इंदौर में हुई 36 मौतों में कोई दोषी नहीं, मामले में ट्रस्ट के दोनों पदाधिकारी बरी

इंदौर मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में 2 साल पहले हुए चर्चित बेलेश्वर बावड़ी हादसे में बड़ा अपडेट सामने आया है। 100 से अधिक लोगों में 36 लोगों की जान जान जाने का दर्दनाक हादसा हुआ था। हादसे में महादेव झूलेलाल मंदिर न्यास के अध्यक्ष सेवाराम गलानी और सचिव मुरली कुमार सबनानी को 22 मार्च 2024 को पुलिस ने अरेस्ट किया था। इस हादसे की दूसरी बरसी के कुछ दिनों बाद ही इंदौर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला सामने आया है। भारतीय दंड विधान की धारा 304 (गैर इरादतन हत्या) के तहत दर्ज शिकायत में अरेस्ट हुए अध्यक्ष और सचिव को कोर्ट से बरी कर दिया है। एक साल तक चले ट्रायल के बाद गुरुवार को जिला कोर्ट ने दोषमुक्त कर दिया है। साथ ही पुलिस पर सही से जांच नहीं करने की बात कही। 33 लोगों की हुई गवाही बावड़ी हादसे में गलानी और सचवि सबनानी के लिए वकील राघवेंद्र सिंह बैस ने केस लड़ा। इस मामले में सुनवाई के दौरान 33 गवाह पेश किए गए। सुनवाई में यह सामने आया कि आसपास रहने वालों के साथ ही अन्य लोगों को भी यह नहीं पता था कि नीचे बावड़ी है। इन हालातों में मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों की कोई गलती नहीं है। कोर्ट ने कहा कि ऐसे में अध्यक्ष और सचिव को बिना वजह आरोपी बनाया गया। इस बारे में जानकारी देते हुए बचाव पक्ष के एक वकील राघवेंद्र सिंह बैस ने मीडिया कर्मियों को बताया कि इस केस का फैसला अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ने सुनाया, जिन्होंने बेलेश्वर महादेव झूलेलाल मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष सेवाराम गलानी और सचिव मुरली कुमार सबनानी को भारतीय दंड विधान की धारा 304 (गैर इरादतन हत्या), धारा 323 (जान-बूझकर चोट पहुंचाना) और धारा 325 (जान-बूझकर गंभीर चोट पहुंचाना) के आरोपों से मुक्त कर दिया। उन्होंने कहा,‘अदालत ने मेरे दोनों मुवक्किलों को सबूतों के अभाव में आरोपों से बरी किया।’ बैस के मुताबिक अभियोजन पक्ष ने उनके दोनों मुवक्किलों पर आरोप साबित करने के लिए अदालत में कुल 33 गवाह पेश किए थे जिनमें कुछ सरकारी अधिकारी भी थे। बचाव पक्ष के वकील बैस ने बताया कि गवाहों में शामिल इंदौर विकास प्राधिकरण के एक अधिकारी ने अदालत में बयान दिया कि हादसे से जुड़ी बावड़ी सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज ही नहीं है। बचाव पक्ष के वकील ने कहा कि मामले की सुनवाई के दौरान इंदौर नगर निगम के कर्मचारियों ने भी इस बावड़ी को लेकर अनभिज्ञता जताई, जबकि निगम का एक कार्यालय घटनास्थल के एकदम पास स्थित है। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि बेलेश्वर महादेव झूलेलाल मंदिर का फर्श 30 मार्च 2023 को रामनवमी के मौके पर हो रहे हवन-पूजन के दौरान ढह गया था। इस दौरान फर्श के नीचे बनी बावड़ी में गिरकर 21 महिलाओं और दो बच्चों समेत 36 लोगों की जान चली गई थी। प्रशासन ने हादसे के चार दिन बाद 3 अप्रैल 2023 को बेलेश्वर महादेव झूलेलाल मंदिर के देवी-देवताओं की मूर्तियां अन्य देवस्थान में पहुंचाई थीं। इसके बाद आम लोगों की सुरक्षा का हवाला देते हुए बेलेश्वर महादेव झूलेलाल मंदिर को ढहा दिया था। और भीषण हादसे की गवाह रही बावड़ी को मलबा डालकर हमेशा के लिए बंद कर दिया था।   recent visitors 40

एमपी में 900 करोड़ का एंबुलेंस घोटाला! कांग्रेस नेता जयवर्धन सिंह का सनसनीखेज खुलासा, जानें क्या कहा?

Ambulance scam 900crore in MP

Ambulance scam 900crore in MP ! Sensational disclosure by Congress leader Jaivardhan Singh, know what he said? Ambulance scam of Rs 900 crore in MP भोपाल ! Ambulance scam 900crore in MP कांग्रेस विधायक और पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने मध्य प्रदेश सरकार में एक बड़े घोटाले का पर्दाफाश करने का दावा किया। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया है कि वह पिछले ढाई साल में दो हजार एंबुलेंस के लिए 900 करोड़ रुपये का भुगतान कर चुकी है, जो एक बड़े भ्रष्टाचार की ओर इशारा करता है। इस मामले को गंभीर बताते हुए उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने ढाई साल में एंबुलेंस के लिए किराये के तौर पर छत्तीसगढ़ की एक निजी कंपनी को जो पैसा दिया है, वह एंबुलेंस की कीमत से तीन गुना ज्यादा है। जयवर्धन सिंह ने कहा कि हर सरकार का दायित्व होता है कि राज्य में चिकित्सा सुविधाओं पर नियंत्रण हो और उसकी गुणवत्ता अच्छी हो। मैंने विधानसभा में एक सवाल पूछा था कि एंबुलेंस के लिए प्रदेश सरकार ने अब तक कितना भुगतान किया है। मुझे जानकारी मिली कि पिछले ढाई साल में छत्तीसगढ़ की एक निजी कंपनी जय अम्बे इमरजेंसी सर्विसेज को 900 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। इस कंपनी के पास करीब दो हजार एंबुलेंस हैं और इसका औसत किराया प्रति एंबुलेंस 45 लाख रुपये दिया गया है। एनएचएम के तहत मिलने वाले पैसों का गलत इस्तेमाल उन्होंने कहा कि अगर आप इसकी तुलना करें तो एक पूरी तरह से सुसज्जित एंबुलेंस, जिसमें हर आधुनिक उपकरण जैसे वेंटिलेटर और ऑक्सीजन की व्यवस्था हो, उसकी अधिकतम कीमत 20 लाख रुपये होती है। लेकिन, यहां सरकार 45 लाख रुपये किराये के रूप में भुगतान कर चुकी है। यह सीधा-साधा भ्रष्टाचार और सरकारी धन का दुरुपयोग है। यह सब राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के तहत मिलने वाले केंद्र सरकार के पैसों का गलत इस्तेमाल है। कम से कम 600 से 700 करोड़ रुपये का भ्रष्टाचार हुआ है। इसमें भाजपा के दलाल, कुछ सरकारी अधिकारी और यह छत्तीसगढ़ी निजी कंपनी शामिल हैं, जिन्होंने सरकारी पैसों का गबन किया है। इस पैसे को स्वास्थ्य सेवाओं के लिए प्रयोग किया जाना चाहिए था, जिससे लाखों बच्चों और गर्भवती महिलाओं की मदद हो सकती थी। Read more: Ladli Laxmi Yojana: मध्य प्रदेश के कई जिलों में लाड़ली लक्ष्मी योजना के लिए बजट ही नहीं कंपनी को जारी किए गए थे 40 नोटिस उन्होंने इस घोटाले के कई उदाहरण भी पेश किए। उन्होंने कहा कि गुना से एक बच्चा भोपाल इलाज के लिए जा रहा था, लेकिन रास्ते में ऑक्सीजन खत्म हो गया और बच्चे की मौत हो गई। ऐसे कई मामले सामने आए हैं। जयवर्धन सिंह ने यह भी बताया कि जय अम्बे कंपनी के खिलाफ 40 से अधिक नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन सरकार ने इसके बावजूद इस कंपनी को पूरा भुगतान किया। Ambulance scam 900crore in MP दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो कांग्रेस विधायक ने बताया कि वह इस मामले में लोकायुक्त और आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (ईओडब्ल्यू) में शिकायत करने का निर्णय ले चुके हैं। उन्होंने कहा, “मैंने तय किया है कि मैं इस मामले में लोकायुक्त और ईओडब्ल्यू में शिकायत करूंगा ताकि इस पूरे घोटाले की जांच हो सके। जिन लोगों ने सरकारी पैसों का दुरुपयोग किया है, उन्हें सजा मिलनी चाहिए और इस घोटाले में शामिल हर व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। यह घोटाला एक बड़े खेल का हिस्सा है, जिसे पूरी तरह से उजागर किया जाना चाहिए ताकि सरकारी पैसों का सही उपयोग हो सके और स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार हो। recent visitors 99

सीएम राइज स्कूल के छात्रों को मिलेगी बड़ी सौगात, मिलेगी स्कूल बस सेवा, महंगे वेन और ऑटो से मुक्ति

जबलपुर जिले के सीएम राइज स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को स्कूल आने-जाने में परेशानी नहीं होगी। इन स्कूलों में बस सेवा शुरू की जाएगी। विभाग ने टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली है। बसों के संचालन के लिए जिले से बाहर की एजेंसी आई हैं। 12 एजेंसियों ने दिखाई रुचि निविदा की प्रक्रिया संभागीय संयुक्त संचालक जबलपुर संभाग के माध्यम से की गई। 12 एजेंसियों ने बस के संचालन के लिए इच्छा जताई है। विभाग एजेंसी के मापदंडों की जांच कर रहा है। इस पखवाडे़ में यह प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। बसों के संचालन की जवाबदारी संबंधित स्कूल के प्राचार्य की होगी। रूटों का निर्धारण अभी नहीं किया गया है। विदित हो कि एक साल पहले भी यही कवायद की गई थी लेकिन केवल दो एजेंसियों ने ही इसमें रुचि दिखाई थी। 50 बसों का होगा संचालन जिले के दस सीएम राइज स्कूलों का संचालन किया जा रहा है। इन स्कूलों में सीएम राइज स्कूल कन्या करौंदीग्राम, सीएम राइज स्कूल मेडिकल, सीएमराइज स्कूल अधारताल के अलावा सीएम राइज स्कूल कुंडम , सिहोरा, सिंगौद, शहपुरा, पाटन व सीएमराइज स्कूल मझौली शामिल है। इसके लिए करीब 50 बसों को चलाया जाएगा। CM Rise school : सीएम राइज स्कूलों में बसों के संचालन के लिए तेजी से प्रयास किए जा रहे हैं। बसों के लिए टेंडर प्रक्रिया कर ली गई है। इस माह तक सभी औपचारिकताओं को पूरा कर लिया जाएगा।     प्राचीश जैन, संभागीय संयुक्त संचालक शिक्षा recent visitors 48

भोपाल के दरवेश बर्तन भंडार पर खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई

Bhopal's Darvesh utensils store

Food department takes big action on Bhopal’s Darvesh utensils store भोपाल। प्रदेश के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत के निर्देश पर राजधानी भोपाल में उपभोक्ताओं के अधिकारों की अनदेखी करने और तौल यंत्र में गड़बड़ी करने वाले व्यापारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी है। इसी तारतम्य में दरवेश बर्तन भंडार, रोशनपुरा नाका में भारी अनियमितताओं का खुलासा हुआ है, जहां ग्राहकों से ठगी की जा रही थी। खाद्य एवं नाप-तौल विभाग की टीम ने मौके पर निरीक्षण कर संस्थान के स्वामी अशोक कुमार तेजवानी के खिलाफ मामला दर्ज किया और इलेक्ट्रॉनिक तौल यंत्र को ज़ब्त कर लिया। शिकायतों के आधार पर जब खाद्य विभाग की टीम ने निरीक्षण किया, तो पाया गया कि ग्राहकों को सामान पन्नी और कागज की पैकिंग सहित तौला जा रहा था। यह सीधे तौर पर ग्राहकों को आर्थिक नुकसान पहुंचाने और उपभोक्ता अधिकारों के उल्लंघन का मामला था। इतना ही नहीं, इलेक्ट्रॉनिक तौल यंत्र का समय पर सत्यापन भी नहीं कराया गया था, जो कि विधिक माप विज्ञान अधिनियम, 2009 के तहत अनिवार्य है। कानूनी प्रावधानों का उल्लंघन : नियमों के अनुसार, किसी भी इलेक्ट्रॉनिक तौल यंत्र को प्रत्येक वर्ष निर्धारित समय पर पुनः सत्यापित कराना अनिवार्य होता है। दरवेश बर्तन भंडार के तौल यंत्र का सत्यापन प्रथम तिमाही A/2024 में हुआ था, जिसे प्रथम तिमाही 2025 में पुनः सत्यापित कराया जाना था, लेकिन दुकानदार ने ऐसा नहीं किया। यह विधिक माप विज्ञान अधिनियम, 2009 की धारा 24/33 का स्पष्ट उल्लंघन है। खाद्य विभाग ने की सख्त कार्रवाई : इस गड़बड़ी को देखते हुए खाद्य विभाग की टीम ने इलेक्ट्रॉनिक तौल यंत्र को ज़ब्त कर लिया और संस्थान के मालिक अशोक कुमार तेजवानी के खिलाफ अपराध प्रकरण पंजीबद्ध कर वरिष्ठ कार्यालय को भेजने की तैयारी कर ली है। इस कार्रवाई में नाप-तौल निरीक्षक गोविन्द प्रसाद रैकवार एवं सहायक विकास चव्हाण शामिल थे। यह कार्रवाई भोपाल के व्यापारियों के लिए एक कड़ा संदेश है कि उपभोक्ता अधिकारों से खिलवाड़ करने पर कानूनी कार्रवाई से कोई नहीं बच सकता। साथ ही, उपभोक्ताओं को भी सतर्क रहने और खरीदारी के समय सही तौल और माप की जांच करने की सलाह दी गई है। प्रदेश में उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे। recent visitors 78

आज कौन मारेगा बाजी?, लखनऊ के आगे हमेशा फीकी पड़ी है मुंबई, आईपीएल 2025 में दोनों टीमों की पहली भिड़ंत है

नई दिल्ली लखनऊ सुपर जाएंट्स वर्सेस मुंबई इंडियंस आईपीएल 2025 का 16वां मैच आज यानी शुक्रवार, 4 अप्रैल को लखनऊ के ईकाना स्टेडियम में खेला जाना है। फैंस की नजरें इस पर टिकी है कि एलएसजी वर्सेस एमआई मुकाबले में से कौन सी टीम जीतेगी। आईपीएल 2025 में यह दोनों टीमों की पहली भिड़ंत है, मगर अभी तक दोनों के बीच इस रंगारंग लीग में जितने भी मुकाबले खेले गए हैं उसमें लखनऊ हमेशा मुंबई पर भारी पड़ा है। ऐसे में एलएसजी के फैंस उम्मीद करेंगे कि उनकी इस रिकॉर्ड को और बेहतर करेंगे। वहीं पिछला मैच जीतकर यहां पहुंची मुंबई की टीम अपने रिकॉर्ड को सुधारकर पॉइंट्स टेबल के टॉप-4 में अपनी जगह बनाना चाहेगी। लखनऊ सुपर जाएंट्स वर्सेस मुंबई इंडियंस हेड टू हेड लखनऊ सुपर जाएंट्स और मुंबई इंडियंस के बीच आईपीएल में अभी तक कुल 6 ही मुकाबले खेले गए हैं। हैरानी की बात यह है कि 5 बार की चैंपियन एमआई को एलएसजी ने इस दौरान 5 बार मात दी है। जी हां, मुंबई ने लखनऊ के खिलाफ एकमात्र मैच 2023 में जीता था। वहीं पिछले तीन मुकाबलों में एलएसजी ने एमआई के खिलाफ जीत की हैट्रिक लगाई है। एलएसजी और एमआई का क्या है पॉइंट्स टेबल में हाल मुंबई इंडियंस ने अपने पिछले मुकाबले में कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ जीत का खाता खोला। वह सीजन की पहली जीत के साथ आईपीएल 2025 पॉइंट्स टेबल में 6ठे पायदान पर है। अगर आज एमआई जीतती है तो उनका पांचवे पायदान पर आना तो तय है क्योंकि उनके ऊपर मौजूद केकेआर का नेट रनरेट मुंबई से कम है। अगर एमआई बड़ी जीत दर्ज करती है तो वह टॉप-4 में भी अपनी जगह बना सकती है। वहीं पिछला मैच हारने के बाद ऋषभ पंत की अगुवाई वाली लखनऊ सुपर जाएंट्स 7वें पायदान पर है। एलएसजी आज जीत के साथ अपनी स्थिति में सुधार करना चाहेगी। recent visitors 42

आज से इंदौर से दिल्ली के लिए स्पेशल ट्रेन का संचालन होगा, इंदौर से पटना के लिए स्पेशल ट्रेन भी शुरू हुई

 इंदौर पश्चिम रेलवे ने ग्रीष्मकालीन अवकाश को लेकर स्पेशल ट्रेन शुरू की है। इंदौर-पुणे स्पेशल ट्रेन के बाद गुरुवार को इंदौर से पटना के लिए स्पेशल ट्रेन रवाना हुई। वहीं आज से इंदौर से दिल्ली के लिए स्पेशल ट्रेन का संचालन होगा। रेलवे ने महू-इंदौर-पटना के बीच गुरुवार से स्पेशल ट्रेन का संचालन शुरू किया है। यह ट्रेन 26 जून तक प्रति गुरुवार महू से और प्रति शुक्रवार पटना से रवाना होगी। महू-इंदौर-पटना एक्सप्रेस गुरुवार शाम 7.15 बजे इंदौर से रवाना हुई और शुक्रवार शाम 6.30 बजे पटना पहुंचेगी। वापसी में यह ट्रेन पटना से शुक्रवार रात 8.20 बजे रवाना होगी और शनिवार रात 11.20 बजे इंदौर पहुंचेगी। ट्रेन दोनों दिशाओं में फतेहाबाद, उज्जैन, मक्सी, संत हिरदाराम नगर, विदिशा, बीना, सागर, दमोह, कटनी मुड़वारा, सतना, मानिकपुर, प्रयागराज छिवकी, मिर्जापुर, पं. दीनदयाल उपाध्याय, बक्सर, आरा और दानापुर स्टेशनों पर रुकेगी। इस ट्रेन में सेकंड एसी, थर्ड एसी, थर्ड एसी इकोनामी, स्लीपर जनरल क्लास कोच रहेंगे। आज रवाना होगी दिल्ली स्पेशल ट्रेन इंदौर-हजरत निजामुद्दीन सुपरफास्ट स्पेशल का संचालन शुक्रवार और रविवार को इंदौर से शाम पांच बजे किया जाएगा। शुक्रवार से यह ट्रेन 29 जून तक संचालित होगी। शुक्रवार को शाम पांच बजे रवाना होकर शनिवार सुबह 5 बजे हजरत निजामुद्दीन स्टेशन पहुंचेगी। वापसी में यह स्पेशल ट्रेन हजरत निजामुद्दीन स्टेशन से प्रति शनिवार और सोमवार को सुबह 8.20 बजे रवाना होकर रात नौ बजे इंदौर पहुंचेगी। ट्रेन दोनों दिशाओं में देवास, उज्जैन, नागदा, शामगढ़, रामगंज मंडी, कोटा, सवाई माधोपुर, गंगापुर सिटी, भरतपुर और मथुरा स्टेशनों पर रुकेगी। इस ट्रेन में सेकंड एसी, थर्ड एसी, स्लीपर और जनरल सेकंड क्लास कोच होंगे। recent visitors 39

कप्तान अजिंक्य रहाणे ने कहा- टीम के लिए यह मैच जीतना बहुत जरूरी था और वह भी बड़े अंतर से

कोलकाता सनराइजर्स हैदराबाद पर 80 रन से मिली जीत के बाद अजिंक्या रहाणे ने अपनी दिल की बात कही है। साथ ही उन्होंने इस मैच में जीत के मायने भी बताए। कोलकाता नाइट राइडर्स के कप्तान अजिंक्य रहाणे ने कहा कि उनकी टीम के लिए यह मैच जीतना बहुत जरूरी था और वह भी बड़े अंतर से। केकेआर ने पहले बल्लेबाजी करते हुए छह विकेट पर 200 रन बनाए और जवाब में सनराइजर्स को 120 रन पर आउट कर दिया। रहाणे ने मैच के बाद कहाकि यह मैच हमारे लिये काफी महत्वपूर्ण था। जीतना और बड़े अंतर से जीतना जरूरी था। हम इस विकेट पर पहले गेंदबाजी करना चाहते थे, लेकिन टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करनी पड़ी। ऐसी थी रणनीति रहाणे ने कहाकि दो विकेट गंवाने के बाद पारी को संभालने पर बात हुई ताकि विकेट हाथ में रहने पर 11वें-12वें ओवर के बाद आने वाले बल्लेबाज तेजी से रन बना सकें। हमने अपनी गलतियों से बहुत कुछ सीखा है। इस मैच से भी बल्लेबाजी ग्रुप के रूप में सीखेंगे। उन्होंने कहाकि जब रिंकू और वेंकटेश बल्लेबाजी कर रहे थे तब लक्ष्य 30 गेंद में 50- 60 रन बनाना था। हम 15 ओवर तक सामान्य तरीके से खेलना चाहते थे और उसके बाद हाथ खोलने थे। हमें लगा था कि 170-180 का स्कोर अच्छा होगा लेकिन रिंकू और वेंकटेश ने आगे तक पहुंचा दिया। गेंदबाजों की तारीफ रहाणे ने अपने गेंदबाजों की तारीफ करते हुए कहाकि हमारे पास तीन बेहतरीन स्पिनर हैं। बदकिस्मती से मोईन नहीं था लेकिन सनी (सुनील नारायण) और वरुण ने अच्छी गेंदबाजी की। वैभव और हर्षित ने भी बढिया प्रदर्शन किया। गौरतलब है कि गत चैम्पियन केकेआर पहले तीन में से दो मैच गंवाने के बाद जीत की राह पर लौटी है। अब उसे मंगलवार को लखनऊ सुपर जायंट्स से खेलना है। वहीं, सनराइजर्स की यह लगातार तीसरी हार थी और अब उसका सामना रविवार को गुजरात टाइटंस से होगा। recent visitors 41