इंदौर में कोरोना के दो नए मरीज मिले, इनमें से एक महिला का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है

इंदौर शहर में कोरोना के नए मरीज सामने आ रहे हैं, जिसने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। इंदौर में कोरोना के दो नए मरीज मिले हैं। इनमें से एक महिला का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। जुलाई से लेकर अब तक कोरोना के 7 मरीज मिल चुके हैं। मौसम में परिवर्तन के कारण संक्रमण इन मरीजों को मिलने का कारण मौसम परिवर्तन बताया जा रहा है। नए मामलों में एक पुरुष और एक महिला शामिल हैं। इनमें से एक मरीज का होम आइसोलेशन में इलाज चल रहा है, जबकि दूसरा अस्पताल में भर्ती है। इंदौर डॉ. अंशुल मिश्रा, जिला महामारी विशेषज्ञ ने बताया खंडवा रोड निवासी 44 वर्षीय पुरुष और वैशाली नगर की 60 वर्षीय महिला पॉजिटिव मिली है। पुरूष मरीज ने कोरोना के लक्षण दिखने के बाद निजी प्रयोगशाला में परीक्षण कराया था। वहीं महिला विशेष जुपिटर अस्पताल में इलाज के दौरान पाजिटिव पाई गई थी। इन्हें सांस संबंधी समस्या होने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शहर में प्रचलित वायरस के वैरिएंट के बारे में जानने के लिए इन रोगियों के सैंपल जीनोम अनुक्रमण के लिए एम्स भोपाल भेजे गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद ही वैरिएंट का पता चल सकेगा। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने इन मरीजों के परिवार के सदस्यों से भी संपर्क कर उनके स्वास्थ्य की स्थिति के बारे में जानकारी ली है। दो वर्ष से रखी जीनोम सिक्वेंसिंग मशीन, अब तक शुरू नहीं गौरतलब है कि 2 वर्ष पहले एमजीएम मेडिकल कॉलेज में जीनोम सिक्वेंसिंग मशीन आई थी, ताकि कोरोना सहित अन्य वायरस के विभिन्न वेरिएंट का पता लगाया जा सके, लेकिन विडंबना यह है कि अभी तक इसकी सुविधा मिलना शुरू नहीं हो पाई है। पहले जिम्मेदार डॉक्टरों की ट्रेनिंग का हवाला देते हुए इसे संचालित नहीं होना बताते थे। लेकिन छह माह पूर्व पुणे से डॉक्टर ट्रेनिंग कर भी लौट चुके हैं। इसके बावजूद भी मशीन का संचालन शुरू नहीं हो पाया। जिम्मेदार इसे शुरू नहीं होने का कारण हमेशा उपकरणों की कमी बताते हैं। ऐसे में अभी भी वैरिएंट की जांच के लिए सैंपल भोपाल भेजने पड़ते हैं, यहां से समय पर जांच रिपोर्ट नहीं मिल पाती है। recent visitors 131

ई-जादुई पिटारा की बताए गईं खूबियां, छत्तीसगढ़-मुख्यमंत्री पहुंचे जशपुर के स्कूल में

रायपुर. मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के समक्ष आज जशपुर जिले के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बंदरचुआं में शैक्षणिक गतिविधियों के लिए संचालित डिजिटल एप ई- जादुई पिटारा की खूबियों का प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन के दौरान शिक्षिका श्रीमती शशिकिरण कश्यप ने बहुत ही सुंदर तरीके से एक छोटी सी कहानी बताई। कक्षा 5वीं के बच्चे प्रतीक कुजूर, स्नेहा मिंज और प्रियंका बाई ने किस तरह खेल-खेल में इस एप के माध्यम से सिखाया जाता है उसका बहुत ही सुंदर प्रदर्शन किया। ई-जादुई पिटारा नई शिक्षा नीति ने तहत ही बनाया गया है ताकि बच्चों को पढ़ाई  बोझ न लगे और नवाचार के माध्यम से  बच्चे कठिन विषयों को भी  खेल खेल के माध्यम से आसानी से सीख सकते हैं। यह एप में मुख्य रूप से प्राइमरी तक के बच्चों के लिए बनाया गया है। इस एप के माध्यम से बच्चों  को उनके रुचि के अनुकूल बहुत ही सरल और मनोरंजक तरीके से सिखाया जाता है। इस एप्प में कहानियां, बालगीत, पहेलियां, कार्ड, ऑडियो पुस्तकें, खिलौने और खेल, हैंडबुक चार्ट और जादुई पिटारा बॉक्स के माध्यम से बच्चों के लिए रचनात्मक गतिविधियों का संचालन किया जाता है। इस एप से बच्चे, शिक्षक और पालक जुड़े रहते हैं।  कोई भी स्कूल में यदि कोई भी रचनात्मक गतिविधि होती है तो उसे इस एप में अपलोड कर सकते है। जिसे कोई भी पालक, बच्चे और टीचर अवलोकन कर सकते है। मुख्यमंत्री श्री साय ने बच्चों का उत्साहवर्धन किया और पूरे मन लगाकर पढ़ाई करने की सीख दी। इस दौरान मुख्यमंत्री की धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय, स्कूल शिक्षा सचिव श्री सिद्धार्थ कोमल सिंह परदेशी, कलेक्टर डॉ. रवि मित्तल उपस्थित थे। recent visitors 121

नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा- नगरीय निकायों में कैडरवाइज रिक्त पदों पर भर्ती की प्रक्रिया में तेजी लायें

भोपाल नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा है कि नागरिकों को बेहतर सुविधा देने के लिये नगरीय निकायों में कैडरवाइज रिक्त पदों पर भर्ती की प्रक्रिया में तेजी लायें। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में समृद्ध वन हैं, इस बात को ध्यान में रखते हुए विभाग मध्यप्रदेश को प्रदूषण मुक्त बनाने में श्रेष्ठ कार्य करते हुए इसे ग्रीन स्टेट के रूप में पहचान दिलाने की ठोस पहल करे। मंत्री श्री विजयवर्गीय आज भोपाल में मंत्रालय में विभागीय कार्यों की समीक्षा कर रहे थे। इस मौके पर नगरीय विकास एवं आवास राज्य मंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी भी मौजूद थीं। बैठक में विभाग के संकल्प पत्र की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। बैठक में मंत्री श्री विजयवर्गीय ने निर्देश दिये कि भोपाल एवं इंदौर में महानगरीय सेवाओं को सुदृढ़ किया जाये। इन शहरों के आसपास के नगरों में बुनियादी सुविधाओं को बढ़ाने के लिये मैट्रोपोलिटन अथॉरिटी के जरिये काम किये जाये। बैठक में अग्निश्मन सेवा के विस्तार और आधुनिकीकरण के लिये अलग से संचालनालय गठित करने के प्रस्ताव पर विचार-विमर्श किया गया। अग्निश्मन सेवा में आधुनिकीकरण के लिये केन्द्र सरकार से करीब 300 करोड़ रूपये प्राप्त हुए हैं। साथ ही राज्य का अंश 100 करोड़ रूपये का है। राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आगजनी की घटना के दौरान ऐसे वाहनों की सेवा ली जाये, जो खेतों और ग्रामीण क्षेत्रों में आसानी से पहुँच सकें। मंत्री श्री विजयवर्गीय ने शहरी क्षेत्रों में रजक समुदाय के लिये समर्पित लॉन्ड्री क्षेत्र आवंटित करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि 5 महानगरों में भूमि चिन्हित कर इस कार्य की शुरूआत की जाये। स्मार्ट सिटी मिशन बैठक में बताया गया कि 10 हजार करोड़ रूपये के निवेश के साथ भोपाल, ग्वालियर, इंदौर, जबलपुर, सागर, सतना और उज्जैन में विकास कार्य किये जा रहे हैं। इनमें से 5 हजार 707 करोड़ रूपये के कार्य पूरे किये जा चुके हैं। इलेक्ट्रिक व्हीकल प्रोत्साहन नीति के तहत 6 शहरों में 552 ई-बसों के लिये निविदा जारी की जा चुकी हैं। इंदौर में 70 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जा रहा है। विभाग की अमृत 2.0 योजना में जल आपूर्ति की 151 परियोजनाओं में कार्यादेश जारी किये जा चुके हैं। नगरीय निकायों द्वारा संचालित दीनदयाल अंत्योदय रसोई घर केन्द्रों की संख्या अब बढ़कर 191 हो गई है। प्रदेश में प्रधानमंत्री आवास योजना में 7 लाख 92 हजार आवास पूर्ण किये जा चुके हैं। महिला जन प्रतिनिधि सम्मेलन प्रमुख सचिव श्री नीरज मंडलोई ने बताया कि आगामी 12 अगस्त को भोपाल के रवीन्द्र भवन में नगरीय ‍निकायों की महिला जनप्रतिनिधियों का सम्मेलन और रक्षाबंधन कार्यक्रम मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मुख्य आतिथ्य में आयोजित किया जा रहा है। सम्मेलन में करीब 3 हजार महिला जनप्रतिनिधियों के शामिल होने का अनुमान है। सम्मेलन में स्वसहायता समूह स्टॉल लगाये जायेंगे। प्रतिनिधियों को कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी जायेगी। साथ ही नगर तथा ग्राम निवेश द्वारा टीडीआर पोर्टल लांच किया जायेगा। आयुक्त नगरीय प्रशासन श्री भरत यादव ने बताया कि इस वर्ष प्रदेश के सभी नगरीय क्षेत्रों में एक करोड़ 75 लाख पौधरोपण का कार्यक्रम तैयार किया गया है। पौधरोपण कार्यक्रम 15 सितम्बर तक चलेगा। भोपाल नगर की सड़कों पर चर्चा बैठक में भोपाल नगर निगम की सड़कों पर चर्चा की गई। मंत्री श्री विजयवर्गीय ने कहा कि राजधानी की सड़कों का मरम्मत कार्य प्राथमिकता के साथ किया जाये। भोपाल नगर निगम के पास 2020 किलोमीटर लंबाई की सड़के हैं। recent visitors 123

राजस्थान सरकार पर कानून और नियमों की अनदेखी का आरोप लगाया, ये सरकार सत्ता के नशे में चूर है : टीकाराम जूली

जयपुर राजस्थान विधानसभा का मानसून सत्र जारी है। मंगलवार को विधानसभा में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच नोकझोंक भी देखने को मिली। इस बीच नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने भजनलाल सरकार पर हमला बोला। उन्होंने राजस्थान सरकार पर कानून और नियमों की अनदेखी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, “विधानसभा अध्यक्ष ने हमारी पार्टी के सदस्यों को सदन से निकाल दिया। ये सरकार सत्ता के नशे में चूर है।" टीकाराम जूली ने कहा, “हमारी पार्टी ने सोमवार को सदन में पब्लिक प्रॉसिक्यूटर की नियुक्ति का मुद्दा उठाया था। लेकिन, इस मुद्दे से ध्यान भटकाने के लिए सरकार एक प्रस्ताव लेकर आई और विधानसभा अध्यक्ष ने हमारे सदस्यों को सदन से निकाल दिया। राजस्थान सरकार सत्ते के नशे में चूर है और यहां नियमों और कानूनों की धज्जियां उड़ाई जा रही है।” कांग्रेस नेता ने कहा, “भारत सरकार के नियमों और कानूनों को मानने की जिम्मेदारी राज्य सरकार की होती है। देश के गृह मंत्रालय की गाइडलाइन है कि कोई भी मंत्री अपने परिवार को कोई भी लाभ का पद नहीं देगा, लेकिन जोगाराम पटेल के बेटे को एएजी बनाया गया है। ये सरकार देश के गृह मंत्री अमित शाह के आदेश को नहीं मान रही है। जब हमने इस मुद्दे को सदन में उठाया, तो हमारे सदस्य को निलंबित कर दिया गया। हमारी बात नहीं सुनी जा रही है और राज्य में तानाशाही चल रही है।” उन्होंने नए कानूनों का जिक्र करते हुए कहा, “देश में नए कानून बीएनएस के तहत अधिवक्ताओं की नियुक्ति होनी थी। लेकिन, ये नियुक्तियां सीआरपीसी के तहत की गईं। हमारे मुद्दे से बचने के लिए सदन को भ्रमित किया जा रहा है।” नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने सदन में विधायकों के साथ हुए धक्का-मुक्की का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा, “सोमवार को सदन में हमारे कई विधायकों के साथ धक्का-मुक्की की गई। पुरुष कांस्टेबलों ने महिलाओं के साथ हाथापाई की। जो सोमवार को सदन में हुआ, वह तानाशाही से कम नहीं है। पहले भी सदन में हमारे सदस्यों के साथ ऐसा हुआ है।” recent visitors 119

खाद्य मंत्री श्री राजपूत के निर्देश पर सॉफ्टवेयर बदलने से आपूर्ति निगम को करोड़ो की बचत

भोपाल खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री श्री गोविंद सिंह राजपूत के निगम की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ करने के लिये जरूरी उपाय करने के निर्देश पर निगम द्वारा कार्रवाई शुरू की गई है। मध्यप्रदेश खाद्य नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा बैंक ऑफ महाराष्ट्र के सॉफ्टवेयर के स्थान पर अपनी जरूरत के अनुसार एनआईसी से बनवाये गए सॉफ्टवेयर का उपयोग करने का निर्णय लिया गया है। इससे निगम को करोड़ो रूपये की बचत होगी। मध्यप्रदेश राज्य नागरिक आपूर्ति निगम बैंक ऑफ महाराष्ट्र द्वारा उपलब्ध कराये गये सॉफ्टवेयर के माध्यम से जिलों के द्वारा प्रेषित धन मांग-पत्र एवं उनको राशि उपलब्ध कराने का कार्य किया जाता था। इस सॉफ्टवेयर के माध्यम से जिलों को राशि उपलब्ध कराने की संपूर्ण प्रक्रिया पूर्ण करने में जहां एक ओर अत्याधिक समय लगता था वहीं दूसरी ओर बैंक के खातों में राशि रखने के कारण उस पर ब्याज के रूप में निगम को अनावश्यक वित्तीय भार वहन करना पड़ता था। प्रबंध संचालक मध्यप्रदेश राज्य नागरिक आपूर्ति निगम श्री पी.एन. यादव ने बताया है कि इस समस्या का समाधान निगम द्वारा एनआईसी से विकसित कराये गये ऑनलाईन सॉफ्टवेयर के माध्यम से कराया गया है। इसके कारण जिलों की मांग एवं उन्हें राशि उपलब्ध कराने की संपूर्ण प्रक्रिया में लगने वाले समय में काफी कमी आई है। साथ ही जिला स्तर पर अनावश्यक राशि रखने के कारण होने वाले ब्याज के व्ययभार से बचत की स्थिति निर्मित हुई है। अन्य संसाधनों की भी बचत हुई है। एनआईसी के द्वारा विकसित किया गया साफ्टवेयर ओटीपी आधारित होने के कारण ज्यादा सुरक्षित है। इस सॉफ्टवेयर के माध्यम से जिलों द्वारा की जा रही मांग को नियंत्रित करने के लिये विभिन्न राइडर्स लगाये गये हैं। विभिन्न कार्यालयीन व्यय जैसे टैक्सी किराया, स्टेशनरी, टेलीफोन, कम्प्यूटर रख-रखाय व्यय एवं विभिन्न आकस्मिक व्यय पर भी प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा रहा है। निगम द्वारा किये गये इन बदलावों से करोड़ो रूपये की वार्षिक बचत होना संभावित है। recent visitors 111

आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा- बांग्लादेश का मौजूदा संकट यह पूरी दुनिया के लिए खतरा है

अमरोहा आचार्य प्रमोद कृष्णम ने बांग्लादेश के मौजूदा हालात को पूरी दुनिया के लिए खतरा बताया है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि हमें पाकिस्तान और बांग्लादेश के मौजूदा हालात पर पैनी नजर रखनी होगी। उन्होंने कहा कि हमें इस बात का ध्यान रखना होगा कि हम इस विषय को लेकर राजनीति ना करें। वहीं, उन्होंने शेख हसीना के भारत आगमन पर कहा कि भारत की हमेशा से ही संस्कृति रही है कि शरणागत को शरण दिया जाए। उन्होंने कहा, “जिस तरह से बांग्लादेश के हालात बिगड़े हैं, ये पूरी दुनिया के लिए एक तरह का खतरा है। पाकिस्तान के भी हालात बिगड़ रहे हैं। एक तरफ पाकिस्तान है, तो दूसरी तरफ बांग्लादेश है। दोनों ही पड़ोसी देशों में अराजकता और हिंसा की जो स्थिति पैदा हुई है, उसे देखते हुए मुझे लगता है कि भारत को बहुत सावधानी से चलना चाहिए, क्योंकि खतरा भारत पर भी मंडरा रहा है और यह खतरा विचारधारा का है। यह मौजूदा राजनीतिक परिदृश्य का खतरा है, जिसको कोई संभ्रांत राष्ट्र स्वीकार नहीं कर सकता। हमें खुशी इस बात की है कि भारत में एक सशक्त नेतृत्व है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत में एक सशक्त नेतृत्व मौजूद है, जिसे देखते हुए भारत के हितों पर किसी भी प्रकार का कुठाराघात नहीं हो सकता।” उन्होंने आगे कहा, ”बांग्लादेश के मौजूदा संकट को ध्यान में रखते हुए केंद्र की मोदी सरकार को सतर्क रहते हुए बांग्लादेश और पाकिस्तान की हर गतिविधि पर नजर रखनी होगी। भारत के सभी राजनीतिक दल और आम लोगों को भी देश के हितों को ध्यान में रखते हुए कदम उठाने होंगे। अपने स्वार्थ में अंधे होकर राष्ट्र का नुकसान करने वाले नेताओं से मैं अपील करना चाहता हूं कि सियासत और सत्ता अपनी जगह है, लेकिन जब बात राष्ट्र की आए, तो वहां अपना स्वार्थ छोटा पड़ जाता है।” उन्होंने कहा, “सियासत अपनी जगह है, लेकिन देशहित अपनी जगह पर है। राष्ट्र की सुरक्षा प्रथम है, लेकिन हमें एक बात समझनी होगी कि बांग्लादेश के राजनीतिक संकट की वजह से राष्ट्र की सुरक्षा को भी खतरा पैदा हो गया है। मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील करना चाहता हूं कि मौजूदा समय में जो बांग्लादेश में भारतीय मूल के लोग हैं, उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने का काम वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर करें। बांग्लादेश में रहने वाले हिंदुओं को मारा जा रहा है, यह भी बहुत दुखद है। मैं प्रधानमंत्री से अपील करना चाहता हूं कि बांग्लादेश में जो कुछ भी हो रहा है, उसे रोकने की दिशा में काम करें, क्योंकि वे भारत ही नहीं, बल्कि वैश्विक नेता हैं। प्रधानमंत्री बांग्लादेश में घटने वाली घटनाओं पर पैनी नजर बनाए हुए हैं। मुझे पूरा विश्वास है कि आगामी दिनों में वहां स्थिति सामान्य होगी।” बता दें कि बांग्लादेश में राजनीतिक संकट के बाद शेख हसीना प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद भारत पहुंची हैं। वे हिंडन एयबरेस पर रुकी हुई हैं। बांग्लादेश की मौजूदा स्थिति को लेकर मंगलवार सुबह सर्वदलीय बैठक हुई जिसमें बांग्लादेश के हालात पर सभी राजनीतिक दलों की राय ली गई। recent visitors 118

पूर्व विधायक के निधन से जुड़ा है मामला, विधानसभा अध्यक्ष की फटकार पर कलेक्टरों को भेजी चिट्ठी

रायपुर दिवंगत विधायकों की सूचना समय पर नहीं मिलने पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह द्वारा लगाई गई शासन को फटकार का असर हुआ है. मंत्रालय से कलेक्टरों को पत्र जारी कर भविष्य में त्रुटि न होने की चेतावनी दी गई है. पत्र के संबंध में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर पोस्ट किया है. मामला विधानसभा के मानसून सत्र का है, जब सत्र के अंतिम दिन मनेंद्रगढ़ के पूर्व विधायक विजय सिंह के निधन की सूचना मिली थी. इस पर कांग्रेस और भाजपा दोनों पक्षों के विधायकों के कड़े एतराज के बाद स्पीकर डॉ. सिंह ने भी नाराजगी जाहिर की थी. उन्होंने यह व्यवस्था सुधारने शासन को निर्देश दिए थे. उन्होंने कहा कि यह देखने में आया है कि कई बार इस तरह की सूचना देने में स्थानीय प्रशासन की लापरवाही दिखाई पड़ती है, इसलिए राज्य शासन इसे गंभीरता से ले. सर्कुलर में कहा गया है कि वर्तमान विधायक, पूर्व विधायक, संसद सदस्य लोकसभा व राज्य आदि के बारे में जानकारी मिलते ही तत्काल विधानसभा सचिवालय को अवगत कराया जाए. इसमें छत्तीसगढ़ व अविभाजित मध्यप्रदेश के सदस्यों को भी शामिल किया गया है. दिवंगत विधायक सिंह को लेकर जीएडी ने कहा है कि ऐसा लगता है यह प्रभावी व्यवस्था में खामी का नतीजा है. यह उचित नहीं है. recent visitors 99