Wednesday, July 8, 2026 1:38 am

Sheopur की पार्वती नदी के रपटा पर आया पानी, ड्राइवर ने उफनती नदी से निकाली बस

 श्योपुर मध्यप्रदेश के श्योपुर में पिछले कई दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं. इसी बीच, कई स्थानों पर लोग अपने गंतव्य पर पहुंचने के लिए जोखिम उठाने से भी बाज नहीं आ रहे. इसी का ताजा उदाहरण श्योपुर- बारां मार्ग पर बने पार्वती नदी के पुल पर देखने को मिला है, जहां बारिश से उफने नदी के पुल को पार करने एक प्राइवेट बस के ड्राइवर ने बड़ी लापरवाही बरत यात्रियों की जान खतरे में डाल दी. घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा यह वीडियो मध्य प्रदेश और राजस्थान की सीमा रेखा पर बहने वाली पार्वती नदी के कुहांजापुर पुल का है, जहां बारां से श्योपुर आ रही एक प्राइवेट  बस को ड्राइवर ने उफनती नदी के पुल से पार करा दिया. यदि जरा सी चूक हो जाती तो बस में सवार यात्रियों के साथ कोई भी अनहोनी हो सकती थी. बस ड्राइवर की बड़ी लापरवाही को पुल पर खड़े एक राहगीरों ने अपने मोबाइल कैमरे में कैद कर वीडियो वायरल कर दिया.   रोंगटे खड़े कर देने वाले इस वीडियो में आप साफ तौर पर देख सकते हैं कि किस तरह पुल के किनारे खड़ी यात्रियों से भरी नीले रंग की बस और एक कार पुल पर 2 फीट पानी होने के बावजूद पुल पार करती नजर आ रही है. पुल के किनारे खड़े कुछ लोग पूरे वाकए को लेकर आपस में बातचीत कर चीख भी रहे हैं. बस तेज बहाव के बीच धीरे-धीरे दूसरे किनारे तक पहुंच जाती है और उसके पीछे पीछे एक कार भी पुल के बहाव से दूसरे किनारे पहुंच जाती है. गनीमत रही कि बस हादसे का शिकार होने से बाल बाल बच गई. लेकिन इस तरह की लापरवाही सामने आने से पुलिस प्रशासन के सुरक्षा इंतजामात की पोल भी खुल रही है. बड़ौदा थाने के टीआई सत्यम गुर्जर ने बताया कि बस राजस्थान बॉर्डर से पुल पार कर निकली है. हमारी सीमा में तो बेरिकेट लगा कर पुलिस जवान तैनात कर रखे हैं. मामले में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.   recent visitors 120

मुहम्मद यूनुस ने पीएम मोदी से फोन पर की बात, कहा-बांग्लादेश में हिंदुओं की सुरक्षा का दिया भरोसा

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बांग्लादेश सरकार की अंतरिम सरकार के प्रमुख मुहम्मद यूनुस से फोन पर बात की है। इस बातचीत में उन्होंने बांग्लादेश की मौजूदा स्थिति पर चर्चा की। पीएम मोदी ने बांग्लादेश के लोकतांत्रिक, स्थिर, शांतिपूर्ण और प्रगतिशील होने के लिए भारत के समर्थन को दोहराया है। इसके अलावा, प्रोफेसर यूनुस ने बांग्लादेश में हिंदुओं और सभी अल्पसंख्यकों की सुरक्षा और संरक्षण का आश्वासन दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट कर इसकी जानकारी दी। उन्होंने ट्वीट में कहा कि उन्होंने बांग्लादेश के मुख्य सलाहकार से बात कर सभी अल्पसंख्यकों के हितों की सुरक्षा पर जोर दिया। उन्होंने यह भी कहा कि भारत हमेशा बांग्लादेश के साथ अपने मजबूत संबंधों को और बेहतर करने के लिए तत्पर है। मोदी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘बांग्लादेश की सरकार के मुख्य सलाहकार मुहम्मद यूनुस ने फोन किया था। मौजूदा स्थिति पर विचारों का आदान-प्रदान किया। लोकतांत्रिक, स्थिर, शांतिपूर्ण और प्रगतिशील बांग्लादेश के लिए भारत के समर्थन को दोहराया। उन्होंने बांग्लादेश में हिंदुओं और सभी अल्पसंख्यकों की रक्षा व सुरक्षा का आश्वासन दिया।’’ बांग्लादेश में शेख हसीना के नेतृत्व वाली सरकार के पतन के बाद आठ अगस्त को मोहम्मद यूनुस ने अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार के रूप में शपथ ली थी। यूनुस के कार्यभार संभालने के बाद मोदी ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए बांग्लादेश में हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यक समुदायों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का आह्वान किया था। प्रधानमंत्री मोदी ने भारत के 78वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर बृहस्पतिवार को उम्मीद जताई थी कि हिंसा प्रभावित बांग्लादेश में हालात जल्द ही सामान्य होंगे। उन्होंने कहा था कि 140 करोड़ भारतीय पड़ोसी देश में हिंदुओं और अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं। उन्होंने लाल किले की प्राचीर से अपने संबोधन में कहा कि भारत शांति के लिए प्रतिबद्ध है और वह बांग्लादेश की विकास यात्रा में उसका शुभचिंतक बना रहेगा। शेख हसीना सरकार के पतन के बाद से बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के सदस्यों के खिलाफ हिंसा बढ़ी है। हसीना नौकरियों में विवादित आरक्षण व्यवस्था को लेकर अपनी सरकार के खिलाफ हुए व्यापक विरोध प्रदर्शनों के बाद प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा दे देश छोड़कर पांच अगस्त को भारत आ गई थीं। ‘बांग्लादेश नेशनल हिंदू ग्रैंड अलायंस’ नामक एक गैर-राजनीतिक हिन्दू संगठन ने दावा किया है कि पांच अगस्त को शेख हसीना के नेतृत्व वाली सरकार के पतन के बाद से 48 जिलों में 278 स्थानों पर अल्पसंख्यक समुदाय को हमलों और धमकियों का सामना करना पड़ा है। संगठन ने इसे ‘हिंदू धर्म पर हमला’ करार दिया है। recent visitors 58

सिंध नदी के तेज बहाव में फंसीं 11 जिंदगी , रातभर जागे सिंधिया, सुबह रेस्क्यू तक प्रशासन से लेते रहे अपडेट

शिवपुरी  केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की सक्रियता अपने क्षेत्र में बढ़ गई है। विकास कार्यों के साथ-साथ वह अपने लोगों की मदद के लिए अभी लगातार आगे आ रहे हैं। 15 अगस्त की रात सिंध नदी में अचानक आए बाढ़ के बीच 12 लोग फंस गए थे। इस बात की जानकारी केंद्रीय मंत्री सिंधिया को मिली तो वह तुरंत बचाव के निर्देश दिए। हालांकि पानी का बहाव इतना तेज था कि एसडीआरएफ की टीम वहां तक नहीं पहुंच सकती थी। ऐसे में बहाव की गति धीमी होने का इंतजार किया जा रहा था। साथ ही दूसरी रणनीति यह थी कि पानी कम नहीं होने पर हेलिकॉप्टर से फंसे हुए लोगों का रेस्क्यू किया जाएगा। इसके साथ ही नदी में एक चरवाहा भी अपनी मवेशी के साथ फंस गया था। सुबह में हुआ सभी का रेस्क्यू यह घटना तहसील कोलारस के भड़ौता ग्राम की थी। 15 अगस्त को सिंध नदी में पुल के पास कुल 11 लोग रपटा पार करते समय सिंध के तेज बहाव में फंस गए । इनमें एक महिला भी शामिल थी। पुल के दोनों ओर चेतावनी और निषेध होने के बावजूद भी ये लोग पुल पार कर रहे थे। इनमें से रात्रि में ही एक महिला और दो पुरुष को बचाव अभियान चला कर सुरक्षित निकाल लिया गया था, शेष बचे 8 लोगों को आज सुबह 6:30 के क़रीब सुरक्षित निकाल लिया गया। इनमें 5 बड़े और तीन नाबालिग बच्चे थे। टापू पर फंस गया था चरवाहा वहीं, मझारी गांव का राजपाल यादव भी पानी में फंस गया था। वह भैंस को चराने निकला था और अकेले टापू पर फंस गया था। चरवाहे को भी प्रशासन ने बचा लिया है। इसके बाद उसने राहत की सांस ली है। बताया जा रहा है कि केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया पूरी तरह रेस्क्यू को लेकर जागते रहे हैं। वह पल-पल के अपडेट अधिकारियों से लेते रहे हैं। मैं कुछ नहीं होने दूंगा सभी के सुरक्षित निकाले जाने के बाद केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अकेले फंसे हुए चरवाहे से फोन पर बात की है। केंद्रीय मंत्री ने पहले चरवाहे का हाल जाना है। इसके बाद कहा कि मैं हूं ना , कुछ नहीं होने दूंगा । इसके बाद चरवाहे के भैंस के बारे में भी जानकारी ली कि उनके मवेशी भी बचा लिए या नहीं । चरवाहे ने कहा कि मवेशी भी बचा लिया गया लेकिन उसे रात में डर लगने लगा था। दो जगह फँसे हुए थे लोग तहसील कोलारस के भड़ौता ग्राम में 15/08/2024 को सिंध नदी में पुल के पास  कुल 11 लोग रात में सिंध नदी का रपटा पार करते समय सिंध के तेज बहाव में फ़स गये । इनमें एक महिला भी शामिल थी।पुल के दोनों और चेतावनी और निषेध होने के बाबजूद भी ये लोग पुल पार कर रहे थे।इनमें से रात्रि में ही १ महिला और २ पुरुष को बचाव अभियान चला कर सुरक्षित निकाल लिया गया था, शेष रहे 8 लोगो को आज सुबह 6:30 के क़रीब सुरक्षित निकाल लिया गया। इनमें 5  वयस्क और तीन नाबालिग बच्चे थे ।  जिन लोगों का रेस्क्यू किया गया उनमें ग्राम भड़ौता के अजीत पुत्र राजेश केवट , करण पुत्र कल्याण केवट, के.पी. पुत्र पंचम गुर्जर ग्राम देहरदा गणेश के पवन पुत्र बलवीर दांगी , रवि पुत्र जगदीश दांगी और खनियाधाना के नासिर पुत्र अब्दुल हलीम, विवेक पुत्र प्रेम खटीक और साहिल पुत्र शाहरुख़ खान शामिल हैं। सभी व्यक्ति सुरक्षित है । एक अकेला चरवाहा भी गया था पानी के कारण टापू में फँस एक व्यक्ति राजपाल यादव निवासी मझारी गाँव इंदार थाना के रहने वाले थे वो भैंस को चराने निकले थे वो अकेले एक टापू पर फंस गए थे. इन्हें भी प्रशासन द्वारा बचा लिया गया है ।. केंद्रीय मंत्री ने चरवाहे से की आत्मिक तरीक़े से फ़ोन पर बात कहा मैं हूँ ना कुछ नहीं होने दूँगा. आज सभी के सुरक्षित निकाले जाने के बाद केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने आत्मिक तरीक़े से अकेले फँसे हुए चरवाहे से फोन पर बात की , केंद्रीय मंत्री ने पहले कुशल मंगल जाना, इसके बाद कहा मैं हूँ ना , कुछ नहीं होने दूँगा । इसके बाद चरवाहे के भैंस के बारे में भी जानकारी ली की उनके मवेशी भी बचा लिए या नहीं । चरवाहे ने कहा था मवेशी भी बचा लिया गया लेकिन उसे रात में डर लगने लगा था. recent visitors 116

उदयपुर में दो स्टूडेंट्स के बीच हुआ झगड़ा, एक स्टूडेंट ने दूसरे पर चाकू से हमला कर दिया, हिंदू संगठनों ने बाजार बंद करवाए

उदयपुर उदयपुर में एक सरकारी स्कूल में शुक्रवार को लंच के समय दो स्टूडेंट्स के बीच झगड़ा इतना बढ़ गया कि एक स्टूडेंट ने दूसरे पर चाकू से हमला कर दिया। यह घटना सूरजपोल थाना क्षेत्र में सुबह करीब 10:30 बजे हुई। घायल स्टूडेंट को तुरंत महाराणा भूपाल (एमबी) हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां उसका इलाज जारी है। पुलिस ने आरोपी व उसके पिता को हिरासत में ले लिया है। घटना के बाद, हिंदू संगठनों ने चेतक सर्किल, हाथीपोल, अश्विनी बाजार, बापू बाजार और घंटाघर एरिया की दुकानों को बंद करवा दिया। कुछ जगह आगजनी भी की गई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है। जिला कलेक्टर अरविंद पोसवाल ने बताया कि आरोपी स्टूडेंट को डिटेन कर लिया गया है और उसके पिता को गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि मामले की पूरी तरह से जांच की जाएगी। दोनों स्टूडेंट्स की उम्र करीब 15 साल है और वे एक ही क्लास में पढ़ते हैं। स्कूल प्रशासन के अनुसार, दोनों पढ़ाई में अच्छे थे और उन्हें पहले कभी झगड़ते हुए नहीं देखा गया था। घटना के बाद स्कूल प्रशासन और टीचर्स भी स्तब्ध हैं। घायल स्टूडेंट के परिवार के लोग घटना की जानकारी मिलते ही हॉस्पिटल पहुंचे। हिंदू संगठनों के लोग भी अस्पताल में एकत्रित हो गए और घटना के खिलाफ नारेबाजी की, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा बढ़ा दी है। वहीं, घटना के बारे में जांच जारी है, और स्कूल प्रशासन भी सहयोग कर रहा है। recent visitors 110

सरकार से ऐक्शन की मांग- राहुल गांधी के पास ब्रिटेन की नागरिकता, HC पहुंचे सुब्रमण्यन स्वामी

नई दिल्ली भाजपा नेता सुब्रमण्यन स्वामी ने राहुल गांधी की नागरिकता के मामले में हाई कोर्ट में अर्जी दाखिल की है। स्वामी ने पिछले सप्ताह ही आरोप लगाया था कि राहुल गांधी के पास ब्रिटेन की नागरिकता है। अब उन्होंने अदालत का रुख किया है और मांग की है कि वह केंद्र सरकार को इस मामले में ऐक्शन लेने को कहे। इसके अलावा कोर्ट से मांग की है कि वह केंद्र सरकार से मेरी शिकायत पर स्टेटस रिपोर्ट मांगे। अगस्त 2019 में सुब्रमण्यन स्वामी ने केंद्र सरकार को पत्र लिखा था। उन्होंने आरोप लगाया था कि राहुल गांधी के पास ब्रिटेन की नागरिकता है और वहां का पासपोर्ट रखते हैं। उन्होंने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 9 का उद्धरण देते हुए कहा था कि वह किसी एक देश के ही नागरिक हो सकते हैं। सिटिजनशिप ऐक्ट 1955 का जिक्र करते हुए स्वामी ने कहा था कि उनसे भारत की नागरिकता छीन लेनी चाहिए। संविधान का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा था कि यदि कोई नागरिक दूसरे देश की सिटिजनशिप लेता है तो फिर उसे भारतीय नागरिता का त्याग करना होगा। इस संबंध में केंद्र सरकार की ओर से राहुल गांधी को 20 अप्रैल, 2019 को एक नोटिस भी भेजा गया था। इस नोटिस का विषय था- नागरिकता के संबंध में शिकायत। स्वामी का कहना था कि ब्रिटेन में पंजीकृत कंपनी बैकलॉप्स लिमिटेड के राहुल गांधी निदेशकों में से एक हैं। उनका दावा था कि कंपनी ने सालाना रिटर्न 2005 और 2006 में फाइल किया था। उसके मुताबिक राहुल गांधी की जन्मतिथि 19 जून, 1970 है। इसके अलावा उन्हें ब्रिटेन का नागरिक बताया गया है। अब स्वामी ने अदालत में कहा है कि मैंने कई बार इस शिकायत पर स्टेटस अपडेट केंद्र सरकार से पूछा है, जिस पर कोई जवाब नहीं मिला। उन्होंने अब अदालत से मांग की है कि वह सरकरा से इस मसले पर कार्रवाई का स्टेटस पूछे। भाजपा नेता ने संविधान के अनुच्छेद 9 का किया जिक्र उन्होंने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 9 का उल्लेख करते हुए कहा था कि वो किसी एक देश के ही नागरिक हो सकते हैं। बता दें कि भारत में एक व्यक्ति को केवल एकल नागरिकता प्रदान की जाती है। केंद्र सरकार द्वारा 20 अप्रैल, 2019 को गांधी को "नागरिकता से संबंधित शिकायत" विषय पर एक नोटिस भेजा गया था। सुब्रमण्यम स्वामी ने पत्र में आगे लिखा था कि बैकऑप्स लिमिटेड नाम की एक कंपनी 2003 में यूनाइटेड किंगडम में पंजीकृत हुई थी, जिसमें राहुल गांधी निदेशक और सचिव थे। उन्होंने आगे आरोप लगाया कि 2005 और 2006 में दाखिल कंपनी के वार्षिक रिटर्न में राहुल गांधी की जन्मतिथि 19 जून, 1970 बताई गई थी और उनकी राष्ट्रीयता ब्रिटिश बताई गई थी। राहुल की नागरिकता पर सवाल उठाते हुए वर्षों पहले सुप्रीम कोर्ट में भी याचिका दाखिल की गई थी. उसमें राहुल की नागरिकता के मामले पर गृह मंत्रालय को जल्द जांच के निर्देश दिए जाने की गुहार लगाई गई थी. तब तत्कालीन चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अगुआई वाली पीठ ने याचिका खारिज कर दी थी. जस्टिस गोगोई ने कहा था कि अगर कोई कंपनी किसी फॉर्म में राहुल गांधी को ब्रिटिश नागरिक बताती है तो इसका मतलब यह नहीं कि वे ब्रिटिश हो गए. इस पूरे विवाद पर राहुल की बहन प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी कहा था कि पूरे देश को पता है कि राहुल भारत में जन्मे हैं और भारतीय हैं. recent visitors 127

कौशल विकास मंत्री केदार कश्यप ने की समीक्षा, छत्तीसगढ़ के युवाओं को स्थानीय रोजगार की मांग अनुसार प्रशिक्षण दिलाएं

रायपुर. मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मंशा के अनुरूप युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए स्थानीय उद्योगों के मांग के अनुसार प्रशिक्षण दिया जाएगा। कौशल विकास मंत्री श्री केदार कश्यप ने आज मंत्रालय महानदी भवन स्थित सभा कक्ष में छत्तीसगढ़ राज्य कौशल विकास प्राधिकरण एवं राज्य परियोजना लाईवलीहुड कॉलेज सोसायटी के अंतर्गत संचालित कौशल प्रशिक्षण की गतिविधियों की समीक्षा की। मंत्री श्री कश्यप ने राज्य के युवाओं और महिलाओं को अधिक से अधिक रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण देकर उन्हें आजीविकामूलक गतिविधियों से जोड़ना है, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सके। बैठक में कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार विभाग के सचिव श्री एस. भारतीदासन एवं छत्तीसगढ़ राज्य कौशल विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री राजेश सिंह राणा सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि प्रशिक्षित युवाओं को स्वयं का रोजगार स्थापित करने हेतु संभागवार बैंक में लंबित प्रकरणों की समीक्षा कलेक्टर स्तर पर किये जाने हेतु निर्देशित किया। उन्होंने बस्तर क्षेत्र में स्थानीय आवश्यकताओं जैसे बेलमेटल, बॉस शिल्प, टेराकोटा एवं इमली, लाख, हर्रा बहेरा, छिन्द, फुड प्रोसेसिंग इत्यादि कोर्स में तथा बाजार मांग के अनुरूप ट्रेडों का चिन्हांकन कर प्रशिक्षण देने के लिए उचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने युवाओं में सोशल मिडिया के प्रति रूचि एवं इस क्षेत्र में स्वरोजगार की संभावना को देखते हुए सोशल मिडिया से संबंधित कोर्स में संचालित करने को कहा। मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि नियद नेल्लानार योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक युवाओं का सर्वे कर उनकी रूचि के अनुसार कौशल प्रशिक्षण जिला मुख्यालय अथवा उनके निवास स्थान के समीप प्रशिक्षण केन्द्र में प्रशिक्षण कराया जाए। उन्होंने प्रधानमंत्री जनमन योजना के अंतर्गत विशेष पिछ्डी जनजातियों के युवाओं को लाईवलीहुड कॉलेज द्वारा संचालित आजीविका विकास कार्यक्रम अथवा अन्य कौशल प्रशिक्षण योजनाओं के तहत प्रशिक्षण दिए जाने के निर्देश दिए। मंत्री श्री कश्यप ने बस्तर संभाग के जिलों में निर्माणाधीन छात्रावास को जल्द से जल्द गुणवत्तापूर्ण निर्माण सुनिश्चित कर प्रशिक्षण प्रारंभ कराए जाने के संबंध में आवश्यक कार्यवाही हेतु अधिकारियों को निर्देशित किया। recent visitors 140

‘कोलकाता, बिहार, उत्तराखंड और यूपी में महिलाओं के साथ हुई क्रूरताओं ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया: प्रियंका गांधी

नई दिल्ली कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने कोलकाता में महिला डॉक्टर के साथ हुई दरिंदगी और हत्या समेत हाल ही में देश में महिला अत्याचार की हुई अन्य घटनाओं को लेकर शुक्रवार को एक ट्वीट किया। जिसमें उन्होंने इन घटनाओं को लेकर भारी नाराजगी जताई और कहा कि इन क्रूरताओं ने देश को झकझोर कर रख दिया है। उनका कहना था कि ऐसे मामलों में बार-बार नरमी, आरोपियों को राजनीतिक संरक्षण और दोषियों को जमानत या पैरोल देने से महिलाओं का मनोबल गिरता है। उन्होंने पूछा कि जब सरकारी आंकड़े बताते हैं कि हर दिन 86 बलात्कार हो रहे हैं, तो महिलाएं किससे सुरक्षा की उम्मीद करें? एक्स प्लेटफॉर्म पर की अपनी पोस्ट में प्रियंका ने लिखा, 'कोलकाता, बिहार, उत्तराखंड और यूपी में महिलाओं के साथ हुई क्रूरताओं ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। इस समय देश भर की महिलाएं दुख और गुस्से में हैं। जब भी ऐसी घटनाएं होती हैं तो देश की महिलाएं देखती हैं कि सरकारें क्या कर रही हैं? उनकी बातों और उपायों में कितनी गंभीरता है? जहां भी महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सख्त संदेश देने की जरूरत हुई, वहां आरोपियों को बचाने की कोशिशें की गईं।' आगे उन्होंने लिखा, 'महिलाओं पर जघन्य अत्याचार के मामलों में बार-बार नरमी बरतना, आरोपी को राजनीतिक संरक्षण देना और सजायाफ्ता कैदियों को जमानत/पैरोल देने जैसी हरकतें महिलाओं को हतोत्साहित करती हैं। इससे देश की महिलाओं में क्या संदेश जाता है? जब सरकारी आंकड़ों में हर दिन 86 रेप हो रहे हों, महिलाएं सुरक्षा की आशा किससे करें?' प्रियंका ने ट्वीट में किया इन 3 घटनाओं का जिक्र कांग्रेस महासचिव का यह ट्वीट पिछले सप्ताह 9 अगस्त को कोलकाता में सरकारी आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में एक महिला ट्रेनी डॉक्टर के साथ हुए जघन्य बलात्कार और हत्या को लेकर पूरे देश में आक्रोश के बीच आया है। साथ ही प्रियंका ने अपनी पोस्ट में उत्तराखंड के रुद्रपुर में हुई उस घटना का भी जिक्र किया, जिसमें एक निजी अस्पताल की नर्स के साथ बलात्कार करके और उसके चेहरे को पत्थर से कुचलकर उसकी हत्या कर दी गई। साथ ही आरोपी ने उसके शव को उत्तराखंड की सीमा के पास उत्तर प्रदेश के एक गांव में खाली पड़े प्लॉट में फेंक दिया। इसके अलावा प्रियंका ने जिस तीसरी घटना का जिक्र किया वो बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में हुई, जहां 14 वर्षीय दलित लड़की का उसके घर से अपहरण कर लिया गया और उसका शव एक तालाब में मिला, जिस पर चोट के निशान थे। recent visitors 83