संसद में नया विवाद: नियम 349 क्या, और क्यों राहुल गांधी घिरे आरोपों में?

नई दिल्ली राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान सोमवार (2 फरवरी) को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोद मुकुंद नरवणे के एक संस्मरण के मसौदे के कुछ अंश का जिक्र किया तो सदन में हंगामा मच गया। सत्ता पक्ष ने इसका जमकर विरोध किया। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और गृह मंत्री अमित शाह ने भी नरवणे के संस्मरण का उल्लेख करने का विरोध किया। इसके बाद सदन में सत्तापक्ष और कांग्रेस के सदस्यों के बीच तीखी नोकझोंक एवं हंगामा देखने को मिला। सदन में गतिरोध बने रहने पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने अपराह्न दो बजकर नौ मिनट पर सभा की बैठक अपराह्न तीन बजे तक के लिए स्थगित कर दी। दोबारा जब कार्यवाही शुरू हुई तो राहुल गांधी ने फिर से जनरल नरवणे की बात कहनी शुरू कर दी। इसके बाद फिर सदन में हंगामा हुआ। इसे देखते हुए स्पीकर बिरला ने सदन की कार्यवाही शाम 4 बजे तक स्थगित कर दी। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने लोकसभा के नियम संख्या 349 का हवाला देते हुए कांग्रेस नेता से कई बार यह अपील की कि वह पुस्तक या किसी पत्रिका को सदन में उद्धृत नहीं कर सकते, हालांकि राहुल गांधी ने पूर्व सेना प्रमुख का हवाला देते हुए चीन के साथ भारत के सैन्य तनाव का विषय उठाने का प्रयास किया और दावा किया कि पूर्व सेना प्रमुख ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के चरित्र के बारे में भी बताया है। इस दौरान राजनाथ सिंह ने राहुल गांधी पर सदन को गुमराह करने का प्रयास करने का आरोप लगाया। लोकसभा में गतिरोध के समय प्रधानमंत्री मोदी भी मौजूद थे। अब सवाल उठता है कि नियम 349 क्या है, जो राहुल गांधी को जनरल नरवणे का संस्मरण पढ़ने से रोक रहा है। क्या है लोकसभा का नियम 349? लोकसभा की नियम पुस्तिका (Rulebook) का नियम 349 सदन के भीतर सदस्यों के आचरण और मर्यादा से संबंधित है। यह नियम उन शिष्टाचारों को निर्धारित करता है जिनका पालन प्रत्येक सांसद को सदन की कार्यवाही के दौरान करना अनिवार्य होता है। यह नियम कहता है कि सदस्य सदन में नारे नहीं लगा सकते और न ही किसी तरह का प्रदर्शन कर सकते हैं। इस नियम की उपधारा एक में कहा गया है कि कोई भी सदस्य किसी अखबार की क्लिपिंग या मैगजीन में प्रकाशित अंश, कोई पुस्तक के अंश सदन में नहीं पढ़ सकते। इसके अलावा सदन के भीतर झंडे, प्रतीक चिन्ह, पोस्टर, तख्तियां या धार्मिक चित्र दिखाना वर्जित है। स्पीकर का निर्देश मानना बाध्यकारी लोकसभा का नियम 349 यह भी कहता है कि सदस्य सदन में जोर-जोर से बात नहीं कर सकते, हंस नहीं सकते और न ही ऐसी कोई हरकत कर सकते हैं जिससे कार्यवाही में बाधा आए। इसके अलावा जब कोई अन्य सदस्य बोल रहा हो, तो उसे टोकना या उसके भाषण के बीच में बाधा डालना नियम का उल्लंघन माना जाता है। नियम कहता है कि सदस्यों को लोकसभा अध्यक्ष (स्पीकर) की बातों और निर्देशों का पालन करना होता है और उनकी अनुमति के बिना कोई भी मुद्दा नहीं उठा सकता। तेजस्वी सूर्या के बयान पर पलटवार बता दें कि राहुल गांधी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए अपने भाषण की शुरुआत में ही भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या के वक्तव्य का उल्लेख करते हुए पलटवार करने का प्रयास किया। उनका कहना था कि सूर्या ने कांग्रेस की देशभक्ति और चरित्र पर सवाल खड़े किए हैं, इसलिए वह एक पूर्व सेना प्रमुख के उस संस्मरण के अंश को पढ़ना चाहते हैं जो एक पत्रिका में प्रकाशित हुआ है। उन्होंने जैसे ही इसे पढ़ने का प्रयास किया तो राजनाथ सिंह ने सवाल उठाया कि नेता प्रतिपक्ष को बताना चाहिए कि वह जिस पुस्तक का उल्लेख कर रहे हैं, वो प्रकाशित हुई है या नहीं। पहले तीन, फिर 4 बजे तक सदन की कार्यवाही स्थगित गृह मंत्री अमित शाह ने भी कहा कि सदन में पुस्तक और पत्रिका में प्रकाशित बातों को नहीं रखा जा सकता और नेता प्रतिपक्ष को व्यवस्था का पालन करना चाहिए। बिरला ने राहुल गांधी से कई बार कहा कि वह राष्ट्रपति के अभिभाषण पर अपनी बात रखें। जब राहुल गांधी इस संस्मरण के कुछ अंश सदन के पटल पर रखने पर अड़े रहे तो बिरला ने कहा, ''आप लगातार आसन की वमानना कर रहे हैं…।'' राहुल गांधी ने कहा कि वह आसन को चुनौती नहीं दे रहे हैं, बल्कि चीन के साथ भारत के रिश्ते के बारे में बात रखना चाहते हैं। सदन में लगातार गतिरोध बने रहने पर बिरला ने लोकसभा की बैठक पहले तीन बजे तक फिर 4 बजे तक स्थगित कर दी।   recent visitors 47

‘सक्षम’ महोत्सव का आगाज़, राज्य मंत्री गौर रहे उपस्थित

भोपाल.  पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार)कृष्णा गौर ने सोमवार को ऑयल इंडस्ट्रीज द्वारा आयोजित संरक्षण क्षमता महोत्सव (सक्षम 2026) का शुभारंभ किया। उन्होंने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ईंधन संरक्षण को लेकर जन-जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से तेल कंपनियों द्वारा संयुक्त रूप से चलाया जा रहा सक्षम पखवाड़ा एक सराहनीय पहल है। उन्होंने कहा कि ईंधन का संरक्षण आने वाली पीढ़ियों को सुरक्षित रखने के लिए बेहद जरूरी है। राज्यमंत्री  गौर ने बताया कि तेल कंपनियों का यह सामूहिक प्रयास न केवल अपने निर्धारित लक्ष्यों तक पहुंचेगा, बल्कि इसके सकारात्मक परिणाम भी समाज में स्पष्ट रूप से दिखाई देंगे। कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर बच्चे भी सहभागिता कर रहे हैं, इसका उल्लेख करते हुए उन्होंने खुशी जताई और कहा कि नई पीढ़ी में जागरूकता ही वास्तविक बदलाव की नींव है। इस अवसर पर उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे ईंधन की बचत को अपनी दैनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाएं, ताकि पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ संसाधनों का संतुलित उपयोग सुनिश्चित हो सके। कार्यक्रम में ऊर्जा संरक्षण से जुड़े विभिन्न उपायों और जागरूकता गतिविधियों पर भी प्रकाश डाला गया। अधिकारियों ने बताया कि इस तरह के अभियान लोगों को जिम्मेदार उपभोक्ता बनने के लिए प्रेरित करते हैं। कार्यक्रम में इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड मध्य प्रदेश के मुख्य महाप्रबंधक एवं राज्य प्रमुख श्री अजय कुमार श्रीवास्तव, हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड सेंट्रल जोन के जोनल हेड श्री अश्विन योगेश सिन्हा, गेल इंडिया लिमिटेड से श्री रंजन कुमार, भारत पैट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड मध्य प्रदेश एवं छत्तीसगढ़ के राज्य प्रमुख श्री नीरज उपस्थित रहे। recent visitors 34

अरिजीत सिंह के सुरों से सजा ‘इश्क का फीवर’, ‘ओ रोमियो’ का नया गाना रिलीज

मुंबई, बॉलीवुड अभिनेता शाहिद कपूर एक बार फिर बड़े पर्दे पर अपने तीखे और रोमांटिक अंदाज के साथ लौटने के लिए तैयार हैं। उनकी आगामी फिल्म 'ओ रोमियो' 13 फरवरी को वैलेंटाइन वीक के खास मौके पर सिनेमाघरों में रिलीज होने जा रही है। फिल्म का निर्देशन मशहूर फिल्ममेकर विशाल भारद्वाज ने किया है और इसे साजिद नाडियाडवाला प्रोड्यूस कर रहे हैं। इस फिल्म में पहली बार शाहिद कपूर की जोड़ी अभिनेत्री तृप्ति डिमरी के साथ बनी है। फिल्म का नया गाना 'इश्क का फीवर' अब रिलीज कर दिया गया है, जिसमें शाहिद का स्टाइलिश और दीवाना-ए-इश्क अंदाज़ देखने को मिल रहा है। यह गाना टी-सीरीज़ के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर जारी हुआ है और रिलीज होते ही फैंस के बीच चर्चा में आ गया है। गाने में शाहिद और तृप्ति की फ्रेश केमिस्ट्री स्क्रीन पर खूब जच रही है। रोमांस के साथ हल्की जलन और जुनून का मिश्रण इस गाने को और दिलचस्प बना देता है। मशहूर गायक अरिजीत सिंह ने 'इश्क का फीवर' को अपनी आवाज दी है। गाने के बोल दिग्गज गीतकार गुलज़ार ने लिखे हैं, जबकि इसका संगीत विशाल भारद्वाज ने तैयार किया है। मेलोडी और इमोशन का संतुलन इस ट्रैक को खास बनाता है। बताया जा रहा है कि 'ओ रोमियो' की कहानी चर्चित किताब 'माफिया क्वींस ऑफ मुंबई' से प्रेरित है। फिल्म में रोमांस, ड्रामा और अंडरवर्ल्ड की पृष्ठभूमि का अनोखा मिश्रण देखने को मिलेगा। शाहिद और तृप्ति के अलावा फिल्म में नाना पाटेकर, अविनाश तिवारी, तमन्ना भाटिया, दिशा पटानी, फरीदा जलाल जैसे दमदार कलाकार भी अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। वहीं, विक्रांत मैसी भी विशेष उपस्थिति दिखेगी।   recent visitors 39

मिलावट के खिलाफ अभियान तेज, कई जिलों में औचक जांच और कार्रवाई

रायपुर. खाद्य सामग्रियों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने लगातार औचक जांच आमजन को स्वच्छ, सुरक्षित एवं पोषणयुक्त खाद्य सामग्रियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा प्रदेशभर में लगातार औचक निरीक्षण एवं वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।  धमतरी जिले में 73 परिसरों का निरीक्षण खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला धमतरी द्वारा जनवरी 2026 में कुल 73 खाद्य परिसरों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान 14 परिसरों को आवश्यक सुधार हेतु निर्देशित किया गया। इस अवधि में 1 खाद्य नमूना संग्रहित किया गया तथा 2 प्रकरण एडीएम न्यायालय में प्रस्तुत किए गए। उपभोक्ताओं से प्राप्त शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए 24 घंटे के भीतर रमन स्वीट्स, बस स्टैंड धमतरी से ‘ढोकना’ का नमूना संकलित कर प्रयोगशाला जांच हेतु भेजा गया। इसके अतिरिक्त खाद्य पदार्थ परोसने में अखबारी कागज के उपयोग को हतोत्साहित करने हेतु प्रेस विज्ञप्ति जारी कर जनजागरूकता अभियान चलाया गया। सभी खाद्य कारोबारकर्ताओं को फॉसटैक प्रशिक्षण प्राप्त कर प्रमाण-पत्र परिसर में प्रदर्शित करने के निर्देश दिए गए हैं। बलौदाबाजार-भाटापारा में पोहा मिलों पर कार्रवाई जिला बलौदाबाजार-भाटापारा में जनवरी 2026 के दौरान भाटापारा स्थित मातारानी इंडस्ट्रीज (सेमरिया रोड, खोखली), महासती उद्योग (सूरजपुरा रोड) एवं एन.एस. इंडस्ट्रीज (खोखली) का निरीक्षण किया गया। मातारानी इंडस्ट्रीज में खाद्य लेबल पर विनिर्माता के स्थान पर अन्य फर्म का नाम एवं पता अंकित पाए जाने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के अंतर्गत कार्रवाई की गई।महासती उद्योग से पोहा का विधिक नमूना लिया गया। एन.एस. इंडस्ट्रीज में नवीनीकरण के समय फोरेंकोस में अपलोड किए गए स्व-निरीक्षण प्रतिवेदन में असत्य जानकारी पाए जाने पर निरीक्षण कर पोहा एवं नायलॉन पोहा के विधिक नमूने लिए गए तथा नोटिस जारी किया गया। इस माह जिले में कुल 5 विधिक नमूने संकलित किए गए और 1 प्रकरण एडीएम न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। महासमुंद में गुटखा जब्ती, 15.50 लाख का जुर्माना जिला महासमुंद में जनवरी 2026 के दौरान निरीक्षण के समय कुल 13 नमूने संकलित किए गए, जिनमें 8 विधिक, 4 सर्विलेंस नमूने तथा 1 सूचना सुधार प्रकरण शामिल है। कार्रवाई के दौरान 92,352 पाउच प्रतिबंधित गुटखा, 2 किलोग्राम बेसन एवं 500 ग्राम बारीक सेव (अवमानक तिथि पार) जब्त की गई। न्याय निर्णयन अधिकारी द्वारा संबंधित प्रकरणों में 15,50,000 रुपये का अर्थदंड अधिरोपित किया गया। इसके अतिरिक्त बिना अनुज्ञप्ति/पंजीयन के 2 प्रकरणों में धारा 69 (कंपाउंडिंग) के अंतर्गत 20,100 रुपये का जुर्माना लगाया गया। साथ ही 51 नग अखाद्य रंग नष्ट किए गए। रायगढ़ में संदिग्ध वाहन से दुग्ध उत्पाद जब्त जिला रायगढ़ में संदिग्ध पिकअप वाहन द्वारा शहर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में विक्रय हेतु परिवहन की जा रही लगभग 2 लाख रुपये मूल्य की दुग्ध उत्पाद सामग्री (कॉलेज एनालॉग एवं दही) जब्त की गई। नमूने गुणवत्ता जांच हेतु राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, रायपुर भेजे गए हैं। जांच प्रतिवेदन प्राप्त होने के पश्चात संबंधित के विरुद्ध नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जाएगी। खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा प्रदेश के नागरिकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्वच्छ, सुरक्षित एवं गुणवत्तायुक्त खाद्य सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु निरंतर सघन निरीक्षण एवं कार्रवाई जारी रखी जाएगी। recent visitors 55

10वीं–12वीं के छात्रों के लिए बड़ी खबर: CBSE बोर्ड परीक्षा एडमिट कार्ड और एग्जाम डेट घोषित

नई दिल्ली केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (cbse) द्वारा कक्षा 10वीं और 12वीं की वार्षिक बोर्ड परीक्षाओं के लिए एडमिट कार्ड 2026 जल्द ही जारी किए जाने की उम्मीद है। सीबीएसई ने प्राइवेट उम्मीदवारों के लिए हॉल टिकट पहले ही अपनी आधिकारिक वेबसाइट cbse.gov.in पर अपलोड कर दिए हैं, जबकि रोगुलर छात्रों के लिए एडमिट कार्ड फरवरी के पहले सप्ताह में जारी किए जा सकते हैं। सीबीएसई बोर्ड की परीक्षाएं 17 फरवरी 2026 से शुरू होने वाली हैं। परीक्षा में बैठने वाले हर छात्र के लिए एडमिट कार्ड सबसे महत्वपूर्ण डॉक्यूमेंट है, क्योंकि इसके बिना परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। परीक्षा का पूरा शेड्यूल बोर्ड द्वारा जारी रिवाइज्ड शेड्यूल के अनुसार: कक्षा 10वीं की परीक्षा 17 फरवरी से शुरू होकर 11 मार्च 2026 तक चलेगी। इस साल से कक्षा 10 के लिए दो बोर्ड परीक्षाओं का विकल्प भी शुरू किया गया है, जिसका दूसरा चरण मई-जून में होगा। कक्षा 12वीं की परीक्षा 17 फरवरी से 10 अप्रैल 2026 तक आयोजित की जाएगी। प्रैक्टिकल परीक्षाएं स्कूलों में 1 जनवरी 2026 से ही शुरू हो चुकी हैं। एडमिट कार्ड कैसे प्राप्त करें? नियमित छात्रों के लिए: रेगुलर छात्रों को अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड करने की आवश्यकता नहीं है। उनके संबंधित स्कूल बोर्ड के पोर्टल से एडमिट कार्ड डाउनलोड करेंगे और प्रधानाचार्य के सिग्नेचर व स्कूल की मुहर के बाद छात्रों को वितरित करेंगे। प्राइवेट छात्रों के लिए (डाउनलोड स्टेप्स):     आधिकारिक वेबसाइट cbse.gov.in पर जाएं। 2. होमपेज पर "Admit Card for Candidates 2026" लिंक पर क्लिक करें। 3. अपना एप्लीकेशन नंबर, पिछला रोल नंबर या नाम दर्ज करें। 4. विवरण सबमिट करें और अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड करें। 5. इसका एक स्पष्ट रंगीन प्रिंटआउट लें। एडमिट कार्ड पर इन जानकारियों को जरूर जांचें छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे एडमिट कार्ड मिलते ही इन विवरणों का मिलान कर लें: छात्र का नाम और रोल नंबर। परीक्षा केंद्र का नाम, पता और केंद्र कोड। विषयों के नाम और उनके सही विषय कोड। फोटो और सिग्नेचर स्पष्ट हैं या नहीं। परीक्षा के दिनों के लिए रिपोर्टिंग समय और गेट बंद होने का समय। यदि किसी भी जानकारी में कोई गलती पाई जाती है, तो छात्र तुरंत अपने स्कूल या क्षेत्रीय सीबीएसई कार्यालय से संपर्क करें।   recent visitors 49

विश्व मंच पर चमकेंगे भारत के सितारे: हरमनप्रीत-कौर और स्मृति मंधाना का बीबीसी अवॉर्ड नामांकन

नई दिल्ली भारत की महिला विश्व कप 2025 की ऐतिहासिक जीत में अहम भूमिका निभाने वाली कप्तान हरमनप्रीत कौर और उप-कप्तान स्मृति मंधाना, शतरंज की प्रतिभाशाली खिलाड़ी दिव्या देशमुख '2025 बीबीसी इंडियन स्पोर्ट्सवुमन ऑफ द ईयर' पुरस्कारों के लिए नामांकित हैं।   पिस्टल निशानेबाजी में सनसनी मचाने वाली सुरुचि सिंह और ट्रैक एवं फील्ड एथलीट ज्योति याराजी इस प्रतिष्ठित वार्षिक पुरस्कार के लिए नामांकित अन्य दो खिलाड़ी हैं। अंतरिम वैश्विक निदेशक फियोना क्रैक ने एक विज्ञप्ति में कहा, ''इंडियन स्पोर्ट्सवुमन ऑफ द ईयर' पुरस्कार पूरे भारत में महिलाओं की खेल प्रतिभाओं के एक वर्ष का प्रतीक है और बीबीसी विश्व सेवा अन्य किसी भी मीडिया प्रदाता की तुलना में इन प्रयासों को प्रदर्शित करने और उनका जश्न मनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।' उन्होंने कहा, ‘हम इन महिलाओं को भारत और दुनिया भर के दर्शकों के सामने अपनी मेहनत से हासिल की गई उपलब्धियों को प्रदर्शित करने के लिए एक मंच प्रदान करके रोमांचित हैं।’ भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत ने नवंबर 2025 में देश को आईसीसी महिला विश्व कप का पहला खिताब दिलाया था। उन्होंने घरेलू सरजमीं पर खेले गये विश्व कप में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सेमीफाइनल में 339 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए 88 गेंदों में 89 रनों की शानदार पारी खेली। हरमनप्रीत की 2017 में इसी प्रतिद्वंदी के खिलाफ एक अन्य विश्व कप सेमीफाइनल में 171 रनों की नाबाद पारी को आज भी महिला क्रिकेट की महानतम पारियों में से एक माना जाता है। इसी टीम की उप कप्तान 29 साल की मंधाना पहले से ही क्रिकेट के सर्वकालिक महान खिलाड़ियों में अपना नाम दर्ज करा चुकी हैं। यह वामहस्त बल्लेबाज एकदिवसीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतकों के मामले में दूसरे जबकि सबसे अधिक रन बनाने वालों की सूची में तीसरे पायदान पर है। महाराष्ट्र के सांगली शहर की रहने वाली मंधाना अपने पिता और भाई से प्रेरित हैं, दोनों ने ही जिला स्तर पर क्रिकेट खेला है। उन्होंने पिछले साल सितंबर में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 50 गेंदों में शतक बनाया था। यह इस प्रारूप में किसी भारतीय द्वारा बनाया गया सबसे तेज शतक है। उन्होंने इस पारी के दौरान विराट कोहली का रिकॉर्ड तोड़ा था। उन्हें 2018 और 2021 में दो बार आईसीसी की साल की सर्वश्रेष्ठ महिला क्रिकेटर चुना गया है। बीस वर्षीय शतरंज की प्रतिभाशाली खिलाड़ी दिव्या ने पिछले साल जुलाई में फिडे महिला विश्व कप की पहली भारतीय और सबसे कम उम्र की चैंपियन बनकर इतिहास रच दिया। इस उपलब्धि ने उन्हें ग्रैंडमास्टर का दर्जा भी दिलाया। दिव्या ने ऐतिहासिक फाइनल मुकाबले में ग्रैंडमास्टर बनने वाली पहली भारतीय महिला कोनेरू हम्पी को हराया था। नागपुर में जन्मी देशमुख ने पांच साल की उम्र में शतरंज खेलना शुरू किया। दो साल के भीतर ही वह अंडर-7 राष्ट्रीय चैंपियन बन गईं और 2017 में उन्होंने लड़कियों के अंडर-12 वर्ग में विश्व युवा शतरंज चैंपियनशिप का खिताब जीता। दिव्या ने 2022 में ओलंपियाड में भारत की कांस्य पदक विजेता टीम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने इसके दो साल बाद व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीतकर और शीर्ष स्थान हासिल करने वाली टीम का हिस्सा बनकर और भी बड़ी उपलब्धि हासिल की। सुरुचि ने निशानेबाजी में आईएसएसएफ विश्व कप और विश्व चैंपियनशिप सहित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में लगातार पदक जीतकर शीर्ष खिलाड़ियों में से एक के रूप में अपनी पहचान बनाई। हरियाणा की सुरुचि ने 2024 में राष्ट्रीय निशानेबाजी चैंपियनशिप में सात स्वर्ण पदक जीतकर सुर्खियां बटोरीं। उन्होंने इसके एक साल से भी कम समय में सीनियर स्तर पर अंतरराष्ट्रीय पदार्पण किया और वैश्विक मंच पर अपनी पहचान तेजी से स्थापित की। इस 19 साल की खिलाड़ी ने 2025 में ब्यूनस आयर्स, लीमा और म्यूनिख में आयोजित आईएसएसएफ विश्व कप सीरीज में व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीतकर बड़ी उपलब्धि हासिल की। उन्होंने लीमा में मिश्रित टीम स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता।   recent visitors 43

पुर्बाचल प्लॉट घोटाला मामला: चुनाव से पहले शेख हसीना और भतीजी को सजा — अब देश की राजनीति में क्या होगा?

ढाका बांग्लादेश में 12 फरवरी को आम चुनाव होने वाले हैं। चुनाव से पहले बांग्लादेश की एक अदालत ने सोमवार को अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना को सरकारी आवास परियोजना में भूमि आवंटन में कथित अनियमितताओं से जुड़े दो अलग-अलग भ्रष्टाचार मामलों में 10 साल की जेल की सजा सुनाई। ढाका विशेष न्यायाधीश न्यायालय-4 के न्यायाधीश रबीउल आलम ने फैसला सुनाते हुए हसीना को कुल 10 साल की कैद की सजा दी। प्रत्येक मामले में 5-5 साल की सजा सुनाई गई।   खबर के अनुसार, अदालत ने 78 वर्षीय शेख हसीना, उनके भतीजे रादवान मुजीब सिद्दीक (रादवान मुजीब सिद्दीक बॉबी), भतीजियों ट्यूलिप रिजवाना सिद्दीक (ब्रिटिश सांसद) और अजमीना सिद्दीक तथा अन्य को पुरबाचोल (पुर्बाचल) में राजुक न्यू टाउन प्रोजेक्ट के तहत भूखंडों के आवंटन में कथित अनियमितताओं के मामलों में सजा सुनाई है। ट्यूलिप सिद्दीक को कुल 4 साल की कैद की सजा सुनाई गई (प्रत्येक मामले में 2 साल), जबकि रादवान मुजीब सिद्दीक और अजमीना सिद्दीक को दोनों मामलों में 7-7 साल की कैद की सजा दी गई। वहीं कोर्ट में अदालत के सामने आत्मसमर्पण करने वाले एकमात्र आरोपी मोहम्मद खुर्शीद आलम को प्रत्येक मामले में एक-एक साल की कैद की सजा सुनाई गई है। यानी कुल मिलाकर 2 साल की सजा सुनाई गई है। अदालत ने सभी दोषियों पर एक लाख टका (बांग्लादेशी मुद्रा) का जुर्माना भी लगाया और जुर्माना न चुकाने पर अतिरिक्त 6 महीने की जेल की सजा काटने का आदेश दिया। गौरतलब है कि शेख हसीना पिछले साल 5 अगस्त को बांग्लादेश में हुए बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शनों के बाद देश छोड़कर भारत में शरण लिए हुए हैं। उन्हें पहले अदालत द्वारा भगोड़ा घोषित किया जा चुका था। भ्रष्टाचार विरोधी आयोग (एसीसी) ने 20 कठा भूखंडों के आवंटन में कथित रूप से सत्ता के दुरुपयोग के आरोप में ये मामले दर्ज किए थे। अभियोजन पक्ष के अनुसार, आरोपियों ने आवंटन प्रक्रिया में हेराफेरी की और राजधानी उन्नयन कर्तृपक्ष के मौजूदा नियमों व विनियमों का उल्लंघन किया था। recent visitors 52