बालाघाट कलेक्टर ने कहा यदि किसानों के बैंक खाते आधार से लिंक नहीं हुए, तो उन्हें योजना का लाभ नहीं मिलेगा

बालाघाट  मध्य प्रदेश के बालाघाट कलेक्ट्रेट सभागार में  कलेक्टर मृणाल मीना ने राजस्व अधिकारियों के साथ बैठक कर पीएम किसान सम्मान निधि योजना की समीक्षा की। उन्होंने किसानों के आधार लिंकिंग और पंजीकरण कार्य को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि यदि किसानों के बैंक खाते आधार से लिंक नहीं हुए, तो उन्हें योजना का लाभ नहीं मिलेगा। बालाघाट शीर्ष पर कलेक्टर मीना ने बताया कि 4 मार्च को बालाघाट जिले में प्रदेश में सबसे अधिक 2929 किसानों के आधार लिंक किए गए। देवास, निवाड़ी और रतलाम जिलों में भी 2000 से अधिक आधार लिंकिंग हुई, लेकिन बालाघाट सबसे आगे रहा। उन्होंने एसडीएम और तहसील अधिकारियों को निर्देशित किया कि अगले दो सप्ताह में आधार लिंकिंग का कार्य पूरी तरह से पूरा हो जाए। बिना आधार लिंकिंग नहीं मिलेगी सम्मान निधि उन्होंने तहसीलदारों को निर्देश दिया कि समस्त पात्र किसानों के आधार बैंक से लिंक कराना सुनिश्चित करें। जिन किसानों के आधार लिंक नहीं हो पा रहे हैं, या जो मृत हो चुके हैं, उनके मामलों को भी विशेष प्राथमिकता दी जाए। आरसीएमएस पोर्टल पर लंबित मामलों की समीक्षा बैठक में कलेक्टर ने आरसीएमएस पोर्टल पर बंटवारे, अविवादित नामांतरण और सीमांकन के लंबित प्रकरणों की भी समीक्षा की। उन्होंने किरनापुर, बालाघाट और लालबर्रा तहसील में लंबित नामांतरण प्रकरणों को पांच दिनों के भीतर निपटाने के निर्देश दिए। वनग्रामों का राजस्व ग्राम में पुनर्गठन बैठक में वनग्रामों को राजस्व ग्राम में बदलने की प्रक्रिया पर भी चर्चा हुई। 41 वनग्रामों के नक्शे एमपीएसईडीसी से प्राप्त हो चुके हैं, जिन्हें 15 दिन के भीतर स्वीकृत किया जाना है। बैठक में एसडीएम गोपाल सोनी, संयुक्त कलेक्टर केसी ठाकुर, राहुल नायक, एसएलआर स्मिता देशमुख सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 52

तहसीलदार बिसन सिंह ठाकुर ने अपने कार्यकाल में अपात्र लोगों को दिए किसान सम्मान निधि का लाभ

डिंडोरी  पीएम किसान सम्मान निधि में गड़बड़ी को लेकर जबलपुर कमिश्नर अभय वर्मा ने डिंडोरी जिले के तत्कालीन तहसीलदार बिसन सिंह ठाकुर को निलंबित कर दिया है। तत्कालीन तहसीलदार पर लगे आरोप सही पाए गए हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत सुशीला बाई और कीरत सिंह को पात्र माना गया। दोनों को 05 सितंबर 2019 से 20 अक्टूबर 2019 तक और 25 नवंबर 2019 से 07 अगस्त 2021 तक पीएम किसान योजना की किस्त प्रदान की गई। बाद में इन लाभुकों को मृत बताकर योजना के लाभ से वंचित कर दिया गया। हालांकि बाद में जांच के दौरान पता चला कि दोनों जीवित हैं। तहसीलदार की आईडी से मृत घोषित किया गया इसके साथ ही जांच में यह पाया गया कि दोनों लाभुक जीवित हैं। सुशीला बाई और कीरत सिंह को तहसीलदार की आईडी से मृत अंकित किया गया है। जबलपुर कमिश्नर ने पाया कि तहसीलदार का यह कार्य गंभीर लापरवाही का द्योतक है। बिना जमीन के ही किसान सम्मान निधि का लाभ वहीं, मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना के सत्यापन के दौरान तहसील डिंडोरी के अंतर्गत लगभग 2700 ऐसे किसान पाए गए, जिनके नाम पर भूमि नहीं है। तहसीलदार द्वारा सत्यापित कर इन्हें पीएम किसान योजना का लाभ दिया जा रहा था। सेल्फ रजिस्ट्रेशन के माध्यम से किसान सिर्फ अपना पंजीयन कर सकते है, लेकिन पात्रता की जांच कर अनुमोदन तहसीलदार की आईडी से किया जाता है। तहसीलदार ठाकुर द्वारा हितग्राहियों की पात्रता संबंधी जांच परीक्षण नहीं किया गया है। 2.83 करोड़ रुपए की राशि का नुकसान इस कारण से अपात्र लोगों को योजना का लाभ प्राप्त हुआ। साथ ही शासन को 2.83 करोड़ रुपए की क्षति हुई है। क्षति की राशि में से मात्र राशि 6.85 लाख रुपए की वसूली की गई, जो मात्र 2.42 प्रतिशत है। तहसीलदार की करतूत वित्तीय अनियमितता की श्रेणी में आता है। सत्यापन के दौरान लगभग 300 ऐसे हितग्राही पाए गए, जिनके परिवार के मुखिया के साथ-साथ अन्य सदस्यों को भी लाभ दिया जा रहा था। इनमें से कुछ तो नाबालिग और स्कूल में अध्ययनरत सदस्यों को लाभ दिया गया है। पात्रता की जांच नहीं की इससे साफ पता चलता है कि तत्कालीन तहसीलदार ठाकुर द्वारा अनुमोदन करने से पूर्व संबंधित हितग्राहियों के पात्र होने का परीक्षण नहीं किया गया है। इसके साथ ही न ही अधीनस्थ अमले से जांच कराई गई है। यह कार्य के प्रति गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। 3916 अपात्रों को दिए लाभ तत्कालीन तहसीलदार ठाकुर ने पीएम किसान सम्मान की शासन के निर्देशों के विपरीत निधि योजनांतर्गत लगभग 3916 अपात्र कृषकों पात्र करते हुए योजना से लाभांवित किया जाता रहा। इससे शासन को लगभग राशि रूपये 2.83 करोड़ की क्षति हुई है। ठाकुर द्वारा ऐसे व्यक्तियों को लाभ दिया गया है, जिनके नाम पर जमीन नहीं है। श्री ठाकुर का उक्त कृत्य वित्तीय अनियमितता की श्रेणी में आता है। जांच के दौरान पीएम किसान पोर्टल पर योजना का लाभ ले चुके अपात्र किसानों से वसूल की जाने वाली राशि 3,68,70,000/- के विरूद्ध 15,17,000/- रुपए की वसूली की जा चुकी है। वित्तीय अनियमितता सामने आई जबलपुर कमिश्नर अभय वर्मा ने कहा कि तहसीलदार बिसन सिंह ठाकुर द्वारा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत राशि वितरण लापरवाही बरती गई। उनका यह कृत्य मध्य प्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम-3 के विपरीत है और कदाचार की श्रेणी में आता है। उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि में तहसीलदार का मुख्यालय कार्यालय कलेक्टर, सिवनी नियत किया गया है। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 155