1 अप्रैल से बदलेंगे बैंकिंग और टैक्स नियम, जानें आपकी जेब पर क्या होगा असर

नई दिल्ली  1 अप्रैल 2025 से कई अहम बदलाव लागू होने जा रहे हैं, जो सीधे आपकी जेब और बैंकिंग से जुड़े हैं. इनमें ATM ट्रांजैक्शन शुल्क, मिनिमम बैलेंस, TDS कटौती, डेबिट कार्ड सुविधाओं और अन्य कई महत्वपूर्ण नियम शामिल हैं. इनमें से कुछ नियम ऐसे भी हैं, जिनका ऐलान बजट 2025 के दौरान किया गया था. आइए जानते हैं इन बदलावों के बारे में विस्तार से. LPG, CNG-PNG और ATF की कीमतें     हर महीने की पहली तारीख को ऑयल कंपनियां LPG, CNG-PNG और ATF की कीमतों की समीक्षा करती हैं.     1 अप्रैल से इनके दाम बढ़ सकते हैं या घट सकते हैं.     सरकार और ऑयल कंपनियों के निर्णय के अनुसार कीमतों में परिवर्तन होगा. पॉजिटिव पे सिस्टम होगा लागू     बैंकिंग फ्रॉड रोकने के लिए कई बैंक पॉजिटिव पे सिस्टम लागू कर रहे हैं.     5,000 रुपये से अधिक के चेक पेमेंट के लिए ग्राहक को चेक नंबर, डेट, पेयी का नाम और अमाउंट वेरिफाई कराना होगा.     इससे धोखाधड़ी के मामलों में कमी आने की उम्मीद है. RuPay डेबिट कार्ड में होंगे बड़े बदलाव     नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) अपने RuPay डेबिट सेलेक्ट कार्ड में नए फीचर्स जोड़ने जा रहा है.     इसमें एयरपोर्ट लाउंज एक्सेस, इंश्योरेंस कवर, ट्रेवल, फिटनेस और वेलनेस जैसी सुविधाएं शामिल होंगी.     ये बदलाव 1 अप्रैल 2025 से प्रभावी होंगे. मिनिमम बैलेंस नियमों में बदलाव     SBI, पंजाब नेशनल बैंक समेत कई बैंक अपने सेविंग अकाउंट में न्यूनतम बैलेंस नियमों को संशोधित कर रहे हैं.     अकाउंट होल्डर को अब मिनिमम बैलेंस रखने के लिए क्षेत्र (गांव, टियर वाइज शहर) के आधार पर नई सीमा तय होगी.     मिनिमम बैलेंस नहीं रखने पर जुर्माना लग सकता है. ATM से पैसे निकासी का नियम     कई बैंक 1 अप्रैल से अपनी ATM निकासी नीति में बदलाव करने जा रहे हैं.     दूसरे बैंकों के ATM से पैसे निकालने की सीमा घटा दी गई है.     नए नियम के तहत ग्राहक हर माह केवल 3 बार ही दूसरे बैंक के ATM से निशुल्क निकासी कर पाएंगे.     वहीं 1 मई से फाइनेंशियल ट्रांजैक्‍शंस के लिए अतिरिक्‍त 2 रुपये लगेंगे.     कैश विड्रॉल के लिए भी फ्री लिमिट के बाद 17 रुपये की बजाय 19 रुपया लगेगा. सीनियर सिटीजन को राहत     सीनियर सिटीजन की TDS कटौती सीमा बढ़ाकर ₹1 लाख कर दी गई है.     TDS कटौती की सीमा पहले ₹50,000 थी मकान मालिकों को भी राहत     मकान मालिकों के लिए रेंट पर TDS कटौती की सीमा बढ़ाकर ₹6 लाख/वर्ष कर दी गई है.     पहले ये सीमा ₹2.4 लाख/वर्ष थी. विदेशी ट्रांजैक्शन पर TCS सीमा बढ़ी     पहले ₹7 लाख से अधिक के विदेशी ट्रांजैक्शन पर TCS कटता था.     अब ये सीमा बढ़ाकर ₹10 लाख कर दी गई है. एजुकेशन लोन पर TCS हटा     स्पेसिफिक फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशंस से लिए गए एजुकेशन लोन पर अब TCS नहीं कटेगा.     पहले ₹7 लाख से अधिक के एजुकेशन ट्रांजैक्शन पर 5% TCS लागू था. डिविडेंड और म्यूचुअल फंड से कमाई पर TDS में राहत     डिविडेंड इनकम पर TDS की सीमा ₹5000 से बढ़ाकर ₹10,000 प्रति वित्त वर्ष कर दी गई है.     म्यूचुअल फंड यूनिट से कमाई पर भी यही नियम लागू होगा. इन नियमों में बदलाव का सीधा असर आप पर पड़ेगा. बैंकिंग नियमों से लेकर टैक्स और वित्तीय योजनाओं तक, ये नए नियम आपकी फाइनेंशियल प्लानिंग को प्रभावित कर सकते हैं. ये UPI अकाउंट्स होंगे बंद  1 अप्रैल से अगला बदलाव UPI से जुड़ा हुआ है और जिन मोबाइल नंबरों से जुड़े यूपीआई अकाउंट्स लंबे समय से एक्टिव नहीं हैं, बैंक रिकॉर्ड से हटाया जाएगा. अगर आपका फोन नंबर यूपीआई ऐप से जुड़ा है और आपने लंबे समय से इसका इस्तेमाल नहीं किया है तो इसकी सेवाएं बंद की जा सकती हैं.  Tax से जुड़े बदलाव बजट 2025 में मिडिल क्‍लास को राहत देते सरकार ने कई बड़े ऐलान किए गए थे, जिसमें टैक्‍स स्‍लैब में बदलाव से लेकर टीडीस, टैक्‍स रिबेट और अन्य चीजें शामिल थीं. वहीं पुराने इनकम टैक्‍स एक्‍ट 1961 की जगह पर नए इनकम टैक्‍स बिल का प्रस्‍ताव रखा था. यह सभी बदलाव 1 अप्रैल 2025 से प्रभाव में आने वाले हैं. नए टैक्‍स स्‍लैब के तहत सालाना 12 लाख रुपये तक कमाने वाले व्यक्तियों को टैक्‍स का भुगतान करने से छूट दी जाएगी. इसके अलावा, वेतनभोगी कर्मचारी 75,000 रुपये की स्‍टैंडर्ड डिडक्‍शन के लिए पात्र होंगे. इसका मतलब है कि 12.75 लाख रुपये तक की वेतन आय अब टैक्‍स से मुक्त हो सकती है. हालांकि, यह छूट केवल उन लोगों पर लागू होती है जो नया टैक्‍स विकल्‍प चुनते हैं.  इसके अलावा सोर्स पर टैक्‍स कटौती (TDS)सोर्स पर टैक्‍स कटौती (TDS) विनियमों को भी अपडेट किया गया है, जिसमें अनावश्यक कटौती को कम करने और टैक्‍सपेयर्स के लिए कैश फ्लो में सुधार करने के लिए विभिन्न वर्गों में सीमा बढ़ाई गई है. उदाहरण के लिए, वरिष्ठ नागरिकों के लिए ब्याज आय पर टीडीएस की सीमा दोगुनी करके 1 लाख रुपये कर दी गई है, जिससे बुजुर्गों के लिए वित्तीय सुरक्षा बढ़ गई है.इसी तरह, किराये की आय पर छूट की सीमा बढ़ाकर 6 लाख रुपये सालाना कर दी गई है, जिससे मकान मालिकों के लिए बोझ कम हो गया है और शहरी क्षेत्रों में किराये के बाजार को बढ़ावा मिल सकता है. recent visitors 46

पीएम आज 30 मार्च को संघ के संस्थापक हेडगेवार के स्मारक जाएंगे, पीएम1987 में संघ से बीजेपी में आए थे

नागपुर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस महीने के अंत में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का मुख्यालय जाएंगे.  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 11 साल के अपने कार्यकाल मे पहली बार राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के मुख्यालय जाएंगे। नागपुर में संघ का मुख्यालय रेशमबाग में स्थित है। पीएम मोदी वैसे तो इन सालों में कई बार नागपुर के दौरे पर पहुंचे हैं लेकिन वह पहली बार रेशमबाग स्थित संघ मुख्यालय जाएंगे। पीएम मोदी के दौरे को लेकर नागपुर में चाकचौबंद तैयारियां की गई है। इस महीने 17 मार्च को नागपुर के महल इलाके में हिंसा और दंगों को देखते हुए पीएम मोदी की सुरक्षा की अभेद्य इंतजाम किए गए हैं। बतौर प्रधानमंत्री पहली बार संघ मुख्यालय जाने को लेकर राजनीतिक हलकों में तरह-तरह की चर्चाएं छिड़ी हुई हैं। पीएम मोदी आज 30 मार्च को नागपुर पहुंचेंगे। पीएम मोदी अक्टूबर, 2001 में सीएम बने थे, लेकिन वह इसके बाद से कभी संघ मुख्यालय नहीं गए हैं। वह 1972 में प्रचारक बने थे। 1987 में वह भाजपा में शामिल हुए। बाद में वरिष्ठ नेताओं की ओर से मोदी को पार्टी में बड़ी जिम्‍मेदारी मिली थी। अभी तक जो जानकारी सामने आई है उसके अनुसार पीएम मोदी ने संघ मुख्यालय का आखिरी दौरा बतौर प्रचारक ही किया था। प्रधानमंत्री मोदी के दौरे को लेकर सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक तैयारियां की हैं। सुरक्षा व्यवस्था में 5 हजार से ज्यादा पुलिसकर्मी और अन्य एजेंसियों के जवान तैनात रहेंगे। ऐतिहासिक है PM मोदी का दौरा गुड़ी पड़वा के मौके पर नागपुर आ रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत की बीजेपी ने जोरदार तैयारी की है। जिस 30 किमी के मार्ग और 47 चौराहों से वह गुजरेंगे, उन्हें सजाया जा रहा है। पीएम मोदी का यह दौरा बेहद खास है, क्योंकि 12 साल बाद वह आरएसएस मुख्यालय का दौरा करने वाले हैं। इससे पहले 16 सितंबर 2012 को नरेंद्र मोदी ‘स्मृति मंदिर’ आए थे। तब वह गुजरात के मुख्यमंत्री थे। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व सरसंघचालक केएस सुदर्शन के अंतिम दर्शन के लिए आए थे। जानें क्या है पूरा कार्यक्रम आधिकारिक कार्यक्रम के हिंदू नववर्ष के शुभारम्भ में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रतिपदा कार्यक्रम के साथ प्रधानमंत्री स्मृति मंदिर में दर्शन करेंगे और आरएसएस के संस्थापकों को श्रद्धांजलि देंगे। वह सुबह करीब 9 बजे स्मृति मंदिर में दर्शन करेंगे, फिर दीक्षाभूमि जाएंगे। सुबह करीब 10 बजे वे नागपुर में माधव नेत्रालय प्रीमियम सेंटर की आधारशिला रखेंगे और एक जनसभा को संबोधित करेंगे। माधव नेत्रालय आई इंस्टीट्यूट एंड रिसर्च सेंटर का नया विस्तार भवन है। 2014 में स्थापित यह संस्थान नागपुर में स्थित एक प्रमुख सुपर-स्पेशलिटी नेत्र चिकित्सा केंद्र है। संस्थान की स्थापना गुरुजी श्री माधवराव सदाशिवराव गोलवलकर की स्मृति में की गई थी। आगामी परियोजना में 250 बिस्तरों वाला अस्पताल, 14 बाह्य रोगी विभाग (ओपीडी) और 14 मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर होंगे, जिसका उद्देश्य लोगों को सस्ती और विश्व स्तरीय नेत्र उपचार सेवाएं प्रदान करना है। प्रधानमंत्री दोपहर करीब 12:30 बजे नागपुर में सोलर डिफेंस एंड एयरोस्पेस लिमिटेड में यूएवी के लिए लोइटरिंग म्यूनिशन टेस्टिंग रेंज और रनवे सुविधा का उद्घाटन करेंगे। पीएम मोदी इसके बाद छत्तीसगढ़ के लिए रवाना होंगे। 2007 में आए थे बाजपेयी गुढ़ीपाड़वा के मौके पर प्रधानमंत्री के नागपुर आगमन को लेकर काफी ज्यादा अलर्ट है। बीजेपी की तरफ से उनके स्वागत की अभूतपूर्व तैयारियां की गई हैं। पीएम मोदी के एयरपोर्ट पर आगमन से लेकर स्मृति मंदिर रेशिमबाग, दीक्षाभूमि, माधव नेत्रालय कार्यक्रम को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। गुढ़ीपाड़वा को महाराष्ट्र में नए साल के तौर पर मनाया जाता है। 2007 में अटल बिहारी बाजपेयी ने डॉ. हेडगेवार स्मारक स्मृति मंदिर का दौरा किया था। तब वे प्रधानमंत्री नहीं थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी प्रचारक के तौर पर रेशिमबाग आ चुके हैं लेकिन बतौर प्रधानमंत्री पहली बार वह संघ मुख्यालय जाएंगे। इसको लेकर राजनीतिक तौर पर अटकलों का बाजार गर्म और कौतूहल है। उनके इस दौरे को काफी ज्यादा अहम माना जा रहा है, क्योंकि वह पहली बार बतौर पीएम रेशिमबाग में प्रवेश करेंगे। इस कार्यक्रम में महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के साथ संघ का शीष नेतृत्व मौजूद रहेगा। प्रधानमंत्री की सुरक्षा संभालने वाली एसपीपी ने तमाम प्रोटोकॉल को ध्यान में रखते हुए तैयारियों को पूरा कर लिया है। recent visitors 56

मैहर में चैत्र नवरात्रि पर्व के दौरान जिला प्रशासन ने मांस-मछली और अंडे की बिक्री पर रोक, आदेश नहीं मानने वालों पर होगी कार्रवाई

मैहर चैत्र नवरात्रि की शुरुआत कल से होने जा रही है। इस खास मौके मां देवी दुर्गा के मंदिरों में भक्तों का जनसैलाब उमड़ता है। इस बीच मध्य प्रदेश के मैहर जिले से में चैत्र नवरात्रि पर्व के मद्देनजर श्रद्धालुओं की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन ने मांस, मछली और अंडे की बिक्री पर रोक लगाने का आदेश जारी किया है। दरअसल, एसडीएम विकास सिंह ने आदेश जारी करते हुए कहा कि नवरात्रि के दौरान धार्मिक पवित्रता बनाए रखने और श्रद्धालुओं की आस्था का सम्मान करने के लिए यह प्रतिबंध लगाया गया है। इस दौरान शहर में किसी भी स्थान पर मांस, मछली और अंडे की बिक्री नहीं की जाएगी। श्रद्धालुओं की भावनाओं का ध्यान रखते हुए फैसला बता दें कि इस आदेश में कहा गया है कि मैं, विकास कुमार सिंह, उप-विभागीय मजिस्ट्रेट, मैहर, बीएनएसएस 2023 की धारा 163 के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, 30 मार्च, 2025 से 7 अप्रैल, 2025 की मध्यरात्रि तक पूरे मैहर नगर पालिका में मांस, मछली और अंडे की खरीद और बिक्री पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाता हूं। इस आदेश में यह भी कहा गया है कि मैहर जिले में 30 मार्च से 7 अप्रैल तक मां शारदे चैत्र नवरात्रि मेला आयोजित किया जाएगा। बता दें कि मैहर को मध्य प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा एक धार्मिक नगरी घोषित किया गया है। नवरात्रि के खास मौके पर मां शारदा का आशीर्वाद लेने के लिए देश भर से लाखों भक्त हर दिन मैहर आते हैं। आदेश का उल्लंघन करने वालों पर होगी कार्रवाई बता दें कि इस आदेश को ना मानने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी। आदेश में इस बात का उल्लेख है कि यह आदेश नागरिकों अथवा दुकानदारों को व्यक्तिगत तामील कराया जाना संभव नहीं है। यही वजह है कि सार्वजनिक माध्यमों, इलेक्ट्रानिक मीडिया, समाचार पत्रों के माध्यम से इस आदेश के बार में आम जनों को अवगत कराया जा रहा है। जिला प्रशासन द्वारा जारी आदेश को ना मानने वाले व्यक्ति भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 के अन्तर्गत दण्ड के भागी रहेंगे। नवरात्रि जैसे खास मौके पर मैहर देवी का दर्शन करने के लिए लाखों की संख्या में भक्त आते हैं। इस साल नवरात्रि में भी लाखों भक्तों के आने की संभावना है। recent visitors 61

गुजरात ने मुंबई को दिया 197 रनों का टारगेट, साई सुदर्शन ने बनाए सर्वाधिक 63 रन

अहमदाबाद. इंडियन प्रीमियर लीग के 18वें सीजन का नौवां मुकाबला शनिवार को गुजरात टाइटंस और मुंबई इंडियंस के बीच खेला जा रहा है। पहले बल्लेबाजी करने उतरी गुजरात की टीम की शुरुआत अच्छी रही। गुजरात ने अपनी पारी में 196/8 रन बनाए हैं। गुजरात की तरफ से शुभमन गिल और साई सुदर्शन के बीच पहले विकेट के लिए 78 रन की साझेदारी हुई। शुभमन गिल 27 गेंद में 38 रन बनाकर आउट हुए। जोस बटलर 24 गेंद में 39 रन बना सके। शाहरुख खान 7 गेंद में 9 रन बनाए। मुंबई के कप्तान हार्दिक पांड्या ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया है। दोनों टीमों को अपने पहले मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा है। मुंबई इंडियंस को चेन्नई सुपर किंग्स के हाथों 4 विकेट से हार का सामना करना पड़ा, जबकि गुजरात टाइटंस को पंजाब किंग्स ने हराया था। शाहरुख खान सस्ते में हुए आउट शाहरुख खान 7 गेंद में 9 रन बनाकर पवेलियन लौट गए हैं। हार्दिक पांड्या को दूसरी सफलता मिली है। सुदर्शन ने लगाई फिफ्टी साई सुदर्शन ने 33 गेंद में अर्धशतक जड़ दिया है। सुदर्शन ने अपनी पारी में चार चौके और एक छक्का लगाया। जोस बटलर लौटे पवेलियन बल्लेबाज जोस बटलर 24 गेंद में 39 रन बनाकर पवेलियन लौट गए हैं। मुजीब ने उन्हें आउट किया। recent visitors 54

CG में शराब के शौकीनों के लिए बड़ी खुशखबरी, 1 अप्रैल से 4 फीसदी सस्ती होगी शराब…

रायपुर  छत्तीसगढ़ आबकारी विभाग ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए नई शराब दरों की घोषणा कर दी है। विभाग का दावा है कि 1 अप्रैल से शराब की कीमतों में 4 प्रतिशत की कमी आएगी, जिससे ग्राहकों को राहत मिलेगी। इसका मतलब यह हुआ कि, 1000 रुपये की बोतल पर 40 रुपये तक कीमत कम हो जाएगी। नए निर्णय के मुताबिक, मैकडॉवेल नंबर वन का पौव्वा प्रदेश में नहीं बिकेगा। हालांकि, यह राहत सीमित होगी, क्योंकि पड़ोसी राज्य मध्यप्रदेश की तुलना में छत्तीसगढ़ में शराब की कीमतें अब भी अधिक रहेंगी। नए सत्र में 1 अप्रैल से नई आबकारी नीति लागू हो जाएगी। उल्लेखनीय है कि, आबकारी विभाग ने नए सत्र में 67 नई शराब दुकानें खोलने का निर्णय लिया है। इस संबंध में जिलों से प्रस्ताव मांगे गए थे। इस समय छत्तीसगढ़ में 674 शराब दुकान संचालित हैं। इनमें प्रीमियम शॉप भी शामिल हैं। आबकारी विभाग के मुताबिक रीटेल वाइन शॉप में अधिक बिकने वाली बोतलों में 20, 40, 150, 200 और 300 रुपए तक की कमी आई है। बार में भी शराब के दाम घटेंगे। हालांकि वहां मिलने वाले रेस्तरां सर्विस की वजह से कीमत में कोई खास फर्क महसूस होने के आसार कम ही हैं। नई दरें लागू होने से सबसे सस्ती व्हिस्की प्रदेश में 480 रुपए से शुरू हो जाएगी। वहीं कुछ फैक्ट्स की बात करें तो प्रदेश में 8 हजार करोड़ से ज्यादा की शराब लोग पी रहे हैं, जिसमें 35.9 पुरुष और 2.8 प्रतिशत महिलाएं शराब पीती हैं। छत्तीसगढ़ में सबसे सस्ती शराब कौन सी ? छत्तीसगढ़ आबकारी विभाग के मुताबिक नई रेट लिस्ट अगर जस की तस जारी होती है तो प्रदेश में बीयर, व्हिस्की, रम की कीमतें घटने के बाद सस्ते दामों पर शराब उपलब्ध होगी। हालांकि पीने वालों की चुनौती उन ब्रांड को हासिल करना होगा, जिनके रेट सबसे कम हैं। अक्सर दुकानों में वो प्रोडक्ट न मिलकर महंगे प्रोडक्ट ही मिलते हैं।     नाइंथ एक्स्ट्रा बीयर स्ट्रॉन्ग 190 रुपए में 650 ML     आइकाॅन प्रीमियम व्हिस्की 480 रुपए में 750 ML     मेडॉफ प्रीमियम वोदका 640 रुपए में 750 ML     ट्वेंटी ट्वेंटी स्पेशल रम 480 रुपए में 750 ML रेट कम करने के पीछे सरकार का लॉजिक शराब सस्ती करने का फैसला 3 मार्च को हुई छत्तीसगढ़ सरकार की कैबिनेट बैठक में लिया गया था, तब सरकार ने कहा था कि विदेशी मदिरा पर लगने वाला "अतिरिक्त आबकारी शुल्क", जो की छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन के मदिरा क्रय के दर पर 9.5% राशि के बराबर होता है, इसे समाप्त किया गया है। इससे विदेशी मदिरा, विशेष कर मीडियम रेंज और हाई रेंज की शराब का रीटेल दाम कम होगा, जिससे दूसरे प्रांतों से शराब की स्मगलिंग पर रोक लगेगी। इस अतिरिक्त शुल्क में कमी से विभिन्न रेंज की विदेशी मदिरा के फुटकर विक्रय दरों में लगभग 40/- से 3000/- रुपए प्रति बोतल तक की कमी आएगी। कालाबाजारी पर रोक लगाने दाम घटाया गया विभागीय सूत्रों के अनुसार, जो शराब प्रदेश में 280 रुपए में मिलती थी, उसे एमपी से अवैध रूप से लाकर यहां 200 रुपए में बेचा जा रहा था। अब सरकार ने उन बोतलों की कीमत घटाकर 280 रुपए कर दी है, जो 200 रुपए में मिलती थीं। ऐसे में प्रदेश में कालाबाजारी कर शराब बेचने वालों का धंधा मंदा पड़ने की संभावना है। शराब से सरकार की कमाई कितनी 2019-2024 तक की ताजा स्थिति के अनुसार आबकारी विभाग ने इन वर्षों में शराब से कुल करीब 29 हजार 911 करोड़ की कमाई की है। अगर 5 वर्षों का औसत माना जाए तो पीने वालों ने 5 हजार 982 करोड़ की शराब पी ली। आबकारी विभाग ने ताजा रिपोर्ट में अपना राजस्व 8 हजार करोड़ से अधिक बताया है। दिलचस्प बात यह है कि कांग्रेस सरकार के दौरान प्रदेश में 4 से 6 हजार करोड़ की शराब बिक्री बताई गई है। हालांकि इसी बीच 2161 करोड़ के शराब घोटाले का विवाद सामने आया। इसकी जांच ED और EOW कर रही है। पिछली कांग्रेस सरकार के आबकारी मंत्री कवासी लखमा जेल में हैं, जिस समय आबकारी विभाग ने 2023-24 में 8 हजार करोड़ से अधिक की आय बताई है। प्रदेश में भाजपा की सरकार पहले ही अस्तित्व में आ चुकी थी। छत्तीसगढ़ में कितने पीने वालों की जानकारी     फरवरी 2025 में राज्य सभा में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल ने सर्वे की जानकारी दी     मंत्रालय राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण (NFHS) करवाता है। ये सर्वे 15 से 49 आयु वर्ग की महिलाओं और पुरुषों पर होता है।     राज्यसभा में केंद्रीय मंत्री ने बताया कि ताजा रिपोर्ट के मुताबिक छत्तीसगढ़ में 35.9 पुरुष और 2.8 प्रतिशत महिलाएं शराब पीती हैं।     भारत का राष्ट्रीय औसत शराब पीने वाले पुरुषों का 22.4 और महिलाओं का 0.7 प्रतिशत है। recent visitors 54

4 अप्रैल को अमित शाह का दंतेवाड़ा दौरा, बस्तर पंडुम के समापन कार्यक्रम में होंगे शामिल

दंतेवाड़ा केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह 4 अप्रैल को दंतेवाड़ा दौरे पर आएंगे। दौरे को लेकर प्रशासनिक तैयारियां जोरों पर हैं। वहीं ​मिली जानकारी के मुताबिक अमित शाह बस्तर के दंतेवाड़ा जिले जाएंगे। वे वहां आयोजित बस्तर पंडुम (Bastar Pandum) समापन समारोह में शामिल होंगे। यह समारोह बस्तर की पारंपरिक संस्कृति और उत्सव का प्रतीक है। मां दंतेश्वरी मंदिर में दर्शन करने की संभावना सूत्रों के अनुसार, अमित शाह नक्सल ऑपरेशन में शामिल जवानों से मुलाकात कर सकते हैं और नक्सली गतिविधियों पर चर्चा करने के लिए पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी कर सकते हैं। इसके अलावा, चैत्र नवरात्र के अवसर पर मां दंतेश्वरी मंदिर में दर्शन करने की संभावना भी जताई जा रही है। हालांकि, शाह के दौरे का आधिकारिक शेड्यूल जारी होने के बाद ही उनके कार्यक्रम की पुष्टि होगी। इलाके में किए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम शाह की यात्रा को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। हाई स्कूल मैदान और आसपास के इलाकों में सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। डॉग स्क्वायड की टीम लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है। किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधियों पर सुरक्षा एजेंसियां कड़ी निगरानी रख रही हैं। सरकारी योजनाओं से जुड़े स्टॉल लगाए जाएंगे Amit Shah CG Visit: दंतेवाड़ा के हाई स्कूल मैदान में शाह के दौरे की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। यहां 132 फीट चौड़ा और 332 फीट लंबा विशाल डोम बनाया जा रहा है। मुख्य मंच 72 फीट चौड़ा और 40 फीट लंबा होगा। इसके अलावा दो अन्य डोम भी बनाए जा रहे हैं, जहां विभिन्न सरकारी योजनाओं से जुड़े स्टॉल लगाए जाएंगे। साढ़े तीन महीने बाद बस्तर में शाह का दूसरा दौरा अमित शाह लगभग साढ़े तीन महीने बाद बस्तर का दौरा कर रहे हैं। इससे पहले, वे 15 दिसंबर 2024 को जगदलपुर आए थे, जहां उन्होंने बस्तरिया ओलंपिक के समापन कार्यक्रम में शिरकत की थी। इस बार वे बस्तर पंडुम के समापन समारोह में शामिल होंगे। बस्तर पंडुम में होंगे शामिल मिली जानकारी के अनुसार, अप्रैल के शुरूआती दिनों में अमित शाह अपने बस्तर दौरे पर पंडुम के समापन कार्यक्रम में शिरकत करेंगे. शाह के दौरे को लेकर तैयारियां जोरों पर हैं. नवरात्रि के पर्व को देखते हुए सीएम मां दंतेश्वरी के दर्शन करने मंदिर भी जा सकते हैं. 30 मार्च को पीएम मोदी आ रहे हैं पीएम मोदी 30 मार्च को छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र का दौरा करेंगे. पीएम छत्तीसगढ आने के पहले नागपुर जाएंगे और सुबह करीब 9 बजे स्मृति मंदिर में दर्शन करेंगे, फिर दीक्षाभूमि जाएंगे. यहां के कार्यक्रम के बाद पीएम छत्तीसगढ़ के लिए रवाना होंगे. दोपहर करीब 3:30 बजे बिलासपुर में प्रधानमंत्री बुनियादी ढांचे के विकास और सतत आजीविका को बढ़ाने की अपनी प्रतिबद्धता के अनुरूप 33,700 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली बिजली, तेल और गैस, रेल, सड़क, शिक्षा और आवास क्षेत्रों से संबंधित कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, शिलान्यास और राष्ट्र को समर्पित करेंगे. नक्सलवाद को खत्म करने की ये है डेडलाइन बता दें, अमित शाह ने छत्तीसगढ़ की ही मिट्टी से ऐलान किया था कि 31 मार्च 2026 तक बस्तर से नक्सलवाद का पूरी तरह से खात्मा कर दिया जाएगा. शाह के बयान के बाद लगातार सुरक्षा बलों ने नक्सलवाद पर कार्रवाई और भी तेज कर दी है. वहीं, नक्सल उन्मूलन के तहत कई सारे नक्सली हथियार छोड़कर समाज की मुख्यधारा से जुड़कर घर वापसी कर रहे हैं.   एक नजर इस साल की मुठभेड़ में ढेर नक्सलियों के आंकड़ों पर     4 जनवरी को अबूझमाड़ के जंगल में हुई मुठभेड़ में 5 नक्सलियों को जवानों ने ढेर किया था.     9 जनवरी को सुकमा-बीजापुर बॉर्डर पर हुई मुठभेड़ में 3 नक्सली ढेर हुए थे.     12 जनवरी को बीजापुर जिले में 5 नक्सली ढेर हुए थे.     16 जनवरी को छत्तीसगढ़-तेलंगाना बॉर्डर पर पुजारी कांकेर में 18 नक्सली मारे गए थे.      20-21 जनवरी को गरियाबंद जिले में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई थी. इसमें एक करोड़ रुपये का इनामी नक्सली चलपति सहित 16 नक्सली ढेर हुए थे.     1 फरवरी को बीजापुर में 8 नक्सली मारे गए थे.     9 फरवरी को बीजापुर के जंगल में ही 31 नक्सली ढेर हुए हैं. ये इस साल का सबसे बड़ा एनकाउंटर है.     और आज 20 मार्च को कांकेर और बीजापुर में 22 नक्सली ढेर हुए हैं. recent visitors 59

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वृहद मराठी समाज के साथ मनाई गुड़ी पड़वा

भोपाल   मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारतीय संस्कृति के अंतर्गत पर्व और त्योहारों का निर्धारण मंगल तिथियां के आधार पर होता है। खगोलीय गतिविधियों की दृष्टि से गुड़ी पड़वा अर्थात प्रतिपदा, वर्ष की पहली मंगल तिथि है। इसी आधार पर होली, दीपावली जैसे त्योहारों की तिथियों का निर्धारण होता है। इस मंगल तिथि का अभिवादन कहीं चेटीचंड, कहीं वर्ष प्रतिपदा और कहीं गुड़ी पड़वा सहित अन्य अनेक नाम से किया जाता है। यह प्राचीन सनातन संस्कृति की अनुपम परंपरा है, इसी तिथि पर चंहुओर खुशियों, समृद्धि और हर्षोल्लास का वातावरण होता है। गुड़ी पड़वा पर घर-घर स्थापित होने वाला कलश हमारी पवित्र आत्मा को अभिव्यक्त करता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि समृद्धि और विकास का नव संवत्सर सभी के जीवन में सुख- समृद्धि और आनंद का भाव लाए, ईश्वर से यही कामना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव, प्रदेश के वृहद मराठी समाज द्वारा गुड़ी पड़वा के संदर्भ में मुख्यमंत्री निवास के सभागार में आयोजित कार्यक्रम को संबांधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का समाज बंधुओं ने मंत्रोच्चार के बीच तिलक कर स्वागत किया और अंगवस्त्र एवं श्रीफल भेंट कर उनका अभिवादन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को मराठी साहित्य अकादमी, श्री संत सेवा संघ पुणे, पिपलानी गणेश मंडल भोपाल और कोलार महाराष्ट्र मंडल भोपाल की ओर से परम्परागत गुड़ी भेंट की गई। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने मध्यप्रदेश मराठी साहित्य संघ, भोपाल द्वारा प्रकाशित पत्रिका भोजपत्र का विमोचन भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत में संस्कृत उत्कर्ष का महायज्ञ चल रहा है। यह सनातन, साहित्यिक, सांस्कृतिक पहलुओं के साथ ही सभी पर्व और त्योहारों के उत्कर्ष का अवसर है। वसुदेव कुटुंबकम का भाव सबको साथ लेकर चलने और सब के प्रति सद्भाव रखने का प्रतीक है। भारतीय संस्कृति के सभी त्योहारों को समाज और सरकार मिलकर पूर्ण आनंद और उल्लास के साथ मनाएं इस दिशा में सरकार निरंतर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि विक्रम उत्सव के माध्यम से सम्राट विक्रमादित्य के जीवन के विभिन्न पहलुओं को जन सामान्य के सामने लाने का प्रयास किया जा रहा है। सम्राट विक्रमादित्य और शिवाजी महाराज जैसे महापुरुषों के प्रसंग से जीवन प्रबंधन और आत्म गौरव के अनेक सूत्र प्राप्त होते हैं । मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने त्योहार और पर्व का अंतर बताते हुए कहा कि जन्माष्टमी, राम नवमी, नवरात्रि, एकादशी, द्वादशी आदि जिन अवसरों पर उपवास रखा जाए वह पर्व हैं। होली, दीवाली जैसे मंगल कामनाओं और आनंद के साथ मनाए जाने वाले अवसर त्योहार हैं। त्योहारों की बधाई देना उचित है बाकी अवसरों पर मंगल कामनाओं का आदान-प्रदान किया जाना चाहिए। इसी प्रकार परीक्षा तथा अन्य ऐसे कार्यों के लिए जाने वाले व्यक्ति को शुभकामनाएं देना, उनके प्रति शुभेच्छा प्रकट करना उचित रहता है। भारतीय संस्कृति की समृद्ध शब्द संपदा के परिणाम स्वरुप ही हर अवसर पर भावनात्मक अभिव्यक्ति के लिए पृथक शब्द हैं। जबकि जहां शब्द भंडार सीमित हैं, वहां विभिन्न भावों की अभिव्यक्ति के लिए समान शब्दों का ही उपयोग होता है। कार्यक्रम में जबलपुर के पूर्व महापौर तथा निर्देशक मराठी साहित्य अकादमी श्री संतोष गोडबोले, डॉ. अभिजीत देशमुख, श्रीमती नीलिमा देशपांडे सहित रीवा, इंदौर, भोपाल, मंडल, जबलपुर और विदिशा से पधारे समाज बंधु उपस्थित थे।   recent visitors 41