शांति स्थापित होने के बाद अब वह दोनों देशों के साथ व्यापार और कश्मीर मुद्दे के समाधान के लिए मिलकर काम करेंगे: ट्रंप

वाशिंगटन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार सुबह भारत और पाकिस्तान के बीच हुए सीजफायर को लेकर अपनी राय रखी। ट्रंप ने चार दिन की दुश्मनी के बाद संघर्ष विराम के लिए राजी होने के लिए दोनों देशों की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस आक्रामकता के कारण लाखों लोगों की जान जा सकती थी। शांति स्थापित होने के बाद अब वह दोनों देशों के साथ व्यापार और कश्मीर मुद्दे के समाधान के लिए मिलकर काम करेंगे। डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार शाम को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में घोषणा की थी कि अमेरिकी की मध्यस्थता के बाद दोनों ही देश आपस में सीजफायर करने के लिए तैयार हुए हैं। हालांकि, भारत ने इस मामले पर कहा कि पाकिस्तान के साथ सीधी बातचीत के जरिए संघर्ष विराम पर सहमति बनी है, जबकि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने अमेरिका की मध्यस्थता की बात कही। रविवार की सुबह ट्रंप ने सोशल मीडिया पर एक बार फिर इस मामले पर बयान दिया। उन्होंने लिखा, "मुझे भारत और पाकिस्तान के मजबूत और अडिग नेतृत्व पर बहुत गर्व है, क्योंकि उनके पास यह जानने और समझने की शक्ति और बुद्धि है कि वर्तमान आक्रामकता को रोकने का वक्त आ गया है। अगर यह संघर्ष चलता रहता तो यह कई लोगों की मौत और विनाश का कारण बन सकता था। इसकी वजह से लाखों अच्छे और निर्दोष लोग मारे जा सकते थे। मुझे गर्व है कि अमेरिका आपको इस ऐतिहासिक और वीरतापूर्ण निर्णय तक पहुंचने में मदद कर पाया। मैं इन दोनों महान देशों के व्यापार में काफी वृद्धि करने जा रहा हूं।" कश्मीर का हल निकाल सकते हैं: ट्रंप कश्मीर के मुद्दे पर दोनों देशों के नेताओं को संबोधित करते हुए ट्रंप ने लिखा, " मैं आप दोनों के साथ मिलकर कश्मीर के मुद्दे पर भी बात करने के लिए तैयार हूं। हम मिलकर यह देख सकते हैं कि क्या 'हजार साल' बाद भी कश्मीर के संबंध में कोई समाधान निकाला जा सकता है। भगवान, भारत और पाकिस्तान के नेतृत्व को अच्छी तरह से काम करने के लिए आशीर्वाद दें।"" भारत-पाकिस्तान समझौता पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच में शुरू हुई लड़ाई को दोनों देशों ने शनिवार को रोकने पर सहमति जताई। भारत की तरफ से बताया गया कि दोनों देशों के बीच में अधिकारी लेवल की बातचीत हुई और फिर दोनों ने इस पर सहमति जताई। हालांकि कुछ ही घंटों बाद, पाकिस्तान ने ड्रोन से भारतीय शहरों के ऊपर हमला करके समझौता तोड़ दिया। विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने कहा कि भारतीय सेनाएं पाकिस्तानी सेना द्वारा किए जा रहे सीजफायर उल्लंघन पर उचित कदम उठा रही है। इससे पहले भारत की तरफ से यह साफ किया गया कि दोनों देशों के बीच में हुआ युद्ध विराम में किसी भी तीसरे देश की भूमिका नहीं थी। हालांकि ट्रंप ने भारत की प्रेस कॉन्फ्रेंस होने से पहले ही सोशल मीडिया पर इसकी घोषणा कर दी। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने भी ट्रंप के नैरेटिव को आगे बढ़ाते हुए अपने पोस्ट में ट्रंप को धन्यवाद दिया। आपको बता दें कि कश्मीर के मुद्दे पर शिमला समझौते के बाद से ही भारत की स्थिति पूरी तरह से साफ है। भारत इस मुद्दे पर किसी भी तीसरे पक्ष की मध्यस्थता को स्वीकार नहीं करता है।   recent visitors 30

यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी सभी मातृ दिवस की बधाई दी, मदर्स डे पर पोस्ट किया मां के साथ तस्वीरों का वीडियो

नई दिल्ली आज मदर्स डे है। इस मौके पर देश और दुनिया भर में बेटे-बेटियां अपनी मां को प्यार भरे संदेश दे रहे हैं। इस बीच यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी सभी मातृ दिवस की बधाई दी है। इसके साथ ही उन्होंने अपनी माताजी के साथ खुद की तस्वीरों का एक वीडियो भी पोस्ट किया। वीडियो के जरिए उन्होंने मातृ दिवस के अवसर पर सभी मातृ शक्ति का वंदन-अभिनंदन किया। मां के साथ सीएम योगी की पहली तस्वीर पर लिखा है- ‘मां परिवार की एकता एवं सुमति की सेतु।’ अलग-अलग अवसरों पर ली गईं सीएम योगी और उनकी माताजी सावित्री देवी अगली तस्वीरों पर कोटेशन में मां को संस्कारों की प्रथम शिल्पकार और हमारी जीवनदायिनी बताते हुए मां के आशीष को सुरक्षा कवच और मां के सानिध्य को सर्वोत्तम वरदान बताया गया है। सोशल मीडिया अकाउंट ‘एक्स’ पर अपनी पोस्ट में सीएम योगी ने लिखा-‘या देवी सर्वभूतेषु मातृरूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै।। नमस्तस्यै।। नमस्तस्यै नमो नमः।। मातृ दिवस की समूची मातृशक्ति एवं प्रदेश वासियों को हार्दिक शुभकामनाएं! परिवार की एकता एवं सुमति की सेतु मां, संस्कारों की प्रथम शिल्पकार होती है। मां हमें जीवन देने के साथ ही उसे अर्थमय भी बनाती है। समस्त मातृशक्ति का वंदन-अभिनंदन!’ बता दें कि सीएम योगी आदित्यनाथ का जन्म 5 जून 1972 को उत्तराखण्ड (तत्कालीन उत्तर प्रदेश) के पौड़ी गढ़वाल जिले स्थित यमकेश्वर तहसील के पंचुर गाँव में हुआ था। इनके पिता आनन्द सिंह बिष्ट का 20 अप्रैल 2020 को निधन हो गया था। सीएम योगी की माताजी का नाम सावित्री देवी है। सीएम योगी अपनी माता-पिता के सात बच्चों में तीन बड़ी बहनों और एक बड़े भाई के बाद पांचवें थे। इनसे और दो छोटे भाई हैं। पिछले साल अक्टूबर महीने में सीएम योगी की माताजी को तबीयत खराब होने के बाद देहरादून के जौलीग्रांट अस्पताल में भर्ती कराया गया था। तब मां से मिलने सीएम योगी ने देहरादून पहुंचे थे।   recent visitors 49

ऑपरेशन सिंदूर से बेदम पाकिस्तान, भारत ने पहली बार किया ब्रह्मोस का इस्तेमाल

नई दिल्ली ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत की सशस्त्र सेनाओं ने पाकिस्तान के कई प्रमुख सैन्य अड्डों पर सटीक और योजनाबद्ध तरीके से हमले किए। इन हमलों में अत्याधुनिक मिसाइलों और आधुनिक गाइडेड हथियारों का उपयोग किया गया, जिसमें ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल, SCALP एयर-लॉन्च क्रूज मिसाइल और HAMMER गाइडेड म्यूनिशन जैसे हथियार शामिल बताए जा रहे हैं। भारतीय वायुसेना के राफेल लड़ाकू विमानों से लॉन्च किए गए ये हथियार पाकिस्तानी वायुसेना के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण ठिकानों जैसे कि रफीकी (झंग), मुरिद (चक्कवाल), नूर खान (चकलाला, रावलपिंडी), रहीम यार खान, सुक्कुर और चुनीयां (कसूर) को निशाना बनाया गया। स्कर्दू, भोलारी, जैकबाबाद और सरगोधा के एयरबेस को भी गंभीर क्षति पहुंची है। वहीं, पस्रूर और सियालकोट में रडार ठिकानों को भी सटीक हथियारों से ध्वस्त किया गया। ब्रह्मोस मिसाइल का पहला युद्ध उपयोग भारत की ओर से ब्रह्मोस मिसाइल के उपयोग की औपचारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन जानकार सूत्रों का कहना है कि यह इस क्रूज मिसाइल की पहली युद्ध उपयोगिता हो सकती है। यह मिसाइल भारतीय वायुसेना और नौसेना के सबसे खतरनाक हथियारों में से एक मानी जाती है। भारतीय सेना ने केवल सैन्य और तकनीकी ठिकानों को ही निशाना बनाया जैसे कमांड एंड कंट्रोल सेंटर, रडार स्टेशन, यूएवी बेस और हथियार भंडार स्थल। मुरिद एयरबेस पाकिस्तानी ड्रोन और यूएवी गतिविधियों का मुख्य केंद्र है, वहीं रफीकी बेस में उन्नत फाइटर स्क्वॉड्रन तैनात हैं। चकलाला स्थित नूर खान बेस में पाकिस्तानी वायुसेना की भारी परिवहन क्षमता और ईंधन भरने वाले विमानों की तैनाती है। पाकिस्तान की घुसपैठ की कोशिश नाकाम भारतीय सेना ने बताया कि पाकिस्तान ने श्रीनगर से लेकर नलिया तक 26 से अधिक स्थानों पर हवाई घुसपैठ की कोशिश की, जिसे भारतीय वायुसेना ने सफलतापूर्वक नाकाम कर दिया। विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने बताया कि "हमने सभी घुसपैठ प्रयासों को निष्क्रिय किया। हालांकि उधमपुर, पठानकोट, आदमपुर और भुज में कुछ उपकरणों और जवानों को सीमित क्षति पहुंची है।" कर्नल सोफिया कुरैशी ने कहा कि "पाकिस्तान ने श्रीनगर, अवंतीपुर और उधमपुर एयरबेस पर मौजूद स्वास्थ्य केंद्र और स्कूल परिसर को भी निशाना बनाया, जो स्पष्ट रूप से नागरिक ढांचे पर हमला है।"   recent visitors 43

स्मृति मंधाना ने ठोका एक और शतक, दुनिया की तीसरी सबसे ज्यादा सेंचुरी WODI क्रिकेट में जड़ने वाली बल्लेबाज बन गई

नई दिल्ली आज भारतीय टीम की ओपनर स्मृति मंधाना के बल्ले से एक और शतक निकला। वे भारत के लिए पहले से ही वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक जड़ने वाली बल्लेबाज हैं, जबकि अब वह दुनिया की तीसरी सबसे ज्यादा सेंचुरी WODI क्रिकेट में जड़ने वाली बल्लेबाज बन गई हैं। स्मृति मंधाना ट्राई सीरीज के फाइनल में मेजबान श्रीलंका की टीम की गेंदबाजों पर आग की तरह बरसीं। शुरुआत में वह संभलकर खेलीं, लेकिन जब उनके बल्ले से चौके और छक्के निकलने शुरू हुए तो फिर रुकने का नाम नहीं लिए। बाएं हाथ की बल्लेबाज स्मृति मंधाना ने 92 गेंदों में 12 चौके और 2 छक्कों की मदद से शतक पूरा किया, जो वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में उनका 11वां शतक था। वे 11 या इससे ज्यादा शतक जड़ने वालीं दुनिया की तीसरी बल्लेबाज बन गए हैं। इस मामले में उन्होंने इंग्लैंड की टॉमी ब्यूमोंट को पीछे छोड़ा है, जिन्होंने 10 शतक अब तक महिला एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मे जड़े हैं। शतक जड़ने तक मंधाना का स्ट्राइक रेट 108.70 था। मंधाना से ज्यादा शतक महिला एकदिवसीय क्रिकेट में मैग लेनिंग (15) और सूजी बेट्स (13) ने जड़े हैं। श्रीलंका के खिलाफ स्मृति मंधाना का ये पहला शतक है। स्मृति मंधाना ने मेजबान टीम की कप्तान चमारी अट्टापट्टू के खिलाफ लगातार तीन चौके जड़कर अपना शतक पूरा किया। इस शतक से भारत को इस खिताबी मैच में मजबूती मिली है। उन्होंने प्रतिका रावल के साथ पहले विकेट के लिए बड़ी साझेदारी कर टीम को अच्छी शुरुआत दिलाई और फिर हरलीन देओल के साथ मिलकर पारी को आगे बढ़ाया। एक विशाल स्कोर के लिए भारत को मंच मिल चुका है। अगर इस मैच में मंधाना 129 रन बना लेती हैं तो वे इस ट्राई सीरीज की टॉप स्कोर बन जाएंगी। मौजूदा समय में वे दूसरे स्थान पर हैं। पहले चार मैचों में उन्होंने 148 रन बनाए थे, जिसमें एक अर्धशतक शामिल था।   recent visitors 39

26 मई को आईकू भारत में लॉन्‍च करेगी iQOO Neo 10

नई दिल्ली वीवो के सब ब्रैंड के तौर शुरुआत करने वाले आईकू ने अपनी अलग पहचान बना ली है। ब्रैंड एक के बाद एक ऐसी डिवाइसेज ला रहा है, जो जेनजी यानी युवाओं पर फोकस करती हैं। आईकू ने बताया है कि वह iQOO Neo 10 को भारत में इसी महीने लॉन्‍च करेगी। इसकी लॉन्‍च डेट 26 मई तय की गई है। आईकू ने यह भी कन्‍फर्म किया है कि अपकमिंग फोन में क्‍वॉलकॉम स्‍नैपड्रैगन 8s Gen 4 चिपसेट लगा होगा साथ में Q1 सुपरकंप्‍यूटिंग चिप इनबिल्‍ट होगी। हालांकि यह चिपसेट सबसे फास्‍ट नहीं, पर सुपीरियर तो है ही। आईकू ने यह भी कन्‍फर्म किया है कि वह Neo 10 को दो कलर्स- टाइटेनियम क्रोम और इन्‍फर्नो रेड कलर्स में लाएगी। iQOO Neo 10 में क्‍या होगा खास आईकू ने बताया है कि टाइटेनियम क्रोम कलर वेरिएंट के साथ यूजर्स को एक ऐसी डिवाइस ऑफर की जाएगी, जो स्‍लीक और प्रीमियम फ‍िनिश वाली होगी। रेड कलर वेरिएंट थोड़ा रफ एंड टफ फील वाला होगा। ब्रैंड ने जो प्रमोशनल इमेज शेयर की है, उसमें डिवाइस का पीछे का हिस्‍सा दिखाया गया है। फोन में चौकोर कैमरा मॉड्यूल नजर आता है। इसका लुक एंड फील जेनजी पर फोकस्‍ड करता है। iQOO Neo 10 के प्रमुख फीचर्स iQOO Neo 10 के फीचर्स अभी कन्‍फर्म नहीं हैं। पहले आई रिपोर्टों में अनुमान लगाया गया था कि इसके फीचर पिछले महीने चीन में लॉन्‍च हुए iQOO Z10 Turbo Pro से मिलते-जुलते हो सकते हैं। iQOO Neo 10 में 6.78 इंच का 1.5K डिस्‍प्‍ले दिया जा सकता है। यह एमोडेल डिस्‍प्‍ले होगा, जिसमें 144FPS पर गेमिंग की जा सकेगी। iQOO Neo 10 में 50 मेगापिक्‍सल का मेन कैमरा दिया जा सकता है। वह एक सोनी सेंसर होगा और ऑप्टिकल इमेज स्‍टैबलाइजेशन को सपोर्ट करेगा। इसके अलावा, फोन में 8 मेगापिक्‍सल का अल्‍ट्रा-वाइड कैमरा दिया जा सकता है। फोन को आईपी65 रेटिंग दी जा सकती है। इसमें 7 हजार एमएएच की बैटरी मिलने की उम्‍मीद है, जो 120 वॉट की फास्‍ट चार्जिंग को सपोर्ट करेगी। iQOO Neo 10 में 32 मेगापिक्‍सल का फ्रंट कैमरा होने की उम्‍मीद है। फोन की सेल आईकू इंडिया की वेबसाइट और एमेजॉन पर होगी। फोन के अन्‍य फीचर्स जैसे- डिस्‍प्‍ले स्‍पेसिफ‍िकेशंस, एंड्रॉयड ओएस के बारे में अभी जानकारी नहीं है। कुछ फीचर्स लॉन्‍च से पहले कन्‍फर्म होने की उम्‍मीद है। recent visitors 59

दिग्गज क्रिकेटर 84 साल के बॉब काउपर का मेलबर्न में निधन हो गया, टेस्ट में जड़ा था ऐतिहासिक तिहरा शतक

नई दिल्ली ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट से जुड़ी एक दुखद खबर सामने आई है. दिग्गज क्रिकेटर बॉब काउपर का मेलबर्न में निधन हो गया. काउपर 84 साल के थे और उनका निधन 11 मई (रविवार) को हुआ. क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (CA) ने काउपर के निधन की पुष्टि की है. काउपर लंबे समय से कैंसर बीमारी से जूझ रहे थे. काउपर के परिवार में उनकी पत्नी डेल और दो बेटियां (ओलिविया और सेरा) हैं. काउपर ने जड़ा था ऐतिहासिक तिहरा शतक… क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के चेयरमैन माइक बेयर्ड ने कहा, 'बॉब काउपर के निधन की खबर सुनकर हमें गहरा दुख हुआ है. वह ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट में एक बेहद सम्मानित व्यक्ति थे. बॉब एक शानदार बल्लेबाज थे, जिन्हें मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (MCG) में उनके तिहरे शतक के साथ-साथ 1960 के दशक में ऑस्ट्रेलिया और विक्टोरिया (राज्य) टीमों में उनके शानदार प्रदर्शन के लिए हमेशा याद किया जाएगा.' बाएं हाथ के बल्लेबाज बॉब काउपर को उनके बेहतरीन स्ट्रोकप्ले और संयमित बल्लेबाजी करने के लिए जाना जाता था. काउपर ने अपनी सबसे यादगार पारी फरवरी 1966 में मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड पर इंग्लैंड के खिलाफ खेली थी. तब उन्होंने लगभग 12 घंटे की मैराथन पारी में 589 गेंदों पर 307 रन बनाए थे. यह ऑस्ट्रेलियाई धरती पर किसी बल्लेबाज का टेस्ट क्रिकेट में पहला तिहरा शतक था. साथ ही 20वीं सदी में ऑस्ट्रेलिया की धरती पर टेस्ट क्रिकेट में बनाया गया यह इकौलता तिहरा शतक भी रहा. देखा जाए तो ये बॉब काउपर का तीसरा टेस्ट शतक था. उन्होंने एक साल पहले कैरेबियाई धरती पर दो शतक बनाए थे. फिर तिहरे शतक के बाद उन्होंने दो और शतक बनाए. उन्होंने आश्चर्यजनक रूप से साल 1968 में संन्यास की घोषणा की, तब वो सिर्फ 28 वर्ष के थे. काउपर ने 1964 से 1968 के बीच ऑस्ट्रेलिया के लिए 27 टेस्ट मैच खेले, जिसमें उन्होंने 46.84 के एवरेज से 2061 रन बनाए. इस दौरान उनके बल्ले से 5 शतक और 10 अर्धशतक निकले. घरेलू मैदान पर जमकर बनाते थे रन घरेलू मैदान पर बेन काउपर का रिकॉर्ड और भी दमदार था, जहां उन्होंने 75.78 की औसत से टेस्ट क्रिकेट में 1061 रन बनाए थे. वह महान डॉन ब्रैडमैन के बाद घरेलू जमीन पर सबसे ज्यादा टेस्ट औसत वाले बल्लेबाज हैं. काउपर ने अपनी ऑफ स्पिन गेंदबाजी का भी जलवा दिखाया और टेस्ट में 36 विकेट झटके. काउपर ने 147 फर्स्ट क्लास मैचों में 10595 और 4 लिस्ट-ए मैचों में 77 रन बनाए. फर्स्ट क्लास में काउपर के नाम पर 183 और लिस्ट-ए में 3 विकेट दर्ज हैं. काउपर आईसीसी के मैच रेफरी भी रहे. काउपर को साल 2023 में क्रिकेट के प्रति उनकी सेवा के लिए 'मेडल ऑफ द ऑर्डर ऑफ ऑस्ट्रेलिया' से सम्मानित किया गया था.   recent visitors 35

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा – मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र विभिन्न क्षेत्रों में साथ कार्य करेंगे

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र विभिन्न क्षेत्रों में साथ कार्य करेंगे। दोनों राज्यों की साझा विरासत के संरक्षण में मिलकर कार्य करेंगे। उद्योगों के क्षेत्र और सांस्कृतिक आध्यात्मिक परंपराओं, पर्यटन और बागवानी के क्षेत्र में दोनों राज्यों की परस्पर सहयोग की गतिविधियां बढ़ाई जाएंगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शनिवार को कुशाभाऊ ठाकरे सभागृह में "तापी मेगा रिचार्ज परियोजना" से संबंधित एमओयू हस्ताक्षरित होने के पश्चात अन्य क्षेत्रों में मिलकर कार्य करने के बारे में विचार व्यक्त किए। जबलपुर- नागपुर कॉरिडोर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश से फार्मास्यूटिकल्स, टेक्सटाइल्स तथा कृषि उत्पादन का महाराष्ट्र के विभिन्न बंदरगाहों के माध्यम से काफी निर्यात होता है। महाराष्ट्र के विभिन्न बंदरगाहों में एक डेडिकेटेड निर्यात सुविधा प्रकोष्ठ के गठन की संभावनाओं पर विचार किया जाएगा। जबलपुर से नागपुर के मध्य एक डेडिकेटेड फ्रंट कॉरिडोर बन जाने से मध्य भारत क्षेत्र में माल परिवहन में भाड़ा, समय और लागत की अत्यधिक बचत संभव होगी। आध्यात्मिक पर्यटन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारे अनेक तीर्थ दोनों राज्यों और देश के नागरिकों के आस्था केंद्र हैं। मध्यप्रदेश के दोनों ज्योतिर्लिंग श्री महाकालेश्वर और श्री ओंकारेश्वर को महाराष्ट्र के ज्योतिर्लिंग श्री त्र्यंबकेश्वर, श्री भीमाशंकर और श्री घृष्णेश्वर से जोड़कर धार्मिक पर्यटन सर्किट विकसित किया जा सकता है। देवी अहिल्या के योगदान से दोनों राज्यों के युवाओं को कराएंगे अवगत लोकमाता अहिल्या बाई होल्कर का महाराष्ट्र से संबंध था। बुनकर समाज के हित में महेश्वर सहित मालवा के अन्य स्थानों पर प्रशिक्षण और व्यवसाय उन्नयन के प्रयास किए जा रहे हैं। लोकमाता अहिल्या बाई होल्कर के सांस्कृतिक, धार्मिक और सुशासन क्षेत्र के योगदान से दोनों प्रदेशों के प्रमुख नगरों में लाइट एण्ड साउंड शो, नाटक मंचन के माध्यम से वर्तमान पीढ़ी को अवगत करवाया जा सकता है। आगामी 20 मई को राजवाड़ा इंदौर में कैबिनेट बैठक का आयोजन लोकमाता अहिल्या बाई होल्कर के सम्मान में हो रहा है। साहसी योद्धाओं के स्वर्णिम इतिहास पर दोनों राज्यों को गर्व मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मराठा राजशाही का संबंध मध्यप्रदेश से रहा है। साहसी योद्धा बाजीराव पेशवा सहित होलकर, शिंदे (सिंधिया), तात्या टोपे, रानी लक्ष्मी बाई, अप्पाजी भोंसले से जुड़े इतिहास के गौरवशाली दस्तावेजों के संकलन और डिजिटलाइजेशन के कार्य भी किए जायेंगे। इसी क्रम में मोड़ी लिपि की पांडुलिपियों को संरक्षित करने और उनके प्रकाशन में दोनों राज्य सहभागिता कर सकते हैं। प्रदेश में मोड़ी लिपि के लगभग 21 लाख दस्तावेज संरक्षित किए जा चुके हैं। केला महोत्स और आम महोत्सव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में जहां बुरहानपुर में केला महोत्सव होता है, वहीं महाराष्ट्र के रत्नागिरी में आम महोत्सव का प्रचलन है। इन दोनों महोत्सवों को जोड़कर पर्यटन और उद्यानिकी गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा सकता है।   recent visitors 22