Saturday, July 4, 2026 8:30 pm

उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने सीधी-सिंगरौली फोरलेन मार्ग के शेष भाग का कार्य शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए

भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने भोपाल में रीवा एवं शहडोल संभाग में एमपीआरडीसी के विभिन्न निर्माण कार्यों की प्रगति की गहन समीक्षा की। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण ढंग से निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि प्रगतिरत कार्यों की नियमित समीक्षा अनिवार्य है, ताकि किसी प्रकार की बाधा समय रहते दूर की जा सके। साथ ही, पूर्ण हो चुके कार्यों का समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जाए, जिससे कार्यों की गति बनी रहे और बजट का प्रभावी उपयोग संभव हो सके। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने सीधी-सिंगरौली फोरलेन मार्ग के शेष भाग का कार्य शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह मार्ग क्षेत्र के समग्र विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रशासनिक अड़चनों को सर्वोच्च प्राथमिकता से दूर किया जाए। इस परियोजना का 52 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है, जबकि शेष कार्य प्रक्रियाधीन है। इसके साथ ही उन्होंने एडीबी (एशियन डेवलपमेंट बैंक) द्वारा वित्तपोषित रीवा-बेड़ा-सेमरिया मार्ग के शेष लगभग 1 किमी मार्ग (ढेकहा तिराहा से मंडी तक) को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह मार्ग अत्यधिक व्यस्त रहता है, इसके शीघ्र निर्माण से स्थानीय नागरिकों को बड़ी राहत मिलेगी। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने उमरिया से शहडोल तक टू-लेन मार्ग के उन्नयन कार्य की समीक्षा की। बताया गया कि यह कार्य 93 प्रतिशत तक पूर्ण हो चुका है और शेष कार्य प्रगतिरत है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्य जून माह के अंत तक हर हाल में पूर्ण कर लिया जाए। रीवा बायपास फोरलेन मार्ग परियोजना का 14 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है। इसमें 4 मध्यम पुलों में से 2, 39 बॉक्स कल्वर्ट में से 14 तथा आवश्यक 5 वीयूपी (वर्टिकल अंडर पास) में से 2 का कार्य प्रगतिरत है। उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि कार्यों की सतत निगरानी की जाए और तय समयसीमा में गुणवत्ता के साथ कार्यों को पूरा किया जाए। बैठक में एमडी एमपीआरडीसी भरत यादव सहित संबंधित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।   recent visitors 22

दिल्ली में कई जगह बढ़ाई सुरक्षा, पाकिस्तानी हमलों के बीच तैयारी, आज बजने वाला है सायरन

नई दिल्ली भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध जैसे हालात बन गए हैं। पड़ोसी मुल्क की ओर से गुरुवार रात जम्मू-कश्मीर, पंजाब और राजस्थान में हमले की नाकाम कोशिशें की गईं। पाकिस्तान की बौखलाहट को देखते हुए राजधानी दिल्ली में भी पाकिस्तान की नापाक साजिशों को नाकाम करने की तैयारी चल रही है। शुक्रवार को दिल्ली में 3 बजे टेस्टिंग के तौर पर 'एयर रेड सायरन' बजने वाला है। डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट (सेंट्रल) जी सुधाकर की ओर से जारी प्रेस रिलीज में बताया गया है कि आईटीओ स्थित पीडब्ल्यूडी हेडक्वॉर्टर पर लगे एयर रेड सायरन की सिविल डिफेंस डायरेक्टोरेट की ओर टेस्टिंग की जाएगी। टेस्टिंग करीब 3 बजे शुरू होगी और 15-20 मिनट तक चलेगी। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि सायरन से घबराने की जरूरत नहीं है, यह सिर्फ टेस्टिंग के तौर पर बजाया जाएगा। इससे पहले दिल्ली में 7 मई को कई जगह मॉक ड्रिल करके लोगों को बताया गया था कि हवाई हमलों की स्थिति में कैसे खुद को और अपने आसपास के लोगों को सुरक्षित रखा है। दिल्ली में कई जगह बढ़ाई गई सुरक्षा भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ने के बाद राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में महत्वपूर्ण स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सरकारी भवनों, सीवेज उपचार संयंत्रों, जल उपचार संयंत्रों, अदालतों और विदेशी दूतावासों सहित सभी महत्वपूर्ण स्थानों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने बाजार, रेलवे स्टेशन, मॉल, पार्क और मेट्रो स्टेशन सहित अधिक आवाजाही वाले क्षेत्रों में भी चौकसी बढ़ा दी है। बढ़ते तनाव के बीच गुरुवार रात दिल्ली पुलिस के सभी कर्मियों की छुट्टियां रद्द कर दी गईं। रात में ज्यादा चौकसी एक अधिकारी ने बताया, 'रात्रिकालीन चौकसी बढ़ा दी गई है। हम हर संवेदनशील क्षेत्र में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात कर रहे हैं।' पुलिस सूत्रों के अनुसार' सभी क्षेत्र के विशेष आयुक्त सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए अपने पुलिस उपायुक्तों के साथ बैठक कर रहे हैं। एक पुलिस सूत्र ने कहा' 'सभी पुलिस उपायुक्त अपने-अपने क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था की सक्रियता से निगरानी कर रहे हैं। दिल्ली पुलिस किसी भी तरह की स्थिति से निपटने के लिए तैयार है।' पुलिस ने बताया कि दिल्ली में आने वाले हर वाहन की जांच की जा रही है। कई जगह बम निरोधक दस्तों ने तलाशी अभियान भी शुरू किया है। recent visitors 40

भारत- पाकिस्तान के बीच संघर्ष जारी, सीएम योगी बोले- सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों से दूरी बनाने की अपील की

लखनऊ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, 22 अप्रैल को पाकिस्तानी आतंकवादियों ने पहलगाम पर हमला किया था… प्रधानमंत्री मोदी का संकल्प था और हमारे सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब दिया है… हमें अपने सशस्त्र बलों के साथ खड़ा होना है और उनका मनोबल बढ़ाना है… आज आप पाकिस्तान को दुनिया के सामने कराहते हुए देख सकते हैं… सोशल मीडिया पर तरह-तरह की अफवाहें फैलाई जाएंगी। हमें प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में काम करते रहना है। भारत हर परिस्थिति में विजयी है और आगे भी विजयी रहेगा। मुख्यमंत्री योगी शुक्रवार को लखनऊ के महाराणा प्रताप चौक, हुसैनगंज चौराहा के पास महाराणा प्रताप की जयंती के अवसर पर उनकी प्रतिमा के सौन्दर्यीकरण का लोकार्पण करने के बाद संबोधित कर रहे थे।  प्रशासन ने कसी कमर, लगातार की जा रही निगरानी बता दें कि देश में तनावपूर्ण हालातों के बीच छावनी, रेलवे, एयरपोर्ट प्रशासन ने कमर कस ली है। इन जगहों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। सभी जगह एंट्री व निकासी पर कड़ी जांच की जा रही है। रेलवे स्टेशनों की निगरानी ड्रोन से करने की तैयारी है। ट्रेनों में आरपीएफ एस्कॉर्ट बढ़ाया जा रहा है तथा एयरपोर्ट पर बुलेटप्रूफ गाड़ियों से गश्त बढ़ाई गई है। सेना का खुफिया तंत्र भी मुस्तैद हो गया है। हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। recent visitors 33

MP में आज बिगड़ेगा मौसम, सनसनाती चलेंगी तेज हवाएं, 12 मई तक आंधी-बारिश का अलर्ट

भोपाल  मध्य प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। मौसम विभाग ने 9 से 12 मई तक पूरे प्रदेश में तेज आंधी, बारिश और गरज-चमक का हाई अलर्ट जारी किया है। अरब सागर से आ रही नमी के कारण प्रदेश में 4 अलग-अलग मौसमी प्रणालियां सक्रिय हो चुकी हैं, जिससे अगले चार दिन मौसम रहस्यमयी और अस्थिर बना रहेगा। कौन से 4 बड़े सिस्टम कर रहे हैं असर? वर्तमान में पश्चिमी विक्षोभ, ऊपरी हवा में चक्रवात, गुजरात तक फैली द्रोणिका और पूर्व-पश्चिम ट्रफ लाइन की वजह से अरब सागर से भारी मात्रा में नमी मध्य प्रदेश की ओर खिंच रही है। इसका असर सबसे ज्यादा इंदौर, भोपाल, उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर, धार, श्योपुर, बैतूल और छिंदवाड़ा जिलों में देखने को मिल रहा है। प्रदेश के कई जिलों के तापमान में आई गिरावट  मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार बुधवार को कई शहरों के तापमान में गिरावट देखी गई। इंदौर में तामपान 3.8 डिग्री गिरकर 28.6 डिग्री पर पहुंच गया। इंदौर पचमढ़ी से भी ठंडा रहा। पचमढ़ी में तापमान 29.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा।  बुधवार को किसी भी शहर में तापमान 40 डिग्री के पार नहीं पहुंचा। नरसिंहपुर में सबसे ज्यादा 39.6 डिग्री पहुंचा। खजुराहो में 39.4 डिग्री, रीवा में 38.5 डिग्री, सीधी-मंडला में 38.4 डिग्री, उमरिया में 38.1 डिग्री और शिवपुरी-सतना में 38 डिग्री दर्ज किया गया। बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल में 31.4 डिग्री, ग्वालियर में 37 डिग्री, उज्जैन में 29 डिग्री और जबलपुर में पारा 36.8 डिग्री सेल्सियस रहा। 15 जिलों में बदला रहा मौसम इससे पहले इंदौर, ग्वालियर के साथ बैतूल, नर्मदापुरम, छिंदवाड़ा, श्योपुर, धार, उज्जैन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, नीमच, मंदसौर, मुरैना और शिवपुरी जिलों में गुरुवार को मौसम बदला रहा। यहां बारिश, आकाशीय बिजली चमकने और तेज आंधी का दौर रहा। राजधानी भोपाल में सुबह से ही बादल छाए रहे। शाम को धूप खिली। धार में करीब 1 इंच पानी गिर गया। वहीं, इंदौर, उज्जैन, रतलाम, शिवपुरी, मंडला और सिवनी में भी हल्की बारिश हुई। तापमान में भारी गिरावट गुरुवार को कई जिलों में तेज हवाएं चलीं और बारिश हुई। भोपाल में दिनभर बादल छाए रहे और शाम को हल्की धूप निकली। तापमान 31.7 डिग्री रहा, वहीं इंदौर 30.8, उज्जैन 30.4 और जबलपुर 35.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पचमढ़ी में 30 डिग्री के साथ सबसे ठंडा स्थान रहा। 9 से 12 मई तक कैसा रहेगा मौसम?     9 मई: पूरे प्रदेश में बारिश, गरज-चमक और 40-50 किमी/घंटा की आंधी की चेतावनी।     10 मई: इंदौर, भोपाल, ग्वालियर सहित 20+ जिलों में हलचल।     11 मई: ग्वालियर, जबलपुर, रीवा संभाग में व्यापक असर।     12 मई: प्रदेश के भोपाल, इंदौर, उज्जैन, नर्मदापुरम, ग्वालियर, चंबल, सागर, रीवा, शहडोल और जबलपुर संभाग समेत सभी जिलों में बारिश का एलर्ट हैं। इस दौरान 40 से 50 किमी प्रतिघंटा तक की रफ्तार से आंधी भी चल सकती है। मौसम विशेषज्ञतों ने दी क्या चेतावनी? मौसम वैज्ञानिक अजय शुक्ला के अनुसार, "अरब सागर से आ रही नमी और उत्तरी ट्रफ की सक्रियता से यह सिस्टम अगले 4 दिन तक लगातार असर दिखाता रहेगा। किसानों और आम नागरिकों को सतर्क रहने की जरूरत है।" बारिश के चलते कई शहरों में दिन का तापमान लुढ़क गया। भोपाल में दिनभर बादल रहे। शाम को धूप खिली। यहां पारा 31.7 डिग्री दर्ज किया गया। इंदौर में 30.8 डिग्री, ग्वालियर में 35.4 डिग्री, उज्जैन में 30.4 डिग्री और जबलपुर में 35.7 डिग्री सेल्सियस रहा। इकलौता हिल स्टेशन पचमढ़ी सबसे ठंडा रहा। यहां तापमान 30 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। धार में 31.5 डिग्री, शाजापुर में 31.7 डिग्री, खंडवा में 32.1 डिग्री, रतलाम में 32.2 डिग्री, बैतूल में 32.4 डिग्री और नर्मदापुरम में पारा 32.5 डिग्री रहा। गुरुवार को एक भी शहर में तापमान 40 डिग्री या इससे पार नहीं पहुंचा। नरसिंहपुर में सबसे ज्यादा 39.4 डिग्री दर्ज किया गया। चार सिस्टम से बदला मौसम सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि वेस्टर्न डिस्टरबेंस, टर्फ और साइक्लोनिक सर्कुलेशन की वजह से प्रदेश में मौसम बदला हुआ है। गुरुवार को कई जिलों में मौसम बदला रहा। 12 मई तक मौसम का मिजाज ऐसा ही बने रहने का अनुमान है। मई में पड़ेगी सबसे ज्यादा गर्मी मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में मई के महीने में ही सबसे ज्यादा गर्मी पड़ती है। पिछले 10 साल का ट्रेंड देखें तो कई शहरों में पारा 47-48 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। दिन में हीट वेव चलेगी तो रातें भी गर्म रहेंगी। मई में बारिश का भी ट्रेंड रहता है। इस बार मई की शुरुआत में ही मौसम बदला हुआ है। पहले ही दिन कई जिलों में बारिश हुई। इन जिलों में सबसे ज्यादा गर्मी मौसम विभाग की मानें तो मई महीने में ग्वालियर, छतरपुर, नरसिंहपुर, निवाड़ी, मैहर, टीकमगढ़, भिंड, दतिया, खरगोन, बड़वानी, खंडवा, मुरैना, राजगढ़, रायसेन, शाजापुर, श्योपुरकलां, शिवपुरी और विदिशा जिलों में पारा 45 डिग्री या इससे ज्यादा रहने का अनुमान है। इनमें ग्वालियर-चंबल संभाग के साथ मालवा-निमाड़ के कुछ शहरों में भी तेज गर्मी रहेगी। छतरपुर के खजुराहो और नौगांव, निवाड़ी के पृथ्वीपुर में पारा 48 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। भोपाल में पारा 44 से 45 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है जबकि इंदौर, जबलपुर और उज्जैन में भी पारा इतना रह सकता है। बड़े शहरों में ग्वालियर में सबसे ज्यादा गर्मी पड़ेगी। यहां पारा 46-47 डिग्री के बीच पहुंचने का अनुमान है। अबकी बार ऐसा रहा अप्रैल का महीना अप्रैल के पहले, दूसरे और तीसरे सप्ताह में तेज गर्मी और बारिश का दौर बना रहा। पहले सप्ताह में सभी संभागों में सामान्य से 2-3 डिग्री ज्यादा 21-24 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। वहीं, दिन में पश्चिमी गर्म हवाओं के कारण अधिकतम तापमान इंदौर, सागर और नर्मदापुरम संभागों में सामान्य से ज्यादा 39 से 44 डिग्री तक पहुंच गया। उज्जैन, भोपाल, ग्वालियर समेत बाकी संभागों में यह 41 से 42 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। पहले सप्ताह रतलाम में लू चल चुकी है। वहीं, बाकी शहरों में गर्म हवाओं से गर्मी बढ़ी रही। दूसरे सप्ताह में पूरे प्रदेश में तेज आंधी, बारिश, ओले और गरज-चमक की स्थिति बनी रही। प्रदेश के 80 प्रतिशत हिस्से में बारिश हुई। दूसरी ओर, … Read more

पाकिस्तान से जंग ना करने की ‘इल्तिजा’, मुफ्ती ने PM मोदी से की अपील, विनाश के कगार पर…

श्रीनगर जम्मू कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुए हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच अघोषित युद्ध जैसे हालात हैं. भारत ने पहलगाम हमले में 27 पर्यटकों की मौत का बदला पाकिस्तान में नौ आतंकी ठिकानों पर हमला कर लिया. भारत की इस सैन्य कार्रवाई से बौखलाए पाकिस्तान ने पिछले दो रात में दो दर्जन से अधिक शहरों पर मिसाइल, ड्रोन अटैक की नाकाम कोशिश की है. भारतीय सेना ने पाकिस्तान के हर हमले को नाकाम किया है, मुंहतोड़ जवाब दिया है. उधर पाकिस्तान जंग पर उतारू है, इधर महबूबा मुफ्ती शांति का राग अलापने लगी हैं. पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की प्रमुख और जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दुनिया को कहते हैं कि युद्ध मत करो. यूक्रेन युद्ध को लेकर पीएम मोदी ने कहा था कि यह युग युद्ध का नहीं, डायलॉग का है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने तब कहा था कि पॉलिटिकल डायलॉग की जरूरत है. पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी को फोन उठाकर शहबाज शरीफ (पाकिस्तान के प्रधानमंत्री) से बात करनी चाहिए. उन्होंने दोनों देशों की लीडरशिप की शांति और बातचीत की अपील की और कहा कि खून बहना बंद होना चाहिए. जम्मू कश्मीर की पूर्व सीएम ने आम नागरिकों के मारे जाने का जिक्र किया और कहा कि इन हालात में महिलाओं और बच्चों का क्या कसूर है. महिलाओं और मासूम बच्चों को क्यों टार्गेट किया जा रहा है. उन्होंने यह भी कहा कि मिलिट्री एक्शन कभी बीमारी की जड़ तक नहीं पहुंच पाता है. पाकिस्तान के हालात भी ठीक नहीं है. इस मामले में राजनीतिक हस्तक्षेप होना चाहिए. महबूबा मुफ्ती ने युद्ध तुरंत रोकने की अपील करते हुए कहा कि पुलवामा हमले के बाद बालाकोट हुआ था. उससे क्या हुआ? उन्होंने कहा कि भारत ने कहा है कि हमने नौ आतंकी अड्डों को तबाह कर दिया है, मकसद पूरा हुआ. पाकिस्तान भी भारत के फाइटर जेट मार गिराने, पूंछ में सेना के मुख्यालय को तबाह करने के दावे कर रहा है. महबूबा ने कहा कि दोनों ही देशों के नेतृत्व से अपील करना चाहता हूं कि आपका मकसद जब पूरा हो चुका है, तो फिर हमारा खून क्यों बहाया जा रहा है. यह लड़ाई बंद होनी चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि भारत और पाकिस्तान, दोनों ही देश परमाणु संपन्न देश हैं. खुदा न खास्ता परमाणु हथियारों का उपयोग हुआ तो इस रीजन में कोई नहीं बचेगा. भारत-PAK टेंशन पर महबूबा मुफ्ती की PM मोदी से खास अपील पाकिस्तान के खिलाफ भारत के 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद दोनों देशों में तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है. भारत-पाकिस्तान के बीच इस टेंशन को लेकर पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) प्रमुख और जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने गहरी चिंता जताते हुए दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की है. महबूबा मुफ्ती ने पीएम मोदी से की अपील न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से आग्रह किया कि शांति और संवाद के जरिए मामले को सुलझाएं ताकि क्षेत्र में शांति बहाल हो सके. महबूबा मुफ्ती ने माइक्रोब्लॉगिंग साइट एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, '22 अप्रैल को पहलगाम में हुए भीषण हमले ने भारत-पाक संबंधों को 'विनाश के कगार पर लाकर खड़ा कर दिया है.' उन्होंने कहा, 'महिलाओं और बच्चों सहित निर्दोष लोगों की दुखद मौतें और मानवीय कीमत दिल तोड़ देने वाली है. हर पल बढ़ते तनाव के साथ और अधिक जानें खतरे में पड़ती जा रही हैं.' उन्होंने दो टूक कहा कि इस संघर्ष का कोई सैन्य समाधान नहीं हो सकता और इससे केवल और अधिक पीड़ा ही बढ़ेगी. महबूबा मुफ्ती ने भारत और पाकिस्तान के नेतृत्व से शांतिपूर्ण सहअस्तित्व को अपनाने की अपील की. उन्होंने लिखा, 'मैं विशेष रूप से भारत के प्रधानमंत्री से आग्रह करती हूं कि वो बातचीत का रास्ता अपनाएं और इस टेंशन को समाप्त करें. आज, पहले से कहीं अधिक, शांति और बातचीत ही हमारा एकमात्र उपाय होना चाहिए.' भारत के ऑपरेशन सिंदूर में मारे गए पाकिस्तानी आतंकी उन्होंने जोर देकर कहा कि केवल 'ईमानदार और निरंतर प्रयासों से ही हम तनाव कम कर सकते हैं और शांति बहाल करने के कठिन कार्य की शुरुआत कर सकते हैं.' बता दें कि पहलगाम हमले में 26 लोगों की मौत का बदला लेने के लिए भारत ने बुधवार की रात को ऑपरेशन सिंदूर लॉन्च किया था. इस ऑपरेशन के तहत भारतीय सेना ने पाकिस्तान और पीओके स्थित नौ आतंकी ठिकानों पर स्ट्राइक की है. यह कार्रवाई रात डेढ़ बजे के आसपास की गई थी जिसमें कई आतंकी मारे गए हैं.     recent visitors 43

चिनाब नदी पर बने बगलिहार और सलाल डैम के कई गेटों को खोल दिया गया

जम्मू भारत और पाकिस्तान के तनाव की बीच कई डैम के पानी को भारत की ओर से रोक दिया गया था। भारत ने सबसे पहले सिंधु नदी का पानी रोक दिया था, जिसके बाद चिनाब नदी पर बने डैम से भी पानी को भी रोक दिया गया था। भारत ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद से चिनाब नदी पर बने बगलिहार और सलाल डैम को बंद कर दिया था। हालांकि आज शुक्रवार को चिनाब नदी पर बने दोनों डैम के कुछ गेट खोल दिया गए। इसके वीडियो भी सामने आए है। दोनों डैम के कई गेट खुले दरअसल, भारत की ओर से पिछले सप्ताह ही चिनाब नदी के पानी को रोक दिया गया था। इसमें पहले बगलिहार डैम और फिर सलाल डैम को बंद करके पानी रोका गया था। हालांकि जम्मू-कश्मीर में बीते दिनों आई बारिश के बाद डैम का जलस्तर बढ़ गया था। इसके बाद अब रामबन में चिनाब नदी पर बने बगलिहार हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर प्रोजेक्ट बांध के दो गेट खोल दिए गए हैं। इसके अलावा चिनाब नदी पर ही बने रियासी के सलाल बांध के भी तीन गेट खोल दिए गए हैं। इस दौरान दोनों डैम से पानी का फ्लो आगे बढ़ता हुआ दिखा और चिनाब नदी में कई दिनों के बाद से सूखा खत्म हुआ। पानी रुकने से सूखी नदी बता दें कि पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद से भारत ने सबसे पहले सिंधु नदी पर बने बांध को बंद कर दिया था। भारत ने तत्काल प्रभाव से सिंधु जल समझौते को खत्म कर दिया था। बता दें कि विश्व बैंक द्वारा ये सिंधु जल संधि की गई थी। इस संधि पर 1960 में तत्कालीन भारतीय प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू और तत्कालीन पाकिस्तानी राष्ट्रपति अयूब खान ने हस्ताक्षर किए थे। इसे अक्सर दो शत्रुतापूर्ण पड़ोसियों के बीच शांतिपूर्ण सहयोग के एक दुर्लभ उदाहरण के रूप में सराहा जाता है। उन्होंने कहा कि स्थिति सुबह के समय क्षेत्र की छानबीन करने पर स्पष्ट होगी. घुसपैठ की यह कोशिश ऐसे दिन में हुई है जब भारत ने जम्मू, पठानकोट, उधमपुर एवं कुछ अन्य स्थानों पर पाकिस्तान द्वारा मिसाइल एवं ड्रोन से किए गए हमलों को विफल कर दिया. वहीं, दूसरी तरफ जम्मू शहर में शुक्रवार तड़के धमाकों की आवाज गूंजने पर तत्काल ‘ब्लैकआउट’ हो गया. यह घटना भारत द्वारा सीमावर्ती क्षेत्रों में सैन्य प्रतिष्ठानों को निशाना बनाने की पाकिस्तानी सेना की कोशिशों को विफल करने के कुछ घंटों बाद हुई. सायरन बजने के बाद सुबह 3:50 से 4:45 बजे के बीच धमाकों की आवाज़ें सुनी गईं। अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा बलों ने खतरे को बेअसर कर दिया. वीडियो में आसमान में उड़ती हुई चीजों और धमाकों को दिखाया गया है क्योंकि हमले को बेअसर कर दिया गया. रातभर संघर्षविराम का उल्लंघन किये जाने की खबरें हैं। इस दौरान पाकिस्तानी सैनिकों ने पुंछ, राजौरी और जम्मू जिलों में गोलाबारी की। इस पर भारतीय सैनिकों ने भी जवाबी कार्रवाई की. ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में जम्मू के उपायुक्त ने निवासियों से शांत रहने का आग्रह किया. भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के मद्देनजर क्षेत्र में सभी स्कूल, कॉलेज और विश्वविद्यालय बंद कर दिए गए हैं. recent visitors 43

भोपाल में 1971 से संचालित हो रहा पुराना सायरन सिस्टम अब बदला जाएगा

 भोपाल भोपाल में आपात स्थितियों के दौरान चेतावनी देने वाला 1971 से चला आ रहा सायरन सिस्टम अब बदला जाएगा। प्रशासन ने इस दिशा में कदम उठाते हुए शहर के प्रमुख इलाकों और बाजारों में नया सायरन सिस्टम लगाने की योजना तैयार की है, जिसे कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से सीधे जोड़ा जाएगा।  हाल ही में हुई मॉक ड्रिल में सामने आया था कि पुराना सायरन सिस्टम कई इलाकों तक आवाज नहीं पहुंचा सका, जिससे उसकी प्रभावशीलता पर सवाल उठे। प्रशासन ने इस फीडबैक के आधार पर नए और अधिक प्रभावशाली सिस्टम की जरूरत महसूस की। नए सिस्टम को न सिर्फ तकनीकी रूप से अपग्रेड किया जाएगा, बल्कि इसकी उपयोगिता को लेकर स्कूल और कॉलेजों के विद्यार्थियों को भी जागरूक किया जाएगा। उन्हें बताया जाएगा कि सायरन का क्या महत्व है, किस स्थिति में यह बजाया जाता है और इससे जुड़ी सावधानियां क्या हैं।  मॉक ड्रिल के दौरान यह भी पाया गया कि कई जगहों पर लाइट बंद नहीं हुई, जिससे लोगों में भ्रम की स्थिति बनी। प्रशासन अब इस दिशा में भी जनजागरूकता अभियान चलाएगा, ताकि आपात स्थिति में हर नागरिक सही प्रतिक्रिया दे सके।   recent visitors 31