CM सिद्धारमैया के दरवाजे तक पहुंचा सोना तस्करी का मामला, YouTube से सीखा Gold छुपाना…’, रान्या राव ने खोले ये राज

बेंगलुरु गोल्ड स्मगलिंग केस में रंगेहाथों पकड़ी गई कन्नड़ एक्ट्रेस रान्या राव ने DRI की पूछताछ में कई बड़े खुलासे किए हैं. अपने स्टेटमेंट में रान्या राव ने कहा है कि वह फोटोग्राफी और रियल एस्टेट बिजनेस के सिलसिले में यात्रा करती थी. दुबई की यात्रा के बारे में पूछताछ पर रान्या राव ने कहा,'मैंने यूरोप, अमेरिका, अफ्रीका और मिडिल ईस्ट का कई बार दौरा किया है. मुझे पिछले 2 सप्ताह से अज्ञात विदेशी नंबरों से कॉल आ रहे थे. 1 मार्च को एक विदेशी फोन नंबर से कॉल आया.' शख्स की पहचान बताने से रान्या का इनकार रान्या राव ने आगे बताया,'मुझे दुबई एयरपोर्ट के टर्मिनल 3 के गेट-A पर जाने का निर्देश दिया गया था. वहां से सोना लेने और उसे बेंगलुरु में डिलीवर करने के लिए कहा गया था. यह पहली बार था, जब मैंने दुबई से बेंगलुरु में सोने की तस्करी की. मैंने पहले कभी दुबई से सोना नहीं खरीदा.' हालांकि, रान्या ने उस शख्स की पहचान बताने से इनकार कर दिया, जिसने उसे निर्देश दिया था. रान्या ने यह भी बताया कि उसने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म YouTube से सोना छिपाना सीखा. एयरपोर्ट पर सोने की छड़ें देकर चला गया DRI की पूछताछ में खुलासा करते हुए रान्या ने कहा,'कॉल करने वाले का लहजा अफ्रीकी-अमेरिकी था. उसने मुझे बताया कि वह दुबई सफेद गाउन में एयरपोर्ट पर मिलेगा. हम दुबई एयरपोर्ट पर टर्मिनल 3 के गेट-A पर मिले. सुरक्षा जांच के बाद उसने मुझे सोने की छड़ें दीं. डिलीवरी के तुरंत बाद वह चला गया. वह आदमी करीब 6 फीट लंबा और गोरा था. मैं उससे फिर कभी नहीं मिली और न ही उसे देखा.' टॉयलेट में जाकर छुपाईं सोने की छड़ें रान्या राव ने आगे बताया,'सोना प्लास्टिक से ढके दो पैकेट में था. मैंने एयरपोर्ट पर क्रेप बैंडेज और कैंची खरीदी और एयरपोर्ट के टॉयलेट में सोने की छड़ें अपने शरीर से चिपका लीं. मैंने सोने को अपनी जींस और जूतों में छिपा लिया था. मैंने यूट्यूब वीडियो देखकर यह सब सीखा.' पति के क्रेडिट कार्ड से बुक की थी फ्लाइट DRI ने रान्या से उसकी फ्लाइट बुकिंग के बारे में पूछा तो उसने बताया कि टिकट बुक करने के लिए उसने अपने पति जतिन विजय कुमार के क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल किया. जब रान्या से पूछा गया कि बेंगलुरु में तस्करी का सोना किसे दिया जाना था तो उसने बताया,'मुझे सोने की छड़ें किसी अज्ञात व्यक्ति को देने के निर्देश दिए गए थे. मुझे एयरपोर्ट टोल गेट के बाद सर्विस रोड पर जाने के लिए कहा गया था. मुझे सिग्नल के पास एक ऑटो-रिक्शा में सोना रखना था. ऑटो-रिक्शा का नंबर नहीं दिया गया था.' रन्या राव का कैसे हुआ पर्दाफाश? एक्ट्रेस रन्या राव 3 मार्च को दुबई से बेंगलुरु इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंची थी. रन्या ने 15 दिनों के भीतर दुबई की चार ट्रिप की, जिससे संदेह पैदा हुआ. बेंगलुरु एयरपोर्ट पर उनकी मदद के लिए पहले से ही बसवराजू नाम का एक पुलिस कांस्टेबल तैयार था. उसी की मदद से एक्ट्रेस ने सिक्योरिटी चेक से बच निकलने की कोशिश की, लेकिन DRI की टीम उस पर पहले से ही नजर बनाए हुई थी. DRI ने रन्या को सोने की खेप के साथ रंगे हाथों पकड़ लिया. जांच के दौरान अधिकारियों ने उसके जैकेट में छिपा विदेशी मूल का 14.2 किलोग्राम सोना बरामद किया, जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत 12.56 करोड़ रुपये है. BJP ने कर्नाटक सीएम के साथ रान्या राव की तस्वीरें की शेयर सोना तस्करी के मामले में कन्नड फिल्मों की अभिनेत्री रान्या राव की संलिप्तता को लेकर राजनीतिक पारा चढ़ गया है. बीजेपी नेता अमित मालवीय ने बुधवार (12 मार्च 2025) को रान्या राव की कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के साथ एक तस्वीर शेयर की है. अमित मालवीय ने ट्वीट में लिखा कि कर्नाटक में रान्या राव सोना तस्करी का मामला अब मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के दरवाजे तक पहुंच गया है. सीएम सिद्धारमैया और जी परमेश्वर पर बीजेपी का निशाना बीजेपी आईटी सेल के हेड अमित मालवीय ने लिखा, "इस तस्वीर में रान्या राव के साथ मुख्यमंत्री और प्रदेश के गृह मंत्री जी परमेश्वर भी हैं. विडंबना यह है कि किसी भी राजनीतिक संबंध को खारिज करने वाला व्यक्ति कोई और नहीं, बल्कि कांग्रेस के सीएम-इन-वेटिंग डीके शिवकुमार हैं." हर्षवर्धिनी रान्या उर्फ ​​रान्या राव को करीब एक सप्ताह पहले दुबई से 12 करोड़ रुपये मूल्य के सोने की तस्करी कर भारत लाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था. एक रिपोर्ट के अनुसार रान्या राव ने DRI को सोना मिलने और उसे छुपा कर लाने की कहानी बताई है। रान्या राव ने कहा, “मुझे 1 मार्च को एक विदेशी नंबर से कॉल आया। इसके पहले पिछले दो हफ़्तों से मुझे विदेशी नंबरों से कॉल आ रहे थे। मुझे दुबई एयरपोर्ट के टर्मिनल 3 के गेट A पर जाने को कहा गया था। मुझे दुबई एयरपोर्ट पर सोना लेने और बेंगलुरु में उसे डिलीवर करने के लिए कहा गया।” रान्य राव ने आगे बताया, “यह पहली बार था जब मैंने दुबई से बेंगलुरु सोना लाकर तस्करी की। इससे पहले कभी दुबई से सोना मैंने नहीं खरीदा था… सोना दो प्लास्टिक के पैकेट में था। मैंने एयरपोर्ट के एक कमरे में सोना शरीर से चिपकाया। मैंने सोने को अपनी जींस और जूतों में छिपाया था। ऐसा करना मैंने यूट्यूब से सीखा था।” रान्या राव ने बताया है कि जिस आदमी ने उनको फ़ोन किया या दुबई एयरपोर्ट पर सोना दिया, उसे वह नहीं जानती। उन्होंने बताया है कि वह एक लम्बा सा आदमी था जो सोना देने के तुरंत बाद ही एयरपोर्ट से बाहर चला गया। यह सोना रान्या राव को सिक्युरिटी चेक पूरा होने के बाद दिया गया था। DRI पूछताछ में रान्या राव ने बताया है कि उन्हें एयरपोर्ट के बाहर एक जगह ऑटो में सोना रखना था। रान्या के अनुसार, यहाँ एक अनजान आदमी सोना लेने आता। रान्या ने बताया है कि उन्हें आदमी के विषय में कोई जानकारी नहीं थी। रान्या ने यह भी दावा किया है कि सोना तस्करी का यह पहला मौक़ा था और इससे पहले उन्होंने कभी तस्करी नहीं की। रान्या ने बताया है कि इससे पहले वह अमेरिका, यूरोप और बाकी के खाड़ी देशों में … Read more

रान्या राव ने 138 करोड़ का घालमेल किया, किसने लीक की एक्ट्रेस की इंफॉर्मेशन, एयरपोर्ट पर कैसे बचती थीं?

बेंगलुरु वही गोल्ड, वही स्मगलिंग और वही दुबई से कनेक्शन. पांच साल पहले केरल में जो गोल्ड स्मगलिंग से जुड़ा विवाद हुआ, वही अब कर्नाटक में भी देखने को मिल रहा है. उस समय नेताओं की संदिग्ध भूमिका पर सवाल उठे थे और आज फिर नेताओं की भूमिका कठघरे में खड़ी की जा रही है. दरअसल, कर्नाटक में कन्नड़ एक्ट्रेस रान्या राव स्मगलिंग केस चर्चा में है. रान्या राव को 3 मार्च को दुबई से सोने की तस्करी के आरोप में बेंगलुरु एयरपोर्ट से गिरफ्तारी किया गया. उनके कब्जे से 15 किलो सोना बरामद हुआ. इसकी कीमत करीब 12.56 करोड़ रुपये आंकी गई. जांच में रान्या के राजनीतिक कनेक्शन सामने आए हैं. रान्या के फोन में कई नेताओं और पुलिस अफसरों के कॉन्टेक्ट नंबर मिले हैं, इनमें वर्तमान और पूर्व मंत्री के नाम भी शामिल हैं. राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) इस बात की जांच कर रहा है कि क्या इन प्रभावशाली लोगों को रान्या की गतिविधियों के बारे में पता था. अब संगठित नेटवर्क से संभावित कनेक्शन खंगाला जा रहा है. कर्नाटक मामले में बीजेपी ने क्या दावा किया है? बीजेपी ने मांग की है कि कर्नाटक की कांग्रेस सरकार तस्करी रैकेट से जुड़े उस मंत्री के नाम का खुलासा करे. प्रदेश अध्यक्ष बीवाई विजयेंद्र ने कहा, मुख्यमंत्री सिद्धारमैया तस्करी रैकेट में कथित रूप से शामिल मंत्रियों के नामों का खुलासा करें. उन्होंने दावा किया कि रान्या ने हाल के महीनों में 30 से ज्यादा बार विदेश यात्रा की और लौटने पर उसे पूरा प्रोटोकॉल दिया गया. विजयेंद्र ने आरोप लगाया कि एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी की बेटी होने के नाते रान्या के प्रभाव ने उसे एयरपोर्ट पर पुलिस एस्कॉर्ट समेत स्पेशल ट्रीटमेंट दिलाया. रान्या राव आईपीएस अधिकारी रामचंद्र राव की सौतेली बेटी हैं. रामचंद्र, वर्तमान में कर्नाटक राज्य पुलिस आवास निगम के पुलिस महानिदेशक के रूप में कार्यरत हैं. बीवाई विजयेंद्र ने आगे कहा कि अगर रान्या को सुरक्षा जांच से छूट दी गई थी तो यह मंत्रियों समेत शक्तिशाली व्यक्तियों की संलिप्तता को दर्शाता है. हवाला ऑपरेटरों, सोने की तस्करी करने वाले माफिया और राजनेताओं में विधायक और पूर्व मंत्री शामिल हैं, जिन्होंने ऐसी गतिविधियों का सपोर्ट किया, उनके नाम सार्वजनिक किए जाने चाहिए. 'रान्या ने कांग्रेसी मंत्रियों से संपर्क करने की कोशिश की' बीजेपी विधायक भरत शेट्टी ने दावा किया कि कांग्रेस सरकार के दो मंत्रियों ने हस्तक्षेप किया और रान्या को कानूनी झमेले से बचाने में मदद करने की कोशिश की. उन्होंने कहा, अपनी गिरफ्तारी के दौरान रान्या ने कई कांग्रेसी मंत्रियों से संपर्क करने का प्रयास किया. अब यह लगभग सार्वजनिक हो चुका है कि उनमें से दो ने हस्तक्षेप किया था. सीबीआई जांच से सच्चाई सामने आ जाएगी. बीजेपी ने इसे केरल जैसा मामला बताया बीजेपी नेता सीटी रवि ने मामले से जुड़े सभी पॉलिटिकल कनेक्शन की जांच की मांग की और रान्या के तस्करी कारोबार से जुड़े 50 लाख रुपये के गिफ्ट की खबरों पर सवाल उठाए. उन्होंने इस घोटाले की तुलना केरल में हुए एक ऐसे ही मामले से की और पूछा कि क्या कर्नाटक में भी अब ऐसा ही मामला सामने आ रहा है. कांग्रेस ने बीजेपी को घेरा वहीं, कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि बीजेपी ने अपने कार्यकाल के दौरान रान्या की फर्म को स्टील प्लांट के लिए जमीन आवंटित की थी. मंत्री एमबी पाटिल ने स्पष्ट किया कि रान्या से जुड़ी कंपनी क्षिरोडा इंडिया प्राइवेट लिमिटेड को 12 एकड़ भूमि स्वीकृत की गई थी, लेकिन भूमि कभी आधिकारिक रूप से आवंटित नहीं की गई क्योंकि फर्म जरूरी भुगतान करने में विफल रही. कांग्रेस विधायक रिजवान अरशद ने बीजेपी पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया और पूछा कि कंपनी को ट्रैक रिकॉर्ड ना होने के बावजूद जमीन क्यों दी गई. उन्होंने कहा, वो उद्योगपति है या तस्कर? इससे साबित होता है कि बीजेपी की उससे गहरी सांठगांठ है. कांग्रेस पर आरोप लगाने से पहले उन्हें इसका जवाब देना चाहिए. मुख्यमंत्री के कानूनी सलाहकार एएस पोन्नन्ना ने भी कहा, जमीन का आवंटन बीजेपी के शासन में हुआ था. अगर विजयेंद्र कांग्रेस के मंत्रियों पर आरोप लगा रहे हैं तो उन्हें पहले बीजेपी के उस मंत्री का नाम बताना चाहिए, जिसने इस सौदे को मंजूरी दी थी. रान्या के कॉल रिकॉर्ड खंगाल रहीं एजेंसी फिलहाल, केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने मामले में एफआईआर दर्ज कर ली है. रान्या के कॉल रिकॉर्ड और अन्य डेटा का एनालिसिस किया जा रहा है. रान्या ने अदालत में दावा किया कि अधिकारियों ने उन्हें परेशान किया और उनकी सहमति के बिना दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करने के लिए मजबूर किया. उन्होंने आगे आरोप लगाया कि अधिकारियों ने उन पर अनुपालन करने के लिए दबाव डाला. हालांकि, अधिकारियों ने कहा कि रान्या ने पूछताछ के दौरान सहयोग नहीं किया. केरल का क्या मामला है? तारीख- 5 जुलाई, 2020. केरल का तिरुवनंतपुरम. यहां इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सीमा शुल्क विभाग के अधिकारियों ने 30 किलोग्राम से ज्यादा वजन वाले सोने से भरे बैग को जब्त किया. इस गोल्ड की कीमत करीब 15 करोड़ रुपये थी. सोना राजनयिक बैगेज के अंदर था और यूएई वाणिज्य दूतावास को भेजा गया था. आरोप था कि यूएई वाणिज्य दूतावास के एडमिन अताशे को सोने से भरी खेप दुबई से भेजी गई थी. मामले में एनआईए ने स्वप्ना सुरेश और संदीप नायर को बेंगलुरु से गिरफ्तार किया. सीमा शुल्क ने पकड़ा था सोने से भरा बैग जांच में सामने आया कि ये गोल्ड एक तस्करी गिरोह का हिस्सा है जो राजनयिक संरक्षण प्राप्त व्यक्ति के नाम का दुरुपयोग करने की कोशिश कर रहा है. सोने की जब्ती ने बड़े राजनीतिक विवाद को जन्म दिया और केरल की सत्तारूढ़ वामपंथी सरकार की नींव हिला दी. खासकर तब जब शीर्ष नौकरशाह एम. शिवशंकर का नाम चर्चा में आया. सीमा शुल्क विभाग और एनआईए ने एम. शिवशंकर से लंबी पूछताछ की. 23 नवंबर को कस्टम ने शिवशंकर को गिरफ्तार किया गया. इससे पहले उन्हें सेवा से सस्पेंड किया गया. बाद में उन्हें जमानत मिल गई. केरल सीएम के करीबी अफसर पर गिरी थी गाज एम शिवशंकर, केरल के मुख्यमंत्री विजयन के करीबी अफसर रहे. उन्होंने सीएम के प्रधान सचिव और आईटी सचिव के तौर पर सेवाएं दीं. उनका मुख्य आरोपी स्वप्ना सुरेश के साथ कनेक्शन … Read more

गोल्ड स्मगलिंग: रान्या राव की जमानत पर कोर्ट आदेश 14 मार्च तक सुरक्षित

बेंगलुरु बेंगलुरु हवाई अड्डे पर करीब 14 किलो सोने की तस्करी के आरोप में गिरफ्तार कन्नड़ फिल्म अभिनेत्री रन्या राव ने बुधवार को अपनी जमानत याचिका में दावा किया कि उन्हें "नींद के अधिकार" से वंचित रखा गया। रन्या की गिरफ्तारी राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) द्वारा की गई थी, जब वह दुबई से बेंगलुरु लौट रही थीं। इस मामले ने कर्नाटक में खासी सुर्खियां बटोरी हैं, खासकर इसलिए क्योंकि रन्या एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी की सौतेली बेटी हैं।रान्या राव की जमानत पर कोर्ट आदेश 14 मार्च तक सुरक्षित . "महिला होने के बावजूद आराम नहीं दिया गया" रान्या राव की वकील किरण जावली ने अदालत में कहा कि 3 मार्च की शाम से 4 मार्च की सुबह 7 बजे तक तीन बार पूछताछ के लिए समन भेजा गया, जिससे यह स्पष्ट होता है कि राव को "महिला होने के बावजूद" आराम करने या सोने की अनुमति नहीं दी गई। इससे पहले, सोमवार को अदालत में पेशी के दौरान राव ने दावा किया था कि हिरासत में उनसे दुर्व्यवहार किया गया और उन्हें धमकाया गया। सोशल मीडिया पर उनकी सूजी हुई आंखों और चेहरे पर चोट के निशान वाली तस्वीरें सामने आने के बाद यह मामला और चर्चा में आ गया। हालांकि, गिरफ्तारी मेमो में पहले से ही उनकी आंखों के नीचे चोट के निशान दर्ज थे। रन्या के वकील ने विशेष अदालत में तर्क दिया कि उनकी मुवक्किल को गिरफ्तारी के बाद उनके अधिकारों की जानकारी नहीं दी गई और पूछताछ के दौरान उन्हें नींद से वंचित रखा गया। वकील ने यह भी दावा किया कि रन्या का बयान "स्वैच्छिक नहीं" था और डीआरआई द्वारा प्रोटोकॉल का उल्लंघन किया गया। गिरफ्तारी घोषणा का दस्तावेज गायब है। उन्होंने कहा कि सीमा शुल्क अधिनियम की धारा 102 के तहत तुरंत मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश करने की मांग की गई थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। उन्होंने अदालत से आग्रह किया कि रन्या के बयान को सबूत के तौर पर स्वीकार न किया जाए। इसके अलावा, यह तर्क भी दिया गया कि "महिलाओं को हत्या जैसे गंभीर मामलों में भी जमानत मिल रही है," तो रन्या को भी राहत दी जानी चाहिए। "फंसाई गई हैं" रन्या ने पूछताछ के दौरान दावा किया कि वह "फंसाई गई हैं" और उनकी कोई गलत मंशा नहीं थी। हालांकि, उनके आधिकारिक बयान में उन्होंने सोने की छड़ों की मौजूदगी को स्वीकार किया था, जिससे जांच में विरोधाभास पैदा हुआ है। डीआरआई ने उनके मोबाइल फोन और लैपटॉप को जब्त कर लिया है और उनकी संचार रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। अदालत ने रन्या की जमानत याचिका पर फैसला सुरक्षित रखा है और डीआरआई को जांच के लिए और समय दिया गया है। इस बीच, रन्या के दोस्त तरुण राजू को भी इस मामले में गिरफ्तार किया गया है, जो बेंगलुरु के एक बड़े होटल मालिक के पोते हैं। यह मामला अब राजनीतिक रंग भी ले चुका है, जिसमें विपक्षी दल बीजेपी ने कांग्रेस सरकार पर "प्रभावशाली लोगों को बचाने" का आरोप लगाया है। क्या है पूरा मामला? 3 मार्च को दुबई से लौटने पर रान्या राव को बेंगलुरु एयरपोर्ट पर डीआरआई अधिकारियों ने गिरफ्तार किया था। उनके पास से 14.56 करोड़ रुपये मूल्य के सोने की छड़ें बरामद की गईं, जिन्हें कमर और पैरों के अंदरूनी हिस्सों में छिपाया गया था। छापेमारी में उनके घर से 2 करोड़ रुपये मूल्य का अतिरिक्त सोना और 2.67 करोड़ रुपये नकद बरामद किए गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, रान्या राव ने पिछले 15 दिनों में चार बार दुबई की यात्रा की थी, और पिछले एक साल में 27 बार विदेश गई थीं। जांच एजेंसियों का मानना है कि वह एक बड़े तस्करी नेटवर्क का हिस्सा थीं और प्रति किलोग्राम सोने की तस्करी के लिए 5 लाख रुपये तक कमीशन लेती थीं। सौतेले पिता ने किया किनारा रान्या राव के सौतेले पिता और कर्नाटक स्टेट पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के चेयरमैन एवं एमडी रामचंद्र राव ने इस मामले से खुद को अलग कर लिया है। उन्होंने कहा, "मैं इस खबर से स्तब्ध और निराश हूं। मेरी रान्या से शादी के बाद से कोई बातचीत नहीं हुई, और मुझे उसके पति जतिन हुक्कर के व्यवसाय की कोई जानकारी नहीं है।" हालांकि, कर्नाटक सरकार ने उनके खिलाफ अलग से जांच के आदेश दे दिए हैं। recent visitors 40

रान्या राव कांड: DRI ने अभिनेत्री से की पूछताछ, CBI ने शुरू की इंटरनेशनल गोल्ड स्मगलिंग रैकेट की जांच

 बेंगलुरु कन्नड़ फिल्म एक्ट्रेस रन्या राव की गिरफ्तारी के बाद सीबीआई ने अंतरराष्ट्रीय सोने की तस्करी के एक बड़े नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है. रन्या राव को डायरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) ने 4 मार्च 2025 को बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से गिरफ्तार किया था. वह दुबई से 14.8 किलोग्राम सोना तस्करी कर लाने की कोशिश कर रही थीं. इस सोने की कीमत लगभग 12 करोड़ रुपये आंकी गई है. सूत्रों के मुताबिक, सीबीआई की टीमें मुंबई और बेंगलुरु हवाई अड्डों पर तैनात की गई हैं ताकि इस तस्करी नेटवर्क की गहराई से जांच की जा सके. इस मामले में घरेलू एजेंटों और अंतरराष्ट्रीय तस्करों के बीच कनेक्शन को उजागर करने की कोशिश की जा रही है, क्योंकि यह नेटवर्क अत्याधुनिक तरीकों से काम कर रहा था और इसमें बड़ी मात्रा में सोने की तस्करी की गई थी. एक साल में 30 बार दुबई गईं रन्या राव जांच में सामने आया है कि रन्या राव पिछले एक साल में लगभग 30 बार दुबई गई थीं और हर बार वे सोने की तस्करी में शामिल थीं. डीआरआई की कार्रवाई के दौरान उनके पास से 12.56 करोड़ रुपये की कीमत के सोने के बिस्किट बरामद किए गए. इसके अलावा, उनके घर की तलाशी में 2.06 करोड़ रुपये के सोने के आभूषण और 2.67 करोड़ रुपये नकद बरामद हुए, जिससे कुल जब्ती की राशि 17.29 करोड़ रुपये हो गई. अंतरराष्ट्रीय तस्करों का भंडाफोड़ करेगी सीबीआई रन्या राव की गिरफ्तारी के बाद मामला और गंभीर हो गया है क्योंकि वह कर्नाटक स्टेट पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के डीजीपी रामचंद्र राव की सौतेली बेटी हैं. जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि क्या इस तस्करी में किसी कानूनी अधिकारी या उनके परिवार की संलिप्तता थी. सूत्रों का कहना है कि जांच में सीबीआई के जुड़ने से अधिकारियों को इस रैकेट में शामिल अंतरराष्ट्रीय तस्करों का पता लगाने में मदद मिलेगी. मुख्य हवाई अड्डों पर जांच दलों को तैनात कर तस्करी गिरोह का पर्दाफाश करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए रणनीति बनाई जा रही है. इस मामले को 2020 के केरल गोल्ड स्मगलिंग कांड से भी जोड़ा जा रहा है, जिसमें राजनयिक चैनलों का दुरुपयोग कर सोने की तस्करी की गई थी और कई अधिकारियों की मिलीभगत सामने आई थी.  Ranya Rao को पति जतिन ने सोने की तस्करी में धकेला!    जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ रही है उनके तस्करी में शामिल होने के बारे में चौंकाने वाली जानकारी सामने आ रही है। ताजा जानकारी के मुताबिक उनके पति जतिन हुकरि जो बेंगलुरु में एक आर्किटेक्ट हैं पर आरोप है कि रान्या ने उनसे शादी के बाद सोने की तस्करी शुरू की थी। जतिन हुकरि कौन हैं? रान्या को बुधवार को बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर 14.2 किलोग्राम सोने के बिस्किट के साथ पकड़ा गया है।  रान्या की शादी आर्किटेक्ट जतिन हुकरि से हुई है। पुलिस का कहना है कि जतिन और रान्या ने दुबई कई बार यात्रा की है। एक साल में लगातार 10 यात्रा करने पर अधिकारियों को उन पर शक हुआ और उन पर नजर रखी जाने लगी। डीआरआई अधिकारियों ने उनके घर की तलाशी ली और रु 2.06 करोड़ का सोना और रु 2.67 करोड़ की भारतीय मुद्रा जब्त की जिससे जांच और भी तेज हो गई। जतिन हुकरि ने बेंगलुरु के आरवी कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग से आर्किटेक्चर में स्नातक की डिग्री प्राप्त की। इसके बाद उन्होंने लंदन के रॉयल कॉलेज ऑफ आर्ट से शिक्षा ली। एक यात्रा में इतनी होती थी रान्या की कमाई रान्या ने हर बार केम्पेगौड़ा हवाई अड्डे पर सोने की तस्करी के दौरान अपने पिता का नाम इस्तेमाल किया ताकि वह कड़ी जांच से बच सकें। रिपोर्ट के अनुसार दुबई हवाई अड्डे पर पहुंचने के बाद रान्या को टॉयलेट में सोना सौंपा जाता था। फिर वह सोने के बर्फों को अपनी कमर के चारों ओर बेल्ट की तरह बांधकर भारत लौट आती थी। बेंगलुरु में वह अपने सौतेले पिता का नाम इस्तेमाल करती थी ताकि जांच से बच सके। यह भी कहा जाता है कि वह हर बार एक ही कपड़े और बेल्ट पहनती थी और कुछ  रिपोर्ट्स के अनुसार वह पुलिस एस्कॉर्ट के साथ घर भी जाती थी। एक साल में 10 बार की दुबई की यात्रा प्रारंभिक जांच में यह पता चला है कि रान्या ने पिछले एक साल में दुबई 10 से ज्यादा बार यात्रा की और हर बार सोने की तस्करी की। डीआरआई सूत्रों के अनुसार उसे हर किलो सोने की तस्करी पर 1 लाख रुपये की रकम मिलती थी और उसने हर यात्रा में 13 लाख रुपये तक की कमाई की। रान्या राव ने फिल्म उद्योग में अपने करियर की शुरुआत फिल्म ‘मणिक्य’ से की थी, जिसमें सुदीप मुख्य भूमिका में थे। इसके बाद उन्होंने चार और फिल्मों में अभिनय किया। अभिनेत्री को मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया। जहां से उन्हें 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।   recent visitors 43

Ranya Rao Gold Smuggling: सोने की तस्करी के लिए Dubai से तस्करों का क्या है खास कनेक्शन

बेंगलुरु कन्नड़ अभिनेत्री रन्या राव रंगे हाथों गोल्ड स्मगलिंग केस में पकड़ी गईं. इस वाकये के बाद सोने की तस्करी का मुद्दा पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है. लोगों के मन में कई सवाल खड़े हो रहे हैं. सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब दुनियाभर के एयरपोर्ट पर इतनी सघन चेकिंग की जाती है तो फिर रन्या राव दुबई से 12.86 करोड़ रुपए का 14 किलो सोना लेकर कैसे आ गई. डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) की अब तक की पड़ताल में सामने आया है कि एक्ट्रेस रन्या राव गोल्ड स्मगलिंग के लिए अलग-अलग ट्रिक इस्तेमाल करती थी. पिछले एक साल में कन्नड़ एक्ट्रेस ने करीब 30 बार दुबई की यात्रा की. अनुमान है कि अपनी ट्रिक्स की बदौलत ही रन्या राव हर बार दुबई से कई किलो सोना लेकर आई और हर बार रन्या राव को 1 लाख रुपए प्रति किलो के हिसाब से पेमेंट किया गया. ये ट्रिक्स अपनाती थी रन्या राव > पैरों में गोल्ड छिपाना: कन्नड़ एक्ट्रेस रन्या राव को पता था कि वह अपने बॉडी पार्ट जैसे पैरों या कोई अंदरूनी अंग में आराम से सोने की सिल्ली या छड़ छुपाकर ला सकती है और महिला होने के नाते उसकी गहन जांच होने की संभावना भी कम होगी. जानकारी के मुताबिक रन्या राव अपने पैरों (थाई) और कमर पर टेप लगाकर सोने की छड़ों को छिपा लेती थी. > स्पेशल कपड़े: गोल्ड स्मगलिंग करने के लिए रन्या राव ने बकायदा स्पेशल कपड़े डिजाइन करा रखे थे. एक्ट्रेस ने कई ऐसी जैकेट्स बनवाई थीं, जिसकी मदद से वह आराम से गोल्ड स्मगलिंग कर लेती थी. ये जैकेट्स पूरी तरह से मॉडिफाइड होती थीं. इसके अलावा कन्नड़ एक्ट्रेस रिस्ट बेल्ट का भी इस्तेमाल करती थी. हाथ में इस बेल्ट को बांधकर रन्या राव इसके अंदर भी गोल्ड छुपाकर लाती थी. > जांचकर्मियों संग मिलीभगत: तस्करी करते वक्त पकड़ी न जाए इसलिए रन्या राव ने एयरपोर्ट पर तैनात सुरक्षाकर्मियों से भी सेटिंग कर रखी थी. जांच में सामने आया है कि बेंगलुरु एयरपोर्ट पर तैनात कांस्टेबल बसवराज ने रन्या की मदद की थी. जब अधिकारियों ने एक्ट्रेस की जांच करनी चाही तो बसवराज ने उन्हें रोकते हुए कहा कि,'तुम्हें पता है ये कौन हैं? ये डीजीपी रामचंद्र राव की बेटी.' रन्या राव का कैसे हुआ पर्दाफाश? एक्ट्रेस रन्या राव 3 मार्च को दुबई से बेंगलुरु इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंची थी. रन्या ने 15 दिनों के भीतर दुबई की चार ट्रिप की, जिससे संदेह पैदा हुआ. बेंगलुरु एयरपोर्ट पर उनकी मदद के लिए पहले से ही बसवराजू नाम का एक पुलिस कांस्टेबल तैयार था. उसी की मदद से एक्ट्रेस ने सिक्योरिटी चेक से बच निकलने की कोशिश की, लेकिन DRI की टीम उस पर पहले से ही नजर बनाए हुई थी. DRI ने रन्या को सोने की खेप के साथ रंगे हाथों पकड़ लिया. जांच के दौरान अधिकारियों ने उसके जैकेट में छिपा विदेशी मूल का 14.2 किलोग्राम सोना बरामद किया, जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत 12.56 करोड़ रुपये है.   recent visitors 59

कन्नड़ अभिनेत्री रान्या राव को दुबई से 12 करोड़ रुपये का 14.8 किलोग्राम सोना तस्करी करने के आरोप में बेंगलुरु हवाई अड्डे पर गिरफ्तार

बेंगलुरु बेंगलुरु अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कन्नड़ फिल्म अभिनेत्री रान्या राव को 12 करोड़ रुपये मूल्य के 14.8 किलोग्राम सोने की तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने गुप्त सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की. जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि क्या रान्या किसी बड़े तस्करी गिरोह का हिस्सा थीं और क्या इसमें किसी सरकारी अधिकारी की संलिप्तता है.   सोमवार रात दुबई से एमिरेट्स फ्लाइट के जरिए भारत लौटने पर DRI अधिकारियों ने रान्या राव को हिरासत में लिया. मंगलवार को उन्हें आर्थिक अपराध न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया.   बार-बार दुबई जाने से पुलिस को हुआ शक DRI अधिकारियों के मुताबिक, रान्या राव पिछले 15 दिनों में चार बार दुबई जा चुकी थीं, जिससे उन पर संदेह बढ़ा. एजेंसियों को शक था कि वह अवैध गतिविधियों में संलिप्त हो सकती हैं. जब वह बेंगलुरु वापस लौटीं, तो अधिकारियों ने एक विशेष अभियान चलाकर उन्हें पकड़ लिया. पुलिस अधिकारी की बेटी, मशहूर फिल्मों में कर चुकी हैं अभिनय 32 वर्षीय रान्या राव आईपीएस अधिकारी रामचंद्र राव की बेटी हैं, जोकि कर्नाटक में पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के निदेशक जनरल (DGP) हैं। एक्ट्रेस ने कन्नड़ फिल्मों माणिक्य (जिसमें सुदीप मुख्य भूमिका में थे) और पटाखी (जिसमें गणेश मुख्य भूमिका में थे) में काम किया है। इसके अलावा, वह तमिल फिल्म वागाह में विक्रम प्रभु के साथ नजर आई थीं। कपड़ों में छिपाकर लाई थी सोना जांच में सामने आया है कि रान्या ने सोने की छड़ों को अपने कपड़ों के अंदर छिपाकर तस्करी की थी. उन्होंने भारी मात्रा में सोना अपने जैकेट के अंदर छिपाया हुआ था, साथ ही उन्होंने खुद भी सोने के आभूषण पहने हुए थे. अधिकारियों को शक है कि उन्होंने अपने रसूख का इस्तेमाल कर कस्टम चेकिंग से बचने की कोशिश की.   बचने के लिए खुद बताई IPS अधिकारी की बेटी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रान्या ने एयरपोर्ट पर खुद को कर्नाटक स्टेट पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के डीजीपी रामचंद्र राव की बेटी बताया और स्थानीय पुलिस अधिकारियों से संपर्क कर एस्कॉर्ट सेवा की मांग की. अब यह जांच की जा रही है कि क्या उनके पिता या अन्य पुलिस अधिकारी इस मामले में संलिप्त थे या फिर उन्हें गुमराह किया गया था.   तस्करी नेटवर्क की जांच जारी   DRI अधिकारियों के अनुसार, यह केवल व्यक्तिगत तस्करी का मामला नहीं हो सकता. रान्या राव के दुबई और भारत के बीच सोने की तस्करी करने वाले किसी बड़े सिंडिकेट से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है. फिलहाल, उनसे बेंगलुरु के HBR लेआउट स्थित DRI मुख्यालय में पूछताछ जारी है.   साउथ इंडियन सिनेमा में जाना-पहचाना नाम   रान्या राव कन्नड़ फिल्म "माणिक्य" (2014) में सुपरस्टार सुदीप के साथ काम कर चुकी हैं. इसके अलावा उन्होंने तमिल और तेलुगु फिल्मों में भी अभिनय किया है. हालांकि, इस तस्करी कांड के बाद उनकी छवि को तगड़ा झटका लगा है. एक्ट्रेस ने ब्लैकमेल किए जाने का किया दावा! पूछताछ के दौरान, रान्या राव ने दावा किया कि उन्हें सोने की तस्करी के लिए ब्लैकमेल किया जा रहा था. इस बीच, कांस्टेबल बसवराजू को हिरासत में लेकर उनके बयान को दर्ज किया गया है. उनकी गिरफ्तारी के बाद अधिकारियों ने मार्च 4 को उनके निवास पर छापा मारा. यहां से 2.67 करोड़ रुपये कैश और 2.06 करोड़ रुपये मूल्य का सोना बरामद किया गया. इस छापे में तीन बड़े बॉक्स भी जब्त किए गए, जिससे कुल जब्ती मूल्य 17.29 करोड़ हो गया. 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजी गईं रान्या राव रान्या राव को 1962 के कस्टम्स एक्ट के तहत 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. वह फिलहाल परप्पाना अग्रहरा सेंट्रल जेल के क्वारंटाइन सेल में हैं, जबकि जांच जारी है. एक्ट्रेस ने जमानत के लिए भी आवेदन किया है, लेकिन इस मामले में DRI ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है.   recent visitors 59