भोपाल : एक मई से कलेक्टर कार्यालय में ई-ऑफिस प्रणाली होगी …

भोपाल भोपाल कलेक्टर कार्यालय में 1 मई से ई-ऑफिस प्रणाली लागू होगी। इस संबंध में कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने निर्देश दिए। कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह की अध्यक्षता में सोमवार को समय-सीमा पत्रों की साप्ताहिक समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित की गई। बैठक में सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि अधिकारी अपने कार्यालय को ई-ऑफिस सेटअप तैयार कर लें। एक मई 2025 से कलेक्टर कार्यालय द्वारा ई-ऑफिस के अंतर्गत कार्य संचालित किया जाएगा। किसी भी फाइल की हार्ड कॉपी स्वीकार नहीं की जाएगी। अवैध कॉलोनियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश बैठक में सभी एसडीएम को अपने-अपने क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कोचिंग संस्थान, अस्पताल, होटल, पटाखों की दुकान एवं अन्य संस्थानों का फायर ऑडिट सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही जिले में समग्र आईडी को आधार से लिंक कराने के कार्य में गति लाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही राजस्व अभियान अंतर्गत फार्मर रजिस्ट्री आरओआर लिंकिंग के कार्य को शीघ्र अति शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर सिंह ने सभी एसडीएम को अवैध माईनिंग एवं अवैध कॉलोनियों पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही सभी एडीएम को एसडीएम कोर्ट एवं एसडीएम को तहसीलदार कोर्ट का निरीक्षण करने आदेशित किया गया। शिकायतों की प्रतिदिन समीक्षा करने को कहा टीएल बैठक में कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा करते हुए नाराजगी व्यक्त करते हुए 50 दिवस से अधिक लंबित सीएम हेल्पलाइन शिकायतों की प्रतिदिन समीक्षा कर शिकायतों का निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने जल गंगा संवर्धन अभियान अंतर्गत जनभागीदारी के माध्यम से जिले की नदी, तालाब, जल संरचनाओं का संरक्षण एवं संवर्धन को गंभीरतापूर्वक लेते हुए समस्त संबंधित विभागों की आगामी एक महीने का प्लान तैयार करने के निर्देश दिए।   Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 26

पुरी, गंगासागर के साथ बाबा बैद्यनाथ और काशी विश्वनाथ के दर्शन — IRCTC की भारत गौरव ट्रेन

पुरी, गंगासागर के साथ बाबा बैद्यनाथ और काशी विश्वनाथ के दर्शन — IRCTC की भारत गौरव ट्रेन भोपाल मंडल के रानी कमलापति और इटारसी से होकर गुजरेगी भोपाल भोपाल मंडल के यात्रियों को एक बार फिर शानदार धार्मिक पर्यटन की सौगात मिल रही है। भारतीय रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईआरसीटीसी) द्वारा भारत गौरव पर्यटक ट्रेन का संचालन दिनांक 27 मई 2025 को इंदौर से किया जाएगा। यह विशेष ट्रेन श्रद्धालुओं को पुरी, गंगासागर, बाबा बैद्यनाथ, काशी विश्वनाथ, गया, वाराणसी और अयोध्या जैसे पवित्र तीर्थ स्थलों की यात्रा कराएगी। यह ट्रैन मध्यप्रदेश के इंदौर, उज्जैन, शुजालपुर, सीहोर, रानी कमलापति, इटारसी, नरसिंहपुर, जबलपुर, कटनी एवं अनूपपुर स्टेशनों से होते हुए जाएगी| इस यात्रा का सबसे बड़ा फायदा भोपाल मंडल के यात्रियों को मिलने जा रहा है क्योंकि यह ट्रेन रानी कमलापति और इटारसी जैसे प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेगी। इससे भोपाल मंडल के हजारों श्रद्धालु बिना किसी अतिरिक्त यात्रा के अपने ही नजदीकी स्टेशनों से ट्रेन में सवार होकर इस आध्यात्मिक यात्रा का लाभ उठा सकेंगे। यह सुविधा समय, खर्च और यात्रा की थकान तीनों से राहत दिलाएगी। यह यात्रा कुल 09 रातें और 10 दिन की होगी, जिसमें श्रद्धालुओं को भारत के प्रमुख धार्मिक स्थलों — पुरी, गंगासागर, गया, वाराणसी और अयोध्या का दर्शन कराया जाएगा। यात्रा के लिए आईआरसीटीसी ने तीन श्रेणियाँ निर्धारित की हैं, जो यात्रियों की सुविधा और बजट के अनुसार चुनी जा सकती हैं। स्लीपर (इकोनॉमी) श्रेणी में प्रति व्यक्ति किराया ₹17,600/- है, जबकि 3AC (स्टैण्डर्ड) श्रेणी में ₹28,500/- प्रति व्यक्ति शुल्क लगेगा। यदि कोई यात्री अधिक आरामदायक अनुभव चाहता है तो वह 2AC (कम्फर्ट) श्रेणी चुन सकता है, जिसका प्रति व्यक्ति किराया ₹37,500/- निर्धारित किया गया है। आईआरसीटीसी की यह यात्रा एक सर्व समावेशी पैकेज है जिसमें शामिल हैं – एलएचबी कोच वाली आरामदायक रेल यात्रा, ऑन-बोर्ड एवं ऑफ-बोर्ड शुद्ध शाकाहारी भोजन, वातानुकूलित बसों में दर्शनीय स्थलों की यात्रा, होटल में ठहराव की सुविधा, अनुभवी टूर एस्कॉर्ट्स, ऑन-बोर्ड सुरक्षा, हाउसकीपिंग सेवाएँ और यात्रा बीमा। भोपाल मंडल के लिए यह एक सुनहरा अवसर है। रानी कमलापति और इटारसी जैसे स्टेशनों से ट्रेन के गुजरने से यहाँ के श्रद्धालु सीधे इस विशेष यात्रा से जुड़ सकेंगे। इस यात्रा की बुकिंग आईआरसीटीसी की वेबसाइट www.irctctourism.com पर ऑनलाइन की जा सकती है। साथ ही आईआरसीटीसी के अधिकृत एजेंटों से भी बुकिंग कराई जा सकती है। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 26

मुद्रा योजना के10 साल, लाभार्थियों में 68% महिलाएं, मोदी बोले- योजना ने लोगों के सपनों को हकीकत बनाया

नई दिल्ली मुद्रा योजना के 10 साल पूरा होने के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को मुद्रा योजना के लाभार्थियों से बातचीत की. इस दौरान कुछ ऐसे मौके भी आए, जब पीएम मोदी ने मजाकिया अंदाज में लोगों से बात की. प्रधानमंत्री आवास पर आयोजित कार्यक्रम में पीएम मोदी ने कहा कि यह योजना मोदी के लिए नहीं है. यह जरूरतमंदों के लिए है. भारत के लोगों के लिए कुछ भी असंभव नहीं है. लाभार्थियों की यात्रा प्रेरणा देने वाली है. मुद्रा योजना देश के नौजवानों के लिए है. नौजवानों को उनके पैरों पर खड़ा करने के लिए है. इस दौरान पीएम मोदी ने एक लाभार्थी से पूछा कि फिलहाल आपकी आय कितनी है? इस पर उस शख्स की झिझक देखते हुए पीएम मोदी ने कहा कि वित्त मंत्री मेरे बगल में बैठे हैं, उन्हें बोल दूंगा इनकम टैक्स वाले नहीं आएंगे. इस पर सभी ठहाका लगाकर हंसने लगे.. 'मुद्रा योजना ने कई सपनों को हकीकत में बदला' पीएम मोदी ने लिखा, 'आज, जब हम मुद्रा योजना के 10 साल पूरे कर रहे हैं, मैं उन सभी को बधाई देना चाहता हूं, जिनके जीवन में इस योजना की बदौलत बदलाव आया है। इस दशक में मुद्रा योजना ने कई सपनों को हकीकत में बदला है। ऐसे लोगों को सशक्त बनाया है, जिन्हें पहले वित्तीय सहायता से वंचित रखा गया था। यह दर्शाता है कि भारत के लोगों के लिए कुछ भी असंभव नहीं है!' पीएम ने आगे कहा, भारत के लोगों के लिए कुछ भी असंभव नहीं है, 33 लाख करोड़ देश के लोगों को बिना गारंटी दिए गए, इससे जीवन बदला है, सबसे ज्यादा महिलाएं आगे आई हैं। क लाभार्थी ने बताया कि मुद्रा लोन से अपना बिजनेस सेट-अप करके घर भी खरीदा है। उन्होंने बताया कि जहां पहले उनका सालाना टर्नओवर 12 लाख था, वो अब 50 लाख हो चुका है। उन्होंने पीएम मोदी को इसके लिए थैंक्यू कहा। एक ने कहा मुद्रा योजना से पहले वो 20 हजार रुपए महीना कमाता था, आज उसकी इनकम दोगुनी हो गई है। पहली बार फ्लाइट में बैठी महिला एक लाभार्थी ने बताया कि वह बहुत गरीबी में थीं। उन्होंने बताया कि वह पहली बार दिल्ली आईं और पहली बार ही फ्लाइट में बैठीं। उन्होंने बताया कि उन्हें लोन कैसे मिला। उन्होंने बताया कि वे एक महीने का 60 हजार रुपये इनकम कर रही हैं। पीएम मोदी ने लाभार्थी की सराहना की और उन्हें बधाई दी। नहीं आएंगे इनकम टैक्स वाले इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक लाभार्थी से पूछा कि आपकी आय कितनी है? पीएम मोदी के इस सवाल से लाभार्थी झिझक गया। इस पर पीएम मोदी ने कहा कि वित्त मंत्री मेरे बगल में बैठे हैं, उन्हें बोल दूंगा इनकम टैक्स वाले नहीं आएंगे। पीएम मोदी का इस तरह तंज कसने पर सभी लाभार्थी हंस पड़े।  ये योजना मोदी की तारीफ के लिए नहीं, लाभार्थियों से बोले पीएम लाभार्थियों से बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि मुद्रा योजना मोदी की तारीफी के लिए नहीं है। यह योजना मेरे देश के युवाओं को अपने पैरों पर खड़े होने का साहस देने के लिए है। पीएम मोदी से बात करते हुए मध्य प्रदेश के भोपाल के लाभार्थी लवकुश मेहरा ने कहा, 'पहले मैं किसी के यहां काम करता था, नौकर था, लेकिन आपने मुद्रा लोन के ज़रिए हमारी गारंटी ली और आज हम मालिक बन गए हैं।' 50 लाख से ज्यादा का हुआ टर्नओवर इसके साथ ही लवकुश ने कहा, 'मैंने 2021 में अपना व्यवसाय शुरू किया और मैंने बैंक से संपर्क किया, उन्होंने मुझे 5 लाख रुपये की लोन लिमिट दी। मुझे डर था कि मैं पहली बार इतना बड़ा लोन ले रहा हूं। मैं इसे चुका पाऊंगा या नहीं। आज मेरा मुद्रा लोन 5 लाख रुपये से बढ़कर 9.5 लाख रुपये हो गया है। मेरा पहले साल का टर्नओवर 12 लाख रुपये था, जो अब 50 लाख रुपये से ज्यादा हो गया है।' क्या है मुद्रा योजना? मालूम हो कि प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, पीएम मोदी की प्रमुख योजना है। इसका उद्देश्य वित्तपोषित सूक्ष्म उद्यमों और छोटे व्यवसायों को वित्तपोषित करना है। पिछले 10 सालों में 50 करोड़ ऋण खातों को मंजूरी दी है। इस योजना में 68 प्रतिशत महिला लाभार्थी प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के 10 साल पूरे होने पर वित्तीय सेवा विभाग के सचिव एमनागराजू ने कहा, 'प्रधानमंत्री ने उन लोगों के लिए यह व्यवसाय योजना शुरू की है जो बिना किसी गारंटी के ऋण चाहते हैं। हमने पिछले 10 सालों में 50 करोड़ ऋण खातों को मंजूरी दी है और कुल 33 लाख करोड़ रुपये का ऋण दिया है। इनमें से 68 प्रतिशत महिला लाभार्थी हैं, और 50 प्रतिशत अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़े समुदायों से हैं। लाभार्थी ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से ऋण के लिए आवेदन कर सकते हैं।' 'देश के नौजवानों के लिए है योजना' पीएम मोदी ने कहा कि मुद्रा योजना मोदी के लिए नहीं है, बल्कि देश के नौजवानों के लिए है।  पीएम मोदी ने कहा- हमारे देश में बहुत कम लोग हैं, जिन्हें पता है साइलेंटली कैसे रिवॉल्योशन हो रहा है। 'सालाना टर्नओवर 12 से 50 लाख पहुंचा' पीएम मोदी को लोगों ने अपने अनुभव बताया, एक ने कहा मुद्रा लोन के बाद हमने पेट को लेकर सुविधा शुरू की। अब मुझे इसे बहुत फायदा हो रहा है। पीएम मोदी ने एक लाभार्थी से पूछा कि फिलहाल आपकी आय कितनी है? इस पर उस शख्स की झिझक देखते हुए पीएम मोदी ने कहा कि वित्त मंत्री मेरे बगल में बैठे हैं, उन्हें बोल दूंगा इनकम टैक्स वाले नहीं आएंगे। बता दें कि मुद्रा योजना की शुरुआत आठ अप्रैल 2015 को हुई थी. इससे हर साल मुद्रा योजना 5.14 करोड़ रोजगार का सृजन हुआ है. इस योजना के तहत सरकार ने दस साल में 53 लाख करोड़ का लोन दिया है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट कर बताया कि मुद्रा योजना के 10 साल पूरा होने के मौके पर मैंने देशभर से मुद्रा लाभार्थियों को अपने निवास पर आमंत्रित किया था. लाभार्थियों ने हमें बताया कि किस तरह यह योजना उनके जीवन में बदलाव लेकर आई है. Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, … Read more

मंत्री विजयवर्गीय ने कहा प्रदेश के 16 नगर निगमों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने में राज्य सरकार की और से हरसंभव मदद की जायेगी

नगर निगमों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने में राज्य सरकार की और से की जायेगी हर संभव मदद नगरीय विकास मंत्री विजयवर्गीय की अध्यक्षता में हुई नगर निगमों के महापौर की बैठक भोपाल नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा है कि प्रदेश के 16 नगर निगमों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने में राज्य सरकार की और से हरसंभव मदद की जायेगी। उन्होंने कहा कि निकायों को और अधिक अधिकार देकर सशक्त बनाया जायेगा। नगर निगम महापौरों को सुरक्षा की दृष्टि से गनमैन दिलाने के लिये गृह विभाग को पत्र लिखा जायेगा। उन्होंने नगर निगम आयुक्तों को विकास कार्यों में तेजी लाने के लिये महापौर से बेहतर समन्वय रखने के निर्देश भी दिये। मंत्री विजयवर्गीय सोमवार को मंत्रालय में प्रदेश के नगर निगम महापौर और आयुक्तों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। बैठक में मुख्य रूप से इंदौर महापौर पुष्यमित्र भार्गव, भोपाल महापौर श्रीमती मालती राय और नगरीय प्रशासन विकास आयुक्त सिबि चक्रवर्ती भी मौजूद थे। बैठक में 19 जुलाई, 2024 को नगरीय विकास मंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में दिये गये निर्देशों के पालन की समीक्षा की गयी। बैठक में मंत्री विजयवर्गीय ने कहा कि अवैध कॉलोनी को वैधता देते समय इस बात का ख्याल रखा जाये कि इससे नगर के विकास में रुकावट न आये। बैठक में सौर ऊर्जा के माध्यम से नगरीय निकायों के बिजली बिलों में कमी लाने पर चर्चा की गयी। मंत्री विजयवर्गीय ने कहा कि प्रत्येक नगर निगम इसके लिये कार्य-योजना तैयार कर ले। उन्होंने इस बात पर चिंता व्यक्त की कि अनेक निविदाकार कम दर पर निर्माण कार्य की निविदा प्राप्त कर लेते हैं, लेकिन काम की गुणवत्ता पर ध्यान नहीं देते हैं। ऐसे निविदाकारों के खिलाफ सख्त रुख अपनाने की आवश्यकता है। बैठक में कायाकल्प योजना के अंतर्गत स्वीकृत कार्यों की समीक्षा की गयी। यह भी जानकारी दी गयी कि योजना में विधायकों द्वारा नगरीय निकायों में प्रस्तावित कार्यों की स्वीकृति जारी कर दी गयी है। बैठक के प्रमुख बिन्दु              बैठक में तय हुआ कि नगरीय निकाय ट्रांसपोर्ट कम्पनियों को प्रोफेशनल तरीके से चलायें। इसमें नागरिकों की सुविधा का विशेष ध्यान रखा जाये।              सड़क प्रकाश व्यवस्था में टाइमर लगाने पर चर्चा हुई।              कंपाउंडिंग के वर्तमान प्रावधान को 30 जून, 2025 तक बढ़ाये जाने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। महापौर परिषद को नगरीय निकायों द्वारा दी गयी लीज में भू-अधिकार प्रदान करने के अधिकार प्रदाय किये जायें। इसके लिये एक माह का अभियान चलाया जाये। जनसंख्या के आधार पर स्वीकृत पदों पर भर्ती प्रक्रिया के अधिकार नगरीय निकायों को विकेन्द्रीकृत किये जायें। नगरीय निकायों के जन-प्रतिनिधियों को उत्कृष्ट कार्य के अध्ययन के लिये देश के अन्य नगरीय निकाय में नियमित भेजने का कार्यक्रम तैयार करने के निर्देश। बैठक में चुंगी क्षतिपूर्ति की अनुदान राशि के संबंध में भी चर्चा हुई। बैठक में नगर निगमों के सेवा प्रभार की दर को तय करने के लिये संचालनालय स्तर पर स्लेब तैयार करने का निर्णय लिया गया। बैठक में मध्यप्रदेश अर्बन डेवलपमेंट कम्पनी के निर्माण कार्यों की जानकारी संबंधित महापौर को उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिये गये।   Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 26

रोहित शर्मा ने 9 गेंदों में 17 रन जरूर बनाए, रवि शास्त्री और इयान बिशप ने कहा-इन पारियों से कुछ नहीं होगा

नई दिल्ली आईपीएल 2025 में रोहित शर्मा अब तक फीके रहे हैं। एक मैच में चोट के कारण वे बाहर बैठे, जबकि चार मैचों में खेले। इन मैचों में उनका स्कोर 0, 8, 13 और 17 है। आरसीबी के खिलाफ उन्होंने 9 गेंदों में 17 रन जरूर बनाए, लेकिन दूसरे ही ओवर में पवेलियन लौट गए। मुंबई इंडियंस भी पांच में से चार मुकाबले हार चुकी है। इसके लिए एमआई के पूर्व कप्तान की आलोचना हो रही है। पूर्व हेड कोच रवि शास्त्री और वेस्टइंडीज के महान क्रिकेटर इयान बिशप ने रोहित शर्मा को एक बड़ी सलाह दी है। लेफ्ट आर्म पेसर्स का शिकार हो रहे रोहित शर्मा को कमेंट्री करते हुए इयान बिशप ने कहा, "उन्हें (मुंबई इंडियंस को) रोहित शर्मा से और अधिक की जरूरत है, ना कि केवल शुरुआत में 12-15 रन की छोटी शुरुआत मिले।" दूसरी ओर रवि शास्त्री ने कहा, "आदर्श रूप से, आप निरंतरता चाहते हैं। जो टीमें लंबा सफर तय करती हैं, उनमें आमतौर पर शीर्ष क्रम के बल्लेबाजों का प्रदर्शन अच्छा होता है। आपको रोहित शर्मा से 400 रन का सीजन चाहिए। 15 और 20 रन को 40 और 60 रन में बदलना चाहिए।" चार पारियों में रोहित शर्मा सिर्फ 38 रन बना सके हैं। यहां तक कि पिछले पांच आईपीएल सीजन में रोहित शर्मा सिर्फ एक बार 400 या इससे ज्यादा रन बना पाए हैं। पिछले साल उन्होंने 400 से ज्यादा रन सीजन में बनाए थे, लेकिन इस तरह की शुरुआत से लग नहीं रहा कि रोहित शर्मा उस आंकड़े तक पहुंच पाएंगे। हालांकि, अभी भी मुंबई इंडियंस के 9 लीग मैच बाकी हैं। अगर रोहित शर्मा का बल्ला आने वाले मैचों में नहीं चलता है तो टीम के लिए मुश्किलें हो सकती हैं। हालांकि, हेड कोच महेला जयवर्धने ने रोहित शर्मा को डिफेंड किया है। आरसीबी के खिलाफ मैच से पहले जयवर्धने ने कहा था, "अगर आप मुझे हर दो पारियों में किसी के प्रदर्शन को देखने के लिए कह रहे हैं, तो यह थोड़ा अनुचित है। उनकी आखिरी पारी की मेरी याददाश्त चैंपियंस ट्रॉफी जीतने वाली पारी थी। इसलिए हमें अनुभवी खिलाड़ियों का समर्थन करना होगा और उन्हें टीम में शामिल करना होगा। हमने हमेशा, मुंबई के रूप में, हमारे लिए प्रदर्शन करने के लिए कोर ग्रुप का समर्थन किया है, इसलिए हम ऐसा करने जा रहे हैं। हम अपने खिलाड़ियों का समर्थन करना जारी रखेंगे ताकि वे हमारे लिए परिणाम प्राप्त कर सकें।" Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 44

भारत सरकार बदल सकती है पुराने मोबाइल सिम कार्ड

नई दिल्ली मोबाइल फोन में सबसे जरूरी चीज होती है सिम कार्ड, जिसे आप अपना आईडी प्रूफ देकर खरीदते हैं। अब भारत सरकार पुराने मोबाइल सिम कार्ड बदलने के बारे में सोच रही है। NCSC यानी नेशनल साइबर सिक्‍योरिटी कोऑर्डिनेटर की जांच के बाद सिम कार्ड बदलने के बारे में सोचा जा रहा है। सरकार की ओर से जियो, एयरटेल और वीआई यानी वोडा-आइडिया के अधिकारियों के साथ बैठक भी की गई है। रिपोर्ट के अनुसार, NCSC की जांच में कुछ सिम कार्डों में चीन में बने चिपसेट की मौजूदगी मिली है। इससे सुरक्षा संबंधी चिंताएं पैदा हुई हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि जो चिपसेट, सिम कार्डों में मिले हैं, वो सब्‍सक्राइबर की पहचान को स्‍टोर रखते हैं। पहले बदले जा सकते हैं पुराने सिम इस पूरे मामले की तकनीकी और कानूनी चुनौतियां हो सकती हैं। रिपोर्ट के अनुसार, NCSC और गृह मंत्रालय मिलकर इस मामले की जांच कर रहे हैं। सबसे पहले पुराने सिम कार्डों को बदलने का विचार है। रिपोर्ट में बताया गया है कि NCSC ने वीआई, भारती एयरटेल और रिलायंस जियो के अधिकारियों और दूरसंचार विभाग के साथ बैठक की है। बैठक में टेलिकॉम संसाधनों की खरीद में सुरक्षा खामियों को दूर करने पर बात हुई। इस पर भी चर्चा की गई कि सिम कार्ड बदलने के लिए एक ढांचा कैसे तैयार किया जाए। चीनी कंपनियों के उपकरणों पर लगी है रोक भारत सरकार ने कुछ साल पहले ही प्रमुख चीनी कंपनियों के उपकरणों पर रोक लगा दी थी। चीन की प्रमुख कंपनियां हुवावे और जेडटीई, भारतीय कंपनियों के साथ अब काम नहीं कर रहीं। अमेरिका भी हुवावे पर लगाम कस चुका है। रिपोर्ट में कहा गया है कि सरकार की मंजूरी के बिना चीन से सिम चिपसेट खरीदना, टेलिकॉम ऑपरेटरों की सोर्सिंग पर सवाल उठाता है। हालांकि ऐसा लगता है कि टेलिकॉम ऑपरेटरों को भी यह जानकारी नहीं थी कि जो सिम कार्ड खरीदे जा रहे हैं, उनमें चीनी चिप की मौजूदगी है। सरकार नहीं दे रही ज्‍यादा जानकारी मिंट की रिपोर्ट कहती है कि मामला संवेदनशील है, इसलिए सरकार इस बारे में ज्‍यादा जानकारी शेयर करने से बच रही है। यह रिपोर्ट दो अधिकारियों के हवाले से तैयार की गई है, जिन्‍होंने नाम ना छापने की शर्त पर यह जानकारी दी है। किन सिम कार्ड विक्रेताओं ने चीनी चिप का इस्‍तेमाल किया, यह जानकारी भी नहीं दी गई है। 1 अरब से ज्‍यादा मोबाइल सब्‍सक्राइबर्स भारत में मोबाइल सब्‍सक्राइबर्स की संख्‍या 1.15 अरब है। रिपोर्ट के अनुसार, इनमें से कुछ सिम कार्डों में चीन में बने चिप लगे हैं, पर यह संख्‍या कितनी है, यह नहीं बताया गया है। रिपोर्ट के अनुसार, आमतौर पर टेलिकॉम ऑपरेटर सिम कार्ड की खरीदारी उन विक्रेताओं से करते हैं, जिन्‍हें भरोसेमंद माना जाता है। इनमें ताइवान और वियतनाम के विक्रेता शामिल हैं। वहां से चिप लेकर देश में ही सिम कार्ड की असेंबलिंग और पैकिंग की जाती है। ऐसा लगता है कि विक्रेताओं ने चीनी चिप का इस्‍तेमाल करके टेलिकॉम ऑपरेटरों को सिम की डिलिवरी दी। सिम बदलने से क्‍या होगा सिम कार्डों में चीनी चिप की मौजूदगी, सुरक्षा के लिए चिंता का विषय है। सिम कार्ड बदलकर सरकार यह सुनिश्चित करना चाहती है कि भविष्‍य में चीनी चिप वाले सिम भारतीय मार्केट में ना आएं। हालांकि इस काम में कुछ तकनीकी और कानूनी समस्‍याएं आएंगी। सिम कार्ड बदलने पर जो खर्च आएगा, उसे मुख्‍य तौर पर टेलिकॉम ऑपरेटरों को ही उठाना होगा। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 44

सुप्रीम कोर्ट ने OBC वर्ग के 27 फीसदी रिजर्वेशन के खिलाफ स्पेशल लीव पिटीशन खारिज कर दी

भोपाल  मध्य प्रदेश में लंबे समय से ओबीसी को आरक्षण 14 फीसदी से बढ़ाकर 27 फीसदी किए जाने का मामला सुप्रीम कोर्ट में पहुंचा था। इस पर अब बड़ी खबर सामने आई है। एमपी ओबीसी को 27 फीसदी आरक्षण देने का फैसला लागू रहेगा सुप्रीम कोर्ट ने एमपी हाई कोर्ट के फैसले को सही माना है। साथ ही यूथ फॉर इक्वेलिटी संगठन की तरफ से सुप्रीम कोर्ट में लगाई स्पेशल लीव पिटीशन खारिज कर दी है। दरअसल, साल 2019 में कमलनाथ सरकार ने ओबीसी वर्ग का आरक्षण 14 फीसदी से बढ़ाकर 27 फीसदी कर दिया था। विधानसभा में इसका विधेयक पास हो गया। 2 सितंबर 2021 के दिन सामान्य प्रशासन विभाग ने ओबीसी को 27 फीसदी आरक्षण देने का सर्कुलर जारी कर दिया। हालांकि इसके साथ ही यूथ फॉर इक्वेलिटी संगठन ने हाईकोर्ट में याचिका लगाई। हाईकोर्ट ने निरस्त की चुनौती वाली याचिका यूथ फॉर इक्वेलिटी संगठन की तरफ से लगाई याचिका में सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने 28 जनवरी 2025 को याचिका खारिज कर दी। इसके बाद इस संगठन ने सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी दाखिल की। इस पर सोमवार को सुप्रीम कोर्ट का फैसला आ गया। उन्होंने याचिका खारिज करते हुए कहा कि 27 फीसदी ओबीसी को आरक्षण लागू होने में मध्य प्रदेश में कोई न्यायिक अड़चन नहीं है। 27 प्रतिशत आरक्षण देने का रास्ता साफ इस मामले में हाईकोर्ट भी यूथ फॉर इक्वलिटी की याचिका खारिज कर चुका है। हाईकोर्ट ने 28 जनवरी को दो याचिकाएं खारिज की थीं। यूथ फॉर इक्वलिटी की याचिका में ओबीसी के 27 प्रतिशत आरक्षण के सर्कुलर को चुनौती दी गई थी। सुप्रीम कोर्ट में लगी एसएलपी खारिज कराने के लिए ओबीसी एडवोकेट वेलफेयर एसोसिएशन ने अपना पक्ष दमदारी से रखा। यूथ फॉर इक्वलिटी की याचिका खारिज होने के साथ ही एमपी में ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण देने का रास्ता साफ हो गया है। आरक्षण पर कोई कानूनी रोक नहीं ‘यूथ फॉर इक्वलिटी’ की याचिका पर महत्वपूर्ण सुनवाई में मध्यप्रदेश सरकार की ओर से पक्ष प्रस्तुत करने कोई प्रतिनिधि मौजूद नहीं हुआ। इससे सरकार द्वारा मामले को जानबूझकर लटकाने की कोशिश करने की आशंका उत्पन्न हुई। ऐसे में सुप्रीम कोर्ट ने न केवल याचिका को खारिज कर दिया बल्कि ये भी साफ कर दिया है कि ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण पर कोई कानूनी रोक नहीं है। सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस एमएम सुंदरेश और न्यायमूर्ति राजेश बिंदल ने मामले की सुनवाई की। एडवोकेट वरुण ठाकुर एवं एडवोकेट रामकरण ने ओबीसी महासभा की ओर से पक्ष रखा। ओबीसी महासभा ने सुप्रीम कोर्ट में यह केस लड़ने के लिए समुदाय ये एक-एक रुपए एकत्रित किए थे। ओबीसी को 14 प्रतिशत से बढ़ाकर 27 प्रतिशत आरक्षण एमपी में कांग्रेस की तत्कालीन कमलनाथ सरकार द्वारा ओबीसी को 14 प्रतिशत से बढ़ाकर 27 प्रतिशत आरक्षण देने का निर्णय लिया गया था। 2019 में लिए गए इस फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में विशेष अनुमति याचिका लगाई गई थी जिसे खारिज कर दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट में यह एसएलपी यूथ फॉर इक्वेलिटी संगठन द्वारा दायर की गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस संबंध में एमपी हाईकोर्ट के आदेश को उचित बताते हुए स्पष्ट किया कि ओबीसी वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण में कोई न्यायिक अड़चन नहीं हैं। गौरतलब है कि फरवरी माह में ही एमपी हाईकोर्ट जबलपुर के मुख्य न्यायाधीश सुरेश कुमार कैथ और न्यायाधीश विवेक जैन की युगलपीठ ने ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण के कानून का पालन करने का आदेश दिया था। पीठ ने यह भी कहा था कि 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण पर किसी प्रकार की रोक नहीं है। वायरल हुआ पूर्व सीएम कमलनाथ का बयान मध्यप्रदेश में ओबीसी वर्ग को 27 फीसदी आरक्षण देने में कोई न्यायिक अड़चन नहीं है। सुप्रीम कोर्ट ने मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के फैसले को सही मानते हुए यह स्पष्ट किया। कोर्ट ने कहा कि 27 फीसदी ओबीसी आरक्षण पर कोई रोक नहीं हैं। उन्होंने आगे लिखा कि अपने मुख्यमंत्री कार्यकाल में 2019 में मैंने प्रदेश के ओबीसी वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण देने का कानून बनाया था। उसके बाद से बनी भाजपा की सरकार असंवैधानिक रूप से षडयंत्र रचकर लगातार ओबीसी को आरक्षण से वंचित कर रही है। पहले माननीय मध्य प्रदेश हाईकोर्ट और अब सुप्रीम कोर्ट ने भी स्पष्ट कर दिया है कि OBC को 27 प्रतिशत आरक्षण देने वाले क़ानून पर कोई रोक नहीं है। बीजेपी को अब मध्य प्रदेश के ओबीसी समाज से माफी मांगनी चाहिए और तत्काल प्रभाव से प्रदेश में ओबीसी को 27% आरक्षण देना चाहिए। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 27