भारत खालिस्तान समर्थक भारतीय मूल केकानाडाई नागरिकों के OCI रद्द कर, संपत्ति के अधिकार को खत्म कर सकता है

नई दिल्ली भारत और कनाडा के बीच तनाव बढ़ता नजर आ रहा है। अब कनाडा ने भारत के खिलाफ संभावित प्रतिबंधों के संकेत दिए हैं। इधर, भारत ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। हाल ही में कनाडा ने एक मामले की जांच में कनाडा में भारतीय उच्चायुक्त रहे संजय कुमार वर्मा को 'पर्सन ऑफ इंटरेस्ट' बनाया था। इसका मतलब ऐसे व्यक्ति से होता है, जो संदिग्ध है, लेकिन अब तक गिरफ्तार नहीं किया गया है। दोनों ही देशों ने 6-6 राजनयिकों को बाहर का रास्ता दिखा दिया है। दोनों देशों में तनाव बढ़ने के बीच कनाडा की विदेश मंत्री मेलानी जोली ने भारत के खिलाफ पाबंदी लगाने की संभावना को खारिज नहीं किया और कहा कि ‘सभी विकल्प विचाराधीन हैं’। भारत ऐसे दे सकता है जवाब  रिपोर्ट के अनुसार, फिलहाल, कनाडा में लाखों भारतीय छात्र हैं। अगर भारत ने छात्रों पर कनाडा में शिक्षा लेने पर रोक लगा दी, तो इसका गहरा असर हो सकता है। यह फैसला कनाडा के शिक्षा से जुड़ी आर्थिक व्यवस्था पर गहरी चोट दे सकता है। इसके अलावा भारत खालिस्तान समर्थक भारतीय मूल के सभी कानाडाई नागरिकों के OCI यानी ओवरसीज सिटिजन ऑफ इंडिया कार्ड रद्द कर सकता है। इनके साथ भारत खालिस्तान समर्थकों के संपत्ति के अधिकार को खत्म कर सकता है। साथ ही वह नए वीजा में देरी और गहनता से जांच करना बढ़ा सकता है। ऐसे में खालिस्तान समर्थकों पर दबाव पड़ सकता है। भारत भारतीय मूल के ऐसे कनाडाई नागरिकों के मल्टिपल एंट्री वीजा पर भी रोक लगा सकता है। अगर यह फैसला लिया जाता है, तो असर भारतीय कनाडाई समुदाय पर पड़ सकता है। इससे कनाडा की स्थानीय राजनीति पर भी असर हो सकता है। कनाडा को जवाब में भारत भी व्यापार स्तर पर प्रतिबंध लगा सकता है। टॉप 10 ट्रेडिंग पार्टनर होने के नाते भारत कनाडा की अर्थव्यवस्था को प्रभावित कर सकता है। साथ ही भारत में निवेश वाले कनाडा के आर्थिक संस्थानों और पेंशन फंड को फ्रीज कर सकता है। कनाडा की पुलिस ने लगाए थे ये आरोप कनाडा की सार्वजनिक प्रसारणकर्ता कनाडियन ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन (सीबीसी) की रिपोर्ट के अनुसार, देश के राष्ट्रीय पुलिस बल रॉयल कनाडियन माउंटेड पुलिस (RCMP) के प्रमुख ने भारत के संदर्भ में चौंकाने वाले आरोप लगाए कि भारत सरकार के एजेंट कनाडा में हत्याओं सहित ‘व्यापक हिंसा’ में भूमिका निभा रहे हैं और चेतावनी दी थी कि इससे ‘देश की सार्वजनिक सुरक्षा को गंभीर खतरा’ है। उन्होंने आरोप लगाया, ‘इनमें गोपनीय सूचना जुटाने की तकनीक, दक्षिण एशियाई कनाडाई लोगों को निशाना बनाकर उनके साथ दंडात्मक व्यवहार करना और हत्या सहित एक दर्जन से अधिक धमकी भरे और हिंसक कृत्यों में संलिप्तता शामिल है।’ कनाडा के प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत के साथ काम करने के उनकी सरकार के प्रयास के कोई परिणाम नहीं निकले। उन्होंने कहा, ‘इसलिए, इस सप्ताहांत, कनाडाई अधिकारियों ने एक असाधारण कदम उठाया। उन्होंने आरसीएमपी के उन साक्ष्यों को साझा करने के लिए भारतीय अधिकारियों से मुलाकात की, जिनके आधार पर यह निष्कर्ष निकाला गया कि भारत सरकार के छह एजेंट आपराधिक गतिविधियों में शामिल व्यक्ति हैं।’ RCMP ने आरोप लगाया है कि बिश्नोई गिरोह के तार भारत सरकार के उन ‘एजेंटों’ से जुड़े हैं, जो देश में दक्षिण एशियाई समुदाय, विशेष रूप से ‘खालिस्तान समर्थक तत्वों’ को निशाना बना रहे हैं। भारत सरकार के सूत्रों ने कहा कि कनाडाई अधिकारियों का यह दावा सच नहीं है कि कनाडा ने निज्जर मामले में भारत को प्रामाणिक सबूत दिए हैं। recent visitors 84

भारत ने कनाडा के 6 राजनायिकों को किया निष्कासित, 19 अक्टूबर तक देश छोड़ने का आदेश

नई दिल्ली  भारत-कनाडा के रिश्तों को एक और बड़ा झटका लगा है। कनाडा से अपने राजनयिकों को वापस बुलाने के फैसले के बाद अब भारत सरकार ने देश से कनाडा के 6 राजनयिकों को निष्कासित करने का फैसला किया है। भारत ने कनाडा के राजनयिकों को निष्कासित कर दिया है और उन्हें शनिवार 19 अक्टूबर को रात 12 बजे से पहले भारत छोड़ने के लिए कहा गया है. भारत ने ये फैसला खालीस्तानी आतंकी निज्जर हत्याकांड की जांच में भारतीय हाई कमिश्नर और डिप्लोमेट्स को पर्सन ऑफ इंटरेस्ट के रूप में जोड़ने के बाद लिया है. हालांकि, MEA से चर्चा के बाद कनाडाई अधिकारियों का कहना है कि हमारे नेशनल टास्कफोर्स और अन्य जांच के जरिए RCMP ने कई सबूत प्राप्त किए हैं. भारत ने कनाडा के जिन राजनयिकों को निष्कासित किया है. इसमें एक्टिंग उच्चायुक्त स्टीवर्ट रॉस व्हीलर, डिप्टी उच्चायुक्त पैट्रिक हेबर्ट, फर्स्ट सेक्रेटरी मैरी कैथरीन जोली, फर्स्ट सेक्रेटरी लैन रॉस डेविड ट्राइट्स, फर्स्ट सेक्रेटरी एडम जेम्स, फर्स्ट सेक्रेटरी पाउल ओरजुएला का नाम शामिल है. इन सभी राजनयिकों को पांच दिनों में शनिवार, 19 अक्टूबर को रात 11:59 बजे तक भारत छोड़ने को कहा गया है.   'कनाडा ने पेश किए हैं सबूत' MEA कार्यालय से बाहर निकलते हुए व्हीलर ने कहा कि भारत को अपने दावों का पालन करना चाहिए जो उसने ओटावा में आरोपों के संबंध में लिया था. व्हीलर ने दावा किया कि कनाडा ने यह प्रमाणित और अप्रमाणिक सबूत पेश किए हैं कि भारतीय सरकार के एजेंटों का कनाडाई नागरिक की हत्या में हाथ हो सकता है.उन्होंने कहा कि यह दोनों देशों के हित में है कि वे इस मामले की तह तक जाएं. कनाडा इस मामले में भारत के साथ सहयोग करने के लिए तैयार है. कनाडा ने सोमवार को भारतीय हाई कमिश्नर संजय कुमार वर्मा को निज्जर हत्याकांड में 'पर्सन ऑफ इंटरेस्ट' के रूप में नामित किया था. इसपर भारत ने कड़ा विरोध जताते हुए इन आरोपों को बेतुका बताया था. विदेश मंत्रालय ने कहा कि कनाडाई सरकार ने भारत की संलिप्तता का एक भी ठोस प्रमाण नहीं दिया है, जबकि बार-बार अनुरोध किया गया था और प्रधानमंत्री ट्रूडो पर वोट बैंक की राजनीति करने और कनाडाई जमीन पर अलगाववादी एलिमेंट्स से निपटने के लिए पर्याप्त कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया. MEA  ने कनाडाई डिप्लोमेट को किया था तलब इस मामले को लेकर भारतीय विदेश मंत्रालय ने सोमवार शाम को कनाडाई कार्यवाहक डिप्लोमेट को तलब किया था और उन्हें सूचित किया कि भारतीय हाई कमिश्नर और अन्य डिप्लोमेट्स के खिलाफ बिना किसी सबूत के आरोप लगाया जाना अस्वीकार्य है. भारत सरकार ने स्पष्ट किया कि इस तरह के आरोपों की वजह से उग्रवाद और हिंसा का माहौल पैदा हुआ है, जिससे हमारे डिप्लोमेट्स की सुरक्षा खतरे में है." खतरे में है राजनयिकों की सुरक्षा: MEA इससे पहले कनाडा में भारत के उच्चायुक्त को वापस लेने की घोषणा करते हुए विदेश मंत्रालय ने कहा कि उग्रवाद और हिंसा के माहौल में ट्रूडो सरकार की कार्रवाई से राजनयिकों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है. भारत सरकार ने एक बयान में कहा, "हमें मौजूदा कनाडाई सरकार की प्रतिबद्धता पर कोई विश्वास नहीं है कि वे हमारे डिप्लोमेट्स की सुरक्षा करेंगे. इसलिए, भारत सरकार ने हाई कमिश्नर और अन्य डिप्लोमेट्स और अधिकारियों को वापस बुलाने का फैसला किया है." बता दें कि पिछले साल कनाडा के पीएम जस्टिन ट्रूडो ने भारत पर बिना सबूत के निज्जर की हत्या को लेकर भारत पर आरोप लगाए थे और दावा किया था कि भारत ने ही निज्जर को मरवाया है. भारत लगातार इसके सबूत मांग रहा है, लेकिन ट्रूडो शासन ने अब तक भारत को कोई सबूत पेश नहीं किए हैं. वहीं, एमईए ने कनाडाई डिप्लोमेट्स के साथ मीटिंग के बाद बयान में कहा था कि कनाडा से बार-बार सबूत मांगने के बाद भी सबूत पेश नहीं किए गए. हालांकि, कनाडाई डिप्लोमेट ने इसे खारिज किया था.   recent visitors 86

सघर्षपूर्ण मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया की जीत, भारत को नौ रन से मिली हार, हरमनप्रीत ने जड़ा अर्धशतक

शारजाह  गत चैम्पियन ऑस्ट्रेलियाई महिला क्रिकेट टीम ने रविवार को यहां आईसीसी महिला टी20 विश्व कप के ग्रुप ए मैच में भारत को नौ रन से हराकर नॉकआउट में प्रवेश किया जबकि कप्तान हरमनप्रीत कौर (नाबाद 54 रन) की अर्धशतकीय पारी भी मेजबानों के काम नहीं आ सकी जिससे सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए टीम मुश्किल स्थिति में पहुंच गई है। ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतकर बल्लेबाजी करते हुए आठ विकेट पर 151 रन बनाये। जवाब में भारतीय टीम हरमनप्रीत के अर्धशतक और दीप्ति शर्मा के 29 रन के बावजूद 20 ओवर में नौ विकेट पर 142 रन ही बना सकी। एनाबेल सदरलैंड की अंतिम ओवर की गेंदबाजी से भारत जीत के करीब पहुंचकर हार गया। आखिरी ओवर में भारत को जीत के लिए 14 रन चाहिए थे। हरमनप्रीत (47 गेंद, छह चौके) फॉर्म में थीं, लेकिन दूसरे छोर पर चार विकेट गिर गये और चार रन ही बन पाये। अब भारत को नॉकआउट में पहुंचने के लिए सोमवार को न्यूजीलैंड के नतीजे का इंतजार करना होगा और उम्मीद करनी होगी कि वह हार जाये। भारत के दो जीत और दो हार से ग्रुप ए में चार अंक हैं। ऑस्ट्रेलिया ने चारों मैच जीतकर आठ अंक से शीर्ष पर रहकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया। वहीं न्यूजीलैंड के चार अंक हैं और उसे अंतिम चार में पहुंचने के लिए सोमवार को पाकिस्तान पर जीत दर्ज करनी होगी। भारत को इस ‘करो या मरो’ के मैच की अंतिम छह गेंद में 14 रन की जरूरत थी। एक रन बनने के बाद पूजा वस्त्राकर (09) आउट हो गईं। लिचफील्ड और सदरलैंड ने मिलकर अरूंधति रेड्डी को आते ही रन आउट कर दिया। अंतिम तीन गेंद में 13 रन बनाना मुश्किल था। श्रेयंका पाटिल भी रन आउट हो गईं और राधा यादव को सदरलैंड ने बोल्ड कर दिया। लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारत ने भी पावरप्ले में शेफाली वर्मा (20 रन) और स्मृति मंधाना (06) के रूप में दो विकेट गंवा दिये थे। जेमिमा रोड्रिग्स (16 रन) 12 गेंद में तीन चौके जड़कर सातवें ओवर में आउट हो गयीं। इसके बाद कप्तान हरमनप्रीत और दीप्ति शर्मा (29 रन) ने मिलकर चौथे विकेट के लिए 55 गेंद में 63 रन की भागीदारी से उम्मीद जगाई। पर ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों ने उनकी उम्मीद तोड़ दी। सदरलैंड और सोफी मोलिनू ने दो दो विकेट प्राप्त किये। इससे पहले ऑस्ट्रेलिया के लिए पांच खिलाड़ी दोहरे अंक तक पहुंची जिसमें सलामी बल्लेबाज ग्रेस हैरिस 40 रन बनाकर शीर्ष स्कोरर रहीं। कार्यवाहक कप्तान तहलिया मैकग्रा और एलिसे पैरी ने 32-32 रन बनाये। भारत के लिए रेणुका सिंह और दीप्ति शर्मा ने दो दो विकेट झटके जबकि पूजा वस्त्राकर, श्रेयंका पाटिल और राधा यादव को एक एक विकेट मिला। टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी ऑस्ट्रेलिया को तीसरे ही ओवर में दो झटके मिले। भारतीय गेंदबाज रेणुका सिंह ने तीसरे ओवर की चौथी और पांचवीं गेंद पर ऑस्ट्रेलिया के दो विकेट झटककर अच्छी शुरूआत कराई। रेणुका की लेंथ गेंद को बैकफुट से खेलने के प्रयास में बेथ मूनी (02) आउट हुईं। आल राउंडर राधा यादव ने शानदार क्षेत्ररक्षण करते हुए बैकवर्ड प्वांइट पर कमाल का कैच लपका। अगली गेंद पर रेणुका ने जॉर्जिया वारेहैम को पगबाधा आउट कर खाता भी नहीं खोलने दिया। इस तरह तीसरे ओवर में ऑस्ट्रेलतिया का स्कोर दो विकेट पर 17 रन था। पर इसके बाद मैकग्रा और सलामी बल्लेबाज ग्रेस हैरिस ने मिलकर तीसरे विकेट के लिए 62 रन की भागीदारी निभाई। हैरिस और मैकग्रा ने संभलकर खेलते हुए रन गति बढ़ाई। दोनों ने 54 गेंद में अर्धशतकीय साझेदारी की। राधा यादव की गेंद पर मैकग्रा स्टंप आउट हुई जिन्होंने चार चौके से 26 गेंद में 32 रन बनाये। कुछ ही देर में दीप्ति शर्मा ने हैरिस की पारी का भी अंत किया और ऑस्ट्रेलिया ने 92 रन पर अपना चौथा विकेट गंवाया। ऑस्ट्रेलिया ने रनों का शतक पूरा ही किया था कि एशले गार्डनर (06) पूजा वस्त्राकर की शॉर्ट गेंद पर राधा को कैच दे बैठीं। पैरी ने फिर 23 गेंद में दो चौके और एक छक्के से 32 रन जोड़े। पर वह दीप्ति का दूसरा शिकार हो गईं। एनाबेल सदरलैंड (10 रन) और फोबे लिचफील्ड (नाबाद 15 रन) ने टीम को 150 रन तक पहुंचने में मदद की। भारतीय टीम ने अंतिम एकादश में एक बदलाव करते हुए एस सजना की जगह पूजा वस्त्राकर को शामिल किया। लेकिन मैच शुरू होने से तुरंत पहले भारत को एक और बदलाव करना पड़ा क्योंकि अभ्यास के दौरान आशा शोभना चोटिल हो गईं जिससे राधा यादव को अंतिम एकादश में जगह मिली। ऑस्ट्रेलियाई टीम की कप्तान एलिसा हीली चोट के कारण इस मैच में नहीं खेली। टीम ने दो बदलाव करते हुए ग्रेस हैरिस और डार्सी ब्राउन को अंतिम एकादश में जगह दी।     recent visitors 72

न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम इंडिया का ऐलान,ये खिलाड़ी रोहित का सेनापति

मुंबई भारत ने अगले सप्ताह न्यूजीलैंड के खिलाफ शुरू होने वाली घरेलू सीरीज के लिए 15 सदस्यीय टेस्ट टीम की घोषणा कर दी है. रोहित शर्मा टीम के कप्तान होंगे. वहीं जसप्रीत बुमराह उपकप्तान की भूमिका निभाएंगे, जबकि बाकी टीम में सभी खिलाड़ी जाने-पहचाने अंदाज में नजर आएंगे. BCCI (भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड) ने शुक्रवार (11 अक्टूबर) को टीम का ऐलान क‍िया.   यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि न्यूजीलैंड के ख‍िलाफ सीरीज में लगभग वही टीम है, जो हाल में बांग्लादेश के ख‍िलाफ खेलने उतरी थी. लेकिन यश दयाल को मौका नहीं म‍िला है. वहीं इस टीम में ट्रैवल‍िंग रिजर्व के तौर पर हर्षित राणा, नीतीश कुमार रेड्डी, मयंक यादव और प्रसिद्ध कृष्णा को भी मौका मिला है. यहां एक बात और गौर करने वाली है कि बांग्लादेश के ख‍िलाफ सीरीज में  भारतीय टीम का कोई भी उपकप्तान नहीं था, ऐसे में अब बुमराह को ज‍िम्मेदारी देने का आशय है कि वह आने वाले समय में रोह‍ित के बाद टीम के रेड बॉल फॉर्मेट के कप्तान होंगे. बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी के शुरुआती मैचों में रोहित के खेलने की संभावना नहीं है. ऐसे में यह तय हो गया है क‍ि अब बुमराह ही भारत की कमान शुरुआती मैचों में ऑस्ट्रेल‍िया के ख‍िलाफ संभालेंगे. शमी को नहीं म‍िला मौका… मोहम्मद शमी को लेकर उम्मीद जताई जा रही थी कि उनको इस सीरीज में मौका म‍िलेगा, लेकिन अभी उनके नाम पर BCCI ने व‍िचार नहीं क‍िया. बांग्लादेश सीरीज में एक भी टेस्ट नहीं खेल पाए सरफराज खान, व‍िकेटकीपर ध्रुव जुरेल, ऑलराउंडर अक्षर पटेल और स्प‍िनर कुलदीप यादव की स्क्वॉड में जगह बरकरार है. शमी की संभवत: ऑस्ट्रेल‍िया के ख‍िलाफ सीरीज में वापसी हो सकती है. न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन टेस्ट मैचों के लिए भारत की टीम: रोहित शर्मा (कप्तान), जसप्रीत बुमराह (उपकप्तान), यशस्वी जायसवाल, शुभमन गिल, विराट कोहली, केएल राहुल, सरफराज खान, ऋषभ पंत (विकेट कीपर), ध्रुव जुरेल (विकेट कीपर), रविचंद्रन अश्विन, रवींद्र जडेजा, अक्षर पटेल, कुलदीप यादव, मोहम्मद सिराज, आकाश दीप ट्रैवलिंग रिजर्व: हर्षित राणा, नीतीश कुमार रेड्डी, मयंक यादव और प्रसिद्ध कृष्णा ऐसी है न्यूजीलैंड की टीम, केन शुरुआती मैच नहीं खेलेंगे बात न्यूजीलैंड टीम की हो तो केन विलियमसन कमर में खिंचाव के कारण भारत के खिलाफ सीरीज के शुरुआती हिस्से से बाहर हैं. विलियमसन को श्रीलंका दौरे में कमर में खिंचाव हो गया था और वह दौरे के पहले हिस्से में न्यूजीलैंड में ही रहेंगे. 34 साल के व‍िल‍ियमसन की जगह बाएं हाथ के युवा मार्क चैपमैन को टीम में शामिल किया गया है. 30 साल के चैपमैन ने 23 वनडे और 76 टी20 इंटरनेशनल मैच खेले हैं, लेकिन उन्हें टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू का मौका नहीं मिला है. बाएं हाथ के इस खिलाड़ी ने न्यूजीलैंड ए के लिए छह प्रथम श्रेणी मैच खेले हैं, जिसमें 2020 में भारत ए के खिलाफ शतक भी शामिल है. लेकिन 2022 के बाद से वह न्यूजीलैंड ए के लिए नहीं खेले हैं, जब उन्होंने बेंगलुरु में प्रथम श्रेणी मैच में 92 और 45 रन बनाए थे. टीम की कमान टॉम लैथम के हाथ में है; क्योंकि श्रीलंका से 2-0 की हार के बाद टिम साउथी ने कप्तानी से इस्तीफा दे दिया था. माइकल ब्रेसवेल अपने दूसरे बच्चे के जन्म के लिए रवाना होने से पहले भारत में होने वाले पहले टेस्ट के लिए ही उपलब्ध रहेंगे. दूसरे और तीसरे टेस्ट के लिए ब्रेसवेल की जगह ईश सोढ़ी टीम में शामिल होंगे. श्रीलंका के पूर्व स्पिनर रंगना हेराथ भी श्रीलंका में स्पिन गेंदबाजी कोच के रूप में सलाहकार की भूमिका निभाने के बाद कोचिंग स्टाफ के हिस्से के रूप में भारत आएंगे. न्यूजीलैंड की भारत के ख‍िलाफ टेस्ट सीरीज के ल‍िए टीम: टॉम लैथम (कप्तान), टॉम ब्लंडेल (विकेट कीपर), माइकल ब्रेसवेल (केवल पहला टेस्ट), मार्क चैपमैन, डेवोन कॉन्वे, मैट हेनरी, डेरिल मिचेल, विल ओ'रुरके, एजाज पटेल, ग्लेन फिलिप्स, रचिन रवींद्र, मिचेल सेंटनर, बेन सियर्स, ईश सोढ़ी (केवल दूसरा और तीसरा टेस्ट), टिम साउथी, केन विलियमसन, विल यंग न्यूजीलैंड का भारत दौरा 16 अक्टूबर: पहला टेस्ट, बेंगलुरु 24 अक्टूबर: दूसरा टेस्ट, पुणे 1 नवंबर: तीसरा टेस्ट, मुंबई   recent visitors 83

बांग्लादेश के खिलाफ सीरीज क्लीन स्वीप करने उतरेगा इंडिया , मैच से जुड़ी हर जानकारी यहां देखें

हैदराबाद  पहले दो मैच में आसान जीत दर्ज करके सीरीज पहले ही अपने नाम कर चुकी भारतीय टीम बांग्लादेश के खिलाफ शनिवार को यहां होने वाले तीसरे और अंतिम टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में क्लीन स्वीप के इरादे से मैदान पर उतरगी जिसमें उसके सलामी बल्लेबाजों के प्रदर्शन पर निगाह टिकी रहेगी। भारत ने अपने कुछ प्रमुख खिलाड़ियों को विश्राम देकर इस टी20 सीरीज में युवा खिलाड़ियों को मौका दिया जिन्होंने मुख्य कोच गौतम गंभीर की रणनीति पर पूरी तरह से अमल करके जीत का जज्बा दिखाया। बांग्लादेश के खिलाफ ही कुछ दिन पहले कानपुर में खेले गए दूसरे टेस्ट मैच में भारत ने जिस तरह से परिणाम हासिल करने के लिए आक्रामक क्रिकेट खेली उससे टीम के नए दृष्टिकोण का पता चलता है। भारत ने दो टेस्ट मैच की सीरीज 2-0 से जीती थी और अब वह टी20 सीरीज में भी 3-0 से जीत दर्ज करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगा। अगले साल होने वाली चैंपियंस ट्रॉफी जैसी महत्वपूर्ण प्रतियोगिता को ध्यान में रखते हुए टीम प्रबंधन कुछ अच्छे विकल्प तैयार करने पर भी ध्यान दे रहा है। फिर चाहे वह तेज गेंदबाज मयंक यादव हों या स्पिनर वरुण चक्रवर्ती, गंभीर उनके प्रदर्शन पर करीबी नजर रखे हुए हैं और इन खिलाड़ियों ने भी अभी तक अपने मुख्य कोच को निराश नहीं किया है। मयंक आईपीएल 2024 के बाद चोटिल होने के कारण अधिकतर मैचों में नहीं खेल पाए थे लेकिन इस सीरीज में उन्होंने 150 किलोमीटर की रफ्तार से गेंदबाजी करके अपने कौशल का अच्छा नमूना पेश किया है। चक्रवर्ती ने ग्वालियर में पहले मैच में तीन विकेट लेकर तीन साल के बाद राष्ट्रीय टीम में सफल वापसी की है।टीम प्रबंधन ऑलराउंडर नीतीश कुमार रेड्डी के प्रदर्शन पर भी करीबी नजर रखेगा जिन्होंने दिल्ली में दूसरे टी20 मैच में 34 गेंद पर 74 रन की धमाकेदार पारी खेलने के अलावा दो विकेट भी लिए। हो सकते हैं 2 बड़े बदलाव -मयंक यादव और नितीश रेड्डी इस सीरीज में पहले ही नाम कमा चुके हैं और अब डेब्यू करने वाले खिलाड़ियों की लिस्ट में हर्षित राणा का नाम भी जुड़ सकता है. हर्षित के लिए पिछला सीजन बहुत शानदार गुजरा, जहां उन्होंने KKR के लिए खेलते हुए 13 मैचों में 19 विकेट झटके थे. इससे पहले उन्हें जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 स्क्वाड में शामिल किया गया, लेकिन तब उन्हें डेब्यू का अवसर नहीं मिल पाया था. हर्षित को मौका मिलता है तो किसी एक मेन गेंदबाज को तीसरे मैच के लिए आराम दिया जा सकता है. -तिलक वर्मा अब तक टीम इंडिया के लिए 16 टी20 मैच खेल चुके हैं, जिनमें उनके नाम 336 रन है. वो 33.6 के बढ़िया औसत से बैटिंग करते आए हैं और अब तक 2 अर्धशतक भी लगा चुके हैं. हालांकि वनडे मैचों में उनका प्रदर्शन कुछ खास नहीं रहा है. मगर टी20 मुकाबलों में उनके बैट से खूब रन निकले हैं. यदि उन्हें मौका दिया जाता है तो मिडिल ऑर्डर में से किसी एक खिलाड़ी को बाहर होना पड़ सकता है. इन सकारात्मक पहलुओं के बीच संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा की सलामी जोड़ी का प्रदर्शन टीम के लिए चिंता का विषय होगा। सैमसन को पारी शुरू करने का मौका दिया गया लेकिन केरल का यह विकेटकीपर बल्लेबाज अभी तक इसका फायदा नहीं उठा पाया है। उन्होंने पहले मैच में 29 और दूसरे मैच में 10 रन बनाए। सैमसन को अगर यहां मौका मिलता है तो उन्हें उसे हर हाल में भुनाना होगा क्योंकि टीम प्रबंधन टीम में शामिल दूसरे विकेटकीपर बल्लेबाज जितेश शर्मा को भी मौका दे सकता है। टीम प्रबंधन को दूसरे सलामी बल्लेबाज अभिषेक से भी बड़ी पारी की उम्मीद होगी जो अभी तक पहले दो मैच में 15 और 16 रन ही बना पाए हैं।  इसके अलावा भारतीय टीम प्रबंधन लेग स्पिनर रवि बिश्नोई और ऑलराउंडर हर्षित राणा को भी मौका देने पर विचार कर सकता है। जहां तक बांग्लादेश का सवाल है जो उसे अभी तक बल्लेबाजों ने काफी निराश किया है। उसे अगर वर्तमान दौरे में अपनी एकमात्र जीत हासिल करनी है तो कप्तान नजमुल हुसैन शंटो और लिटन दास जैसे सीनियर बल्लेबाजों को अच्छा प्रदर्शन करना होगा। हैदराबाद की पिच का पेंच राजीव गांधी उप्पल स्टेडियम की ये पिच ज़्यादातर बल्लेबाज़ों के ही माक़ूल होती है। यहां अब तक दो ही T20I खेले गए हैं, जिसमें दोनों ही मैचों में भारत ने रनों का पीछा करते हुए जीत हासिल की है। 2019 में वेस्टइंडीज़ ने पहले खेलते हुए 207 रन बनाए थे जिसके जवाब में भारत ने 18.4 ओवर में ही जीत हासिल कर ली थी। यहां पिछला T20I 2022 में भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेला गया था जहां ऑस्ट्रेलिया ने 186 रन बनाए थे और भारत ने एक गेंद शेष रहते हुए जीत हासिल कर ली थी। यानी एक और रनों की बारिश की उम्मीद की जा सकती है। क्या भारत -बांग्लादेश मैच में बारिश की आशंका है ? एक तरफ़ रनों की बारिश की उम्मीद करें तो दूसरी तरफ़ शनिवार को हैदराबाद में पानी की बारिश की भी आशंका जताई जा रही है। मौसम विभाग के मुताबिक़ शनिवार की शाम बारिश हो सकती है, ऐसा हुआ तो मैच में ख़लल पड़ सकता है लेकिन अच्छी बात ये है कि हैदराबाद का ड्रेनेज काफ़ी अच्छा है। इस प्रकार हैं टीम भारत: सूर्यकुमार यादव (कप्तान), अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेटकीपर), रिंकू सिंह, हार्दिक पंड्या, रियान पराग, नितीश कुमार रेड्डी, वाशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई, वरुण चक्रवर्ती, जितेश शर्मा (विकेटकीपर), अर्शदीप सिंह, हर्षित राणा , मयंक यादव, तिलक वर्मा। बांग्लादेश: नजमुल हुसैन शंटो (कप्तान), तंजीद हसन तमीम, परवेज हुसैन एमोन, तौहीद हृदोय, महमूद उल्लाह, लिटन दास, जाकर अली अनिक, मेहदी हसन मिराज, महेदी हसन, रिशाद हुसैन, मुस्तफिजुर रहमान, तस्कीन अहमद, शोरिफुल इस्लाम , तंजीम हसन साकिब, रकीबुल हसन। मैच: भारतीय समयानुसार शाम सात बजे शुरू होगा।   recent visitors 80

दूसरे टी20 मैच में भारत अपना दबदबा बरकरार रखने के लिए मैदान पर उतरेगी

नई दिल्ली पहले मैच में बड़ी जीत से उत्साहित भारतीय टीम बांग्लादेश के खिलाफ आज बुधवार को यहां होने वाले दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में अपना दबदबा बरकरार रखने के लिए मैदान पर उतरेगी। बांग्लादेश की टीम अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करके तीन मैच की श्रृंखला को जीवंत बनाए रखने की कोशिश करेगी लेकिन सूर्यकुमार यादव की अगुवाई वाली भारतीय टीम ने पहले मैच में जिस तरह का प्रदर्शन किया था उसे देखते हुए मेहमान टीम के लिए यह आसान काम नहीं होगा। ऋषभ पंत, अक्षर पटेल और जसप्रीत बुमराह जैसे प्रमुख खिलाड़ियों को विश्राम दिए जाने के बावजूद भारतीय टीम ने ग्वालियर में पहले मैच में जिस तरह से शुरू से लेकर आखिर तक अपना दबदबा बनाए रखा उससे सीमित ओवरों की क्रिकेट में उसकी मजबूत ‘बेंच स्ट्रेंथ’ का पता चलता है। भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन इस मैच में अपनी चमक बिखेरने के लिए आतुर होंगे। उन्होंने 2015 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था लेकिन प्रदर्शन में निरंतरता नहीं होने के कारण वह अंदर बाहर होते रहे। सैमसन अमूमन मध्यक्रम में बल्लेबाजी करते हैं लेकिन पहले मैच में उन्होंने पारी का आगाज किया था तथा 19 गेंद पर 29 रन बनाए थे। कप्तान सूर्यकुमार पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि सैमसन श्रृंखला में आगे भी यह भूमिका निभाते रहेंगे। सैमसन और उनके साथ पारी की शुरुआत करने वाले अभिषेक शर्मा पिछले मैच में अच्छी शुरुआत को बड़े स्कोर में नहीं बदल पाए थे। यशस्वी जायसवाल और शुभमन गिल को विश्राम दिए जाने के कारण सैमसन और अभिषेक को यह मौका मिला है जिसका वह पूरा फायदा उठाना चाहेंगे। पहले मैच में आसान जीत दर्ज करने वाली भारतीय टीम में किसी तरह के बदलाव की संभावना नहीं है। अपना पहला मैच खेल रहे तेज गेंदबाज मयंक यादव और ऑलराउंडर नीतीश रेड्डी ने ग्वालियर में अपना प्रभाव छोड़ा था। अर्शदीप सिंह ने तेज गेंदबाजी में अगुआ की भूमिका अच्छी तरह से निभाई थी जबकि स्पिनर वरुण चक्रवर्ती ने तीन साल के बाद सफल वापसी की थी। भारतीय टीम में वॉशिंगटन सुंदर भी हैं जो रविंद्र जडेजा के टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद इस प्रारूप में ऑलराउंडर की जगह पर अपना दावा मजबूत करने की कोशिश करेंगे। जहां तक बांग्लादेश का सवाल है तो अगर उसे श्रृंखला को जीवंत बनाए रखना है तो उसे अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना होगा। पहले मैच में उसके बल्लेबाजों ने टीम को खासा निराश किया। बांग्लादेश के कप्तान नजमुल हुसैन शंटो ने मैच के बाद स्वीकार किया था कि उनके बल्लेबाज नहीं जानते कि 180 रन से अधिक का स्कोर कैसे बनाना है। उन्होंने हालांकि यह भी कहा था कि उनकी टीम ने बहुत खराब प्रदर्शन नहीं किया और वह वापसी करने में सक्षम है। टीम इस प्रकार है: भारत: सूर्यकुमार यादव (कप्तान), अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेटकीपर), रिंकू सिंह, हार्दिक पंड्या, रियान पराग, नितीश कुमार रेड्डी, तिलक वर्मा, वाशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई, वरुण चक्रवर्ती, जितेश शर्मा (विकेटकीपर), अर्शदीप सिंह, हर्षित राणा, मयंक यादव। बांग्लादेश: नजमुल हुसैन शंटो (कप्तान), तंजीद हसन तमीम, परवेज हुसैन इमोन, तौहीद हृदोय, महमूद उल्लाह, लिट्टन दास, जाकर अली अनिक, मेहदी हसन मिराज, महेदी हसन, रिशाद हुसैन, मुस्तफिजुर रहमान, तस्कीन अहमद, शोरिफुल इस्लाम, तंजीम हसन साकिब, रकीबुल हसन। मैच भारतीय समयानुसार शाम सात बजे से शुरू होगा। भारतीय टीम से सीखें पाक क्रिकेटर : बासित  पाकिस्तान के पूर्व खिलाड़ी बासित अली ने भारतीय टीम की सराहना करते हुए कहा है कि उसने जिस प्रकार से बांग्लादेश को हराया। उससे उसके खेल के स्तर का अंदाजा होता है। भारतीय टीम ने वर्ष प्रभावित इस मैच में आक्रामक बल्लेबाजी और गेंदबाजी कर जीत दर्ज की। बासित ने पाक खिलाड़ी पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें भारतीय खिलाड़ियों से सीखना चाहिये। बांग्लादेश ने भारत दौरे से पाकिस्तान को उसी के घर में टेस्ट सीरीज में 2-0 से मात दी थी। वहीं भारत में उसे करारी हार का सामना करना पड़ा। इसके अलावा टी20 सीरीज में भी भारतीय टीम ने जीत से शुरुआत की है। बासित अली ने कहा है कि, उन्हें नहीं लग रहा है कि ये वही बांग्लादेश टीम है जो पाकिस्तान के खिलाफ आक्रामक खेल रही थी। भारत जाते ही ये टीम सभी कुछ भूल गयी। बासित ने कहा कि, क्या ये वही बांग्लादेशी टी है जिसने पाकिस्तान को 2-0 से हराया था। आप भारत के खिलाफ टेस्ट में उन्हें देखिए। वह पहला टेस्ट मैच 280 रनों से हारे और दूसरा मैच भी दो दिन के खेल में सात विकेट से हार गये बारिश भी उन्हें हार से नहीं बचा पायी। बासित ने आगे कहा कि, भारतीय टीम अपने कौशल के कारण अन्य टीमों पर भारी पड़ती है। खास बात ये है कि वह बड़े खिलाड़ियों के नहीं होने पर भी आसानी से जीत दर्ज करती है।   recent visitors 78

कानपुर में टीम इंडिया ने मचाया धमाल ! ढाई दिन में भारत ने बांग्लादेश से जीता टेस्ट

कानपुर  भारतीय क्रिकेट टीम ने अपने शानदार खेल के दम पर कानपुर में खेले गए दूसरे टेस्ट मैच में बांग्लादेश 7 विकेट से हरा दिया। इसी के साथ भारत ने दो मैचों की टेस्ट सीरीज 2-0 से अपने नाम कर ली है। बांग्लादेश ने भारत के सामने सिर्फ 95 रनों का टारगेट रखा था। टीम इंडिया ने ग्रीन पार्क स्टेडियम में खेले गए इस मैच में टारगेट को ओवरों में 17.2 ओवरों में तीन विकेट खोकर हासिल कर लिया। बांग्लादेश की पहली पारी 233 रनों पर सिमट गई थी। फिर टीम इंडिया ने अपनी पहली पारी नौ विकेट के नुकसान पर 285 रनों पर घोषित कर और 52 रनों की बढ़त ले ली थी। फिर बांग्लादेश दूसरी पारी में 146 रनों पर ढेर हो गई और भारत को आसान सा लक्ष्य मिला।  कानपुर टेस्ट मैच में विनिंग रन ऋषभ पंत के बल्ले से निकले। उन्होंने चौका जड़कर जीत दिलाई। भारत ने 7 विकेट से जीत दर्ज की। सीरीज में 2-0 से जीत हासिल की।  यशस्वी ने दोनों पारियों में जड़ा अर्धशतक टीम इंडिया के उभरते हुए सितारे यशस्वी जायसवाल ने कानपुर टेस्ट की दोनों पारियों में शानदार बैटिंग की और अर्धशतक ठोका। दूसरी पारी में विराट कोहली का भी बल्ला बोला और उन्होंने 29 रनों की नाबाद पारी खेली। विकेट कीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत ने चौका लगाकर भारत को यादगार जीत दिलाई।  सिर्फ 52 ओवर खेलकर मिली जीत कानपुर में भारत की जीत किसी करिश्मे से कम नहीं है। पहला दिन सिर्फ 35 ओवर का खेला हुआ था, अगला दो दिन बारिश के कारण धुल गया। इसके बावजूद भारत ने सिर्फ 52 ओवर बैटिंग कर बांग्लादेश का काम तमाम कर दिया। कानपुर में भारत की शानदार जीत  भारत ने कानपुर टेस्ट में बांग्लादेश को 7 विकेट से रौंदकर नामुमकिन को मुमकिन कर दिखाया। इसके साथ ही रोहित शर्मा की टीम ने 2 मैचों की सीरीज पर 2-0 से कब्जा कर लिया।   बांग्लादेश 146 पर ऑलआउट कानपुर टेस्ट की दूसरी पारी में बांग्लादेश की टीम 146 रन पर ऑलआउट हो गई। रविचंद्रन अश्विन, जडेजा और बुमराह ने 3-3 विकेट चटकाए, वहीं एक विकेट आकाश दीप ने लिया। भारत को ऐतिहासिक जीत के लिए 95 रन बनाने की जरूरत है। इस मैच में पहले दिन सिर्फ 35 ओवरों का खेल हो पाया था. इसके बाद अगले दो दिनों तक बारिश के चलते एक भी गेंद नहीं फेंकी जा सकी. इसके बाद मैच के चौथे दिन भारत ने बांग्लादेश को 233 रनों पर समेट दिया. इसके बाद टीम इंडिया ने ताबड़तोड़ अंदाज में रन ठोककर सभी को हैरान कर दिया. भारत ने 34.4 ओवर में 9 विकेट गंवाकर 285 रन पर पारी घोषित कर दी. इसके बाद बांग्लादेश को दूसरी पारी में उसने 146 रनों पर समेट दिया. इसके आधार पर भारत को सिर्फ 95 रनों का टारगेट मिला था, जिसे उसने यशस्वी जायसवाल की फिफ्टी के दम पर आराम से अपने नाम कर लिया. जायसवाल 51 रन बनाकर आउट हुए. recent visitors 79