महाकुंभ क्षेत्र नो व्हीकल जोन घोषित, 15-16 फरवरी का पास रद्द, आने से पहले जरूर पढ़ें ये खबर

प्रयागराज प्रयागराज में इन दिनों दिव्य और भव्य महाकुंभ मेला चल रहा है. इस हफ्ते शनिवार और रविवार को भारी के भीड़ आने का अनुमान जताया जा रहा है, जिसे देखते हुए मेला प्रशासन ने सभी पास को रद्द कर दिया है. पूरे मेला क्षेत्र को नो व्हीकल जोन घोषित कर दिया है. इसी के साथ-साथ प्रशासन ने प्रयागराज संगम रेलवे स्टेशन बंद करने की भी घोषणा की है. मौनी अमावस्या पर हुई भगदड़ से सीख लेते हुए प्रशासन जरूरी सावधानियां बरत रहा हैं. महाकुंभ मेला प्रशासन ने श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए मेला क्षेत्र में जाने के लिए जारी पास को रविवार और शनिवार के लिए रद्द कर दिया है. भारी भीड़ की आशंका के चलते 15 और 16 फरवरी को पूरे महाकुंभ मेला क्षेत्र को नो व्हीकल जोन भी घोषित किया गया है. इस दौरान किसी भी वाहन को प्रवेश की अनुमति नहीं होगी. गाड़ियों को नजदीकी पार्किंग में पार्क करने की अनुमति दी जाएगी, लेकिन मेला क्षेत्र में बनी पार्किंग में गाड़ियां पार्क नहीं होगीं. 16 फरवरी तक संगम स्टेशन बंद इस संदर्भ में मेला प्रशासन ने दिशा निर्देश जारी कर दिया. कुंभ मेले में सुगम व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन ने यह बड़ा फैसला लिया है. वहीं, रेलवे ने भी भारी भीड़ को देखते हुए संगम स्टेशन 16 फरवरी तक बंद करने का ऐलान किया है. भीड़ को देखते हुए प्रयागराज में रेलवे ने जीआरपी और आरपीएफ के जवानों को अलर्ट मोड पर रहने को कहा है. दरअसल, वीकेंड की वजह से महाकुंभ नगर में शुक्रवार की सुबह से काफी संख्या में लोगों की आवाजाही शुरू हो गई है. पुलिस ने कई जगह पार्किंग स्थल बनाए बता दें कि शनिवार और रविवार को छुट्टी के दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ महाकुंभ में पहुंच रही है, इस वजह से कुंभ में भीड़ और जाम की समस्या उत्पन्न हो जाती है. वहीं दूरदराज़ से आने वाले श्रद्धालु भी अपनी गाड़ियां लेकर महाकुंभ में आना चाहते हैं, जिस वजह से श्रद्धालुओं को परेशानी भी हो रही है, पुलिस ने भीड़ को देखते हुए कई जगह पार्किंग स्थल बनाए हैं. जहां उन गाड़ियों को रोका जाता है और उसके बाद श्रद्धालु पैदल या ई-रिक्शा या शटल बसों से ही महाकुंभ में आकर संगम स्नान कर सकते हैं. भीड़ के चलते संगम के आसपास के इलाके भी जाम हो गए हैं. महाकुंभ के लिए स्पेशल ट्रेन महाकुंभ मेले में आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए उत्तर रेलवे 15, 16 और 17 फरवरी को नई दिल्ली और वाराणसी (प्रयागराज के रास्ते) के बीच वंदे भारत स्पेशल ट्रेन नंबर 02252/02251 चलाएगा. उत्तर रेलवे द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि वंदे भारत स्पेशल ट्रेन संख्या 02252 सुबह 5.30 बजे नई दिल्ली से रवाना होगी. वह 12.00 बजे प्रयागराज पहुंचेगी. इसके बाद 14.20 बजे वाराणसी पहुंचेगी. उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हिमांशु शेखर उपाध्याय ने कहा कि वापसी के लिए ट्रेन नंबर 02251 वाराणसी से 15:15 बजे चलेगी. ये ट्रेन 17.20 बजे प्रयागराज से रवाना होगी और उसी दिन 23.50 बजे नई दिल्ली पहुंचेगी. वीकेंड पर भारी भीड़ पहुंचने का अनुमान महाकुंभ स्नान के लिए संगम स्टेशन पर पहुंची रही भारी भीड़ को देखते हुए स्टेशन को बंद करने का निर्णय लिया है. यह स्टेशन संगम के सबसे नजदीक है. यहां 16 फरवरी तक सभी तरह की एंट्री और एग्जिट पर रोक लगा दी है. बता दें कि माघ पूर्णिमा से पहले उमड़ी भीड़ के चलते 9 फरवरी को ही प्रयागराज संगम रेलवे स्टेशन 14 फरवरी तक के लिए बंद किया गया था, जिसे बढ़कर अब 16 फरवरी तक कर दिया गया है.   recent visitors 62

महाकुंभ में बना एक और रिकॉर्ड, प्रयागराज एयरपोर्ट देश के शीर्ष 20 हवाई अड्डों में शामिल

प्रयागराज: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में इन दिनों एक ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिल रहा है। दरअसल प्रयागराज महाकुंभ मेला 2025 ने इस क्षेत्र की हवाई यात्रा को पूरी तरह से बदल दिया है। 13 जनवरी में शुरू हुआ यह महाकुंभ 26 फरवरी 2024 को शाही स्नान के साथ समाप्त होगा। इसमें श्रद्धालुओं और पर्यटकों की अभूतपूर्व भीड़ उमड़ रही है। इसके चलते प्रयागराज एयरपोर्ट अब भारत के शीर्ष 20 एयरपोर्ट्स में शामिल हो गया है। यह पटना, चंडीगढ़ और गोवा के मोपा जैसे एयरपोर्ट्स से भी आगे निकल गया है। इससे उत्तर प्रदेश के लिए नई संभावनाएं पैदा हुई हैं। मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर और प्रयागराज, अयोध्या और वाराणसी को जोड़ने वाले बढ़ते टूरिस्ट सर्किट के साथ, यह क्षेत्र साल भर पर्यटकों को आकर्षित कर सकता है। यह ओलंपिक जैसे बड़े आयोजनों के प्रबंधन के लिए एक अच्छा उदाहरण पेश कर सकता है। पहले प्रयागराज एयरपोर्ट पर यात्रियों की संख्या सामान्य रहती थी। लेकिन अब यहां रोजाना उतने ही यात्री आ-जा रहे हैं, जितने महाकुंभ शुरू होने से पहले पूरे महीने में आते थे। एयरपोर्ट के टर्मिनल और एप्रन क्षेत्र को बढ़ाया गया है। इसके चलते अब रात में भी विमानों का संचालन हो रहा है। जिससे काफी ज्यादा विमान उड़ान भर पा रहे हैं। महाकुंभ से पहले के मुकाबले अब उड़ानों की संख्या चार गुना से भी ज़्यादा हो गई है। हवाई किराए भी आसमान छूने लगे। जब सोशल मीडिया पर लोगों की शिकायतें बढ़ने लगीं तो सरकार ने इस पर ध्यान दिया। सरकार और एयरलाइंस ने मिलकर काम किया। उन्होंने विमानों की संख्या बढ़ाई। ज़्यादा लोगों को ले जाने वाले बड़े विमान लगाए। इसके बाद धीरे-धीरे किराए भी कम होने लगे। एविएशन एनालिटिक्स फर्म सिरियम के आंकड़ों के मुताबिक, प्रयागराज एयरपोर्ट कुछ दिनों में 42 से ज़्यादा विमानों की उड़ान को संभाल सकता है। यह पहले के मुकाबले चार गुना ज़्यादा है। इस बढ़ोत्तरी में स्पाइसजेट सबसे आगे है। एयरपोर्ट से चलने वाली 283 साप्ताहिक उड़ानों में से 116 स्पाइसजेट की हैं। इंडिगो 82 उड़ानों के साथ दूसरे नंबर पर है। एयर इंडिया की भी 32 साप्ताहिक उड़ानें हैं। सरकारी एयरलाइन एलायंस एयर की 28 और अकासा एयर की 25 साप्ताहिक उड़ानें हैं। स्पाइसजेट इस फायदेमंद रूट पर पूरा ध्यान दे रही है। इसका अंदाज़ा इसी बात से लगाया जा सकता है कि प्रयागराज के लिए स्पाइसजेट की उड़ानें उसकी कुल घरेलू उड़ानों का लगभग 13% हैं। यही नहीं कनेक्टिविटी भी बढ़ी है। प्रयागराज अब 17 अलग-अलग शहरों से जुड़ा है। दिल्ली सबसे आगे है, जहां से 87 साप्ताहिक उड़ानें हैं। मुंबई से 53 और बेंगलुरु से 36 उड़ानें हैं। सिर्फ़ प्रयागराज ही नहीं, बल्कि आस-पास के इलाके भी इस बढ़ी हुई कनेक्टिविटी का फ़ायदा उठा रहे हैं। अयोध्या और वाराणसी की यात्राएं श्रद्धालुओं में लोकप्रिय हो रही हैं। इससे मुख्य सड़कों पर भीड़ बढ़ रही है। उदाहरण के लिए, इस फरवरी में वाराणसी में पिछले साल के मुकाबले 40% ज़्यादा उड़ाने चल रही हैं। भारत के शीर्ष 10 एयरपोर्ट्स एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) के अनुसार, दिल्ली का इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट सबसे ऊपर है। मुंबई का छत्रपति शिवाजी महाराज एयरपोर्ट 20.2% की बढ़ोतरी के साथ दूसरे नंबर पर है। बेंगलुरु के केंपेगौड़ा एयरपोर्ट (BLR) ने 17.6% की वृद्धि दर्ज की है। हैदराबाद और चेन्नई में क्रमशः 19.3% और 14.2% की बढ़ोतरी हुई है। कोलकाता का नेताजी सुभाष चंद्र बोस एयरपोर्ट पूर्वी भारत का सबसे व्यस्त एयरपोर्ट बना हुआ है। अहमदाबाद और कोच्चि ने भी अच्छी प्रगति की है। पुणे में 19% की वृद्धि हुई है। गोवा के डाबोलिम एयरपोर्ट में 17.8% की गिरावट आई है क्योंकि मोपा एयरपोर्ट के शुरू होने से वहां के यात्री अब मोपा जाने लगे हैं। recent visitors 67

भोपाल के स्कूल को IED ब्लास्ट से उड़ाने की धमकी, तेलुगु भाषा में मेल किया, स्कूल खाली कराया गया; पुलिस और ATS ने ली तलाशी

भोपाल भोपाल के पिपलानी में एक प्राइवेट स्कूल को बम से उड़ाने की धमकी मिली है। शनिवार की सुबह स्कूल के ऑफिशियल ईमेल आईडी पर तेलगू भाषा में एक धमकी भरा मेल मिला। जिसमें स्कूल की बिल्डिंग को IED ब्लास्ट से उड़ाने की धमकी मिली है। स्कूल स्टाफ में एक व्यक्ति को तेलगू भाषा की समझ है। उसने तुरंत मेल को ट्रांसलेट करके अन्य स्टाफ को जानकारी दी। धमकी मिलने के बाद से स्कूल में हड़कंप मच गया। सूचना पर पुलिस की टीम बीडी (बॉम्ब डिस्पोजल) और डॉग स्क्वायड की टीम के साथ मौके पर पहुंची और स्कूल के कोने कोने की तलाशी ली। शनिवार को छुट्टी होने के कारण बच्चे स्कूल में नहीं थे। स्कूल में पैरेंट्स टीचर मीटिंग बुलाई गई थी। उस समय स्कूल में करीब 50 लोग मौजूद थे। सभी को परिसर से बाहर निकाल दिया गया। मामला शनिवार सुबह 10.30 बजे हरमन माइनर स्कूल का है। आज स्कूल की छुट्‌टी थी, लेकिन स्टाफ के कुछ सदस्य और कुछ छात्रों के परिजन मीटिंग के लिए मौजूद थे। धमकी मिलने के बाद तुरंत ही वे बाहर निकल गए और पुलिस को सूचना दी। स्कूल के हर कोने की हुई तलाशी मौके पर पहुंची पुलिस ने बीडी (बॉम्ब डिस्पोजल) और डीएस (डॉग स्क्वायड) की टीम के साथ स्कूल की सघन तलाशी शुरू कर दी। इसके अलावा, एटीएस (एंटी टेरर स्क्वायड) की टीम भी जांच के लिए पहुंची। थाना प्रभारी (TI) अनुराग लाल ने बताया कि स्कूल के कोने-कोने की तलाशी ली गई, लेकिन कोई संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई। आईपी एड्रेस ट्रेस करने की कोशिश थाना प्रभारी अनुराग लाल ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस और विशेष सुरक्षा दल मौके पर पहुंचे। स्कूल के कोने कोने की तलाशी ली गई, लेकिन कोई भी संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। पुलिस का कहना है कि मेल भेजने वाले व्यक्ति की पहचान के लिए साइबर एक्सपर्ट्स की मदद ली जा रही है। उसका आईपी एड्रेस ट्रेस कर रहे हैं। पुलिस ने स्कूल में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है। पुलिस के साथ एटीएस भी इम मामले की जांच करने में लगी हुई है। पुलिस का मानना है कि यह किसी शरारती तत्व का काम हो सकता है। लेकिन फिर भी जांच जारी है। तेलुगु भाषा में था मेल, स्टाफ ने किया ट्रांसलेट धमकी भरा मेल तेलुगु भाषा में लिखा गया था। स्कूल स्टाफ में मौजूद एक व्यक्ति को तेलुगु भाषा आती थी, उसने मेल को ट्रांसलेट कर इसकी जानकारी अन्य स्टाफ को दी। इसके बाद तुरंत स्कूल खाली कराया गया। उस समय वहां करीब 50 लोग मौजूद थे। स्कूल की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। recent visitors 46

रायपुर में 15 साल बाद ढहा कांग्रेस का किला, 10 के 10 नगर निगम में भाजपा का कब्जा

रायपुर छत्तीसगढ़ के नगरीय निकाय चुनाव में भाजपा ने जीत का परचम लहराया है. 10 के 10 नगर निगमों में भाजपा ने कांग्रेस को मात देकर महापौर की कुर्सी पर कब्जा किया है. रायपुर में 15 साल बाद कांग्रेस का किला ढहा दिया गया है. यहां बीजेपी महापौर प्रत्याशी मीनल चौबे ने सबसे बड़ी जीत दर्ज की है. उन्होंने करीब एक लाख 46 हजार वोट से कांग्रेस प्रत्याशी दीप्ति दुबे को मात दी है. बता दें कि 11 फरवरी को 10 नगर निगमों में वोटिंग हुई थी. इनमें अंबिकापुर, कोरबा, चिरमिरी, जगदलपुर, दुर्ग, धमतरी, बिलासपुर, राजनांदगांव, रायगढ़ और रायपुर नगर निगम शामिल हैं. इस चुनाव में महापौर के 79 प्रत्याशी मैदान पर थे. जानिए कहां-कौन कितने वोट से जीते रायपुर नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – दीप्ति दुबे भाजपा महापौर प्रत्याशी – मीनल चौबे कौन कितने वोट से आगे – एक लाख 46 हजार वोट से भाजपा की जीत दुर्ग नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – प्रेमलता साहू भाजपा महापौर प्रत्याशी – अल्का बाघमार रिजल्ट – 67 हजार वोट से भाजपा की जीत कोरबा नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – उषा तिवारी भाजपा महापौर प्रत्याशी – संजू देवी रिजल्ट – 52,000 वोट से भाजपा की जीत अंबिकापुर नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – अजय तिर्की भाजपा महापौर प्रत्याशी – मंजूषा भगत रिजल्ट – 11,063 वोट से भाजपा की जीत बिलासपुर नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – प्रमोद नायक भाजपा महापौर प्रत्याशी – पूजा विधानी कौन कितने वोट से आगे – 66,179 वोट से भाजपा की जीत राजनांदगांव नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – निखिल द्विवेदी भाजपा महापौर प्रत्याशी – मधुसूदन यादव कौन कितने वोट से आगे – 41 हजार से अधिक मतों से भाजपा की जीत रायगढ़ नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – जानकी काटजू भाजपा महापौर प्रत्याशी – जीववर्धन चौहान रिजल्ट – 34365 वोट से भाजपा की जीत जगदलपुर नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – मककीत सिंह गैदू भाजपा महापौर प्रत्याशी – संजय पांडेय रिजल्ट – 8772 वोट से भाजपा की जीत चिरमिरी नगर निगम कांग्रेस महापौर प्रत्याशी – विनय जायसवाल भाजपा महापौर प्रत्याशी – रामनरेश राय रिजल्ट – 4000 वोट से भाजपा की जीत धमतरी नगर निगम भाजपा महापौर प्रत्याशी – जगदीश रामू रोहरा रिजल्ट – 34085 वोट से भाजपा की जीत   recent visitors 43

एक अप्रैल से लागू होने वाली नई आबकारी नीति में शराब दुकानों के लिए लाइसेंस लेने वाले ठेकेदारों को बैंक गारंटी सिर्फ ई-बैंक गारंटी के रूप में ही मिलेगी

भोपाल मध्यप्रदेश में 19 पवित्र शहरों और गांवों में शराब दुकानों को एक अप्रैल से बंद किया जाएगा। उनसे होने वाली आय की भरपाई के लिए सरकार संबंधित जिले की बाकी दुकानों में 25 फीसदी तक की वृद्धि करेगी। रेस्तरांं में ओपन एरिया में बिकने वाली शराब के लिए भी फ्लोर एरिया बढ़ाने की सहमति दी गई है। विभाग ने कमर्शियल आयोजनों के लिए भी व्यक्तियों की संख्या के आधार पर लाइसेंस फीस तय की है। ई-बैंक गारंटी की वैधता 30 अप्रैल 2026 तक एक अप्रैल से लागू होने वाली नई आबकारी नीति में शराब दुकानों के लिए लाइसेंस लेने वाले ठेकेदारों को बैंक गारंटी सिर्फ ई-बैंक गारंटी के रूप में ही मिलेगी। इसके माध्यम से ही शराब दुकानों का आवंटन किया जा सकेगा। ई-बैंक गारंटी की वैधता अवधि कम से कम 30 अप्रैल 2026 तक होगी। इसके लिए एफडी स्वीकार नहीं की जाएगी और पहले से जमा एफडी का नवीनीकरण भी नहीं किया जाएगा। जो ई-बैंक गारंटी दी जाएगी उसका कहीं और प्रयोग नहीं किया जा सकेगा। नई आबकारी नीति जारी करते हए आबकारी विभाग ने कहा है कि ई-बैंक गारंटी को लेकर ठेकेदार से प्रमाणित दस्तावेज भी लिए जाएंगे कि ई-बैंक गारंटी पर पहला हक उस ठेके के लिए होगा जो ठेकेदार को मिलेगा। यह बैंक गारंटी सिर्फ साइबर ट्रेजरी के माध्यम से जमा ई चालान या स्वीकार्य बैंकों की ई-गारंटी के रूप में मंजूर की जाएगी। पवित्र शहरों और गांवों के लिए भी बताए प्रावधान आबकारी नीति में प्रदेश के पवित्र शहरों और गांवों की शराब दुकानों को बंद किए जाने के बाद सरकार ने उसकी भरपाई के लिए विकल्प तैयार किए हैं। इसमें कहा है कि अगर किसी शराब दुकान का वार्षिक मूल्य 500 करोड़ रुपए है और इनमें से बंद की जाने वाली शराब दुकानों का वर्ष 2024-25 का वार्षिक मूल्य 100 करोड़ रुपए है तो ऐसी स्थिति में शेष वार्षिक मूल्य 400 करोड़ रुपए की शराब दुकानों के रिजर्व मूल्य की गणना नए फॉर्मूले के आधार पर की जाएगी। फॉर्मूले में कहा है कि बंद की जाने वाली दुकान के वर्ष 2024-25 के कुल वार्षिक मूल्य का जिले की शेष शराब दुकानों के इसी वर्ष के कुल वार्षिक मूल्य का प्रतिशत निकाला जाएगा जो 25 प्रतिशत होगा। विभाग ने इसे उदाहरण के साथ समझाते हुए कहा है कि अगर किसी दुकान का वर्ष 2024-25 में वार्षिक मूल्य 10 करोड़ रुपए है तो वर्ष 2024-25 के वार्षिक आधार मूल्य में 20 प्रतिशत वृद्धि कर उसका अंतरिम रिजर्व मूल्य निकाला जाएगा, जो 14.50 करोड़ रुपए होगा। दुकानों को कहीं शिफ्ट भी नहीं किया जाएगा नई आबकारी नीति में कहा है कि 13 नगरीय निकायों और 6 ग्राम पंचायतों में एक अप्रैल से शराब दुकानों का संचालन नहीं किया जाएगा। यहां किसी भी प्रकार के बार और वाइन आउटलेट के लाइसेंस एक अप्रैल 2025 से नहीं दिए जाएंगे। इनके संचालन की भी अनुमति नहीं होगी। यहां की दुकानों को कहीं शिफ्ट भी नहीं किया जाएगा। नीति में कहा है कि भौगोलिक एरिया के आधार पर अधिकतम चार शराब दुकानों को मिलाकर आवश्यकता के आधार पर एकल समूह बनाया जा सकेगा लेकिन इससे अधिक दुकानों के समूह के मामले में आबकारी आयुक्त ही फैसला करेंगे। नीति में यह भी कहा है कि सभी शराब दुकानों पर पाइंट आफ सेल (POS) मशीनें लगाई जाएंगी और शराब की बोतल पर चस्पा एक्साइज एडहेसिव लेवल को स्कैन कर ही बिलिंग और बिक्री की जाएगी। ऐसा नहीं किए जाने पर पहली बार 25 हजार रुपए और इसके बाद हर जांच में पांच हजार रुपए प्रति केस पेनल्टी में वृद्धि की जाती रहेगी। यानी दूसरी बार तीस हजार, तीसरी बार पैंतीस हजार रुपए पेनल्टी लगाई जाएगी। ओपन एरिया में शराब बांटने का दायरा बढ़ाया अभी रेस्त्रां बार लाइसेंस को अपने डाइनिंग एरिया के अतिरिक्त अन्य फ्लोर और खुली छत पर भी संचालित कर सकते हैं। ऐसे एक्स्ट्रा फ्लोर के लिए 500 वर्गफीट का एरिया जरूरी होता है और हर फ्लोर के लिए 10 प्रतिशत अधिक लाइसेंस फीस देना होती है। नए वित्त वर्ष में यह पात्रता एक्स्ट्रा फ्लोर और खुली छत के सात रेस्त्रां के उसी फ्लोर पर खुले स्थान को भी शर्तों के साथ दी जा सकेगी। यह पात्रता रेस्त्रां बार के साथ लो एल्कोहलिक बेवरेज बार को भी होगी। कमर्शियल आयोजनों के लिए लाइसेंस दिए जा सकेंगे आबकारी विभाग ने कहा है कि कमर्शियल किस्म के आयोजनों के लिए प्रासंगिक लाइसेंस दिए जा सकेंगे जिसके लिए अलग लाइसेंस फीस होगी। इस दौरान शराब का उपयोग किया जा सकेगा। इसके लिए जो फीस तय की गई है उसके मुताबिक कार्यक्रम में शामिल होने वाले व्यक्तियों की संख्या के आधार पर लाइसेंस फीस वसूली जाएगी।     500 व्यक्तियों के लिए 25 हजार लाइसेंस फीस होगी।     एक हजार व्यक्तियों के लिए 50 हजार रुपए लाइसेंस फीस होगी।     दो हजार व्यक्तियों के लिए 75 हजार रुपए लाइसेंस फीस होगी।     5 हजार व्यक्तियों के लिए 1 लाख रुपए लाइसेंस फीस होगी।     पांच हजार से अधिक व्यक्तियों के लिए दो लाख रुपए लाइसेंस फीस होगी। recent visitors 50

अमेरिका से आई फ्लाइट में हथकड़ी पहने भारतीयों को देख भड़कीं उमा भारती

भोपाल अमेरिका से अवैध भारतीय अप्रवासियों को बेड़ियों में जकड़कर भारत भेजा गया था. वरिष्ठ भाजपा नेता और मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने इस तरीके को शर्मनाक और क्रूर बताते हुए शनिवार को अमेरिकी सरकार पर निशाना साधा. दरअसल 104 अवैध भारतीय अप्रवासियों को लेकर एक अमेरिकी सैन्य विमान 5 फरवरी को अमृतसर पहुंचा, यह अवैध अप्रवासियों के खिलाफ कार्रवाई के तहत डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन द्वारा निर्वासित भारतीयों का पहला ऐसा जत्था था. बेड़ियों में जकड़कर लाए गए भारतीय दावा किया कि पूरी यात्रा के दौरान उनके हाथ और पैर बेड़ियों में जकड़े रहे और अमृतसर में उतरने के बाद ही उनकी बेड़ियां खोली गईं. इस पर उमा भारती भड़क गईं. उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लगातार तीन पोस्ट किए. जिसमें उन्होंने लिखा कि, ''जिस तरह से अवैध भारतीय अप्रवासियों को हथकड़ी और बेड़ियों में जकड़कर अमेरिका से वापस भेजा गया, वह बेहद शर्मनाक और मानवता पर कलंक है. यह निर्दयता एवं हिंसक मनोवृति रेड इंडियंस के एवं अमेरिका में बसे हुए अफ्रीकी मूल के लोगों के मामले में अमेरिका की सरकारों ने कई बार दिखाई है.'' 'ऐसी क्रूरता इस भूमंडल पर महापाप' उन्होंने लिखा, ''जब उनको हवाई जहाज से ही भेज रहे थे, हथकड़ी बेड़ी में उनको जकड़ कर रखना, अमेरिकी शासन की क्रूरता एवं अमानवीयता को दर्शाता है. अवैध तरीके से किसी देश में घुसना अपराध है, उसकी सजा के प्रत्येक देश में अपने कानून के अनुसार प्रावधान हैं. किंतु ऐसी क्रूरता इस भूमंडल पर महापाप है.'' उमा भारती ने यह ट्वीट पीएम नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री एस जयशंकर को भी टैग किए हैं. आज अप्रवासियों को लेकर अमृतसर आ सकती है एक और फ्लाइट बता दें कि 119 अवैध अप्रवासियों को लेकर एक और अमेरिकी विमान के शनिवार को अमृतसर हवाई अड्डे पर उतरने की संभावना है. यह ट्रंप सरकार द्वारा निर्वासित भारतीयों का दूसरा ऐसा जत्था है. आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि विमान के रात करीब 10 बजे हवाई अड्डे पर उतरने की उम्मीद है. PM मोदी और ट्रंप की मुलाकात के बीच हुई ये कार्रवाई बता दें यह प्रक्रिया ऐसे समय में की जा रही है, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिका की यात्रा के दौरान अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात कर आव्रजन सहित कई अहम द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा की. पीएम मोदी ने एक संयुक्त मीडिया सम्मेलन के दौरान सत्यापित भारतीय नागरिकों की स्वदेश वापसी में सहयोग की भारत की प्रतिबद्धता की पुष्टि की, लेकिन साथ ही प्रवासियों का शोषण करने वाले मानव तस्करी नेटवर्क से निपटने की आवश्यकता पर भी जोर दिया. recent visitors 53

प्रयागराज में भीषण सड़क दुर्घटना, बोलेरो और बस की टक्कर, 10 श्रद्धालुओं की मौत, 19 घायल

प्रयागराज  उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में महाकुंभ मेला स्नान करने जा रहे श्रद्धालुओं की गाड़ी भीषण हादसे का शिकार हो गई। बोलेरो और बस से जोरदार टक्कर हुई है। हादसे में 10 लोगों की मौत की सूचना है। वहीं, इस भीषण एक्सिडेंट में 19 श्रद्धालुओं के घायल होने की जानकारी सामने आई है। हादसा प्रयागराज-मिर्जापुर हाईवे पर मेजा इलाके में हुआ है। पुलिस के मुताबिक, छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले से श्रद्धालु संगम में स्नान करने आ रहे थे। इसी दौरान हादसा हो गया। मामले की जानकारी मिलते ही मौके पर पुलिस पहुंची। घायलों को तत्काल इलाज के लिए स्थानीय अस्पताल में भेजा गया। गंभीर रूप से घायलों को जिला अस्पताल में भेजा गया है। सीएम योगी ने घटना का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं। प्रयागराज के मेजा इलाके में भीषण हादसा शुक्रवार-शनिवार की रात करीब 2 बजे हुआ। तेज रफ्तार बोलेरो की बस से टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बुलेरो का अगला हिस्सा पूरी तरह से टूट गया है। बोलेरो पिचक गई। मरने वाले सभी श्रद्धालु बोलेरो में सवार थे। स्थानीय लोगों और राहगीरों ने घटना की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया। घायलों को गाड़ी से निकाल कर अस्पताल पहुंचाया गया। वहीं, मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पुलिस ने पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। बस में सवार श्रद्धालु घायल भीषण हादसे में बोलेरो में सवार 10 श्रद्धालुओं की मौत का मामला सामने आया है। वहीं, बस में सवार 19 श्रद्धालु भी घायल हुए हैं। घायलों को लेकर जानकारी मिल रही है कि वे सभी संगम में स्नान करने के बाद वाराणसी जा रहे थे। बस में सवार श्रद्धालु मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले के रहने वाले हैं। सभी घायलों को सीएचसी रामनगर में भर्ती कराया गया है। मलबे को हटाकर शुरू कराया यातायात प्रयागराज-मिर्जापुर हाइवे पर हादसे की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया। वहां पर गाड़ियों का मलबा देखकर क्रेन को बुलवाया गया। पुलिस ने मलबे को हटाकर ट्रैफिक को शुरू कराया है। पुलिस मौके पर मौजूद है। वहीं, आसपास के लोगों का कहना है कि टक्कर इतनी जोरदार थी कि सोते लोग जाग गए। कई लोग घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। सीएम योगी ने लिया संज्ञान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रयागराज जिले में हुई सड़क दुर्घटना का संज्ञान लिया है। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। सीएम योगी ने अधिकारियों को तत्काल मौके पर पहुंचकर राहत कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। जिला प्रशासन के अधिकारियों को घायलों का समुचित उपचार करने के निर्देश दिए। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की भी कामना की है। तरुण गाबा मौके पर पहुंचे मेजा कोतवाली क्षेत्र के ऊरुआ में बस और बोलेरो की टक्कर इतनी भयानक थी कि गाड़ी पिचक गई। बोलेरो इतनी जर्जर हो गई कि शवों को इससे बाहर निकालने में करीब ढाई घंटे का समय लग गया। वहीं, घटना की जानकारी मिलते ही प्रयागराज के पुलिस कमिश्नर तरुण गाबा मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटना का जायजा लिया। मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों से स्थिति के बारे में अपडेट जानकारी ली। UP बस्ती में भी बड़ा सड़क हादसा, 4 की मौत यूपी के बस्ती जिले से भी बड़े हादसे की खबर सामने आई है। तेज रफ्तार से जा रहे ट्रैक्टर ट्राली से एक कार की टक्कर हो गई। इस हादसे में चार लोगों की मौत हो गई है। बताया जा रहा है कि ट्रैक्टर ट्राली में टेंट का सामान लदा हुआ था. सामने से आ रही कार से ट्रैक्टर की भिड़ंत हो गई। हादसा बस्ती जिले के पैकोलिया थाना क्षेत्र के बभनान हर्रैया मार्ग पर बेनीपुर तिराहे पर हुआ। हादसे के बाद बुरी तरीके से क्षतिग्रस्त कार में फंसे शव को पुलिस ने काटकर निकाला है। हादसे की सूचना के बाद एसपी अभिनंदन सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे हैं। महाकुंभ में अब तक 50 करोड़ श्रद्धालु पहुंचे बता दें कि महाकुंभ का शनिवार को 34वां दिन है। आज भीड़ ज्यादा उमड़ी है। शहर के रास्ते जाम हैं। रविवार को भी भारी भीड़ रहेगी। 33 दिनों में 50 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालुओं ने संगम में डुबकी लगाई। इतिहास में यह सबसे बड़ा आयोजन रिकॉर्ड किया गया। 45 दिन तक चलने वाले महाकुंभ के अभी 12 दिन और बचे हैं। आज करीब 15,000 सफाई कर्मचारियों की ओर से एक साथ घाटों की सफाई का अभियान चलाया जाएगा। स्वच्छता वर्ल्ड रिकॉर्ड बनेगा। इससे पहले साल 2019 में लगे कुंभ के दौरान 10,000 सफाई कर्मियों ने सफाई की थी। recent visitors 68