Sunday, July 5, 2026 6:48 am

जिला पंचायत महासमुंद की स्थायी समिति गठन हेतु पीठासीन अधिकारी नियुक्त

महासमुंद छत्तीसगढ़ जनपद पंचायत तथा जिला पंचायत स्थायी समितियाँ नियम 1994 के नियम 6 के अंतर्गत प्रदत्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने जिला महासमुंद के लिए स्थायी समिति गठन हेतु पीठासीन अधिकारी की नियुक्ति की है। जिला पंचायत महासमुंद के लिए अपर कलेक्टर श्री रविराज ठाकुर को पीठासीन अधिकारी नियुक्त किया गया है। यह निर्वाचन (सम्मिलन) दिनांक 09 अप्रैल 2025 को प्रातः 11:00 बजे से जिला पंचायत महासमुंद के सभाकक्ष में संपन्न होगा। यह नियुक्ति स्थायी समिति गठन की प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने के उद्देश्य से की गई है। recent visitors 24

छत्तीसगढ़ को मिली 8741 करोड़ रुपए की बड़ी सौगात: खरसिया-नया रायपुर- परमलकसा रेल परियोजना से खुलेगा विकास का नया द्वार

रायपुर, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडल समिति ने भारतीय रेलवे की चार महत्वपूर्ण मल्टी-ट्रैकिंग परियोजनाओं को मंजूरी दी है, जिनकी कुल लागत लगभग 18,658 करोड़ रुपये है। इन परियोजनाओं के माध्यम से छत्तीसगढ़ सहित महाराष्ट्र और ओडिशा के कुल 15 ज़िलों को जोड़ते हुए रेलवे नेटवर्क में 1247 किलोमीटर की महत्वपूर्ण वृद्धि होगी। छत्तीसगढ़ के लिए विशेष रूप से स्वीकृत ‘खरसिया-नया रायपुर- परमलकसा 5वीं एवं 6वीं लाइन’ परियोजना से राज्य के औद्योगिक नक्शे में ऐतिहासिक परिवर्तन की संभावनाएं बनेंगी। यह परियोजना बलौदा बाजार जैसे क्षेत्रों को सीधी रेलवे कनेक्टिविटी प्रदान करेगी, जिससे सीमेंट संयंत्रों, इस्पात इकाइयों और अन्य औद्योगिक निवेश के लिए आधारभूत संरचना तैयार होगी। यह मार्ग कृषि उत्पादों, उर्वरक, कोयला, लौह अयस्क, इस्पात, सीमेंट और चूना पत्थर जैसी सामग्रियों के परिवहन में क्रांतिकारी सुधार लाएगा। इससे माल ढुलाई की लागत घटेगी, संचालन की गति बढ़ेगी और उद्योगों को निर्बाध सप्लाई चेन मिलेगी। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ को मिली यह ऐतिहासिक रेल परियोजना आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की दिशा में एक ठोस कदम है। खरसिया-नया रायपुर- परमलकसा लाइन से बलौदा बाजार और आस-पास के क्षेत्रों को  रेलवे नेटवर्क से जोड़ा जा रहा है, जिससे यहाँ के युवाओं के लिए रोज़गार और स्वरोज़गार के नए द्वार खुलेंगे। यह परियोजना छत्तीसगढ़ में नया अध्याय लिखेगी, जिससे न केवल कोयला, सीमेंट और लौह अयस्क जैसे क्षेत्रों में उत्पादन और परिवहन को गति मिलेगी, बल्कि क्षेत्रीय आर्थिक सशक्तिकरण भी सुनिश्चित होगा। उन्होंने कहा कि हम प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के आभारी हैं कि उन्होंने छत्तीसगढ़ की आवश्यकता और क्षमता को पहचान कर रेल परियोजनाओं के माध्यम से राज्य को ‘विकास के फास्ट ट्रैक’ पर लाने का काम किया है। उल्लखेनीय है कि खरसिया से परमलकसा तक 5वीं और 6वीं नई रेल लाइन बिछाने के लिए ₹8,741 करोड़ की महत्वाकांक्षी परियोजना को स्वीकृति मिल गई है, जिससे छत्तीसगढ़ को लॉजिस्टिक्स और औद्योगिक गतिविधियों के क्षेत्र में बड़ी बढ़त मिलेगी। मुख्य विशेषताएँ कुल लंबाई: 278 किमी लंबा रेलमार्ग, 615 किमी ट्रैक की लंबाई स्टेशनों की संख्या: 21 पुल और फ्लाईओवर: 48 बड़े पुल, 349 छोटे पुल, 14 आरओबी, 184 आरयूबी, 5 रेल फ्लाईओवर ट्रैफिक क्षमता: 21 से 38 मिलियन टन कार्गो, 8 मेल/एक्सप्रेस/सेमी हाई-स्पीड ट्रेनें ईंधन और पर्यावरण संरक्षण: 22 करोड़ लीटर डीजल की बचत प्रतिवर्ष 113 करोड़ किग्रा CO2 की कटौती – यह लगभग 4.5 करोड़ पेड़ों के लगाने के बराबर है। लॉजिस्टिक्स लागत में भारी कमी: सड़क परिवहन की तुलना में प्रतिवर्ष ₹2,520 करोड़ की बचत इन ज़िलों को मिलेगा प्रत्यक्ष लाभ:रायगढ़, जांजगीर-चांपा, सक्ती, बिलासपुर, बलौदा बाज़ार, रायपुर, दुर्ग और राजनांदगांव। राज्य की प्रगति का नया युग इस परियोजना से छत्तीसगढ़ में औद्योगिक और व्यापारिक गतिविधियों में तीव्र गति आएगी। यह पहल पर्यावरणीय स्थिरता और ट्रांसपोर्ट इन्फ्रास्ट्रक्चर को नया आयाम देगी। recent visitors 34

स्कूल शिक्षा मंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक, गाडरवारा नगरपालिका में एक राष्ट्र-एक चुनाव प्रस्ताव पारित

भोपाल स्कूल शिक्षा मंत्री श्री उदय प्रताप सिंह की अध्यक्षता में आज नरसिंहपुर जिले के गाडरवारा नगरपालिका की बैठक में सर्व-सम्मति से एक राष्ट्र-एक चुनाव के पक्ष में प्रस्ताव पारित हुआ। बैठक में स्कूल शिक्षा मंत्री श्री सिंह ने कहा कि एक राष्ट्र-एक चुनाव का उद्देश्य भारत के लोकतांत्रिक ढाँचे को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और आर्थिक रूप से सुदृढ़ बनाना है। इसका उद्देश्य लोकसभा और सभी राज्यों के विधानसभाओं के चुनावों को एक साथ आयोजित करना है, ताकि समय, संसाधन और प्रशासनिक खर्चों की बचत हो सके तथा देश में विकास की निरंतरता बनी रहे। बैठक में गाडरवारा शहर के विकास और निर्माण कार्यों पर भी विस्तृत चर्चा की गयी। बैठक में पूर्व विधायक श्री नरेश पाठक, श्रीमती साधना स्थापक, नगरपालिका अध्यक्ष श्री शिवाकांत मिश्रा, उपाध्यक्ष एवं पार्षदगण उपस्थित थे।   recent visitors 24

MP में वक्फ प्रॉपर्टी में करोड़ों की गड़बड़ी, 15008 संपत्तियां, नए संशोधन बिल से क्या होगा असर

भोपाल  मध्यप्रदेश में वक्फ बोर्ड के अधीन 15008 संपत्तियां दर्ज हैं। इस हिसाब से इन सभी संपत्तियों से कम से कम 100 करोड़ रुपए सालाना आय होना चाहिए। जबकि सच यह है कि 02 करोड़ रुपया साल भी नहीं आ रहे हैं। कई नेताओं ने वक्फ की आमदनी से अपना पेट भरा है। इस नए बिल से उन्हीं लोगों का विरोध सामने आ रहा है। वास्तव में जरूरतमंद मुसलमान तो इस बिल से खुश है। यह बातें मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉक्टर सनवर पटेल ने कही हैं। उन्होंने कहा कि यही कारण है कि अभी पैसा जन कल्याण के काम में खर्च नहीं हो पाता। अब नए बिल के लागू होने के बाद राशि आएगी तो जनकल्याण के लिए खर्च की जा सकेगी। सनवर ने आरोप लगाए कि वक्फ की संपत्तियों का अवैध उपयोग भी हो रहा है। वक्फ प्रापर्टी का गलत उपयोग भोपाल में नईम खान ने वक्फ की प्रापर्टी का गलत उपयोग किया है, उनके विरुद्ध कार्रवाई की जा रही है। सनवर पटेल ने एक प्रेस प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि देश भर में वक्फ की संपत्तियों को लेकर कई जगहों पर शिकायतें हुईं। जिसमें न्यायालय के साथ सरकार के दफ्तर भी शामिल हैं। वक्फ बिल पेश हुआ तो विपक्ष ने डराने का काम किया। जेपीसी ने देश भर में घूमकर सुझाव मांगे। इसके अलावा ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से सुझाव मांगे हैं। 2 करोड़ लोगों ने दिए सुझाव दो करोड़ से अधिक लोगों ने इस पर अपने सुझाव दिए हैं। पटेल ने कहा कि देश के भाईचारे और समाज व देश हित में वक्फ बिल लाया गया है। असल हकदार जरूरतमंद मुसलमानों के लिए यह बिल है। चंद ताकतवर मुसलमान लोग वक्फ की जमीन पर कब्जा करके बैठे थे, वे इसका विरोध कर रहे हैं। अब असली जरूरत मंद मुसलमानों के हित में इन संपत्तियों से होने वाली आय को खर्च किया जा सकेगा। बड़ी गड़बड़ी का हुआ खुलासा वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष पटेल ने कहा कि कांग्रेस नेता रियाज खान ने वक्फ में 15 दुकानें बताई थी, इसकी जांच हुई तो 115 दुकानें मिलीं। ऐसे कई मामले हैं। ये वक्फ की आमदनी से अपना पेट भर रहे हैं। इस बिल से उन्हीं लोगों का विरोध सामने आ रहा है। जबकि जरूरतमंद मुसलमान तो इस वक्फ नए बिल से खुश हैं। विपक्ष पांच नाम बताए जिन्हें सीएए के कारण देश से निकाला गया पटेल ने कहा कि विपक्ष के लोग आज भी पांच नाम या एक नाम बता पाने की स्थिति में नहीं हैं कि सीएए के बाद किसी को देश से निकाला गया है। जेपीसी के बाद 15 बिंदुओं पर जानकारी जुटाई गई थी और कलेक्टरों को फिजिकल वेरिफिकेशन कराया जा रहा है। एमपी वक्फ बोर्ड ने 15 में से 12 बिंदुओं पर जानकारी भेज दी है। अब एमपी के लिए एक नया पोर्टल वामसी नाम से बनाया जा रहा है। शेष तीन बिन्दु राजस्व विभाग से संबंधित हैं जिसमें राजस्व रिकार्ड में संपत्तियों की क्या स्थिति है? निजी है या सरकारी है। बंदोबस्त के पहले जमीन का खसरा नम्बर क्या था? इसकी जानकारी कलेक्टरों से मांगी गई है। कांग्रेस नेताओं का वक्फ पर कब्जा, इसलिए कर रहे विरोध वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष पटेल ने कहा कि कांग्रेस नेता रियाज खान 7.11 करोड़ की आरआरसी जारी हुई है। इन्होंने वक्फ में 15 दुकानें बताई थी, इसकी जांच हुई तो 115 दुकानें मिलीं। ऐसे ही 1.84 करोड़ की रिकवरी सागर जिले के बीना में कांग्रेस नेता इकबाल खान पर निकली है। नईम खान भोपाल के हैं, उनके विरुद्ध भी सवा करोड़ रुपए आरआरसी जारी हुई है। ये वक्फ की आमदनी से अपना पेट भर रहे हैं। इस बिल से उन्हीं लोगों का विरोध सामने आ रहा है। वास्तव में जरूरतमंद मुसलमान तो इस बिल से खुश है। recent visitors 28

जिले में धर्मगुरु भी बता रहे हैं जल की महत्ता, बावड़ी को सहेजने के लिये श्रद्धालुओं ने किया श्रमदान

भोपाल इंदौर जिले में जल गंगा संवर्धन अभियान का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। जल संरक्षण की महत्ता को जन-जन तक पहुँचाने के लिये नियमित कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं। इस अभियान में धर्मगुरु भी जुड़ रहे हैं। धर्मगुरुओं की प्रेरणा से नागरिक श्रमदान कर बावड़ी, कुओं और तालाबों को सँवार रहे हैं। इस सिलसिले में जिले के ग्राम बरलाई जागीर में कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें 4 भुजा नाथ मंदिर साँवेर के गुरु श्री आनंदाचार्य भी विशेष रूप से शामिल हुए। उन्होंने अपने आश्रम के बटुकों के साथ पूजन-अर्चन किया। मंत्रोच्चार के साथ जल का पूजन भी किया गया। उपस्थितजनों को जल की महत्ता बतायी गयी। धर्मगुरु के आह्वान पर उपस्थित श्रद्धालुओं ने बरलाई जागीर की प्राचीन बावड़ी के लिये श्रमदान किया।   recent visitors 26

वन विभाग की क्षेत्रीय कार्यशाला जबलपुर में हुई

भोपाल वन विभाग द्वारा जबलपुर, सिवनी, छिंदवाड़ा और बालाघाट वन वृत्त की समीक्षा के लिये क्षेत्रीय कार्यशाला का आयोजन शुक्रवार को जबलपुर में किया गया। कार्यशाला में वन एवं वन्य-जीव संरक्षण विषय पर विस्तृत चर्चा हुई। अपर मुख्य सचिव वन श्री अशोक वर्णवाल ने विभागीय योजनाओं और गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने सभी अधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन और आगामी रूपरेखा तैयार करने के लिये कहा। श्री वर्णवाल ने कहा कि प्रदेश के सभी वन वृत्त में क्षेत्रीय कार्यशाला का आयोजन किया जायेगा। इससे वन संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। कार्यशाला में अपर मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री असीम श्रीवास्तव, पीसीसीएस कैम्पा श्री एच.यू. खान, एमडी एमएफपीएएफईडी श्री विभाष ठाकुर, पीसीसीएफ एडमिन श्री विवेक जैन, सीडब्ल्यूएलडब्ल्यू श्री शुभरंजन सेन, पीसीसीएफ एचआरडी श्रीमती समिता राजौरा और वन वृत्त के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। recent visitors 24

धार्मिक स्थानों की गरिमा बनाए रखने का प्रयास है, शराब बंदी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि जन भावनाओं का ध्यान रखते हुए धार्मिक स्थानों की पवित्र गरिमा को बनाए रखने के लिये शराब बंदी का प्रयास किया है, इसके लिये शासन ने भले ही राजस्व की हानि स्वीकार की है। राज्य शासन द्वारा प्रदेश के धार्मिक शहरों में शराबबंदी का निर्णय इसी दिशा में एक कदम है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश के 17 से अधिक शहरों में शराब बंदी की घोषणा कर उसे क्रियान्वित भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भोपाल से दतिया रवाना होने से पहले मीडिया को जारी संदेश में यह विचार रखे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सुशासन की ओर अग्रसर हो रही हमारी सरकार पर जनता की सेवा और कल्याण के लिए पीताम्बरा माई अपना आशीर्वाद बनाए रखें-यही प्रार्थना है। recent visitors 20