‘हमारी कोशिश आम सहमति बनाने की है’, एक देश एक चुनाव पर बोले जेपीसी अध्यक्ष पीपी चौधरी

नई दिल्ली। भाजपा सांसद और संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) के अध्यक्ष पीपी चौधरी ने एक देश एक चुनाव पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि संसद के उन सदस्यों के बीच आम सहमति बनेगी जो जेपीसी का हिस्सा होंगे। भाजपा नेता ने कहा कि जेपीसी का प्रयास विधेयकों की "निष्पक्ष" तरीके से जांच करना होगा। उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि संसदीय पैनल इस मामले में प्रत्येक हितधारक की बात सुनेगा। भाजपा नेता पीपी चौधरी ने कहा, "हमारा प्रयास हर क्षेत्र के लोगों चाहे वह राजनीतिक दलों से हो या नागरिक समाज से हो या न्यायपालिका से सभी की बात सुनना होगा। हम सभी का इनपुट लेना चाहते हैं। हम सरकार की तरफ से पेश किए गए विधेयकों का निष्पक्ष तरीके से परीक्षण करेंगे। हमारा प्रयास आम सहमति तक पहुंचना होगा। मुझे विश्वास है कि हम देशहित के लिए काम करेंगे।" पीपी चौधरी ने बताया कि संबंधित मंत्रालय आज बैठक के पहले दिन सदस्यों को जानकारी देगा। उन्होंने कहा कि सबकी राय ली जाएगी कि आगे कैसे बढ़ा जाए। जेपीसी अध्यक्ष ने कहा, "आज पहले दिन सदस्यों को संबंधित मंत्रालय द्वारा जानकारी दी जाएगी। आगे कैसे बढ़ना है इस पर हम सबकी राय लेंगे।" बता दें कि जेपीसी को एक देश एक चुनाव की जांच करनी है, जिसमें लोकसभा के सदस्य कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा और मनीष तिवारी, राकांपा-एसपी नेता सुप्रिया सुले, टीएमसी नेता कल्याण बनर्जी और भाजपा के पीपी चौधरी बांसुरी स्वराज और अनुराग सिंह ठाकुर शामिल हैं। राज्यसभा के सदस्य भी इस पैनल का हिस्सा हैं। एक देश एक चुनाव को लागू करने के लिए दो विधेयक  संविधान 129वां संशोधन विधेयक 2024 और केंद्र शासित प्रदेश कानून संशोधन विधेयक 2024 संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान लोकसभा में पेश किए गए थे। इसका उद्देश्य देशभर में लोकसभा और विधानसभाओं के लिए एक साथ चुनाव कराना है। विधेयक की जांच और इस पर चर्चा के लिए इसे जेपीसी के पास भेजा गया है। विपक्षी नेताओं ने इस विधेयक का विरोध किया। उन्होंने इसे संघीय ढांचे के खिलाफ बताया। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 64

ओडिशा पहुंचे जेपीसी अध्यक्ष जगदंबिका पाल की चेतावनी, ‘वक्फ के नाम पर जमीन हड़पना बंद हो’

भुवनेश्वर. वक्फ संशोधन विधेयक को लेकर बनी जेपीसी के अध्यक्ष जगदंबिका पाल ओडिशा दौरे पर हैं। भुवनेश्वर में मीडिया से बात करते हुए जगदंबिका पाल ने कहा कि जेपीसी गठन के बाद से कर्नाटक में वक्फ बोर्ड द्वारा जमीन पर दावों के नोटिस में 38 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। जेपीसी अध्यक्ष ने ये भी कहा कि कर्नाट के अल्पसंख्यक मंत्री अपने अधिकार क्षेत्र के बाहर जाकर वक्फ के मामलों में कार्रवाई कर रहे हैं। वहीं जेपीसी के सदस्य बृज लाल ने कहा कि वक्फ के नाम पर जमीन हड़पना बंद होना चाहिए। वक्फ जेपीसी अध्यक्ष जगदंबिका पाल ने कहा कि 'संसद सत्र के दौरान भी ऐसा कभी नहीं होता कि हर सत्र की बहस के दौरान सभी सांसद मौजूद हों। जेपीसी के अध्ययन दौरे का मतलब ये नहीं है कि सभी सदस्य मौजूद हैं या नहीं। इसका उद्देश्य प्रशासन, वक्फ बोर्ड, अल्पसंख्यक आयोग और जिस राज्य में वे जाते हैं, वहां के सभी हितधारकों को सुनने का मौका देना है। हितधारकों से मिलने के लिए जेपीसी के सभी सदस्यों का मौजूद रहना जरूरी नहीं है, वे दूसरे कामों में व्यस्त हैं। जेपीसी के गठन के बाद, कर्नाटक वक्फ बोर्ड द्वारा राज्य के किसानों को दिए जाने वाले नोटिस में 38% की तेजी आई है। राज्य सरकार के अल्पसंख्यक मंत्री ने हर जिले में वक्फ न्यायाधिकरण स्थापित करना शुरू कर दिया है। मंत्री वक्फ कार्यवाही को आगे बढ़ाने के लिए अपने अधिकार क्षेत्र के बाहर जाकर काम कर रहे हैं।' 'किसी को बेलगाम घोड़े की तरह घूमने नहीं दे सकते' जेपीसी अध्यक्ष के साथ ओडिशा दौरे पर पहुंचे जेपीसी के सदस्य और उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी बृज लाल ने कहा कि जेपीसी की बैठकों के दौरान बाधा उत्पन्न करना सिर्फ उनका राजनीतिक एजेंडा है। यहां हम हितधारकों को सुनते हैं और रिपोर्ट के आधार पर काम करते हैं। वक्फ संशोधन विधेयक का गठन इसलिए किया गया ताकि वक्फ के नाम पर जमीन हड़पना बंद हो। हमने कलेक्टर को शक्तियां दी हैं, जो पहले वक्फ सर्वेक्षणकर्ताओं के पास थीं। हम किसी को बेलगाम घोड़े की तरह घूमने नहीं दे सकते ताकि वे वक्फ के नाम पर किसानों की जमीनें हड़प सकें।' Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 66