भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्वाचन से जुड़ी प्रक्रियाओं को सरल व सुविधा जनक बनाने के लिए 18 नई पहल शुरू की गई

भोपाल भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्वाचन से जुड़ी प्रक्रियाओं को सरल व सुविधा जनक बनाने के लिए 18 नई पहल शुरू की गई है। आयोग द्वारा मतदान केन्द्र पर मतदाताओं की अधिकतम संख्या 1200 तक सीमित कर दी गई है। ऊंची इमारतों/कॉलोनियों में अतिरिक्त मतदान केंद्र स्थापित किए जाएंगे। मतदाता सूची अद्यतनीकरण के लिए, मृत्यु पंजीकरण का डेटा सीधे आरजीआई डेटाबेस से प्राप्त किया जाएगा। सत्यापन के बाद इसे अद्यतन किया जाएगा। मतदाता सूचना पर्चियों को मतदाताओं के लिए अधिक अनुकूल बनाया जाएगा। मतदाता की क्रम संख्या और भाग संख्या अब अधिक प्रमुखता से प्रदर्शित की जाएगी। सीईओ/डीईओ/ईआरओ स्तर पर अखिल भारतीय सर्वदलीय बैठकें आयोजित की गईं। 4 हजार 719 बैठकें आयोजित की गईं। इसमें (सीईओ-40/डीईओएस-800/ईआरओएस-3879) और 28,000 से अधिक राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय राजनीतिक दलों आप/भाजपा/बसपा/माकपा/एनपीपी के प्रमुखों के साथ चुनाव आयोग ने बैठकें की। आईआईआईडीईएम (बिहार, तमिलनाडु और पुडुचेरी) में राजनीतिक दलों के बूथ स्तर के एजेंटों के लिए क्षमता निर्माण कार्यक्रम किया गया। सभी हितधारकों को एक ही स्थान पर सभी सेवाएं प्रदान करने के लिए नए एकीकृत डैशबोर्ड – ECINET की शुरूआत की गई। डुप्लिकेट ईपीआईसी नंबर के मुद्दे का समाधान किया गया। अद्वितीय ईपीआईसी नंबर के लिए नई व्यवस्था लागू की गई। मतदाता सूची तैयार करने और चुनाव कराने की पूरी प्रक्रिया में 28 हितधारकों की पहचान की गई, जिनमें जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1950, 1951, मतदाता पंजीकरण नियम 1960, चुनाव संचालन नियम, 1961 और समय-समय पर भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्देशों के आधार पर मतदाता, चुनाव अधिकारी, राजनीतिक दल, उम्मीदवार और अन्य शामिल हैं। इनमें से प्रत्येक हितधारक के लिए आयोग के अधिनियमों, नियमों और निर्देशों के आधार पर प्रशिक्षण प्रस्तुतियाँ तैयार की जा रही हैं। बीएलओ से मानक फोटो पहचान पत्र प्राप्त किया जाएगा। आईआईआईडीईएम, नई दिल्ली में क्षमता निर्माण कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। 3000 से अधिक बूथ स्तरीय पर्यवेक्षकों को पहले ही IIIDEM में प्रशिक्षित किया जा चुका है। अगले कुछ वर्षों में 1 लाख से अधिक बीएलओ पर्यवेक्षकों को प्रशिक्षित किया जाएगा। आईआईआईडीईएम में सभी 36 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के सीईओ कार्यालयों के एसएमएनओएस और एमएनओ के लिए अभिविन्यास कार्यक्रम आयोजित किया गया। आईआईआईडीईएम में बिहार के पुलिस अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण आयोजित किया गया। बायोमेट्रिक उपस्थिति का कार्यान्वयन किया गया। ई-ऑफिस का संचालन और क्रियान्वयन के लिये सीईओ के साथ नियमित बैठक की जा रही है। recent visitors 72

भिंड के बीजेपी विधायक के बयान से गर्माई राजनीति, ‘अगर मैं दहाड़ा तो तुम्हारी पेशाब छूट जाएगी’

भिंड लहार से भाजपा विधायक अंबरीश शर्मा का विवादित बयान गुरुवार को इंटरनेट मीडिया पर बहुप्रसारित हुआ है, जिसमें वह कहते हुए दिखाई दे रहे हैं कि जो लोग कहते हैं कि विधायक छिपता फिर रहा है, मैं उन चोरों को बता दूं, अगर मैं दहाड़ा तो तुम्हारी पेशाब छूट जाएगी। मैंने तलवार टेक कर रख दी है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के लहार में शुक्रवार को विकास कार्यों के लोकार्पण के लिए संभावित दौरे से ठीक एक दिन पहले सामने आने से राजनीति गर्मा गई है। कांग्रेस ने विधायक के बयानों को राजनीतिक मर्यादा का उल्लंघन करार दिया है।   विधायक ने बुधवार को सरजू वाटिका में भाजपा कार्यकर्ताओं की बैठक ली थी। इसी बैठक का वीडियो है। इसमें बिना नाम लिए कांग्रेस नेता व पूर्व नेता प्रतिपक्ष गोविंद सिंह के समर्थकों की ओर इशारा करते हुए कहा। कुछ चमचे तो इतने उतावले हो गए हैं कि बोल रहे हैं उपचुनाव होने वाला है। वो सुन लें जब तक मैं हूं, तुम्हारा आका अब जिंदगी में विधायक नहीं बनेगा। कांग्रेस जिलाध्यक्ष मान सिंह कुशवाहा ने बयान की निंदा करते हुए कहा कि विधायक तलवारों का डर दिखा रहे हैं तो तलवारें सभी की धारदार हैं। recent visitors 69

50 परसेंट डिस्काउंट पर दे रहा फाइटर जेट, चीन में जाकर फाइटर जेट चलाना सीख रहे पाकिस्तानी पायलट

चीन ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद भारत की सेना की सटीक रणनीति और ताकत के प्रदर्शन से पाकिस्तान तिलमिलाया हुआ है। जवाब में अब वो फिर से युद्ध की तैयारियों में जुट गया है। हमेशा की तरह इस बार भी उसे सहारा मिला है चीन का, जो न केवल उसकी सैन्य क्षमता बढ़ाने में मदद कर रहा है, बल्कि एडवांस टेक्नोलॉजी वाले फाइटर जेट्स को भी भारी छूट के साथ उपलब्ध करा रहा है।   पाकिस्तान को मिलेंगे 50% छूट पर J-35A फाइटर जेट मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, चीन पाकिस्तान को अपने अत्याधुनिक 5वीं पीढ़ी के फाइटर जेट J-35A की आपूर्ति 50% छूट के साथ कर रहा है। पहले चरण में 30 जेट्स देने की योजना है, जिनकी डिलीवरी अगस्त 2025 तक की जाएगी। इतना ही नहीं, पाकिस्तानी पायलट पहले से ही चीन में इन जेट्स की उड़ान की ट्रेनिंग ले रहे हैं ताकि आने के बाद उनका इस्तेमाल तुरंत शुरू किया जा सके।   क्या है J-35A की ताकत? J-35A चीन का ट्विन-इंजन, स्टील्थ, सुपरसोनिक फाइटर जेट है, जिसे स्ट्राइक मिशन के लिए खास तौर पर डिजाइन किया गया है। इसे अमेरिका के F-35 और रूस के Su-57 के समकक्ष माना जा रहा है। इस फाइटर जेट में है: चीन क्यों दे रहा है इतनी रियायत? चीन की इस मदद के पीछे केवल दोस्ती नहीं, बल्कि भू-राजनीतिक रणनीति है। चीन चाहता है कि दक्षिण एशिया में उसकी पकड़ बनी रहे और पाकिस्तान उसकी रक्षा प्रणाली पर निर्भर बना रहे। इस तरह चीन न सिर्फ भारत को घेरने की नीति पर काम कर रहा है, बल्कि क्षेत्रीय शक्ति संतुलन को भी अपने पक्ष में मोड़ने की कोशिश कर रहा है। recent visitors 67

अंतरिम सरकार के कुछ नीतिगत फैसलों पर अपनी निराशा भी व्यक्त की, बांग्लादेश में सबकुछ ठीक नहीं, खतरे में यूनुस की कुर्सी

ढाका बांग्लादेश में जारी राजनीतिक अशांति के बीच सेना प्रमुख जनरल वकार-उज-जमान ने कहा कि वे चाहते हैं कि इस वर्ष दिसंबर तक चुनाव हो जाए और एक निर्वाचित सरकार कार्यभार संभाले। अखबार के अनुसार, उन्होंने अंतरिम सरकार के कुछ नीतिगत फैसलों पर अपनी निराशा भी व्यक्त की। यह बयान अंतरिम सरकार की ओर से संसदीय चुनावों के लिए कोई स्पष्ट रोडमैप की घोषणा नहीं किए जाने के बाद आया है। बांग्लादेश के सेना प्रमुख जमान ने कहा कि इस मामले में उनका रुख पहले जैसा है। एक निर्वाचित सरकार को देश के भविष्य की दिशा तय करने का अधिकार है। कैबिनेट से हटाने की मांग दरअसल, पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया की बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) सहित कई राजनीतिक दल दिसंबर तक संसदीय चुनावों की मांग कर रहे हैं। बीएनपी कार्यकर्ताओं ने ढाका में मुख्य सलाहकार के निवास के बाहर प्रदर्शन कर दो छात्र सलाहकारों को अंतरिम सरकार की कैबिनेट से हटाने की भी मांग की है। अंतरिम सरकार एनसीपी का समर्थन कर रही हालांकि, छात्रों द्वारा संचालित पार्टी राष्ट्रीय नागरिक पार्टी (एनसीपी) चुनावों से पहले मौलिक सुधारों की मांग कर रही है। कथित तौर पर अंतरिम सरकार एनसीपी का समर्थन कर रही है। सेना प्रमुख ने भीड़ हिंसा या संगठित हमलों के खिलाफ भी सख्त संदेश दिया। उन्होंने कहा कि संगठित भीड़ के नाम पर अराजकता या हिंसा सहन नहीं किया जाएगा। मानवाधिकार संस्था ने अवामी लीग पर प्रतिबंध को मनमाना बताया अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार निगरानी संस्था मानवाधिकार वाच ने मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली बांग्लादेश की अंतरिम सरकार की ¨नदा की है। साथ ही कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की अवामी लीग पर लगाया गया प्रतिबंध मनमाना है। यह हसीना और उनकी पार्टी के समर्थकों के अधिकारों का दमन है। नेताओं के खिलाफ विरोध प्रदर्शन अंतरिम सरकार ने 12 मई को संशोधित आतंकवाद विरोधी कानून के तहत अवामी लीग को आधिकारिक रूप से भंग कर दिया था। यह तबतक भंग रहेगी जब तक विशेष न्यायालय, पार्टी और उसके नेताओं के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों के दौरान लोगों की मौत के मामले में सुनवाई पूरी नहीं कर लेता। संस्था ने कहा कि हाल के विधायी प्रयास से मौलिक स्वतंत्रताओं को कमजोर करने का जोखिम बढ़ गया है। recent visitors 81

सुप्रीम कोर्ट ने लगाई फटकार, मुख्य न्यायाधीश भूषण रामकृष्ण गवई का कहना है कि केंद्रीय जांच एजेंसी सीमाएं लांघ रही

तमिलनाडु तमिलनाडु स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन में हुए कथित घोटाले की जांच कर रही ED यानी प्रवर्तन निदेशालय को सुप्रीम कोर्ट ने फटकार लगाई है। मुख्य न्यायाधीश भूषण रामकृष्ण गवई का कहना है कि केंद्रीय जांच एजेंसी सीमाएं लांघ रही है। उन्होंने ईडी पर संविधान के उल्लंघन के भी आरोप लगाए। कोर्ट ने कार्यवाही पर रोक लगाने के आदेश दिए हैं। साथ ही एजेंसी से जवाब दाखिल करने के लिए कहा है। दरअसल, गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में तमिलनाडु सरकार की ओर से दाखिल याचिका पर सुनवाई चल रही थी। याचिका में मद्रास हाईकोर्ट की तरफ से ईडी को मिली जांच की स्वतंत्रता को चुनौती दी गई थी। उच्च न्यायालय ने TASMAC में ईडी को कथित 1 हजार करोड़ रुपये के घोटाले की जांच के लिए खुली छूट दे दी थी। सीजेआई ने कहा, 'यह अपराध निगम के खिलाफ कैसे हो सकता है? निगम के खिलाफ आपराधिक मामला। आपका प्रवर्तन निदेशालय सभी सीमाएं लांघ रहा है। कार्यवाही पर रोक लगाएं। जब अधिकारियों के खिलाफ FIR हैं, तो वहां ईडी क्यों जा रही है। ईडी हलफनामा दाखिल करे।' उन्होंने आगे कहा, 'ईडी संविधान का उल्लंघन कर रही है। ईडी वाकई सीमाएं लांघ रही है।' इसपर एएसजी एसवी राजू ने कहा, 'यहां एक बहुत बड़ा घोटाला है। मुझे जवाब दाखिल करने दें।' सीजेआई ने यह भी कहा कि ईडी संघीय ढांचे को तबाह कर रही है। उन्होंने कहा कि सभी सीमाएं लांघी हैं। सुप्रीम कोर्ट ने कार्यवाही पर रोक लगाने का आदेश जारी किया। ED की जांच मार्च में एजेंसी ने दावा किया था कि TASMAC के काम में कई अनियमितताएं मिली हैं। साथ ही एजेंसी ने कहा था कि 1000 करोड़ रुपये की बेहिसाब नकदी भी मिली थी। ईडी ने कीमत तय करने में भी धोखाधड़ी किए जाने की बात कही थी। इसके साथ ही एजेंसी लगातार छापे भी मार रही थी। बीते सप्ताह ही रेड की गई थी और उस दौरान PMLA के तहत 10 ठिकानों की तलाशी ली गई थी। ईडी का दावा था कि उसे छेड़छाड़ किया गया डेटा मिला था, जिससे संकेत मिल रहे थे कि टेंडर वितरण के समय धोखाधड़ी गई थी। इसके बाद तमिलनाडु के एक्साइज मंत्री एस मुत्थुस्वामी ने ईडी पर सरकारी अधिकारियों को परेशान करने और राजनीतिक प्रतिशोध के तहत कार्रवाई के आरोप लगाए थे। उनका कहना था कि ईडी के पास अनियमितताओं को लेकर कोई सबूत नहीं है।   recent visitors 64

याचिका पर SC का केंद्र को नोटिस, पिछले साल हीटवेव से मरे 700 लोग, इस बार भी खामोश बैठे राज्य

नई दिल्ली भारत में गर्मी की लहर (हीटवेव) के बढ़ते खतरे को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को नोटिस जारी किया है। यह नोटिस एक जनहित याचिका (PIL) के जवाब में जारी किया गया, जिसमें पिछले साल हीटवेव और गर्मी से संबंधित बीमारियों के कारण 700 से अधिक लोगों की मौत का हवाला दिया गया। याचिका में केंद्र और राज्य सरकारों से हीटवेव प्रबंधन के लिए राष्ट्रीय दिशानिर्देशों को सख्ती से लागू करने की मांग की गई है। प्रधान न्यायाधीश बी आर गवई और न्यायमूर्ति ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह की पीठ ने गृह मंत्रालय, पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और अन्य को नोटिस जारी कर दो सप्ताह के भीतर जवाब मांगा है। शीर्ष अदालत पर्यावरण कार्यकर्ता विक्रांत तोंगड़ द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिन्होंने ‘पूर्वानुमान, गर्मी की चेतावनी जारी करने/पूर्व चेतावनी प्रणाली और चौबीसों घंटे निवारण हेल्पलाइन आदि के लिए सुविधाएं प्रदान करने के निर्देश देने की भी मांग की।’ तोंगड़ की ओर से पेश हुए वकील आकाश वशिष्ठ ने कहा कि पिछले साल भीषण गर्मी के कारण 700 से अधिक लोगों की मौत हुई। उन्होंने कहा कि बार-बार भविष्यवाणियां की गई हैं कि ‘हीट स्ट्रेस’ (गर्मी का प्रकोप) अधिक तीव्र होता जाएगा, जिसके परिणामस्वरूप मौत का आंकड़ा बढ़ सकता है। वशिष्ठ ने कहा, ‘‘पहले, भीषण गर्मी और लू की स्थिति उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत सहित तीन क्षेत्रों में रहती थी, लेकिन अब यह पूर्वी तट, पूर्व, उत्तर-पूर्व, प्रायद्वीपीय, दक्षिणी और दक्षिण-मध्य क्षेत्रों में फैल गई है और यह आईएमडी की एक रिपोर्ट में खुद कहा गया है।’’ याचिका में इस बात पर जोर डाला गया है कि राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा जारी की गई कार्य योजना की तैयारी के लिए 2019 में राष्ट्रीय दिशानिर्देश जारी किए जाने के बावजूद, कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने अभी तक अनिवार्य ग्रीष्म कार्य योजना को लागू नहीं किया है। इसमें आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 35 के तहत केंद्र की वैधानिक जिम्मेदारियों का भी जिक्र किया गया है, जिसके तहत सरकार को आपदा प्रबंधन के लिए उचित उपाय करने की आवश्यकता होती है। याचिका में बढ़ते तापमान के संकट को जलवायु परिवर्तन से जोड़ा गया है और गर्मी से संबंधित बीमारी के पीड़ितों को मुआवजा देने और अत्यधिक गर्मी की अवधि के दौरान कमजोर वर्गों को न्यूनतम मजदूरी या अन्य सामाजिक और वित्तीय सुरक्षा प्रदान करने की मांग की गई है।   recent visitors 55

‘मंदिर एक सदी से अधिक पुराना है लेकिन दबंगों ने इस पर कब्जा कर लिया, अब अवैध निर्माण शुरू कर दिया

कराची पाकिस्तान के सिंध प्रांत के टांडो जाम कस्बे में 100 साल पुराने एक हिंदू मंदिर पर कब्जे का आरोप लगा है। हिंदू समुदाय के एक प्रतिनिधि ने गुरुवार को बताया कि जिस जमीन पर 100 साल पुराना शिव मंदिर है, उस पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया गया है। इसके अलावा उसके आसपास निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। पाकिस्तान में हिंदू समुदाय का प्रतिनिधित्व करने वाले संगठन ‘दरावर इत्तेहाद पाकिस्तान’ के प्रमुख शिव काच्छी ने कहा, ‘मंदिर एक सदी से अधिक पुराना है लेकिन दबंगों ने इस पर कब्जा कर लिया है और मंदिर के आसपास की भूमि पर अवैध निर्माण शुरू कर दिया है। साथ ही शिव मंदिर की ओर जाने वाले मार्ग और प्रवेश को बाधित किया है।’ काच्छी ने सोशल मीडिया में एक वीडियो जारी करके घटना की जानकारी दी। काच्छी ने कहा कि शिव मंदिर के कामकाज और मंदिर के आसपास लगभग चार एकड़ जमीन की देखरेख का जिम्मा एक समिति के पास था। यह स्थान कराची से लगभग 185 किलोमीटर दूर टांडो जाम कस्बे के पास मूसा खटियन गांव में है। उन्होंने कहा कि मंदिर के ऐतिहासिक महत्व के कारण सिंध विरासत विभाग की एक टीम ने पिछले वर्ष इसका जीर्णोद्वार किया था। उन्होंने बताया कि मंदिर के निकट ही समुदाय के लोगों के अंतिम संस्कार के लिए एक शमशान भी है। मंदिर में प्रत्येक सोमवार को श्रद्धालु भजन-कीर्तन भी करते हैं। संगठन प्रमुख ने कहा, ‘भू-माफिया ने मंदिर के आसपास की काफी भूमि पर कब्जा कर लिया है और इसके चारों ओर निर्माण कार्य शुरू कर दिया है।' सिंध में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय के कल्याण के लिए कार्य करने वाले और कानूनी सहायता प्रदान करने वाले काच्छी ने पाकिस्तान सरकार से मंदिर के चारों ओर अवैध निर्माण को रोकने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सिंध में कई ऐतिहासिक हिंदू मंदिर हैं और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार का कर्तव्य है। बता दें कि पाकिस्तान में हिंदुओं की आबादी अब एक फीसदी से भी कम बची है। इनमें भी ज्यादातर लोग सिंध प्रांत में ही बसे हैं। ऐतिहासिक तौर पर भी पाकिस्तान के सिंध प्रांत में ही हिंदुओं की संख्या अधिक थी।   recent visitors 68