Wednesday, July 8, 2026 4:04 am

वाहन चैकिंग के नाम पर कोटाडोल पुलिस कर रहे अपनी जेबें गरम

वाहन चैकिंग के नाम पर कोटाडोल पुलिस कर रहे अपनी जेबें गरम "जांच के नाम पर लिया जा रहा खर्चा पानी, व्यापारियों को हो रही सबसे ज्यादा परेशानी" मनेन्द्रगढ़/एमसीबी यातायात विभाग सुविधाएं तो लोगों को ढंग से दे नहीं पा रही है, लेकिन कानून की आड़ में पुलिस की मनमानी चेकिंग और नियमों के नाम पर आमजन से लूट हैं जारी। कोटाडोल ग्राम में वाहन चेकिंग के नाम पर लोगों से मनमाने तरीके से वसूली भी की जा रही है। कभी गाड़ी के कागजात तो कभी हेलमेट न पहनने की वजह से वाहन जब्ती की कार्रवाई का डर दिखाकर जमकर अवैध वसूली हो रही है। पैसे मिलने के बाद बिना चालान किए ही छोड़ दिया जाता है। इन्होने तय कर रखा हुआ हैं कि मगलवार को लगने वाले बाजारहाट में भीड़-भाड़ वाले दिन ही चेकिंग करना हैं। एक मामलों में पीडित लोगों की मानें तो यहां पुलिस जांच करने से ज्यादा अवैध वसूली में लगी रहती है। वहीं पुलिस वाहन चेकिंग के नाम पर बिना हेलमेट के चलने वालों से 100 रुपए लेकर उन्हें छोड़ देती है। अगर कोई पैसे देने में आनाकानी करता है तो उसका चालान काट दिया जाता है। इसके अलावा पुलिस द्वारा गालियां भी देती है। यह पुलिस वालों का धंधा एक दिन का नहीं, बल्कि हमेशा का है। इससे परेशान लोगों द्वारा कई बार इसकी जानकारी मिडिया के माध्यम से तथा उच्चधिकारियों को भी दी गई। लेकिन पुलिस द्वारा की जा रही चैकिंग के नाम पर वसूली नहीं रुक पा रही है। वहीं कोटाडोल थानें की पुलिस द्वारा व्यवस्थाओं और कामकाज से ज्यादा सड़कों में खड़े होकर वाहनों को रोककर डराया जाता है और पुलिस कर्मियोंं द्वारा चालान करने की धमकी देकर अपने जेबें गरम की जा रही हैं। शहर में यातायात पुलिस द्वारा सप्ताह में एक बार लगने वाली मंगलवार को बाजार के दिन विभिन्न स्थानों में वाहनों की चैकिंग लगाई जा रही है। इस दौरान अधिकारी एक स्थान पर बैठ कर कार्रवाई करते हैं और सड़क में पुलिसकर्मी वाहनों को रोकते हैं और अधिकारी से मिलने के लिए कहते हैं। जिससे कुछ लोग कार्रवाई होने के डर से पुलिस कर्मी को कुछ खर्चा पानी देकर निकल लेते हैं। कोटाडोल थाना पुलिस द्वारा प्रत्येक मंगलवार बाजार के दिन विभिन्न स्थानों में वाहनों की चैकिंग लगाई जा रही है और पलिस कर्मियों द्वारा मनमानी की जा रही है। जिससे ग्रामीणों को खरीददारी करने में बहुत दिक्कत जा रही हैं वही साथ ही व्यापारियों को व्यापार में काफी नुकसान हो रहा हैं। ज्ञात हो कि ग्राम पंचायत कोटाडोल में सप्ताह में एक दिन मंगलवार को बाजार लगता हैं, जिसमें दूर-दराज के विभिन्न गांव कुद्रप्पा, खोहोरा, कोरमो कला बड़गांव बड़गांव खुदरा खोखोनिया देवशील कटवार ऐसे बहुत सारे गरीब ग्रामीण अपने जरुरत के अनुसार सप्ताह भर के लिए खरीददारी करता हैं, जिसे अब वह ठीक से कर नहीं पा रहे है साथ में व्यापारियों के व्यापार भी नुकसान हो रहा है। इस तरह सप्ताह में एक दिन लगने वाला बाजार भी प्रभावित हो रहा हैं और यहां एमसीबी  जिले के कोटाडोल थानों की पुलिस टीम द्वारा वाहनों चैकिंग की जा रही है और लोगों को कार्रवाई का डर दिखाकर अपने जेब गरम की जा रही है। recent visitors 44

प्रधानमंत्री मोदी की प्रेरणा से हुआ चीता अभियान शुरू

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने चीता दिवस पर प्रदेशवासियों को दी बधाई चीते हमारे प्रदेश ही नहीं देश की भी धरोहर, इसको संभालकर रखना है: मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रधानमंत्री मोदी की प्रेरणा से हुआ चीता अभियान शुरू भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने चीता दिवस पर प्रदेशवासियों को बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश पूरे देश में वन्यजीवों के लिए एक आदर्श स्थान है। इसी कारण मध्यप्रदेश टाइगर स्टेट बना है। चीते हमारे प्रदेश ही नहीं देश की धरोहर हैं। इस नाते इस धरोहर को हमें संभालकर रखना है। चीतों से हमारा ऐसा ही आत्मीय स्नेह बना रहे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय चीता दिवस पर कूनो नेशनल पार्क में दो चीतों की सौगात मिली है। "अग्नि और "वायु" को स्वतंत्र वन क्षेत्र में छोड़ा गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि चीतों के साथ मध्यप्रदेश में पर्यटन भी रफ्तार भरेगा। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि भारत के सभी राज्यों में जितने टायगर नहीं हैं उससे अधिक संख्या में मध्यप्रदेश में हैं, जो एक रिकार्ड है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार ने दो दिन पहले ही टाइगर रिजर्व को मंजूरी दी है। रातापानी टाइगर रिजर्व 8वें क्रम पर है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार माधव टाइगर पार्क के लिए भी जल्द ही आवश्यक मंजूरी देने जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि लगभग सौ साल पहले चीता मध्यप्रदेश ही नहीं पूरे देश या एशिया से भी विलुप्त हो गया था। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्रेरणा से हमने अन्य महाद्वीप से लाकर इस प्राणी को अपने यहां बसाने का अभियान शुरू किया। मुझे संतोष है मध्यप्रदेश में चीतों का परिवार फल-फूल रहा है। अब उनकी नई पीढ़ी आंखें खोल कर आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इस प्रयोग से आगे चलकर यह संभव होगा कि अन्य राज्य भी भागीदार बन सकेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि चीता दिवस के अवसर पर आनंद के क्षणों के साथ प्रधानमंत्री मोदी को बधाई देना चाहता हूँ जिनके प्रयासों से हमें यह चीता प्रोजेक्ट मिला। अंतर्राष्ट्रीय चीता दिवस पर कूनो में विभिन्न आयोजन अंतर्राष्ट्रीय चीता दिवस के अवसर पर श्योपुर जिले के विभिन्न हिस्सों में कूनो राष्ट्रीय उद्यान द्वारा चीता-मित्रों की रैलियों का आयोजन किया गया। इस अवसर को यादगार बनाने के लिये भारतीय भूमि पर चीतों के रोचक छायाचित्रों से भरपूर कूनो राष्ट्रीय उद्यान के ऑफीशियल कैलेण्डर-2025 का विमोचन पालपुर में किया गया। अंतर्राष्ट्रीय चीता दिवस पर एक लघु फिल्म जारी की गयी। फिल्म में चीता परियोजना के पिछले 2 वर्षों की झलक दिखायी गयी। नेशनल पार्क के अंतिम विस्थापित ग्राम बागचा की एक वीडियो स्टोरी भी जारी की गयी। इस अवसर पर वन विभाग के एसीएस अशोक वर्णवाल, पीसीसीएफ एण्ड होप असीम श्रीवास्तव, पीसीसीएफ वन्य-जीव शुभरंजन सेन एवं मुख्य वन्य-प्राणी अभिरक्षक और चीता स्टीरिंग कमेटी के अध्यक्ष डॉ. राजेश गोपाल, सदस्य डॉ. एच.एस. नेगी और सलाहकार डॉ. एस.पी. यादव उपस्थित रहे।   recent visitors 63

आवेदक को जनदर्शन के माध्यम से मिला मृत्यु प्रमाण पत्र

मनेन्द्रगढ़/एमसीबी आज कलेक्टर जनदर्शन में आवेदक हजारी लाल गुप्ता आत्मज मंगल प्रसाद गुप्ता को जिला  जनदर्शन   के माध्यम से मृत्यु प्रमाण पत्र बनाकर प्रदाय किया गया। जानकारी के अनुसार बताया गया है कि आवेदक के पुत्र राकेश कुमार गुप्ता की मृत्यु 10 अक्टूबर 2024 को हो गया था। आवेदन को संज्ञान में लेते हुये कलेक्टर ने केल्हारी तहसीलदार को निर्देश दिये कि वे आवेदक की परेशानियों को देखते हुये समय पर मृत्यु प्रमाण पत्र बना कर प्रदाय करे। केल्हारी तहसीलदार करमचंद जाटवर के द्वारा स्वयं ग्राम पंचायत घुटरा पहुंचकर स्व. राकेश कुमार गुप्ता का मृत्यु प्रमाण पत्र बनवा कर प्रदाय किया गया। इससे अब आवेदक को किसी भी प्रकार की शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाया जा सकेगा। recent visitors 40

बांध सुजारा की नहर बनी शो फीस, ध्यान समय पर नहीं आ रहा है पानी किसान बूंद-बूंद के लिए परेशान

टीकमगढ़ टीकमगढ़ जिले की तहसील पलेरा के अंतर्गत ग्राम पंचायत कनेरा बम्होरी मोतीजरिया  जीत कौरा टीला नरैनी और कई ग्रामों में किसान पानी के लिए बूंद बूंद के लिए परेशान आखिर किसके इशारे पर  हो रहा है या खेल समय पर नहीं मिल रहा है किसानों को पानी आखिर कौन है उसका जिम्मेदार कई ग्रामों में अवैध कनेक्शन कर दिए गई लेकिन आखिर कौन कर रहा है या अवैध कनेक्शन किसके द्वाराखेला जा यह भ्रष्टाचारियों का खेल क्यों नहीं होती है इन पर कार्रवाई इस संबंध में कनेरा ग्राम के लोगों ने कलेक्टर साहब और एसडीएम साहब को आवेदन दिया है आखिर किसकी देख रेख में चल रहा है यह खेल क्यों नहीं दिया जाता है पानी ग्राम के लोगों द्वारा बताया गया कि कई हजारों हेक्टर जमीन असंचित पड़ी हुई है नहर को देखकर कब पानी आएगा लेकिन आज तक परी नहीं आ रहा है ग्राम के लोगों का कहना है कि जब सुजारा बांध के पाइपों को डाला गया तब हमारे ग्रामों में इतनी खुशी हुई कि अब हमारे खेत संचित हो जाएगी और हमारा परिवार अच्छी तरह से पल जाएगा लेकिन ऐसा कुछ नहीं है सुजारा बांध की नहर बनी सो फीस भ्रष्ट अधिकारियों द्वारा जगह-जगह अवैध कनेक्शन कर दिए गए हैं अब देखना यह खबर की जल्दी इस पर क्या कार्रवाई होतीहै या पिछली साल जैसी लीपापोती होती है इस संबंध में नहर के ठेकेदार से बात की गई तो उन्होंने लीपा पोती करते हुए मीडिया के सवालों से बचते नजर आए recent visitors 163

दिव्यांग दिवस पर अजय को मिली मोटराईज्ड ट्राईसिकिल -सफलता की कहानी

 सिंगरौली दिव्यांग जनों को चलने फिरने में किसी भी तरह की असुविधा का सामना नही करना पड़े, इस उद्देश्य से दिव्यांग जनों को सामाजिक न्याय विभाग व्दारा मोटराईज्ड ट्रायसिकिल वितरित की जाती है । विश्व दिव्यांग जन दिवस के अवसर पर राजमाता चूनकुमारी स्टेडियम बैढ़न में आयोजित कार्यक्रम में अजय कुमार को कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राज्यमंत्री मध्यप्रदेश शासन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग श्रीमती राधा सिंह सहित अन्य जन प्रतिनिधियों के द्वारा दिव्यांग जनो को ट्राईसायकल का वितरण किया गया। इस अवसर पर दिव्यांग अजय ने बताया कि  पहले मुझे अपने काम करने में  काफी असुविधा का सामना करना पड़ता था । अब  मोटराईज्ड ट्रायसिकिल मिल जाने पर मुझे आने  जाने में होने वाली असुविधा से मुक्ति मिल जाएगी । मोटराईज्ड ट्राईसिकिल के साथ हेलमेट भी प्रदान किया गया । जिसका उपयोग ट्रायसिकिल चलाते समय करेंगे । इसके लिए मैं प्रदेश के मुख्यमंत्री डा मोहन यादव तथा जिला प्रशासन सिंगरौली को धन्यवाद ज्ञापित करता हूं। recent visitors 46

बिजली चोरी में एक आरोपी को दो वर्ष कारावास सहित 2 लाख 97 हजार 548 रूपये जुर्माना

बिजली चोरी के पॉंच मामलों में अर्थदंड की सजा  बिजली चोरी के मामलों में दोष सिद्ध होने पर पॉंच आरोपियों को अर्थदंड सहित एक आरोपी को 2 लाख 97 हजार 548 रूपये जुर्माना की सजा सुनाई बिजली चोरी में एक आरोपी को दो वर्ष कारावास सहित 2 लाख 97 हजार 548 रूपये जुर्माना भोपाल मध्‍य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी कार्यक्षेत्र के दतिया, बैतूल एवं सबलगढ़ में विशेष न्‍यायाधीश विद्युत अधिनियम एवं जिला न्‍यायालय द्वारा बिजली चोरी के मामलों में दोष सिद्ध होने पर पॉंच आरोपियों को अर्थदंड सहित एक आरोपी को 2 लाख 97 हजार 548 रूपये जुर्माना की सजा सुनाई है। गौरतलब है कि मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा दतिया वृत्‍त अंतर्गत चेकिंग के दौरान दिनेश साहू आत्‍मज सुरेश साहू द्वारा उनकी राइस मिल में स्‍थापित कनेक्‍शन के मीटर को बायपास कर विद्युत चोरी पकड़ते हुए माननीय न्‍यायायल के समक्ष परिवाद दायर किया गया था। इस पर विशेष न्‍यायाधीश विद्युत अधिनियम दतिया सुदीप कुमार श्रीवास्‍तव द्वारा दोष सिद्ध पाए जाने पर आरोपी दिनेश साहू को दो वर्ष की सजा एवं 2 लाख 97 हजार 548 रूपये जुर्माने की सजा सुनाई है। बैतूल वृत्‍त के मुलताई ग्रामीण वितरण केन्‍द्र अंतर्गत विनोदीलाल कवड़े द्वारा अपने परिसर में स्‍थापित घरेलू कनेक्‍शन के मीटर को बायपास कर विद्युत चोरी के मामले में विशेष न्‍यायाधीश विद्युत अधिनियम मुलताई जिला बैतूल पंकज चतुर्वेदी द्वारा आरोपी विेनादीलाल कवड़े के विरूद्ध विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 135 के तहत दोष सिद्ध पाए जाने पर वित्‍तीय लाभ का तीन गुना 22 हजार 071 रूपये का जुर्माना तथा अदायगी नहीं करने पर चार माह की सजा सुनाई है। इसी तरह सबलगढ़ अंतर्गत बिजली चोरी के मामलों में माननीय न्‍यायालय द्वितीय अति सत्र न्‍यायाधीश उपेन्‍द्र देशवाल द्वारा तीन आरोपियों को तीन गुना जुर्माना तथा अदायगी नहीं करने पर चार माह की सजा सुनाई है। इन तीन मामलों के आरोपियों में सोनू कुशवाह को 6 हजार 848 रूपये, वीरेन्‍द्र कुशवाह को 7 हजार 188 रूपये एवं राजेश कुशवाह को 7 हजार 698 रूपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने इस निर्णय के परिप्रेक्ष्य में सभी आम लोगों से आग्रह किया गया है कि वे वैध कनेक्शन लेकर ही बिजली का उपयोग करें। अनधिकृत या अवैध रूप से बिजली चोरी दण्डनीय अपराध है तथा इसमें जुर्माना और कारावास का भी प्रावधान है।   recent visitors 46

प्रक्रिया में तेजी लाने और पारदर्शिता के लिये टेक्नोलॉजी का करें प्रयोग: उप मुख्यमंत्री शुक्ल

छात्रों और स्वास्थ्य सेवाओं के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दें: उप मुख्यमंत्री शुक्ल मध्यप्रदेश फार्मेसी, पैरामेडिकल और नर्सिंग काउंसिल की हुई समीक्षा मान्यता और परीक्षाओं के संचालन की कार्यवाही शीघ्रता से पूर्ण करें : उप मुख्यमंत्री शुक्ल प्रक्रिया में तेजी लाने और पारदर्शिता के लिये टेक्नोलॉजी का करें प्रयोग: उप मुख्यमंत्री शुक्ल भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने मंत्रालय में मध्यप्रदेश फार्मेसी, पैरामेडिकल और नर्सिंग काउंसिल की समीक्षा की। उन्होंने लंबित मामलों के शीघ्र निराकरण, परिषदों की कार्यप्रणाली में सुधार की दिशा में उठाए जाने वाले कदमों पर विस्तार से चर्चा की। उप मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि सभी प्रक्रियाएं पारदर्शिता और गति के साथ पूरी हों, जिससे छात्रों और स्वास्थ्य सेवाओं के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा सके। प्रक्रिया में तेजी लाने के लिये टेक्नोलॉजी का प्रयोग करें। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने के लिए पारदर्शिता, गति और जवाबदेही को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। बैठक में परिषदों के प्रतिनिधि उपस्थित थे। सुटेबल कॉलेजों में भर्ती प्रक्रिया के लिए 15 दिसंबर तक पूर्ण करें कार्रवाई नर्सिंग काउंसिल की समीक्षा के दौरान बताया गया कि 468 आवेदक संस्थानों में से 202 मापदण्डों अनुसार सुटेबल हैं जांच पूरी हो चुकी है, जबकि 97 संस्थान डेफिशिएंट हैं। मानकों की कमी के कारण प्रक्रिया लंबित है। उप मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि लंबित संस्थानों की समीक्षा शीघ्र पूरी की जाए। मापदंडों अनुसार सुटेबल पाए गये कॉलेज में नर्सिंग छात्रों की भर्ती प्रक्रिया के  लिए आवश्यक कार्रवाई 15 दिसंबर तक पूर्ण करें। उच्च न्यायालय के निर्देशानुसार अस्पतालों में बेड आवंटन और मान्यता प्रक्रिया को शीघ्रता से पूरा करने के लिए अधिकारियों को तैयार रहने के निर्देश दिए। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने मंत्रालय वल्लभ भवन में नर्सिंग कोर्स के विद्यार्थियों की परीक्षाओं के संचालन कैलेंडर की वृहद् समीक्षा की। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि सरकार छात्रों के भविष्य के प्रति संवेदनशील है। उल्लेखनीय है कि उच्च न्यायालय के स्थगन आदेश से छूट मिलने के बाद उप मुख्यमंत्री शुक्ल के निर्देशानुसार नर्सिंग के विभिन्न कोर्स के छात्रों की परीक्षाओं के संचालन का कैलेंडर तैयार किया गया है और परीक्षाओं का आयोजन किया जा रहा है। इससे नर्सिंग के विभिन्न कोर्सेज के 90 हज़ार विद्यार्थी लाभान्वित होंगे। नर्सिंग के विभिन्न कोर्सेज के 47 हज़ार से अधिक अभ्यर्थियों की परीक्षाएँ हो चुकी हैं आयोजित उप मुख्यमंत्री शुक्ल के निर्देशानुसार मध्यप्रदेश नर्सिंग काउंसिल द्वारा विभिन्न नर्सिंग पाठ्यक्रमों की लंबित परीक्षाएँ आयोजित की गयी हैं। जिनमें 47 हज़ार से अधिक अभ्यर्थी शामिल हुए हैं। उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने निर्देश दिए हैं कि शेष लंबित परीक्षाओं को शीघ्र आयोजित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और समयबद्धता बनी रहे, ताकि छात्रों का शैक्षणिक कैलेंडर बाधित न हो। मई 2024 में बी.एससी. नर्सिंग प्रथम वर्ष (शैक्षणिक सत्र 2020-21) की परीक्षा आयोजित की गई थी, जिसमें 15,787 छात्र सम्मिलित हुए। इसी अवधि में पी.बी.बी.एससी. नर्सिंग प्रथम वर्ष (2020-21 सत्र) की परीक्षा भी आयोजित की गई थी, जिसमें 4,601 छात्र परीक्षा में सम्मिलित हुए। इसके अतिरिक्त, एम.एससी. नर्सिंग प्रथम वर्ष (2020-21 सत्र) की परीक्षा में 1,612 छात्रों ने भाग लिया। इसी तरह बी.एससी. नर्सिंग तृतीय वर्ष (2019-20 सत्र) की परीक्षा भी मई 2024 में संपन्न हुई, जिसमें 8,793 छात्रों ने परीक्षा दी। सितंबर 2024 में बी.एससी. नर्सिंग प्रथम वर्ष (2021-22 सत्र) की परीक्षा आयोजित की गई थी, जिसमें 13,106 छात्रों ने भाग लिया। इसी सत्र की पी.बी.बी.एससी. नर्सिंग प्रथम वर्ष की परीक्षा में 2,980 छात्र शामिल हुए। एम.एससी. नर्सिंग प्रथम वर्ष (2021-22 सत्र) की परीक्षा भी सितंबर 2024 में आयोजित की गई, जिसमें 1,066 छात्रों ने परीक्षा दी। सत्यापन प्रक्रिया के समयबद्ध निराकरण में शिक्षण संस्थानों की जवाबदेही करें सुनिश्चित फार्मेसी काउंसिल की समीक्षा में बताया गया कि राज्य में वर्तमान में 327 संस्थान फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया (PCI) से मान्यता प्राप्त हैं। प्रतिवर्ष लगभग 25,000 फार्मासिस्ट (डिप्लोमा और डिग्री) का पंजीकरण किया जाता है। काउंसिल के कार्यों में नए पंजीकरण, पंजीकरण का नवीनीकरण, डुप्लीकेट पंजीकरण जारी करना, अन्य राज्यों में कार्य के लिए एनओसी जारी करना और फार्मासिस्ट डेटा प्रबंधन शामिल हैं। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने लंबित पंजीकरणों की स्थिति की समीक्षा की और सत्यापन प्रक्रिया को तेज करने के लिए ऑनलाइन प्रणाली को सशक्त बनाने के निर्देश दिये। उप मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि सत्यापन कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए और व्यक्तिगत हस्तक्षेप को कम करते हुए पूरी प्रक्रिया को डिजिटल किया जाए। साथ ही सत्यापन प्रक्रिया समयबद्ध रूप से पूर्ण हो इसके लिए शिक्षण संस्थानों की जवाबदेही सुनिश्चित करने के उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने निर्देश दिये। पैरामेडिकल काउंसिल की समीक्षा में परीक्षा परिणाम और मान्यता संबंधित प्रक्रियाओं को समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि किसी भी प्रकार की देरी छात्रों के भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती है, इसलिए इन प्रक्रियाओं को शीघ्र और प्रभावी रूप से पूरा किया जाए।   recent visitors 56