Tuesday, July 7, 2026 2:48 am

वीर सैनिकों के सम्मान में उमड़ा जनसैलाब, देशभक्ति के नारों से गूंजा बैरसिया: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत वर्तमान युग में एक नई शक्ति के रूप में उभर रहा है। ऑपरेशन सिंदूर से थल, वायु और नौसेना ने अद्वितीय साहस और पराक्रम का परिचय देते हुए दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब दिया है। भारतीय सेना ने मात्र 4 दिन के अल्प समय में ऐतिहासिक सफलता प्राप्त की है। इस अभियान ने दुनिया को भारत की सैन्य क्षमता, एकजुटता और आधुनिक तकनीकी सामर्थ्य का परिचय दिया है। आतंकवाद के मंसूबों को ध्वस्त किया गया है। आज कोई भी शक्ति भारत की प्रगति को रोक नहीं सकती। हम सभी इस तिरंगा यात्रा से भारतीय सेना को सम्मान देने के लिए एकत्र हुए हैं। यह तिरंगा यात्रा ग्राम पंचायत से लेकर जिला स्तर तक निरंतर आयोजित की जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को भोपाल जिले के बैरसिया में वीर सैनिकों के सम्मान में निकाली गई तिरंगा यात्रा में शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारे शूरवीरों ने पाकिस्तान को आधी रात में ऐसा सबक सिखाया कि पाकिस्तान के साथ दुनिया के 200 देश में से सिर्फ दो देश साथ आए- एक तुर्किए और दूसरा अजरबैजान। अब देश की जनता तुर्किए का बहिष्कार कर रही है और भविष्य में अजरबैजान के साथ भी ऐसा ही होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने तिरंगा यात्रा मार्ग में उपस्थित जनसमूह का अभिवादन किया। पूरा बैरसिया देशभक्ति की भावना से सराबोर हो उठा। भारत माता की जय और वंदे मातरम् के गगनभेदी नारों से वातावरण गूंज उठा। इस यात्रा में बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी आयु वर्ग के नागरिक उत्साहपूर्वक शामिल हुए। हर धर्म, जाति और वर्ग के लोगों ने देश के प्रति अपनी निष्ठा और वीर जवानों के प्रति सम्मान प्रकट किया। विधायक श्री विष्णु खत्री ने कहा कि भारतीय सेना ने पाकिस्तान के आतंकियों का खात्मा किया है। आज की यह विशाल तिरंगा यात्रा हमारे वीर सैनिकों के सम्मान में आयोजित की गई है। परमाणु शक्ति का डर दिखाने वाला पाकिस्तान 4 दिन में घुटनों पर आ गया। यह भारतीय सेना के पराक्रम और नेतृत्व का कमाल है। सभा में अन्य वक्ताओं ने कहा कि देश और प्रदेश में आज मजबूत सरकारें हैं। जनता के कल्याण के सभी कदम उठाए गए हैं। इस अवसर पर सांसद श्री आलोक शर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रामकुंवर नवरंग गुर्जर सहित जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।   recent visitors 33

अजमेर नगर निगम के नवीन भवन का हुआ लोकार्पण जनप्रतिनिधि उतरें जन भावना पर खरे: देवनानी

जयपुर अजमेर नगर निगम के नवनिर्मित भवन का शनिवार को लोकार्पण किया गया। लोकार्पण समारोह को विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी, केंद्रीय कृषि मंत्री श्री भागीरथ चौधरी, जल संसाधन मंत्री श्री सुरेश सिंह रावत, नगरीय विकास राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री झाबर सिंह खर्रा, अजमेर दक्षिण विधायक श्रीमती अनिता भदेल ने संबोधित किया। समारोह से पूर्व सैनिकों के सम्मान में तिरंगा यात्रा का आयोजन किया गया।                  विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने कहा कि शहरवासियों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न संस्थाओं को परकोटे से बाहर स्थापित किया गया है। कभी राजकीय महिला चिकित्सालय दूर था आज शहर का भाग हो गया है। इसी प्रकार नगर निगम भवन भी होगा। नगर निगम से जुड़े जनप्रतिनिधियों का निर्वाचन आमजन की समस्याओं के समाधान के लिए होता है। इन्हें आमजन को संतुष्ट करने के लिए प्रयास करना चाहिए। उन्होंने कहा कि आमजन से जुड़े कार्यों को ऑनलाइन करने से जनता को लाभ हो रहा है। जनप्रतिनिधि एवं समस्त अधिकारी स्वयं को जनता के सेवक का भाव रखकर कार्य करें। अजमेर के विकास के लिए कंधे से कंधा मिलाकर चलना होगा। केंद्रीय कृषि मंत्री श्री भागीरथ चौधरी ने कहा कि हम सबको राजनीति से ऊपर उठकर मिलकर कार्य करना चाहिए। आमजन को केंद्र में रखकर कार्य करने से विकास की गति तीव्र हो जाती है। साथ ही आमजन का संतुष्टि स्तर भी बढ़ जाता है। जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी अपने कार्य को पूर्ण ईमानदारी एवं लगन के साथ करें।             जल संसाधन मंत्री श्री सुरेश सिंह रावत ने कहा कि शहर का विकास समस्त व्यक्तियों के सहयोग से होता है। सरकार ईआरसीपी प्रोजेक्ट पर तेजी से कार्य कर रही है। इसके परिणाम स्वरुप अजमेर में जल्द ही छोटा बीसलपुर जैसा जल स्रोत बनेगा। इससे अजमेर का जल संकट हमेशा के लिए दूर हो जाएगा। सरकार अगले 50 वर्षों की आवश्यकता को पूरी करने के अनुसार योजना बना रही है।                           श्री झाबर सिंह खर्रा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी तथा मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के विकास के विजन को आगे बढ़ाने के लिए विकास कार्यों में जन भागीदारी आवश्यक है। अब तक जन कल्याणकारी योजनाएं जनता के सहयोग से ही आगे बढ़ी है। इन योजनाओं ने देश की दशा और दिशा को बदला है। प्रत्येक व्यक्ति को सार्वजनिक संपत्ति में अपना अंश मानकर निजी संपत्ति की तरह सुरक्षा करनी चाहिए। सार्वजनिक संपत्तियों की सुरक्षा करने का भाव होने से देश का स्वरूप अलग होगा। सरकार के खजाने का धन समस्त नागरिकों के खून पसीने से एकत्र होता है। इसीलिए इसका सदुपयोग करने के साथ ही सतर्कता से निगरानी करने की आवश्यकता है।                उन्होंने कहा कि स्वच्छ वातावरण से व्यक्ति का तन, मन और मस्तिष्क स्वस्थ रहता है। इसका प्रभाव आत्मा पर भी पड़ता है। आत्मा में सकारात्मक चिंतन होने से व्यक्ति राष्ट्र के उत्थान के बारे में सोचेगा। प्रकृति के संरक्षण के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने एक पेड़ मां के नाम लगाने का आह्वान किया। मां के साथ पेड़ के जुड़े होने से व्यक्ति उस पेड़ की देखभाल करके वृक्ष बनाने का संकल्प लगा। इस मंतव्य के साथ कार्य करने से आगामी 5 वर्षों में प्रकृति में संतुलन स्थापित होगा।              उन्होंने कहा कि सरकार नगरीय निकायों की सेवाओं को सहज उपलब्ध कराने के लिए संकल्पित है। इस कारण अधिकतर कार्य ऑनलाइन किए गए हैं। पूंजी पुनर्भरण मद में राशि बढ़ाने के लिए सरकार प्रयास कर रही है। सुनियोजित विकास की अवधारणा के साथ स्मार्ट सिटी को आरंभ किया गया था। सरकार द्वारा नगरीय विकास को केंद्र में रखकर कई नीतिगत निर्णय लिए हैं। डूंगरपुर की तरह अन्य नगरीय निकायों के निवासियों में भी सफाई के प्रति जागरूकता होनी चाहिए। इस अवसर पर अजमेर दक्षिण विधायक श्रीमती अनीता भदेल, महापौर श्रीमती ब्रज लता हाड़ा सहित स्थानीय जनप्रतिनिधी उपस्थित रहे। recent visitors 36

आतंकवाद के खिलाफ सुरक्षा बलों का नया ऑपरेशन: सुरक्षा बलों ने 11 आतंकियों को टारगेट पर रखा, जानें कौन-कौन है शामिल

जम्मू-कश्मीर जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बलों ने एक बड़ा अभियान शुरू किया है। इस ऑपरेशन में सुरक्षा बलों ने  11 आतंकियों को टारगेट पर रखा है। इन 11 आतंकियों में से 9 स्थानीय (कश्मीर के) हैं और 2 विदेशी आतंकवादी हैं। रोपोर्ट के अनुसार इन आतंकियों में से 3 वही हैं जो 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले में शामिल थे। ये आतंकी लश्कर-ए-तैयबा, हिजबुल मुजाहिदीन और जैश-ए-मोहम्मद जैसे खतरनाक आतंकी संगठनों से जुड़े हुए हैं। सुरक्षा बलों ने बीते 48 घंटों में इस ऑपरेशन के दौरान 6 आतंकियों को मार गिराया है। यह ऑपरेशन अब भी जारी है और बाकी बचे आतंकियों की तलाश की जा रही है। सेना, पुलिस और अन्य एजेंसियां मिलकर इस मिशन को अंजाम दे रही हैं। इन 11 आतंकियों के नाम इस प्रकार है: 1.  आदिल रहमान सोपोर का रहने वाला है ये लश्कर का कमांडर है। 2. अहसान अहमद शेख पुलवामा का रहने वाला है, लश्कर ए तैयबा से संबंधित है। 3. हाजिर नसीर पुलावामा का रहने वाला हैं लश्कर से तार जुड़े हैं। 4. आफिर अहमद खांडे शोपियां का रहने वाला है। 5. नसीर अहमद वादी शोपियां का रहने वाला, लश्कर का आदमी। 6. जुबैर अहमद बानी, अनंतनाग 7. हारूल राशिद गनई, अनंतनाग 8. जाकिर अहमद गनई कुलगाम का रहने वाला है, लश्कर से जुड़ा। 9. आदिल हुसैन थोकर पहलाम हमले में शामिल, लश्कर से संबंधित। 10. हासिम मूसा पहलगाम हमले में शामिल, पाकिस्तान का रहने वाला। 11. अली भाई उर्फ तल्हा भाई पहलगाम हमले में शामिल पाकिस्तान का रहने वाला है। recent visitors 36

गाजा में युद्ध, बगदाद में रणनीति: ट्रंप की छाया में अरब देशों की कूटनीतिक चाल तेज

बगदाद इराक की राजधानी बगदाद में शनिवार को अरब लीग का वार्षिक शिखर सम्मेलन आरंभ हो गया, जिसमें क्षेत्र के कई राष्ट्राध्यक्ष शामिल हुए हैं। सम्मेलन का केंद्रबिंदु एक बार फिर  गाजा में जारी युद्ध और उससे उत्पन्न मानवीय संकट है। इससे पहले मार्च में काहिरा में हुए  आपातकालीन शिखर सम्मेलन में भी अरब देशों ने गाजा के पुनर्निर्माण की योजना पर चर्चा की थी, जिसमें यह सुनिश्चित करने की बात कही गई थी कि लगभग 20 लाख गाजा निवासियों को फिर से विस्थापित न किया जाए। जनवरी में इजराइल द्वारा हमास के साथ संघर्षविराम समाप्त किए जाने  के दो महीने बाद यह सम्मेलन हो रहा है। तब से अब तक गाजा में इजरायली सेना ने कई बड़े सैन्य अभियान चलाए हैं। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने हमास को पूरी तरह समाप्त करने की कसम खाई है और बल प्रयोग को तेज कर दिया है।इस सम्मेलन से पहले इस सप्ताह की शुरुआत में  अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप  ने क्षेत्र का दौरा किया, जिसने सम्मेलन की राजनीति पर असर डाला। ट्रंप की यात्रा से पहले उम्मीद थी कि वे  गाजा में नए युद्धविराम की दिशा में कोई पहल करेंगे, लेकिन ऐसा कोई समझौता नहीं हुआ। हालांकि, ट्रंप ने सीरिया के नए राष्ट्रपति अहमद अल-शरा  से मुलाकात कर चर्चा में जरूर रहे। उन्होंने शरा को आश्वासन दिया कि अमेरिका जल्द ही सीरिया पर लगे प्रतिबंधों की समीक्षा करेगा। अहमद अल-शरा वही व्यक्ति हैं जिन्हें पहले अबू मोहम्मद अल-गोलानी  के नाम से जाना जाता था  जो कि कभी अल-कायदा से जुड़े एक कट्टरपंथी नेता रहे हैं और 2003 में अमेरिकी हमले के दौरान इराक में अमेरिकी सेना के खिलाफ सक्रिय थे। अब भी उन पर इराक में आतंकवाद से जुड़े मामलों में गिरफ्तारी वारंट जारी है।   recent visitors 42

कांग्रेस नेता मनोज शुक्‍ला अब उप मुख्‍यमंत्री जगदीश देवड़ा के भी बंगले पर कालिख पोतने जा रहे थे, हुए गिरफ्तार

भोपाल कर्नल सोफिया कुरैशी पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले मंत्री विजय शाह के श्यामला हिल्स बंगले पर लगी उनकी नेम प्लेट पर कालिख पोतने वाले कांग्रेस नेता मनोज शुक्ला ने शनिवार को जगदीश देवड़ा के भी बयान का विरोध किया। वे मंत्री देवड़ा के 74 बंगले पर पहुंचे और कालिख पोतने के लिए बंगले में घुसने लगे। इस दौरान पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। शुक्ला व अन्य कांग्रेसियों ने उपमुख्यमंत्री देवड़ा मुर्दाबाद के नारे लगाए। उनके इस्तीफे की मांग की। पुलस ने उपमुख्यमंत्री के बंगले की सुरक्षा बढ़ा दी। कांग्रेस नेता शुक्ला ने बताया कि विजय शाह के बाद उपमुख्यमंत्री ने जगदीश देवड़ा ने सेना पर आपत्तिजनक बयान दिया। उन्होंने कहा कि सेना व देश के नागरिक प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सामने नतमस्‍तक हैं। मुख्यमंत्री मोहन यादव जल्द ही शाह व देवड़ा को हटाने की कार्रवाई करें। इस अवसर पर मप्र कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता मुकेश पंथी, तारिक अली, अमित खत्री, दीपक दीवान, मुजाहिद सिद्दीकी, अलीमुद्दीन बिल्ले, बाबर खान, प्रिंस नवांगे, मनोज ठाकुर आदि मौजूद रहे। मंत्री विजय शाह के सेना को लेकर दिए गए विवादित बयान के खिलाफ कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद लगातार मोर्चा खोले हुए हैं। उनके नेतृत्व में शिवाजी नगर अंकुर खेल मैदान के पास सेना के सम्मान में सेना के तीनों प्रमुखों को सलामी दी गई। तीनों के पोस्टर लगाए गए। फिर अपने समर्थकों के साथ सलामी दी। इससे पूर्व सेवादल के पूर्व जिलाध्यक्ष मुईन सिद्दीकी ने वंदेमातरम गीत गाया। फिर सेनाध्यक्षों को सलामी देकर राष्टगान गाया। विधायक मसूद ने कहां विजय शाह के बाद जगदीश देवड़ा सहित एक के बाद एक मंत्री सेना के खिलाफ अपशब्द कहने लगे तो हमें ये लगता है की सैनिकों को सेल्यूट करना चाहिए। यह संदेश देना चाहिए की सेना हमारे सिर का ताज हैं। सैनिक जब सरहदों पर खड़े होकर देश की हिफाजत करते हैं, तब हम चेन से सोते हैं, इसलिए हमने सेना को सलाम किया है। मंत्री विजय शाह के मामले और उनकी गिरफ्तारी नहीं होने को लेकर विधायक मसूद ने कहा कि अब उच्च न्यायालय से ही उम्मीद है। भेल बरखेड़ा में उपमुख्यमंत्री व मंत्री के पुतलों को जूतों की माला पहनकर घुमाया     गोविंदपुरा विधानसभा क्षेत्र के बड़खेड़ा पठानी में उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा और मंत्री विजय शाह द्वारा सैनिकों पर किए गए अपत्तिजनक बयान के विरोध में शनिवार को श्रमिक कांग्रेस नेता दीपक गुप्ता के नेतृत्व में प्रदर्शन किया गया।     इसमें उपमुख्यमंत्री व मंत्री के पुतलों पर जूते मारकर मुर्दाबाद के नारे लगाए गए पुतलों को जूते की माला पहनाकर बरखेड़ा पठानी में घुमाया। पुतलों का दहन किया।     इस दौरान जेके पाठक, उपेंद्र सिंह, सुशील प्रजापति, दुलीचंद जांगड़ा, सतीश कनोजिया, मनोज सोनी, वीरु लाहौरी सहित सैकड़ों जन शामिल हुए। recent visitors 39

इसरो कल पीएसएलवी-सी61के माध्यम से खास ईओएस-09 (RISAT-1B) सैटेलाइट को प्रक्षेपित करने जा रहा

नई दिल्ली भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) एक बार फिर अपनी तकनीकी क्षमता का प्रदर्शन करने के लिए तैयार है। इसरो 18 मई यानी कल अपने विश्वसनीय पोलर सैटेलाइट लॉन्च व्हीकल (पीएसएलवी-सी61) के माध्यम से खास ईओएस-09 (RISAT-1B) सैटेलाइट को प्रक्षेपित करने जा रहा है। यह प्रक्षेपण सुबह 5:59 बजे श्रीहरिकोटा के सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से होगा। इस सैटेलाइट के साथ भारत की रात के समय और हर मौसम में निगरानी की क्षमता को अभूतपूर्व बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। बादलों के आर-पार देखने की क्षमता यह उपग्रह न केवल बादलों के आर-पार देख सकता है, बल्कि रात के अंधेरे में भी हाई-रिजॉल्यूशन तस्वीरें ले सकता है। इसके जरिए भारत की अंतरिक्ष से निगरानी क्षमता को और अधिक मजबूती मिली है, खासतौर पर उस समय जब पाकिस्तान के साथ सीमा पर भले ही अभी शांति हो, लेकिन भारत हर स्थिति को लेकर सतर्क बना हुआ है। यह सैटेलाइट आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से इसरो के भरोसेमंद रॉकेट पीएसएलवी (PSLV) के जरिए छोड़ी जाएगी। यह इसरो की अब तक की 101वीं बड़ी रॉकेट लॉन्चिंग है। EOS-9 का वजन 1,696 किलोग्राम है और इसे पृथ्वी की सतह से करीब 500 किलोमीटर ऊपर की कक्षा में स्थापित किया जाएगा। कम रोशनी में भी जमीन की सटीक तस्वीरें इस सैटेलाइट को इसरो के यू आर राव सैटेलाइट सेंटर, बेंगलुरु में पूरी तरह स्वदेशी तकनीक से तैयार किया गया है। इसमें C-बैंड सिंथेटिक अपर्चर रडार (SAR) तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जो हर मौसम में और कम रोशनी में भी जमीन की सटीक तस्वीरें लेने में सक्षम है। यह "जासूसी सैटेलाइट" भारत के उस सैटेलाइट सिस्टम का हिस्सा बनेगी, जिसमें पहले से ही 50 से अधिक सैटेलाइट अंतरिक्ष में तैनात हैं। इनमें से सात रडार सैटेलाइट्स विशेष रूप से सीमा क्षेत्रों की निगरानी में सक्रिय हैं, जो अप्रैल 22 को हुए पहगाम हमले और उसके बाद दोनों देशों के बीच हुई सैन्य गतिविधियों के दौरान अहम भूमिका में रही हैं। सुरक्षा एजेंसियों को काफी मदद मिलेगी EOS-9 से पहले भारत के पास जो प्रमुख इमेजिंग सैटेलाइट Cartosat-3 थी, वह रात में तस्वीरें नहीं ले पाती थी। EOS-9 इस कमजोरी को दूर करेगी और इससे मिली तस्वीरें पहले से ज्यादा स्पष्ट और सटीक होंगी, जिससे सुरक्षा एजेंसियों को काफी मदद मिलेगी। हाल ही में इसरो अध्यक्ष डॉ वी. नारायणन ने इस मौके पर कहा, "कम से कम 10 सैटेलाइट चौबीसों घंटे देश की सुरक्षा में लगे हैं। भारत को अपनी 7,000 किलोमीटर लंबी समुद्री सीमा और पूरे उत्तरी क्षेत्र की निगरानी करनी होती है। यह सैटेलाइट और ड्रोन तकनीक के बिना संभव नहीं है।" वहीं, केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ जितेंद्र सिंह ने इस लॉन्च पर कहा, "सटीकता, टीमवर्क और इंजीनियरिंग भारत की अंतरिक्ष महत्वाकांक्षाओं को शक्ति देती हैं।" इस ऐतिहासिक लॉन्च को देखने के लिए कई सांसद और वैज्ञानिक श्रीहरिकोटा में मौजूद रहे। मुख्य बातें:     अंतरिक्ष एजेंसी इसरो का यह 101वां मिशन है।     शनिवार सुबह सात बजकर 59 मिनट पर उलटी गिनती शुरू हो गई। कुल 22 घंटे की उलटी गिनती है।     सैटेलाइट का नाम: EOS-9     वजन: 1,696 किलोग्राम     लॉन्च व्हीकल: PSLV     स्थान: सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र, श्रीहरिकोटा     खासियत: बादलों के आर-पार और रात में भी हाई-रिजॉल्यूशन इमेजिंग     तकनीक: C-बैंड Synthetic Aperture Radar (SAR)     निर्माण: यू आर राव सैटेलाइट सेंटर, बेंगलुरु राष्ट्रीय सुरक्षा और आपदा प्रबंधन में योगदान यह लॉन्च भारत की सुरक्षा और अंतरिक्ष तकनीक दोनों के लिए मील का पत्थर है। ईओएस-09 की उन्नत रडार इमेजिंग क्षमता इसे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण उपकरण बनाती है। यह सैटेलाइट भारत की सीमाओं और तटीय क्षेत्रों की 24×7 निगरानी करने में सक्षम होगी, जिससे सैन्य और रक्षा तैयारियों को मजबूती मिलेगी। इसके अलावा, यह सैटेलाइट कृषि, वानिकी, बाढ़ निगरानी, मृदा नमी मूल्यांकन, भूविज्ञान, समुद्री बर्फ और तटीय निगरानी जैसे नागरिक अनुप्रयोगों में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। कुल मिलाकर इस मिशन का उद्देश्य देश भर में विस्तारित तात्कालिक समय पर होने वाली घटनाओं की जानकारी जुटाने की आवश्यकता को पूरा करना है। पृथ्वी अवलोकन सैटेलाइट-09 वर्ष 2022 में प्रक्षेपित किए गए ईओएस-04 जैसा ही एक सैटेलाइट है। पीएसएलवी-सी61 रॉकेट 17 मिनट की यात्रा के बाद ईओएस-09 उपग्रह को सूर्य तुल्यकालिक ध्रुवीय कक्षा (एसएसपीओ) में स्थापित कर सकता है। सैटेलाइट के वांछित कक्षा में अलग होने के बाद वैज्ञानिक बाद में कक्षा की ऊंचाई कम करने के लिए वाहन पर ‘ऑर्बिट चेंज थ्रस्टर्स’ (ओसीटी) का उपयोग करेंगे। इसरो ने बताया कि ईओएस-09 की मिशन अवधि पांच वर्ष है। वैज्ञानिकों के अनुसार, सैटेलाइट को उसकी प्रभावी मिशन अवधि के बाद कक्षा से बाहर निकालने के लिए पर्याप्त मात्रा में ईंधन आरक्षित कर लिया गया है ताकि इसे दो वर्षों के भीतर कक्षा में नीचे उतारा जा सके, जिससे मलबा-मुक्त मिशन सुनिश्चित हो सके। recent visitors 46

जुमे की नमाज पढ़ने के बाद दोनों पक्ष मस्जिद के बाहर ही आमने-सामने हो गए और जमकर लाठी-डंडे चले, पांच लोग घायल

मेरठ अब्दुल्लापुर में कई दिनों से दो पक्षों के बीच सुलग रही बदले की आग ने शुक्रवार को खूनी रंजिश का रूप ले लिया। दोपहर को जुमे की नमाज पढ़ने के बाद दोनों पक्ष मस्जिद के बाहर ही आमने-सामने हो गए और जमकर लाठी-डंडे चले। मारपीट में दोनों पक्षों के पांच लोग घायल हो गए। पूरी वारदात मस्जिद के बाहर लगे सीसीटीवी में कैद हो गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों को सीएचसी में भर्ती कराया। इसके बाद सीसीटीवी की डीवीआर कब्जे में लेकर मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी। भावनपुर के अब्दुल्लापुर स्थित नईबस्ती निवासी चार दिन पहले अदनान और समद के बीच में विवाद हो गया था। इसी दौरान वहीं पास में खड़े अरसलान के हाथ पर अदनान का डंडा लग गया था। आसपास के लोगों ने दोनों पक्षों का बीच-बचाव करा दिया था। बाद में दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर आरोप लगाते हुए थाने में तहरीर भी दी थी। इसके बावजूद दोनों पक्षों में तनाव का माहौल बना हुआ था। शुक्रवार को दोपहर को एक पक्ष से फारुक, सारुन पुत्रगण ताहिर और इनका चाचा नूरहसन और दूसरे पक्ष से अरसलान पुत्र रशीद, फरहान और शाहरुख अबू बकर मस्जिद में नमाज पढ़ने पहुंचे थे। नमाज के बाद जैसे ही उक्त लोग मस्जिद से बाहर आए तो उनके बीच कहासुनी हो गई। जिसके बाद दोनों पक्षों में जमकर लाठी-डंडे चले और पथराव हो गया। पथराव होते ही गली में भगदड़ मच गई। मारपीट में अरसलान, फरहान, फारुक, शाहरुख और नूरहसन घायल हो गए। सूचना मिलते ही भावनपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को सीएचसी में भर्ती कराया। जहां से घायलों की हालत गंभीर होने के चलते मेडिकल कालेज रेफर कर दिया। थाना प्रभारी कुलदीप सिंह का कहना है कि अभी तक किसी की तहरीर नहीं मिली है। पुलिस अपने स्तर से मामले की जांच कर रही है। तहरीर आने पर आरोपितों पर कार्रवाई की जाएगी। recent visitors 31