झामुमो, कांग्रेस, राजद वाले केंद्र की ओर से झारखंड के गरीबों के पक्के आवास के लिए भेजी राशि हड़प ली

गोड्डा पीएम नरेंद्र मोदी ने बुधवार को झारखंड के गोड्डा में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए भ्रष्टाचार के मुद्दे पर राज्य की झामुमो, कांग्रेस और राजद सरकार पर जोरदार जुबानी हमला किया। उन्होंने कहा कि इन लोगों ने केंद्र की ओर से झारखंड के गरीबों के पक्के आवास के लिए भेजी राशि हड़प ली। हर घर नल से जल योजना का पैसा खा गए। यहां तक कि गरीबों की थाली से उनके लिए भेजा गया मुफ्त अनाज भी चुरा लिया। उन्होंने कहा कि पक्का मकान के लिए केंद्र से भेजी गई राशि का उपयोग करने के बजाय झारखंड की सरकार ने अपनी कोई स्कीम शुरू की, ताकि उन्हें कट कमीशन मिलता रहे। यहां के लोगों को बालू नहीं मिलती, गिट्टी नहीं मिलती। ये सब कुछ बेचकर खा जाते हैं। यही पैसा इनके नेताओं के घरों से नोटों के पहाड़ के रूप में निकल रहा है। टीवी पर नोटों का पहाड़ दिखा, लेकिन जेएमएम-कांग्रेस को इसपर कोई शर्म नहीं आती। उन्हें जरा भी पछतावा नहीं होता। पीएम मोदी ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जेल गए कांग्रेस के मंत्री आलमगीर आलम का नाम लिए बगैर उन पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने हद तो यह कर दी कि नोटों के पहाड़ वाला जो नेता जेल गया, उसके परिवार के सदस्य को ही टिकट दे दिया। इससे पता चलता है कि इन्हें अपनी लूट-खसोट पर कोई शर्म नहीं आती। यह आपके घाव पर नमक छिड़कने का काम है। उन्होंने कांग्रेस को आरक्षण विरोधी करार देते हुए कहा कि नेहरू से लेकर राजीव गांधी तक ने हमेशा आरक्षण का विरोध किया। अब ये लोग एक जाति को दूसरी जाति से लड़ाने में लगे हैं। इनका मकसद संथाल को पहाड़िया से, मुंडा को खरवार से, उरांव को पातर जाति से लड़ाना है। इसमें जेएमएम भी कांग्रेस का साथ दे रही है। जनता इन्हें चुनावी सजा देने के मूड में है। पीएम मोदी ने झारखंड के लिए अपनी सरकार के कामकाज का जिक्र करते हुए कहा कि गोड्डा में आजादी के 75 साल तक रेल नहीं पहुंची थी। रेल तब पहुंची, जब आपने मोदी पर भरोसा किया। दर्जन भर से ज्यादा ट्रेनें यहां से चलती हैं। ट्रेन सेवाओं का इस तरह विस्तार हुआ है कि अब आप देवघर में बाबा बैद्यनाथ के दर्शन कर सीधे बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने वाराणसी जा सकते हैं। भाजपा, एनडीए सरकार झारखंड में उद्योगों को बढ़ावा दे रही है। बिजली और सीमेंट के कारखाने लगे हैं। साहिबगंज में मल्टी टर्मिनल बना है। उन्होंने सवाल उठाया कि झारखंड में जेएमएम, कांग्रेस, राजद ने लंबे समय तक राज किया है, लेकिन पलायन, गरीबी, बेरोजगारी के सिवाय दिया क्या है? यहां तक कि सीएम के क्षेत्र से भी लोग रोजगार की तलाश में पलायन कर रहे हैं। दूसरी तरफ हमारा प्रयास है कि झारखंड की पहचान पलायन से नहीं, पर्यटन से हो। पीएम मोदी ने कहा कि सिदो कान्हू, चांद भैरव, फूलो झानो जैसे शहीदों की धरती को नमन करते हुए उन्हें गर्व हो रहा है। दो दिन बाद 15 नवंबर से केंद्र सरकार पूरे देश में धरती आबा बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती धूमधाम से मनाने जा रही है। पूरे देश में झारखंड के आदिवासी महापुरुषों के भव्य स्मारक बनाए जाएंगे। उन्हें खुशी है कि वीर शहीद सिदो-कान्हू के वंशज मंडल मुर्मू भी हमारे साथ हैं। मुझे आज उन्हें सम्मानित करने का अवसर मिला। recent visitors 73

देश में लागू हुई ‘मासिक धर्म स्वच्छता नीति’, लड़कियों को पीरियड्स के दौरान मिलेगी राहत

नई दिल्ली केंद्र ने  सुप्रीम कोर्ट को सूचित किया कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा अनुमोदित “स्कूल जाने वाली लड़कियों के लिए मासिक धर्म स्वच्छता नीति” अब लागू हो गई है। स्कूली लड़कियों की मासिक धर्म स्वच्छता में सुधार पर केंद्रित नीति को 10 अप्रैल, 2023 के न्यायालय के आदेश के जवाब में 2 नवंबर, 2024 को मंजूरी दी गई थी। नीति का उद्देश्य और मुख्य बिंदु इस नीति का मुख्य उद्देश्य स्कूल जाने वाली लड़कियों में मासिक धर्म के बारे में जागरूकता बढ़ाना है। क्योंकि मासिक धर्म अक्सर उनकी गतिविधियों और शिक्षा में भागीदारी को प्रभावित करता है। इस योजना के तहत सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में लड़कियों को मासिक धर्म से संबंधित स्वच्छता सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। जिससे उन्हें सुरक्षित और स्वच्छ मासिक धर्म साधनों तक पहुंच मिलेगी। इसके साथ ही यह नीति मासिक धर्म अपशिष्ट के पर्यावरण-friendly तरीके से निपटान को भी बढ़ावा देगी। कांग्रेस नेता की मुफ्त सैनिटरी पैड वितरण की मांग यह नीति उस जनहित याचिका (PIL) के संदर्भ में है। जिसे कांग्रेस नेता जया ठाकुर ने दाखिल किया था। याचिका में कक्षा 6 से 12 तक की छात्राओं के लिए मुफ्त सैनिटरी पैड वितरण की मांग की गई है। सुप्रीम कोर्ट में इस मामले की सुनवाई 12 अक्टूबर को होगी। केंद्र सरकार की जानकारी: शौचालय और स्वच्छता किट वितरण केंद्र सरकार ने अदालत को बताया कि देश के 97.5% स्कूलों में लड़कियों के लिए अलग शौचालय उपलब्ध हैं, और दिल्ली, गोवा, और पुडुचेरी जैसे राज्य 100% अनुपालन में हैं। इसके अलावा, सरकार ने राष्ट्रीय स्तर पर मासिक धर्म स्वच्छता किट का वितरण भी शुरू किया है, ताकि छात्राओं के बीच मासिक धर्म स्वच्छता के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण को बढ़ावा दिया जा सके। मासिक धर्म स्वच्छता नीति से क्या होगा फायदा? कार्यक्रम का उद्देश्य मासिक धर्म के बारे में कम जागरूकता को दूर करना है, जो अक्सर स्कूली लड़कियों की गतिशीलता और दैनिक गतिविधियों में भागीदारी को बाधित करता है। यह सुनिश्चित करने के उपायों की रूपरेखा तैयार करता है कि सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में छात्राओं को मासिक धर्म से जुड़ी स्वच्छता सुविधाओं तक पहुंच हो। केंद्र का उद्देश्य सुरक्षित मासिक धर्म प्रथाओं और मासिक धर्म अपशिष्ट के पर्यावरण के अनुकूल उपयोग को बढ़ावा देना है। कांग्रेस नेता ने उठाई थी मुफ्त सैनिटरी पैड वितरित करने की मांग सुप्रीम कोर्ट कांग्रेस नेता जया ठाकुर द्वारा दायर एक जनहित याचिका (पीआईएल) पर सुनवाई कर रहा है, जिसमें सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और आवासीय स्कूलों में कक्षा 6 से 12 तक की लड़कियों को मुफ्त सैनिटरी पैड वितरित करने की मांग की गई है। न्यायमूर्ति जेबी पारदीवाला और न्यायमूर्ति पंकज मिथल की पीठ 12 अक्टूबर को मामले की सुनवाई करेगी। इस नीति का उद्देश्य स्कूली छात्राओं के बीच ज्ञान, दृष्टिकोण और व्यवहार में बदलाव लाने के लिए सरकार की स्कूली प्रणाली के भीतर मासिक धर्म स्वच्छता को मुख्यधारा में लाना है, ताकि कम जागरूकता की बाधाओं को दूर किया जा सके जो अक्सर उनकी स्वतंत्रता, गतिशीलता और दैनिक गतिविधियों में भागीदारी को प्रतिबंधित करती हैं,” लंबित मामले में दायर हलफनामे में कहा गया है। देश के 97.5% स्कूलों में लड़कियों के लिए अलग शौचालय केंद्र ने पहले अदालत को बताया था कि भारत में 97.5% स्कूल छात्राओं के लिए अलग शौचालय प्रदान करते हैं, जिसमें दिल्ली, गोवा और पुडुचेरी जैसे राज्य 100 प्रतिशत अनुपालन करते हैं। संस्थान ने घोषणा की कि छात्राओं को मासिक धर्म स्वच्छता किट के वितरण पर एक राष्ट्रीय पहल चल रही है। recent visitors 112

जनजातीय संस्कृति का गौरव गान ही सनातन संस्कृति का गौरव गान है : मुख्यमंत्री साय

रायपुर केन्द्रीय मंत्री एवं मुख्यमंत्री ने माटी के वीर पदयात्रा का किया भव्य शुभारंभ केन्द्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की उपस्थिति में आज छत्तीसगढ़ के जशपुर नगर में जनजातीय गौरव दिवस के उपलक्ष्य में माटी के वीर पदयात्रा का भव्य आयोजन हुआ। पदयात्रा के शुभारंभ कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए केन्द्रीय मंत्री डॉ. मंडाविया ने देश की आजादी और कोरोना काल में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा के जीवन से हमें प्रेरणा लेना चाहिए, जिन्होंने 25 वर्ष की आयु में मातृ भूमि को आजाद कराने के लिए लड़ाई लड़ी और अपना बलिदान दिया। उन्होंने कहा कि देश की आजादी की लड़ाई में 6 लाख युवाओं ने अपना बलिदान दिया। उन्होंने युवाओं से विकसित भारत के सपने को पूरा करने का संकल्प लेने तथा सामाजिक सरोकार को बढ़ावा देने के लिए आगे आने का आव्हान किया। डॉ. मंडाविया ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के आग्रह पर जशपुर नगर में सर्वसुविधायुक्त स्पोर्ट्स स्टेडियम का निर्माण कराए जाने की घोषणा की। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने माटी के वीर पदयात्रा के शुभारंभ कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि यह छत्तीसगढ़ और जशपुर के लिए सौभाग्य की बात है कि भगवान बिरसा मुंडा की 150 वीं जयंती के उपलक्ष्य में यह कार्यक्रम आयोजित हो रहा है। उन्होंने इस मौके पर भगवान बिरसा मुंडा की जयंती 15 नवम्बर को देश में जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाए जाने की घोषणा के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के प्रति आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी ने जनजातियों को गौरव करने का एक और बड़ा अवसर प्रदान किया है। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि जब-जब संस्कृति पर हमला हुआ है, जनजातीय समाज ने इसका तीव्र प्रतिकार किया है। जनजातीय संस्कृति प्रकृति से प्रेम करने की संस्कृति है। यह संस्कृति सौहार्द्र, शांति और सद्भाव की संस्कृति है। कलाओं से प्रेम करने वाली यह संस्कृति हमारी जनजातीय सनातन संस्कृति का उद्गम है। जनजातीय संस्कृति को बचाने की चिंता सनातन संस्कृति को बचाने की चिंता ही है। जनजातीय संस्कृति का गौरवगान सनातन संस्कृति का गौरवगान ही है। केन्द्रीय मंत्री एवं मुख्यमंत्री ने माटी के वीर पदयात्रा का किया भव्य शुभारंभमुख्यमंत्री ने कहा कि धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान और पीएम जनमन अभियान जनजातीय समुदायों के कल्याण के लिए संचालित की जा रही है। प्रधानमंत्री श्री मोदी जी ने जनजातीय समुदायों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के लिए एकलव्य विद्यालयों तथा आय में बढ़ोतरी के लिए वन-धन योजना प्रारंभ किया। आयुष्मान भारत योजना में जनजातीय समुदायों के लिए मुफ्त इलाज की सुविधा शुरू की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज छत्तीसगढ़ में डबल इंजन की सरकार है। हमने जनजातीय क्षेत्रों के विकास की रणनीति तय की है। हमारी सरकार जनजातीय समाज के प्राचीन गौरव और वैभव को वापस पाने के लिए काम कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद अब अपनी अंतिम सांसें गिन रहा है। लोकतंत्र की जड़ें दुर्गम क्षेत्रों तक पहुंच रही हैं। अंदरूनी गांवों में भी नियद नेल्ला नार योजना के तहत सड़क, पेयजल, बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य, संचार जैसी मूलभूत अधोसंरचनाएं पहुंच रही हैं। हमने विकसित भारत के निर्माण के लिए विकसित छत्तीसगढ़़ निर्माण का संकल्प लिया है। सभी की सहभागिता से इस लक्ष्य को हासिल किया जाएगा। जनजातीय समुदायों की अधिक से अधिक सहभागिता इस कार्य में सुनिश्चित की जाएगी। माटी के वीर पदयात्रा के शुभारंभ कार्यक्रम में धरती के आबा भगवान बिरसा मुंडा के जीवन वृत्त पर आधारित वीडियो फिल्म का प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम में खेलकूद सहित अन्य क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करने वाले जनजातीय युवाओं तथा माई भारत से जुड़े वॉलेंटियर को सम्मानित किया गया। मुंडा समाज के अध्यक्ष श्री शंकर राम बारला ने भी कार्यक्रम को सम्बोधित किया। माटी के वीर पदयात्रा कार्यक्रम के शुभारंभ स्थल पुरना नगर मैदान में जनजातीय नायकों के जीवन गाथा, जनजातीय संस्कृति एवं परंपराओं पर आधारित भव्य प्रदर्शनी लगाई गई। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री अरूण साव, आदिम जाति कल्याण मंत्री श्री रामविचार नेताम, वित्त मंत्री एवं जशपुर जिले के प्रभारी मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री टंक राम वर्मा, महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, सांसद श्री राधेश्याम राठिया एवं श्री चिंतामणी महराज, विधायक श्रीमती गोमती साय, श्रीमती रायमुनि भगत, श्री राम कुमार टोप्पो, श्री सुशांत शुक्ला, राज्य महिला आयोग की सदस्य श्रीमती  प्रियम्बदा सिंह जूदेव सहित श्री प्रबल प्रताप सिंह जूदेव, श्री रणविजय सिंह जूदेव सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संख्या में युवा और नागरिकगण उपस्थित थे। recent visitors 68

PM मोदी फिर 3 देशों के दौरे पर च , 56 साल बाद किसी प्रधानमंत्री की गुयाना यात्रा क्यों अहम

नई दिल्ली  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 16-21 नवंबर तक तीन देशों की यात्रा पर रहेंगे। इस दौरान वह जी-20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए ब्राजील भी जाएंगे। विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को बताया कि जी-20 शिखर सम्मेलन के दौरान मोदी के कई नेताओं से मुलाकात की संभावना है। प्रधानमंत्री ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला डी सिल्वा द्वारा आयोजित जी-20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए 18-19 नवंबर को रियो डी जेनेरियो का दौरा करेंगे। विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत ब्राजील और दक्षिण अफ्रीका के साथ जी-20 ट्रोइका का हिस्सा है और जी-20 शिखर सम्मेलन की चर्चाओं में सक्रिय रूप से योगदान दे रहा है। शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री वैश्विक महत्व के विभिन्न मुद्दों पर भारत का रुख सामने रखेंगे और पिछले दो वर्षों में 'भारत द्वारा आयोजित जी-20 नई दिल्ली लीडर्स डिक्लेरेशन' और 'वायस आफ द ग्लोबल साउथ समिट' के परिणामों पर चर्चा करेंगे। नाइजीरिया के राष्ट्रपति बोला अहमद टीनूबू के निमंत्रण पर प्रधानमंत्री मोदी 16-17 नवंबर को नाइजीरिया की यात्रा पर जाएंगे। यह 17 वर्षों में भारत के प्रधानमंत्री की नाइजीरिया की पहली यात्रा होगी। इस दो दिवसीय दौरे में वह भारतीय समुदाय की एक सभा को भी संबोधित करेंगे। भारत और नाइजीरिया 2007 से ही रणनीतिक साझेदार हैं, जिनके बीच आर्थिक, ऊर्जा और रक्षा सहयोग बढ़ रहा है। करीब 200 भारतीय कंपनियों ने नाइजीरिया में 27 बिलियन डॉलर से अधिक का निवेश किया है। इसी तरह प्रधानमंत्री मोदी 19 से 21 नवंबर तक गुयाना की राजकीय यात्रा पर रहेंगे। किसी भारतीय प्रधानमंत्री की 1968 के बाद यहां की यह पहली यात्रा होगी। यह दौरा राष्ट्रपति मोहम्मद इरफ़ान अली के निमंत्रण पर हो रहा है। इस यात्रा पर मोदी अली के साथ द्विपक्षीय चर्चा करेंगे। इसके अलावा वह गुयाना के वरिष्ठ नेताओं से मिलेंगे और संसद और प्रवासी भारतीयों की एक सभा को भी संबोधित करेंगे। गुयाना में रहते हुए मोदी जॉर्जटाउन में दूसरे कैरिकॉम-भारत शिखर सम्मेलन में भी भाग लेंगे और इस क्षेत्र के साथ भारत के संबंधों को बढ़ाने के लिए कैरिकॉम के सदस्य देशों के नेताओं के साथ बैठकें करेंगे। बता दें कि 2023 में गुयाना के राष्ट्रपति अली मध्य प्रदेश में प्रवासी भारतीय दिवस में मुख्य अतिथि के रूप में भारत आए थे और उन्हें प्रवासी भारतीय सम्मान से सम्मानित किया गया था। बड़ी बात यह है कि गुयाना में करीब 40 फीसदी आबादी भारतीयों की है। औपनिवेशिक काल में भारत और गुयाना दोनों ब्रिटिश साम्राज्य का हिस्सा थे। बयान में कहा गया है कि यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री भारत और नाइजीरिया के बीच रणनीतिक साझेदारी की समीक्षा करेंगे तथा द्विपक्षीय संबंधों को बढ़ाने के अवसरों पर चर्चा करेंगे। मोदी गुयाना के राष्ट्रपति मोहम्मद इरफान अली के निमंत्रण पर 19-21 नवंबर तक गुयाना की राजकीय यात्रा करेंगे। गुयाना की यह यात्रा 1968 के बाद भारत के प्रधानमंत्री की पहली यात्रा होगी।   recent visitors 93

देश के सभी जनजातीय बहुल गांवों के समग्र विकास के लिये केन्द्र एवं राज्य सरकार प्रतिबद्ध प्रयास कर रही : मंत्री शाह

भोपाल जनजातीय कार्य, लोक परिसम्पत्ति प्रबंधन तथा भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह ने कहा है कि देश के सभी जनजातीय बहुल गांवों के समग्र विकास के लिये केन्द्र एवं राज्य सरकार प्रतिबद्ध प्रयास कर रही है। जनजातियों के विकास के लिये केन्द्र सरकार द्वारा धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान चलाया जा रहा है। यह अभियान 5 वर्ष की अवधि के लिये है, जो वित्त वर्ष 2024-25 से वित्त वर्ष 2028-29 तक क्रियान्वित होगा। इसमें केन्द्र सरकार के 18 मंत्रालयों/विभागों की 25 प्रकार की जनकल्याणकारी योजनाओं/सेवाओं/सुविधाओं का चरणबद्ध तरीके से क्रियान्वयन कर जनजातियों को सहज लाभ दिलाया जायेगा। उन्होंने बताया कि इस अभियान में प्रदेश के 51 जिलों के 267 विकासखंडों में स्थित 11 हजार 377 जनजातीय बहुल गांवों का सर्वांगीण विकास किया जायेगा। इस अभियान से इन 51 जिलों में 43 जनजातीय समुदायों के 18 लाख 58 हजार 795 परिवार निवास करते हैं, जिनकी कुल 93 लाख 23 हजार 125 लोग सीधे तौर पर लाभान्वित होंगे। जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. शाह ने बताया कि अभियान में केन्द्र सरकार द्वारा जनजातीय क्षेत्रों में स्थापित शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थाओं जैसे छात्रावास, आश्रम शालाएं एवं आदर्श विद्यालय, जेएसएस आदि के उन्नयन, विस्तार के साथ इन संस्थानों छत पर सोलर सिस्टम और रेन वॉटर रूफिंग आदि की स्थापना के लिये प्रस्ताव मांगे गये हैं। देशभर की कई संस्थाओं में इस प्रकार के विकास कार्य किये जाने हैं। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश सरकार ने इस दिशा में तेजी से कार्यवाही कर केन्द्रीय जनजातीय कार्य मंत्रालय के सचिव को वित्त वर्ष 2024-25 में प्रदेश के 22 जिलों में इस प्रकार के कार्यों के लिये अधिकृत प्रस्ताव भेज दिया है। जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. शाह ने बताया कि धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान में राज्य सरकार की ओर से केन्द्र सरकार को बालाघाट, छिंदवाड़ा, सतना, सीधी, हरदा, उज्जैन, धार, रायसेन, नर्मदापुरम, शहडोल, दतिया, इंदौर, सिवनी, रतलाम, उमरिया, बड़वानी, राजगढ़, मंडला, खरगौन, बैतूल, पन्ना एवं गुना जिले में स्थित कुल 200 छात्रावासों एवं स्कूलों की मरम्मत तथा इनमें रेन वॉटर रूफिंग की स्थापना के लिये 388 करोड़ 56 लाख रूपये के विकास कार्य प्रस्ताव भेज दिये गये हैं। प्रस्ताव अनुसार बालाघाट जिले की 12 शिक्षण संस्थाओं, छिंदवाड़ा में 21, सतना में 2, सीधी में 3, हरदा में 4, उज्जैन में 2, धार में 21, रायसेन में 3, नर्मदापुरम में 4, शहडोल में 9, दतिया में 1, इंदौर में 5, सिवनी में 14, रतलाम 12, उमरिया में 8, बड़वानी में 15, राजगढ़ में 1, मंडला में 23, खरगौन में 12, बैतूल में 23 एवं पन्ना और गुना में 1-1 छात्रावास में यह विकास कार्य कराये जायेंगे। जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. शाह ने बताया कि इसके अलावा छात्रावास अधीक्षको के आवासों में भी सभी सिविल, प्लंबिंग, इलेक्ट्रिक एवं मल-जल निस्तार व्यवस्था संबंधी जरूरी कार्य कराये जायेंगे।   recent visitors 76

केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी की घोषणा की , महंगाई भत्ता 239% से बढ़ाकर 246% हुआ !

नई दिल्ली केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ते (Dearness Allowance-DA) में बढ़ोतरी की घोषणा की है। यह बढ़ोतरी उन केंद्रीय कर्मचारियों और स्वायत्त निकायों (Department of Public Enterprises) के कर्मचारियों के लिए लागू होगी जो 5वें और 6वें वेतन आयोग के अनुसार सैलरी मिल रही है। इस बारे में वित्त मंत्रालय के सार्वजनिक उद्यम विभाग ने 7 नवंबर 2024 को एक ऑफिस मेमोरेंडर (Office Memorandum) जारी कर दिया है। 6वें वेतन आयोग के तहत DA की नई दरें 6th Pay Commssion के अनुसार सैलरी पाने वाले कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ता मौजूदा 239% से बढ़ाकर 246% कर दिया गया है। यह बढ़ोतरी 1 जुलाई 2024 से लागू होगी। महंगाई भत्ते में सात फीसदी की बढ़ोतरी छठे वेतन आयोग के तहत की गई है। उदाहरण के तौर पर यदि किसी कर्मचारी की बेसिक सैलरी ₹43,000 है, तो पहले 239% DA के तहत उसे ₹1,02,770 मिलते थे। नई दर 246% के अनुसार अब उसका DA बढ़कर ₹1,05,780 हो जाएगा। यानी सैलरी में सीधे 3,000 रुपये मंथली बढ़ जाएंगे। 5वें वेतन आयोग के तहत DA की नई दरें 5वें वेतन आयोग के अनुसार वेतन पाने वाले कर्मचारियों का महंगाई भत्ता मौजूदा 443% से बढ़ाकर 455% कर दिया गया है। यह भी 1 जुलाई 2024 से लागू होगा। यानी डीए में सीधे 12 फीसदी की बढ़ोतरी की गई है। 7वें वेतन आयोग के तहत DA की दरें 7वें वेतन आयोग के तहत सैलरी पाने वाले केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए महंगाई भत्ते और महंगाई राहत (Dearness Relief) को 50% से बढ़ाकर 53% कर दिया गया है। यह बढ़ोतरी 1 जुलाई 2024 से लागू हो चुकी है। महंगाई भत्ते का फायदा महंगाई भत्ता सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को महंगाई की मार से राहत देने के लिए दिया जाता है। यह अर्बन, सेमी अर्बन और ग्रामीण इलाकों में काम करने वाले कर्मचारियों के अनुसार तय होता है। केंद्र सरकार महंगाई भत्ते की दरों को हर साल दो बार रिवाइज करती है—जनवरी और जुलाई में। इस बार के रिवीजन के जरिए 5वें और 6वें वेतन आयोग के तहत सैलरी पाने वाले कर्मचारियों को डीए में बढ़ोतरी का फायदा मिलेगा। recent visitors 79

डोनाल्ड ट्रंप कैबिनेट में शामिल होंगे भारतवंशी विवेक रामास्वामी, एलन मस्क के साथ संभालेंगे ये बड़ी जिम्मेदारी

वाशिंगटन अमेरिका की जनता ने डोनाल्ड ट्रंप को देश का अगला राष्ट्रपति चुना है. वह प्रंचड जीत के साथ चुनकर सत्ता में वापसी करने जा रहे हैं. अमेरिका को फिर से महान बनाने का नारा देने वाले ट्रंप की टीम भी लगभग तैयार है. ऐसे में ये कहना बिल्कुल अतिश्योक्ति नहीं होगी कि टीम में उनके सेनापति की भूमिका में अरबपति एलॉन मस्क नजर आने वाले हैं. टेस्ला के सीईओ मस्क ने जिस तरह से अमेरिकी चुनाव में खुलकर ट्रंप का समर्थन किया. देशभर में घूम-घूमकर उनके लिए वोट मांगे और अमेरिका को गर्त से निकालने के लिए ट्रंप को चुनने पर जोर दिया. अब उन्हीं मस्क की अगले साल से ट्रंप की कैबिनेट के कई बड़े फैसलों में बड़ी होने वाली है. लेकिन सवाल यही है कि मस्क पर ट्रंप को इतना यकीन क्यों हैं और वह उनके लिए जरूरी क्यों बन गए हैं? ट्रंप ने मस्क को क्यों चुना? राजनीति में एंट्री से पहले डोनाल्ड ट्रंप हार्डकोर बिजनेसमैन रहे हैं. अमेरिका सहित दुनियाभर में उनका बिजनेस फैला हुआ है. वह जब पहली बार 2016 में राष्ट्रपति बने थे तो लगभग सभी ने कहा था कि एक कारोबारी अमेरिका का राष्ट्रपति बन गया है. ऐसे में ट्रंप को अरबपति कारोबारी एलन मस्क से बहुत उम्मीदें हैं. वह एलॉन से बहुत प्रभावित भी हैं और उन्हें लगता है कि कारोबारी पॉलिटिक्स में अच्छा काम कर सकते हैं. ऐसे में मस्क और ट्रंप के बीच का ये कारोबारी कनेक्शन उनके बॉन्ड को मजबूत करता है. ट्रंप अमेरिकी राजनीति में बदलाव चाहते हैं. यही सोचकर उन्होंने डिपार्टमेंट ऑफ गवर्मेंट एफिशियंसी (DOGE) की कमान एलॉन मस्क को सौंपी है. यह विभाग ब्यूरोक्रेसी को क्लीन करने का काम करेगा. ट्रंप ने इस डिपार्टमेंट को इस समय का द मैनहट्टन प्रोजेक्ट बताते हुए कहा कि इससे चार जुलाई 2026 तक पूरी संघीय ब्यूरोक्रेसी में व्यापक बदलाव आएंगे. उन्होंने कहा कि इस सरकार में धरातल पर काम अधिक होगा और नौकरशाही कम होगी. यह देश की आजादी की 250वीं वर्षगांठ पर अमेरिका के लिए बेशकीमती तोहफा होगा. मुझे यकीन हैं कि एलॉन मस्क और विवेक रामास्वामी इसमें पूरी तरह से कामयाब होंगे. कैसे मस्क ने ट्विटर को घाटे से फायदे का सौदा बनाया? ने जब 2022 में 44 अरब डॉलर में ट्विटर खरीदा था तो सभी ने इसे घाटे का सौदा बताया था. लेकिन मस्क ने बहुत जल्द इसे फायदे के सौदे में तब्दील कर दिया. इसके पीछे कारण था ट्विटर का सीईओ बनने के बाद उनके द्वारा लिए गए बड़े फैसले. मस्क ने ट्विटर खरीदने के बाद ही कंपनी के चार बड़े अधिकारियों को बाहर का रास्ता दिखा दिया था, जिसमें सीईओ पराग अग्रवाल भी शामिल थे. बड़े पैमाने पर कर्मचारियों की भी छंटनी की गई. मस्क ने कई ब्लॉक अकाउंट अनब्लॉक किए जिनमें ट्रंप का ट्विटर अकाउंट भी शामिल था. इसके साथ ही उन्होंने ब्लू सब्सक्रिप्शन सर्विस भी शुरू की. शुरुआत में कहा जा रहा था कि इस पेड सब्सक्रिप्शन का फॉर्मूला औंधे मुंह गिरेगा. कोई भी यूजर पैसे देकर ब्लूटिक नहीं खरीदेगा. लेकिन पेड़ सब्सक्रिप्शन होने के बावजूद लोगों ने इसे हाथों हाथ लिया. इस तरह मस्क की इस अलकमिस्ट छवि से ट्रंप बहुत प्रभावित हैं. मस्क जो छू लेते हैं उसे सोना बना देते हैं! एलॉन मस्क के बारे में अंतर्राष्ट्रीय मीडिया में एक कहावत मशहूर है कि वह जो भी छू लेते हैं, वह सोना बन जाती है. ट्विटर यानी X की सफलता इसका बड़ा उदाहरण तो है ही. साथ ही इलेक्ट्रिक कार कंपनी टेस्ला और रॉकेट कंपनी स्पेस एक्स जैसी कंपनियों की सफलता भी इसका उदाहरण हैं. इन्हीं कामयाब बिजनेस के दम पर उनकी नेटवर्थ में भारी उछाल आई है. मस्क की नेटवर्थ 314 अरब डॉलर तक पहुंच गई है. इसी चमत्कार की शायद ट्रंप भी उम्मीद कर रहे हैं. मस्क की AI कंपनी की सफलता ने रचा इतिहास Nvidia के सीईओ जेनसेन हुआंग ने हाल ही में एलॉन मस्क की जमकर तारीफ की थी. उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा था कि मस्क एक बेहतरीन लीडर हैं. उन्होंने कहा कि मस्क और उनकी एआई कंपनी xAI ने बेहतरीन काम किया है. जहां तक मुझे पता है, इस दुनिया में सिर्फ एक शख्स है, जो यह कर सकता है. इंजीनियरिंग की समझ से लेकर और बड़े-बड़े सिस्टम के कंस्ट्रक्शन तक एलॉन को हर चीज में विशेषज्ञता हासिल है. उन्होंने कहा कि 100,000 Nvidia जीपीयू के कलस्टर से बना सुपरकंप्यूटर Colossus को मस्क ने बेहद कम समय में तैयार कर दिया. यह पूरा प्रोजेक्ट 122 दिनों में पूरा हुआ. इससे साफ पता चलता है कि मस्क से ट्रंप ही नहीं बल्कि अमेरिका को पूरी उम्मीदें हैं और वह ट्रंप के अमेरिका फर्स्ट के एजेंडे में बिल्कुल फिट बैठते हैं.   recent visitors 74