महिला-दो बेटियां और एक बेटा अस्पताल में भर्ती, छत्तीसगढ़-सक्ति में सात दिन से पूजा-पाठ कर रहे थे दो बेटों की मौत

सक्ति. सक्ति जिले के ग्राम तांदुलडीह में दो सगे भाई बेहोशी की हालत में मिले। दोनों को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टर ने जांच बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया। वहीं, महिला, दो बेटी और एक बेटे की मानसिक स्थिति ठीक नहीं होने पर उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस से मिली जानकारी अनुसार, महिला फिरित बाई अपने तीन बेटे और दो बेटियों के साथ उज्जैन के किसी बाबा की फोटो को सामने रखकर सात दिनों से उपवास कर जाप कर रही थी। वहीं, घर से किसी के बाहर नहीं आने और चिल्लाने की आवाज सुनकर पड़ोसियों के कहने पर उसके चचेरे भाई ने दरवाजा खोलवाया तो महिला फिरित बाई ने कहा कि घर में पूजा पाठ चल रहा है। वहीं, झांकने पर पता चला कि विकास गोड और विक्की गोड जमीन पर पड़े हुए हैं। घटना की जानकारी पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस दोनों भाइयों को उपचार के लिए जिला अस्पताल शक्ति में लेकर पहुंची, जहां डॉक्टर ने जांच बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया। दोनों के शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा, जिसमें पता चला सकेगा कि मौत किस कारण से हुई है। वहीं, घर मे मौजूद महिला उसकी दो बेटी और एक बेटे की मानसिक स्थिति ठीक नहीं होने पर उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। recent visitors 98

सीट बंटवारा पर देरी को लेकर निराशा, दावा किया कांग्रेस की प्रदेश इकाई के नेता फैसले लेने में सक्षम नहीं हैं: संजय राउत

महाराष्ट्र महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव का ऐलान हो गया है लेकिन महाविकास अघाड़ी में सीट शेयरिंग को लेकर बात बन ही नहीं रही है। अब गठबंधन के घटक दलों ने एक दूसरे पर आरोप लगाने भी शुरू कर दिए हैं। 20 नवंबर को ही चुनाव होने हैं और ऐसे में सीटों का बंटवारा होने का दबाव सभी पार्टियों पर है। इसी बीच उद्धव ठाकरे के एक बयान ने गठबंधन में सबकुछ ठीक ना होने के कयासों को और बल दे दिया है। उन्होंने कहा है कि सीटों के बंटवारे को लेकर गठबंधन टूटना नहीं चाहिए। शिवसेना (UBT) नेता संजय राउत ने कहा कि कांग्रेस में निर्णय लेने की क्षमता नहीं है। ठाकरे ने यह भी उम्मीद जताई है कि शनिवार तक सीट बंटवारा हो जाएगा। संजय राउत ने महाराष्ट्र में विपक्षी गठबंधन महा विकास आघाडी (MVA) में सीट बंटवारा वार्ता पर देरी को लेकर  निराशा जताई और दावा किया कि कांग्रेस की प्रदेश इकाई के नेता “फैसले लेने में सक्षम नहीं हैं।” मुंबई में संवाददाताओं से बातचीत में राउत ने कहा कि एमवीए के घटक दलों में महाराष्ट्र विधानसभा की कुल 288 सीट में से 200 पर आम सहमति कायम हो गई है। एमवीए में कांग्रेस, शिवसेना (यूबीटी) और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) शामिल हैं। राज्यसभा सांसद राउत ने बताया कि उन्होंने सीट बंटवारे पर कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल और मुकुल वासनिक तथा महाराष्ट्र के लिए पार्टी प्रभारी रमेश चेन्निथला से शुक्रवार सुबह बात की। उन्होंने कहा कि दिन में वह कांग्रेस नेता राहुल गांधी से भी बात करेंगे। राउत ने कहा, “लंबित फैसला जल्द लिया जाना चाहिए। बहुत कम समय बचा है। महाराष्ट्र कांग्रेस के नेता फैसले लेने में सक्षम नहीं हैं। उन्हें बार-बार सूची दिल्ली भेजनी पड़ती है और फिर चर्चा होती है। जल्द से जल्द निर्णय लेना होगा।” क्या बोली कांग्रेस कांग्रेस की महाराष्ट्र इकाई के अध्यक्ष नाना पटोले ने शुक्रवार को कहा कि घटकों के बीच 25 से 30 सीट को लेकर गतिरोध है और पार्टी इकाई इस मुद्दे पर आलाकमान के किसी भी फैसले को स्वीकार करेगी। पटोले ने संवाददाताओं से कहा कि एमवीए में सीट बंटवारे को लेकर बातचीत गुरुवार को समाप्त हो गई। ठाकरे ने यहां संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि महाराष्ट्र में राजनीतिक परिदृश्य बदल गया है और लोगों ने 20 नवंबर को होने वाले विधानसभा चुनाव में विपक्षी एमवीए को सत्ता में लाने का फैसला किया है। र्व मुख्यमंत्री ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए एमवीए दलों के बीच बातचीत लंबा खिंचने के मद्देनजर आगाह करते हुए कहा, ‘‘सहयोगियों के बीच सौदेबाजी को बातचीत टूटने के कगार तक पहुंचने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।’ recent visitors 76

रीवा एयरपोर्ट लोकार्पण: विन्ध्य की उड़ान को लगे सुनहरे पंख!- राजेन्द्र शुक्ल

रीवा प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी जब कहते थे कि वह दिन भी अब दूर नहीं,  जब हमारे देश के 'हवाई चप्पल वाले लोग भी हवाई जहाज में उड़ान भरेंगे' तब विरोधी इसे महज जुमला कहकर बात हवा में उड़ा देते थे। ऐसे लोगों को आज रीवा आकर देखना चाहिए कि सपना किस तरह यथार्थ के धरातल पर उतरकर चरितार्थ हो रहा है। 20 अक्टूबर 2024 की तारीख विन्ध्य क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक और अविस्मरणीय बनने जा रही है। हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी चिरप्रतीक्षित रीवा हवाई अड्डे का लोकार्पण करने जा रहे हैं। इस अवसर पर लोकप्रिय मुख्यमंत्री डॅा. मोहन यादव, रीवा के प्रभारी मंत्री श्री प्रह्लाद सिंह पटेल गौरवमयी ऐतिहासिक समारोह के साक्षी रहेंगे। माननीय प्रधानमंत्री जी रीवा में एक ऐसे हवाई अड्डे को लोकार्पित करने जा रहे हैं, जो भविष्य में उत्तर मध्य भारत का सबसे महत्वपूर्ण एयर ट्रैफिक डेस्टिनेशन बनकर उभरेगा। साथ ही इस क्षेत्र को विकास के उच्च पायदान पर स्थापित करेगा। औद्योगिक निवेश और पर्यटन के लिए वैश्विक संभावनाओं का पथ प्रशस्त करेगा। दो वर्ष पूर्व इंदौर में आयोजित ग्लोबल इनवेस्टर्स मीट में विश्व भर के उद्यमियों के बीच श्री ज्योतिरादित्य सिंधिया जी (तत्कालीन नागरिक विमानन व उड्डयन मंत्री) ने यह घोषणा की थी कि हम मध्यप्रदेश के छठवे हवाई अड्डे को निर्मित और विकसित करने जा रहे हैं। उनकी इस घोषणा ने दुनियाभर के उन उद्योगपतियों के ध्यान को आकृष्ट किया, जो यहाँ पावर व माइनिंग सेक्टर, वाइल्ड लाइफ टूरिज्म, फूड प्रोसेसिंग इन्डस्ट्रीज की संभावनाओं को देखते हैं। शिक्षा व स्वास्थ्य क्षेत्र में निवेश करने वालों के लिए यह अवसरों का दरवाजा खोलने वाला है। यह सुयोग है कि 23 अक्टूबर को रीवा में विन्ध्य में इन्वेस्टर समिट और रीजनल इन्डस्ट्रियल कान्क्लेव का आयोजन हो रहा है। यह हवाई अड्डा विन्ध्य क्षेत्र के सर्वांगीण विकास की दृष्टि से एक्सीलेटर की भूमिका निभाएगा, यह मेरा दृढ़ विश्वास है। मुझे यह बताते हुए हर्ष हो रहा है कि रीवा का हवाईअड्डा कई चरणों में विकसित हो रहा है। प्रथम चरण में 72 सीटर यात्री विमान के उड़ान की सुविधा प्रारंभ हो रही है। पाँच साल में रीवा का हवाईअड्डा बोइंग की लैंडिंग और अन्तर्राष्ट्रीय उड़ानों के लिए बनकर तैयार हो जाएगा। वह दिन दूर नहीं जब यहां से विदेशों के लिए भी हवाई जहाज उड़ने लगेंगे। रीवा एयरपोर्ट शिलान्यास के बाद रिकॉर्ड समय में बनकर तैयार हुआ है, इस उपलब्धि के लिए भारतीय विमान प्राधिकरण व स्थानीय प्रशासन अभिनंदन के पात्र है। हवाई यातायात की सुविधा की दृष्टि से रीवा अब भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, खजुराहो की श्रेणी में आकर खड़ा हो गया है। भविष्य में हम और भी आगे बढ़ेंगे। देश में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र  मोदी जी और प्रदेश के मुख्यंमंत्री डा. मोहन यादव के कुशल और फलदायी नेतृत्व के अनुभव को देखते हुए मैं यह विश्वासपूर्वक कह सकता हूँ कि अगले पाँच वर्षों के भीतर हम सब का सपना पूर्णरूपेण यथार्थ के धरातल पर उतर जाएगा। यह विन्ध्य की आशाओं के केन्द्र रीवा के विकास का श्रेष्ठ व उन्नत दौर है, जो स्वतंत्रता के अमृतकाल में प्रारंभ हो हुआ है। मैं जब कहता हूँ कि रीवा मध्यप्रदेश ही नहीं देश के समुन्नत और श्रेष्ठ महानगरों की श्रेणी में आगे बढ़ रहा है, तो इसके पीछे ठोस आधार है। 1956 तक रीवा विन्ध्यप्रदेश की राजधानी रहा है और तब इसकी ख्या्ति भोपाल, लखनऊ, पटना और भुवनेश्वर जैसे शहरों के समकक्ष थी। कांग्रेस सरकार ने राजनीतिक द्वेषवश रीवा से एक प्रदेश की राजधानी होने का गौरव छीन लिया। 1956 से 2004 तक यह उपेक्षित और अभिशप्त पड़ा रहा। विन्ध्य में आज जो प्राकृतिक संसाधन हैं वो कल भी थे। आम नागरिकों में विकास की ललक और अपेक्षाएं कल भी वैसी ही थीं। केन्द्र में तत्का लीन प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी और उसके बाद प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्रभ मोदी जी की नेतृत्व वाली व प्रदेश में तत्कांलीन मुख्येमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान और अब मुख्यशमंत्री डा. मोहन यादव के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार ने आहत और उपेक्षित विन्ध्यवासियों की पीड़ा और भावनाओं को समझा है। आज यह क्षेत्र कई मामलों में देश में अग्रगण्य है। जब मैं कहता हूँ कि रीवा एय‍रपोर्ट उत्तर मध्यभारत का सबसे महत्वपूर्ण एयरपोर्ट होगा तो मेरी दृष्टि के सामने सिंगरौली का पावर काम्प्लेक्स उभरकर आता है। सिंगरौली में थर्मल प्लांटस में 20,000 मेगावाट से ज्यादा विद्युत उत्पादन होता है। देश का यह सबसे बड़ा पावर काम्प्लेक्स है। रीवा से सिंगरौली तक विश्वस्तरीय सड़क इन्फ्रास्ट्रक्चर विकसित होकर पूर्णता के करीब है। जो यात्री पाँच घंटे में बनारस पहुँचते थे वे दो घंटे में रीवा एयरपोर्ट के लाउंज में होंगे। विन्ध्य की 29 बड़ी औद्योगिक इकाईयां 225 किमी की परिधि में फैली हैं और प्रायः सभी नेशनल हाइवेज से जुड़ी हैं। अपने रीवा का हाइवेज जंक्शन पहले ही विकसित हो चुका है। इन औद्योगिक इकाइयों के अधिकारियों के लिए रीवा एयरपोर्ट कितनी बड़ी सहूलियत बनने जा रहा है यह अब उनसे ही पूछ सकते हैं। विन्ध्य की वाइल्डलाइफ टूरिज्म का विश्व में स्थान है। यहाँ का सफेद बाघ दुनियाभर के चिड़ियाघरों में दहाड़ रहा है। टीवी में दिखने वाला हर दूसरा बाघ या तो बांधवगढ़ का है या फिर पन्ना का। पर्यटकों के लिए यह कितना आसान हो जाएगा। रीवा में 750 मेगावाट का सोलर पावर काम्प्लेक्स एशिया के बड़े पावर प्रोडक्शन यूनिट में शामिल है। रीवा में खूबसूरत प्रपातों की श्रृंखला है। भगवान राम का तपोवन चित्रकूट और माँ शारदा के धाम मैहर कौन नहीं आना चाहेगा? बाणसागर का विस्तृत जल प्रक्षेत्र और उसके द्वीप विकसित होने पर हनुवंतिया के आकर्षण से आगे का प्राकृतिक सौंदर्य प्रस्तुत करेंगे। अपना विन्ध्य पावर हब की तरह सीमेंट का भी प्रोडक्शन काम्प्लेक्स है। प्रायः सभी बड़े औद्योगिक घरानों का निवेश यहां आया है। रीवा में नागपुर की तरह मेडिकल सुविधा और कोटा की तरह एकेडमीज का विस्तार हो रहा है। हम यह गर्व के साथ कह सकते हैं कि देश का हर दसवां घर विन्ध्य में उत्पादित बिजली से रोशन हैं। देश के हर दसवें घर की बुनियादें यहां की फैक्ट्रियों से बनी सीमेंट से बेजोड़ और मजबूत हुई हैं। इस क्षेत्र में अभी तीन लाख हेक्टेयर भूमि सिंचित हुई है। बाणसागर का पानी जब 9 लाख हेक्टेयर तक पहुँचेगा तब … Read more

मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने जनहित में किए गए अभिनव प्रयासों एवं उपलब्धियों की जानकारी आयोग को दी

देहरादून मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने आज सचिवालय में नीति आयोग के उपाध्यक्ष सुमन बेरी की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में उत्तराखण्ड सरकार द्वारा जनहित में किए गए अभिनव प्रयासों एवं उपलब्धियों की जानकारी आयोग को दी | इसके साथ ही मुख्य सचिव ने आयोग के समक्ष उत्तराखण्ड राज्य की विशेष परिस्थितियों के संदर्भ में अपेक्षित बिंदुओं को रखा। मुख्य सचिव ने कहा कि नीति आयोग द्वारा जारी SDG India Index 2023-24 में उत्तराखण्ड राज्य को देश में प्रथम स्थान प्राप्त हुआ है। मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य के जल स्रोतों एवं नदियों के पुनर्जीवीकरण हेतु SARRA (Spring and River Rejuventation Authority) का गठन कर अब तक 5428 स्रोतों का जल संरक्षण तथा संवर्द्धन कर पुनर्जीवीकरण कर दिया गया है, जबकि 228 वर्षा कालीन छोटी-बड़ी नदियों का Catchment Treatment कर पुनर्जीवित किया गया है। राज्य सरकार हिम आधारित नदियों (Glaciel River) को वर्षा आधारित नदियों (Rainfed River) से जोड़े जाने की एक महत्वाकांक्षी परियोजना की रूपरेखा तैयार कर रही है, इसके दीर्घकालिक परिणाम Game Changer साबित होंगे जिसका लाभ प्रदेश को ही नहीं अपितु पड़ोसी राज्यों को भी मिलेगा। ऐसी अति महत्वपूर्ण "नदी-जोड़ो परियोजना" के क्रियान्वयन हेतु अत्यधिक धनराशि की आवश्यकता है जिसके लिए नीति आयोग, भारत सरकार से तकनीकी सहयोग की आवश्यकता है।  मुख्य सचिव ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक से अधिक उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में Cluster आधारित Rural Incubation Centre स्थापित करने के लिए प्रारम्भ में पायलट Project के रूप में दो Rural Incubation Centre स्थापित किये हैं, जिसके आशातीत परिणाम प्राप्त हुए हैं। द्वितीय चरण में हम समस्त जनपदों में Rural Incubation Centre स्थापित करने जा रहे हैं। व्यापक स्तर पर Incubation Centre स्थापित करने हेतु भारत सरकार से तकनीकी एवं वित्तीय सहयोग की अपेक्षा है।  मुख्य सचिव ने कहा कि भारत सरकार द्वारा संचालित केन्द्रपोषित योजनाओं के लिए One Size Fit for All की परिकल्पना पर आधारित होने के कारण योजनाओं के निर्धारित मानकों को बदलना तथा शिथिलता प्रदान करने के साथ ही अधिक विकेन्द्रीकरण, नियोजन एवं नीतियों की आवश्यकता है। भारत सरकार द्वारा राष्ट्रीय कौशल परिषद व सेक्टर के गठन के दृष्टिगत राज्य में हमें Green Skilling के साथ-साथ Eco-Tourism Activity के लिये नीति आयोग से तकनीकी सहायता की आवश्यकता है। राज्य सरकार द्वारा नीति आयोग की भांति गठित "State Institute for Empowering and Transforming Uttarakhand" (SETU) के माध्यम से कार्य करना आरंभ कर दिया है। सेतु के संचालन में नीति आयोग द्वारा प्रायोजित State Support Mission को बल मिलेगा। सेतु आयोग, उत्तराखण्ड में प्रभावी नीति नियोजन हेतु वर्तमान में सलाहकारों, डोमेन एक्सपर्टस, रिचर्स एसोसियेट, इंटर्नशिप हेतु विज्ञापन कर नियुक्तियां की जा रही हैं।  मुख्य सचिव ने कहा कि लैंगिक असमानता को कम करने हेतु उत्तराखण्ड UCC एक्ट लागू किये जाने से महिलाओं को लैंगिक समानता के अधिकार प्राप्त होगें। इसके साथ ही राज्य में समान नागरिक संहिता, सख्त नकल विरोधी कानून, धर्मांतरण विरोधी और दंगारोधी कानून लागू कर दिये गये हैं। इसी प्रकार लैंगिक समानता को ध्यान में रखते हुए महिलाओं के लिए सरकारी नौकरी में 30 प्रतिशत आरक्षण तथा सहकारी प्रबंध समितियों में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित किया गया है।  राज्य में सख्त नकल विरोधी कानून लागू होने के फलस्वरूप सभी प्रकार की परीक्षाओं में शत-प्रतिशत पारदर्शिता आयी है, जिस कारण राज्य में विभिन्न परीक्षा परिणाम निर्धारित समय में जारी हुए हैं तथा युवाओं में System के प्रति विश्वास स्थापित हुआ है।  मुख्य सचिव ने बताया कि प्रदेश में अधिक से अधिक निवेशकों को आकर्षित करने हेतु राज्य सरकार द्वारा लगभग 25 निवेशोन्मुखी नीतियाँ (Investor Friendly Policy) बनायी गयी है। जिसके अन्तर्गत राज्य की निवेशक केन्द्रित नीतियाँ, बुनियादी ढाँचे में निवेश, कुशल जन शक्ति की उपलब्धता और सुशासन की नींव वर्ष 2023 में रखने के उपरान्त वैश्विक निवेश सम्मेलन में 3.56 लाख करोड़ के MOU के सापेक्ष वर्तमान तक ₹ 75,000 करोड़ के निवेश की Grounding हो चुकी है।  राज्य सरकार द्वारा विकसित भारत के लक्ष्य में प्रभावी भागीदारी हेतु ऊर्जा, विद्यालयी शिक्षा एवं उच्च शिक्षा, पर्यटन, Wellness तथा Hospitality एवं उद्यानिकीकरण पर विशेष फोकस किया जा रहा है। recent visitors 68

एक दिवसीय विशेष सफाई अभियान अंतर्गत शहर के नालियों की हुई सफाई

विधायक और अध्यक्ष की अगुवाई में वार्ड 40 में संचालित किया गया अभियान सिंगरौली प्रदेश स्तर पर आयोजित एक दिवसीय विशेष सफाई अभियान अंतर्गत नालियों की सफाई का आयोजन नगरीय क्षेत्र सिंगरौली में स्वच्छता श्रमदान सहित वार्ड स्तर पर नाले नालियों की सफाई की गई जिसमे वार्ड 40 में प्रमुख रूप से विधायक राम निवास शाह,निगमाध्यक्ष देवेश पांडेय ने अभियान की अगुवाई की और वार्ड के नागरिकों से संवाद स्थापित करने के लिए डोर टू डोर जनसंपर्क भी किया। अभियान के बाद सभी नागरिक समूहों और सफाई मित्रों के साथ चाय पर चर्चा का आयोजन किया गया जिसमे शहर की बेहतरी के लिए सुझाव प्राप्त किए गए एवं उपस्थित जन समूह के साथ स्वच्छता का शपथ लिया गया और संकल्पित भाव से स्वच्छ शहर की परिकल्पना को साकार करने की एकजुटता दिखाई गई। वार्ड 32 में वार्ड पार्षद श्यामला ने अगुवाई करते हुए सेक्टर क्रमांक 1 और 2 में स्वच्छता का निरीक्षण किया जिसमें आयुक्त डी के शर्मा और उपायुक्त आर पी बैस उपस्थित रहे। उक्त अभियान में वार्ड 40 पार्षद सीमा जायसवाल ,वार्ड 42 पार्षद संतोष शाह,पार्षद प्रतिनिधि संतोष जायसवाल,जगत वर्मा,स्वच्छता निरीक्षक संतोष तिवारी कैलाश शाह पवन बरोदे अर्चना राजीव सिंह, आईईसी मैनेजर आशीष शुक्ला एवं सफाई मित्र, आईईसी टीम और सीटाडेल टीम के प्रतिनिधियों की उपस्तिथि रही। recent visitors 54

31 दिसंबर तक चले जाओ…मुस्लिमों को किराए पर घर देने पर मकानमालिकों पर 10,000 रुपये का जुर्माना

देहरादून  उत्तराखंड के चमोली जिले के खानसर कस्बे में व्यापारियों के एक संगठन ने लगभग 15 मुस्लिम परिवारों को 31 दिसंबर तक शहर छोड़ने के लिए कहने का 'प्रस्ताव पारित' किया है। इनमें से कुछ मुसलमान तो दशकों से चमोली में रह रहे हैं। बुधवार को खानसर के मैथन बाजार में ‘चेतना’ (जागरूकता) रैली के बाद व्यापार मंडल की बैठक के दौरान यह प्रस्ताव पारित किया गया। हमारे सहयोगी टीओआई के पास रैली का एक वीडियो है, जिनमें ज्यादातर स्थानीय व्यापारी हैं, जो कथित तौर पर भड़काऊ नारे लगाते हुए देखे जा सकते हैं। व्यापारियों के पूर्व संगठन के अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह, जो अब मैथन सेवा समिति के अध्यक्ष हैं, ने टीओआई को बताया कि प्रस्ताव को 'सर्वसम्मति से' कार्रवाई” के रूप में पास किया गया है। उत्तराखंड के चमोली में खानसर कस्बे में व्यापार मंडल की बैठक में बुधवार को एक प्रस्ताव पारित किया गया, जिसमें मुस्लिम परिवारों से 31 दिसंबर तक शहर छोड़ने को कहा गया। मैथन सेवा समिति के अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह ने टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया, 'बैठक के दौरान यह निर्णय लिया गया कि ऐसे सभी परिवारों को 31 दिसंबर से पहले शहर छोड़ देना चाहिए। ऐसा न करने पर न केवल इन परिवारों के खिलाफ बल्कि उन्हें अपना घर या दुकान किराए पर देने वालों के खिलाफ भी कानूनी और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। ऐसे मकान मालिकों पर 10,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया जाएगा।' सिंह ने कहा, "इसके अलावा, खानसर घाटी के गांवों में सभी फेरीवालों के प्रवेश पर रोक लगाने का निर्णय लिया गया है। व्यापार करते पकड़े गए किसी भी फेरीवाले पर 10,000 रुपये का जुर्माना और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अन्य शहरों में इसी तरह की घटनाओं के मद्देनजर अल्पसंख्यक समुदाय के सदस्यों द्वारा हिंदू महिलाओं के खिलाफ किसी भी आपराधिक घटना को रोकने के लिए ये निर्णय लिए गए हैं।' टाइम्स ऑफ इंडिया के पास व्यापारियों के निकाय द्वारा लिए गए दो फैसलों के प्रस्ताव की एक कॉपी है। नाम न बताने की शर्त पर अल्पसंख्यक समुदाय के एक सदस्य ने कहा, "हममें से कोई भी कभी भी किसी आपराधिक घटना में शामिल नहीं रहा है। यह कार्रवाई न केवल सांप्रदायिक सौहार्द को बिगाड़ने का प्रयास है, बल्कि खुद के फायदे के लिए बाजार से हमें बेदखल करने की भी कोशिश है। पुलिस को ऐसी किसी घटना की जानकारी नहीं है। पंवार ने कहा, हम मामले की जांच करेंगे और जरूरत पड़ने पर उचित कानूनी कार्रवाई करेंगे। खानसर घाटी में 11 ग्राम पंचायतें शामिल हैं। सितंबर में, नंदघाट में मुस्लिम दुकानों के खिलाफ हिंसा के बाद हिंदुत्व समूहों ने चमोली जिले के गोपेश्वर शहर में जुलूस निकाला। उन्होंने एक मुस्लिम युवक द्वारा कथित रूप से उत्पीड़न के आरोपों के बाद सभी "बाहरी लोगों" का सत्यापन करने की मांग की। भाजपा के एक पदाधिकारी सहित अल्पसंख्यक समुदाय के कम से कम 10 परिवारों को मौत की धमकियाँ मिलने के बाद भागने पर मजबूर होना पड़ा। recent visitors 81

बकरी चराते समय पहुंचा था गुफा के पास, छत्तीसगढ़-कोरबा में भालू के हमले में युवक की मौत

कोरबा. जटगा चौकी थाना अंतर्गत ग्राम पंचायत बासिन में एक युवक पर भालू ने हमला कर दिया। इस दौरान युवक की मौत हो गई। आसपास खेत में काम कर लोगों की नजर पड़ी और इसकी सूचना उसके परिजनों को दी, तब जाकर परिजन मौके पर पहुंचे। इसकी सूचना वन विभाग व पुलिस विभाग को दी गई। मौके पर पहुंचे वन विभाग के दल ने युवक पर भालू द्वारा हमला किए जाने की पुष्टि की। युवक धनवार (38 वर्ष) आमलीकुंडा गांव का रहने वाला था। वह रोज की तरह अपने गांव से लगे मैदान में गाय-बकरी चराने गया हुआ था। वहीं, नाले के समीप एक भालू गुफा में काफी समय से छुपा हुआ है, जो रात को विचरण करता है और दिन में आराम करता है। जंगली भालू को देखने के लिए युवक गया हुआ था, जैसे ही गुफा के पास गया भालू ने हमला कर दिया और युवक भागने का प्रयास करता रहा, लेकिन भालू ने युवक को नोच डाला और उसी मौत हो गई। घटना की सूचना पाकर तत्काल वन हमला मौके पर पहुंचा और थाना पसान को सूचित किया गया एवं शव परीक्षण हेतु अस्पताल भेजा गया। वन मंडल अधिकारी कुमार निशांत के निर्देश पर प्राथमिक सहायता राशि 25000 रुपये परिक्षेत्र अधिकारी जटगा द्वारा मृतक की माता तुरतिया बाई को प्रदाय किया गया एवं आसपास के ग्रामों में जंगल की ओर न जाने हेतु मुनादी कराई गई। recent visitors 91