Tuesday, July 7, 2026 12:24 pm

कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री दिलीप जायसवाल का भ्रमण कार्यक्रम

 अनूपपुर मध्यप्रदेश शासन के कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री दिलीप जायसवाल 16 नवम्बर 2024 को प्रातः 7:45 बजे मां नर्मदा मंदिर अमरकंटक में दर्शन करेंगे। तत्पश्चात् प्रातः 8:30 बजे अमरकंटक से ग्राम जगतपुर करंजिया, जिला-डिण्डौरी के लिए प्रस्थान करेंगे। प्रातः 9 बजे ग्राम जगतपुर करंजिया पहुंचेंगे एवं मां नर्मदा मैकल परिक्रमा द्वारा आयोजित मैकल परिक्रमा पर्वतराज अमरकंटक की परिक्रमा कार्यक्रम एवं अन्य स्थानीय कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे। प्रातः 10 बजे ग्राम जगतपुर करंजिया से अमरकंटक के लिए प्रस्थान करेंगे। प्रातः 10:30 बजे सर्किट हाऊस अमरकंटक पहुंचेंगे एवं अन्य स्थानीय कार्यक्रम में भाग लेंगे। दोपहर 3 बजे अमरकंटक से बिजुरी के लिए प्रस्थान करेंगे। शाम 5 बजे बिजुरी पहुंचेंगे। शेष कार्यक्रम पृथक से जारी किया जाएगा। recent visitors 73

हेमंत सोरेन का आरोप, जिन राज्यों में भाजपा का शासन है वहां हुए पेपर लीक के मामलों में भाजपा का ही हाथ

रांची झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने केंद्रीय जांच एजेंसियों पर शुक्रवार को निशाना साधते हुए दावा किया कि वे ‘‘मुर्गी चोरी” जैसी घटनाओं की जांच करने में व्यस्त हैं जबकि उत्तर प्रदेश में हुए पेपर लीक के मामलों को भाजपा के इशारे पर वे छू भी नहीं रही है। सोरेन ने आरोप लगाया कि जिन राज्यों में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का शासन है वहां हुए पेपर लीक के मामलों में भाजपा का ही हाथ हैं और पार्टी इससे मिले धन का इस्तेमाल अपने चुनाव-प्रचार अभियान के लिए कर रही है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘झारखंड चुनाव में जो आप भाजपा के ताम-झाम देख रहे हैं वह सब सिर्फ और सिर्फ पेपर लीक के पैसों की वजह से है… ईडी, सीबीआई, एनआईए जो आज कल मुर्गी चोरी की भी जांच करने लगी है वह कभी भी पेपर लीक के मामलों की जांच क्यों नहीं करती है? इसलिए, क्योंकि भाजपा ही पर्चे लीक करवाती है और उस पैसे से वह चुनाव के बाद विधायक/सांसद खरीदती है।'' उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा शासित सभी राज्यों में पेपर लीक होते गए। मध्यप्रदेश में तो व्यापमं ने ना जाने कितने बेगुनाहों की जान ले ली। झारखंड में एक परीक्षा लीक हुई, तो हमने तुरंत देश का सबसे कड़ा क़ानून बनाया, लेकिन भाजपा इसे काला कानून करार देते हुए राजभवन चली गई।'' सोरेन ने दावा किया कि अगर उन्हें ईडी और सीबीआई द्वारा ‘‘झूठे'' मुकदमों में परेशान नहीं किया गया होता तो उन्होंने सरकार में कई नए पद सृजित किए होते और बड़े पैमाने पर भर्तियां सुनिश्चित की होतीं।  recent visitors 67

जिले में 16 नवंबर से आयोजित होगा जल संवाद कार्यक्रम

सिंगरौली खनन परियोजनाओं से प्रभावित सिंगरौली जिले के लिए प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन अंतर्गत जल संरक्षण एवं प्रबंधन  एक अनिवार्य आवश्यकता है। चूंकि वर्षा जल हर समय उपलब्ध नहीं रहता इसलिए जल की कमी को पूरा करने के लिए जल के संरक्षण के साथ जल की हानि,  उपयोग या अपव्यय में वास्तविक रूप से कमी लाने के साथ-साथ जल की गुणवत्ता को संरक्षित रखना अत्यंत आवश्यक है जिसके लिए आमजन जागरूकता भी महत्वपूर्ण पहलू है। इसी के मद्देनजर जल शक्ति मंत्रालय द्वारा जिला मुख्यालय में स्थापित जल शक्ति केंद्र एवं मनरेगा योजना के माध्यम से जिले अंतर्गत जल के विभिन्न आयाम , चुनौतियां, सभी को स्वच्छ जल की उपलब्धता के साथ सतत जल प्रबंधन और संरक्षण में समाज के सभी वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिले में जल संवाद कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है जिसका शुभारंभ 16 नवंबर को जिला पंचायत सभागार में प्रातः 11:00 बजे से किया जाएगा। इसके साथ ही 17 नवंबर को जनपद पंचायत देवसर में तथा 18 नवंबर को जनपद पंचायत चितरंगी में कार्यक्रम उपरांत चिन्हित ग्राम पंचायत स्तर पर भी कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस जल संवाद कार्यक्रम में जल प्रहरी एवं वाटर हीरो श्री नीरज वानखेड़े जी एवं उनकी टीम द्वारा जल संवर्धन एवं संरक्षण के विषय पर प्रकाश डाला जाएगा साथ ही विभिन्न विभाग के अधिकारियों/कर्मचारी,  जिला पंचायत एवं जनपद पंचायत के माननीय अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं सदस्य , ग्राम पंचायत सरपंच, सब इंजीनियर, मनरेगा अंतर्गत सी.एफ.पी प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन विशेषज्ञ एवं आम जनमानस द्वारा जन भागीदारी से जल संरक्षण के उपायों पर चर्चा कर जन जागरूकता चलाया जाएगा। recent visitors 52

जिला स्तरीय समारोह का आयोजन अटल सामुदायिक भवन बिलौजी में हुआ आयोजित

सिंगरौली जिलें भर में भगवान बिरसा मुण्डा की जयंती  को धूमधाम  से जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाया गया। जिला स्तरीय मुख्य समारोह का आयोजन अटल सामुदायिक भवन बिलौजी में राज्यमंत्री मध्यप्रदेश शासन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग श्रीमती राधा सिंह के मुख्य अतिथि में एवं सिंगरौली विधानसभा के विधायक श्री राम निवास शाह, देवसर विधानसभा के विधायक श्री राजेन्द्र मेश्राम, नगर निगम अध्यक्ष देवेश पाण्डेंय, कलेक्टर श्री चन्द्रशेखर शुक्ला, भाजपा जिलाध्यक्ष रामसुमिरन गुप्ता के गरिमामय उपस्थित में आयोजित किया गया। समारोह का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन कर एवं भगवान बिरसा मुण्डा के छाया चित्र पर मल्यापर्ण कर किया गया। समारोह में एकलव्य विद्यालय की छात्राओं के द्वारा मनमोहक सास्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर अतिथियों का स्वागत किया गया। छात्राओं के द्वारा प्रस्तुत गीतो ने अतिथियों को मत्रमुग्ध कर दिया।  इस अवसर पर उपस्थित जन समूह को राज्यमंत्री श्रीमती राधा सिंह ने जनजातीय गौरव दिवस की बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा की आज पूरे देश के लिए गौरव का क्षण है। आज पूरा देश एक साथ भगवान बिरसा मुंडा की जयंती मना रहा है। उन्होंने कहा कि जल जंगल जमीन के असली मालिक आदिवासी समाज है। यह हमारे पर्यावरण, संस्कृति की रक्षा करने वाला समाज है। आधुनिक युग में हम अपने संस्कृति संस्कार भूलने लगे हैं लेकिन आदिवासी समाज आज भी अपने संस्कृति और संस्कार को संजोए हुए है। उन्होंने कहा कि भारत में आदिवासी समाज सुदूर वनांचल क्षेत्र में निवास करता है। केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा आदिवासी समाज के उत्थान, उन्नति और विकास के लिए कई योजनाएं संचालित कर रही है। उन्होंने कहा की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आने के बाद देश में स्थिति बदली है। मोदी जी के नेतृत्व में आज पूरा देश देख रहा की बिरसा मुंडा कौन है। आदिवासी संस्कृति को देख और समझ रहा है। आज मोदी जी अनेक कल्याणकारी योजना बनाकर आदिवासी समाज के उन्नति और उत्थान के लिए काम कर रहे हैं।  वही समारोह को संबोधित करते हुये सिंगरौली विधायक श्री राम निवास शाह ने कहा कि आज अनुसूचित जाति और जनजाति के लोग सरपंच, पांच बनने के लिए सोचते थे। लेकिन आज गर्व की बात है प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कारण आज आदिवासी समाज को बेटी श्रीमति द्रौपती मुर्मू देश के सर्वोच्च राष्ट्रपति के पद को सुशोभित कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आदिवासी समाज के प्रति विशेष लगाव है। उन्होंने कहा कि हमारे प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के द्वारा भी कई योजनाएं संचालित कर आदिवासी समाज के विकास एवं उनके उत्थान के लिए कार्य किया जा रहा है।       समारोह में देवसर विधायक राजेन्द्र मेश्राम ने कहा कि आज दिन पूरे देश के लिए गौरव का दिन है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में समूचे देश में भगवान बिरसा मुंडा की जयंती जनजातीय गौरव दिवस कर रूप में मनाया जा रहा है। उन्होंने। कहा कि हमारी केन्द्र एवं राज्य सरकार ने हमेशा जनजाति समाज को सम्मान देने का काम किया है। देश के लिए बहुत ही सम्मान की बात है कि देश के सर्वोच्चित पद में आदिवासी महिला है। राष्ट्रपति के रूप में श्रीमति द्रौपती मुर्मू आदिवास समाज का मान बढ़ा रहीं है। प्रदेश सरकार के द्वारा भी समाज के उत्थान के लिए कई कार्य किये जा रहे। देवसर विधायक के द्वारा समारोह के दौरान सास्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाली एकलव्य विद्यालय के छात्राओं को प्रति छात्र 5 हजार रूपयें सम्मान राशि दियें जाने की घोषणा की। समारोह में नगर निगम अध्यक्ष श्री देवेश पाण्डेंय के द्वारा भी उपस्थित जन सामूह को जनजाति गौरव दिवस की बधाई देते हुये भगवान बिरसा मुण्डा के जीवन के बारे में अवगत कराते हुयें उनके संघर्षो को याद किया गया।  समारोह के दौरान कलेक्टर श्री चन्द्रशेखर शुक्ला ने भगवान बिरसा मुण्डा के जीवन पर प्रकाश डालते हुये बताया कि बरसा मुंडा जी का जन्म 15 नवम्बर 1875 को झारखंड के उलीहातू गांव में एक साधारण मुंडा परिवार में हुआ था। उनका जीवन बेहद कठिनाइयों से भरा था और उन्हें बाल्यावस्था से ही आर्थिक संघर्षों का सामना करना पड़ा। कलेक्टर ने कहा कि भगवान बिरसा मुण्डा को धरती आवा भी कहा जाता है। उन्होंने बताया कि भागवान बिरसा मुण्डा का भारत की आजादी अहम योगदान है। उन्होंने सोसक ब्रिटस औपनिवेशिक व्यवस्थाओं के खिलाफ लड़ाई लड़ी तथा आम लोगो के मन में आजादी की अलख जागने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि भगवान बिरसा मुण्डा के तरह ही भारत के अनेक जनजाति समाज के नायको ने अपने प्राणो की आहूति देकर भारत को अंग्रेजो के क्रूर शासन से मुक्ति दिलाने में अपना सर्वोच्च बलिदान दिया। आज भगवान बिरमा मुण्डा के जन्म दिवस के अवसर पर उन महान बलिदानियों को भी याद करने का दिन है।     समारोह के दौरान विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं से पात्र हितग्राहियो को अतिथियों के कर कमलो द्वारा लाभान्वित कराया गया। जिसमें पीएम जनमन योजना अंतर्गत 10 हितग्राहियों को उनके आवासों की चाभी सौपकर उनका गृह प्रवेश कराया गया। वही पॉच बैगा जन जाति के हितग्राहियों को केसीसी स्वीकृत प्रमाण पत्र तथा उन्नत किस्म के बीजों का किट प्रदान किया गया। तथा 10 समूहों को मछुआ क्रेडिट कार्ड का वितरण किया गया। समारोह के दौरान उपस्थिति अतिथि सहित जन सामूह के द्वारा बिहार प्रदेश के जमुई जिले से प्रधानमंत्री जी के उद्बोधन को लाईव टेलीकास्ट के माध्यम से देखा एवं सुना गया।   इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी गजेन्द्र सिंह नागेश,  डीपीओ राजेश गुप्ता, उप संचालक कृषि आशीष पाण्डेंय, खाद्य आपूर्ति अधिकारी पी.सी चन्द्रवंशी, उप संचालक उद्यानिकी एच.एल निमोरिया, नगर निगम के डिप्टी कमिश्नर आरपी बैस, जन जाति कार्य विभाग के ए.डी जीतेन्द्र सहित पार्षद संतोष शाह, वरिष्ट समाजसेवी संदीप चौबे, सुन्दर शाह, पूनम गुप्ता, अरविंद दुबे, कालिका प्रसाद गुप्ता, सुनील दुबे, कमल नयन चौरसिया, भोला प्रसाद शाह सहित जन जाति वर्ग के नागरिक एवं एकलव्य विद्यालय के गुरूजन एवं छात्र छात्रा उपस्थित रहे। recent visitors 53

NCRTC शुरू की नई प्रतियोगिता, इसमें हिस्सा लेकर आप 1.5 लाख रुपये तक का नकद पुरस्कार जीत सकते हैं

नई दिल्ली अगर आप रील्स बनाने के शौकीन हैं और वीडियो शूटिंग में माहिर हैं, तो आपके लिए एक सुनहरा अवसर आया है। नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (NCRTC) ने हाल ही में एक नई प्रतियोगिता की घोषणा की है, जिसमें कंटेंट क्रिएटर्स और फिल्म मेकर्स को अपनी क्रिएटिविटी दिखाने का मौका मिलेगा। इस प्रतियोगिता का नाम है "नमो भारत शॉर्ट फिल्म मेकिंग प्रतियोगिता"। इसमें हिस्सा लेकर आप 1.5 लाख रुपये तक का नकद पुरस्कार जीत सकते हैं। प्रतियोगिता में कौन भाग ले सकता है? इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए किसी विशेष योग्यता की आवश्यकता नहीं है। यह प्रतियोगिता सभी के लिए खुली है, चाहे आप कॉलेज के छात्र हों, एक स्वतंत्र फिल्म निर्माता हों या फिर एक कंटेंट क्रिएटर। यदि आप शॉर्ट फिल्म या रील बनाना पसंद करते हैं और उसमें अपनी क्रिएटिविटी को दर्शाना चाहते हैं, तो यह अवसर आपके लिए है। प्रतियोगिता के नियम और शर्तें इस प्रतियोगिता में प्रतिभागियों को एक शॉर्ट फिल्म या रील बनानी होगी, जिसमें नमो भारत ट्रेन और RRTS (रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम) स्टेशन को प्रमुखता से दिखाया जाएगा। इसमें कोई फिक्स्ड स्टाइल या कहानी की आवश्यकता नहीं है, यानी आप अपनी वीडियो में अपनी विशेष और यूनिक क्रिएटिविटी को पूरी तरह से दिखा सकते हैं। इसके साथ ही, प्रतियोगिता का हिस्सा बनने के लिए आपको आरआरटीएस स्टेशन और नमो भारत ट्रेन के अंदर शूटिंग करने के लिए कोई शुल्क नहीं देना होगा। यह पूरी प्रक्रिया पूरी तरह से निशुल्क है। वीडियो की आवश्यकताएँ – वीडियो फॉर्मेट: आपकी शॉर्ट फिल्म या रील को MP4 या MOV फॉर्मेट में होना चाहिए। – रिज़ॉल्यूशन: वीडियो का रिज़ॉल्यूशन 1080p होना चाहिए। – सबसिटाइटल: आप अपनी फिल्म या रील में ऑप्शनल सबटाइटल जोड़ सकते हैं, जिन्हें हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में शामिल करना होगा। – समय सीमा: वीडियो की लंबाई का कोई प्रतिबंध नहीं है, लेकिन आपको अपनी फिल्म या रील को 20 दिसंबर 2024 तक सबमिट करना होगा। आवेदन की प्रक्रिया इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए, आपको अपनी शॉर्ट फिल्म या रील को एक ईमेल के माध्यम से भेजना होगा। ईमेल का विषय होना चाहिए: "एप्लिकेशन फॉर नमो भारत शॉर्ट फिल्म मेकिंग कॉम्पिटिशन"। ईमेल में निम्नलिखित जानकारी अनिवार्य रूप से शामिल करनी होगी: 1. आपका पूरा नाम 2. आपकी फिल्म या रील का संक्षिप्त विवरण (Short Summary) 3. फिल्म या रील की समयावधि (Duration of the film/ reel) ईमेल भेजने के लिए आपको pr@ncrtc.in पर संपर्क करना होगा। पुरस्कारों की जानकारी यह प्रतियोगिता तीन विजेताओं का चयन करेगी। विजेताओं को पुरस्कार के रूप में नकद राशि दी जाएगी: – पहला स्थान: 1,50,000 रुपये – दूसरा स्थान: 1,00,000 रुपये – तीसरा स्थान: 50,000 रुपये प्रतियोगिता की तारीखें – आवेदन की अंतिम तिथि: 20 दिसंबर 2024 – विजेताओं की घोषणा: इसका आयोजन और परिणाम की घोषणा बाद में की जाएगी। क्यों है यह प्रतियोगिता खास? NCRTC की इस प्रतियोगिता का उद्देश्य नवाचार और तकनीकी विकास को बढ़ावा देना है, साथ ही इसके माध्यम से फिल्म मेकर्स और कंटेंट क्रिएटर्स को एक प्लेटफॉर्म प्रदान करना है, जहां वे अपनी रचनात्मकता और तकनीकी कौशल का प्रदर्शन कर सकें। इस प्रतियोगिता के जरिए लोगों को नमो भारत ट्रेन और RRTS परियोजनाओं के बारे में भी जागरूक किया जाएगा, जो दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में आने वाली ट्रांसपोर्ट सुविधाओं के एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। यह प्रतियोगिता न केवल रचनात्मकता को बढ़ावा देने का एक शानदार तरीका है, बल्कि यह एक बड़े इनाम का भी अवसर है। अगर आप शॉर्ट फिल्म या रील बनाने के शौक़ीन हैं और आपके पास अच्छी फिल्म बनाने का हुनर है, तो यह एक बेहतरीन मौका है अपनी प्रतिभा को दिखाने और 1.5 लाख रुपये तक का नकद पुरस्कार जीतने का। आपको बस अपनी वीडियो को ठीक से शूट करना है, अपनी क्रिएटिविटी दिखानी है और 20 दिसंबर 2024 से पहले अपनी एंट्री सबमिट करनी है।   recent visitors 66

एसईसीएल में ग्रेडर मशीन की चपेट में आने से कर्मचारी की मौत, लोगों में भारी आक्रोश

कोरबा  एसईसीएल की कुसमुंडा कोल परियोजना में आज एक बड़ा हादसा हो गया, जहां एक कर्मचारी की मौत हो गई. इस घटना के बाद कर्मचारियों में भारी आक्रोश है. कर्मचारी मृतक के परिवार को उचित मुआवजा और नौकरी देने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं. हादसे की जानकारी संबंधित कंपनी के अधिकारियों को दी गई. वहीं सूचना मिलते ही कुसमुंडा पुलिस भी मौके पर पहुंची है. बताया जा रहा है कि कुसमुंडा खदान के नीलकंठ फेस में भारी वाहन की चपेट में आने से एक ठेकाकर्मी की मौत हो गई. मृतक सर्वेश कुमार 42 वर्षीय सुल्तान गंज बिहार रहने वाला था. वह पिछले कुछ सालों से नीलकंठ कंपनी में काम कर रहा था. हादसे के बाद मौके पर तनाव की स्थिती निर्मित हो गई है. सहकर्मी हादसे के बाद आक्रोशित नजर आ रहे हैं. कर्मचारियों में आक्रोश, खदान में हड़ताल की स्थिति बताया जा रहा है कि शुक्रवार की दोपहर लगभग एक बजे खदान में काम के दौरान यह हादसा हुआ है, जहां 42 वर्षीय सर्वेश कुमार ग्रेडर मशीन की चपेट में आ गया और घटना स्थल पर ही उसकी मौत हो गई. मृतक कंपनी के मेस में ही रहकर काम करता था. सुबह फर्स्ट शिफ्ट में काम करने गया हुआ था. कंपनी के अन्य कर्मचारी मृतक के परिवार को उचित मुआवजा और नौकरी देने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं. कर्मचारियों का कहना है कि उनकी मांगे जब तक पूरी नहीं होगी तब तक आगे की कार्यवाही नहीं शुरू करने देंगे. ऐसे में खदान में हड़ताल की स्थिति निर्मित हो रही है. हादसे की जांच की जा रही : थाना प्रभारी इस हादसे को लेकर कुसमुंडा थाना प्रभारी रूपक शर्मा ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची है. घटनाक्रम की जानकारी लेते हुए आगे की जांच की जा रही है. वहीं मृतक के परिजनों को इसकी सूचना दी गई है. आगे की कार्यवाही जारी है. recent visitors 48

लाहौर में सांस लेना भी हुआ मुहाल, AQI 1900 के पार; मंत्री ने भारत को लेकर दिया अजीबोगरीब तर्क

लाहौर पाकिस्तान का ऐतिहासिक शहर इन दिनों एक बड़ी परेशानी से गुजर रहा है. लाहौर में वायु प्रदूषण चरम सीमा पर पहुंच गया है. यहां एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) हाल ही में 1900 तक पहुंच गया है. लाहौर में रिकॉर्ड स्तर के वायु प्रदूषण ने गंभीर स्वास्थ्य संकट पैदा कर दिया है, जिससे अस्पतालों और प्राइवेट क्लिनिकों में मरीजों की संख्या बढ़ गई है. डॉक्टरों का कहना है कि अगर लोगों ने मास्क नहीं पहना और प्रशासनिक आदेशों का पालन नहीं किया, तो पूरे शहर में लॉकडाउन की स्थिति बन सकती हैं. ऑलामा इकबाल मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल फैसल असगर नकी ने यहां की प्रदूषण की स्थिति को चिंताजनक बताया. वहीं, एक मरीज हसन अख्तर ने बताया कि उन्हें फ्लू और सीने में इंफेक्शन है. उनका मानना है कि इसकी वजह तेजी से घट रहे पेड़-पौधे और वाहनों से निकलता धुआं है. हसन ने कहा कि प्रदूषण से निपटने के लिए सरकार को हरियाली बढ़ाने, वाहन सुधारने और तकनीकी बदलाव लाने की जरूरत है. ये तो हो गई पाकिस्तान के अस्पतालों की हालत. अब जानेंगे कि आखिर पाकिस्तान में ये हालात कैसे पैदा हो गएं. लाहौर का एयर क्वालिटी इंडेक्स लाहौर का एयर क्वालिटी इंडेक्स लोगों की सेहत के लिए काफी खराब है. वहीं इसपर स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि इस बढ़ते प्रदूषण से अस्पतालों में मरीजों की संख्या में भी इजाफा हुआ है, जो सांस संबंधी बीमारियों से काफी परेशान हैं. वहीं इस पर पंजाब सरकार ने लोगों को फेस मास्क पहनने, अनावश्यक बाहर न निकलने और बच्चों व बुजुर्गों को खास सावधानी बरतने की सलाह दी है. ग्रीन लॉकडाउन की स्थिति लाहौर में स्कूलों को अस्थायी रूप से बंद किया गया है, और वाहनों व निर्माण कार्यों पर भी कड़े प्रतिबंध लगाए गए हैं. इसके अलावा, सरकारी दफ्तरों के 50 प्रतिशत कर्मचारियों को ‘ग्रीन लॉकडाउन’ के तहत घर से काम करने की अनुमति दी गई है. सरकार ने यह भी कहा है कि जो क्षेत्र “ग्रीन लॉकडाउन” का पालन नहीं करेंगे, वहां पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. क्या कह रहें विशेषज्ञ? वहीं विशेषज्ञों की मानें तो लाहौर का प्रदूषण स्तर इतनी तेजी से बढ़ने का कारण आसपास के इलाकों में होने वाली पराली जलाने की घटनाएं हैं. पंजाब की सूचना मंत्री अजमा बुखारी ने इस पर कहा कि भारत से आने वाली हवाएं लाहौर में प्रदूषण के स्तर को बढ़ा रही हैं. उन्होंने कहा कि भारतीय शहर अमृतसर और चंडीगढ़ की ओर से आने वाली हवाओं के कारण वायु गुणवत्ता पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है, और आने वाले कुछ दिनों तक यह स्थिति बने रहने की संभावना है. लाहौर प्रशासन उठा रहा ये कदम लाहौर प्रशासन ने प्रदूषण की स्थिति को देखते हुए कृत्रिम वर्षा कराने की योजना पर भी विचार किया है ताकि वायु की गुणवत्ता में सुधार हो सके. साथ ही, पंजाब के मुख्यमंत्री ने भारत के पंजाब राज्य के मुख्यमंत्री के साथ मिलकर प्रदूषण की इस गंभीर समस्या पर चर्चा करने की योजना बनाई है. लाहौर को कभी हरियाली और बाग-बागीचों का शहर माना जाता था, लेकिन तेजी से शहरीकरण और हरियाली में गिरावट के कारण यहां वायु प्रदूषण गंभीर समस्या बन गया है. WHO के लिमिट से भी 122 गुना ज्यादा     कई दिनों से शहर के 1.4 करोड़ लोग धुंध से प्रभावित हैं। स्विस वायु गुणवत्ता मानीटर आइक्यूएयर घातक पीएम 2.5 प्रदूषकों के स्तर 613 पर पहुंच गया।     यह विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा स्वास्थ्य के लिए खराब माने जाने वाले स्तर से 122.6 गुना अधिक है। अब हरकत में आई सरकार पंजाब की वरिष्ठ मंत्री मरियम औरंगजेब ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा कि सरकार ने एक सप्ताह के लिए प्राथमिक स्कूलों को बंद कर दिया है और अभिभावकों को सलाह दी है कि वे सुनिश्चित करें कि बच्चे मास्क पहनें, क्योंकि शहर में धुंध की मोटी चादर छाई हुई है। औरंगजेब ने कहा कि वाहनों से होने वाले प्रदूषण को कम करने के लिए 50 फीसद कार्यालय कर्मचारी घर से काम करेंगे। लाहौर में वायु प्रदूषण का अब तक का रिकॉर्ड सरकार ने एक एडवाइजरी भी जारी की जिसमें लोगों से घर के अंदर रहने, दरवाजे और खिड़कियां बंद रखने और जब तक आवश्यक न हो यात्रा करने और घर से बाहर जाने से बचने का आग्रह किया गया। भारत पर फोड़ा ठीकरा मंत्री औरंगजेब ने वायु प्रदूषण की इतनी खराब स्थिति का कारण पड़ोसी भारत को बताया। उन्होंने कहा कि इस वायु प्रदूषण का कारण भारत से आने वाली हवाएं हो सकती हैं। उन्होंने आगे कहा कि भारत के साथ बातचीत के बिना इसे हल नहीं किया जा सकता है। प्रांतीय सरकार पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के माध्यम से अपने बड़े पड़ोसी के साथ बातचीत शुरू करेगी। recent visitors 52