिले पत्र में लिखा है कि, "हम जम्मू कश्मीर में मारे जा रहे हमारे जिहादियों की मौत का बदला जरूर लेंगे। ठीक 30 अक्टूबर को जोधपुर, जयपुर, उदयपुर, अलवर, बीकानेर, बूंदी, श्री गंगानगर, मंडल और मध्यप्रदेश के रेलवे स्टेशन, 2 अक्टूबर को उज्जैन महाकाल मंदिर समेत कुछ सैन्य ठिकानों पर बम विस्फोट किया जाएगा।" पुलिस अधिकारी इस लेटर की जांच में जुटे हैं। recent visitors 68

ईरानी हमले के बाद बंकर में छिपे नेतन्याहू, बाइडेन और कमला हैरिस का मंथन

तेल अवीव लेबनान में इजरायली फौज की चढ़ाई के बीच ईरान ने इजरायल पर बड़ा हवाई हमला किया है। ईरान ने इजरायली धरती पर कम से कम 150 मिसाइलें दागी। हमला बेहद भयावह था और हर ओर इजरायलियों में चीख-पुकार मच गई। आईडीएफ ने भी लोगों को सुरक्षित स्थान चले जाने का आदेश दिया। लोगों को शेल्टर होम की शरण लेनी पड़ी। हमले के बाद ईरान ने इसे हिजबुल्लाह प्रमुख सैयद हसन नसरल्लाह और हमास चीफ इस्माइल हानियेह के कत्ल का इंतकाम बताया है। यह भी कहा कि आगे और भी हमले होंगे। इस बीच इजरायल ने भी ईरान को इन हमलों का अंजाम भुगतने की चेतावनी दी है। इजरायली सूत्रों का यह भी कहना है कि ईरानी हमलों के बाद पीएम बेंजामिन नेतन्याहू और उनकी कैबिनेट के मंत्री बंकर में छिप गए हैं। उधर, अमेरिका में राष्ट्रपति जो बाइडेन और उपराष्ट्रपति कमला हैरिस ने वाइट हाउस में ईरानी हमले को लेकर मीटिंग की है। ईरान का कहना है कि उसने गाजा और लेबनान के लोगों के साथ-साथ हमास, हिजबुल्लाह और आईआरजीसी नेताओं और कमांडरों की सामूहिक हत्या के जवाब में इजरायल में महत्वपूर्ण सैन्य और सुरक्षा ठिकानों पर दर्जनों बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर का कहना है कि अगर इजरायल ने इन हमलों का जवाब दिया तो उसे “कुचलने” के लिए उचित जवाब दिया जाएगा। ईरान ने मंगलवार रात इजरायल के विभिन्न शहरों पर कम से कम 150 बैलिस्टिक मिसाइलें दागी। ईरान ने इजराइल पर कई मिसाइलें दागी, जिसके कारण इजराइली नागरिकों को सुरक्षित स्थानों का आश्रय लेने के मजबूर होना पड़ा, वहीं ईरान में इस हमले के बाद जश्न मनाया जाने लगा। मंगलवार देर रात तक इस हमले के कारण जान माल की क्षति के बारे में फौरन कोई जानकारी नहीं मिली है। इजराइल ने कहा कहा कि उसने कई मिसाइलों को नष्ट कर दिया है वहीं अमेरिकी अधिकारियों ने कहा है कि उसका प्रहार करने वाला तंत्र इजराइली रक्षा प्रणाली की सहायता करेगा। ईरान को नतीजे भोगने होंगे; हमले से तिलमिलाए इजरायल ने दी धमकी  ईरानी हमले पर प्रतिक्रिया देते हुए इजरायल ने कहा है कि वह ईरान के मिसाइल हमले का अपने हिसाब से जवाब देगा और ईरान को हमले के नतीजे भोगने होंगे। इजरायल रक्षा विभाग के प्रवक्ता प्रवक्ता डेनियल हागारी ने ईरान के बड़े पैमाने पर हमले के संबंध में सोशल मीडिया पर एक वक्तव्य में कहा,"ईरान के आक्रमण ने संघर्ष को एक गंभीर और खतरनाक स्तर पर पहुंचा दिया है। उसको इसके परिणाम भुगतने होंगे। इजरायल सरकार के निर्देश के अनुसार, हम अपने हिसाब से जहां भी, जब भी और जैसे भी हो, इसका इसका, जवाब देंगे।'' लेबनान में इजरायली हमले में 55 लोगों की मौत लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि पिछले 24 घंटों में लेबनान में हुए इजरायली हवाई हमलों में 55 लोग मारे गए हैं और 156 अन्य घायल हुए हैं। मंत्रालय के अनुसार, बालबेक-हर्मेल जिले में 11 मौतें, नबातीह गवर्नरेट में 22, बेरूत और माउंट लेबनान में तीन-तीन और दक्षिण गवर्नरेट में 16 लोगों की मौतें हुई हैं। ईरान-इजरायल तनाव पर UNSC ने बुलाई आपात बैठक संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) ने फ्रांस और इजरायल के अनुरोध पर बुधवार को एक आपातकालीन बैठक बुलाई है। इजरायल के संयुक्त राष्ट्र राजदूत डैनी डैनन ने परिषद को लिखे एक पत्र लिखकर ईरानी हमले की निंदा की है। उन्होंने ईरान पर इजरायल को नष्ट करने की कोशिश करने का आरोप लगाया और सुरक्षा परिषद से देश की निंदा करने और उसके इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स को आतंकवादी संगठन के रूप में नामित करने का आग्रह किया। हिजबुल्ला और इजरायल के बीच जारी है जंग हिजबुल्ला और इजरायल के बीच पिछले कुछ समय से लेबनानी सीमा पर लगभग रोज ही गोलाबारी चल रही है। पिछले वर्ष आठ अक्तूबर को हमास ने इजरायल में अपने लड़ाकों को भेजा था और उसके बाद गाजा में भीषण संघर्ष शुरू हो गया। उस दौरान करीब 250 इजरायलियों को बंधक बनाया गया थ। किंतु बाद में इस संघर्ष का केंद्र बिंदु उत्तरी लेबनान बन गया जब हिजबुल्ला का प्रमुख हसन नसरल्ला इजरायली हमले में मारा गया। बंकर में छिपे नेतन्याहू और मंत्री ईरानी हमलों के तुरंत बाद इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू कथित तौर पर एक सुरक्षित सुरक्षा बंकर में चले गए हैं। रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि उनके साथ कई मंत्री भी मौजूद हैं। इजरायली सूत्रों का कहना है कि यह कदम नेतन्याहू और शीर्ष नेताओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है। ईरान द्वारा इजरायल पर मिसाइलों से हमला किए जाने से मध्य पूर्व में तनाव में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। इजरायल में कई उड़ानें निलंबित ईरानी हमलों के बाद सुरक्षा के मद्देनजर बेन गुरियन हवाई अड्डे से आने और जाने वाली सभी उड़ानें निलंबित कर दिया गया है। इजरायल के विमानन प्राधिकरण ने कहा है कि इजरायल का हवाई क्षेत्र बंद कर दिया गया है। उड़ानों को इजरायल के बाहर वैकल्पिक गंतव्यों की ओर भेजा जा रहा है जॉर्डन और इराक ने भी घोषणा की है कि उनके हवाई क्षेत्र अस्थायी रूप से बंद कर दिए गए हैं। बाइडेन और कमला हैरिस में मंथन उधर, अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन और उप राष्ट्रपति कमला हैरिस ने ईरान मिसाइल हमले से इजरायल की रक्षा के संबंध में अमेरिकी तैयारी की समीक्षा की है। इजरायल पर ईरान के मिसाइल हमले के शुरू होने से कुछ पहले बाइडेन ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा, ''आज सुबह उपराष्ट्रपति और मैंने इज़रायल के खिलाफ आसन्न मिसाइल हमला शुरू करने की ईरानी योजनाओं पर चर्चा करने के लिए हमारी राष्ट्रीय सुरक्षा टीम बुलाई।'' हमने चर्चा की कि इन हमलों से बचाव में इज़रायल की मदद करने और क्षेत्र में अमेरिकी कर्मियों की सुरक्षा के लिए अमेरिका की तैयारी कैसी है। ईरान को देंगे मुंहतोड़ जवाब इजराइल रक्षा बलों के प्रवक्ता ने कहा कि इजरायल ने ईरान के मिसाइल हमले के जवाब में जवाबी कार्रवाई की योजना बनाई है। रियर एडमिरल डैनियल हैगरी ने एक बयान में कहा, "इस हमले के लिए ईरान को विनाशकारी परिणाम भुगतने होंगे। हमारे पास योजनाएँ हैं और हम उस स्थान पर समय से कार्रवाई करेंगे।" इजरायली सैन्य प्रवक्ता ने कहा कि मंगलवार रात को … Read more

आज सर्वपितृ अमावस्या पर सूर्य ग्रहण, जानें अगले साल 2025 में कब-कब लगेगा सूर्य ग्रहण

नई दिल्ली आज सर्वपितृ अमावस्या पर साल का आखिरी सूर्य ग्रहण है। साल का अंतिम सूर्यग्रहण कन्या राशि के हस्त नक्षत्र में लगने जा रहा है। सूर्य ग्रहण को लेकर अक्सर लोगों के मन में डर की स्थिति देखने को मिलती है। आज सर्वपितृ अमावस्या पर एक तरफ जब लोग पितरों की आत्मा की शांति के लिए श्राद्ध कर रहे हैं। वहीं, दूसरी तरफ उनके मन में सवाल है कि क्या सूर्य ग्रहण के दौरान श्राद्ध करना सही रहेगा या फिर क्या भारत में सूतक काल मान्य होगा? आपके मन में भी अगर यही सवाल है तो आपको बता दें कि आज लगने वाला सूर्य ग्रहण कंकण सूर्य ग्रहण है, जो भारत में दिखाई नहीं देगा इसलिए यहां कोई सूतककाल या ग्रहण का असर नहीं दिखाई देगा। आइए, जानते हैं आज लगने वाले सूर्य ग्रहण का समय और अगले साल कब-कब लगेगा सूर्य ग्रहण। आज लगने वाले सूर्य ग्रहण का समय इस साल का आखिरी सूर्य ग्रहण की शुरुआत भारतीय समय के अनुसार 2 अक्टूबर की रात 9 बजकर 13 मिनट पर होगा। वहीं, सूर्य ग्रहण का समापन 2 अक्टूबर की मध्य रात्रि 3 बजकर 17 मिनट पर होगा। सूर्यग्रहण की अवधि 6 बजकर 4 मिनट तक रहेगी। ऐसे में जाहिर-सी बात है कि सूर्य ग्रहण के समय के अनुसार भारत में रात हो रही होगी इसलिए यहां सूर्य नजर नहीं आएगा, जिससे सूर्य ग्रहण भारत में मान्य नहीं है। साल 2025 में कब-कब लगेगा सूर्य ग्रहण और चंद्र ग्रहण बात करें, अगले साल 2025 में लगने वाले सूर्य ग्रहण की तो जनवरी 2025 से लेकर दिसम्बर 2025 तक 2 सूर्य ग्रहण और 2 चंद्र ग्रहण होंगे यानि कुल 4 ग्रहण होंगे। 14 मार्च 2025 को लगेगा चंद्र ग्रहण यह एक उपछाया चंद्र ग्रहण होगा। जो भारतीय समय के अनुसार 9 बजकर 27 मिनट से शुरू होकर 3 बजकर 30 मिनट तक रहेगा। यह ग्रहण भारत में नजर नहीं आएगा। यूरोप, आस्ट्रेलिया, आंशिक अफ्रीका, उत्तरी अमेरिका, दक्षिण अमेरिका में यह चंद्र ग्रहण नजर आएगा। 29 मार्च 2025 को लगेगा सूर्य ग्रहण यह सूर्य ग्रहण भी आंशिक सूर्य ग्रहण होगा। जो 2 बजकर 21 मिनट से शुरू होकर 6 बजकर 14 मिनट तक रहेगा। यह सूर्य ग्रहण पूर्ण रूप से यूरोप, उत्तरी एशिया उत्तर/पश्चिम अफ्रीका आंशिक उत्तरी अमेरिका, आदि देशों में देखा जा सकेगा। 7 सितम्बर 2025 को लगेगा पूर्ण चंद्र ग्रहण यह चंद्र ग्रहण भी उपछाया चंद्र ग्रहण होगा। जो रात 8 बजकर 58 मिनट से शुरू होकर रात 2 बजकर 25 मिनट तक रहेगा। भारत में यह चंद्र ग्रहण भी देखा नहीं जा सकेगा। यूरोप, एशिया, आस्ट्रेलिया, अफ्रीका, पश्चिमी उत्तर अमेरिका, पूर्वी दक्षिण अमेरिका आदि देशों में चंद्र ग्रहण को पूरी तरह देखा जा सकेगा। 21 सितम्बर 2025 को लगेगा आंशिक सूर्य ग्रहण यह सूर्य ग्रहण भी आंशिक सूर्य ग्रहण होगा। जो भारत में पूरी तरह नजर नहीं आएगा। भारतीय समय के अनुसार ग्रहण रात 11 बज शुरू होगा और सुबह 4 बजे तक चलेगा। अमेरिका समोआ, आस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, फिजी, अटलांटिक महासागर आदि देशों में नजर आएगा। साल का दूसरा व अंतिम सूर्य ग्रहण बुधवार, 2 अक्टूबर को लगने वाला है. यह सूर्य ग्रहण कन्या राशि और हस्त नक्षत्र में लगने जा रहा है. यह वलयाकार सूर्य ग्रहण है, जो भारत में दर्शनीय नहीं होगा. यह सूर्य ग्रहण इसलिए भी खास माना जा रहा है, क्योंकि इस दिन सर्वपितृ अमावस्या भी पड़ रही है. ऐसे में लोगों को चिंता है कि कहीं सूर्य ग्रहण के चलते पितरों के श्राद्धकर्म में कोई बाधा न आ जाए. आइए जानते हैं कि यह सूर्य ग्रहण कब, कहां और कितने बजे दिखेगा. साथ ही यह भी जानेंगे कि भारत में इसका सूतक काल मान्य होगा या नहीं. कितने बजे लगेगा सूर्य ग्रहण? साल का आखिरी सूर्य ग्रहण 2 अक्टूबर को लग रहा है. भारतीय समय के अनुसार, इसका आरंभ 2 अक्टूबर की रात को 09.12 बजे होगा. मध्य रात्रि तकरीबन 12.15 बजे सूर्य ग्रहण का प्रभाव सबसे अधिक रहेगा. ग्रहण का समापन 3 अक्टूबर की रात 03.17 बजे होगा. सूर्य ग्रहण की अवधि करीब 6 घंटे 5 मिनट की होगी. कहां-कहां दिखेगा सूर्य ग्रहण? खगोलविदों का कहना है कि यह सूर्य ग्रहण भारत में दृश्यमान नहीं होगा. यह ग्रहण दक्षिणी अमेरिका के उत्तरी भागों, प्रशांत महासागर, अटलांटिक, आर्कटिक, अंटार्कटिका, अर्जेंटीना, उरुग्वे, ब्यूनस आयर्स, बेका आइलैंड, फ्रेंच पॉलिनेशिया महासागर, उत्तरी अमेरिका के दक्षिण भाग फिजी, न्यू चिली, ब्राजील, मेक्सिको और पेरू में कुछ जगहों पर दिखाई देगा. क्या भारत में लगेगा सूतक काल? शास्त्रों के अनुसार, सूर्य ग्रहण से करीब 12 घंटे पहले सूतक काल लग जाता है. चूंकि यह सूर्य ग्रहण भारत में नहीं दिखाई देगा. इसलिए इसका सूतक काल भी मान्य नहीं होगा. अन्यथा सूतक काल में शुभ व मांगलिक कार्य नहीं किए जाते हैं. इस दौरान देवी-देवताओं की पूजा पाठ व उनका स्पर्श भी वर्जित है. इसलिए इस अवधि में मंदिरों के कपाट भी बंद कर दिए जाते हैं. कैसे देख सकते हैं सूर्य ग्रहण? सूर्य ग्रहण को देखने के लिए कुछ सावधानियों और सही तरीकों का पालन करना जरूरी है ताकि आपकी आंखों को नुकसान न पहुंचे. नग्न आखों से सूर्य ग्रहण कभी नहीं देखना चाहिए. सूर्य ग्रहण देखने के लिए खास बनाए गए चश्मे का इस्तेमाल करें. आप दूरबीन या टेलीस्कोप का उपयोग करके सूर्य की छवि को किसी सफेद स्क्रीन या दीवार पर प्रोजेक्ट कर सकते हैं. इस विधि से आप सीधे सूर्य को नहीं देखेंगे, बल्कि उसकी छवि देखेंगे. किन सावधानियों का पालन करें? आमतौर पर जब सूर्य ग्रहण भारत में दिखता है तो 12 घंटे पहले इसका सूतक काल भी लग जाता है. इस काल में बहुत सारी सावधानियों का पालन भी करना पड़ता है. लेकिन यह ग्रहण भारत में नहीं दिखेगा. इसलिए किसी तरह के नियमों के पालन की आवश्यकता नहीं होगी. गर्भवती महिलाओं को भी किसी तरह के चिंता की कोई आवश्यकता नहीं है. क्यों खास है यह सूर्य ग्रहण? इस सूर्य ग्रहण में सूर्य, चन्द्रमा, बुध और केतु का संयोग बनेगा. राहु और केतु का अक्ष मीन और कन्या राशि में प्रभावशाली हो जाएगा. इसमें सूर्य, मंगल और केतु का प्रभाव बना रहेगा. यह स्थिति दुनियाभर में राजनैतिक रूप से उथल-पुथल मचा सकती है. आर्थिक मोर्चे पर नई चुनौतियों का सामना होगा. … Read more

मुख्यमंत्री साय ने सूरजपुर जिले में 187 करोड़ रुपए के विकास कार्यों का किया लोकार्पण-भूमिपूजन

सियानजनों की सेवा से मिलता है पुण्य और आशीर्वाद: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बुजुर्गों के दुख-दर्द को समझें और उन्हें उनकी सेवा का भरोसा दिलाए: मुख्यमंत्री वृद्धजनों की भावनाओं को समझते हुए उनकी सेवा में तत्पर है छत्तीसगढ़ सरकार मुख्यमंत्री साय ने सूरजपुर जिले में 187 करोड़ रुपए के विकास कार्यों का किया लोकार्पण-भूमिपूजन अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर सियानों का सम्मान     रायपुर  अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर आज सूरजपुर जिला मुख्यालय में सियान सम्मान समारोह का भव्य आयोजन किया गया। समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जिले के वृद्धजनों का शॉल, श्रीफ़ल से अभिनंदन कर शासन की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने उपस्थित जनसमूह को सम्बोधित करते हुए कहा कि आज वृद्धजनों के सम्मान का दिन है। उन्होंने कहा कि मैं सभी वृद्धजनों को प्रणाम करता हूँ और आप सभी से आग्रह करता हूँ कि आप वृद्धजनों की सेवा और सम्मान करें,उनके दुःख दर्द को समझे और उन्हें अपने सेवाभाव से भरोसा दिलाए कि आप उनके साथ हैं। माता-पिता और वृद्धजनों की सेवा से आपको पुण्य और आशीर्वाद मिलेगा, खुशी मिलेगी और उनके आशीर्वाद से आप अपने मुकाम तक पहुँच पाएंगे।      मुख्यमंत्री साय ने आगे कहा कि छत्तीसगढ़ की सरकार सभी वर्ग के लिए योजनाएं संचालित कर रही है और योजनाओं का लाभ गरीब, मजदूरों, किसानों को मिल रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के 14 लाख से अधिक सियानो को छोटी-छोटी जरूरतों को पूरा करने के लिए उनके खाते में पेंशन की राशि दी जा रही है। वृद्धजनों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के साथ ही उनके उपचार के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बजट में 70 वर्ष से अधिक उम्र के वृद्धजनों के लिए आयुष्मान कार्ड के माध्यम से निःशुल्क उपचार की सुविधा प्रदान की है। इसी कड़ी में हमने स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया है कि सभी वृद्धजनों का आयुष्मान कार्ड बनाकर उन्हें निःशुल्क उपचार की सुविधा प्रदान की जाए।     मुख्यमंत्री साय ने कहा कि हर बुजुर्गों की इच्छा होती है कि वह अपने जीवनकाल में एक बार तीर्थ यात्रा जाएं, उनकी भावनाओं और आस्था को ध्यान रखकर हमारी सरकार ने अयोध्या में रामलला के दर्शन की व्यवस्था की है। रेल, बस के माध्यम से अयोध्या जाने और आने के अलावा भोजन, ठहरने की सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही है। इस योजना से माता कौशल्या की धरती छत्तीसगढ़ के लोग अपने भाँचा राम का दर्शन करने जा पा रहे हैं। मुख्यमंत्री साय ने आगे कहा कि हमारी सरकार ने मोदी की गारंटी के तहत किसानों का भरपूर ख्याल रखा है। उनसे 3100 रुपए में 21 क्विंटल प्रति एकड़ धान खरीदी और दो साल का बकाया बोनस की राशि भी प्रदान की है। हमारी सरकार द्वारा सरगुजा से लेकर बस्तर तक के तेंदूपत्ता श्रमिकों को लाभान्वित करने के लिए तेंदूपत्ता के प्रति मानक बोरा दर में वृद्धि कर 4000 से 5500 रुपए किया गया और 70 लाख से अधिक महिलाओं को आर्थिक लाभ पहुँचाने महतारी वंदन योजना लागू कर महीने में एक हजार की राशि महिलाओं के खाते भेजी जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा अभी हमारी सरकार को महज नौ माह ही हुए हैं और प्रदेश के सभी वर्ग के लिए योजना बनाकर राज्य के विकास की दिशा में कार्य करते हुए हम आगे बढ़ रहे हैं, आने वाले समय में यहां विकास की गति और बढ़ेगी।     समारोह को सम्बोधित करते हुए जिले के प्रभारी एवं खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने कहा कि हमारे घर में माता-पिता और वृद्धजनों का सदैव सम्मान करना चाहिए। उनके सम्मान और आशीर्वाद से ही हम विकास की राह में आगे बढ़ रहे हैं। छतीसगढ़ सरकार वृद्धजनों के कल्याण के लिए योजनाएं संचालित कर रही है। उनके लिए पेंशन, आश्रम, उपचार, पीएम आवास, निशुल्क अनाज, तीर्थ यात्रा की व्यवस्था की गई है।     आदिम जाति कल्याण एवं कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने अपने उद्बोधन में कहा कि मुख्यमंत्री साय के नेतृत्व में छतीसगढ़ में गरीब, मजदूर, किसानों सहित अन्य सभी के लिए अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही है। राज्य के किसानों को धान का सर्वाधिक मूल्य दिया जा रहा है। महिलाओं को हर महीने एक हजार रुपए की आर्थिक मद्द दी जा रही है।     समारोह में महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि वृद्धजन घर परिवार में बरगद की सुकूनदायक छांव की तरह होते हैं, जो दुख-दर्द में हमारी कठिनाईयों को दूर करते हैं। हमें वृद्धजनों की सेवा करनी चाहिए। उन्होंने जिले में इस तरह के भव्य आयोजन के लिए जिला प्रशासन की प्रशंसा की। कार्यक्रम को विधायक भुलन सिंह मरावी ने भी सम्बोधित किया। कलेक्टर रोहित व्यास ने स्वागत भाषण दिया। सूरजपुर जिले के विकास की कई घोषणाएं     मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने समारोह में ग्राम बिहारपुर में सहकारी बैंक खोलने, पिलखा पहाड़ को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने, गोपालपुर में नवीन प्राथमिक शाला भवन का निर्माण कराये जाने के साथ ही भटगांव विधानसभा क्षेत्र के 103 एकल शिक्षकीय विद्यालयों में शिक्षकों की व्यवस्था किए जाने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने सूरजपुर के जिला अस्पताल में सीटी स्कैन की सुविधा, सूरजपुर महाविद्यालय के स्टेडियम ग्राउंड में सिंथेटिक रनिंग ट्रैक का निर्माण, भैयाथान-सूरजपुर मार्ग में ऊंचडीह, नेवरा  राष्ट्रीय राजमार्ग तक 09 किलोमीटर तक सड़क मरम्मत की घोषणा के साथ ही ग्राम पंचायत शिवनंदनपुर को नगर पंचायत का दर्जा दिए जाने की स्वीकृति दी। उन्होंने सूरजपुर ऑडिटोरियम का नाम डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी के नाम पर करने की घोषणा की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने जिलेवासियों को विकास कार्यों की सौगात के लिए शुभकामनाएं दीं। 187 करोड़ के कार्यों का शिलान्यास और लोकार्पण     मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सूरजपुर जिले के दौरे के दौरान जिले में करोड़ों के विकास कार्यों का भूमिपूजन शिलान्यास एवं लोकार्पण किया गया। मुख्यमंत्री साय द्वारा लोक निर्माण, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा, हाउसिंग बोर्ड, आदिम जाति कल्याण, ग्रामीण विकास, जल संसाधन, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, स्वास्थ्य, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना एवं नगरपालिका सूरजपुर के अंतर्गत 187 करोड़ 51 लाख की लागत वाले 159 कार्यों का शिलान्यास और लोकार्पण किया गया। पीएम आवास के हितग्राहियों को बांटी खुशियों की चाबी     सूरजपुर में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर आयोजित कार्यक्रम … Read more

आयुष्मान भारत योजना में 70 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों का प्रदेश में पंजीयन प्रारंभ, मिलेगा विशेष लाभ

भोपाल आयुष्मान भारत योजना में 70 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों को विशेष लाभ देने की घोषणा के बाद प्रदेश में उनका पंजीयन प्रारंभ कर दिया गया है। आयुष्मान भारत मध्य प्रदेश के पोर्टल के अतिरिक्त अस्पतालों के आयुष्मान केंद्रो में अपना पंजीयन करा सकते हैं। जो बुजुर्ग पहले से योजना में शामिल हैं, उनका भी अलग से पंजीयन कराया जाएगा, ताकि वर्ष में अतिरिक्त पांच लाख रुपये के उपचार की सुविधा का उन्हें लाभ मिल सके। निर्धारित शर्तों के अनुसार मिलेगा लाभ आयुष्मान भारत योजना मध्य प्रदेश के सीईओ डा. योगेश भास्कट ने बताया कि कितने हितग्राहियों ने पंजीयन कराया है इसकी जानकारी अभी एकत्र नहीं की गई है। केंद्र सरकार से योजना के अंतर्गत लाभ देने की तारीख निर्धारित होने के बाद संख्या सामने आएगी। इसके साथ ही प्रदेश के लोगों को भी केंद्र द्वारा निर्धारित शर्तों के अनुसार लाभ मिलने लगेगा। अब इसमें आयकर की परिधि में आने वाले 70 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्ग भी शामिल हो सकेंगे। साथ ही पहले से सम्मिलित इस उम्र के बुजुर्गों को वर्ष में पांच लाख रुपये तक के अतिरिक्त उपचार की सुविधा रहेगी। वृद्धावस्था के हिसाब से बीमारियों के नए पैकेज भी जोड़े जाएंगे। recent visitors 92