उपराष्ट्रपति धनखड़ नरसिंहपुर में 26 मई को करेंगे कृषि उद्योग समागम का शुभारंभ

 भोपाल  प्रदेश में वर्ष 2025 को उद्योग एवं रोजगार वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। इन्वेस्ट मध्यप्रदेश के अंतर्गत अनंत संभावनाओं के दृष्टिगत नरसिंहपुर में 26 मई को कृषि उद्योग समागम का आयोजन होगा। उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, राज्यपाल मंगुभाई पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 26 मई को  कार्यक्रम का शुभारंभ करेंगे। तीन दिन के कृषि उद्योग समागम में कृषि अधारित उद्योग इकाइयों का शिलान्यास एवं लोकार्पण तथा उद्योगपतियों को भूमि आवंटन पत्र एवं आशय पत्रों का वितरण भी होगा। साथ कृषि उत्पादों की प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी कार्यक्रम को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि 26 मई को नरसिंहपुर जिले में किसान उद्योग समागम मेले का आयोजन किया जाएगा। तीन दिवसीय इस मेले में अत्याधुनिक कृषि यंत्रों का प्रदर्शन किया जाएगा। आने वाले समय में रीवा सतना और चंबल में भी ऐसे ही मेले आयोजित किये जाऐंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि शासन ने हर खेत में सिंचाई के लिये पानी पहुचाने का संकल्प लिया है। पहले प्रदेश के 7 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई की सुविधा थी जिसे बढ़ाकर 55 लाख हेक्टेयर सिंचाई क्षमता विकसित कर ली गई है। आने वाले समय में 100 लाख हेक्टेयर में सिंचाई के लिए जल उपलब्ध कराया जाएगा। कार्यक्रम का उद्देश्य- "कृषि उद्योग समागम 2025" का आयोजन मध्यप्रदेश में कृषि आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने, खाद्य प्रसंस्करण में निवेश आकर्षित करने, और किसानों को बेहतर बाजार से जोड़ने के लिए किया जा रहा है। यह समागम उद्योगपतियों कृषक उत्पादक संगठनों एवं नीति निर्माताओं के बीच संवाद, नीति प्रस्तुति एवं सहयोग के अवसर प्रदान करेगा। राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने, खेती को लाभकारी बनाने की दिशा में हरसंभव प्रयास कर रही है। मध्यप्रदेश का किसान सम्पन्न होगा तो प्रदेश और देश भी समृद्ध होगा। राज्य सरकार युवा, महिला और किसानों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। कृषि उद्योग समागम में आधुनिक कृषि तकनीकों व उपकरणों की प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी। समागम में कृषि के साथ खाद्य प्र-संस्करण, उद्यानिकी और पशुपालन से संबंधित जानकारी मिलेगी।   recent visitors 49

गढ़चिरौली में हुआ बड़ा एनकाउंटर, पुलिस के साथ मुठभेड़ में चार हार्डकोर नक्सली ढेर

गढ़चिरौली गढ़चिरौली में महाराष्ट्र छत्तीसगढ़ सीमा पर पुलिस ने मुठभेड़ में चार खतरनाक नक्सलियों को ढेर कर दिया. साथ ही पुलिस ने एक सेल्फ लोडिंग राइफल, दो 303 राइफल बरामद किया गया. इसके अलावा मौके से वॉकी-टॉकी, कैंपिंग का सामान भी जब्त किया गया है. दरअसल, महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा पर नक्सलियों के समूहों की मौजूदगी के बारे में विश्वसनीय खुफिया जानकारी मिली थी, जिसके आधार पर, एडिशनल एसपी रमेश और 12 सी60 पार्टियों (300 कमांडो) और सीआरपीएफ के एक कंपोनेंट के नेतृत्व में गुरुवार (22 मई) को दोपहर को कवांडे और नेलगुंडा से इंद्रावती के तट की ओर भारी बारिश के बीच एक अभियान शुरू किया गया था. गढ़चिरौली पुलिस के मुताबिक शुक्रवार (23 मई) की सुबह, माओवादियों ने सी60 कमांडो पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी, जिसके कारण फोर्स ने प्रभावी जवाबी कार्रवाई की. लगभग दो घंटे तक रुक-रुक कर गोलीबारी जारी रही. इस फायरिंग में चार माओवादी मारे गए. उन्होंने बताया कि करीब दो घंटे तक मुठभेड़ चली और बाद में सुरक्षा बलों ने इलाके की तलाशी ली, जिसमें चार माओवादियों के शव बरामद हुए। बयान के अनुसार, घटनास्थल से एक ऑटोमैटिक सेल्फ-लोडिंग राइफल, दो .303 राइफल, एक भारमार बंदूक, वॉकी-टॉकी, कैंप सामग्री और नक्सली साहित्य समेत अन्य सामान बरामद किया गया. महाराष्ट्र में यह मुठभेड़ ऐसे समय हुई है, जब दो दिन पहले ही सुरक्षा बलों ने पड़ोसी छत्तीसगढ़ में 27 नक्सलियों को मार गिराया था, जिनमें उनका शीर्ष नेता बसवराजू भी शामिल था. recent visitors 49

यूनुस के प्रोजेक्ट को आर्मी चीफ ने कह दिया ‘Bloody corridor’, ढाका के गलियारों में सत्ता के लिए जोर आजमाइश!

 ढाका बांग्लादेश की राजनीति में फिर एकबार तख्तापलट की आहट सुनाई देने लगी है। खबर है कि मुहम्मद यूनुस ने इस्तीफे का मन बना लिया है। इस बीच  ढाका में एक बड़ी घटना देखने को मिली। अंतरिम सरकार के प्रमुख मुहम्मद यूनुस ने विदेश मंत्रालय में शीर्ष स्तर पर बदलाव करते हुए विदेश सचिव जाशिम उद्दीन को अस्थायी रूप से कार्यमुक्त कर दिया। विदेश मंत्रालय के एक आदेश के अनुसार, ‘‘यह निर्णय लिया गया है कि विदेश सचिव जाशिम उद्दीन को जिम्मेदारियों से मुक्त किए जाने की पृष्ठभूमि में अग्रिम आदेश तक एम रुहुल आलम सिद्दीक विदेश सचिव के नियमित कामकाज संभालेंगे।’’ विदेश मंत्रालय के एक महानिदेशक के हस्ताक्षर वाले संक्षिप्त आदेश में कहा गया कि यह 23 मई से प्रभावी होगा और इसे जनहित में जारी किया गया है। खबरों के मुताबिक, सरकार ने जाशिम उद्दीन को करीब दो सप्ताह पहले अज्ञात कारणों से हटाने का फैसला किया था। दो दिन पहले ‘द डेली स्टार’ अखबार ने लिखा कि विदेश मंत्रालय में इन खबरों को लेकर अनिश्चितता का माहौल है कि जाशिम उद्दीन को हटाया जाएगा, वहीं जूनियर मंत्री के ओहदे के साथ विदेश मामलों के लिए मुख्य सलाहकार के विशेष सहायक नियुक्त किए गए एक अन्य सेवानिवृत्त राजनयिक सूफीउर रहमान ने अभी तक कामकाज नहीं संभाला है। हालांकि विदेश मामलों के सलाहकार एम तौहीद हुसैन ने बुधवार को कहा कि हाशिम उद्दीन ने अपनी मौजूदा जिम्मेदारियों को छोड़ने की मंशा जताई है और यह उन्हें पद से हटाने जैसा नहीं है। आपको बता दें कि बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के प्रमुख प्रोफेसर मोहम्मद यूनुस इस्तीफा देने पर विचार कर रहे हैं, क्योंकि राजनीतिक दलों के बीच सहमति नहीं बन पाने के कारण उन्हें काम करना मुश्किल लग रहा है। बीबीसी बांग्ला सेवा ने देर रात नेशनल सिटिजन पार्टी के प्रमुख नाहिद इस्लाम के हवाले से यह खबर दी। इस्लाम ने बीबीसी बांग्ला से कहा, ‘‘हम आज सुबह से ही सर (यूनुस) के इस्तीफे की खबर सुन रहे हैं। इसलिए मैं इस मुद्दे पर चर्चा करने के लिए सर से मिलने गया था। उन्होंने कहा कि वह इस बारे में सोच रहे हैं। उन्हें लगता है कि स्थिति ऐसी है कि वह काम नहीं कर सकते।’’ छात्रों के नेतृत्व वाली नेशनल सिटिजन पार्टी (एनसीपी) के संयोजक ने कहा कि मुख्य सलाहकार यूनुस ने आशंका जताई कि देश की मौजूदा स्थिति में वह काम नहीं कर पाएंगे। इस्लाम के मुताबिक यूनुस ने कहा, ‘‘जब तक राजनीतिक दल सहमति नहीं बना लेते, मैं काम नहीं कर पाऊंगा।’’ इस साल फरवरी में यूनुस के मार्गदर्शन में राजनीतिक पटल पर उभरे एनसीपी के नेता ने कहा कि उन्होंने यूनुस से कहा कि ‘‘देश की सुरक्षा और भविष्य के लिए मजबूत बने रहें और जन-विद्रोह की उम्मीदों पर खरा उतरें।’’ इस्लाम के मुताबिक, उन्होंने मुख्य सलाहकार से कहा कि उन्हें उम्मीद है कि राजनीतिक दल एकजुट होकर उनके साथ सहयोग करेंगे और ‘‘मुझे उम्मीद है कि हर कोई उनके साथ सहयोग करेगा’’। आर्मी चीफ ने कह दिया 'Bloody corridor'   बांग्लादेश की राजनीति उथल-पुथल के दौर से गुजर रही है. आखिर क्या हुआ कि मोहम्मद यूनुस अपनी जिम्मेदारी छोड़ना चाह रहे हैं. बांग्लादेश के अंतरिम सरकार के प्रमुख के पद से इस्तीफा देने की उनकी पेशकश बांग्लादेश में पावर स्ट्रगल की कहानी बता रही है. बांग्लादेश आर्मी इस सत्ता संघर्ष का एक प्रमुख घटक है. बांग्लादेश आर्मी के चीफ जनरल वकार उज जमा ने मोहम्मद यूनुस को तीन ऐसे संदेश दिए जिस राजनीतिक गलियारों में चेतावनी समझा गया. वकार उज जमान ने मोहम्मद यूनुस को कहा कि दिसंबर तक देश में चुनाव कराएं, सैन्य मामलों में दखल न दें और म्यांमार के साथ Bloody corridor को बंद करें. देश की अंतरिम सरकार के चीफ के फैसले के लिए Bloody corridor जैसे शब्दों का इस्तेमाल ने मोहम्मद यूनुस को अपनी कमजोरी का एहसास करा दिया. मोहम्मद यूनुस पर ये राजनीतिक हमला तो सेना की ओर से था दूसरी ओर छात्रों के नए नए बने राजनीतिक दल एनसीपी के लगातार प्रदर्शन ने मोहम्मद यूनुस को कुंठा में डाल दिया. अर्थशास्त्री मोहम्मद यूनुस पिछले 9 महीने से राजनेता यूनुस बनने की अपनी कोशिशों में लगातार असफल हो रहे थे. 'Bloody corridor' की कहानी क्या है? मोहम्मद यूनुस की मुश्किलों में उस कॉरिडोर का अहम रोल था जो बांग्लादेश को म्यांमार से जोड़ रहा था. इस कॉरिडोर का नाम चटगांव-राखिन कॉरिडोर है. ये कॉरिडोर बांग्लादेश से म्यांमार में रोहिंग्याओं तक सामान की सप्लाई पहुंचाने के लिए बनाए जाने की योजना है मोहम्मद यूनुस के विदेशी मामलों सलाहकार तौहीद हुसैन ने सेना को विश्वास में लिए बिना एकतरफा घोषणा कर दी थी कि अंतरिम सरकार ने संयुक्त राष्ट्र द्वारा प्रस्तावित राखिन गलियारे पर सहमति व्यक्त की है. तौहीद हुसैन का ये बयान बांग्लादेश की आर्मी को नकारने जैसा था. इससे बांग्लादेश में यह चिंता बढ़ गई कि यह गलियारा उसकी संप्रभुता पर असर डाल सकता है. बांग्लादेश में एक थ्योरी यह भी चल रही है कि अमेरिका अपने सामरिक और भू-रणनीतिक फायदे के लिए इस प्रोजेक्ट को आगे बढ़ा रहा है. बांग्लादेश के सुरक्षा विशेषज्ञों ने राखिन गलियारे पर चिंता जताई है. सुरक्षा विशेषज्ञों को चिंता है कि राखिन क्षेत्र में अराकान आर्मी जैसे विद्रोही समूहों की बढ़ती गतिविधियां और म्यांमार की सीमा पर उनके नियंत्रण से बांग्लादेश में अस्थिरता फैल सकती है. उदाहरण के लिए, अराकान आर्मी ने हाल ही में बांग्लादेश-म्यांमार सीमा पर कई चौकियों पर कब्जा कर लिया है, जिससे सीमा पार से हथियारों, आतंकवादी गतिविधियों और घुसपैठ का जोखिम बढ़ गया है. दूसरा डर रोहिंग्या घुसपैठियों को लेकर है. सुरक्षा विशेषज्ञों को डर है कि राखिन गलियारा रोहिंग्या शरणार्थियों की स्थिति को और जटिल कर सकता है. बांग्लादेश पहले से ही 10 लाख से अधिक रोहिंग्या शरणार्थी मौजूद हैं, और गलियारे के खुलने से म्यांमार से और अधिक शरणार्थी बांग्लादेश में प्रवेश कर सकते हैं. इस गलियारे को लेकर बांग्लादेश की इस तरह की व्याख्या की जा रही है कि यूनुस और उनके वफादार चुनाव के बिना सत्ता में बने रहने की अमेरिकी मांग के आगे झुक रहे हैं. बांग्लादेश आर्मी का स्पष्ट और मुखर विरोध लेकिन बांग्लादेश की आर्मी ने इस कॉरिडोर को अंतरिम सरकार द्वारा रेड लाइन क्रॉस करना समझा और इसका … Read more

इंदौर में बनेगा भव्य रणजीत लोक, पाथ-वे की दीवारों पर रामायण और सुंदरकांड की झलक

इंदौर इंदौर में रणजीत हनुमान मंदिर का कायापलट होने जा रहा है। यहां रणजीत लोक बनाकर मंदिर का जीर्णोद्धार और सौंदर्यीकरण किया जाएगा। इस पर कुल 7 करोड़ रुपए खर्च होंगे। प्लान तैयार हो चुका है, टेंडर की प्रक्रिया भी पूरी हो गई है। मंदिर के पुजारी पं. दीपेश व्यास ने कहा- रणजीत हनुमान मंदिर 135 साल से भी ज्यादा पुराना है। यहां इंदौर ही नहीं, आस-पास के जिलों से भी श्रद्धालु आते हैं। मंगलवार और शनिवार को यहां भक्तों की संख्या हजारों में पहुंच जाती है। मंदिर प्रशासक एनएस राजपूत ने बताया कि रणजीत लोक तैयार होने के बाद श्रद्धालु मंदिर के पास बने बड़े मैदान से प्रवेश करेंगे। वहां से एक पाथ-वे के माध्यम से छोटी पार्किंग तक पहुंचेंगे। पाथ-वे में जिग-जैग पैटर्न पर रेलिंग लगाई जाएंगी। इनकी संख्या भीड़ के अनुसार घटाई या बढ़ाई जा सकेगी।इसके बाद श्रद्धालु दत्त मंदिर से होते हुए दर्शन की मुख्य लाइन में पहुंचेंगे। भगवान के दर्शन कर वहीं से वापस बाहर निकलेंगे। पाथ-वे की दीवारों पर रामायण और सुंदरकांड की झलक मंदिर प्रशासक राजपूत ने बताया- यहां सभी तरह के मौसम के मुताबिक व्यवस्थाएं जुटाई जाएंगी ताकि सर्दी, गर्मी और बारिश में भक्तों को परेशानी न हो। बैठने के लिए नई बेंच लगेंगी। बाउंड्रीवाल भी बनाई जाएगी।25 फीट का पाथ-वे बनेगा, इसकी दीवारों पर पत्थरों से भगवान हनुमान से जुड़े दृश्य उकेरे जाएंगे। रामायण और सुंदरकांड को तस्वीरों में दर्शाया जाएगा। छत पर कशीदाकारी, बाउंड्रीवॉल पर रंगबिरंगी रोशनी रणजीत लोक की छत पर भी कशीदाकारी की जाएगी। बाउंड्रीवॉल पर रंगबिरंगी लाइटिंग लगेगी। यहां भी सुंदरकांड का चित्रण होगा। मंदिर का एक्सटेंशन 40 फीट आगे तक होगा। नया मुख्य द्वार बनेगा। शेड तैयार किए जाएंगे।मंदिर परिसर में ही पुलिस चौकी बनाई जाएगी। नया जूता स्टैंड, पेय जल की व्यवस्था की जाएगी। बेबी फीडिंग रूम और बुजुर्गों के लिए अन्य सुविधाएं जुटाई जाएंगी। भक्त पाथ-वे के जरिए दर्शन करने जाएंगे। यहां एलईडी पर भगवान के लाइव दर्शन होंगे।स्मार्ट सिटी संभाल रहा निर्माण की जिम्मेदारी मंदिर प्रशासक राजपूत ने बताया- रणजीत लोक निर्माण की जिम्मेदारी नोडल एजेंसी इंदौर स्मार्ट सिटी को दी गई है। इसके लिए मंदिर के फंड और दान की राशि का उपयोग किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अगले हफ्ते इसका काम शुरू किया जा चुका है। पांचवीं पीढ़ी संभाल रही पूजा-अर्चना का काम वर्तमान पुजारी पं. दीपेश व्यास के परदादा स्व. पं. भोलाराम व्यास इस मंदिर के संस्थापक पुजारी थे। उनकी पांचवीं पीढ़ी मंदिर में पूजा-अर्चना कर रही है। व्यास ने कहा- शुरुआत में बाबा रणजीत टीन से बने शेड में विराजमान थे। 1960 में गार्डर-फर्शी से पक्का निर्माण किया गया। 1992 में आरसीसी छत डाली गई। व्यास के अनुसार, होलकर राजा जब भी युद्ध के लिए जाते थे तो यहां पूजा-हवन करते थे। विजय की कामना के साथ यहां आते और फिर युद्ध के लिए जाते थे इसलिए मंदिर का नाम रणजीत हनुमान पड़ा। उन्होंने कहा- पौष माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी पर यहां रणजीत अष्टमी मनाई जाती है। सुबह 5 बजे प्रभात फेरी निकाली जाती है। दिनभर पूजा-अर्चना और विशेष आरती की जाती है। 21 लाख रुपए के रथ पर सवार होकर रणजीत हनुमान नगर भ्रमण करते हैं। महाकाल लोक के बाद अब मध्यप्रदेश में हनुमान लोक नजर आएगा। इसका निर्माण सौंसर के जाम सांवली में होगा। मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड 314 करोड़ की लागत से करीब 30 एकड़ में इसका निर्माण करवा रहा है। उज्जैन के महाकाल लोक की तर्ज पर 6 फेज में हनुमान लोक कॉरिडोर का काम होगा। फर्स्ट फेज में 35 करोड़ की लागत से एंट्रेंस प्लाजा से हनुमान लोक तक का काम किया जाएगा। recent visitors 51

मुख्यमंत्री साय बोले – व्यर्थ नहीं जाएगा शहीद जवानों का सर्वोच्च बलिदान, नक्सलवाद के समूल नाश का संकल्प करेंगे पूरा

रायपुर, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने  बीजापुर जिले के उसूर क्षेत्र में नक्सल विरोधी अभियान के दौरान अदम्य साहस का परिचय देते हुए शहीद सीआरपीएफ कोबरा बटालियन के कांस्टेबल श्री सोलंकी मेहुल भाई नंदलाल को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और पार्थिव शरीर को कंधा देकर उनके गृह राज्य रवानगी से पूर्व अंतिम विदाई दी। मुख्यमंत्री आज माना स्थित चौथी वाहिनी छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल परिसर पहुंचकर शहीद के पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र अर्पित किए और उन्हें नमन किया।   मुख्यमंत्री श्री साय इस मौके पर शहीद के परिजनों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त की और ईश्वर से उन्हें इस कठिन समय में शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद मेहुल भाई की वीरता और देशभक्ति हमेशा याद रखी जाएगी। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि पिछले एक वर्ष से नक्सल विरोधी अभियान तेज हुई है और हमारे जवानों ने नक्सलवाद से डटकर मुकाबला कर बड़ी सफलताएं हासिल की है। उन्होंने कहा कि मार्च 2026 तक नक्सलवाद के समूल नाश का अपना संकल्प हम पूरा करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि जवानों की शहादत व्यर्थ नहीं जाएगी। सरकार शहीद परिवार के साथ खड़ी है और उन्हें हर संभव सहयोग करेगी। कांस्टेबल सोलंकी मेहुल भाई का बलिदान  वीरता और राष्ट्र के प्रति समर्पण की सर्वोच्च परंपरा को दर्शाता है।           इस अवसर पर प्रदेश के गृह मंत्री श्री विजय शर्मा, विधायक श्री मोतीलाल साहू, विधायक श्री पुरन्दर मिश्रा, पुलिस महानिदेशक श्री अरुण देव गौतम सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं नागरिकगण उपस्थित थे। recent visitors 40

मोहसिन खान के खिलाफ तीन युवतियों ने शारीरिक शोषण का केस दर्ज करवाया, एकेडमी के बाहर हुई नारेबाजी, परिवार भी फरार

इंदौर दौर में शूटिंग एकेडमी के संचालक मोहसिन खान ने निशानेबाजी सिखाने के बहाने कोच बनकर कई हिंदू लड़कियों को सुनियोजित ढंग से शारीरिक शोषण का शिकार बनाया। उसके मोबाइल से पुलिस ने 10 अलग-अलग युवतियों के आपत्तिजनक वीडियो बरामद किए हैं। उसके खिलाफ फिलहाल तीन युवतियों ने प्रकरण दर्ज कराए हैं। एक पीड़िता ने पुलिस को जानकारी दी है कि आरोपित मोहसिन हिंदू युवतियों को जबरदस्ती नानवेज खिलाने और उन्हें पूजा-पाठ से दूर रहने का दबाव भी बनाया करता था। महू के प्रजापत मोहल्ला निवासी मोहसिन खान अन्नपूर्णा क्षेत्र की सिल्वर ऑक्स कॉलोनी में ड्रीम ओलंपिक शूटिंग एकेडमी का संचालन कर रहा था। रायफल पकड़ने का तरीका बताने के बहाने गलत ढंग से छुआ मंगलवार को मल्हारगंज क्षेत्र निवासी एक युवती ने उसके खिलाफ छेड़छाड़ का केस दर्ज कराया था। निशानेबाजी सीखने गई युवती को मोहसिन ने रायफल पकड़ने का तरीका बताने के बहाने गलत ढंग से छुआ। विरोध करने पर उसको धमकाया तो पीड़िता ने एकेडमी आना छोड़ दिया। इसके बाद बाकी पीड़िताएं भी सामने आईं। नेशनल लेवल पर खिलाने का झांसा देकर शोषण किया अगले ही दिन गुरुवार को विदुरनगर क्षेत्र की एक अन्य युवती थाने पहुंची और मोहसिन खान के खिलाफ दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज करवाई। 23 वर्षीय इस युवती के अनुसार, वह साल 2022 से निशानेबाजी सीखने आ रही थी। इस बीच आरोपित मोहसिन राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर खिलाने का झांसा देकर उसका शोषण करने लगा। परेशान होकर गत दो मई से उसने एकेडमी में जाना बंद कर दिया। रिसेप्शनिस्ट पर बनाता था युवतियों को लाने का दबाव दो युवतियों के सामने आने के बाद लालबाग क्षेत्र में रहने वाली एक और युवती ने भी रिपोर्ट दर्ज कराई। उसने बताया वह मोहसिन की एकेडमी में रिसेप्शनिस्ट थी। उसका आरोप है मोहसिन द्विअर्थी बातें करता था। एकेडमी के नीचे ही उसका फ्लैट है। बहाने से वह फ्लैट में बुला लेता था। निशानेबाजी सीखने वाली युवतियों को उसके करीब लाने का दबाव बनाता था। शूटिंग एकेडमी के बाहर नारेबाजी, महू से मोहसिन का परिवार भागा एडीसीपी आनंद यादव ने कहा आरोपित को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके मोबाइल से मिले वीडियो की फोरेंसिक जांच की जाएगी। गुरुवार को हिंदू संगठन के कार्यकर्ता और रहवासियों ने ड्रीम ओलंपिक शूटिंग एकेडमी के बाहर जमकर नारेबाजी की। उन्होंने बिल्डिंग मालिक प्रहलाद मिश्रा पर भी कार्रवाई की मांग की। मोहसिन के भाई शाहिद, इमरान, भानजे दानिश और दोस्त फैजान (ट्रेनर) की भूमिका की जांच की मांग की। इसके बाद महू से मोहसिन का परिवार गायब हो गया। एसीपी शिवेंदु जोशी के मुताबिक एकेडमी की जांच होगी। हिंदू संगठनों ने थाने पर किया हंगामा  हिंदूवादी संगठनों ने पहले आरोपी की एकेडमी के सामने नारेबाजी की। इसके बाद वे अन्नपूर्णा थाने भी पहुंच गए। यहां नारेबाजी कर हंगामा किया। बताया जा रहा है कि मोहसिन का एक भाई भी राऊ इलाके के एक नामी स्कूल में शूटिंग की कोचिंग देता है। डीसीपी बोले- नकली नोट की डील भी करता था डीसीपी ऋषिकेश मीना के मुताबिक, अन्नपूर्णा थाने में कोच मोहसिन के खिलाफ दो युवतियां और शिकायत लेकर पहुंची थी। उनकी शिकायत के बाद रेप और छेड़छाड़ का केस दर्ज कर लिया है। एकेडमी कोच मोहसिन नकली नोट की डील भी कर रहा था। पुलिस को इसकी चैटिंग भी मिली है। मामले में आरोपी से पूछताछ की जाएगी। पीड़िता बोली- कोच कहता था, जैसा कहूं वैसा करना पड़ेगा नाबालिग छात्रा ने पुलिस को अपने बयान में बताया कि वह इस एकेडमी में निशानेबाजी सीखती है। यहां कोच सलीम शूटिंग राइफल चलाने की ट्रेनिंग देता है। साल 2021 से साल नवंबर 2023 तक मोहसिन खान की एकेडमी में शूटिंग की। सुबह 12 बजे से शाम 6 बजे तक वहीं रहकर प्रैक्टिस करती थी। जब कोच से प्रैक्टिस के लिए और समय की मांग करती तो वह कहता था कि मैं जैसा कहूं वैसा करना पड़ेगा, तभी अतिरिक्त समय दूंगा। पीड़ित छात्रा ने बताया कि शूटिंग में ज्यादा समय बिताने और करियर बनाने की बात कहकर वह युवतियों से मनचाहा काम कराता है। न करने पर करियर बर्बाद करने की धमकी देता था। 2 पीड़िताएं पहुंची थाने गुरुवार शाम दो अन्य पीड़िताएं अन्नपूर्णा थाने पहुंचीं। युवतियों ने बताया कि उन्होंने राइफल शूटिंग की ट्रेनिंग के लिए ड्रीम ओलंपिक अकादमी ज्वाइन की थी, जहां कोच मोहसिन ने एक के साथ दुष्कर्म और दूसरी के साथ छेड़छाड़ की। मामले में बजरंग दल की मदद से एफआईआर दर्ज कराई गई है। बजरंग दल के जिला प्रमुख अनिल पाटिल ने बताया की मोहसिन खान लंबे समय से युवतियों को प्रेमजाल में फंसा कर उनका शोषण कर रहा था। उसके मोबाइल से 150 से ज्यादा अश्लील चैट और कई वीडियो मिले हैं। सिल्वर ऑक्स कॉलोनी के लोगों ने खोला मोर्चा वहीं सिल्वर ऑक्स कॉलोनी में रहने वाले लोगों ने मोहसिन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। रहवासियों का कहना है कि जिस मकान में शूटिंग अकादमी चलाई जा रही थी, वहां छत पर अवैध रूप से पेंटहाउस बनाकर लड़कियों के साथ दुष्कर्म जैसी घटनाएं की गईं। स्थानीय लोगों ने मकान मालिक पर भी कार्रवाई की मांग की है। नगर निगम करेगा कार्रवाई रहवासी शिवानी पटेरिया ने बताया की बिना अनुमति के पेंटहाउस बनाकर वहां कोचिंग चलाई जा रही थी। मोहसिन को मकान किराए पर दिया गया और वहीं ये सब हो रहा था। मकान मालिक पर भी FIR होनी चाहिए। हमने कई बार शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। अब पूरा मामला सामने आया है, तो प्रशासन को सख्त कदम उठाना चाहिए। इस पूरे मामले में नगर निगम ने भी संज्ञान लिया है। क्षेत्रीय पार्षद अभिषेक बबलू शर्मा ने बताया कि महापौर पुष्यमित्र भार्गव के निर्देश पर पेंटहाउस की जांच करवाई जा रही है और यदि निर्माण अवैध पाया गया, तो उसे तोड़ा जाएगा। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। आशंका है कि मोहसिन खान से जुड़ी और भी पीड़िताएं सामने आ सकती हैं। जानिए FIR में छात्रा ने क्या आरोप लगाए सिखाने के बहाने कोच ने किया बैड टच नाबालिग छात्रा ने शिकायत में बताया- मै इंदौर की रहने वाली हूं। ड्रीम ओलिंपिक एकेडमी सिल्वर ऑक्स कॉलोनी में प्रैक्टिस करती हूं। मेरी एकेडमी का कोच मोहसिन खान पिता सलीम खान उम्र 38 साल निवासी … Read more

‘यदि हिन्दुस्तान हमारा पानी रोक देंगा , तो हम आपकी सांस बंद कर देंगे -लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी

लाहौर पाकिस्तानी सैन्य प्रवक्ता लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी ने भारत के खिलाफ जहर उगला है. भारत को लेकर उनकी हालिया तकरीर वैसी ही है, जैसी आतंकवादी हाफिज सईद की होती है. 26 नवंबर, 2008 को मुंबई में कई जगहों पर हुए आतंकवादी हमलों के मास्टरमाइंड हाफिज सईद का भारत और अमेरिका के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने का इतिहास रहा है. पाकिस्तानी सेना के प्रोपेगेंडा विंग 'इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस' के डीजी (ISPR DG) अहमद शरीफ चौधरी ने हालिया भारत विरोधी बयानबाजी पाकिस्तान के एक विश्वविद्यालय में भाषण के दौरान की. पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत द्वारा सिंधु जल संधि (Indus Waters Treaty) को निलंबित करने का जिक्र करते हुए ने चौधरी ने कहा, 'यदि आप (हिन्दुस्तान) हमारा पानी रोक देंगे, तो हम आपकी सांस बंद कर देंगे.' इंडस वाटर ट्रीटी भारत और पाकिस्तान के बीच सिंधु नदी और उसकी पांच सहायक नदियों- सतलुज, ब्यास, रावी, झेलम और चिनाब- के जल बंटवारे और प्रबंधन की शर्तों से संबंधित है. यह संधि भारत और पाकिस्तान के बीच नियमित रूप से सूचनाओं के आदान-प्रदान को भी अनिवार्य बनाती है. विश्व बैंक इस संधि में बतौर मध्यस्थ शामिल है. इस बीच, भारत ने विभिन्न अवसरों पर यह स्पष्ट कर दिया है कि 'खून और पानी एक साथ नहीं बह सकते'. 22 अप्रैल को पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद, भारत ने 23 अप्रैल को पाकिस्तान के खिलाफ कई बड़े कदम उठाए थे, जिसमें सिंधु जल संधि को निलंबित करना भी शामिल था. भारत ने इस संधि को तब तक स्थगित रखने का फैसला किया है जब तक पाकिस्तान सीमा पार आतंकवाद को अपना समर्थन देना बंद नहीं कर देता. इसके अलावा अटारी सीमा पर इंटीग्रेटेड चेक पोस्ट को भी तत्काल बंद कर दिया गया था. इसके बाद भारत ने 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया, जिसके तहत पाकिस्तान और उसके कब्जे वाले कश्मीर में जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिदीन से जुड़े नौ आतंकी ठिकानों पर एयर स्ट्राइक की गई थी. भारत की इस कार्रवाई में बहावलपुर में जैश और मुरीदके में लश्कर के हेडक्वार्टर नेस्तनाबूद हो गए. पाकिस्तान और पीओके में 9 आतंकी ठिकानों पर भारत की एयर स्ट्राइक में कम से कम 100 आतंकी मारे गए थे. इसके बाद पाकिस्तान ने भारत पर हमले की नाकाम कोशिश की.  पाकिस्तान के ड्रोन्स और मिसाइल हमलों को भारत ने अपने मजबूत एयर डिफेंस सिस्टम से न सिर्फ निष्क्रिय कर दिया बल्कि भारतीय वायुसेना ने उसके एयर डिफेंस सिस्टम को 23 मिनट तक जाम करके 11 एयरबेसों पर बम बरसाए. भारत ने सरगोधा, नूर खान, जैकबाबाद और रहरयार खान एयरबेसों पर सटीक हमले करके पाकिस्तान की सैन्य ताकत की दुनिया के सामने पोल खोल दी. भारत के हमले इतने कारगर और प्रभावी थे कि पाकिस्तान को दो दिन में ही अपने घुटनों पर आना पड़ा और सीजफायर की गुहार लगानी पड़ी.     recent visitors 47