केंद्रीय मंत्री सिंधिया की पहल से ग्वालियर आईटी और स्टार्टअप हब जल्द बनने जा रहा है

ग्वालियर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की पहल से ग्वालियर आईटी और स्टार्टअप हब जल्द बनने जा रहा है. देश के 24 सेंटर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप का एक सेंटर ग्वालियर में खुलने जा रहा है. एसटीपीआई की टीम जल्द निरीक्षण करने ग्वालियर आएगी. केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने एक बड़ी मांग देश के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव से चिट्ठी लिखकर की थी. सिंधिया ने कहा था कि आपका मंत्रालय विभाग एसटीपीई ( सॉफ़्ट्वेर टेक्नॉलजी पार्क आफ इंडिया ) द्वारा देश में 24 सेंटर आफ एंटरप्रेन्योरशिप खोलने जा रही है, आपसे निवेदन है की इसका एक केंद्र ग्वालियर में खुले. 10 दिन पहले लिखी इस चिट्ठी के बाद यह खबर सामने आई है. सेंटर आफ एंटरप्रेन्योरशिप का यह केंद्र खुल जाने के बाद ग्वालियर एक स्टार्टअप हब के रूप में विकसित होगा और टेक्नॉलजी क्षेत्र के स्टार्ट अप का सीओई के इंक्युबेशन सेंटर से मदद मिलेगी. इस केंद्र के खुलने से ग्वालियर में स्टार्टअप को बढ़ावा मिलेगा। ग्वालियर शहर देश में एक बड़े आईटी हब के रूप में उभरेगा। इससे पहले ग्वालियर को 6 लेन आगरा-ग्वालियर नेशनल हाई स्पीड कॉरिडोर की सौगात भी मिली है। इस परियोजना को भी हाल ही में कैबिनेट से मंजूरी मिली है। केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने लिखा पत्र सिंधिया ने केंद्रीय मंत्री अश्वनी वैष्णव को पत्र लिखकर यह मांग की थी। उन्होंने पत्र में लिखा था कि आपके मंत्रालय विभाग एसटीपीआई द्वारा देश में 24 सेंटर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप खोले जा रहे हैं, आपसे निवेदन है कि इसका एक केंद्र ग्वालियर में खुले। सिंधिया के इस आग्रह को स्वीकार करते हुए केंद्रीय मंत्री ने ग्वालियर में केंद्र खोलने की मंजूरी दे दी है। दिल्ली की तर्ज पर ग्वालियर में विकास सिंधिया ग्वालियर-चंबल संभाग के विकास को कई सौगातें दे चुके हैं। राज्य सरकार के साथ मिलकर कई काम किए जा रहे हैं। ग्वालियर में कई परियोजनाओं के लिए धनराशि जारी भी चुकी है। सिंधिया का लक्ष्य ग्वालियर को दिल्ली जैसा एक बड़ा औद्योगिक और व्यापारिक केंद्र बनाना है। युवाओं को मिलेंगे अवसर इस नए सेंटर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप से ग्वालियर के युवाओं को तकनीकी क्षेत्र में नए अवसर मिलेंगे। स्टार्टअप को शुरुआती दौर में मदद मिलेगी और वे अपने व्यवसाय को आगे बढ़ा सकेंगे। यह केंद्र ग्वालियर को आईटी के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। recent visitors 58

प्रधानमंत्री मोदी कन्नूर हवाई अड्डे से वायुसेना के हेलीकॉप्टर के जरिए वायनाड पहुंचे, पीड़ितों से भी की बातचीत

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को केरल के भूस्खलन प्रभावित वायनाड जिले पहुंचे। उन्होंने चूरलमाला में पैदल चलकर आपदा से हुए नुकसान का आकलन किया। अधिकारियों ने बताया कि मोदी कन्नूर हवाई अड्डे से वायुसेना के हेलीकॉप्टर के जरिए वायनाड पहुंचे। 30 जुलाई को बड़े पैमाने पर हुई भूस्खलन की घटनाओं से प्रभावित चूरलमाला क्षेत्र में उन्होंने पैदल चलकर नुकसान का जायजा लिया। इससे पहले, पीएम मोदी ने भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टर से भूस्खलन प्रभावित चूरलमाला, मुंडक्कई और पुंचिरीमट्टम का हवाई सर्वे किया था। अधिकारियों के मुताबिक, हवाई सर्वे के बाद पीएम मोदी का हेलीकॉप्टर कलपेट्टा में एसकेएमजे विद्यालय में उतरा। यहां से वह सड़क मार्ग से चूरलमाला के लिए रवाना हुए। चूरलमाला में सेना ने आपदा के बाद राहत और बचाव कार्यों में मदद के लिए 190 फुट लंबा बेली ब्रिज बनाया है। मोदी नुकसान का जायजा लेते हुए इस पुल से पैदल गुजरे। पीएम मोदी ने बचाव कर्मियों, राज्य के मुख्य सचिव वी वेणु और जिले के अधिकारियों से बातचीत की, फिर पैदल ही पत्थरों और मलबे से भरे क्षेत्र का सर्वेक्षण किया।   इस दौरान केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, मुख्यमंत्री पिनराई विजयन और केंद्रीय पर्यटन व पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी भी उनके साथ थे। अधिकारियों ने बताया कि हवाई सर्वेक्षण में उन्होंने भूस्खलन के केंद्र बिंदु को देखा, जो इरुवाझिनजी पुझा (नदी) के उद्गम स्थल पर है। उन्होंने पुंचिरीमट्टम, मुंडक्कई और चूरलमाला के सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों का भी जायजा लिया। वायनाड से चूरलमाला के बीच प्रधानमंत्री के काफिले के मार्ग पर सैकड़ों लोग उनकी एक झलक पाने के लिए सड़कों के किनारे एकत्र थे। केरल के वायनाड जिले में 30 जुलाई को बड़े पैमाने पर हुई भूस्खलन की घटनाओं में 226 लोगों की मौत हो गई थी। क्षेत्र में कई लोग अब भी लापता हैं।   प्रधानमंत्री ने 30 जुलाई को वायनाड त्रासदी की सूचना मिलते ही बैठक की समीक्षा की थी। उन्होंने एनडीआरएफ, सेना, वायु सेना और नौसेना को राहत व बचाव कार्य में लगाने का निर्देश दे दिया था। सेना के तीनों अंगों और केंद्रीय बलों के साथ-साथ अग्निशमन तथा सिविल डिफेंस के 1200 से अधिक कर्मी मौके पर राहत एवं बचाव कार्य में लगा दिए थे। सेना ने वायनाड में प्रभाव क्षेत्र में 190 फुट का वेलीफुट शीघ्रता से स्थापित कर, आवागमन के लिए सुचारू बनाया। इससे राहत कार्य के लिए एंबुलेंस और भारी मशीनरी का आवागमन संभव हो सका था। केंद्र ने इलाके के दौरे के लिए अंतरमंत्रालीय दल भी भेजा है जो 8 अगस्त से दौरा कर प्रभावित इलाकों में नुकसान का जायजा ले रहा है। recent visitors 108

भारत में बांग्लादेश जैसा ना हो इसीलिए मैं कई वर्षों से हिंदू राष्ट्र की मांग करता रहा हूं – धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री

छतरपुर बीते दिनों बांग्लादेश में तख्तापलट हो गया। बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना को इस्तीफा देने के बाद देश छोड़कर भागना पड़ा। इस दौरान बांग्लादेश में नई अंतरिम सरकार भी बन गई है, लेकिन वहां से डरावने वीडियोज और फोटोज भी सामने आ रहे हैं। इसमें दावा किया जा रहा है कि बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं पर अत्याचार किया जा रहा है। अब इस मामले पर बाबा बागेश्वर धाम के पीठाधीश धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बयान सामने आया है। उन्होंने एक बड़ी आशंका जाहिर की है। कहां जाएंगे भारत के हिंदू? बांग्लादेश में उपजे हालात पर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने बयान जारी करते हुए कहा कि बांग्लादेश से आने वाले हिंदुओं के लिए भारत सरकार सरल नियम बनाए। इस दौरान बाबा बागेश्वर धाम के पीठाधीश धीरेंद्र शास्त्री ने एक बड़ी आशंका जताई है। उन्होंने कहा कि आज जिस तरह के हालात बांग्लादेश में बने हैं तो वहां के हिंदू भारत आ रहे हैं, लेकिन ऐसे हालात अगर भारत में बने तो यहां के हिंदू कहां जाएंगे? हिंद महासागर या अटलांटिक? भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने की मांग धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि जो हालात आज बांग्लादेश में बने हैं, ऐसा भारत ऐसा भारत में ना हो इसीलिए मैं कई वर्षों से हिंदू राष्ट्र की मांग करता रहा हूं, लेकिन तब लोगों को यह लग रहा था कि यह सब मैं टीआरपी के लिए कर रहा हूं। आज जो हालात हिंदुओं के भारत में है, वहां रहने वाले एक धर्म विशेष के लोग हिंदू मंदिरों को तोड़ रहे हैं और हिंदुओं को भागना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि कल अगर यही सब भारत में हुआ तो फिर हिंदू क्या करेंगे? कौन हैं धीरेंद्र शास्त्री धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री मशहूर कथावाचक हैं। कथावाचन के लिए शास्त्री देश-विदेश में कई जगहों पर जाते रहते हैं। इसके साथ ही शास्त्री अपने विवादित बयानों के लिए भी कई बार सुर्खियों में रहे हैं। अब उन्होंने बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रही हिंसा पर चिंता जाहिर करते हुए बड़ी आशंका जताई है।   recent visitors 77

रक्षाबंधन से पहले लाडली बहनों के लिए सौगात ! 1.29 करोड़ महिलाओं के खाते में 1500 का शगुन

भोपाल / टीकमगढ़ मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना की 1.29 करोड़ लाभार्थी बहनों के लिए खुशखबरी है। आज शनिवार 10 अगस्त को सीएम डॉ मोहन यादव श्योपुर के विजयपुर से लाड़ली बहनों के खाते में योजना की 15वीं किस्त के 1250 रूपये जारी कर दिए है। इसके अलावा बहनों को रक्षाबंधन के स्वरुप 250 रूपये भी भेजे गए है, ऐसे में अगस्त में लाड़ली बहनों के खाते में कुल 1500 रुपए भेजे गए । इसके अलावा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विजयपुर में आयोजित कार्यक्रम में ₹450 में गैस सिलेंडर रीफिल योजना अंतर्गत 25 लाख से अधिक बहनों को 52 करोड़ से अधिक की अनुदान राशि का सिंगल क्लिक से अंतरण किया।वही सामाजिक सुरक्षा पेंशन के तहत 332 करोड की सहायता राशि का अंतरण भी किया गया। सीएम डॉ. मोहन यादव शनिवार को श्योपुर जिले के विजयपुर में आयोजित 'स्व-सहायता समूह सम्मेलन तथा रक्षाबंधन एवं श्रावण उत्सव' कार्यक्रम में शामिल हुए। यहां उन्होंने सिंगल क्लिक के माध्यम से लाड़ली बहनों के खाते में रुपए भेजे और बहनों को शुभकामनाएं दीं। साथ 450 रुपए में गैस सिलेंडर रीफिल योजना के अंतर्गत 25 लाख से अधिक बहनों के खाते में 52 करोड़ रुपए भी ट्रांसफर किए। इससे पहले मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को टीकमगढ़ में लाठियां घुमाईं। वे लाड़ली बहना उपहार और आभार कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। यहां लाड़ली बहनों ने उन्हें 30 फीट लंबी राखी बांधी। सीएम ने कन्या पूजन किया। छोटी बच्ची को झूला भी झुलाया। इसके बाद जनसभा को संबोधित किया। सीएम डॉ. मोहन ने जनसभा में कहा कि टीकमगढ़ के लिए सब कुछ मिलेगा, कांग्रेस ने कुछ नहीं दिया। सीएम ने किसानों से कहा कि अपनी जमीन मत बेचना। आने वाले समय में खेती से बहुत लाभ होगा। सरकार पशु पालकों के लिए भी बोनस चालू करेगी। मृत्यु भोज और शादी में अनावश्यक खर्च न करें सीएम ने कहा कि आप मृत्यु भोज और शादी विवाह में अनावश्यक खर्च न करें। पैसा बचाकर बच्चों को अच्छी शिक्षा दिलाएं। उन्होंने टीकमगढ़ की गुजिया और मुंगौड़ी की भी तारीफ की। कार्यक्रम में टीकमगढ़ जिले की करीब 25 हजार लाड़ली बहनें शामिल हुईं। टीकमगढ़ में जल्द बनेगा मेडिकल कॉलेज सीएम यादव ने कहा कि टीकमगढ़ में मेडिकल कॉलेज का निर्माण जल्द शुरू होगा। बहुत जल्द ग्वालियर में इन्वेस्टर मीट होगी और उसके बाद सागर में इनवेस्टर्स मीट का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी जिलों में उद्योग लगाने की चेन तैयार की जाएगी। कांग्रेस सरकार ठन-ठन गोपाल थी मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस के समय सरकार ठन-ठन गोपाल थी। 2003 से पहले मध्य प्रदेश का बजट केवल 20 हजार करोड़ का था। अब मध्यप्रदेश का बजट साढ़े 3 लाख करोड़ हो गया है। आने वाले समय में प्रदेश के बजट को दोगुना यानी करीब 7 लाख करोड़ किया जाएगा। recent visitors 87

अब तक 326 गिरफ्तार, छत्तीसगढ़-बीजापुर में आठ लाख के इनामी महिला-पुरुष सहित तीन नक्सलियों का सरेंडर

बीजापुर. नक्सलियों को एक बार फिर बड़ा झटका लगा है। आठ-आठ लाख रुपये के इनामी महिला और पुरूष सहित तीन नक्सलियों ने नक्सल पंथ से तौबा कर पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। इसके साथ ही इस वर्ष अब तक 145 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है, तो वहीं पुलिस ने विभिन्न घटनाओं में शामिल 326 नक्सलियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, नक्सलियों के विकास विरोधी, खोखली विचारधारा, भेदभाव पूर्ण व्यवहार, उपेक्षा व प्रताड़ना से तंग आकर व छत्तीसगढ़ सरकार की पुनर्वास व आत्मसमर्पण नीति से प्रभावित होकर पीएलजीए कंपनी नम्बर 2 प्लाटून नम्बर 1 सदस्य 8 लाख के ईनामी नक्सली रमेश फरसा पिता सुकलु फरसा उम्र 24 निवासी पटेलपारा हिंगुम थाना जांगला, सीआरसी कंपनी के प्लाटून नम्बर 1 में पार्टी सदस्य 8 लाख की ईनामी महिला नक्सली मनकी माड़वी उर्फ सरिता पिता सोमा माड़वी उम्र 22 निवासी कोकोडीपारा चेरली थाना मिरतुर व पुसनार आरपीसी मिलिशिया प्लाटून सी सेक्शन डिप्टी कमाण्डर लक्ष्मण पोटाम उर्फ मुरा पिता बुधराम पोटाम उम्र 22 निवासी गोरगेपारा पुसनार ने आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस अधीक्षक डॉक्टर जितेंद्र कुमार यादव और पुलिस समेत सीआरपीएफ के आला अफसरों के समक्ष नक्सल पंथ से तौबा करते हुए आत्मसमर्पण कर दिया। आत्मसमर्पित नक्सलियों को पुनर्वास व आत्मसमर्पण नीति के तहत 25-25 हजार रुपये के नगद प्रोत्साहन राशि दी। इधर इसके साथ ही इस वर्ष अब तक कुल 145 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है तो वहीं दूसरी तरफ विभिन्न घटनाओं में शामिल 326 नक्सलियों को पुलिस ने गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। माओवादी विचारधारा से परेशान होकर किया सरेंडर अधिकारियों ने बताया कि नक्सलियों ने माओवादियों की विकास विरोधी भेदभाव पूर्ण नीति, उपेक्षा और जीवन शैली क्षुब्ध होकर आत्मसमर्पण किया। उन्होंने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों के खिलाफ पुलिस दल पर हमला और अन्य नक्सली घटनाओं में शामिल होने का आरोप है। अधिकारियों ने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को आत्मसमर्पण और पुनर्वास नीति के तहत 25-25 रुपये हजार प्रदान किये गये। साथ ही उन्हें अन्य सहायता भी दी जाएगी। राज्य में लगातार हो रही है नक्सलियों के खिलाफ कार्रवाई मामले की जानकारी देते हुए पुलिस अधिकारियों ने बताया कि वर्ष 2024 में अब तक 145 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। वहीं विभिन्न माओवादी घटनाओं में शामिल 326 माओवादियों को गिरफ्तार किया गया है। बता दें कि बीजापुर जिले में हाल ही में सुरक्षाबल के जवानों ने बड़े एनकाउंटर भी किए गए हैं। एनकाउंटर में करीब 137 से ज्यादा नक्सली इस साल मारे गए हैं। बीजापुर जिले में सबसे ज्यादा कार्रवाई हुई है। recent visitors 94

स्किल डेवलपमेंट में जुगाड़ कार्यक्रम शुरू करें, यह कम पढ़े-लिखे लोगों के लिए उपयोगी होगा- मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को मंत्रालय में तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार विभाग की बैठक ली। इसमें सीएम ने संत शिरोमणि रविदास ग्लोबल स्किल्स पार्क भोपाल के कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने समय-सीमा में कार्य करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्किल डेवलपमेंट का दायरा बहुत विस्तृत है। हर कॉलेज में स्किल डेवलपमेंट के कोर्स संचालित किए जाने चाहिए। उन्हें रोजगारपरक पाठ्यक्रमों को जोड़ा जाए। विद्वानों का मार्गदर्शन लेकर कौशल विकास के कार्य किए जाएं। बैठक में कौशल विकास एवं रोजगार विभाग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम टेटवाल, मुख्य सचिव वीरा राणा, अपर मुख्य सचिव डॉ. राजेश राजौरा और अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।  मुख्यमंत्री ने कहा कि कम जमीन से ज्यादा उपज प्राप्त करने का कार्य भी स्किल डेवलपमेंट ही है। आमदनी बढ़ाने के लिए स्किल डेवलपमेंट जरूरी है। हर विभाग में स्किल डेवलपमेंट का प्लान बने। अपने-अपने क्षेत्र में संभावनाएं तलाशी जाएं। पशुधन से दूध-उत्पादन, नस्ल सुधार, दूध से बने उत्पादों का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित हों। कोई विकासखंड बगैर आईटीआई के न हो प्रदेश में कुल 956 आईटीआई संचालित हैं। हर विकासखंड में आईटीआई संचालित होना चाहिए। कोई भी विकासखंड बगैर आईटीआई के न रहे। आईटीआई के विद्यार्थियों को अधिकाधिक संख्या में रोजगार और प्लेसमेंट हो। हॉर्टीकल्चर से बड़े पैमाने पर रोजगार मिल रहा है।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जिलों में जिस तरह के औद्योगिक क्षेत्र हैं, उसके अनुरूप विद्यार्थियों को प्रशिक्षण दिया जाए। उन्होंने महिला स्व-सहायता समूह द्वारा बनाए जा रहे उत्पादों की जानकारी ली।  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बहनों को टेक्सटाइल उद्योग से जोड़ने के लिए आवश्यक प्रबंध करने को कहा। उच्च शिक्षा एवं स्कूल शिक्षा विभाग में विभिन्न भाषाओं का ज्ञान दिया जाये। स्किल डेवलपमेंट के प्रमोशन कार्यक्रम हों। टूरिज्म में रोजगार बढ़ाने का कार्य करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री सीखो-कमाओ योजना के बेहतर क्रियान्वयन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी विश्वविद्यालयों में कृषि एवं उद्यानिकी के विषय प्रारंभ किए जाएं। स्किल डेवलपमेंट में जुगाड़ कार्यक्रम शुरू करें। यह कम पढ़े-लिखे लोगों के लिए उपयोगी होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ग्लोबल स्किल पार्क की कल्पना को साकार करने के लिए समुचित प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। recent visitors 62

पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, छत्तीसगढ़-सुकमा में पांच महिलाओं समेत 11 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण

सुकमा. छत्तीसगढ़ शासन की ”छत्तीसगढ़ नक्सलवाद उन्मूलन एवं पुनर्वास नीति’’ एवं ‘‘ नियद नेल्ला नार’’ योजना से प्रभावित होकर और पुलिस के बढ़ते प्रभाव से लाल आंतक आत्मसमर्पण कर रहा है। सुकमा जिले में 11 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। जिसमें पांच महिलाएं शामिल हैं। आत्मसमर्पित एक महिला नक्सली पर सरकार द्वारा पद के अनुरूप एक लाख रूपये इनाम घोषित है। नक्सलियों को आत्मसमर्पण हेतु प्रोत्साहित कराने में डीआरजी सुकमा, रेंज फिल्ड टीम डीआईजी ऑफिस कोंटा (आरएफटी) एवं  02, 50, 219, 228 वाहिनी सीआरपीएफ के आसूचना शाखा का विशेष प्रयास रहा है। इन नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण नक्सली महिला मड़कम देवे, माड़वी सन्ना, वेट्टी भीमा, वेक्को आयता ने बिना हथियार के आत्मसमर्पण किया।  अमृतेश कुमार, द्वितीय कमान अधिकारी 50 वाहिनी सीआरपीएफ एवं निरीक्षक रोशन सिंह राजपूत, प्रभारी नक्सल सेल सुकमा के समक्ष आत्मसमर्पण किया। महिला सोड़ी भीमे, पोड़ियाम हुंगा, महिला मड़कम सुक्की, महिला ओयाम जोगी, दूधी हांदा, महिला पदाम कोसी ने मनीष रात्रे, उप पुलिस अधीक्षक नक्सल ऑप्स सुकमा एवं निरीक्षक सुरेशपाल सिंह, 02 वाहिनी सीआरपीएफ के समक्ष बिना हथियार के आत्मसमर्पण किया। नक्सली सदस्य मड़कामी बुधु उर्फ बुधु यादव ने भी आत्मसमर्पण किया। कई नक्सली घटनाओं में रह चुके हैं शामिल मामले की पुष्टि करते हुए सुकमा एसपी किरण चौहान ने बताया कि उपरोक्त सभी सदस्य प्रतिबंधित नक्सल संगठन में जुड़कर विभिन्न नक्सली गतिविधियों जैसे पुलिस गस्त पार्टी की रेकी कर हमला करना, पुलिस पार्टी के आने-जाने वाले मार्गो में स्पाईक लगाना, मुख्य मार्गों को खोदकर अवरूद्ध करना, शासन-प्रशासन के विरूद्ध में नक्सली पर्चा-पाम्पलेट लगाना आदि घटनाओं में शामिल रहे है। सोढ़ी भीमे ने किया छोड़ा नक्सलियों का साथ: सरेंडर करने वालों में महिला माओवादी सोढ़ी भीमे भी शामिल है. सोढ़ी भीमे गोलापल्ली LOS सदस्य के रूप में सक्रिय थी. भीमे पर सरकार ने 1 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था. सरेंडर करने वाले नक्सलियों में मड़कम देवे, माड़वी सन्ना, वेट्टी भीमा, वेक्को आयता, पोडियाम हूंगा, मड़कम सुक्की, ओयाम जोगी, दूधी हांदा, पदाम कोसी और मड़कामी बुधु शामिल हैं. सभी नक्सली नक्सल संगठन में अलग अलग इलाके में अलग अलग पद पर पदस्थ थे. सभी माओवादियों को जल्द ही नक्सलवाद उन्नमूलन नीति के तहत सहायता राशि और अन्य सुविधाएं शासन की ओर दी जाएंगी. बीजापुर में तीन माओवादियों ने किया सरेंडर: बीजापुर जिले में चलाए जा रहे एंटी नक्सल ऑपरेशन के दौरान तीन माओवादियों ने सरेंडर कर दिया. सभी माओवादियों ने बीजापुर एसपी जितेंद्र कुमार यादव के सामने सरेंडर किया. सरेंडर करने वाले नक्सली सरकार की नई पुनर्वास नीति से प्रभावित हैं. सरेंडर करने वालों में रमेश फरसा भी शामिल है. फरसा पर सरकार ने आठ लाख का इनाम रखा था. फरसा पीएलजीए कंपनी नंबर दो में प्लाटून नंबर एक का सदस्य रहा है. नक्सली मनकी माड़वी उर्फ सरिता पर भी आठ लाख का इनाम था. 'नक्सली संगठन में होता है भेदभाव': सभी नक्सली लंबे वक्त से माओवादी वारदातों को अंजाम देने में शामिल रहे हैं. सरेंडर करने वाले माओवादियों का कहना था कि संगठन में उपेक्षा किए जाने और भेदभाव पूर्ण व्यवहार के चलते वो दुखी थे. नक्सलियों के द्वारा आम लोगों पर किए जा रहे अत्याचार से भी वो परेशान थे. सरकार की पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर उन्होने सरेंडर किया. recent visitors 106