हरियाणा चुनाव के नतीजे बदलते ही कैसे कांग्रेस के दफ्तर के बाहर छा गई मायूसी

नई दिल्ली  5 अक्टूबर, 2024। वक्त शाम के 6 बजे। हरियाणा विधानसभा की सभी 90 सीटों पर मतदान का औपचारिक समापन। टीवी चैनलों के रिपोर्ट्स बताने लगे कि मतदान केंद्रों पर अभी भी कुछ मतदाता पंक्तियों में खड़े हैं तो कुछ देर मतदान चलेंगे। इधर, टीवी चैनलों के स्टूडियोज में वरिष्ठ पत्रकारों और चुनावी विशेषज्ञों की पैनल सजी है। एंकर बता रहे हैं कि 6.30 बजे से हम एग्जिट पोल के नतीजे बताना शुरू करेंगे। और वह वक्त आ गया। एंकर घोषणा करने लगे कि अब हरियाणा और जम्मू-कश्मीर, दोनों प्रदेशों के एग्जिट पोल्स बारी-बारी से दिखाए जाएंगे। टीवी चैनलों पर पट्टियां आने लगीं। हरियाणा चुनाव का फाइनल रिजल्ट आने से पहले ही रुझानों को लेकर विवाद उठ गया है। दरअसल, शुरुआती रुझानों में सुबह लगभग 9 बजे तक कांग्रेस को बढ़त हासिल थी। माना जा रहा था कि हरियाणा में इस बार कांग्रेस सरकार बनाएगी। लेकिन, अगले एक घंटे के भीतर ही आंकड़े बदल गए और बीजेपी ने जबरदस्त बढ़त बना ली। बीजेपी इस समय रुझानों में कांग्रेस को पछाड़कर बहुमत के नजदीक पहुंच गई है। ऐसे में कांग्रेस ने चुनाव आयोग पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कांग्रेस सांसद जयराम रमेश ने केंद्रीय चुनाव आयोग को टैग करते हुए पूछा है, 'लोकसभा नतीजों की तरह हरियाणा में भी चुनावी रुझानों को जानबूझकर चुनाव आयोग की वेबसाइट पर धीमे-धीमे शेयर किया जा रहा है। क्या भाजपा पुराने और भ्रामक रुझानों को साझा करके प्रशासन पर दबाव बनाने की कोशिश कर रही है?' एक तरफ हरियाणा, एक तरफ जम्मू-कश्मीर। दोनों के सामने सीटों की संख्या 90-90 दिखने लगे। उनके आगे प्रमुख पार्टियों के नाम और उनके आगे 0-0। चर्चा चल रही है। वक्त के साथ-साथ आंकड़े आने लगे और पता चला कि बीजेपी को दोनों ही प्रदेशों में झटका लग रहा है। लगभग सभी एग्जिट पोल्स में ऐलान कर दिया गया कि जम्मू-कश्मीर में बीजेपी और नैशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) की करीब-करीब बराबर सीटें आएंगी, लेकिन हरियाणा में कांग्रेस की प्रचंड जीत होने वाली है। तारीख बदलती है। 8 अक्टूबर, 2024। फिर से टीवी चैनलों पर उसी तरह का माहौल, वही विश्लेषण। इंतजार है सुबह के 8 बजने का जब वोटों की गिनती शुरू होगी। रिपोर्ट्स फिर से मैदान में हैं। वो अलग-अलग दलों के नेताओं से बात कर रहे हैं। सभी अपनी-अपनी पार्टियों की जीत के दावे कर रहे हैं। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के सामने मीडिया का माइक पहुंचता है। वो कहते हैं- हमारी सरकार की वापसी हो रही है। रिपोर्ट उन्हें एग्जिट पोल्स के नतीजों की याद दिलाते हैं। तब सैनी मुस्कुराते हैं और कहते हैं कि बस इंतजार कीजिए, एग्जेक्ट पोल (असली नतीजे) उलट होंगे, बीजेपी को पूर्ण बहुमत मिलेगा। और वो वक्त आ गया। 8 बजे और दोनों ही प्रदेशों में नियम के मुताबिक पहले पोस्टल बैलेट्स की गिनती शुरू हो गई। थोड़ी ही देर में रुझान भी आने लगे। हरियाणा और जम्मू-कश्मीर, दोनों ही जगहों पर बीजेपी के प्रत्याशियों को ज्यादातर सीटों पर पीछे दिखाया जा रहा है। एग्जिट पोल्स के नतीजे सही जान पड़ रहे हैं। हरियाणा में बीजेपी के चार उम्मीदवार अपने प्रतिस्पर्धियों से आगे हैं तो कांग्रेस को 30 सीटों पर बढ़त मिल चुकी है। धीरे-धीरे यह अंतर घटता जाता है। लेकिन लंबे वक्त तक कांग्रेस आगे रहती है। फिर टीवी चैनलों से घोषणा होने लगती है कि हरियाणा में कांग्रेस को रुझानों में पूर्ण बहुमत मिल गया है। बीजेपी तब तक 25 सीटों के आसपास सिमटती दिख रही है। यही ट्रेंड टिका रहता है। तब तक चुनाव आयोग की वेबसाइट पर भी रुझान आने लगते हैं। वहां अलग ही कहानी है। हरियाणा में कांग्रेस के मुकाबले बीजेपी आगे! देखते ही देखते टीवी चैनलों पर भी माजरा बदलने लगता है। लगभग सभी चैनलों पर पासा पलटने लगा है- बीजेपी आगे और कांग्रेस पीछे। धीरे-धीरे बीजेपी और कांग्रेस के बीच रुझानों में सीटों का अंतर बढ़ता जा रहा है। फिर वक्त आता है जब बीजेपी को रुझानों में पूर्ण बहुमत मिल जाता है। सिर्फ आधे घंटे का फासला और कांग्रेस आगे से पीछे जबकि बीजेपी पीछे से आगे! यह ट्रेंड भी टिक जाता है। टीवी चैनलों पर एंकर पोलस्टरों से पूछने लगते हैं- ये क्या हो रहा है, कैसे हो रहा है? जवाब आता है, अभी तो शुरुआती रुझान हैं। फिर वो वोट प्रतिशत पर ध्यान दिलाते हैं। हरियाणा में कांग्रेस सीटों के मामले में बीजेपी से पिछड़ने के बावजूद वोट प्रतिशत में आगे है। कांग्रेस को करीब 43% वोट मिलते दिख रहे हैं जबकि बीजेपी को करीब 40% वोट मिल रहे हैं। फिर यह गैप भी भरने लगा। करीब तीन प्रतिशत का अंतर घटकर एक प्रतिशत पर आ चुका है। recent visitors 99

दुष्कर्म मामले में समझौते से इनकार पर दादा-चाचा को मारी गोली, पहाड़ी पर म्मिला आरोपी का शव

छतरपुर छतरपुर में सोमवार को दुष्कर्म पीड़िता समेत उसके परिवार के तीन लोगों को गोली मारने वाला आरोपी आज एक पहाड़ी पर मृत अवस्था में मिला। जानकारी मिलने के बाद सिविल लाइन थाना पुलिस सहित एसपी अगम जैन मौके पर पहुंचे हैं। राजीनामा करने का दबाव बना रहा था आरोपी बता दें कि रविवार-सोमवार की दरमियानी रात भोला अहिरवार गांव पहुंचा था। सोमवार सुबह करीब 10:30 बजे अवैध ह​थियार लेकर पीड़ित लड़की के घर में घुसकर उसके साथ मारपीट की। वो केस में राजीनामे का दबाव बना रहा था, तभी पीड़िता के दादा (65) ने भोला को रोकने की कोशिश की। इससे भोला का गुस्सा भड़क उठा और उसने दादा के सीने में गोली मार दी, जिससे दादा की मौके पर ही मौत हो गई। घर से भागते समय चाचा को भी गोली मारी इसके बाद आरोपी ने पीड़िता के पेट में कट्टे से गोली मारी और मौके से भाग निकला। जैसे ही आरोपी घर से बाहर निकला, उसे पीड़िता का चाचा (23) मिल गया। भोला ने उसे भी एक गोली मार दी। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गया। घायलों को परिजन ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इस मामले में एक व्यक्ति की मौत हो चुकी थी, वहीं दूसरे व्यक्ति को इलाज के लिए रेफर किया गया है। नाबालिग लड़की का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। युवक की बाइक छीनकर आरोपी हुआ था फरार हत्या की वारदात के बाद आरोपी रास्ते में एक युवक की बाइक छीनकर फरार हो गया था। अतरार के रहने वाले गोविंद कुशवाहा ने सोमवार शाम को आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। उसने पुलिस को बताया कि वह छतरपुर से अपने गांव जा रहा था। पीतांबरा मंदिर के पास भोला अहिरवार मिला। उसने मुझे रोककर लिफ्ट मांगी। मैंने मना किया तो आरोपी ने मेरी कनपटी पर कट्‌टा अड़ा दिया। आरोपी ने जान से मारने की धमकी दी। डर के कारण मैंने उसे बाइक दे दी। पुलिस पर रिपोर्ट के नाम पर 5000 रुपए लेने का आरोप पीड़िता की छोटी बहन ने आरोप लगाया कि 28 जुलाई को जब हम थाने में रिपोर्ट कराने गए थे, तब एक टीआई मैडम ने रिपोर्ट लिखने के नाम पर हमसे 10 हजार रुपए मांगे। मुझे बुलाकर कहा कि हम फ्री में काम नहीं करेंगे। इसके बाद मैडम ने सिविल ड्रेसे में एक पुलिसवाले को भेजा। उसे मैंने अपने हाथों से 5 हजार रुपए दिए थे। फिर पुलिस वाले घर पर भी पैसे मांगने के लिए आए थे। वे कह रहे थे कि 70 हजार रुपए दो और अपराधी का पता बताओ, नहीं तो रिपोर्ट वापस ले लो। हम राजीनामा करवा देंगे। उस समय पुलिस कार्रवाई करती तो ये घटना नहीं होती।   recent visitors 83

न्यायालय ने डकैती और हत्या के मामले में दो आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा

महू इंदौर के महू में द्वितीय अपर सत्र न्यायालय ने हत्या के केस को रेयरेस्ट मानते हुए दो आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई। आरोपियों ने महिला की गला दबाकर हत्या की थी, इसके बाद उसके शरीर के तीन टुकड़े कर अलग-अलग जगह पर फेंक दिए। मामला 2019 का है। फैसला सोमवार को इंदौर के महू में द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश सोमप्रभा चौहान की कोर्ट ने सुनाया। आरोपी अनूप माहेश्वरी और सादिक खान को जेल भेज दिया गया। ‘यह मामला रेयरेस्ट है। मानवता को शर्मसार करने वाली घटना है। किसी मानव को इतनी बर्बरता से काट कर सार्वजनिक जगह फेंकना इंसानियत को शर्मसार करता है। आम जन में खौफ पैदा करने वाली घटना है।’ -द्वितीय अपर सत्र न्यायालय, महू सीसीटीवी से मिला सुराग, लूट का केस भी दर्ज 2 अक्टूबर 2019 को महू की सुरखी गली की नाली में महिला के कटे हुए पैर मिले। अगले दिन यानी 3 अक्टूबर को रेलवे ट्रैक पर कटा हुआ सिर और हाथ मिले। धड़ आजाद ग्राउंड के सामने मिला। कपड़े पुराने खाली मकान में मिले। एक हाथ में हरप्रीत गुदा था। आसपास के थाना क्षेत्रों में पता किया तो युवती की पहचान रुखसार उर्फ पूजा (27) निवासी चंदन नगर के रूप में हुई। उसके खिलाफ बगदून थाने में लूट का केस भी दर्ज है। यहां उसका नाम पूजा पति हरप्रीत लिखा है। पुलिस ने क्षेत्र में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले। फुटेज में संदिग्ध व्यक्ति हाथ में थैला ले जाते दिखा, लेकिन लौटते समय हाथ खाली थे। उसकी पहचान अनूप माहेश्वरी के रूप में की गई। पुलिस ने शक के आधार पर अनूप से पूछताछ शुरू की। पहले तो वह बरगलाता रहा, लेकिन सख्ती करने पर उसने जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने आरोपी सादिक को भी गिरफ्तार कर लिया। संबंध बनाने से मना किया, तो मार डाला अनूप की ही निशानदेही पर पुलिस रुखसार के परिजन तक पहुंची। पता चला कि उसकी चार बहन हैं। एक बहन ने बताया, 2011 में रुखसार की शादी महू में ही हम्माल मोहल्ले में रहने वाले सादिक से हुई। उनका एक बेटा भी है। करीब पांच साल बाद दोनों का तलाक हो गया। रुखसार को नशे की लत लग गई। हरकतें ठीक नहीं होने पर परिवार वालों ने भी उससे रिश्ता तोड़ लिया। रुखसार महू व आसपास के शहरों में रहकर पावडर का नशा करती थी। सादिक पेशे से कसाई था। इधर, सादिक को भी ब्राउन शुगर की लत थी। 1 अक्टूबर 2019 को रुखसार और सादिक मिले। दोनों ने साथ में ब्राउन शुगर का नशा किया। नशा ज्यादा होने पर सादिक उसे हम्माल मोहल्ले में अपने दोस्त अनूप माहेश्वरी के घर ले गया। यहां दोनों ने रुखसार से संबंध बनाने की बात की। सादिक ने रुखसार के साथ गंदा काम किया। जब अनूप ने भी संबंध बनाने की कोशिश की, तो रुखसार ने इनकार कर दिया। गुस्से में उसने रुखसार की गला दबाकर हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी अनूप माहेश्वरी को गिरफ्तार किया था। आरोपी के पास से हथियार भी जब्त किए गए थे। पहचान न हो, इसलिए कर दिए तीन टुकड़े सादिक को जब यह बात पता चली, तो दोनों ने शव को ठिकाने लगाना तय किया। सादिक ने कहा कि मैं शव के टुकड़े कर देता हूं, लेकिन ठिकाने तुझे लगाना होगा। सादिक ने शव के तीन टुकड़े कर दिए। रात में अनूप के ही घर में सादिक ने महिला के पैर, गर्दन व हाथ काटे। सुबह करीब 4 बजे झोले में ले जाकर अनूप ने इन टुकड़ों को फेंका। इनमें पैर को सुरखी गली में नाली और सिर को रेलवे ट्रैक पर फेंक दिया। अगले दिन बोरे में बांधकर धड़ को ठेले पर ले जाकर आजाद ग्राउंड स्थित उत्तम गार्डन के सामने झाड़ियों में फेंक दिया। पुलिस ने आरोपियों के पास से हत्या में प्रयोग किए गए चाकू और अन्य हथियार जब्त कर लिए। लूट के मामले में पकड़ाई थी रुखसार पुलिस ने बताया कि रुखसार के अलग-अलग लोगों से संबंध रहे थे। बीच में हरप्रीत नामक व्यक्ति के साथ भी रही। उसने हाथ पर अंग्रेजी में हरप्रीत का नाम भी गुदवा रखा था। खुद का नाम भी पूजा रख लिया था। बगदून थाने में लूट के मामले में आरोपी भी रही। इसकी रिपोर्ट पूजा पति हरप्रीत के नाम से दर्ज थी। पुलिस ने बगदून थाने से रिकॉर्ड भी मंगवाया था। वहीं, आरोपी अनूप माहेश्वरी अपने घर में कॉलगर्ल के साथ पकड़ाया जा चुका है।   recent visitors 66

7 अक्टूबर इजरायल पर फिर भारी गुजरा, हिजबुल्लाह ने रात भर बरसाए रॉकेट

तेल अवीव इजरायल ने सोमवार को हिज्बुल्लाह के 130 रॉकेट हमलों का जवाब अपने 100 लड़ाकू विमानों के साथ लेबनान में करीब 120 साइटों को निशाना बनाकर दिया. ये विमान करीब 1 घंटे तक बम बरसाते रहे. आईडीएफ प्रवक्ता ने लेबनानी नागरिकों को अगली सूचना तक अवली नदी से दक्षिण की ओर समुद्र तट पर या नावों पर रहने से बचने की चेतावनी जारी की है. लेबनान में हिज्बुल्लाह के खिलाफ इजरायली हमलों की यह लहर पिछले साल 7 अक्टूबर को हमास द्वारा किए गए हमलों की बरसी पर आई, जो इस क्षेत्र में एक साल से जारी युद्ध की शुरुआत का कारण बना था. आईडीएफ ने सोमवार को यह भी घोषणा की कि उसने उत्तरी इजरायल में एक नया क्लोज्ड मिलिट्री जोन घोषित किया है. लेबनान में इजरायली ग्राउंड ऑपरेशन शुरू होने के बाद से यह चौथा क्लोज्ड मिलिट्री जोन है, जो मेडिटेरेनियन सी से पूर्व की ओर फैला है. ताजा हवाई हमलों के बारे में जानकारी देते हुए आईडीएफ ने एक बयान में कहा, 'हमारे विमानों ने हिज्बुल्लाह की विभिन्न यूनिट्स को टारगेट करके हमले किए, जिनमें सदर्न फ्रंट की रीजनल यूनिट्स, रादवान फोर्सेज, मिसाइल और रॉकेट फोर्स और इंटेलिजेंस यूनिट शामिल थे.' हिज्बुल्लाह के कई ठिकानों पर इजरायल ने बरसाए बम आईडीएफ के मुताबिक यह हवाई हमला हिज्बुल्लाह के कमांड एंड कंट्रोल और फायरिंग क्षमताओं को नष्ट्र करने के लिए था. साथ ही इजरायली ग्राउंड ऑपरेशन में शामिल सैनिकों को उनके लक्ष्यों को प्राप्त करने में सहायता करने के उद्देश्य से ये हवाई हमले किए गए. एक तरफ इजरायल में 7 अक्टूबर के हमले की बरसी पर शोक सभाएं चल रही थीं और दूसरी ओर उसकी सेना कई मोर्चों पर युद्ध लड़ रही थी. इजरायल ने लेबनान में अपने ग्राउंड ऑपरेशन का विस्तार किया और आईडीएफ की थर्ड डिवीजन भी युद्ध में शामिल हो गई. हमास ने इजरायल में 7 अक्टूबर के हमलों के शोक में आयोजित मेमोरियल इवेंट्स को टारगेट करते हुए रॉकेट दागे और इजरायल के खिलाफ युद्ध जारी रखने की कसम खाई. हालांकि, रॉकेट दागने की हमास की क्षमता गाजा में 12 महीने के विनाशकारी इजरायली हमले के कारण काफी हद तक कम हुई है. बता दें कि गाजा युद्ध में 42,000 के करीब लोगों की मौत हो चुकी है. इजरायल समय-समय पर यह कहता रहा है कि उसने गाजा में हमास को प्रभावी ढंग से हराया है. लेबनान से इजरायल में दागे गए 130 से अधिक रॉकेट इजरायली सैन्य अभियानों में आई तेजी के बावजूद, हिज्बुल्लाह ने सोमवार को पूरे दिन में करीब 130 से अधिक रॉकेट दागे. इनमें से ज्यादातर रॉकेट हाइफा को टारगेट करके दागे गए थे, जो इजरायल का तीसरा सबसे बड़ा शहर है. शाम ढलते ही यमन से हूती द्वारा दागी गई एक बैलिस्टिक मिसाइल को इजरायली एयर डिफेंस सिस्टम आयरन डोम ने हवा में ही मार गिराया. इजरायली सेना ने कहा कि लेबनान से हिज्बुल्लाह द्वारा दागे गए कुछ रॉकेट्स को आयरन डोम ने इंटरसेप्ट करके नष्ट कर दिया, जबकि कुल खाली इलाकों में गिरे. इस क्षेत्र में युद्ध के और भीषण होने की आशंका है. क्योंकि इजरायल ने पिछले हफ्ते ईरान द्वारा बड़े पैमाने पर किए गए मिसाइल हमले का बदला लेने का वादा किया है. इजरायल किसी भी समय ईरान के खिलाफ एक बड़ा जवाबी हमला कर सकता है. वहीं, तेहरान ने दोहराया है कि वह अपनी धरती पर किसी भी इजरायली हमले का जवाब देगा. इस बढ़ते संघर्ष में अमेरिका के भी शामिल होने की संभावना है. वह इजरायल को महत्वपूर्ण सैन्य और राजनयिक सहायता प्रदान करता है. और यदि ईरान ने इजरायल पर फिर कोई हमला किया, तो अमेरिका यहूदी देश के बचाव में इस युद्ध में उतर सकता है.   recent visitors 63

Israel attack : मारा गया हिजबुल्लाह की मिसाइल टीम का प्रमुख सुहैल हुसैन हुसैनी

बेरुत सुहैल हुसैन हुसैनी (Suhail Hussein Husseini)… हिज्बुल्लाह का वो कमांडर जो इस आतंकी संगठन के हथियार डिपो, हथियारों की सप्लाई, बजट, रसद, वेपन कहां से आना है. कहां जाना है. ये सब देखता था. सात अक्टूबर 2024 की रात इजरायली एयरस्ट्राइक में यह हिज्बुल्लाह लीडर भी बेरूत में मारा गया. इजरायली डिफेंस फोर्सेस (IDF) ने कहा कि हुसैनी विदेशों से हथियारों की डीलिंग करता था. यह हिज्बुल्लाह की टॉप मिलिट्री संस्था जिहाद काउंसिल का भी सदस्य था. हुसैनी की वजह से ही ईरान और हिज्बुल्लाह के बीच हथियारों का आदान-प्रदान होता आया है. उसी ने हिज्बुल्लाह लड़ाकों को ईरान से एडवांस हथियार लेकर दिए थे. हुसैनी यह देखता था कि ईरान से हथियार कैसे आएंगे. कहां जाएंगे. किस यूनिट को किस तरह के हथियार देने हैं. इसके अलावा वह इन सबकी प्लानिंग करता था. उन्हें पूरा करवाता था. साथ ही वह बजट भी देखता था. यह हिज्बुल्लाह के सबसे संवेदनशील लॉजिस्टिकल मैनेजमेंट को संभालता था. जिसमें जंग की रूपरेखा भी शामिल है. हुसैनी ने ने इजरायल के ऊपर लेबनान और सीरिया की तरफ से कई आतंकी हमले करवाए. हुसैनी जिस इमारत में मारा गया. वह इमारत हिज्बुल्लाह का रिसर्ड एंड डेवलपमेंट सेंटर था. ताकि वहां पर नई गाइडेड मिसाइलों की डिजाइनिंग और निर्माण किया जा सके.   recent visitors 70

Sensex पहले धड़ाम… फिर BJP की वापसी पर पकड़ी तूफानी रफ्तार

मुंबई हरियाणा और जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनावों के रिजल्ट आने शुरू हो गए हैं. अभी तक के रुझानों पर नजर डालें, तो जहां हरियाणा में शुरुआत में BJP को नुकसान होता नजर आ रहा था, लेकिन अचानक Congress और भाजपा एक रफ्तार बनाए नजर आने लगीं.  वहीं जम्मू-कश्मीर में कांग्रेस बढ़त बनाए दिख रही है. देश के दो राज्यों में विधानसभा चुनाव के नतीजों  का असर शेयर बाजार (Stock Market) पर भी देखने को मिल रहा है और इसकी चाल बदली-बदली नजर आ रही है. मंगलवार को इलेक्शन रिजल्ट वाले दिन Sensex पहले करीब गिरावट के साथ लाल निशान पर ओपन हुआ और कुछ ही देर में रफ्तार पकड़ते हुए 400 अंक से ज्यादा उछल गया. नतीजों के साथ ही बदली बाजार की चाल सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन मंगलवार को शेयर बाजार (Share Market) में बड़ा उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है. सेंसेक्स और निफ्टी की इस बदली-बदली चाल ने निवेशकों को भी हैरान कर दिया है. अगर BSE Sensex की बात करें, तो अपने पिछले बंद 81,050 की तुलना में ये इंडेक्स गिरावट के साथ 80,826.56 के लेवल पर ओपन हुआ और कुछ देर बाद ये गिरावट तेजी में तब्दील हो गई. 10.48 बजे पर खबर लिखे जाने तक सेंसेक्स करीब 433 अंकों की बढ़त लेकर 81,483.60 के स्तर पर कारोबार कर रहा था. NSE Nifty भी सेंसेक्स के कदम से कदम मिलाकर चलता नजर आया और सोमवार के बंद 24,795.75 की तुलना में चढ़कर 24,832.20 के स्तर पर खुला और ये बढ़त के साथ 24,942 पर कारोबार करने लगा. मार्केट खुलने पर 1380 शेयरों में गिरावट शेयर बाजार ने बीते छह दिनों में बड़ी गिरावट देखी और मंगलवार की शुरुआत भी फ्लैट रही. इस बीच जैसे ही शेयर मार्केट में कारोबार शुरू हुआ. लगभग 974 शेयर हरे निशान पर खुले, जबकि 1380 कंपनियों के शेयरों ने गिरावट के साथ लाल निशान पर ओपनिंग की. इस बीच 144 शेयर ऐसे रहे, जिनकी स्थिति में कोई बदलाव देखने को नहीं मिला. Nifty पर HUL, M&M, Cipla, Shriram Finance, Trent के शेयरों में तेजी देखने को मिल रही थी. तो वहीं Tata Steel, Hindalco, Tata Motors, Power Grid Corp और JSW Steel के शेयर गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे. अचानक इन शेयरों ने लगाई छलांग सबसे ज्यादा तेजी के साथ भागने वाले शेयरों की बात करें, तो सुबह 10.40 बजे तक लार्जकैप कंपनियों में शामिल Adani Port Share 2.49%, NTPC Share 2.01%, M&M Share 2%, SBI Share 1.75% की तेजी के साथ कारोबार कर रहा था. वहीं मिडकैप कंपनियों में शामिल Paytm Share 5.49%, BHEL 3.70%, RVNL 3.53%, Mazgaon Dock SHare 3.52%, Indian Hotel Share 3.21% चढ़कर ट्रेड कर रहे थे. स्मालकैप कंपनियों में शामिल शेयरों में Dhani Share 11.32%, जबकि PGEL Share 8.16% चढ़ गया. कल उछलकर धराशायी हुआ था बाजार शेयर मार्केट (Stock Market) में बीते छह कारोबारी दिनों से जारी भारी बिकवाली का असर निवेशकों की संपत्ति पर दिखाई दिया है. इन 6 दिनों में ही बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का मार्केट कैप बुरी तरह टूटा है (BSE MCap Fall) और इस गिरावट के बीच निवेशकों की दौलत करीब 25 लाख करोड़ रुपये घट गई है. सोमवार को BSE Sensex 638.45 अंक की गिरावट के साथ 81,050 के स्तर पर क्लोज हुआ. बीते छह दिनों से जारी गिरावट में निवेशकों 25 लाख करोड़ रुपये की चपत लग चुकी है. recent visitors 104

कोई भी कानून अपने हाथ में लेने की कोशिश न करे. जो लोग ऐसा करेंगे उन्हें सख्त कानूनी परिणाम भुगतने होंगे -CM योगी

लखनऊ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि समाज का एक निश्चित वर्ग हिंदू देवी-देवताओं के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करना और मूर्तियों को तोड़ना अपना अधिकार मानता है. उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसी गतिविधियों में शामिल लोगों से सख्ती से निपटा जाएगा. मुख्यमंत्री योगी ने कहा, 'हिंदू धर्म किसी का अंत नहीं चाहता है. वह अहिंसा परमो धर्मः के साथ ही धर्म हिंसा तथैव च की भी बात करता है. यानी सेवा के कार्य से जुड़ें. दीन-दुखियों की सेवा के लिए जीवन समर्पित करें, लेकिन राष्ट्र-धर्म की रक्षा और निर्दोषों को बचाने के लिए हिंसा करनी पड़े तो यह धर्म सम्मत है.' उन्होंने जोर देकर कहा, 'यही आह्वान भारत सेवाश्रम संघ की स्थापना के समय प्रखर राष्‍ट्रवादी व सिद्ध संत स्वामी प्रणवानंद ने भी किया था. स्वामी प्रणवानंद ने साधना से सिद्धि प्राप्‍त की थी, लेकिन ध्‍येय राष्‍ट्रवाद का था.' मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वाराणसी के सिगरा स्थित भारत सेवाश्रम संघ में दुर्गा पूजा समारोह में अपने भाषण के दौरान यह टिप्पणी की. उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल में, जहां देवी की पूजा की परंपरा शुरू हुई, सनातन धर्म आज 'असहाय और असुरक्षित' दिखाई देता है. योगी आदित्यनाथ ने यह भी कहा कि एक निश्चित वर्ग हिंदू देवी-देवताओं के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करना, प्रतिष्ठित हस्तियों का अपमान करना और मूर्तियों को तोड़ना अपना अधिकार मानता है. उन्होंने कहा, 'अक्सर जब कोई नफरत व्यक्त करता है तो अशांति पैदा करने के लिए इसे बढ़ा-चढ़ाकर पेश करने की कोशिश की जाती है.' योगी आदित्यनाथ ने चेतावनी दी, 'कोई भी कानून अपने हाथ में लेने की कोशिश न करे. जो लोग ऐसा करेंगे उन्हें सख्त कानूनी परिणाम भुगतने होंगे. कानून अव्यवस्था को बढ़ावा देने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई करेगा.'     हमारा हिंदू धर्म स्पष्ट कहता है कि 'अहिंसा परमो धर्म:'    उन्होंने कहा कि हर धर्म, संप्रदाय और समुदाय की आस्था का सम्मान होना ही चाहिए, लेकिन अराजकता अस्वीकार्य है और गड़बड़ी पैदा करने वालों को परिणाम भुगतना होगा. कार्यक्रम के दौरान सीएम ने मां दुर्गा की पूजा की और महिलाओं को 100 सिलाई मशीनें वितरित कीं. उन्होंने सभी आगंतुकों, अतिथियों और जनता को शारदीय नवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएं दीं. योगी आदित्यनाथ ने कहा कि 'अहिंसा परमो धर्मः' का सिद्धांत गरीबों और जरूरतमंदों की मदद के लिए अपना जीवन समर्पित करने पर जोर देता है. उन्होंने आगे कहा, 'हालांकि अगर देश की एकता और अखंडता को चुनौती दी जाती है या इसकी सीमाओं पर अतिक्रमण किया जाता है, तो धर्म हिंसा तथैव च का सिद्धांत देश की सुरक्षा और संप्रभुता के लिए आवश्यक कार्रवाई का समर्थन करता है.' सभी जातियों, पंथों और धर्मों के महान व्यक्तियों का सम्मान करने के महत्व पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, 'अगर कोई किसी महान व्यक्ति या संन्यासी के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करता है, तो ऐसे लोग दंड के भागी होंगे और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए. हालांकि , विरोध का मतलब बर्बरता या लूटपाट करना नहीं है…ऐसी कार्रवाइयां पूरी तरह से अस्वीकार्य हैं.' मुख्यमंत्री योगी की यह टिप्पणी गाजियाबाद स्थित डासना मंदिर के महंत यति नरसिंहानंद की विवादित टिप्पणी के बाद समुदाय विशेष द्वारा किए गए उग्र विरोध प्रदर्शनों के बीच आई है. योगी आदित्यनाथ ने शारदीय नवरात्रि में मां दुर्गा की पूजा और अनुष्ठान के महत्व पर प्रकाश डाला. उन्होंने पश्चिम बंगाल का जिक्र करते हुए कहा, 'बंगाल वह भूमि है जिसने हमें राष्ट्रगान, राष्ट्रीय गीत दिए और भारत की बौद्धिक नींव रखी. स्वतंत्रता के संघर्ष में बंगाल की कई महान हस्तियों का योगदान रहा है.' उन्होंने आगे कहा, 'बंगाल ने भारत माता को जगदीश चंद्र बोस, रामकृष्ण परमहंस, स्वामी विवेकानंद, स्वामी प्रणवानंद, नेताजी सुभाष चंद्र बोस और डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जैसे सपूत दिए हैं. लेकिन, आज बंगाल में क्या हो रहा है? वहां के लोगों को त्योहार मनाने से पहले दो बार सोचना पड़ता है. जबकि उत्तर प्रदेश में त्योहारों को बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है, बाधा उत्पन्न करने के किसी भी प्रयास पर तुरंत कार्रवाई की जाती है. लेकिन जिस बंगाल से जगतजननी मां भगवती के अनुष्ठान का शुभारंभ होता है, उस बंगाल में आज सनातन धर्म असहाय व असुरक्षित दिखता है.'   recent visitors 125