शूटिंग क्वालिफिकेशन में ईशा का कमाल… अब मनु की बारी, तीरंदाजी में खुला दरवाजा

पेरिस पेरिस ओलंपिक के 7वें दिन अंकिता और धीरज की जोड़ी ने तीरंदाजी के मिक्स डबल्स इवेंट में इंडोनेशिया की जोड़ी को हराते हुए क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई है। शाम को उनका मैच चीन या स्पेन से होगा। पेरिस ओलंपिक में दो पदक जीत चुकीं मनु भाकर भी ऐक्शन में हैं। इसके अलावा बैडमिंटन में लक्ष्य सेन से उम्मीद होगी कि वे क्वॉर्टर फाइनल जीतकर सेमीफाइनल में प्रवेश करें। बैडमिंटन में कई झटके गुरुवार 1 अगस्त को लगे थे। इसके अलावा भी कई और खिलाड़ी आज प्रतिस्पर्धा करते नजर आएंगे। भारतीय खिलाड़ी और टीमें कब किससे भिड़ेंगी, ये जान लीजिए और साथ में यहां आपको आज के दिन के लाइव अपडेट्स मिलते रहेंगे। जूडो में अच्छी खबर नहीं जूडो में भारत के लिए अच्छी खबर नहीं है. तूलिका मान 78 किलो भारवर्ग के पहले दौर में क्यूबा की पूर्व ओलंपिक और वर्ल्ड चैम्पियन इडालिस ऑर्टिज से हार गईं.   मनु भाकर ने पहली प्रिसिजन सीरीज में 97 का स्कोर बनाया. मनु फिलहाल12वें स्थान पर हैं.   तीरंदाजी में अच्छी खबर अंकिता भकत और धीरज बोम्मादेवरा तीरंदाजी की मिक्स्ड टीम इवेंट के क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए हैं. अंकिता-धीरज ने इंडोनेशियाई जोड़ी को 5-1 से हराया. भारतीय जोड़ी मेडल जीतने से दो जीत दूर हैं. इस इवेंट के क्वार्टर फाइनल मुकाबले शाम 5 बजकर 45 मिनट से खेले जाने हैं. गोल्फ पुरुषों का व्यक्तिगत फ़ाइनल (राउंड 2): शुभंकर शर्मा और गगनजीत भुल्लर – दोपहर 12.30 बजे शूटिंग महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल क्वॉलिफिकेशन प्रिसिजन: ईशा सिंह और मनु भाकर – दोपहर 12.30 बजे पुरुषों की स्कीट क्वॉलिफिकेशन दिन 1: अनंतजीत सिंह नरुका – दोपहर 1.00 बजे तीरंदाजी मिश्रित टीम (1/8 एलिमिनेशन): भारत (धीरज बोम्मादेवरा और अंकिता भक्त) बनाम इंडोनेशिया – दोपहर 1.19 बजे रोइंग पुरुषों का सिंगल स्कल्स फाइनल (फ़ाइनल डी): बलराज पंवार – दोपहर 1.48 बजे जूडो महिलाओं का 78 किग्रा (एलिमिनेशन राउंड ऑफ़ 32): तूलिका मान बनाम इडालिस ऑर्टिज़ (क्यूबा) – दोपहर 2.12 बजे सेलिंग महिलाओं की डिंगी (रेस 3): नेथरा कुमानन – 3.45 बजे महिला डिंगी (रेस 4): नेत्रा कुमानन – 4.53 बजे पुरुष डिंगी (रेस 3): विष्णु सरवनन – 7.05 बजे पुरुष डिंगी (रेस 4): विष्णु सरवनन – 8.15 बजे हॉकी पुरुष टूर्नामेंट (ग्रुप स्टेज): भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया – 4.45 बजे बैडमिंटन पुरुष एकल क्वार्टर फाइनल: लक्ष्य सेन बनाम चोउ टिएन चेन (चीनी ताइपे)– 6:30 बजे एथलेटिक्स महिला 5,000 मीटर (हीट 1): अंकिता ध्यानी – 9.40 बजे महिला 5,000 मीटर (हीट 2): पारुल चौधरी – 10.06 बजे पुरुष शॉट पुट (क्वॉलिफिकेशन): तजिंदरपाल सिंह तूर – 11.40 बजे  मनु टॉप 12 में मनु भाकर ने अपने अंतिम पांच शॉट में 10 के साथ प्रिसिशन की पहली सीरीज समाप्त की और 97 अंक प्राप्त कर समग्र स्टैंडिंग में 12वें स्थान पर पहुंच गईं! पुरुष एकल स्कल्स फाइनल बलराज पांचवें स्थान पर रहे! एक समय वे तीसरे स्थान पर थे, लेकिन उनका प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा और वे पांचवें स्थान पर खिसक गए। recent visitors 184

केदारनाथ में फंसे MP के 51 लोगों को एयरलिफ्ट कर सुरक्षित निकला, सभी यात्री सुरक्षित

भोपाल उत्तराखंड में मौसम खराब होने की वजह से चारधाम यात्रा पर गए एमपी के लोग फंस गए थे. इस मामले की जानकारी मिलने के बाद मध्य प्रदेश के सीएम मोहन यादव ने उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी से बात की, जिसके बाद उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है.   मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि चारधाम की यात्रा के दौरान केदारनाथ में फंसे मध्य प्रदेश के 61 यात्रियों में से 51 यात्रियों को आज एयरलिफ्ट कर सुरक्षित रुद्रप्रयाग पहुंचाया गया है. शेष 10 यात्री केदारनाथ में ही सुरक्षित स्थान पर हैं. CM यादव ने बताया कि शिवपुरी के बदरवास क्षेत्र के कुल 61 लोग एक बस और अन्य चार पहिया वाहन लेकर केदारनाथ दर्शन के लिए गए थे, जो भूस्खलन के कारण वहां फंस गए. राज्य सरकार ने उत्तराखंड सरकार से संपर्क कर उन्हें एयरलिफ्ट कराया और 51 यात्रियों को हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू कर रुद्रप्रयाग पहुंचाया गया है. शेष यात्री केदारनाथ क्षेत्र में ही हैं और सुरक्षित हैं. राज्य सरकार उत्तराखंड सरकार के सतत संपर्क में है. राज्य सरकार का प्रयास है कि किसी यात्री को कोई कष्ट न हो. हमारी धार्मिक यात्रा के दौरान वर्षाजनित कठिनाइयों के कारण यह घटना हुई है. सभी यात्री कुशलक्षेम हैं. राज्य सरकार ने उत्तराखंड सरकार से संपर्क कर उन्हें एयरलिफ्ट कराया और 51 यात्रियों को हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू कर रुद्रप्रयाग पहुंचाया गया हैं। शेष यात्री केदारनाथ क्षेत्र में ही  हैं और सुरक्षित है। राज्य सरकार उत्तराखंड सरकार के सतत संपर्क में है। मुख्यमंत्री  ने कहा कि राज्य सरकार का प्रयास है कि किसी यात्री को कोई कष्ट न हो। हमारी धार्मिक यात्रा के दौरान वर्षाजनित कठिनाइयों के कारण यह घटना हुई है। सभी यात्री कुशलक्षेम है। हेलीकॉप्टर के जरिए रूद्रप्रयाग पहुंचे 51 लोग मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार का प्रयास है कि किसी यात्री को कोई कष्ट न हो। हमारी धार्मिक यात्रा के दौरान वर्षा जनित कठिनाइयों के कारण यह घटना हुई है। सभी यात्री कुशल क्षेम हैं। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने गुरुवार को उत्तराखंड के अधिकारियों की मदद से राज्य के 51 लोगों को केदारनाथ मंदिर से हवाई मार्ग से निकालकर रुद्रप्रयाग पहुंचाया। यादव ने बताया कि केदारनाथ में दस और लोग फंसे हुए हैं, लेकिन उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया है। यादव ने कहा, “जैसे ही हमें उनके बारे में जानकारी मिली, हमने तुरंत उत्तराखंड सरकार से संपर्क किया और फंसे हुए कुल 61 लोगों में से 51 को हेलीकॉप्टर के जरिए रुद्रप्रयाग पहुंचाया।” recent visitors 121

प्रदेश में आज 11 जिलों में बारिश का रेड अलर्, भोपाल में तेज बारिश, कलियासोत डैम के खुले 3 गेट

भोपाल मध्यप्रदेश में लगातार बारिश होने से शुक्रवार सुबह 7 डैम के गेट खोल दिए गए हैं। भोपाल में कोलार डैम के 4, कलियासोत के 3, भदभदा के 5, नर्मदापुरम में तवा डैम के 5, अशोकनगर में राजघाट के 8, जबलपुर में बरगी के 7 और छिंदवाड़ा में माचागोरा डैम के 4 गेट खोले। प्रदेश के 6 जिलों भारी से भारी बारिश का रेड अलर्ट है। मौसम विभाग ने 30 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट भी जारी किया है। भोपाल और रायसेन के कुछ इलाकों में जलभराव की स्थिति भी बन गई है। तेज बारिश के चलते सीहोर कलेक्टर ने सभी स्कूल और आंगनवाड़ियों की छुट्टी घोषित कर दी है। मध्यप्रदेश में सीजन की 55% यानी एवरेज 19.7 इंच बारिश हो चुकी है। जून और जुलाई में कोटे से ज्यादा पानी गिरा। अगस्त के पहले ही दिन प्रदेश के 23 जिलों में बारिश हुई। मानसून ट्रफ और साइक्लोनिक सर्कुलेशन की वजह से सिस्टम स्ट्रॉन्ग है। यह सिस्टम 5 अगस्त तक पूरे प्रदेश को तरबतर करेगा। इसलिए ऐसा मौसम आईएमडी, भोपाल की सीनियर वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि गुरुवार को मानसून ट्रफ एमपी के ऊपर रही। वेस्ट बंगाल में एक्टिव साइक्लोनिक सर्कुलेशन सिस्टम एमपी की ओर आने लगा। एक और साइक्लोनिक सर्कुलेशन नॉर्थ-ईस्ट राजस्थान के ऊपर है। दो अन्य सिस्टम भी एक्टिव हैं। इस वजह से प्रदेश में बारिश का दौर जारी रहा। 2 अगस्त से सिस्टम की स्ट्रॉन्ग एक्टिविटी देखने को मिलेगी। इसलिए बारिश का दौर चलेगा। कहीं भारी से भारी और कहीं भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। जून-जुलाई में कोटे से ज्यादा पानी गिरा इस बार प्रदेश में मानसून 21 जून को एक्टिव हुआ। इसे 40 दिन से ज्यादा हो गए। जून – जुलाई में मानसून की आधी से ज्यादा बारिश हो चुकी है। अब तक की बारिश का कोटा भी पूरा हो गया। मौसम विभाग के अनुसार, अब तक औसत 18.1 इंच बारिश होनी चाहिए थी, लेकिन 19.7 इंच पानी गिर गया। इस तरह 1.6 इंच बारिश ज्यादा हुई है। यह 9% अधिक है। बारिश में सिवनी अव्वल, 10.80 इंच पानी ज्यादा गिरा प्रदेश में सबसे ज्यादा बारिश सिवनी जिले में 32 इंच हो गई। यह कोटे की बारिश की 10.80 इंच ज्यादा है। मंडला, नर्मदापुरम, भोपाल, रायसेन और छिंदवाड़ा ऐसे जिले हैं, जहां बारिश का आंकड़ा 25 इंच या इससे ज्यादा है। रीवा सबसे पिछड़ा जिला है। यहां 8 इंच बारिश ही हुई है। अब तक प्रदेश में ओवरऑल 9% बारिश ज्यादा हो चुकी है। इसमें पूर्वी हिस्से में 2% और पश्चिमी हिस्से में 15% ज्यादा पानी गिरा है। मंडला में नर्मदा खतरे के निशान के करीब उधर, मंडला में नर्मदा नदी खतरे के निशान के करीब बह रही है। रामनगर और छोटा पुल डूब गया है। नदी का जलस्तर 437.30 मीटर पर पहुंच गया, जबकि खतरे का निशान 437.80 मीटर है। वहीं जिले की बुढ़नेर नदी में आई बाढ़ में एक महिला फंस गई थी। एसडीईआरएफ ने उसका रेस्क्यू किया। एमपी में स्ट्रॉन्ग सिस्टम, अगले 4 दिन चलेगा बारिश दौर अगस्त के पहले ही दिन से मध्य प्रदेश में स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव हो गया है, जो अगले 4 दिन तक बना रहेगा। मध्यप्रदेश में सीजन की 51% यानी 18.9 इंच बारिश हो चुकी  है। जुलाई में कोटे से ज्यादा पानी पड़ चुका है। अगस्त में भी ऐसे ही आसार बन रहे हैं। केदारनाथ में फंसे एमपी के 51 लोग एयरलिफ्ट मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि चारधाम की यात्रा के दौरान केदारनाथ में फंसे मध्यप्रदेश के 61 यात्रियों में से 51 को गुरुवार को एयरलिफ्ट कर सुरक्षित रुद्रप्रयाग पहुंचाया गया  है। शेष 10 यात्री केदारनाथ में ही सुरक्षित स्थान पर हैं। मुख्यमंत्री ने कहा, शिवपुरी के बदरवास क्षेत्र के कुल 61 लोग एक बस और चार पहिया वाहन लेकर केदारनाथ दर्शन के लिए गए थे, जो भूस्खलन के कारण वहां फंस गए। राज्य सरकार ने उत्तराखंड सरकार से संपर्क कर उन्हें एयरलिफ्ट कराया। राज्य सरकार उत्तराखंड सरकार के सतत संपर्क में  है। रायसेन में सबसे ज्यादा 2.4 इंच वर्षा एक दिन पहले रायसेन में सबसे ज्यादा 2.4 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई। सीधी में 1.9 इंच, भोपाल में 1.6 इंच, नर्मदापुरम जिले के पचमढ़ी में 1.4 इंच, सतना में 1.7 इंच, टीकमगढ़ में 1 इंच बारिश हुई। धार, उमरिया, मलाजखंड, रतलाम, शिवपुरी, छिंदवाड़ा, दमोह, जबलपुर, खजुराहो, मंडला, रीवा, सागर, सिवनी, गुना, ग्वालियर, नर्मदापुरम, इंदौर, खंडवा में भी कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश दर्ज की (MP Weather Update) गई। बारिश कराने वाले सिस्टम एक्टिव मौसम विभाग अनुसार अभी मानसून ट्रफ प्रदेश से थोड़ी ऊपर है। साइक्लोनिक सर्कुलेशन अरब सागर की ओर है। एक अन्य साइक्लोनिक सर्कुलेशन भी एक्टिव है। अब इनकी स्ट्रॉन्ग एक्टिविटी से झमाझम बारिश हो रही है। इसलिए अगले 4 दिन के लिए प्रदेश में कहीं भारी तो कहीं हल्की बारिश का अनुमान  है। ये भी पढ़ें: पूजा खेडकर की अग्रिम जमानत खारिज: कोर्ट ने दिल्ली पुलिस से कहा- फर्जीवाड़ा करने वाले बाकी कैंडिडेट्स की भी जांच की जाए अब तक प्रदेश में सबसे ज्यादा सिवनी में बारिश प्रदेश में 21 जून को मानसून ने दस्तक दी थी। इसे 40 दिन बीत चुके हैं। प्रदेश में सबसे ज्यादा बारिश सिवनी में 31.74 इंच हुई। रीवा में आंकड़ा 8 इंच तक भी नहीं पहुंचा है। अब जो सिस्टम एक्टिव हो रहा है, उसका असर पूर्वी हिस्से- जबलपुर, सागर, शहडोल और रीवा संभाग में ज्यादा देखने को मिलेगा। इसलिए जहां कम बारिश हुई है वहां आंकड़ा बढ़ेगा। अब तक प्रदेश में ओवरऑल 7% बारिश ज्यादा हो चुकी है। इसमें पूर्वी हिस्से में 1% और पश्चिमी हिस्से में 14% ज्यादा पानी गिरा है। recent visitors 106

Kedarnath में यात्रियों का रेस्क्यू जारी, पीएमओ ने भी बढ़ाया मदद का हाथ, रेस्क्यू के लिए एयर फोर्स का चिनूक, एमआई 17 रवाना

रुद्रप्रयाग केदारघाटी में बीती रात्रि को हुई अत्यधिक बारिश से लिनचोली के समीप जंगलचट्टी में बादल फटने से रामबाड़ा, भीमबली लिनचोली का रास्ता पूरी तरह से बंद होने के बाद जिला प्रशासन बिना देरी के राहत एवं बचाव कार्य में लग गया। एक ओर जहां अतिवृष्टि की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन की टीम द्वारा रेस्क्यू करते हुए इन स्थानों में फंसे श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया वहीं दूसरी ओर उन्हें आवश्यकता के अनुसार पानी की बोतल व फूड पैकेट भी उपलब्ध कराए गए। देर शाम तक केदारनाथ यात्रा मार्ग से 4000 से अधिक श्रद्धालुओं का रेस्क्यू किया गया। जिसमें लगभग 700 श्रद्धालुओं का हैली के माध्यम से रेस्क्यू किया गया। फंसे हुए श्रद्धालुओं को जीएमवीएन एवं अन्य सुरक्षित स्थानों पर रोका गया है। मुख्यमंत्री, आपदा सचिव एवं गढ़वाल कमिश्नर इसपर लगातार नजर बनाए हुए हैं। उधर पीएमओ कार्यालय से भी हरसंभव मदद का आश्वासन दिया गया है। देर रात्रि हुई अतिवृष्टि के बाद आज प्रातः मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी एवं मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने जिलाधिकारी सौरभ गहरवार से घटना की जानकारी ली। साथ ही जिलाधिकारी से हुई वार्ता में यात्रा मार्ग में फंसे हुए श्रद्धालुओं का प्राथमिकता के आधार पर रेस्क्यू करते हुए उन्हें सुरक्षित स्थानों में पहुंचाने हेतु निर्देशित किया गया। सोनप्रयाग से गौरीकुंड के मध्य करीब डेढ सौ मीटर रास्ते के बहने के बाद एसडीआरएफ, डीडीआरएफ तथा एनडीआरएफ की टीमों के सहयोग से लगभग 4000 श्रद्धालुओं को निकाला गया। इसमें भीमबली और लिनचोली में बाधित हुए रास्ते के कारण पांच हैली सेवाओं के माध्यम से करीब 700 लोगों का रेस्क्यू किया गया। केदारनाथ धाम में श्रद्धालुओं को आश्वस्त किया गया है कि कल से हवाई सेवा हेतु चिनूक एवं एमआई की सेवा उपलब्ध करा दी जाएंगी तथा यथाशीघ्र उनको रेस्क्यू कर लिया जाएगा। केदारनाथ धाम में 10-14 दिनों के लिए खानपान की पूर्ण व्यवस्था उपलब्ध है। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वयं प्रभावित क्षेत्रों का हवाई एवं मौके पर सर्वेक्षण किया। साथ ही उनके द्वारा रेस्क्यू कर रही टीमों की हौसला अफजाई की गई। इस दौरान मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं से वार्ता कर उनसे फीडबैक लिया। मौके पर पहुंचने पर श्रद्धालुओं द्वारा मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया गया। अत्यधिक बारिश के चलते केदार घाटी के लिए जाने वाली 33 केवी की विद्युत सप्लाई बाधित होने के बाद प्राथमिकता के आधार पर श्री केदारनाथ धाम में 11 केवी लाइन की विद्युत सप्लाई के जरिए विद्युत आपूर्ति की जा रही है।वहीं गौरीकुंड, सोनप्रयाग व लिनचोली में विद्युत व्यवस्था सुचारू करने हेतु कार्य गतिमान है, जिसके लिए 55 लोगों द्वारा कार्य गतिमान है। यात्रा मार्ग में पेयजल व शौचालय की व्यवस्था दुरूस्त है। वायुसेना कर रही है मदद फंसे हुए लोगों को लाने के लिए लगातार वायु सेना का भी सहारा लिया जा रहा है. एयर लिफ्ट में तेजी लाने के लिए वायु सेना का चिनूक एवं एमआई 17 हेलिकॉप्टर भी शुक्रवार सुबह गौचर पहुंच गए हैं. एमआई 17 ने एक चक्कर लगाकर 10 लोगों को रेस्क्यू कर गौचर पहुंचा दिया है. वायुसेना ने बयान जारी करते हुए कहा, 'भारतीय वायुसेना ने केदारनाथ से बचाव अभियान शुरू किया है. Mi17V5 और चिनूक के जरिए भारतीय वायुसेना ने केदारनाथ में बचाव अभियान शुरू किया है. एक चिनूक और एक Mi17 V5 हेलिकॉप्टर के साथ NDRF की टीमों को बचाव स्थलों पर ले जाया गया. आगे की कार्रवाई के लिए भारतीय वायुसेना के और उपकरण स्टैंडबाय पर हैं.' CM ने की प्रभावितों से मुलाकात उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा, 'केदारघाटी में बुधवार रात्रि को हुई अतिवृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कर स्थानीय लोगों एवं विभिन्न राज्यों से आए श्रद्धालुओं से भेंट कर उनका कुशलक्षेम जाना. इस दौरान जिलाधिकारी रूद्रप्रयाग को क्षतिग्रस्त सड़कों और पैदल मार्गों के सुधारीकरण का कार्य तेजी से किए जाने एवं संवेदनशील स्थानों से लोगों को जल्द सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए.' उन्होंने सचिव से यह भी कहा कि अतिवृष्टि के कारण राहत एवं बचाव कार्यों के लिए जिलाधिकारियों द्वारा किसी भी प्रकार की सहायता मांगे जाने पर उन्हें तुरंत उपलब्ध करायी जाए. बादल फटना किसे कहते हैं? बादल का फटना या क्लाउडबर्स्ट का मतलब, बहुत कम समय में एक सीमित दायरे में अचानक बहुत भारी बारिश होना है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के मुताबिक, अगर किसी एक इलाके में 20-30 वर्ग किलोमीटर दायरे में एक घंटे में 100 मिलीमीटर बारिश होती है तो उसे बादल का फटना कहा जाता है. आम बोलचाल की भाषा में कहें तो किसी एक जगह पर एक साथ अचानक बहुत बारिश होना बादल फटना कहा जाता है.अब आपको बताते हैं कि बादल फटने की घटना कब होती है? कैसे फटता है बादल तापमान बढ़ने से भारी मात्रा में नमी वाले बादल एक जगह इकट्ठा होने पर पानी की बूंदें आपस में मिल जाती है इससे बूंदों का भार इतना ज्यादा हो जाता है कि बादल का घनत्व बढ़ जाता है, इससे एक सीमित दायरे में अचानक तेज बारिश होने लगती है, इसे ही बादल फटना कहा जाता है. बादल फटने की घटनाओं के मामले में देश के दो राज्य हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड सबसे अधिक संवेदनशील माने जाते हैं. इन दोनों पहाड़ी राज्यों में अब मॉनसून की बारिश के दौरान बादल फटना आम हो गया है. विशेषज्ञों के मुताबिक, जलवायु परिवर्तन के कारण आने वाले वर्षों में बादल फटने की आपदाओं में ज्यादा बढ़ोतरी की आशंका है. यानी अभी तो ये ट्रेलर, कुदरत आगाह कर रही है, अभी नहीं संभले तो जान और माल दोनों से हाथ धोना पड़ेगा. इसके अतिरिक्त एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, डीडीआरएफ सहित जिला एवं तहसील प्रशासन के लगभग 500 कार्मिकों द्वारा अलग-अलग सेक्टर में कार्य किया जा रहा है। सभी सेक्टरों को अलग-अलग 7 सेक्टरों में बांटा गया है। तथा अलग-अलग सेक्टर में अलग-अलग टीमें गठित हैं जो उनसे संबंधित लोगों से लगातार संपर्क कर रही है। साथ ही किसी स्थिति में किसी के फंसे होने अथवा अन्य किसी भी तरह की सहायता हेतु टीमें मुस्तैद हैं। वहीं केदारनाथ धाम के मोटर मार्गों को भी दुरूस्त कर लिया गया है। रुद्रप्रयाग से सोनप्रयाग तक को पूर्णतः यातायात हेतु सुचारू किया जा चुका है। जबकि सोनप्रयाग से गौरीकुंड मार्ग पर भी कार्य शुरू किया … Read more

भारत से श्रीलंका का होगा मुकाबला, टीम की कमान रोहित शर्मा के हाथों में

नई दिल्ली श्रीलंका को टी20 सीरीज में हराने के बाद भारतीय टीम वनडे सीरीज के लिए तैयार है। सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में भारत ने मेजबान टीम को 3-0 से हराया। अब तीन दिवसीय श्रृंखला की बारी है, जिसमें टीम की कमान रोहित शर्मा के हाथों में होगी। वनडे सीरीज में विराट कोहली, केएल राहुल और श्रेयस अय्यर भी खेलते नजर आएंगे। इस बीच रोहित सीरीज में कुछ रिकॉर्ड्स अपने नाम कर सकते हैं। आइए उन आकंड़ों पर एक नजर डालते हैं। अगर रोहित शर्मा 291 रन बना देते हैं, तो उनके 11 हजार रन पूरे हो जाएंगे। ऐसा करने वाले रोहित विश्व के 10वें बल्लेबाज बन जाएंगे। वहीं, भारतीय कप्तान ने अब तक 262 वनडे मैचों में 10,709 रन बनाए है। वह रनों के मामले में पूर्व खिलाड़ी राहुल द्रविड़ (10,768) को पीछे छोड़ सकते हैं। श्रीलंका के खिलाफ 2 हजार वनडे रन रोहित शर्मा ने श्रीलंका के खिलाफ 52 वनडे मैच खेले हैं। 9 बार नॉटआउट रहते हुए 1864 रन बनाए हैं। रोहित श्रीलंका के खिलाफ छह शतक और सात अर्धशतक जड़ चुके हैं। मेजबान टीम के खिलाफ एकदिवसीय में दो हजार रन पूरे करने वाले छठे बैट्समैन बन सकते हैं। भारत बनाम श्रीलंका वनडे सीरीज कब और कहां देखें? भारत बनाम श्रीलंका वनडे सीरीज के सभी मैच कोलंबो के आर प्रेमदासा स्टेडियम में दोपहर 2.30 बजे (भारतीय समयानुसार) खेले जाएंगे। मैचों का सीधा प्रसारण सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क पर किया जाएगा। लाइव स्ट्रीमिंग सोनी लिव वेबसाइट और एप पर उपलब्ध होगी। भारत बनाम श्रीलंका वनडे सीरीज शेड्यूल     2 अगस्त- पहला वनडे     4 अगस्त- दूसरा वनडे     7 अगस्त- तीसरा वनडे दोनों टीमों का स्क्वॉड भारत रोहित शर्मा (कप्तान), शुभमन गिल (उपकप्तान), विराट कोहली, केएल राहुल (विकेटकीपर), ऋषभ पंत (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर, शिवम दुबे, कुलदीप यादव, मोहम्मद सिराज, वाशिंगटन सुंदर, अर्शदीप सिंह, रियान पराग, अक्षर पटेल, खलील अहमद, हर्षित राणा।   श्रीलंका चरिथ असलंका (कप्तान), कुसल मेंडिस, पथुम निसांका, अविष्का फर्नांडो, निशान मदुश्का, जनिथ लियानागे, कामिंडु मेंडिस, सदीरा समरविक्रमा, चामिका करुणारत्ने, वानिंदु हसरंगा, महेश थीक्षाना, असिथा फर्नांडो, अकिला धनंजय, दुनीथ वेल्लालेज, ईशान मलिंगा, मोहम्मद शीराज। recent visitors 133

ईरानी नेताओं को सिर्फ औरतों पर सारे कानून बनाना और जुल्म ढहाना आता है- पूर्व मंत्री चौधरी

इस्लामाबाद  हमास नेता इस्माइल हानिया की ईरान की राजधानी में हत्या पर पाकिस्तान के पूर्व मंत्री फवाद चौधरी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। चौधरी ने इजरायल को तुरंत जवाब ना देने के लिए ईरान सरकार की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने पूछा है कि ईरानी नेताओं को सिर्फ औरतों के लिए ही सारे कानून बनाना आता है। हानिया की बुधवार तड़के तेहरान में उनके ठिकाने पर हमला कर हत्या कर दी गई थी। वह ईरान के राष्ट्रपति के शपथ ग्रहण के लिए तेहरान में थे। हमास और ईरान का मानना है कि हमले के पीछे इजरायल है। दूसरी ओर इजरायल ने इस पर चुप्पी साध रखी है। पाकिस्तान में इमरान खान की सरकार में सूचना मंत्री रहे फवाद चौधरी ने एक्स पर अपनी पोस्ट में ईरान में महिलाओं के लिए अनिवार्य हिजाब और दूसरे कानूनों की ओर इशारा करते हुए लिखा, 'ईरान के मुल्ला मोरल पुलिसिंग के खिलाफ प्रदर्शन करने वाली महिलाओं को तो मार सकते हैं और उन पर अत्याचार कर सकते हैं लेकिन जब बात इजरायल की बात आती है तो वे किसी बूचड़खाने के मेमना बनकर दुबक जाते हैं।' ईरान ने कही है बदला लेने की बात ईरान की ओर से अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है लेकिन काफी सख्त संदेश इजरायल को दिया गया है। ईरान ने जामकरण मस्जिद में लाल रंग का झंडा लगा लिया है। इस मस्जिद पर लाल झंडे का मतलब जंग के ऐलान से है। मस्जिद के ऊपर लाल रंग का ये झंडा उस वक्त फहराया जाता है, जब ईरान किसी हमले का बदला लेने का ऐलान करता है। इस लाल झंडे के फहरने को युद्ध के ऐलान की तरह माना जाता है। कुछ मीडिया रिपोर्ट में ये भी दावा किया गया है कि ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खुमैनी ने तेहरान में इस्माइल हानिया की हत्या के बदले के तौर पर इजरायल पर हमले का आदेश दिया है। खुमैनी ने बुधवार सुबह ईरान की सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद की एक आपातकालीन बैठक में यह आदेश दिया। ईरान ने हनिया की हत्या बाद इसे किसी कीमत पर बर्दाश्त ना करने की बात कहते हुए बदला लेने का ऐलान किया है। recent visitors 113

रक्षाबंधन पर भगवान महाकाल को लगेगा सवा लाख लड्डुओं का महाभोग, भगवान को बांधेंगी राखी

उज्जैन   रक्षा बंधन का त्योहार नजदीक है, ऐसे में उज्जैन के ज्योतिर्लिंग भगवान महाकाल के मंदिर में रक्षाबंधन पर्व मनाने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं। महाकाल मंदिर में 19 अगस्त को रक्षाबंधन पर भगवान महाकाल को सवा लाख लड्डू का महाभोग लगाया जाएगा। साथ ही पुजारी परिवार की महिलाएं ही भगवान महाकाल को राखी बांधेंगी। वहीं रक्षाबंधन के दिन श्रावण मास का आखिरी सोमवार होने से शाम 4 बजे भगवान महाकाल की सवारी भी निकलेगी। पूजन परंपरा में श्रावण मास के दौरान भगवान महाकाल की भस्म आरती करने वाले पुजारी परिवार की तरफ से भगवान महाकाल को सवा लाख लड्डू का महाभोग लगाया जाता है। भगवान का सोने चांदी के आभूषण से होगा श्रृंगार बता दें कि महाकाल मंदिर में इस पर्व को खास बनाने के लिए विशेष तैयारी की जा रही है। पुजारी परिवार की महिलाओं भगवान महाकाल को बांधने के लिए विशेष राखी तैयार कर रही हैं। भस्म आरती में भगवान महाकालेश्‍वर का सोनेचांदी के आभूषण से श्रृंगार किया जाएगा। रक्षाबंधन के दिन रविवार-सोमवार की दरमियानी रात 2.30 बजे भस्म आरती में उत्सव मनाया जाएगा। सवा लाख लड्डू के महाभोग का होता विशेष महत्व पुजारी भगवान महाकाल का पंचामृत और फलों के रस से महाअभिषेक करेंगे। महाकाल के दिव्य श्रृंगार के बाद बाद पुजारी परिवार की महिलाएं भगवान महाकाल को राखी बांधेगी। श्रावणी पूर्णिमा पर सवा लाख लड्डू के महाभोग का विशेष महत्व होता है। ज्यादा से ज्यादा महाभक्त प्रसाद ग्रहण कर सकें इसलिए भगवान को सवा लाख लड्डुओं का महाभोग लगाने की परंपरा चली आ रही है। भगवान का सोने चांदी के आभूषण से होगा श्रृंगार बता दें कि महाकाल मंदिर में इस पर्व को खास बनाने के लिए विशेष तैयारी की जा रही है। पुजारी परिवार की महिलाओं भगवान महाकाल को बांधने के लिए विशेष राखी तैयार कर रही हैं। भस्म आरती में भगवान महाकालेश्‍वर का सोनेचांदी के आभूषण से श्रृंगार किया जाएगा। रक्षाबंधन के दिन रविवार-सोमवार की दरमियानी रात 2.30 बजे भस्म आरती में उत्सव मनाया जाएगा।   recent visitors 113