खेल मंत्री श्री सारंग ने किया निर्माणाधीन इंटरनेशनल र्स्पोर्ट स्टेडियम का निरीक्षण

भोपाल खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग ने नाथू बरखेड़ा में निर्माणाधीन इंटरनेशनल स्पोर्ट्स स्टेडियम का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि इसकी पूरी समीक्षा की जा रही है कि अंतर्राष्ट्रीय मापदण्ड के अनुसार कार्य प्रगतिरत है या नहीं। उन्होंने कहा कि अगर आने वाले समय में ओलम्पिक की मेजबानी भारत करता है, तो मध्यप्रदेश में कम से कम 3 खेल हों। इसी को ध्यान में रखते हुए स्टेडियम में अगर कुछ परिवर्तन करना होगा अथवा फेसिलिटी को बढ़ाना होगा, तो उसका प्लॉन किया जा रहा है। जल्द ही उच्च स्तरीय बैठक कर इस पर निर्णय लिया जायेगा। मंत्री श्री सारंग ने कहा कि दशहरे के बाद पुन: समीक्षा की जायेगी। उन्होंने निर्माण एजेंसियों को आपस में को-ऑर्डिनेशन करने के निर्देश दिये। साथ ही चेक-लिस्ट बनाकर कार्य करने की हिदायत दी। मंत्री श्री सारंग ने एथलेटिक्स स्टेडियम देखा और वहाँ पर बैठने, पार्किंग, सीवेज, लाइटिंग आदि का निरीक्षण कर कंस्ट्रक्शन डिटेल्स का प्रेजेंटेशन भी देखा। उन्होंने फेस-1 और फेस-2 में किये जाने वाले कार्यों का आंकलन किया। साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिये कि काम समय पर हो। मंत्री श्री सारंग ने हॉकी स्टेडियम की केपेसिटी भी जानी। प्रथम फेस में एथलेटिक्स ईस्ट-वेस्ट ट्रेक, ड्राइव-वे, ब्रॉडकास्ट कम्पाउण्ड, हॉकी स्टेडियम विथ रूफ, वॉटर और सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट, एथलेटिक्स एफओपी, हॉकी, प्रेक्टिस हॉकी फील्ड, वार्म अप ट्रेक और आउटडोर फील्ड पर काम चल रहा है। इसी प्रकार द्वितीय फेस में इंडोर स्टेडियम, मल्टीलेवल पार्किंग, एक्वेस्टिंग कम्‍पाउण्ड, ब्यायस-गर्ल्स हॉस्टल और फुटबाल फील्ड पर काम किया जायेगा। मंत्री श्री सारंग के साथ निरीक्षण के दौरान खेल संचालक श्री रवि कुमार गुप्ता, संयुक्त संचालक श्री बी.एस. यादव, इंचार्ज अधिकारी सुश्री वाणी साहू सहित कांट्रेक्टर और इंजीनियर्स मौजूद थे।   recent visitors 80

पीएम जन-मन योजना में 3 हजार 876 से अधिक जनजातीय घर हुए रोशन

भोपाल मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा "प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महाअभियान" (पीएम जन-मन योजना) में कंपनी कार्यक्षेत्र में विशेष रूप से कमजोर जनजाति समूह (पीवीटीजी) की बहुलता वाले 9 जिलों में अब तक 3 हजार 876 घरों को रोशन किया गया है। कंपनी ने 2 अक्टूबर को इन्हीं 9 जिलों में 355 नये घरों को कनेक्शन देकर विद्युतीकृत किया है। इन 9 जिलों में ग्वालियर, विदिशा, अशोकनगर, श्योपुर, दतिया, गुना, शिवपुरी, रायसेन एवं भिण्ड शामिल हैं। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा पीएम जन-मन योजना में अब शेष 10 हजार 942 जनजातीय हितग्राहियों के घरों को दिसंबर 2024 तक विद्युतीकृत किया जाएगा। यह योजना प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की प्रमुख योजनाओं में शामिल है, जिस पर तीव्र गति से काम किया जा रहा है। योजना में पीवीटीजी बहुल गावों एवं मजरों-टोलों को भी ऊर्जीकृत किया जा रहा है। कंपनी के अंतर्गत ग्वालियर, विदिशा, अशोकनगर, श्योपुर, दतिया, गुना, शिवपुरी, रायसेन एवं भिण्ड जिले में कुल मिलाकर 1158 गावों एवं मजरों-टोलों को ऊर्जीकृत किया जा रहा है। इस योजना से एक ओर जहां इन जनजातीय परिवारों के बच्चों को पढ़ने-लिखने के साथ ही घरेलू कामकाज और रोजगार के अवसर मिल रहे हैं, वहीं दूसरी ओर पीने के पानी, सड़क, बिजली और मूलभूत सुविधाएं मिलने से उनके रहन-सहन के स्तर में भी सुधार दिखाई दे रहा है। recent visitors 78

सड़क और रेल कनेक्टिविटी सुदृढ़ होने से आर्थिक गतिविधियों को मिलेगा बढ़ावा : उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल

भोपाल   उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि सीधी-सिंगरौली राष्ट्रीय राजमार्ग-39 क्षेत्र के आर्थिक विकास के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण है। गोपद नदी पुल के शुभारंभ से आवागमन सुगम होगा, समय की बचत होगी तथा आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। विन्ध्य के जिले आर्थिक क्षेत्र में गहरा जुड़ाव रखते हैं तथा एक-दूसरे के पूरक के रूप में कार्य करते हैं। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि किसी भी क्षेत्र में रोड एवं रेल कनेक्टिविटी सुदृढ़ होने से आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलता है। सिंगरौली से प्रचुर मात्रा में फ्लाई ऐश का परिवहन रीवा तथा सतना की सीमेंट फैक्ट्री में होता है। इस पुल के निर्माण से अब आर्थिक विकास को गति मिलेगी। इससे पहले श्री शुक्ल ने विधिवत पुल का शुभारंभ किया। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा सभी क्षेत्रों में कनेक्टिविटी बढ़ाने की दिशा में कार्य किये जा रहे हैं। उन्होंने सीधी-सिंगरौली राष्ट्रीय राजमार्ग-39 के 4 लेन का निर्माण कार्य प्राथमिकता से पूर्ण करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि शीघ्र ही रीवा-सीधी के बीच भी 4 लेन सड़क का कार्य प्रारंभ किया जाएगा जिससे झांसी से रांची तक निर्बाध 4-लेन कनेक्टिविटी होगी जो क्षेत्र के विकास में सहायक होगी। उन्होने कहा कि रीवा-सीधी-सिंगरौली रेल लाइन की भी नियमित समीक्षा की जा रही है। जून 2025 तक सीधी तक रेल पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित है और कार्य योजना अनुसार कार्यवाही की जा रही है। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि विंध्य क्षेत्र में विकास की अपार संभावनाएं हैं। विन्ध्य क्षेत्र प्राकृतिक रूप से समृद्ध है तथा यहां प्रचुर मात्रा में खनिज संपदा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में 23 अक्टूबर को रीजनल इंडस्ट्री कॉनक्लेव रीवा में आयोजित की जा रही है, जिसमें देश के कई प्रमुख कंपनियों द्वारा सहभागिता की जायेगी। इस कॉनक्लेव से विन्ध्य क्षेत्र में औद्योगिक क्रांति आयेगी तथा विकास को गति मिलेगी। पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री श्रीमती राधा सिंह, सांसद डॉ. राजेश मिश्रा, विधायक सिहावल श्री विश्वामित्र पाठक, विधायक सीधी श्रीमती रीती पाठक, विधायक सिंगरौली श्री रामनिवास शाह, विधायक देवसर श्री राजेंद्र मेश्राम, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मंजू सिंह सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक और विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। recent visitors 73

पंचायती राज मंत्रालय भारत सरकार की समिति ने राज्य की महिला जन-प्रतिनिधियों से की चर्चा

भोपाल   संचालक सह आयुक्त, पंचायतराज संचालनालय, श्री मनोज पुष्प ने बताया कि भारत सरकार के पंचायतीराज मंत्रालय की समिति ने म.प्र. का 2 दिवसीय दौरा किया है। समिति ने नरोन्हा प्रशासनिक अकादमी भोपाल में 3 एवं 4 अक्टूबर को आयोजित प्रॉक्सी रिप्रेजेंटेशन संवाद कार्यक्रम में महिला जनप्रतिनिधियों से रू-ब-रू चर्चा की। समिति ने महिला सशक्तिकरण के लिए जारी कार्यक्रमों के अलावा संवैधानिक प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। दो दिवसीय संवाद में प्रदेश की महिला जनप्रतिनिधियों ने खुलकर अपने विचार रखें। उन्होंने महिलाओं की बेहतरी के लिये आवश्यक सुझाव भी दिये। कार्यक्रम के अंत में संचालक, महात्मा गांधी राज्य ग्रामीण विकास एवं पंचायत राज संस्थान (एमजीएसआईआरडी) जबलपुर ने सभी का आभार व्यक्त किया। पंचायती राज व्यवस्था में महिला प्रतिनिधियों के प्रतिनिधित्व एवं सशक्तिकरण के प्रयासों को मैदानी स्तर पर जानने के लिए उच्चतम न्यायालय के सुझावों के अनुरूप भारत सरकार द्वारा पूर्व और वर्तमान वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों व विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों की समिति गठित की है। समिति के अध्यक्ष सेवानिवृत्त सचिव, भारत सरकार, पंचायती राज श्री सुशील कुमार सहित 10 सदस्य शामिल है। समिति के सदस्य संयोजक के रूप में संयुक्त सचिव, भारत सरकार, पंचायती राज सुश्री ममता वर्मा कार्य कर रही है। भारतीय संविधान के अनुच्छेद 243 के अंतर्गत पंचायतीराज व्यवस्था की स्थापना में प्रावधान किये गये है। 73वें संविधान 1993 के माध्यम से मध्यप्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायती राज व्यवस्था लागू हुई। पंचायतों में देश की आधी आबादी अर्थात महिला प्रवर्ग को पर्याप्त प्रतिनिधित्व देने के लिए मध्यप्रदेश में 50 प्रतिशत सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित की गई है। सरकार महिलाओं को राजनैतिक रूप से सशक्त बनाने के लिए पुरजोर प्रयास कर रही है और इसमे सफलता भी मिल रही है। प्रदेश में बड़ी संख्या में महिलाओं ने विगत वर्ष संपन्न हुए पंचायत निर्वाचनों में भाग लेकर व निर्वाचित होकर सफलता का परचम लहराया है। समिति ने चर्चा कर अनुभव जाने एवं मांगे सुझाव समिति द्वारा राज्य के विभिन्न वर्गों की विभिन्न स्तरों पर निर्वाचित महिला जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित कर आर.सी.व्ही.पी. नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी, भोपाल में रूबरू चर्चा कर सुझाव मांगे गये, उनके अनुभवों के बारे में जानकारी ली गई। महिला जनप्रतिनिधि हुई शामिल इस कार्यक्रम में अध्यक्ष जिला पंचायत सिंगरौली सुश्री सोनम सिंह, विदिशा की सरपंच सुश्री वर्षा राजपूत, खरगौन की सरपंच श्रीमती मीना वर्मा, राजगढ सरपंच श्रीमती सुविता भिलाला, अध्यक्ष जिला पंचायत इंदौर वक्सवाहा से सरपंच श्रीमती ललिता यादव सहित विभिन्न जिलो से महिला जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। कार्यक्रम में राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (एसआरएलएम), म.प्र. जल एवं भूमि प्रबंधन संस्थान (वाल्मी), संयुक्त राष्ट्र महिला संघ (यूएनएफपीए), ट्रांसफॉर्म रूरल इंडिया (टीआरआई) आदि विभिन्न विभागों की महिला प्रतिनिधि भी उपस्थित हुई और अपना पक्ष रखा। बरकतउल्ला विश्वविद्यालय से महिला मामलों की विशेषज्ञ प्रोफेसर सुश्री रूचि घोष तथा महात्मा गांधी राज्य ग्रामीण विकास एवं पंचायत राज संस्थान (एमजीएसआईआरडी) जबलपुर से महिला मामलों की जानकार सुश्री वंदना तिवारी से भी अपने सुझाव प्रस्तुत किये। समिति ने ग्रामीण क्षेत्र का दौरा भी किया म.प्र. भ्रमण पर आई समिति ने भोपाल जिले के विकासखंड फंदा की ग्राम पंचायत फंदा कलां का जमीनी दौरा भी किया। उन्होंने वहां की महिला सरपंच वर्षा कुंवर सोलंकी सहित विभिन्न महिला पंचो, स्व सहायता समूह की सदस्यों, पटवारी, आंगनबाडी वर्कर, एएनएम आदि लाईन डिपार्टमेंटो के कर्मचारियों से भी बात कर प्रॉक्सी रिप्रेजेंटेशन दूर करने के सुझाव मांगे, साथ ही पंचायत की कार्यप्रणाली के संबंध में विस्तृत जानकारी भी प्राप्त की।   recent visitors 78

धार्मिक स्वतंत्रता में गिरावट, भारत के ख‍िलाफ दुष्‍प्रचार है अमेरिकी सरकार के एक आयोग ने एक रिपोर्ट जारी की: मुख्तार अब्बास नकवी

नई दिल्ली भारत में धार्मिक स्वतंत्रता को लेकर अमेरिकी सरकार के एक आयोग ने एक रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट में देश में धार्मिक स्वतंत्रता में गिरावट की बात कही गई है। रिपोर्ट में वरिष्ठ नीति विश्लेषक सेमा हसन ने लिखा है कि भारत में धार्मिक अल्पसंख्यकों और उनके पूजा स्थलों पर हिंसक हमले होते हैं। इस पर पूर्व केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने पलटवार किया है। मीडिया से बात करते हुए नकवी ने इसे बैशिंग ब्रिगेड (भारत को कोसने वाले लोग) का काम बताया है। उन्होंने कहा, “बैशिंग ब्रिगेड समय-समय पर हमारे देश के अल्पसंख्यकों और मानवाधिकारों के बारे में नकली और मनगढ़ंत रिपोर्ट पेश करती है। ये रिपोर्ट जमीनी हकीकत से काफी दूर होती हैं और अधिकतर काल्पनिक होती हैं। पिछले एक दशक में, हर छह महीने या साल के अंतराल पर इसी तरह की रिपोर्ट सामने आती रही हैं। चाहे भारत बैशिंग ब्रिगेड के सदस्य हों या कोई और, ये लोग भारत के खिलाफ लगातार दुष्प्रचार में लगे रहते हैं। उनकी समस्‍या यह है क‍ि वे इस बात को समझ नहीं पा रहे हैं कि वैश्विक संकटों के बीच भारत स्थिरता के साथ कैसे आगे बढ़ रहा है।” उन्होंने कहा, “भारत की नेतृत्व क्षमता के साथ देश सामाजिक और आर्थिक ताने-बाने को मजबूती से कैसे विकसित कर रहा है, ये सब चीज़ें उन्हें हजम नहीं हो रही हैं। इसलिए वे पूरी दुनिया में भारत की छवि को खराब करने के लिए षड्यंत्र और साजिश करते रहते हैं। लेकिन यह भी सच है कि उनकी हर साजिश समय-समय पर बेनकाब होती रही है।” प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना के रजिस्ट्रेशन की शुरुआत पर खुशी जताते हुए नकवी ने कहा, “यह इंटर्नशिप योजना गेमचेंजर है। यह योजना देश में रोजगार के अवसरों को दिन दूना, रात चौगुना बढ़ाएगी। साथ ही यह योजना नौजवानों में विश्वास भी पैदा करेगी। recent visitors 78

वन विहार राष्ट्रीय उद्यान में राज्य स्तरीय वन्य-जीव सप्ताह-2024 का चौथा दिन

भोपाल   वन विहार स्थित विहार वीथिका में 4 अक्टूबर को प्रात: 9:30 से 11.30 बजे तक “वन्य-जीव गलियारे वन्य-जीव-मानव द्वंद को कम करने एवं जैव विविधता को बढावा देने में प्रभावी है’’ विषय पर महाविद्यालयीन वाद-विवाद प्रतियोगिता डब्लू.डब्लू.एफ. के सहयोग से आयोजित की गई, जिसमें 32 प्रतिभागियों ने भाग लिया। दोपहर 12 बजे से कक्षा 6 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिये “कथा वाचन’’ प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें 21 प्रतिभागियों ने भाग लिया। प्रतियोगिताओं का संचालन सहायक संचालक वन विहार श्री एस.के. सिन्हा द्वारा किया गया। इस अवसर पर डब्लू.डब्लू.एफ. की संचालक श्रीमती संगीता सक्सेना एवं श्री अजय मिश्रा उपस्थित रहे। 5 अक्टूबर 2024 के कार्यक्रम 5 अक्टूबर को प्रात: 6 बजे पक्षी अवलोकन शिविर का आयोजन किया जायेगा एवं प्रातः 10 बजे से 11.30 बजे तक वन विहार स्थित विहार वीथिका में "वन्य-जीव' थीम पर विद्यालयीन/महाविद्यालयीन विद्यार्थियों के लिये मेंहदी प्रतियोगिता आयोजित की जायेगी। इसके अतिरिक्त प्रातः 11 से दोपहर 1.30 बजे तक “वन्य-जीवन के लिये जलवायु परिवर्तन, रहवास की कमी से ज्यादा बड़ा खतरा है’’ विषय पर विश्व प्रकृति निधि भारत के सहयोग से शिक्षक वाद-विवाद प्रतियोगिता आयोजित की जायेगी। दोपहर 12 से 1.30 बजे तक विद्यालयीन/महाविद्यालयीन विद्यार्थियों के लिये “वन्य-जीव’’ विषय पर पॉम पेंटिंग प्रतियोगिता होगी।   recent visitors 117

महिला सुरक्षा पर दस दिवसीय विशेष सर्वव्यापी जागरूकता अभियान पूरे प्रदेश में संचलित किया जा रहा है: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर मध्यप्रदेश पुलिस महिला सुरक्षा शाखा द्वारा समाज में महिलाओं एवं बालिकाओं के विरूद्ध हो रहे अपराधों एवं हिंसा की रोकथाम और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ''मैं हूँ अभिमन्यु'' अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत विशेष रूप से पुरूषों को जागरूक किया जाएगा। इस अभियान में तीन अक्टूबर से 12 अक्टूबर तक सहयोग, सम्मान और समानता की थीम पर सर्वव्यापी जागरूकता अभियान पूरे प्रदेश में संचलित किया जा रहा है। अभियान में नुक्कड़ नाटक, प्रश्नावली, लघु फिल्म, पोस्टर्स और जनजागरूकता रैली आयोजित की जा रही है। इसमें सभी जिलों के पुलिस अधीक्षक स्टॉफ, स्वंयसेवी संस्थाओं सहित शासकीय विभागों का सहयोग लिया गया है। उल्लेखनीय है कि वर्तमान में पूरे देश में स्वच्छता पखवाड़ा आयोजित किया जा रहा है। इसी परिपेक्ष्य में मुख्यमंत्री के निर्देश पर यह अभियान मानसिक स्वच्छता हेतु दस दिवसीय अनूठा अभियान है। इसमें सभी वर्ग युवा वर्ग उत्साह से भाग ले रहे हैं।      अभियान का उद्देश्य इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बाल्यकाल से ही पुरूषों में लैगिंक समानता एवं एक दूसरे के प्रति सम्मान की भावना जागृत करना, महिलाओं के प्रति विशेष सम्मान की भावना जाग्रत की जाकर महिला अपराधों के प्रति संवेदनशील बनाना, शिक्षा के माध्यम से विभिन्न अपराधों की जानकारी दी जाकर उनके दुष्परिणाम से अवगत कराना, समय-समय पर बालकों के क्रियाकलापों का आकलन किया जाकर उनके दुष्परिणामों से अवगत कराना, प्रारंभिक अवस्था से ही प्रत्येक महिला के प्रति सम्मान एवं आदर का दृष्टिकोण रखने हेतु प्रोत्साहित किया जाना, युवा वर्ग को महिला अधिकारों के प्रति अवगत कराया जाकर महिलाओं को अपने विचार रखने की स्वतंत्रता एवं उनके विचारों के प्रति सम्मानजनक भाव रखने की शिक्षा दी जाना तथा वर्तमान में तकनीकों के माध्यम से समाज में जो अश्लीलता व्याप्त है उनसे दूर किया जाकर शिक्षा/संस्कारों पर जोर दिया जाना है। आयोजित होंगी विभिन्न गतिविधियां अभियान के दौरान इन दस दिनों में पूरे प्रदेश में वाद-विवाद प्रतियोगिता, नुक्कड नाटक, स्लोगन, समूह चर्चा, लघुफिल्मों का प्रदर्शन एवं मैराथन दौड़ का आयोजन। जिले के प्रमुख स्थानों जैसे- रेलवे स्टेशन, बस स्टेण्ड, पर्यटन स्थल, तहसील कार्यालय, कलेक्टर कार्यालय, शापिंग मॉल आदि स्थानों पर अभिमन्यु शुभंकर के कट-आउट का सेल्फी प्वाइंट लगाए गयें है। अभिमन्यु वैज, अभिमन्यु स्टीकर विभिन्न प्रतिभागियों को प्रदान किये जाएगें। टिवट्टर हैंडल, व्हाटसअप ग्रुप आदि में लघु फिल्म एवं पोस्टरों का प्रचार-प्रसार किया जायेगा। अभियान के दौरान समाज की धारा से वंचित समुदाय के ऐसे व्यक्ति जो समुदाय की रीति से अलग कार्य कर रहे हैं। पुलिस अधीक्षक एवं कलेक्टर द्वारा ऐसे लोगों का चयन कर उन्हें सम्मानित किया जाएगा। महिला अपराध को रोकने में अहम भूमिका निभाने वालों को एवं ऐसी महिलाएं जिन्होने पुरूषों द्वारा किए जाने वाले कार्यक्षेत्र में अपनी पहचान बनाई हो, को भी सम्मानित कर स्मृति चिन्ह प्रदान किये जायेंगे। साथ ही  महिला उत्थान के क्षेत्र में कार्य कर रहे पुरुषों (पीड़िता पुनर्वास के क्षेत्र में, पीड़िता से विवाह करने आदि) को सम्मानित किया जायेगा। महिला सुरक्षा शाखा द्वारा निर्मित लघु फिल्मों का होगा प्रर्दशन महिला सुरक्षा शाखा पीएचक्यू भोपाल द्वारा समाज में गिरते हुए पारिवारिक मूल्यों तथा संस्कारों के प्रति जागृत करने के लिए तीन लघु फिल्मों का निर्माण कर विभिन्न प्लेटफार्मो पर उनका प्रर्दशन सुनिचित किया जा रहा है ताकि लोग महिलाओं/ बालिकाओं के प्रति अपनी संस्कृति के अनुरूप गरिमामय आचरण करें। इन विभागों की रहेगी मुख्य भूमिका इस अभियान के कुशल क्रियान्वयन में पुलिस विभाग के साथ-साथ स्कूल एवं उच्च शिक्षा विभाग, खेल एवं युवा कल्याण विभाग, संस्कृति विभाग, पर्यटन विभाग, ग्रामीण एवं पंचायत विभाग, परिवहन विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग एवं गैर सरकारी संगठनों की भी महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी।   recent visitors 86