सिरोंज तेज रफ्तार से आ रही यात्री बस ने पामाखेड़ी चौराहे पर एक चार वर्षीय मासूम को कुचला, गुस्‍साई भीड़ ने बस फूंकी

विदिशा/ सिरोंज गुना से सिरोंज तेज रफ्तार से आ रही यात्री बस ने पामाखेड़ी चौराहे पर एक चार वर्षीय मासूम को कुचल दिया। इसमें घटनास्थल पर ही मौत हो गई। इससे गुस्साए लोगों ने बस में आग लगा दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया। हाथ पकड़कर ले जा रहे थे लेकिन छूट गया जानकारी के अनुसार नटेरन तहसील के ग्राम घिनौची के रहने वाले कल्याण सिंह जाटव अपनी तीन साल की बेटी को गोद में और चार साल के बेटे सूरज का हाथ पकड़कर चौराहे की सड़क पार कर रहे थे। इसी दौरान उनसे बेटे का हाथ छूट गया। तभी सामने से तेज गति से आ रही शक्ति कंपनी की बस ने बच्चे को कुचल दिया। इसमें उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। इससे गुस्साए लोगों ने बस चालक को रोका तो वह बस खड़ी कर भाग गया। इससे लोगों का गुस्सा और भड़क गया। इधर,हंगामा होता देख बस में बैठे यात्री भी बस से उतर गए। नाराज लोगों ने बस में तोड़फोड़ कर दी और आग लगा दी। मौके पर थोड़ी देर में पुलिस और फायर ब्रिगेड पहुंची और आग बुझाने लगी। तब तक बस आधी से अधिक जल चुकी थी। एसपी रोहित काशवानी के मुताबिक घटना स्थल पर पुलिस बल तैनात किया गया है। स्थिति नियंत्रण में है। आरोपित बस चालक के खिलाफ प्रकरण कायम कर लिया है। उसकी तलाश की जा रही है।   recent visitors 27

भारत यात्रा में देरी पर मस्क ने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर लिखा था कि टेस्ला के दायित्वों के कारण भारत यात्रा में देरी हुई

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस महीने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से मुलाकात करने के लिए अमेरिका की यात्रा पर जाने वाले हैं, साथ ही इस दौरान वे टेस्ला और स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क से भी मिल सकते हैं। दुनिया के सबसे अमीर व्यक्ति मस्क उन चुनिंदा सीईओ के साथ होने वाली पीएम मोदी की उस मीटिंग का हिस्सा होंगे, जो 13 फरवरी को प्रस्तावित है। अमेरिकी सरकार द्वारा खर्चों में कटौती के लिए बनाए गए डिपार्टमेंट ऑफ गवर्नमेंट एफिशिएंसी (डीओजीई) के चीफ मस्क अपनी इलेक्ट्रिक कारों के लिए समान अवसरों की वकालत कर सकते हैं। वह देश में किफायती सैटेलाइट इंटरनेट सेवा स्टारलिंक का परिचालन शुरू करने के लिए जल्द रेगुलेटरी एप्रूवल की भी मांग कर सकते हैं, साथ ही भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के साथ सहयोग बढ़ा सकते हैं। हालांकि, अभी पीएम मोदी और मस्क के बीच मुलाकात की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। पिछले साल मस्क ने अपनी नियोजित भारत यात्रा को टाल दिया था। इसकी वजह टेस्ला के खराब नतीजे थे। भारत यात्रा में देरी पर मस्क ने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर लिखा था कि टेस्ला के दायित्वों के कारण भारत यात्रा में देरी हुई है। मैं इस साल के अंत में भारत आऊंगा। इलेक्ट्रिक कार निर्माता ने हाल ही में हुई बैठकों के दौरान अपने "पावरवॉल" के साथ देश की बैटरी स्टोरेज क्षमताओं का समर्थन करने का प्रस्ताव रखा है। मस्क भारत में टेस्ला सप्लाई सिस्टम बनाना चाहते हैं। पिछले साल जून में पीएम मोदी के रिकॉर्ड तीसरे कार्यकाल के लिए फिर से चुने जाने के बाद, टेस्ला के सीईओ ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि वह अपनी कंपनियों का भारत में विस्तार करना चाहते हैं। पीएम मोदी 11-12 फरवरी को पेरिस में एआई शिखर सम्मेलन में भाग लेने के बाद द्विपक्षीय यात्रा के लिए अमेरिका जाएंगे। recent visitors 29

पीरियड्स के दौरान कम ब्लड फ्लो और दर्द जैसी समस्याएं से निपटने के लिए करे ये उपाए

पीरियड्स के दौरान कम ब्लड फ्लो और दर्द जैसी समस्याएं कई कारणों से हो सकती हैं, जैसे हॉर्मोनल बदलाव, तनाव, बर्थ कंट्रोल पिल्स का सेवन, या वजन में बदलाव। अगर आपके पीरियड्स 1-2 दिन ही चलते हैं, तो डॉक्टर से परामर्श लेना जरूरी हो सकता है। हालांकि, आप कुछ आयुर्वेदिक उपायों को अपना सकती हैं, जैसे अदरक का सेवन, ताजे फल और हरी सब्जियों का आहार, और गर्म पानी से सेक लेना। इसके अलावा, नियमित रूप से योग और प्राणायाम करना भी ब्लड फ्लो को बेहतर बना सकता है और पीरियड्स के दौरान होने वाले दर्द को कम कर सकता है। अगर समस्या बनी रहे, तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है। आइए जानते हैं क‍िन आयुर्वेद‍िक उपायों से आप पीर‍ियड फ्लो को नॉर्मल कर सकते हैं। रेगुलर पीर‍ियड के ल‍िए ये चीजें खाना बंद करें पीरियड्स की समस्याओं से बचने के लिए जंक फूड, प्रोसेस्ड फूड्स, और तेल-मसाले वाले खाने से दूर रहना चाहिए। पैकेट बंद फूड्स और मैदा का सेवन भी बंद कर देना चाहिए, और गेहूं-चावल का सेवन कम या बंद करना चाहिए। हेल्दी पीरियड्स के लिए दिन में सिर्फ एक बार अनाज का सेवन करें। इसके बजाय, आप ताजे फल और हरी सब्जियां खा सकती हैं, जो न केवल आपके शरीर को पोषण देंगे, बल्कि पीरियड्स के दौरान ब्लड फ्लो को भी बेहतर बनाए रखेंगे। आयुर्वेद में ऐसे खाद्य पदार्थों की अहमियत है जो शरीर को संतुलित और स्वस्थ रखें। मेथी दाना खाएं अगर आप पीरियड्स से जुड़ी समस्याओं से बचना चाहती हैं, तो डाइट में मेथी दाने का सेवन कर सकती हैं। इसके लिए 1 छोटा चम्मच मेथी दाने को रात भर पानी में भिगोकर रखें और सुबह खाली पेट खाएं। मेथी दाने पीरियड्स के दौरान पेट दर्द, जलन और ऐंठन से राहत देने में मदद करते हैं। ये हार्मोनल संतुलन को सुधारने और ब्लड फ्लो को तेज करने में भी सहायक होते हैं। अशोक की छाल का इस्‍तेमाल करें इसके अलावा, अशोक की छाल का उपयोग भी पीरियड्स की समस्याओं से बचाव के लिए एक बेहतरीन उपाय है। अशोक की छाल के 1/4 टुकड़े को पानी में उबालकर दिन में 1 से 2 बार पीने से जल्दी अच्छे परिणाम मिल सकते हैं। यह महिलाओं के लिए सुपरफूड माना जाता है, क्योंकि यह पीरियड्स के दर्द और ऐंठन से राहत देने के साथ-साथ ल्यूकोरिया (वाइट डिस्चार्ज) की समस्या को भी नियंत्रित करता है। इसके अलावा, यह त्वचा के लिए लाभकारी है और डायबिटीज को कंट्रोल करने में भी मदद करता है। recent visitors 40

तिरुपति मंदिर में ड्यूटी के दौरान दूसरे धर्म में झुकाव रखने वाले 18 कर्मचारियों को हटाने का दिया फरमान

अमरावती आंध्र प्रदेश के तिरुपति जिले में स्थित भगवान वेंकटेश्वर के मंदिर विश्व विख्यात मंदिर से 18 कर्मचारियों को हटा दिया गया है। मंदिर प्रशासन ने यह फैसला इसलिए लिया क्योंकि ये 18 कर्मचारी मंदिर में ड्यूटी के दौरान गैर हिंदू गतिविधियों में भाग लेते थे। ये कर्मचाररी तिरुमाला तिरुपति देवास्थानम (TTD) के उत्सवों में भी भाग लेते थे। टीटीडी के चेयरमैन बी आर नायडू के आदेश के अनुसार इन सभी कर्मचारियों को दो विकल्प दिए गए हैं। यह वे सेवानिवृत्ति ले लें या फिर वे राज्य सरकार के किसी दूसरे विभाग में तबादला ले सकते हैं। अगर ये कर्मचारी ऐसा नहीं करते हैं तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पिछले साल तिरुपति मंदिर के प्रसाद यानी लड्डू में चर्बी विवाद काफी छाया रहा था। मंदिर की पवित्रता के लिए जरूरी टीटीडी प्रबंधन का कहना है कि यह फैसला मंदिरों और धार्मिक स्थलों की आध्यात्मिक पवित्रता बनाए रखने की प्रतिबद्धता के अनुरूप है। टीटीडी एक स्वतंत्र सरकारी ट्रस्ट है। यह तिरुपति में स्थित तिरुमला वेंकटेश्वर मंदिर का प्रबंधन करता है। यह दुनिया का सबसे अमीर हिंदू मंदिर है। टीटीडी अधिनियम में अब तक तीन बार संशोधन किया जा चुका है। इसमें यह सुनिश्चित किया गया है कि मंदिर बोर्ड और उससे जुड़े संस्थानों में केवल हिंदुओं को ही नौकरी मिलनी चाहिए। 1989 में जारी एक सरकारी आदेश में भी यह अनिवार्य किया गया था कि टीटीडी द्वारा प्रशासित पदों पर नियुक्तियां केवल हिंदुओं तक ही सीमित रहेंगी। यह फैसला संविधान के अनुच्छेद 16 (5) द्वारा समर्थित है। इस अनुच्छेद के अनुसार, धार्मिक या सांप्रदायिक संस्थानों को अपने ही धर्म के सदस्यों को नियुक्त करने की अनुमति है। टीटीडी के फैसले पर खड़े हुए सवाल इसी तरह आंध्र प्रदेश सरकार की तरफ धार्मिक स्थलों के लिए बनाए गए नियमों में कहा गया है कि धार्मिक संस्थानों के कर्मचारियों को हिंदू धर्म का पालन करना चाहिए। इस कानूनी समर्थन को नवंबर 2023 में आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट ने मजबूत किया था। हाईकोर्ट ने नियम 3 को बरकरार रखते हुए पुष्टि की थी कि ट्रस्ट बोर्डों को सेवा शर्तों को अनिवार्य करने का अधिकार है, जिसमें यह आवश्यकता भी शामिल है कि कर्मचारी हिंदू धर्म का पालन करें। यह मामला हिंदू धार्मिक प्रथाओं के पालन और धार्मिक संस्थानों में रोजगार की शर्तों से जुड़ा है। टीटीडी के अनुसार इन कर्मचारियों का अन्य धार्मिक गतिविधियों में शामिल होना मंदिर की आध्यात्मिकता को प्रभावित कर सकता है। सीएम के बयान के बाद हुआ एक्शन इस घटना ने टीटीडी के कामकाज और नीतियों पर भी सवाल खड़े किए हैं। क्या टीटीडी को कर्मचारियों के निजी धार्मिक विश्वासों में हस्तक्षेप करना चाहिए? क्या यह धार्मिक भेदभाव का एक रूप है? इन सवालों पर बहस जारी है। टीटीडी अपने रुख पर कायम है। उसका कहना है कि वह केवल मंदिर की पवित्रता की रक्षा कर रहा है। यह पूरा मामला ऐसे वक्त पर हुआ है जब पिछले महीने ही आंध्र प्रदेश के सीएम चंद्रबाबू नायडू ने कहा था कि तिरुपति बालाजी हिन्दुओं का मंदिर है और इसपर केवल हिन्दुओं का अधिकार है। यहां "ॐ नमो वेंकटेश्वरा" के अलावा कोई मंत्र नहीं चलेगा। कुछ लोगों को मैं चेतावनी देकर कहना चाहता हूं, अभी समझ जाओ वरना अच्छे से समझा दिया जाएगा। चंद्रबाबू नायडू यह बयान तब दिया था जब मंदिर में कन्वर्जन की गतिविधि चलने की बात आई थी। मंदिर के मैनेजमेंट में गैर हिन्दुओं को भी शामिल किया गया था। recent visitors 24

जल जीवन मिशन के कार्य गुणवत्तापूर्ण करने के निर्देश -जिला जल एवं स्वच्छता मिशन की बैठक सम्पन्न

श्रीगंगानगर जल जीवन मिशन के अंतर्गत जिला जल एवं स्वच्छता मिशन की बैठक बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला कलक्टर डॉ. मंजू की अध्यक्षता मे हुई। बैठक में जिला कलक्टर ने जल जीवन मिशन के कार्यों को गुणवत्तापूर्ण करने एवं समय-समय पर निरीक्षण के निर्देश दिए।  बैठक में जिला कलक्टर ने कहा कि जल जीवन मिशन के तहत कार्यों में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखें एवं विभागीय अधिकारी समय-समय निरीक्षण करें। पाइप लाइन बिछाते समय एवं बिछाने से पूर्व संबंधित विभाग की एनओसी के माध्यम से अनुमति लेकर ही सडक तोडने की कार्यवाही शुरू करें। कार्य पूर्ण होने पर उसकी तत्काल मरम्मत करवाएं। विभाग की ओर से की जा रही जलपूर्ति की समय-समय जांच करें।  बैठक में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता एवं मिशन के सदस्य सचिव विजय कुमार शर्मा ने विभाग की ओर से प्रस्तुत रिपोर्ट में बताया कि जिले में 1192 गांवों के लिए 333 योजनाएं स्वीकृत हैं। इनमें से 1176 गांवों के लिए 331 योजनाओं की निविदाएं आमंत्रित हो चुकी हैं और 1162 गांवों के लिए 329 योजनाओं के कार्य आदेश भी जारी हो चुके हैं। अब तक 235 योजनाओं के कार्य पूर्ण हो चुके हैं एवं 94 योजनाओं के कार्य प्रगति पर हैं। अधीक्षण अभियंता ने जल जीवन मिशन कार्यक्रम के अंतर्गत ब्लॉक वार क्रियाशील घरेलू जल संबंध (एफएचटीसी) व हर घर जल प्रमाणीकरण की प्रगति से अवगत करवाया।  अधिशासी अभियंता मोनेटरिंग मोहनलाल अरोडा ने अवगत करवाया कि कार्यों की गुणवत्ता जांच के बाद ही संबंधित फर्म को भुगतान किया जाता है। बैठक में जल जीवन मिशन के अंतर्गत योजनाओं के संचालन एवं संधारण की वार्षिक आवश्यक अनुमानित लागत का भी अनुमोदन किया गया।   बैठक में जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी सुभाष कुमार, अनूपगढ़ वृत के अधीक्षण अभियंता हरपाल सिंह, अधिशासी अभियंता पराग स्वामी अधिशासी अभियंता ग्रामीण प्रशांत खैरवा, आईईसी कंसलटेंट श्रवण पारीक व जल एवं स्वच्छता मिशन सदस्य अधिकारीगण एवं सभी सहायक अभियंतागण मौजूद रहे।   recent visitors 45

प्रधानमंत्री मोदी 23 फरवरी की रात भोपाल में ही रुकेंगे, 24 को सुबह 10 बजे करेंगे समिट का शुभारंभ

भोपाल भोपाल में 24 फरवरी से दो दिवसीय ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (जीआईएस) शुरू होगी। इसका शुभारंभ पीएम नरेंद्र मोदी 24 फरवरी को सुबह 10 बजे करेंगे। समिट में शामिल होने के लिए अब तक 30 देशों के राजदूत व काउंसलर ने सहमति दे दी है। कई देशों के उद्योगपति भी इसमें शामिल हगि। टूरिज्म, एनर्जी, माइनिंग, आईटी, एमएसएमई-स्टार्टअप और अर्बन के केंद्रीय मंत्री व केंद्रीय सचिव भी मौजूद रहेंगे। मुख्य समिट के बाद विभागों का अलग से शिखर सम्मेलन होगा। इसे लेकर राष्ट्रीय मानव संग्रहालय में तैयारियां तेज हो गई हैं। करीब 250 एकड़ में डोम, अस्थाई कक्ष, कैंप के साथ लाइव एग्जीबिशन लगेगी। इसमें टेक्सटाइल से जुड़ी सेंट्रल इंडिया फैब्रिक एंड फैशन एक्सपो व ऑटो मोबिलिटी एक्सपो के साथ कला-संस्कृति से जुड़ी विलेज थीम (एमपी लेगेसी पवेलियन) होगी। एक्सपो में मप्र बॉन्ड के कपड़ों के साथ ऑटो की नई गाड़ियों और बाइक की प्रदर्शनी होगी। विलेज थीम में जिन गांवों की कला है, वहीं के लोग उसका प्रदर्शन करेंगे। इतना ही नहीं, दो दिन तक राष्ट्रीय मानव संग्रहालय का पूरा आयोजन कार्बन फ्री रहेगा। सोलर से बिजली की सप्लाई होगी और जांचने के लिए एक्यूआई भी लगेगा। उद्योग विभाग के अधिकारियों का कहना है कि निवेशकों के भव्य स्वागत के लिए एयरपोर्ट पर भी बड़ी तैयारी हो रही है। करीब 25 जेट विमानों की पार्किंग वहां की जाएगी। इसके एक तरफ निवेश फ्रेंडली 19 नई नीतियों को एक-एक करके लागू किया जा रहा हैं, वहीं हर बड़े उद्योगपति के साथ वॉलेंटियर के तौर पर एक सीनियर अफसर को तैनात किया जा रहा है। बताया गया है कि समिट में तकरीबन 20 हजार निवेश (छोटे-बड़े) पहुंचने का अनुमान है। पीएम के साथ ये मंत्री भी… मोदी के आने का प्रारंभिक कार्यक्रम तय हो गया है। वे समिट से एक दिन पहले 23 फरवरी को भोपाल पहुंच सकते हैं। रात्रि विश्राम राजभवन में करेंगे। अगले दिन 24 को राजभवन से ही सीधे मानव संग्रहालय पहुंचेंगे। सीएम, मुख्यमंत्रियों के अलावा कुछ उद्योगपति भी उनसे मिल सकते हैं। समिट के उद्घाटन के बाद मोदी दोपहर 12 बजे से पहले भोपाल से रवाना हो जाएंगे। पीएम के अलावा केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव, पियूष गोयल, नितिन गडकरी, माइनिंग मंत्री जीकिशन रेड्डी को भी निमंत्रण भेजा गया है। इन उद्योगपतियों को निमंत्रण, 1000 विदेशी मेहमान रिलायंस के मुकेश अंबानी, अडानी ग्रुप के गौतम अडानी, टाटा के एन चंद्रशेखरन और नोएल टाटा, विप्रो लिमिटेड के अजीम प्रेमजी, महिंद्रा के आनंद महिंद्रा, भारती एंटरप्राइजेज के सुनील भारती मित्तल, आईटीसी के संजीव पुरी, बजाज फिनसर्व के संजीव बजाज, डॉ. रेड्डी लैब के सतीश रेड्डी की ओर से प्रारंभिक सहमति मिल चुकी है। समिट के लिए अब तक लगभग 10 हजार रजिस्ट्रेशन हो चुके हैं। मेहमानों को खास अनुभव देने के लिए भोपाल के आसपास 40-50 होम स्टे भी होंगे। साथ में एक टेंट सिटी भी डेवलप करने का प्लान है। कई देशों से मप्र में निवेश की उम्मीद कनाडा, जिम्बाब्वे, जर्मनी, मलेशिया, जापान, यूके, मोरोक्को, सेशल्स सहित 30 देशों के प्रतिनिधि आयोजन का हिस्सा बनेंगे। साथ ही टोगो, स्लोवेनिया, पोलैंड, पलाउ, रोमानिया, बुल्गारिया, म्यांमार, श्रीलंका सहित कई देशों के राजनयिक भी आएंगे। कई देशों की निवेश एजेंसी जैसे इन्वेस्ट ओटावा (कनाडा), टीआआईटीआर (ताइवान), एमए ट्रेड (मलेशिया), इटालियन ट्रेड, जेट्रो (जापान) भी आएंगे। साथ ही वर्ल्ड बैंक, वर्ल्ड एसोसिएशन ऑफ इन्वेस्टमेंट प्रमोशन एजेंसीज, पोलैंड डिप्लोमेटिक मिशन, इंटरनेशनल ट्रेड-इंवेस्टमेंट मिनिस्ट्री मलेशिया भी आयोजन का हिस्सा होगा। recent visitors 37

दो नाबालिग लड़कियां ऑनलाइन गेम ‘फ्री फायर’ के दौरान बने एक दोस्त से मिलने के लिए घर छोड़कर भागी

नई दिल्ली आजकल ऑनलाइन गेमिंग का चलन बढ़ता जा रहा है और इसके दुष्प्रभाव भी सामने आने लगे हैं। ऐसा ही एक मामला उत्तराखंड के विकासनगर में सामने आया जहां दो नाबालिग लड़कियां ऑनलाइन गेम ‘फ्री फायर’ के दौरान बने एक दोस्त से मिलने के लिए घर छोड़कर भाग गईं। पुलिस की तत्परता और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के सहारे उन्हें पंजाब के राजपुरा में एक बस स्टैंड से सकुशल बरामद किया गया। विकासनगर के एक व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दी कि उसकी 13 वर्षीय भतीजी और पड़ोस में रहने वाली 17 वर्षीय सहेली अचानक बिना बताए घर से गायब हो गई हैं। परिजनों ने काफी खोजबीन की लेकिन उनका कोई पता नहीं चला। इसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जब इसका खुलासा हुआ तो पता चला कि सारा कांड ऑनलाइन खेल से शुरु हुआ था। जांच में ऐसे हुआ खुलासा गुमशुदा लड़कियों की तलाश में पुलिस ने परिजनों और दोस्तों से पूछताछ की। आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले गए। इसके साथ ही सोशल मीडिया के माध्यम से भी उनकी जानकारी साझा की गई। इसी बीच, इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस से पता चला कि दोनों लड़कियां हरियाणा के अंबाला में हैं। जब तक पुलिस वहां पहुंचती, तब तक वे वहां से निकल चुकी थीं। राजपुरा के बस स्टैंड पर मिलीं लड़कियां पुलिस लगातार लड़कियों की लोकेशन ट्रैक कर रही थी। कुछ देर बाद पता चला कि वे पंजाब के राजपुरा में बस स्टैंड पर हैं। तुरंत ही पुलिस टीम वहां पहुंची और दोनों लड़कियों को सकुशल बरामद कर लिया। पूछताछ के दौरान उन्होंने बताया कि वे ऑनलाइन गेम ‘फ्री फायर’ के दौरान बने एक मित्र से मिलने घर से निकली थीं। परिजनों को सौंपा गया पुलिस द्वारा पूछताछ में लड़कियों ने स्पष्ट किया कि उनके साथ किसी भी प्रकार का आपराधिक कृत्य नहीं हुआ है। इसके बाद उन्हें सुरक्षित उनके परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस अधिकारियों ने इस मामले में बच्चों और माता-पिता को सतर्क रहने की सलाह दी है। ऑनलाइन गेमिंग की बढ़ती लत बन रही खतरा यह मामला दर्शाता है कि ऑनलाइन गेमिंग सिर्फ मनोरंजन तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि बच्चों के लिए खतरा भी बनता जा रहा है। माता-पिता को चाहिए कि वे बच्चों की ऑनलाइन गतिविधियों पर नजर रखें और उन्हें सुरक्षित इंटरनेट उपयोग के बारे में जागरूक करें। जरूरी सावधानियां बच्चों की ऑनलाइन गतिविधियों पर नजर रखें। सोशल मीडिया और गेमिंग प्लेटफॉर्म पर अजनबियों से बातचीत को नियंत्रित करें। बच्चों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करें। ऑनलाइन दोस्ती के संभावित खतरों को समझाएं।   recent visitors 23