आईपीपीबी ने 77% खाते ग्रामीण क्षेत्रों में खोले, 1.56 करोड़ खातों के साथ महिलाएं अग्रणी

नई दिल्ली इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (IPPB) ने 2024 में नवंबर तक 2.68 करोड़ नए खाते खोले हैं जिनमें से 59 फीसदी करीब 1.56 करोड़ खाते महिलाओं के हैं। केंद्र सरकार ने आज  बताया कि आईपीपीबी ने करीब 77% खाते ग्रामीण क्षेत्रों में खोले हैं। यह बैंक के वित्तीय समावेशन (फाइनेंशियल इंक्लूजन) के प्रयासों को दर्शाता है। इस बीच इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक के डिजिटल सेवाओं में भी बड़ी प्रगति हुई है। 1.04 करोड़ ग्राहकों ने मोबाइल बैंकिंग सेवाओं का उपयोग किया जबकि 69 लाख ग्राहकों ने वर्चुअल डेबिट कार्ड का लाभ उठाया और आधार सक्षम भुगतान प्रणाली (AePS) के माध्यम से ₹2,600 करोड़ के लेन-देन किए गए। वहीं डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के तहत 3.62 करोड़ ग्राहकों को ₹34,950 करोड़ की राशि प्रदान की गई जिसमें 58% लाभार्थी महिलाएं थीं। इसके अलावा, पेंशनभोगियों के लिए 4.40 लाख डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र जारी किए गए। डाक विभाग ने पार्सल डिलीवरी को और तेज और सटीक बनाने के लिए पार्सल मॉनिटरिंग एप्लिकेशन (PMA) के जरिए मई 2019 में 4.33 लाख पार्सल्स से अक्टूबर 2024 में 5.35 करोड़ पार्सल्स तक की रीयल-टाइम ट्रैकिंग शुरू की। वहीं बैंक ने 42 प्रमुख मेल एक्सचेंज हब्स पर RFID गेट्स लगाए और 233 नोडल डिलीवरी केंद्र स्थापित किए जो 1,600 से अधिक पिन कोड को कवर करते हैं और भारत में कुल डिलीवरी का 30 फसदी हिस्सा संभालते हैं। छोटे व्यापारियों की सुविधा के लिए खोले गए 1,000 से अधिक डाक घर निर्यात केंद्र वहीं आधार सेवाओं को रक्षा कर्मियों तक भी विस्तारित कर दिया गया है जिसमें सियाचिन जैसे दुर्गम क्षेत्रों में 110 आधार केंद्र चालू किए गए। इसके अलावा, 1,000 से अधिक डाक घर निर्यात केंद्र (Dak Ghar Niryat Kendra) खोले गए ताकि छोटे व्यापारियों को डाक सेवाओं के माध्यम से निर्यात करने में मदद मिल सके। आईपीपीबी ने वैश्विक स्तर पर इलेक्ट्रॉनिक भुगतान को बढ़ावा देने के लिए पोस्टल पेमेंट सर्विस मल्टीलेटरल एग्रीमेंट (PPSMA) में भी भाग लिया। इस बीच 29 अक्टूबर को रोजगार मेले के तहत 25,133 लोगों को रोजगार दिया गया। वहीं डाक सेवा में सुधार के लिए 56 नई डाक इमारतें बनाई गईं और 95 का नवीनीकरण किया गया। आईपीपीबी का यह कदम महिलाओं और ग्रामीण समुदायों को सशक्त बनाने और देश में डिजिटल और वित्तीय समावेशन को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि है।   recent visitors 120

मुख्यमंत्री ने कहा- युवा उद्यमियों को भारत, युवा उद्यमियों के परिश्रम से विश्व पटल पर एक अलग पहचान बना रहा

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि युवा उद्यमियों को भारत, युवा उद्यमियों के परिश्रम से विश्व पटल पर एक अलग पहचान बना रहा है। विश्व में हमारे देश में सबसे अधिक युवा शक्ति है। युवाओं के हाथों में आने वाले समय की बागडोर है। हमारे देश के युवाओं के भविष्य की तरफ बढ़ते हुए कदम देश को विकास के पथ पर तेज गति से आगे ले जा रहा हैं। स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए सरकार के द्वारा निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। निवेश और स्टार्ट-अप को सरकार के द्वारा लगातार प्रोत्साहन देकर मदद की जा रही है। हम विश्व की पांचवी बड़ी अर्थव्यवस्था है तथा तीसरी बड़ी अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को उज्जैन में यंग एंटरप्रेन्योर समिट-2024 में युवा उद्यमियों को संबोधित कर रहे थे।  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि युवाओं के पैरों में गति, हाथों में शक्ति है और भविष्य के तरफ लक्ष्य को देखने की दृष्टि है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के पास युवा उद्यमियों के लिए स्टार्ट-अप के लिए बजट में पर्याप्त धनराशि है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वर्तमान समय नवाचार का है। युवा अधिक से अधिक स्वरोजगार स्थापित कर उद्यमी बने। उन्होंने कहा कि स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए सरकार निरंतर काम कर रही है। हमारा भारत युवा शक्ति के अधिक्य के साथ विकास की ओर अग्रसर हो रहा है। उन्होंने कहा कि उज्ययिनी नगरी सर्वगुण सम्पन्न है। उज्जैन की देश में पहचान बनी है। निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए छोटे-छोटे स्थानों पर भी समिट के कार्य किए जा रहे हैं। उद्यमियों को अपने व्यवसाय में वृद्धि के लिए सरकार हरसंभव मदद करेगी। उन्होंने कहा कि उद्यमी देश-प्रदेश में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभिन्न उद्यमियों के द्वारा लगाए गए स्टॉल का अवलोकन किया।  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने युवा उद्यमी सम्मेलन के आयोजकों, प्रतिभागियों के प्रयासों की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि आज का कार्यक्रम। उद्यमियों के बीच नवाचार, महत्वाकांक्षा और विकास को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण साबित होगा। यह सम्मेलन आत्म-निर्भरता की भावना को दर्शाता है और एक समृद्ध एवं प्रगतिशील मध्यप्रदेश के दृष्टिकोण को पूरा करने की दिशा में सहायक होगा। उद्यमिता आर्थिक विकास की नींव है और युवा प्रतिभाओं को पोषित करना, परिवर्तन और नवाचार को आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक है। इस तरह के आयोजनों से हम अगली पीढ़ी को बड़ा सोचने, साहसी कदम उठाने और राज्य और राष्ट्र के समग्र विकास में योगदान करने के लिए सशक्त बनाते हैं। इस अवसर पर उज्जैन के प्रभारी एवं कौशल विकास एवं रोजगार राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री गौतम टेटवाल, विधायक श्री सतीष मालवीय, महापौर श्री मुकेश टटवाल, नगर निगम सभापति श्रीमती कलावती यादव, श्री विवेक जोशी, श्री बहादुर सिंह बोरमुण्डला, श्री सत्यनारायण खोईवाल, प्रमुख सचिव श्री राघवेन्द्र सिंह, श्री चन्द्रमोली शुक्ला, उद्योगपति आदि उपस्थित थे।   recent visitors 58

रामायण-महाभारत के अरबी अनुवादक से पीएम मोदी ने की मुलाकात, कुवैत यात्रा पर मोदी का हुआ भव्य स्वागत

कुवैत सिटी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का शनिवार दोपहर कुवैत सिटी स्थित होटल में पहुंचने पर भारतीय समुदाय ने भव्य स्वागत किया। यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की 43 वर्षों में कुवैत की पहली यात्रा है। प्रधानमंत्री मोदी से गर्मजोशी से मिलने वालों में 101 वर्षीय मंगल सेन हांडा भी शामिल थे, जो भारतीय विदेश सेवा (आईएफएस) के पूर्व अधिकारी हैं। वे अब कुवैत में रहते हैं और लगभग चार दशक पहले रिटायर्ड हुए थे। वह कुवैत, यूनाइटेड किंगडम, इराक, चीन, अर्जेंटीना और कंबोडिया में सेवा दे चुके हैं। पीएम मोदी ने न केवल हांडा के साथ अभिवादन किया, बल्कि उनके परिवार के साथ तस्वीरें भी खिंचवाईं। पूर्व आईएफएस अधिकारी की नातिन श्रेया जुनेजा ने पीएम मोदी से अनुरोध किया था कि वह कुवैत यात्रा के दौरान उनके 101 वर्षीय दादा से मुलाकात करें। जुनेजा के अनुरोध को स्वीकार करते हुए, पीएम मोदी ने एक्स पर संदेश दिया, “बिल्कुल! मैं आज कुवैत में मंगल सैन हांडा जी से मिलने के लिए उत्सुक हूं।” श्रेया को सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलने की पूरी उम्मीद नहीं थी, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी, [जो विदेश यात्राओं के दौरान भारतीय प्रवासियों के मुलाकात करना पसंद करते हैं], से मिले जवाब ने उन्हें बेहद खुश कर दिया। जुनेजा ने एक्स पर कहा, "आपसे प्रतिक्रिया पाना हमारे लिए सम्मान की बात है, सर! आपने एक बार फिर हमारा दिल जीत लिया है। नानाजी मंगल सैन हांडा बहुत खुश हैं और उनकी मुस्कान हमारे लिए बहुत मायने रखती है। हम इस दयालु व्यवहार के लिए बहुत आभारी हैं।" प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुवैत में अब्दुल्ला अल बैरन और अब्दुल लतीफ अल नेसफ से मुलाकात की। अब्दुल्ला अल बैरन ने रामायण और महाभारत दोनों का अरबी में अनुवाद किया है। अब्दुल लतीफ अल नेसफ ने रामायण और महाभारत के अरबी संस्करण प्रकाशित किए हैं। उन्होंने पीएम मोदी को दोनों रामायण और महाभारत के अरबी संस्करण भेंट किए। कुवैत में सबसे बड़ा प्रवासी समूह, भारतीय समुदाय, द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। शनिवार को अपने प्रस्थान वक्तव्य में, पीएम मोदी ने उल्लेख किया था कि उनकी यात्रा लोगों और क्षेत्र के लाभ के लिए भविष्य की साझेदारी के लिए रोडमैप तैयार करने का अवसर होगी। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "मैं कुवैत में भारतीय प्रवासियों से मिलने के लिए उत्सुक हूं, जिन्होंने दोनों देशों के बीच मैत्री के बंधन को मजबूत करने में बहुत योगदान दिया है।" प्रधानमंत्री पश्चिम एशियाई देश की अपनी दो दिवसीय यात्रा के दौरान एक श्रमिक शिविर का दौरा करने के अलावा एक सामुदायिक कार्यक्रम में भारतीय प्रवासियों के साथ बातचीत भी करेंगे। recent visitors 86

मुख्यमंत्री ने रतलाम में खेल चेतना मेले के रजत जयंती समारोह का किया शुभारंभ

भोपाल   मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि आजादी के बाद पहली बार हमने प्रदेश में खेलों के लिए 586 करोड़ रूपये के बड़े बजट का प्रावधान किया है। मध्यप्रदेश एकमात्र ऐसा राज्य है, जहाँ हॉकी के लिए सर्वाधिक एस्ट्रोटर्फ होंगे। खेलों को अब पाठ्यक्रम का भी हिस्सा बनाया गया है। खेल शिक्षक भी असिस्टेंट प्रोफेसर, प्रोफेसर और कुलगुरु बन सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को रतलाम में चैतन्य काश्यप फाउंडेशन द्वारा आयोजित किये जा रहे खेल चेतना मेले के रजत जयंती समारोह का शुभारंभ कर संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ध्वजारोहण कर खेल चेतना मेले के शुभारंभ की घोषणा की। कार्यक्रम में सूक्ष्म, लघु, मध्यम उद्यम मंत्री श्री चैतन्य काश्यप, सांसद श्री सुधीर गुप्ता, सांसद श्रीमती अनीता नागर सिंह चौहान, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती लालाबाई शंभू लाल चंद्रवंशी, विधायक आलोट श्री चिंतामणि मालवीय, विधायक रतलाम ग्रामीण श्री मथुरा लाल डामोर, महापौर श्री प्रहलाद पटेल, श्री प्रदीप उपाध्याय, नगर निगम अध्यक्ष श्रीमती मनीषा शर्मा, सहित कई जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रतलाम में हॉकी के लिए एस्ट्रो टर्फ निर्माण, व्यवसाय को गति देने के लिए साड़ी क्लस्टर निर्माण की घोषणा की। उन्होंने कहा कि साड़ी क्लस्टर में महेश्वर, चंदेरी की तर्ज पर शहर में महिलाओं को साड़ी निर्माण से जोड़ा जाये। रतलाम के शासकीय लक्ष्मी नारायण पांडे मेडिकल कॉलेज में सभी प्रकार के हृदय संबंधी उपचार एवं ऑपरेशंस के लिए कार्डियक ब्रांच स्थापित करने की भी घोषणा की। रतलाम में खेलों के लिए अधोसंरचना विकास एवं बुनियादी सुविधाओं की उपलब्धता का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि शासन द्वारा रतलाम में 15 करोड़ रुपए की लागत से एकीकृत स्पोर्ट्स कांपलेक्स का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें जूडो, कराटे, बैडमिंटन, कुश्ती, कबड्डी इत्यादि इनडोर खेल गतिविधियां आयोजित की जा सकेंगी। साथ 400 मीटर दौड़ के लिए सिंथेटिक ट्रैक भी बन रहा है। साथ ही 1200 लोगों की क्षमता के पवेलियन तथा जिम का निर्माण भी किया जा रहा है। जिले के आलोट में खेलों के लिए भूमि आवंटित कर दी गई है। पिपलोदा-रावटी में भी भूमि आवंटित की जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश, देश का ऐसा पहला राज्य होगा जहां हॉकी के लिए सर्वाधिक 12 एस्ट्रो टर्फ की सुविधा होगी। रतलाम में खेल गतिविधियों की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सेव, सोना और साड़ी के लिए प्रसिद्ध रतलाम अब खेलों में भी अपनी विशेष पहचान स्थापित कर रहा है। इसमें चैतन्य काश्यप फाउंडेशन द्वारा विगत 25 वर्षों से आयोजित किया जा रहे खेल चेतना मेले का विशेष योगदान है। इस आयोजन से रतलाम की खेल प्रतिभाएं देश, प्रदेश में अपना नाम रोशन कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में खेलों के विकास के लिए समग्र प्रयास किए जा रहे हैं। भोपाल में हुये खेलो इंडिया आयोजन में प्रदेश ने अपनी विशेष छाप छोड़ी है। मुख्यमंत्री ने रतलाम में चैतन्य काश्यप फाउंडेशन द्वारा लगातार 25 वर्षों से आयोजित किए जा रहे खेल चेतना मेला आयोजन की विशेष रूप से सराहना की। उन्होंने कहा कि इस वर्ष 10 हजार खिलाड़ियों की सहभागिता और खिलाड़ियों के सम्मान के साथ खेल चेतना मेले ने अपना विशिष्ट स्थान बनाया है। मुख्यमंत्री ने मंत्री श्री काश्यप की भी सराहना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुराने समय से ही व्यापार, व्यवसाय के लिए प्रसिद्ध रतलाम अब खेलों में भी अपनी अलग पहचान बना रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा देश में खेलों को प्रोत्साहित कर खेल गतिविधियों का विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अब हमारे खिलाड़ी ओलंपिक से पदक जीत कर आते हैं। प्रदेश में नदी जोड़ो की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि देश के पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेई से प्रेरणा लेकर मध्यप्रदेश ने अग्रणी पहल की है। नदी जोड़ो की 2 बड़ी परियोजनाओं को हाथ में लिया गया है। पिछले दिनों प्रधानमंत्री श्री मोदी द्वारा पार्वती-चंबल-कालीसिंध नदी परियोजना का जयपुर में भूमि-पूजन किया गया है जिसका लाभ प्रदेश के अन्य जिलों के साथ रतलाम जिले को भी मिलेगा। पेयजल, सिंचाई उद्योगों के लिए प्रचुर मात्रा में पानी की उपलब्धता सुलभ होगी। प्रदेश सरकार सिंचाई उद्योगों आदि क्षेत्रों में बेहतरी के लिए प्रतिबद्ध है। प्रदेश के बजट को सवा तीन लाख करोड़ से दोगुना कर आगामी 5 वर्षों में 7 लाख करोड़ रूपये तक ले जाने का लक्ष्य है। मंत्री श्री काश्यप ने कहा कि यह अत्यंत गौरव की बात है कि फाउंडेशन द्वारा इस वर्ष 25 वें खेल चेतना मेले का आयोजन किया जा रहा है। खेलों को दूरस्थ ग्रामों तक ले जाने तथा खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित खेल चेतना मेले में अब क्रीड़ा भारती भी सहभागिता कर रही है। सबके सहयोग से इस आयोजन को ऊंचाइयां मिली है। मंत्री श्री काश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में जिस प्रकार प्रदेश को औद्योगिक क्षेत्र में ऊंचाइयां मिल रही है, उसी तरह खेलों में भी ऊंचाइयों के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है।   recent visitors 226

अक्षय पात्र फाउंडेशन द्वारा स्वच्छ और पौष्टिक भोजन विद्यार्थियों तक पहुँचाने का पुनीत कार्य किया जा रहा : उप मुख्यमंत्री शुक्ल

भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि अक्षय पात्र फाउंडेशन द्वारा स्वच्छ और पौष्टिक भोजन विद्यार्थियों तक पहुँचाने का पुनीत कार्य किया जा रहा है। यहाँ जिस साफ़-सफ़ाई से और पोषक तत्वों की आवश्यकता को ध्यान में रखकर भोजन बनाने का कार्य किया जा रहा है, वह अनुकरणीय है। उन्होंने संस्था में कार्यरत सभी कर्मचारियों के समर्पण और सेवा-भाव की सराहना की। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने भोपाल में अक्षय पात्र फाउंडेशन की केंद्रीयकृत रसोई का अवलोकन किया। राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि अक्षय पात्र फाउंडेशन का यह प्रयास न केवल बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास में सहायक है, बल्कि यह राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम है। उन्होंने संस्था के समर्पित कर्मचारियों और प्रबंधन टीम के प्रयासों की सराहना करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि भविष्य में यह संस्था और अधिक बच्चों तक अपनी सेवाएं पहुंचाएगी और अन्य संस्थानों को भी प्रेरित करेगी। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने संस्था की स्वचालित प्रक्रिया, सुव्यवस्थित संचालन और योजनाबद्ध कार्यप्रणाली की सराहना की। उन्होंने कहा कि अक्षय पात्र फाउंडेशन न केवल बच्चों को स्वच्छ और पौष्टिक भोजन उपलब्ध करा रहा है, बल्कि यह कार्य अत्यंत प्रभावशाली और अनुकरणीय तरीके से किया जा रहा है। संस्था का सुव्यवस्थित संचालन इसके योजनाबद्ध दृष्टिकोण को दर्शाता है। भोजन वितरण के लिए विशेष वाहनों का उपयोग, समय प्रबंधन का सख्त पालन, पोषण गुणवत्ता की नियमित जाँच और प्रबंधन टीम के बीच उत्कृष्ट समन्वय इसे और अधिक प्रभावी बनाते हैं। शासकीय और निजी क्षेत्र के बीच मजबूत साझेदारी का उत्कृष्ट उदाहरण उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने राष्ट्रीय स्तर पर अक्षय पात्र फाउंडेशन के योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह मॉडल शासकीय और निजी क्षेत्र के बीच मजबूत साझेदारी का उत्कृष्ट उदाहरण है। यह संस्था पूरे भारत में 16 राज्यों और 2 केंद्र शासित प्रदेशों में 23 हज़ार से अधिक विद्यालयों में लगभग 22 लाख 50 हज़ार बच्चों को पौष्टिक भोजन प्रदान कर रही है। उल्लेखनीय है कि अक्षय पात्र फाउंडेशन के भोपाल स्थित किचन से मध्यान्ह भोजन के तहत 645 विद्यालयों के लगभग 35 हज़ार बच्चों को भोजन प्रदाय किया जा रहा है। अक्षय पात्र फाउंडेशन के भोपाल क्लस्टर के अध्यक्ष आचार्य रत्न दासा उपस्थित थे।   recent visitors 61

केजरीवाल ने किया बड़ा ऐलान, दलित छात्रों की मुफ्त विदेशी शिक्षा के लिए अंबेडकर छात्रवृत्ति की घोषणा की

नई दिल्ली दिल्ली में विधानसभा चुनावों से पहले आप सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने शनिवार को शहर के दलित छात्रों की मुफ्त विदेशी शिक्षा के लिए अंबेडकर छात्रवृत्ति की घोषणा की। केजरीवाल ने कहा कि डॉ. अंबेडकर सम्मान छात्रवृत्ति भाजपा द्वारा अंबेडकर के "अपमान" का जवाब है। स्कॉलरशिप बाबासाहेब अंबेडकर के अपमान का जवाब- केजरीवाल दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री ने आप मुख्यालय में कहा, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में बाबासाहेब डॉ. अंबेडकर का अपमान किया और उनका मजाक उड़ाया। अंबेडकर को चाहने वाले करोड़ों लोगों को इससे गहरा दुख हुआ है। केजरीवाल ने संवाददाताओं से कहा कि अंबेडकर ने कहा था कि शिक्षा ही आगे बढ़ने का रास्ता है और उन्होंने तमाम बाधाओं के बावजूद अमेरिका से पीएचडी हासिल की। आप प्रमुख ने कहा कि यह छात्रवृत्ति भाजपा द्वारा भारतीय संविधान के मुख्य निर्माता के अपमान का जवाब है। केजरीवाल ने कहा, "इस योजना के तहत दिल्ली का कोई भी दलित छात्र विदेशी विश्वविद्यालयों में शिक्षा प्राप्त कर सकेगा। अगर उन्हें ऐसे किसी विश्वविद्यालय में दाखिला मिलता है तो दिल्ली सरकार उनकी शिक्षा, यात्रा और आवास का पूरा खर्च वहन करेगी।" सरकारी कर्मचारियों के बच्चे भी योजना के पात्र होंगे सरकारी कर्मचारियों के बच्चे भी इस योजना के लिए पात्र होंगे, उन्होंने कहा, हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि छात्रवृत्ति कैसे और कब दी जाएगी। फरवरी में होने वाले चुनावों से पहले, आप सुप्रीमो ने वादा किया है कि अगर उनकी पार्टी सत्ता में लौटती है तो सभी वयस्क महिलाओं को 2,100 रुपये प्रति माह और वरिष्ठ नागरिकों को सरकारी और निजी अस्पतालों में मुफ्त इलाज दिया जाएगा। recent visitors 89

राजा भैया ने बाबा बागेश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का समर्थन किया, शंकराचार्यों को दी नसीहत…

प्रतापगढ़  उत्तर प्रदेश के कद्दावर नेताओं में से एक जनसत्ता पार्टी लोकतांत्रिक के अध्यक्ष रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया का एक पॉडकास्ट चर्चा का विषय बना हुआ है। इस पॉडकास्ट में राजा भैया हिंदुओं के सबसे बड़े धर्मगुरु शंकराचार्य के बयानों पर सवाल उठाते दिखे हैं। उन्होंने आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के हिंदुओं का नेता बनने वाले बयान पर आयोजित क्युमिटी पॉडकास्ट स्पेस में कई मुद्दों को गंभीरता से उठाया। स्पेस में उन्होंने हिंदू जन जागरण के लिए बाबा बागेश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की यात्रा की सराहना की। साथ ही, उन्होंने शंकराचार्यों के धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री को भला-बुरा कहने के मसले पर नाराजगी जताई। कुंडा विधायक राजा भैया ने शंकराचार्यों के बयान पर ऐतराज जताते हुए कहा कि यह सनातन एकता के लिए ठीक नहीं है। पॉडकास्ट में राजा भैया ने चारों शंकराचार्यों को नसीहत दे दी कि उन्हें केरल और पश्चिम बंगाल में जाकर धरना देना चाहिए। दरअसल, पश्चिम बंगाल और केरल से हिंदुओं पर अत्याचार की खबरें सामने आती रही हैं। इस मामले में किसी भी हिंदू धर्म के सर्वोच्च नेता की ओर से सवाल न उठाए जाने की बात कही जाती रही है। कई राजनीतिक दल भी इन मामलों पर चुप्पी साध लेते हैं। पॉडकास्ट में राजा भैया ने क्या कहा? राजा भैया ने पॉडकास्ट में साफ तौर पर कहा कि हमें अपनी बात आम लोगों तक पहुंचाने की जरूरत है। हमें एकजुट होने के लिए कार्य करना है। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति बुद्धिजीवी या परास्नातक नहीं है। इस बात का ध्यान रखने की जरूरत है। उन्होंने आगे कहा कि जो हमारा है, उसका हम दावा करेंगे। हम भी स्वयंसेवक रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह इतिहास के सत्य पुनर्लेखन का दौर है। जिन मुद्दों को दबाया गया है, उसे उजागर किया जा रहा है। संभल मुद्दे पर जताया आश्चर्य कुंडा विधायक ने संभल का मुद्दा उठाते हुए वहां की ताजा स्थिति पर आश्चर्य जताया। उन्होंने कहा कि आज संभल में अगर बिजली का मीटर बदला जाना है तो अर्द्धसैनिक बलों को लेकर जाना पड़ रहा है। ऐसे लग रहा है कि सीमा पर हमला करने जाना पड़ रहा है। आपलोगों ने भी टीवी पर स्थिति को देखा होगा। राजा भैया ने कहा कि विद्युत मीटर तो बिजली विभाग का कर्मचारी बदलता है। हमने यह बात विधानसभा में भी कही। जनसत्ता पार्टी अध्यक्ष ने कहा कि यूपी में योगी जी के रहने के बाद भी बिजली का मीटर बदलने और कटिया चेक करने की सामान्य प्रक्रिया में भी प्रशासनिक अधिकारी पर है। यह आप सबने देखा है। इससे स्थिति की गंभीरता को समझा जा सकता है। हिंदू लीडर की बताई जरूरत राजा भैया ने पॉडकास्ट में एक वक्ता के हिंदू लीडर की जरूरत को सही करार देते हुए कहा कि हां, हमें हिंदू नेता की जरूरत है। साथ ही, उन्होंने कहा कि आपने देखा होगा, एक युवा धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री जी सनातन एकता यात्रा निकालते हैं और उनके समर्थन में जितने लोग आए, उससे अधिक विरोध में उतर गए। यहां तक कि पूज्य शंकराचार्य भी उन्हें ढोंगी और पाखंडी बताने लगे। राजा भैया ने कहा कि हमें परायों से दिक्कत नहीं है। हमारे अपने ही हम पर प्रहार करने लगते हैं, यह दिक्कत वाली बात है। इससे हम कमजोर होते हैं। इससे हम हतोत्साहित होते हैं। हमें केवल इतना करना होगा कि अगर कोई सनातनी धर्म के लिए अपने स्तर पर कुछ काम कर रहा है तो उसे हतोत्साहित न करें। उस पर सवाल न उठाएं। राजा भैया ने आगे कहा कि मुस्लिमों में आप देखिए। चाहे दाउद हो, चाहे मुख्तार हो या अतीक हो, कभी भी मुस्लिम धर्मगुरुओं की ओर से उनकी बुराई नहीं सुनी होगी। इन लोगों के कृत्यों के बारे में हर किसी ने सुन रखा है। लेकिन, कभी कोई आवाज उनकी तरफ से उठती सुनी है आपने? शंकराचार्यों से किया अनुरोध राजा भैया ने कहा कि हिंदू धर्म के सर्वोच्च धार्मिक नेता चारों शंकराचार्य अगर केरल और बंगाल की सड़कों पर बैठकर धरना देते हैं तो सोचिए कितना बड़ा समाचार बनेगा। हिंदुओं का कितना उत्साह बढ़ेगा? आखिर वे हैं क्यों? दरअसल, राजा भैया ने इन राज्यों में हिंदुओं पर अत्याचार के मसले पर यह बात कही। उन्होंने आगे कहा कि महाकुंभ का आयोजन हो रहा है। इसमें सभी लोग आमंत्रित हैं। कुंडा विधायक ने कहा कि महाकुंभ में हिंदुओं के मुद्दों पर काम करने वालों को अपने विचार रखने का मंच तैयार किया गया है। पूरे भारत के सनातनी हिंदू वहां रहेंगे। हर जाति, बिरादरी के लोग वहां मौजूद रहेंगे। महाकुंभ से हिंदुत्व की आवाज, महाध्वनि गुंजायमान हो, इस प्रकार का हमारा प्रयास होना चाहिए। recent visitors 173