सरस्वती सायकिल योजना में किया वितरण, छत्तीसगढ़-मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छात्राओं को दी सायकिलें

रायपुर. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आरंग में छात्रावास लोकार्पण के अवसर पर छात्राओं को सरस्वती सायकिल योजना के तहत सायकिल का वितरण किया। मुख्यमंत्री साय के पहुंचने पर छात्राओं ने सायकिल की घंटी बजाकर अभिवादन किया। मुख्यमंत्री ने छात्राओं को तिलक लगाकर मिठाई खिलाया।सरस्वती सायकिल योजना के तहत साइकिल पाने वाली आरंग की छात्राओं के चेहरे पर मुस्कान लौट आई है। सीएम साय ने छात्रा विनिता लोधी से पूछा कि बड़े होकर पढ़-लिखकर क्या बनना चाहोगी, छात्रा ने तत्काल कहा कि पुलिस बनकर जनता की सेवा करूंगी। सीएम ने शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक शाला की 9 वीं कक्षा में अध्ययनरत बालिकाएं योगिता गडरिया, गायत्री निषाद, स्निग्धा निषाद, विनेश्वरी प्रजापति, निशा पाटले, इशा साहू देवकी साहू समेत कई छात्राओं को साइकिल दिया। छात्राएं बताती है कि एक किलोमीटर से अधिक दूरी तक पैदल चलकर स्कूल जाना पड़ता था, लेकिन सायकिल मिलने से अब पैदल चलना नहीं पड़ेगा। बहुत कम समय में ही स्कूल और स्कूल से घर पहुंच जाएंगे। इस योजना का लाभ पाने वाली छात्राएं कहती है कि छत्तीसगढ़ सरकार की सरस्वती साइकिल योजना स्कूल में पढ़ने वाली छात्राओं के लिए काफी अच्छी योजनाएं है। इसके लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का बहुत-बहुत धन्यवाद करते है। इस मौके पर अनुसूचित जाति एवं जनजाति विकास मंत्री रामविचार नेताम व विधायक खुशवंत साहेब, कमिश्नर महादेव कावरे, कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह भी उपस्थित थे।   सीएम की घोषणा… छत्तीसगढ़ में फिर शुरू होगी चरण पादुका और सरस्वती साइकिल योजना रमन सिंह सरकार की जिन योजनाओं को भूपेश बघेल की सरकार में बंद किया गया था उन्हें फिर से शुरू किया जाएगा। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दो पुरानी योजनाओं को फिर से शुरू करने की घोषणा की है। दरअसल, 2018 में कांग्रेस की सरकार बनी थी। उसके बाद भूपेश बघेल ने रमन सिंह के कार्यकाल की कई योजनाओं को बंद कर दिया था। छत्तीसगढ़ सरकार जल्द ही चरण पादुका वितरण योजना और सरस्वती सायकल योजना फिर से शुरू करने वाली है। गुरुवार को जगदलपुर में कृषि महाविद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इसकी घोषणा की। मुख्यमंत्री यहां जिला स्तरीय महिला सम्मेलन में पहुंचे थे। कार्यक्रम के दौरान साय ने रिमोट का बटन दबाकर महतारी वंदन योजना की 6वीं किश्त की राशि 70 लाख से अधिक महिलाओं के खाते में भेजी। चरण पादुका वितरण योजना की शुरुआत छत्तीसगढ़ में नवंबर 2005 में तत्कालीन रमन सिंह सरकार ने की थी। इस योजना के तहत तेंदुपत्ता इकट्ठा करने वाले आदिवासियों को राज्य सरकार की तरफ से हर साल एक जोड़ी जूते दिए जाते हैं। पहले इस योजना में पुरुष शामिल थे। 2008 में इसमें महिलाओं को भी शामिल किया गया। पहले इस योजना के तहत जूते दिए जाते थे बाद में 2013 से जूते की जगह चप्पल मिलने लगी थी। सरस्वती साइकल योजना की शुरुआत 2011 में तत्कालीन रमन सिंह की सरकार ने किया था। इस योजना के तहत सरकारी स्कूल में पढ़ने वाली 9वीं क्लास की छात्राओं को नि:शुल्क साइकिल दी जाती है। साइकिल देने का मकसद था कि स्कूल दूर होने पर भी छात्राएं अपनी पढ़ाई जारी रखें। सुविधाओं के आभाव में वह पढ़ाई नहीं बंद करें। recent visitors 93

535 संविदा चिकित्सा अधिकारी नियुक्त, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने हरेली त्योहार पर दी सौगात

रायपुर. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल पर हरेली तिहार के दिन राज्य के लोगों को एक बड़ी सौगात मिली है। मुख्यमंत्री की पहल पर राज्य में 535 चिकित्सा अधिकारियों की नियुक्ति की गयी है। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल के निर्देश पर पदस्थापना आदेश जारी किया गया है। इन चिकित्सकों की नियुक्ति से राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा और दूरस्थ क्षेत्रों के  लोगों को भी  बेहतर और गुणवत्ता पूर्ण चिकित्सा सुविधा का लाभ मिलेगा। लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के द्वारा चिकित्सा स्नातक एमबीबीएस पाठ्यक्रम 2018 बैच के चिकित्सा स्नातकों को निष्पादित अनुबंध अनुसार दो वर्ष की संविदा सेवा का अवसर दिया गया है। इन चिकित्सा अधिकारियों में बालोद जिले में  22, बेमेतरा  में 10, धमतरी में 6, दुर्ग में  55, गरियाबंद में  6, कबीरधाम में 20, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई में 8, महासमुंद में 34 चिकित्सा अधिकारियों की पदस्थापना की गयी है। इसी प्रकार  मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी  जिले में 3, रायपुर में  42, राजनांदगांव में 22, बलौदाबाजार-भाटापारा में 3, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 15, बिलासपुर में 22, जांजगीर-चांपा में 12, गौरेला-पेण्ड्रा-मारवाही में 4, कोरबा में 32, मुंगेली में 3, रायगढ़ में  42, सक्ती में 1 स्नातक चिकित्सा अधिकारी की नियुक्ति की गयी है। इसी प्रकार बस्तर में 17, बीजापुर में  5, दंतेवाड़ा में  13, कांकेर में 19, कोण्डागांव में 7, नारायणपुर में 1, सुकमा में 11, बलरामपुर में 19, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 16, जशपुर में 21, कोरिया में 6, सूरजपुर में 6 तथा सरगुजा जिले में 32 स्नातक चिकित्सा अधिकारी की नियुक्ति की गयी है । recent visitors 118

गौरी-गणेश-नवग्रह और भगवान शिव से मांगी खुशहाली, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने हरेली पर्व पर किया पूजा-अभिषेक

रायपुर. छत्तीसगढ़ी लोक संस्कृति के पहले पर्व “हरेली” पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने अपनी धर्मपत्नि श्रीमती कौशल्या साय के साथ आज राजधानी स्थित अपने निवास कार्यालय में गौरी-गणेश, नवग्रह की पूजा कर भगवान शिव का अभिषेक किया। कृषि कार्य में प्रयुक्त होने वाले नांगर, रापा, कुदाल व कृषि यंत्रों की विधिवत पूजा-अर्चना कर हरेली त्योहार का शुभारंभ किया। इस मौक़े पर मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रदेश के किसानों समेत छत्तीसगढ़वासियों की ख़ुशहाली एवं सुख-समृद्धि की कामना की। पशुधन संरक्षण के संदेश के साथ मुख्यमंत्री ने गाय व बछड़े को लोंदी और चारा खिलाया। हरेली के अवसर पर मुख्यमंत्री ने किसानों को कृषि यंत्रों का वितरण किया recent visitors 100

मुख्यमंत्री ने गौरी-गणेश और भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की

रायपुर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा है कि किसानों की खुशहाली और समृद्धि हमारी सरकार का लक्ष्य है। हमारी सरकार किसानों के कल्याण के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ कृषि प्रधान राज्य है, यहां की 80 प्रतिशत आबादी का जीवन-यापन कृषि पर निर्भर है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने किसानों के हित में कई महत्वपूर्ण निर्णय लेकर खेती-किसानी को समृद्ध बनाने का काम किया है। मुख्यमंत्री श्री साय आज राजधानी रायपुर स्थित अपने निवास में आयोजित हरेली तिहार कार्यक्रम में बड़ी संख्या में मौजूद लोगों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने इस मौके पर प्रदेशवासियों को हरेली पर्व की बधाई और शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में 15 साल डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में सरकार ने किसानों की बेहतरी के लिए काम किया है। किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याज पर कृषि ऋण जैसी सुविधाएं सुलभ करायी गई। किसानों से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी की जा रही है। छत्तीसगढ़ के किसानों को प्रति क्विंटल 3100 रूपए का मूल्य मिल रहा है, जो देश में सर्वाधिक है। मुख्यमंत्री निवास में हरेली पर्व पर रंगारंग आयोजन हुआ। पूरे परिसर को ग्रामीण परिवेश में सजाया गया था। छत्तीसगढ़ी लोक संस्कृति के पहले पर्व “हरेली” पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने अपनी धर्मपत्नि श्रीमती कौशल्या देवी साय के साथ गौरी-गणेश पूजा कर भगवान शिव का अभिषेक किया। मुख्यमंत्री ने कृषि कार्य में प्रयुक्त होने वाले नांगर, रापा, कुदाल व कृषि यंत्रों की विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की ख़ुशहाली एवं सुख-समृद्धि की कामना की। मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर कृषि विभाग द्वारा वहां लगायी गयी उन्नत कृषि यंत्रों की प्रदर्शनी का अवलोकन किया और अनुदान पर 23 किसानों को ट्रेक्टर    और हार्वेस्टर की चाबी और अन्य कृषि उपकरण प्रदान किए। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा, कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम, सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल, विधायक श्री किरण देव, मुख्यमंत्री की धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या देवी साय ने भी कार्यक्रम को सम्बोधित किया। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय पूरी प्रतिबद्धता और सच्चे मन से प्रदेशवासियों की बेहतरी के लिए काम कर रहे हैं, फलस्वरूप ईश्वर का आशीर्वाद भी मिल रहा है। प्रदेश में अच्छी बारिश हो रही है। उन्होंने कहा कि बीते छह माह में श्री साय के नेतृत्व में किसानों के कल्याण के लिए बडे़ काम किए गए है, जिसकी चर्चा पूरे देश में हो रही है। इस अवसर पर मंत्री श्री टंक राम वर्मा, विधायक श्रीमती लता उसेंडी, श्री मोती लाल साहू, श्री अनुज शर्मा, श्री संपत अग्रवाल, श्री गजेन्द्र यादव, श्री खुशवंत साहेब अन्य जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य लोग उपस्थित थे। मुख्यमंत्री निवास में राउत नाचा और गेड़ी धूम छत्तीसगढ़ी संगीत, लोकनृत्य, पारंपरिक गड़वा बाजा, राउत नाचा, गेड़ी नृत्य, रहचुली और विभिन्न छत्तीसगढ़ी पकवानों और व्यंजनों के आनंद के साथ मुख्यमंत्री निवास में मौजूद लोग उत्साह के साथ हरेली में शामिल हुए। इस अवसर पर लोक कलाकारों ने राउत नाचा, करमा नृत्य, बस्तरिया नृत्य और गेड़ी चढ़कर नृत्य की प्रस्तुति दी। राउत नाचा के कलाकारों के आग्रह पर मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ी पारंपरिक वेशभूषा धारण कर कलाकारों का उत्साह बढ़ाया। मेहमानों के लिए बना छत्तीसगढ़ी पकवान हरेली त्यौहार के मौके पर मुख्यमंत्री निवास छत्तीसगढ़ व्यंजनों से महक उठा। हरेली तिहार में आने वाले मेहमानों के लिए खास तौर पर ठेठरी, खुरमी, पिड़िया, अनरसा, खाजा, करी लड्डू, मुठिया, गुलगुला भजिया, चीला-फरा, बरा जैसे स्वादिष्ट पकवान बनाए गए थे, जिसका मेहमानों ने लुत्फ उठाया। recent visitors 95

आठ करोड़ की लागत से बने पाँच कन्या छात्रावास, छतीसगढ़-रायपुर में मुख्यमंत्री साय ने किया शुभारंभ

रायपुर. मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज आरंग में पाँच कन्या छात्रावासों का शुभारंभ किया। पाँचो छात्रावासों के शुरू हो जाने से अनुसूचित जाति की तीन सौ कन्याओं की अपनी पढ़ाई के लिए आवासीय सुविधा मिलेगी। इन छात्रावासों की लागत आठ करोड़ छह लाख रुपये से ज्यादा है। मुख्यमंत्री ने पोस्ट मैट्रिक अनुसूचित जाति कन्या छात्रावास आरंग 100 सीटर लागत 174.67 लाख, प्री मैट्रिक अनुसूचित जाति कन्या छात्रावास मंदिर हसौद, 50 सीटर लागत 174.67 लाख, अनुसूचित जाति कन्या आश्रम आरंग 50 सीटर लागत 162.76 लाख, अनुसूचित जाति कन्या छात्रावास आश्रम 50 सीटर लागत 162.76 लाख, नवीन प्री मैट्रिक अनुसूचित जाति कन्या छात्रावास आरंग 50 सीटर लागत 152.97 लाख रूपए का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने कन्या छात्रावास परिसर में एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत रामफल के पौधे का रोपण किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेश के सभी हॉस्टल, छात्रावासों में दो हजार सीटों की वृद्धि करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने माइनर नगर वितरक शाखा क्रमांक-एक पोढ़ापार रसोटा तुलसी केशला के जीर्णाेद्धार, आरंग एसडीएम और तहसील कार्यालय के कर्मचारियों के लिए आवास के निर्माण, आरंग रेस्ट हाउस का विस्तार और जीर्णाेद्धार करने की घोषणा की। इस मौके पर विधायक गुरू श्री खुशवंत साहेब की मांग पर भण्डारपुरी गुरुद्वारा परिसर के निर्माण के लिए 17 करोड़ रुपये की मंज़ूरी भी दी गई। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने छात्रावास के लोकार्पण कर छात्राओं को बधाई दी। उन्होंने कहा कि मुझे इस बात की खुशी है कि इन भवनों के माध्यम से अनुसूचित जाति वर्ग की हमारी बेटियां सुविधापूर्ण तरीके से अपनी शिक्षा को जारी रख सकेंगी और अच्छी तरह पढ़-लिखकर अपने माता-पिता और हमारे प्रदेश का नाम रोशन करेंगी। मुख्यमंत्री श्री साय ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षा विकास का मूल मंत्र है। शिक्षा केवल नौकरी पाने का माध्यम ही नहीं है बल्कि उससे भी बढ़कर एक आदर्श समाज की नींव है। किसी भी कार्य को अच्छी तरह कर पाने के लिए शिक्षा का अहम योगदान होता है। 15 साल प्रदेश में डॉ. रमन सिंह की सरकार रही, इन 15 सालों में प्रदेश में शिक्षा के विकास के लिए अनेक कार्य हुए। उस समय हमारे प्रदेश के शैक्षणिक संस्थान टॉप में रहे। उसी का परिणाम है कि आज प्रदेश में 10 से अधिक मेडिकल कॉलेज हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सुशासन के साथ विकास हमारी सरकार की प्राथमिकता है। हमारी सरकार को कुछ ही माह हुए हैं इतने कम समय में हमने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी द्वारा प्रदेश की जनता को दी गई गारंटियों को पूरा करने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। इस क्रम में आरंग विधानसभा के विकास के लिए भी हमने कम समय में 17 करोड़ रूपए की स्वीकृति दी है। शिक्षा के क्षेत्र में भी हमारी सरकार लगातार कार्य कर रही है। पीएम श्री योजना में छत्तीसगढ़ के 211 स्कूलों को शामिल किया गया है। इन स्कूलों के विकास के लिए केंद्र सरकार से 02 करोड़ रूपए का बजट मिलेगा, जिसका उपयोग स्कूल में अच्छे शिक्षकों की उपलब्धता, शैक्षणिक गुणवत्ता को बढ़ाने के लिए किया जाएगा। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ से दिल्ली जाकर आईएएस, आईपीएस परीक्षा की तैयारी करने वाले एसटी, एससी, ओबीसी वर्ग के छात्रों के लिए दिल्ली में निर्धारित हॉस्टल में सीटों की संख्या की बढ़ोतरी करते हुए उसे 200 किया गया है। मंत्री श्री रामविचार नेताम ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की सरकार समाज के बेहतरी, उत्थान और विकास के लिए दृढ़ संकल्पित है। उन्होंने कहा कि इन कन्या छात्रावासों के शुभारंभ से छात्राओं को बड़ी सुविधा मिलेगी। मुझे यह बताते हुए बेहद खुशी हो रही हैै कि मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में भवन विहीन 180 छात्रावासों के बिल्डिंग निर्माण की स्वीकृति मिली है। वर्तमान में 180 में से 121 भवन के निर्माण के लिए 210 करोड़ रूपए का टेंडर भी लगा दिया गया है। 69 छात्रावास बिल्डिंग निर्माण के लिए निविदा भी अपलोड की जा रही है। प्रदेश के 295 भवनविहीन छात्रावास और आश्रम के भवन निर्माण के लिए भी हमारी सरकार प्र्रतिबद्ध है। श्री नेताम ने आगे कहा कि हमारी सरकार ने खराब स्थिति वाले छात्रावास के मेंटेनेंस कर उन्हें सर्वसुविधा युक्त बनाने का भी कार्य कर रहे हैं। छात्र-छात्राओं को पढ़ाई के लिए अच्छा माहौल और अनुकूल सुविधाएं सुनिश्चित कर रहे हैं। एसटी-एससी वर्ग के लिए छात्रावासों आश्रमों में निर्धारित संख्या 3757 है, जिनमें 1,97,000 सीटें है। कई जगहों में आश्रम छात्रावासों में भर्ती की प्रक्रिया भी जारी है। प्रदेशभर में हमने नवीन एकलव्य विद्यालय भी खोले हैं। उल्लेखनीय है कि इन छात्रावास-आश्रमों में अनुसूचित जाति की छात्राओं को पढ़ाई के लिए प्रवेश दिया जाएगा, जहाँ रहकर वे अपनी पढ़ाई पूरी कर सकेंगी। छात्रावासों में सुसज्जित शयन कक्ष, कम्प्यूटर कक्ष, क्लास रूम्स सहित भोजन कक्ष और पर्याप्त संख्या में शौचालय तथा स्नानागार बनाये गये है। भवनों में बिजली-पानी की भी पर्याप्त सुविधा उपलब्ध कराई गई है। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने लगभग 20 स्कूली छात्राओं को आने-जाने के लिए निः शुल्क साइकिलें भी वितरित की। आरंग में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने श्रमिक कल्याण की विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को भी लाभान्वित किया। उन्होंने मिनीमाता महतारी योजना के तहत श्रमिक परिवार की दस महिलाओं को बीस-बीस हज़ार रुपये की सहायता दी। श्री साय ने नोनी सशक्तिकरण योजना के तहतश्रमिक परिवार की  लगभग पंद्रह मेधावी छात्राओं को भी बीस -बीस हज़ार रुपये की राशि के चेक वितरित किए। मुख्यमंत्री ने दो निर्माण श्रमिकों की मृत्यु के बाद उनके परिजनों को एक-एक लाख रुपये की सहायता राशि भी प्रदान की। यह राशि निर्माण श्रमिक मृत्यु-दिव्यांग सहायता योजना के तहत दी गई। श्री साय ने दो बुजुर्ग श्रमिकों को बीस बीस हज़ार रुपये की सहायता श्रमिक सियान सहायता योजना के तहत प्रदान की। श्रमिकों के पाँच मेधावी बच्चों को उनकी पढ़ाई जारी रखने और उन्हें प्रोत्साहित करने के लिए तीन तीन हज़ार रुपये की सहायता भी दी गई। इस योजना के तहत एक साल में नब्बे दिन निर्माण श्रमिक के रूप में काम करने वाले पंजीकृत श्रमिक के दो बच्चों को पहली कक्षा से स्नातकोत्तर तक की पढ़ाई के लिए एक हज़ार रुपए से दस हज़ार रुपए तक की सहायता दी जाती है। मुख्यमंत्री श्री साय … Read more

देवास में अखिल भारतीय उद्यमी सम्मेलन 6 अगस्त को मुख्यमंत्री करेंगे शुभारंभ

भोपाल   एमएसएमई विभाग के सहयोग से लघु उद्योग भारती मध्यप्रदेश द्वारा आगामी 6 अगस्त को देवास में अखिल भारतीय उद्यमी सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। सम्मेलन का शुभारम्भ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव करेंगे। एमएसएमई मंत्री श्री चेतन्य काश्यप विशेष रूप से उद्बोधन देंगे। इस सम्मेलन के मुख्य वक्ता सह सरकार्यवाह आर.एस.एस. डॉ. कृष्ण गोपाल होंगे। सम्मेलन में केन्द्र सरकार के एमएसएमई विभाग के सहयोग से महिलाओं और युवाओं पर केंद्रित तीन दिवसीय स्वयं सिद्धा इंडिया इंडस्ट्रियल फेयर 2024 भी आयोजित किया जा रहा है। आयोजन का उद्देश्य प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देना है। इस समागम में 3000 से अधिक उद्यमी भाग ले रहे है, जिसमें लगभग 300 से ज्यादा अन्य प्रदेशों के है। सम्मेलन में एमएसमएई विभाग के सचिव एवं उद्योग आयुक्त डॉ. नवनीत मोहन कोठारी नीतियों और योजनाओं पर प्रजेन्टेशन देंगे। उद्यमी सम्मेलन के अलावा स्वयं सिद्धा प्रदर्शनी 5 से 7 अगस्त तक सुबह 10:30 बजे से रात्रि 8 बजे तक रहेगी। इसमें 100 से ज्यादा ध्यान लगाए जाएंगे। recent visitors 103

70 लाख माताओं-बहनों को रक्षाबंधन पर महतारी वंदना की किश्त जारी, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय पहुंचे जगदलपुर

रायपुर. रिमोट का बटन दबाकर महतारी वंदन योजना की 6वीं किश्त की राशि हितग्राहियों के खातों में हस्तांतरित की. रिमोट का बटन दबाकर महतारी वंदन योजना की 6वीं किश्त की राशि हितग्राहियों के खातों में हस्तांतरित की. रिमोट का बटन दबाकर महतारी वंदन योजना की 6वीं किश्त की राशि हितग्राहियों के खातों में हस्तांतरित की. मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रदेश की 70 लाख माताओं-बहनों को जगदलपुर से दिया रक्षाबंधन का तोहफा. रिमोट का बटन दबाकर महतारी वंदन योजना की 6वीं किश्त की राशि हितग्राहियों के खातों में हस्तांतरित की. इस मौके पर मुख्यमंत्री ने महतारी वंदन एप एवं एक पेड़ मां के नाम अभियान का भी हुआ शुभारंभ. 3061 महिला स्व-सहायता समूहों को स्वरोज़गार के लिए 100 करोड़ रूपए का ऋण का वितरण भी हुआ. recent visitors 123