वन विभाग की बड़ी कार्रवाई, छत्तीसगढ़-बिलासपुर में अवैध खनन पर 10 वाहन राजसात

बिलासपुर. छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में वन विभाग की टीम ने अवैध खनन पर बड़ी कार्रवाई की है. जिले के रतनपुर क्षेत्र के जंगल में जारी अवैध खनन पर टीम ने कार्रवाई करते हुए 10 वाहनों को राजसात कर लिया है. इनमें हाइवा, पोकलेन और ट्रैक्टर शामिल हैं. बता दें, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश के तहत यह सबसे बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है. इस कार्रवाई में किसी भी राजनीतिक दबाव में आए बिना, भारतीय वन अधिनियम 1927 की धारा 52 के तहत कानूनी प्रक्रियाओं का पालन करते हुए वाहनों को शासकीय संपत्ति घोषित किया गया है. जानकारी के मुताबिक, 30 सितंबर को रतनपुर वन परिक्षेत्र के धोबघाट में अरपा नदी के किनारे गश्त कर रही टीम को अवैध उत्खनन और परिवहन की सूचना मिली. जिसके बाद बिलासपुर वन मंडल की टीम ने प्रशिक्षु आईएफएस और प्रभारी डीएफओ अभिनव कुमार के निर्देश पर टीम ने छापा मारा और मौके पर पोकलेन से खुदाई और हाइवा से रेत परिवहन करते वाहन पाए गए. वाहन चालकों से जब दस्तावेज मांगे गए तो कोई वैध कागजात प्रस्तुत नहीं किए जा सके. जिसके बाद सभी वाहनों को जब्त कर कानूनी प्रक्रिया शुरू की गई. वाहन मालिकों ने लिखित में अवैध खनन और परिवहन की बात स्वीकार की. एक महीने चली कानूनी प्रक्रिया सवा महीने तक चली कानूनी प्रक्रिया के तहत वाहन चालकों और मालिकों को नोटिस जारी किया गया. उनकी सुनवाई और दस्तावेजों की जांच के बाद यह साबित हुआ कि ये वाहन संरक्षित वन क्षेत्र में अवैध खनन और परिवहन में लिप्त थे. इसके बाद सभी 10 वाहनों को राजसात कर शासकीय संपत्ति घोषित कर दिया गया. राजसात किए गए वाहनों की सूची 0- हाइवा CG 10-AE 9073 – मालिक: प्रतीक गुप्ता, धनेश्वर कोटा 0- हाइवा CG-10 BG 9028 – मालिक: चित्रांशु वर्मा, सुशील बिलासपुर 0- हाइवा CG-10 BT 7814 – मालिक: चित्रांशु वर्मा, सुशील बिलासपुर 0- हाइवा CG-10 AD 8456 – मालिक: शिवम दुबे, रंजन दुबे, कोटा 0- हाइवा CG-10 BT 6694 – मालिक: सतीश साहू, नंगोई 0- हाइवा CG-28 N 7924 – मालिक: रवि गुप्ता 0- ट्रैक्टर CG-10 BT 1627 – मालिक: मोनू जायसवाल, रोहित 0- ट्रैक्टर CG-10 BH 3157 – मालिक: सावन कुमार, रमेश 0- पोकलेन SANY22SY 140 Q 000/51 – मालिक: पिंटू केशरवानी, बेलगहना 0- बाइक CG 10 BO 0764 – मालिक: मोनू जायसवाल recent visitors 78

सड़क पर बेतरतीब पार्किंग गाड़ी के चलते हुआ हादसा, छत्तीसगढ़-बिलासपुर में स्कार्पियो की चपेट में आया स्कूटी सवार

बिलासपुर। घर में जगह नहीं होने की वजह से बाहर लोग गाड़ी खड़ी करने लगे हैं, लेकिन बेतरतीब तरीके से खड़ी गाड़ियां हादसे का कारण बन जाती है, जिसका खामियाजा भारतीय नगर निवासी 18 वर्षीय कृष्णा मिश्रा को भुगतना पड़ा. बिलासपुर के भारतीय नगर के तैय्यब मस्जिद के पास तेज रफ्तार स्कॉर्पियो से स्कूटी सवार कृष्णा मिश्रा घायल हो गया. घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. जिस स्थान पर यह घटना हुई वहां पर लोग कई साल से ब्रेकर बनाने की मांग कर रहे हैं. इससे पहले भी यहां कई बार हादसे हो चुके हैं. वायरल वीडियो गुरुवार 26 नवंबर की सुबह करीब 9 बजे का है, जब भारतीय नगर निवासी कृष्णा मिश्रा घर से अपनी स्कूटी से निकला और तैय्यब मस्जिद के पास गली से बाहर सड़क पर आया था कि दूसरी ओर से आ रही काले रंग की तेज रफ्तार स्कार्पियों चौक की ओर जा रही थी. सड़क किनारे एक दूसरी गाड़ी के खड़ी होने की वजह से कृष्णा मिश्रा को स्कार्पियों नजर नहीं आई और वह गाड़ी से टकरा गया. हादसा इतना जबरदस्त था कि स्कूटी सवार स्कॉर्पियो से टकराने के बाद करीब 50 मीटर सड़क पर घिसटते गया और गंभीर रूप से घायल हो गया. वहां मौजूद महिला ने मदद के लिए लोगों को बुलाया, इसके बाद स्कार्पियों चालक उतरा. स्कूटी सवार को उठाकर अस्पताल में भर्ती कराया गया. छात्र की रीढ़ व सिर पर चोट लगी है. घायल छात्र के परिजनों की रिपोर्ट पर पुलिस जुर्म दर्ज कर मामले की जांच कर रही है. recent visitors 133

डर से दुबई भागने की थी कोशिश, छत्तीसगढ़-बिलासपुर में दुष्कर्म का आरोपी मुंबई एयरपोर्ट से गिरफ्तार

बिलासपुर. दरअसल सरकंडा क्षेत्र में शादी का झांसा देकर युवती से दुष्कर्म करने वाले युवक दुबई भागने की तैयारी में था। जिसे एयरपोर्ट से मोपका चौकी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। बड़ा पांडा थाना जिला गंजाम उडीसा निवासी युवक का सरकंडा क्षेत्र के रहने वाली युवती से मोबाइल पर जान पहचान हुई थी। 15 अप्रैल 2022 को युवक बिलासपुर आया और मोपका स्थित निजी होटल में उसे मिलने बुलाया। जहां उससे बातचीत कर प्रलोभन में लेकर शादी का झांसा दिया। आरोप है कि जबरदस्ती उससे शारीरिक संबंध बनाए। जिस पर पीड़िता ने थाने मे रिपोर्ट दर्ज करार्ई। पुलिस आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत जुर्म दर्ज कर उसकी तलाश शुरू की। थाने में जुर्म दर्ज होने की जानकारी लगने पर आरोपी युवक युवती से फोन पर खुद की गिरफ्तारी के डर से विशाखापट्टनम से मुंबई जाने के लिए कहा। और वहां से दुबई जाने की बात कही। पीड़िता ने इस पूरे मामले को  पुलिस को बताया। तब एसपी रजनेश सिंह ने मोपका चौकी पुलिस को तत्काल आरोपी को गिरफ्तार करने निर्देश दिए। इसके बाद चौकी प्रभारी एससाई राम नरेश यादव और कांस्टेबल दीपक खांडेकर मुंबई गए। जहां आरोपी छत्रपति शिवाजी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर मिला। उसे पड़कर बिलासपुर लाया गया। कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। recent visitors 67

स्कूल की प्रधान पाठक को आये धमकी भरे कॉल, छत्तीसगढ़-बिलासपुर में शिक्षिका का कक्षा में सोते वीडियो वायरल

बिलासपुर। न्यायधानी में सीपत स्थित शासकीय प्राथमिक शाला बरेली कन्या स्कूल की प्रधान पाठक ने धमकी और अवैध वसूली का आरोप लगाया है। प्रधान पाठक का कहना है कि स्कूल में पदस्थ शिक्षिका का कक्षा में सोते हुए एक वीडियो वायरल होने के बाद, अज्ञात नंबरों से धमकी भरे कॉल आ रहे हैं। इन कॉल्स में खुद को मंत्रालय का अधिकारी बताने वाले व्यक्ति ने 25,000 रुपये की मांग की है। पैसे न देने पर शिक्षिका को तुरंत सस्पेंड और बर्खास्त करने की धमकी दी गई। बता दें कि मामले को लेकर शिक्षिका ने सीपत थाना में शिकायत दर्ज करवाई है, इसके अलावा उन्होंने वसूली के लिए आ रहे कॉल की रिकॉर्डिंग को भी साझा किया है, जो तेजी से वायरल हो रहा है। साथ ही अपने बयान का एक वीडियो जारी कर शिक्षा विभाग और प्रशासन से दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है, उन्होंने बताया कि वायरल वीडियो में जो शिक्षिका नजर आ रही हैं, वह उस दिन अस्वस्थ थीं। इस संबंध में प्रधान पाठक ने पहले ही शिक्षा विभाग को स्पष्ट रिपोर्ट सौंप दी थी। प्रधान पाठक ने शिक्षा विभाग और प्रशासन से की न्याय की अपील प्रधान पाठक लक्ष्मी माल्या ने एक वीडियो संदेश जारी कर प्रशासन और शिक्षा विभाग से न्याय की अपील की है। वीडियो में उन्होंने बताया “हमारे विद्यालय में 88 छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं। चार शिक्षक-शिक्षिकाओं की टीम बच्चों और स्कूल के सर्वांगीण विकास के लिए पूर्ण समर्पण के साथ काम कर रही है। लेकिन, इस प्रकार की धमकियां और झूठे प्रचार शिक्षकों की गरिमा को ठेस पहुंचा रहे हैं। मैं प्रशासन और शिक्षा विभाग से आग्रह करती हूं कि दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए और शिक्षकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।” गौरतलब है कि शिक्षिका का कक्षा में सोते हुए वीडियो वायरल होने के बाद प्रधान पाठक को धमकी भरे कॉल्स का मामला अब सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है। शिक्षकों के अधिकारों और गरिमा को लेकर यह मामला अन्य शिक्षकों में भी चिंता का कारण बन रहा है। अब देखना ये है कि शिक्षा विभाग इस मामले में आगे कब और क्या कार्रवाई करता है। recent visitors 51

आधा दर्जन लोग घायल, छत्तीसगढ़-बिलासपुर में शादी में निमंत्रण को लेकर दो पक्षों में चले लट्ठ

बिलासपुर. शादी की पार्टी में अंदर जाने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया. दोनों पक्ष एक-दूसरे पर लाठी डंडे और लात-घूंसों से मारपीट करने लगे. करीब आधा दर्जन युवकों को चोट आई. मारपीट की घटना के बाद दोनों पक्ष के युवक तारबाहर थाना पहुंच गए. पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ बलवा का मामला दर्ज कर लिया है. कश्यप परिवार का पुराना बस स्टैंड स्थित जगन्नाथ मंगलम में शादी का कार्यक्रम था. मंगलवार को परिवार ने शादी की पार्टी रखी थी. जिसमें शामिल होने के लिए सैकड़ों लोग पहुंचे थे. तेलीपारा मेडिकल कॉम्प्लेक्स निवासी शैलेष कश्यप भी अपने दोस्तों मनीष गुप्ता उर्फ नन्दू और अभिवन सोनी के साथ शादी की पार्टी में शामिल होने गया. गेट में बव्वन  कश्यप, उदित कश्यप, कुश कश्यप, ओम सोनी, गुन्नी कश्यप और अन्य युवक खड़े हुए थे. उन्होंने शैलेष से कहा कि तुम लोगों को शादी का कार्ड नहीं दिया गया है, इसलिए अंदर नहीं जा सकते हो और गालियां देने लगे. इस पर शैलेष ने बताया कि लड़के और लड़की दोनों पक्ष से उन्हें निमंत्रण मिला है. इसी बात पर दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हो गया. देखते ही देखते दोनों पक्ष के युवक एक-दूसरे पर लात-घूंसे चलाने लगे. इस बीच जमकर लाठियां भी भांजी गई. मारपीट की इस वारदात में आधा दर्जन युवक घायल हो गए. कई को उपचार के लिए सिम्स ले जाना पड़ा. वहीं घटना के बाद दोनों पक्ष के युवक तारबाहर थाना पहुंच गए. पुलिस ने दोनों पक्ष पर बलवा की धारा के तहत मामला दर्ज कर लिया है. recent visitors 102

अश्लील वीडियो वायरल की धमकी देकर जाल में फंसाया, छत्तीसगढ़-बिलासपुर में फेसबुक फ्रेंड ने 21 लाख रुपए ठगे

बिलासपुर। ठगी करने वाले अब सोशल मीडिया के जरिए लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं. ऐसा ही एक मामला बिलासपुर से सामने आया है, जिसमें सोशल मीडिया के जरिए दोस्ती कर व्यक्ति से अश्लील वीडियो मंगाकर उसे वायरल करने की धमकी देकर 21 लाख रुपए ठग लिए. पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना पुलिस अपराध कायम कर जांच में जुट गई है. दरअसल, शहर के एक व्यक्ति ने साइबर थाना में शिकायत की. एक फेसबुक आईडी से उनके मोबाइल में फ्रेंड रिक्वेस्ट आया. उन्होंने फेसबुक आईडी वाले से दोस्ती कर ली. दोनों के बीच लंबे समय तक बातचीत चलती रही. इसी दौरान फेसबुक दोस्त ने बातों में फंसाकर उनका अश्लील वीडियो मंगा लिया. उसके बाद अश्लील वीडियो सोशल मीडिया में वायरल करने का धमकी देकर ब्लेकमैलिंग करने लगा. कई किश्तों में उक्त व्यक्ति ने 21 लाख रुपए उसके बताए बैंक खाते में ट्रांसफर भी किए. लेकिन लगातार पैसों की मांग से तंग आकर साइबर थाना में फेसबुक दोस्त के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई. मामले में अब पुलिस फेसबुक फ्रेंड के खिलाफ जुर्म दर्ज कर जांच में जुट गई है. recent visitors 49

स्वास्थ्य मंत्री ने किया था निलंबित, छत्तीसगढ़-बिलासपुर हाईकोर्ट ने सहारे की स्टे याचिका खारिज

बिलासपुर. हाईकोर्ट ने छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान (सिम्स) के डीन रहे डॉ. केके सहारे को दिए गए स्टे को हटा लिया है. इस के साथ ही सहारे की याचिका खारिज कर दी गई है. दरअसल स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बिलासपुर प्रवास के दौरान सिम्स में बैठक ली थी. इस दौरान बैठक में अनुपस्थित रहने पर पर डीन डॉ. केके सहारे को निलंबित करने का आदेश दिया था, जिसे हाईकोर्ट में चुनौती दी थी. कोर्ट ने इस पर स्टे दे दिया था. इस स्टे के खिलाफ शासन ने कोर्ट में अपील की. शासन की ओर से कहा गया कि पूरे मामले में अभी जांच चल रही है, कोई नया अपडेट भी नहीं है इसलिए स्टे जारी रखना सही नहीं होगा. हाई कोर्ट ने शासन की बात को स्वीकार कर दिया है. गौरतलब है कि अपने निलंबन आदेश के खिलाफ डॉ. केके सहारे ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी. याचिका में बताया गया 22 सितंबर 2024 को उन्होंने चिकित्सा शिक्षा आयुक्त के समक्ष आवेदन प्रस्तुत किया था. इसमें अपने भाई के निधन होने के कारण तीन दिन की छुट्टी ली थी. इसी दौरान स्वास्थ्य मंत्री डॉ. श्याम बिहारी जायसवाल ने सिम्स में शासी निकाय की बैठक बुलाई थी, तब उन्होंने बैठक में अनुपस्थित रहने की जानकारी पहले ही दे दी थी. याचिकाकर्ता डॉ. सहारे के एडवोकेट ने कोर्ट को बताया कि भाई के निधन की जानकारी देने के बाद भी दुर्भावना के चलते उन्हें निलंबित किया गया है. शासन के नियमों के अनुसार किसी भी अधिकारी-कर्मचारी को अनुपस्थित होने पर पर्याप्त कारण के अभाव में अनुशासनात्मक कार्रवाई करने का प्रावधान है, लेकिन उन्होंने पहले ही छुट्टी पर जाने का कारण बता दिया था. इसके बावजूद उन्हें सस्पेंड कर दिया गया. इस मामले की प्रारंभिक सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता डॉ. सहारे के निलंबन आदेश पर रोक लगा दी थी और साथ ही प्रकरण में राज्य शासन, स्वास्थ्य सचिव और चिकित्सा शिक्षा विभाग के आयुक्त को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था. इस पर शासन की ओर से कोर्ट में कहा गया कि डॉ सहारे के निलंबन आदेश में ही लिखा है कि उनके द्वारा वित्तीय गड़बड़ी की गई है, जिसके खिलाफ जांच जारी है. इसके साथ ही आयुष्मान भारत योजना में लापरवाही बरतने, अस्पताल में नियमित नहीं पहुंचने और ऑपरेशन के दौरान भी लापरवाही बरती गई. कोर्ट ने फैसले में कहा कि शासन की जांच जारी है, और इसमें किसी प्रकार की रोक या हस्तक्षेप सही नहीं होगा. कोर्ट ने इस मामले में नाराजगी भी जताई कि जांच में सहयोग नहीं किया जा रहा है. हालांकि. कोर्ट ने डॉ. सहारे को इस बात की छूट दी है कि वे दूसरे कोर्ट में अपील कर सकते हैं. recent visitors 85