मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बीजापुर जिले में भू-जल स्तर और पेयजल के स्रोतों की उपलब्धता की समीक्षा की

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बीजापुर जिला मुख्यालय में आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु सतत निगरानी एवं समन्वय बनाए रखें। बैठक में मुख्य सचिव अमिताभ जैन,  मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध सिंह, पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम  सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय  ने बीजापुर जिले में  भू-जल स्तर और पेयजल के स्रोतों की उपलब्धता की समीक्षा की। कलेक्टर बीजापुर ने बताया कि मांग के अनुरूप नलकूपों की खुदाई करवाई गई है। मुख्यमंत्री साय ने पेयजल की दीर्घकालिक आपूर्ति के लिए वैकल्पिक स्रोतों पर भी काम करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री साय ने शिक्षा की गुणवत्ता को लेकर अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली। बैठक में बताया गया कि समर कैंप और 'बाल शिक्षा मित्र' जैसे नवाचारों से बच्चों की शिक्षा में रुचि बढ़ी है। मुख्यमंत्री साय ने इन प्रयासों को और अधिक संगठित एवं परिणामोन्मुखी बनाने पर बल दिया। मुख्यमंत्री साय ने ग्रामीण क्षेत्रों को मुख्य मार्गों से जोड़ने के लिए मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सेवा योजना के संबंध में चर्चा करते हुए कहा कि बस्तर और सरगुजा संभाग को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने इस सम्बन्ध में बीजापुर और दंतेवाड़ा के कलेक्टरों को रूट चिन्हांकन कर प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों के लिए आवास, पुनर्वास और कौशल प्रशिक्षण की समुचित व्यवस्था की जाए। उन्होंने एनएमडीसी व निजी क्षेत्रों में रोजगार की संभावनाओं हेतु प्लेसमेंट कैंप आयोजित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री साय ने सुशासन तिहार के तीसरे चरण में स्वयं भागीदारी करते हुए जमीनी सच्चाई का मूल्यांकन करने की बात कही। उन्होंने कहा कि बीते डेढ़ वर्षों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी के अधिकांश वादे पूरे किए गए हैं और बस्तर क्षेत्र में नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक लड़ाई लड़ी जा रही है। मुख्यमंत्री साय ने जनजातीय समुदाय की आर्थिक समृद्धि के लिए उन्हें  उनकी प्रकृति के अनुरूप कार्यों से जोड़ने की बात कही। उन्होंने कहा कि अटल सेवा केंद्र का शुभारंभ अनेक पंचायतों में हो चुका है, जिससे अब ग्रामीणों को बैंकिंग सेवाएँ उनके ही गांवों में सुलभ होंगी। बैठक के अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि टीम भावना से काम करने से ही प्रशासनिक और विकासात्मक लक्ष्यों को हासिल किया जा सकता है। उन्होंने सभी अधिकारियों से अपील की कि वे इसी भावना से कार्य करते हुए जनता के कल्याण हेतु प्रतिबद्ध रहें। बैठक में वन मंत्री केदार कश्यप सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं अधिकारीगण उपस्थित थे। recent visitors 28

अभिनेता विजय राज को मिली क्लीनचिट, यौन उत्पीड़न केस में हुए बरी, क्रू मेंबर ने लगाए थे आरोप

मुंबई बॉलीवुड एक्टर विजय राज का नाम हर कोई जानता है. वो कई सुपरहिट फिल्में जैसे 'भूल भुलैया 3', 'गली बॉय', 'स्त्री' और 'गंगूबाई काठियावाड़ी' में नजर आ चुके हैं. आमतौर पर वो कई फिल्मों में कॉमिक रोल्स किया करते हैं. मगर उनकी पर्सनल लाइफ में पिछले वक्त से काफी परेशानियां चल रही थीं जिससे उन्हें अब छुटकारा मिल गया है. वो अपने ऊपर लगे यौन उत्पीड़न केस से बरी हो गए हैं. यौन उत्पीड़न केस से बरी हुए विजय राज साल 2020 में एक्टर विजय राज, विद्या बालन स्टारर फिल्म 'शेरनी' का हिस्सा थे. इस दौरान उनपर सेट की एक महिला क्रू मेंबर ने यौन उत्पीड़न और पीछा करने का आरोप लगाया था. हालांकि अब करीब 4 सालों के बाद मुंबई के गोंडिया मजिस्ट्रेट कोर्ट ने उन्हें ट्राइल के बाद इस केस से बरी कर दिया है और उनपर लगे सभी चार्ज भी खारिज कर दिए हैं. उनका केस लड़ रहीं पॉपुलर सेलिब्रिटी वकील सवीना बेदी सच्चर ने बताया कि एक्टर विजय नागपुर शहर के करीब अपनी फिल्म 'शेरनी' की शूटिंग कर रहे थे. इस दौरान जब उनपर केस दर्ज हुआ, तब ना सिर्फ उन्हें बीच में ही शूटिंग से निकलना पड़ा बल्कि उनके हाथ से कई सारी फिल्में और प्रोजेक्ट्स भी छिन गए थे. लेकिन अब उन्हें बेकसूर साबित किया गया है और उन्हें उम्मीद है कि ये केस उन लोगों के लिए एक उदाहरण बनेगा जो आरोप लगते ही किसी को दोषी घोषित कर देते हैं. क्या था पूरा मामला? एक्टर विजय राज को 4 नवंबर साल 2020 को मध्य प्रदेश के बालाघाट से अरेस्ट किया गया था. उनपर फिल्म 'शेरनी' की एक महिला क्रू मेंबर ने होटल में छेड़छाड़ का आरोप लगाया था. मगर एक्टर को उसी दिन बेल पर जेल से रिहा कर दिया था. पुलिस द्वारा दर्ज की गई एफआईआर में इस बात का जिक्र है कि विजय राज ने फिल्म सेट पर महिला क्रू मेंबर के रूप रंग पर कमेंट किया और उनके चेहरे पर लगे मास्क को बिना उनकी इजाजत ठीक करने की कोशिश की थी. जिसके बाद महिला क्रू मेंबर अपने सीनियर ऑफिशियल्स के पास एक्टर की शिकायत करने भी पहुंची थी. हालांकि जिस महिला ने विजय राज पर यौन उत्पीड़न का केस दर्ज किया था, उसकी केस खत्म होने से पहले ही मौत हो चुकी है.   recent visitors 44

मंत्री बागरी ने समस्याओं के त्वरित समाधान के लिये कलेक्टर एवं वन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए

डिंडोरी नगरीय विकास एवं आवास तथा डिंडोरी जिले की प्रभारी मंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी ने 14 और 15 मई को डिंडोरी जिले का दौरा किया। प्रभारी मंत्री का दो दिवसीय दौरा जिले में विकास की प्रगति के मूल्यांकन और जन-कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर केन्द्रित रहा। इस दौरान उन्होंने अनेक शासकीय कार्यक्रमों में भाग लिया, विभागीय समीक्षा बैठकों की अध्यक्षता की और विकास कार्यों का भूमि-पूजन किया। राज्य मंत्री श्रीमती बागरी ने डिंडोरी में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। उन्होंने विभागीय योजनाओं और विकास कार्यों की विस्तृत जानकारी प्राप्त की और अधिकारियों को कार्य में पारदर्शिता व गति लाने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर सुश्री नेहा मरव्या, पुलिस अधीक्षक श्री वह्नि सिंह, स्थानीय विधायकगण, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री रुद्रेश परस्ते, जिलाध्यक्ष श्री चमरू सिंह नेताम सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। राज्य मंत्री श्रीमती बागरी ने तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य से जुड़ी आदिवासी महिलाओं से भेंट की और उनकी समस्याएँ सुनीं। उन्होंने समस्याओं के त्वरित समाधान के लिये कलेक्टर एवं वन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए। राज्य मंत्री श्रीमती बागरी ने अमरपुर में मुख्यमंत्री कन्या विवाह/निकाह योजना के कार्यक्रम में सम्मिलित होकर 256 नव-विवाहित जोड़ों को आशीर्वाद प्रदान कर प्रति जोड़े 49 हजार रूपये के चेक वितरित किए। इस अवसर पर सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते, कलेक्टर, एसपी सहित जन-प्रतिनिधि उपस्थित रहे। राज्य मंत्री श्रीमती बागरी ने दूसरे दिन नर्मदा मंदिर डैम घाट से वीर शहीदों की स्मृति में तिरंगा यात्रा का नेतृत्व किया। इस दौरान उन्होंने अपने संबोधन में पहलगाम की घटना का उल्लेख करते हुए भारतीय सेना के ऑपरेशन सिंदूर की वीरगाथा सुनाई और कर्नल सोफिया कुरैशी एवं विंग कमांडर व्योमिका सिंह जैसे सैन्य अधिकारियों की भूमिका की सराहना की। उन्होंने नगर परिषद डिंडोरी में अमृत 2.0, कायाकल्प 2.0 और मुख्यमंत्री अधोसंरचना योजना (तृतीय चरण) के अंतर्गत चार विकास कार्यों का भूमि-पूजन किया जिसमें पार्क सौंदर्यीकरण, सीसी रोड निर्माण जैसे लगभग 8.15 करोड़ रूपये की लागत के कार्य शामिल हैं। उन्होंने ग्राम शहपुर में आयोजित मुख्यमंत्री कन्या विवाह/निकाह योजना कार्यक्रम में सम्मिलित होकर 188 नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद एवं 49 हजार रूपये के चेक वितरित किए गए। राज्य मंत्री श्रीमती बागरी ने अपने दो दिवसीय प्रवास के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे जनसमस्याओं के निराकरण को प्राथमिकता दें और सभी विकास कार्यों को समय-सीमा एवं गुणवत्ता के साथ पूर्ण करें। उन्होंने आमजन से सीधे संवाद कर शासन की योजनाओं की स्थिति जानी और त्वरित समाधान के लिए प्रशासन को सक्रिय रहने के निर्देश दिए।   recent visitors 37

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कोई भी ताकत भारत को आगे बढ़ने से नहीं रोक सकती

ऑपरेशन सिंदूर के माध्यम से दुनिया ने देखा नया शक्ति संपन्न भारत : मुख्यमंत्री डॉ. यादव  PM मोदी ने ऑपरेशन सिंदूर से दुनिया के सामने हमारी सेनाओं के साहस और शौर्य के प्रमाण दे दिए -CM यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कोई भी ताकत भारत को आगे बढ़ने से नहीं रोक सकती मुख्यमंत्री ने किया तिरंगा यात्रा को संबोधित रोशनपुरा चौराहे से निकली यात्रा में सभी समाज और धर्मगुरूओं के साथ नागरिकों ने की व्यापक भागीदारी भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि बदलते दौर के भारत ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ऑपरेशन सिंदूर के माध्यम से दुनिया के सामने हमारी सेनाओं के साहस और शौर्य के प्रमाण दे दिए हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने स्पष्ट कर दिया है कि आपरेशन सिंदूर रूकेगा नहीं, हमारे घर के किसी भी कोने में कोई भी आतंकवादी गतिविधि करेगा तो भारत उसे घर में घुसकर मारेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव गुरूवार की शाम भोपाल के रोशनपुरा चौराहे से प्रारंभ हुई तिरंगा यात्रा में शामिल होने के बाद सभा को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर विभिन्न धर्मगुरू, वरिष्ठ सांसद वीडी शर्मा, सांसद आलोक शर्मा, महेंद्र सिंह जी, मंत्री विश्वास सारंग, भोपाल की महापौर श्रीमती मालती राय, विधायक रामेश्वर शर्मा, भगवानदास सबनानी के अलावा राहुल कोठारी, सुमित पचौरी, रविंद्र यति और अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। हाथों में तिरंगा लिए अनेक समुदायों के प्रतिनिधि, आम नागरिक बड़ी संख्या में तिरंगा यात्रा में उत्साह से शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कोई भी ताकत भारत को आगे बढ़ने से नहीं रोक सकती। लोकतंत्र मजबूत हो रहा है। हम सब सेना को सम्मान देने के लिए इस यात्रा में एकत्रित हुए हैं। ऑपरेशन सिंदूर से दुनिया ने हमारे हथियार भी देखे, हमारी एकजुटता भी देखी, हमारे देश का पराक्रम भी देखा और पुरूषार्थ भी देखा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज हम सब पूरा देश आनंदित है। लगातार तिरंगा यात्राओं के माध्यम से पूरी दुनिया में संदेश जा रहा है। हमारे लिए सौभाग्य का क्षण है। भोपाल देश का दिल है। हमारे राफेल ने कमाल कर दिया। भारतीय सेना ने ऐतिहासिक शौर्य का प्रदर्शन किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत का आजादी के बाद यह चौथा युद्ध था। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में तीनों सेनाओं ने मिलकर जिस प्रकार का योगदान देकर आजादी के बाद चौथे युद्ध में 4 दिन में पाकिस्तान को धूल चटाने का काम किया, वह अभूतपूर्व है। हमारे देश की सेना ने ऐसा कार्य किया है, जो न भूतो न भविष्यति। पलक झपकने से पहले ही ब्रह्मोस मिसाइल ने एक के बाद एक बड़े-बड़े एयर वेज को ध्वस्त कर दिया। पाकिस्तान को समझ में ही नहीं आया कि वह करे क्या। हमने देखा रात के 11:30 बजे जब पाकिस्तान के प्रधानमंत्री अपने राष्ट्रपति से बात करने गए तो उनकी आवाज नहीं निकल रही थी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री के शब्दों में कोई हमें छेड़ो मत और अगर छेड़ोगे तो हम छोड़ेंगे नहीं। यह बदलते दौर का भारत है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि दुश्मनों को जवाब देने में हमारी सेना पूरी तरह सक्षम है और हम कहीं से भी ढूंढकर दुश्मन को मार गिराएंगे। भारत दुश्मन को घर में घुसकर मारेगा। भारत का ऑपरेशन सिंदूर स्ट्राइक के रूप में मशहूर हो गया है। सांसद वीडी शर्मा ने कहा कि तीनों सेनाओं ने आतंकवादियों का खात्मा किया। गत 22 अप्रैल को पाकिस्तान प्रेरित आतंकवाद ने पहलगाम में बहनों के सिंदूर मिटाने का कार्य किया था। इसके बाद भारत ने जवाबी कार्रवाई में पाकिस्तान के आतंकवादी शिविरों को ध्वस्त कर दिया। सेनाओं के सम्मान में आज भोपाल हाथ में तिरंगे लेकर सड़कों पर निकला है। प्रधानमंत्री मोदी ने बहनों के सिंदूर का सम्मान सुरक्षित रखने के लिए आतंवादियों को दुनिया के किसी भी कोने से ढूंढ निकालने का संकल्प लिया। सभी समाजों के धर्मगुरू और नागरिक तिरंगे और सेना के सम्मान में एकजुट हैं। कार्यक्रम के अंत में रविन्द्र यति ने आभार व्यक्त किया।   recent visitors 30

रायपुर : बिलासपुर जिले में अवैध उत्खनन पर कसा शिकंजा, एक चैन माउंटेन मशीन एवं एक हाइवा जब्त

रायपुर कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देशानुसार बिलासपुर जिले में खनिजों के अवैध उत्खनन, भंडारण एवं परिवहन के विरुद्ध सतत निगरानी एवं कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में खनिज विभाग द्वारा आज गनियारी, कोटा, करही कछार, छतौना, सोढाखुर्द, रतनपुर, कछार एवं अन्य क्षेत्रों में सघन जांच अभियान चलाया गया। जांच के दौरान करही कछार क्षेत्र में रेत के अवैध उत्खनन में लगी एक चैन माउंटेन मशीन को ज़ब्त कर सील कर दिया गया है। ग्राम सोढाखुर्द क्षेत्र में बिना किसी वैध दस्तावेज, अनुमति या सहमति पत्र के लगभग 150 ट्रिप हाइवा रेत का अवैध भंडारण पाया गया, जिसे हरी ओम शर्मा, निवासी बिलासपुर के कब्जे से ज़ब्त किया गया। उल्लेखनीय है कि ग्राम पंचायत छतौना के सरपंच, उप सरपंच एवं सरपंच प्रतिनिधि द्वारा ज़ब्त रेत को सुपुर्दगी में लेने तथा मौका पंचनामा में हस्ताक्षर करने से इंकार किया गया। ऐसी स्थिति में नियमानुसार ज़ब्त रेत को भूमि स्वामी मनोहर सिंह राज, निवासी सोढाखुर्द को सुपुर्द किया गया। इसके अतिरिक्त ग्राम कछार में मुरुम का अवैध परिवहन करते हुए एक हाइवा वाहन पकड़ा गया, जिसे थाना कोनी के सुपुदर्गी में रखा गया है। recent visitors 29

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने घायल जवानों से की भेंट: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जताया आभार

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने करेगुट्टा नक्सल विरोधी अभियान में घायल सुरक्षाबल के जवानों से दिल्ली स्थित एम्स ट्रॉमा सेंटर में भेंट करने और उनका मनोबल बढ़ाने हेतु केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का हार्दिक आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में हमारा देश नक्सल-मुक्त बनने की ओर तेजी से अग्रसर है। करेगुट्टा में हमारे सुरक्षाबलों द्वारा दिखाई गई वीरता इस संकल्प की सिद्धि की दिशा में एक निर्णायक कदम है। हम मार्च 2026 तक नक्सलवाद के समूल उन्मूलन में सफलता प्राप्त करेंगे। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार केंद्र सरकार के सहयोग से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में स्थायी शांति और समावेशी विकास के लिए पूर्ण संकल्पित है। recent visitors 31

20 मई से शुरू होंगे 10वीं और 12वीं की द्वितीय मुख्य परीक्षा 2025 के लिए आवेदन

रायपुर छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल (CGBSE) ने कक्षा 10वीं और 12वीं की द्वितीय मुख्य परीक्षा 2025 के लिए आवेदन तिथियों की घोषणा कर दी है। जिन विद्यार्थियों ने मुख्य परीक्षा दी थी और वे श्रेणी सुधार, पूरक या अनुत्तीर्ण (फेल) हैं, वे इस द्वितीय परीक्षा के लिए आवेदन कर सकते हैं। यह राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अंतर्गत वर्ष में दो बार परीक्षा कराने की व्यवस्था का हिस्सा है। आवेदन की समय-सीमा इस प्रकार है सामान्य शुल्क के साथ: 20 मई से 10 जून 2025 तक विलंब शुल्क के साथ: 11 जून से 20 जून 2025 तक विशेष विलंब शुल्क के साथ: 21 जून से 30 जून 2025 तक परीक्षा फॉर्म केवल ऑनलाइन माध्यम से भरे जाएंगे। मंडल ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई छात्र श्रेणी सुधार के लिए परीक्षा देता है और उसके अंक नहीं बढ़ते हैं, तो पहली परीक्षा की मार्कशीट ही मान्य होगी। यह दूसरी बार है जब छत्तीसगढ़ बोर्ड वर्ष में दो बार मुख्य परीक्षा का आयोजन कर रहा है, जिससे छात्रों को सुधार का एक और अवसर मिलता है। इससे पहले 7 मई को घोषित हुआ था परीक्षा परिणाम बता दें कि CGBSE ने 7 मई को कक्षा 10वीं और 12वीं के नतीजे जारी किए थे। इस साल 5.6 लाख से ज्यादा विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी। इस साल भी लड़कियों का प्रदर्शन लड़कों से बेहतर रहा है। 10वीं परीक्षा: 3,23,094 छात्र शामिल हुए, पास प्रतिशत 76.53% लड़कियाँ: 80.70% लड़के: 71.39% टॉपर: इशिका बाला और नमन कुमार (99.17%) 12वीं परीक्षा: 2,38,626 छात्र शामिल हुए, पास प्रतिशत 81.87% लड़कियाँ: 84.67% लड़के: 78.07% टॉपर: अखिल सेन (98.20%) recent visitors 35