AMCA फाइटर जेट प्रोजेक्ट में HAL को मिली हार, पांचवीं पीढ़ी के विमान की रेस में बदलाव

बेंगलुरु  भारत का एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (AMCA) प्रोजेक्ट अब एक ऐतिहासिक मोड़ पर पहुंच गया है. यह भारत का पहला पांचवीं पीढ़ी का स्टेल्थ फाइटर जेट है, जो पूरी तरह स्वदेशी तकनीक पर आधारित होगा. रिपोर्ट्स के मुताबिक, हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) इस प्रतियोगिता से बाहर हो गई है, जबकि तीन प्राइवेट कंपनियां आगे निकल आई हैं. AMCA क्या है? मुख्य विशेषताएं AMCA एक ट्विन-इंजन, सिंगल-सीट वाला मल्टीरोल स्टेल्थ फाइटर है. इसकी खासियतें…      स्टेल्थ टेक्नोलॉजी: रडार से बहुत कम दिखाई देता है. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित सिस्टम. लंबी दूरी के हमले की क्षमता.     मैन्ड-अनमैन्ड टीमिंग: पायलट वाला जेट और ड्रोन साथ काम करेंगे.     सुपरक्रूज: बिना आफ्टरबर्नर के तेज स्पीड.     एडवांस्ड AESA रडार और अन्य हाई-टेक फीचर्स. यह भारतीय वायुसेना (IAF) का मुख्य लड़ाकू विमान बनेगा. 2030 के मध्य से शामिल होना शुरू होगा. शुरुआत में 120 जेट का ऑर्डर दिया जा सकता है. जो बाद में और बढ़ सकता है. HAL क्यों बाहर हुई? सात भारतीय कंपनियों/कंसोर्टियम ने बोली लगाई थी. तकनीकी जांच के बाद सिर्फ तीन प्राइवेट सेक्टर की कंपनियां क्वालीफाई हुईं. HAL की बोली खारिज हो गई. HAL का ऑर्डर बुक बहुत बड़ा (रेवेन्यू से कई गुना ज्यादा) था, जबकि नियमों में सीमा है. Tejas जैसे प्रोजेक्ट में देरी की वजह से सरकार HAL पर निर्भरता कम करना चाहती है. प्राइवेट सेक्टर को मौका देकर तेज विकास, बेहतर इनोवेशन और प्रतिस्पर्धा बढ़ाना है. तीन प्राइवेट कंपनियां कौन हैं?     टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड (TASL) — अकेले बोली लगाई.     लार्सन एंड टुब्रो (L&T) — BEL और Dynamatic Technologies के साथ कंसोर्टियम.     भारत फोर्ज (कल्याणी ग्रुप) — BEML और Data Patterns के साथ. ये तीनों अब एरोनॉटिकल डेवलपमेंट एजेंसी (ADA) के साथ मिलकर काम करेंगी. इन्हें 5 फ्लाइंग प्रोटोटाइप और 1 स्ट्रक्चरल टेस्ट स्पेसिमेन बनाने हैं. बजट और समयसीमा प्रोटोटाइप विकास के लिए ₹15,000 करोड़ का अनुमानित बजट.     प्रोटोटाइप रोलआउट: 2026 के अंत या 2027 की शुरुआत.     पहली उड़ान: 2028-2029 के आसपास.     वायुसेना में शामिल होना: 2030 के मध्य से.     फाइनल विजेता: अगले 2-3 महीनों में (RFP के बाद कॉमर्शियल बिडिंग से L1 चुनकर). यह बदलाव क्यों महत्वपूर्ण? यह भारत के डिफेंस सेक्टर में बड़ा सुधार है. HAL का एकाधिकार टूट रहा है. प्राइवेट कंपनियां तेज और कुशल काम कर सकती हैं. इससे भारत की एयर पावर मजबूत होगी. चीन-पाक जैसे पड़ोसियों से बेहतर मुकाबला संभव होगा. AMCA सफल होने पर भारत चुनिंदा देशों में शामिल हो जाएगा जो खुद 5वीं पीढ़ी का फाइटर बना सकते हैं.   Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 23

MP का लाल बना HAL का निदेशक,तेजस सहित अन्य वायुयान निर्माण से भारतीय सेना को सशक्त बनाने में अग्रणी है HAL

झाबुआ झाबुआ में जन्मे और पले बढ़े होकर वर्तमान में इंदौर में निवासरत विभिन्न सामाजिक संगठन में जिम्मेदारी संभाल रहे चार्टर्ड अकाउंट श्री राकेश भावसार , रक्षा क्षैत्र में महती भूमिका निभाते हुए भारतीय सेना को सशक्त बनाने वाली विश्व प्रसिद्ध संस्था हिन्दुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड ( HAL ) में निदेशक के रूप देश के लिए महत्वपूर्ण सेवाएं देंगे। इस संस्था का मुख्यालय बेंगलुरु है। झाबुआ के भावसार परिवार के सदस्य और लोकतंत्र सेनानी पूर्व जिला संघचालक स्व. श्री योगेंद्र भावसार के सुपुत्र श्री राकेश भावसार की आरंभिक स्कूली शिक्षा शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल झाबुआ और गणित विषय के साथ महाविद्यालीन शिक्षा शहीद चंद्रशेखर आजाद स्नातकोत्तर महाविद्यालय झाबुआ में ही हुई। आरम्भ से ही शैक्षणिक और सांस्कृतिक गतिविधियों में अग्रणी रहे सीए श्री राकेश भावसार , स्कूल और कॉलेज के दिनों में नेशनल कैडेट कोर ( एनसीसी ) में भी नियमित रहे है। वहीं , इंदौर में तीन दशक पूर्व सीए की पढ़ाई के समय से ही पारिवारिक पृष्ठभूमि के अनुरूप संघ गतिविधियों में सक्रियता से लगातार जुड़े हुए हैं। वर्तमान में वे शिक्षा के क्षैत्र में सक्रिय , संघ के आनुषांगिक संगठन ” विद्या भारती ” के मालवा प्रांत कोषाध्यक्ष , अवंतिका प्रकाशन न्यास , कोषाध्यक्ष और विश्व में सर्वाधिक संख्या में प्रसारित होने वाली मासिक बालपत्रिका ” देवपुत्र ” से संबद्ध सरस्वती बाल कल्याण न्यास के प्रबंध न्यासी की जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं। उल्लेखनीय है कि हिंदुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) रक्षा मंत्रालय के रक्षा उत्पादन विभाग के प्रशासनिक नियंत्रण के अधीन भारत सरकार का पूर्ण स्वामित्व वाला एक नवरत्न केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम है। यह सेना के लिए तेजस व अन्य लड़ाकू विमान और ध्रुव हेलीकॉप्टर बनाने वाली अकेली कंपनी है। जिसका मुख्यालय बेंगलुरु (बैंगलोर) में है , यह दुनिया के सबसे पुराने और सबसे बड़े एयरोस्पेस और रक्षा निर्माताओं में से एक है। HAL की आपूर्तियाँ और सेवाएँ प्रमुख रूप से भारतीय रक्षा सेनाओं, तटरक्षक तथा सीमा सुरक्षा बल के लिए हैं। इसके द्वारा भारतीय विमान वाहकों तथा राज्य सरकारों को भी परिवहन विमानों तथा हेलिकाप्टरों की पूर्ति की जाती है। इसके अलावा यह उपक्रम 30 से अधिक देशों में निर्यात से भी संबद्ध हैं।के पी एस एल वी (ध्रुवीय उपग्रह प्रक्षेपण यान), जी एस एल वी (भू-स्थिर प्रक्षेपण यान), आई आर एस (भारतीय दूरस्थ उपग्रह) तथा इनसाट (भारतीय राष्ट्रीय उपग्रह) जैसे उपग्रह प्रक्षेपण यानों के निर्माण कार्य के अधीन भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रमों में एच ए एल ने गणनीय भूमिका निभायी है। एच ए एल के दो संयुक्त क्षेत्रीय उद्यम भी हैं जैसे बी ए ई – एच ए एल साफ्टवेयर लिमिटेड तथा इण्डो रशियन एवियेशन लिमिटेड (इराल)। भारत सरकार के रक्षा उत्पादन मंत्रालय द्वारा द्वारा सीए श्री राकेश भावसार को हिंदुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड ( HAL ) का स्वतंत्र निदेशक बनाए जाने पर झाबुआ , इंदौर सहित निमाड़ व मालवा क्षैत्र के सभी स्नेही और वरिष्ठजनों ने बधाई दी है। HAL निदेशक के पद पर श्री राकेश भावसार का कार्यकाल तीन वर्ष रहेगा। भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य व पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष श्री दौलत भावसार , पूर्व जिला महामंत्री श्री कीर्ति भावसार , पूर्व लोकसभा मीडिया प्रभारी श्री अंबरीष भावसार , क्षत्रिय भावसार समाज अध्यक्ष श्री राजेश भावसार सहित माहेश्वरी समाज झाबुआ , सामाजिक महासंघ झाबुआ, सकल व्यापारी संघ झाबुआ व विभिन्न संगठनों द्वारा सीए श्री राकेश भावसार की इस महती उपलब्धि पर बधाई और शुभकामनाएं दी। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 41

तेजस के राह की बड़ी बाधा दूर! वायु सेना को जल्द मिलेगी 83 विमानों की खेप: HAL

बेंगलुरु  भारतीय वायु सेना को मिलने वाले 83 स्वदेशी लड़ाकू विमान मिलने का रास्ता साफ हो गया है।तेजस के लिए अमेरिकी कंपनी जीई से मिलने वाले इंजन 404 की आपूर्ति पर सहमति बन गयी है और पहला इंजन इस वर्ष मार्च में तथा इस वर्ष के अंत तक कुल 12 इंजन मिल जायेंगे। तेजस का निर्माण करने वाली हिन्दुस्तान एरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) ने कहा है कि इंजन 404 के साथ साथ तेजस मार्क वन के लिए इंजन 414 की आपूर्ति सुचारू होने पर वह 2031-32 तक सभी 180 तेजस विमानों की आपूर्ति कर देगी। एचएएल के मुख्य प्रबंध निदेशक डी के सुनील ने मंगलवार को यहां एक संवाददाता सम्मेलन में सवालों के जवाब में कहा कि जीई के साथ शीर्ष स्तर पर बातचीत हुई है और इंजन 404 की आपूर्ति पर सहमति बन गयी है। उन्होंने कहा कि पहला इंजन इस वर्ष मार्च में और बाकी 11 इस वर्ष के अंत तक मिल जाएंगे। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि तेजस मार्क वन के इंजन 414 को लेकर पिछले सप्ताह एचएएल की बोस्टन में जीई के साथ बात हुई है। एचएएल ने जीई से कहा है कि वह पहले इंजन के लिए 80 प्रतिशत प्रौद्योगिकी हंस्तांतरण पर अपनी स्थिति स्पष्ट करे और उसके बाद इसकी कीमत पर बात की जायेगी। उन्होंने कहा कि हमने अपने सभी बिन्दुओं से जीई को अवगत करा दिया है और अब उनके जवाब का इंतजार है। दुर्घटना के बाद से ग्राउंडेड यानी उड़ान नहीं भर रहे हल्के लड़ाकू हेलिकॉप्टर (एएलएच) के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि जांच में पता चला है कि उसकी स्वाश प्लेट टूट गयी थी। अभी दुर्घटना के कारणों की जांच में तीन सप्ताह का समय और लगेगा इसके बाद पूरी स्थिति साफ होगी तथा इसकी उड़ान शुरू करने के बारे में निर्णय लिया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि इतना तय है कि हेलिकॉप्टर के डिजाइन में किसी तरह की खामी नहीं है। उन्होंने कहा कि पायलटों के प्रशिक्षण से संबंधित पहलू पर भी ध्यान दिया जायेगा। उन्नत मध्यम लड़ाकू विमान एमका के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि इसका काम तेजी से हो रहा है और इसका प्राेटोटाइप तीन वर्ष में उड़ान भरने के लिए तैयार हो जायेगा। श्री सुनील ने कहा कि एचएएल प्रौदयोगिकी और अनुसंधान पर बड़ा निवेश कर रही है और उसका लक्ष्य अब निर्यात बढ़ाना है। उन्होंने कहा कि इसके लिए अनेक देशों के साथ विभिन्न स्तर पर बातचीत चल रही है। इसके लिए एचएएल विदेशों में अपने कार्यालय खोलने की दिशा में भी काम कर रही है। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 26