स्थाई शिक्षक भर्ती 2018 को पूर्ण करने पात्र अभ्यर्थियों ने डिप्टी सीएम से लगाई गुहार
Eligible candidates appealed to the Deputy CM to complete the Permanent Teacher Recruitment 2018. निराशा के नहीं छट रहे बादल, तीसरी काउंसलिंग की मांग भोपाल। मध्य प्रदेश में स्थाई शिक्षकों की भारी कमी होने के बावजूद शिक्षा विभाग पद भरने को लेकर गंभीर दिखाई नहीं दे रहा है। वर्ष 2018 की स्थाई शिक्षक भर्ती आज तक अधूरी है। जिसको तीसरी काउंसलिंग के साथ पूर्ण कराने की मांग को लेकर चयनित अभ्यर्थियों ने उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा को ज्ञापन पत्र सौंपा है। पांच सदस्यों के प्रतिनिधिमंडल ने उपमुख्यमंत्री के अलावा, मुख्यमंत्री कार्यालय एवं आयुक्त लोक शिक्षण संचालनालय को ज्ञापन देकर भर्ती प्रकिया पूरी करने की मांग की है। 2018 से चल रही प्रक्रिया फिर भी अधूरी, हो रहे ओवरयेज शिक्षक भर्ती 2018 के चयनित उम्मीदवार नियुक्ति पत्र का इंतजार पिछले 6 से 7 वर्षों से कर रहे हैं। चयनित अभ्यर्थियों की मुख्य मांग है कि उच्च माध्यमिक शिक्षक के 5,935 और माध्यमिक शिक्षक के 2,237 पहली काउंसिलिंग से रिक्त रहे पदों पर तीसरी काउंसलिंग आयोजित की जाए, ताकि शेष पदों पर चयन सूची जारी हो और नियुक्ति पत्र वितरित किए जाएं। अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि विभाग की उदासीनता के कारण कई उम्मीदवार ओवरएज हो चुके हैं, जिससे उनका भविष्य अधर में लटक गया है। अधिकार मिलने तक लड़ाई जारी पात्रता परीक्षा संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल रविदास सहित दिनेश बामनिया, लीलेश कुमार आदि ने बताया कि हमने वर्षों तक मेहनत की और परीक्षा पास की, लेकिन सरकार और शिक्षा विभाग की लापरवाही के कारण हमें नियुक्ति नहीं मिल रही। हमारी मांग है कि तत्काल शेष पदों पर तीसरी काउंसलिंग कर भर्ती प्रक्रिया पूरी की जाए।अभ्यर्थियों का साफ कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होती हैं, तब तक आंदोलन जारी रखेंगे। recent visitors 4