MP NEWS: शिप्रा नदी को लेकर को मोहन यादव सरकार का बड़ा प्लान, बनेंगे 6 डैम

MP NEWS: Mohan Yadav government's big plan regarding Shipra river, 6 dams will be built

MP NEWS: Mohan Yadav government’s big plan regarding Shipra river, 6 dams will be built भोपाल ! प्रदेश में सिंचाई के साधन को समृद्ध बनाने के लिए बड़ी योजना बनाई गई है. उज्जैन और इंदौर के लिए बड़ी सिंचाई परियोजना को मंजूरी दी गई है. इस पर 36 करोड़ 64 लाख रुपये खर्च होंगे. सांवरा खेड़ी, सिलर खेड़ी परियोजना का काम भी शुरू होगा. कान्ह नदी को शिप्रा नदी से डायवर्ट करने का काम जारी है. इस पर 651 करोड़ रुपये खर्च होंगे. नए डैम बनने से जल संग्रहण की क्षमता बढ़ेगी. मध्य प्रदेश में मोहन यादव सरकार ने शिप्रा नदी को प्रवाहमान करने और सिंचाई के साधन को समृद्ध बनाने के लिए यह प्लान बनाया है. जल संसाधन विभाग के माध्यम से उज्जैन और इंदौर के लिए बड़ी सिंचाई परियोजना को हरी झंडी मिल गई है. जल संग्रहण की क्षमता भी बढ़ जाएगी अब जल संसाधन विभाग के माध्यम से सांवरा खेड़ी, सिलर खेड़ी परियोजना का कार्य भी शुरू होने वाला है. इस पर सरकार 614 करोड़ रुपये की राशि खर्च कर रही है, जिससे सिलार खेड़ी जलाशय की ऊंचाई बढ़ जाएगी. इससे जल संग्रहण की क्षमता भी बढ़ जाएगी. इस परियोजना से उज्जैन जिले के 65 गांव को 18000 हेक्टेयर से अधिक भूमि सिंचाई की सुविधा मिलेगी. सरकार ने 5 डैम और भी स्वीकृत किए हैं, जिस पर सरकार 36 करोड़ से ज्यादा की राशि खर्च कर रही है. कान्ह डायवर्सन का काम जारी इंदौर से आने वाली कान्ह नदी को शिप्रा नदी से डायवर्ट करने का कार्य अभी भी जारी है. सरकारी परियोजना पर 651 करोड़ रुपये की राशि खर्च कर रही है. अब नए पांच डैम बन जाने के बाद जल संग्रहण की क्षमता और भी बढ़ जाएगी. उज्जैन-इंदौर में यहां बनेंगे स्टॉप डैम योजना के अनुसार, उज्जैन जिले के पंथ पिपलाई, जमालपुर, गोठड़ा, रामवासा, पिपलिया राघो में डैम बनाए जाएंगे. इसके अलावा इंदौर के पिपलिया, दर्जी करीधिया, कुदाना, कायस्थ खेड़ी, सहाड़ा में स्टॉप डैम बनेंगे. recent visitors 162

मोहन कैबिनेट के फैसले : विधायकों के नए आवास बनेंगे, सोयाबीन उपार्जन नीति मंजूर, जानें

Mohan Cabinet's decisions: New residences for MLAs will be built

Mohan Cabinet’s decisions: New residences for MLAs will be built, soybean procurement policy approved, know भोपाल ! प्रदेश की मोहन सरकार की कैबिनेट मीटिंग मंगलवार को मंत्रालय में संपन्न हो गई है। मीटिंग के दौरान कई अहम प्रस्तावों पर मुहर लगी है। बैठक में लिए गए फैसलों के संबंध में एमपी के डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने जानकारी देते हुए बताया कि अक्टूबर महीने में रीवा में निवेश आएगा। आज सोयाबीन उपार्जन की नीति को मंजूरी दी गई है। विधायकों के आवास के लिए 169.13 करोड़ रुपए स्वीकृति मिल गई है। मंत्रियों के बाद विधानसभा अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष भी अपना इनकम टैक्स खुद ही जमा करेंगे। डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल के अनुसार, सागर के बाद अब अगली रीजनल इनवेस्टर्स समिट रीवा, नर्मदापुरम और शहडोल में आयोजित होगी। अगली समिट के संबंध में जानकारी देते हुए उप मुख्यमंत्री ने कहा- आगामी रीजनल इन्वेस्टर्स समिट 27 सितंबर को सागर में रखी गई है। सोयाबीन उपार्जन की नीति को मंजूरीउन्होंने आगे बताया कि आज सोयाबीन उपार्जन की नीति को मंजूरी दे दी गई है। सरकार ने इसका समर्थन मूल्य 4892 रुपए तय किया है। वहीं, 25 सितंबर से 20 अक्टूबर तक किसानों का पंजीयन होगा। और 25 अक्टूबर से 31 दिसंबर तक खरीदी होगी। 1400 उपार्जन केंद्र बनाए जाएंगे। एमपी वेयरहाउसिंग से इसके भंडारण सुनिश्चित किया जाएगा। मार्कफेड के द्वारा इसका उपार्जन किया जाएगा। पहली बार प्रदेश में सोयाबीन का उपार्जन होगा। भारत सरकार ने 13.68 मीट्रिक टन उपार्जन की स्वीकृति दे दी है।डिप्टी सीएम के अनुसार, विधायकों के आवास के लिए 169.13 करोड़ रुपए स्वीकृति दी है। पुराने पारिवारिक खंड क्रमांक 1 और शॉपिंग सेंटर को हटाकर 3 बीचके के 204 आवास रहेंगे। 5 ब्लॉक बनाए जाएंगे। पहले चरण में दो ब्लॉक तोड़कर निर्माण होगा। 2615 वर्ग फीट के आवास होंगे। पीडब्ल्यूडी इसका निर्माण करेगा। पहले पेड़ काटकर नई जगह बनाने का प्रस्ताव था। हरियाली उजाड़ने का विरोध हुआ था, जिसके बाद अब जगह बदली जाएगी। ये फैसले लिए गए recent visitors 161

मिड-डे मील में खाना खाने बैठे ऊर्जा मंत्री, सब्जी में ढूंढते रह गए आलू

Energy Minister sat down to eat mid-day meal, kept looking for potatoes among vegetables

Energy Minister sat down to eat mid-day meal, kept looking for potatoes among vegetables ग्वालियर ! ग्वालियर से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने शासकीय स्कूलों में परोसे जाने वाले मध्यान भोजन की गुणवत्ता पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए? इस बार खुद प्रदेश के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर अचानक एक सरकारी स्कूल का निरीक्षण करने पहुंच गए. वहां पर केंद्रीय मंत्री स्कूली बच्चों के साथ खाना खाने बैठ गए. जब बच्चों को मिलने वाला मध्याह्न भोजन उन्हें परोसा गया तो वह खुद सब्जी की बाल्टी में आलू ढूंढते रह गए. मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता पर फिर से सवाल उठने शुरू हो गए. हालांकि इस दौरान प्रद्युम्न सिंह ने बच्चों के साथ खाना खाया और गुणवत्ता को सही करने की हिदायत दी. इसके बाद उन्होंने बच्चों के साथ खाना खाया. बच्चे भी उनके साथ काफी खुश दिखाई दिए. निरीक्षण करने पहुंचे स्कूलस्वच्छता पखवाड़े के तहत प्रदेश के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर अपनी विधानसभा में कई जगहों पर जाकर निरीक्षण कर रहे हैं. इस दौरान ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने डीआरपी लाइन स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का औचक निरीक्षण किया. ऊर्जा मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर ने बच्चों के मध्यान भोजन की गुणवत्ता का निरीक्षण किया. प्रद्युम्न खुद बच्चों के साथ खाना खाने बैठ गए. ढूंढते रह गए आलूजब ऊर्जा मंत्री को मध्यान भोजन का खाना परोसा गया वह पूरी तरह से ठंडा था. बच्चों के साथ बैठे ऊर्जा मंत्री को जो आलू की सब्जी परोसी गई थी वह भी गुणवत्ता युक्त नहीं थी. ऐसे में खुद ऊर्जा मंत्री ने सब्जी की बाल्टी में चमचा घुमा-घुमा कर देखा लेकिन उन्हें एक भी आलू नसीब नहीं हुआ. प्रद्युम्न सिंह ने उनके साथ मौजूद मौजूद अधिकारियों से भोजन की गुणवत्ता सही रखने की सख्ती से हिदायत दी. मंत्री को साथ खाना खाते हुए देखकर बच्चों के चेहरे पर मुस्कान आ गई. ऊर्जा मंत्री ने भी बड़े ही स्वाद से मध्यान भोजन का आनंद भी लिया. recent visitors 188

राज्य में उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करना है हमारा लक्ष्य: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

Our aim is to create a favorable environment for industries in the state: Chief Minister Dr. Yadav

Our aim is to create a favorable environment for industries in the state: Chief Minister Dr. Yadav पुष्पेंद्र ( संपदाक ) भोपाल ! मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश के सभी क्षेत्रों के समग्र विकास के लिये विभिन्न औद्योगिक समूहों के प्रमुखों से निरंतर वन-टू-वन चर्चा विभिन्न मंचों पर की जा रही है। इससे प्रदेश के विकास को गति मिलेगी। वन-टू-वन चर्चा से उद्योगपतियों को उद्योग स्थापना में आने वाली दिक्कतों एवं उनके निराकरण पर सकारात्मक चर्चा कर निराकरण भी हो रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इसी क्रम में शुक्रवार को कोलकाता में आयोजित इन्वेस्टर्स समिट में 31 प्रमुख उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वन-टू-वन चर्चा में उद्योगपतियों के सुझाव पर उन्हें आश्वस्त किया कि उनकी बातों पर न केवल गंभीरता से विचार किया जायेगा, बल्कि प्रदेश के विकास के लिये “आउट ऑफ द वे” जाकर निराकरण भी किया जायेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वन-टू-वन बैठक के माध्यम से विभिन्न उद्योगपतियों से उनकी आवश्यकताओं, चुनौतियों और विकास की संभावनाओं पर चर्चा की। डॉ. यादव ने राज्य में निवेश की नीतियों और प्रक्रियाओं को सरल बनाने की प्रतिबद्धता जताई और सरकार द्वारा दी जाने वाली विभिन्न सुविधाओं और प्रोत्साहनों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य राज्य में उद्योगों के लिए एक अनुकूल वातावरण तैयार करना है, जिससे न केवल स्थानीय व्यवसायों को फायदा हो, बल्कि बाहरी निवेशक भी प्रोत्साहित होकर मध्यप्रदेश में आकर अपने व्यवसाय को आगे बढ़ायें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कोलकाता के इंटरैक्टिव सेशन में प्रमुख रूप से श्री राजीव मुंद्रा – चैयरमेन जेएमएस माइनिंग, अश्विन जेलोढ़ा – एमडी और सीईओ ओरिएंट पेपर मिल, इंद्रजीत मुखर्जी – वाईस चैयरमैन टेक्स्मॉको रेल और इंजीनियरिंग लिमिटेड, विनोद कुमार गुप्ता – एमडी डॉलर उद्योग, आपरेश अग्रवाल – एमडी रूपा उद्योग, अनुराग चौधरी सीएमडी एवं अरूण कुमार शुक्ला अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड सहित फूड प्रोसेसिंग, प्लास्टिक एवं पैकेजिंग, मैटल, केमिकल एवं बैटरी, सीमेंट एवं जूट खनन, आयरन एवं स्टील, पॉवर सीमेंट, नवकरणीय ऊर्जा, अधोसंरचना विकास, रेलवे वैगन एवं उपकरण, पेपर एवं पल्प, टेक्सटाइल, लॉजिटिक्स एवं वेयर हाउसिंग एवं एविएशन, टेक्सटाइल एवं गारमेंट, पॉलीमर कम्पाउंड, हास्पिटेलिटी, लुब्रीकेंटस, होम केयर एवं ईवी प्रोडक्ट, सौर ऊर्जा, पशु आहार आदि सेक्टर से संबंधित 31 उद्योगपतियों से वन-टू-वन चर्चा की। चर्चा में उद्योगपतियों ने भी अपने विचार साझा किए और राज्य में निवेश करने की संभावनाओं पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार विभिन्न उद्योगों के बीच समन्वय बढ़ाने और नई योजनाओं को लागू करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने सभी उद्योगपतियों को राज्य में अधिक से अधिक निवेश करने और सरकार के विकासात्मक एजेंडे में भागीदार बनने का निमंत्रण दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की यह पहल न केवल राज्य की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने में मदद करेगी, बल्कि राज्य को एक प्रमुख औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। recent visitors 159

10 लाख के गांजे के साथ आरोपी गिरफ्तार, कार में मिला 174 किलो गांजा

Accused arrested with ganja worth Rs 10 lakh, 174 kg ganja found in the car

Accused arrested with ganja worth Rs 10 lakh, 174 kg ganja found in the car शहडोल ! खैरहा पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए एक अर्टिगा कार से 1 क्विंटल 74 किलो गांजा बरामद किया है। स मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। लखवारिया से बुढार की ओर जा रही गांजा लदी कार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने करकटी के पास नाकेबंदी कर रोका। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिले भर में एनडीपीएस एक्ट के तहत कई कार्रवाई की जा रही हैं। खैरहा पुलिस ने भी इसी कड़ी में यह बड़ी सफलता हासिल की। बताया गया कि अर्टिगा कार में बोरियों में भरकर 1 क्विंटल 74 किलो गांजा रखा हुआ था। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने सिरोंजा मार्ग पर नाकेबंदी की और वाहन को रोका। वाहन में सवार एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि अन्य आरोपी वाहन छोड़कर भागने में सफल रहे। पुलिस ने आरोपी से पूछताछ शुरू कर दी है और गांजा को जब्त कर जांच की जा रही है। जब्त गांजे की कीमत 10 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है। बताया जा रहा है कि शहडोल जिले के रास्ते से उत्तर प्रदेश की ओर गांजा ले जाया जा रहा था। इससे पहले भी शहडोल पुलिस ने इसी मार्ग से कई बार गांजे की तस्करी के प्रयासों को विफल किया है। एसपी के निर्देश पर खैरहा थाना प्रभारी दिलीप सिंह और उनकी टीम ने इस बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह गांजा कहां से लोड किया गया था और इसे कहां पहुंचाया जाना था। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा। recent visitors 167

जीआरपी थाना के सामने ही बदमाशों ने गोली दागी, युवक हुआ घायल

Miscreants opened fire in front of GRP police station, youth injured

Miscreants opened fire in front of GRP police station, youth injured कटनी ! कटनी में भदोही उप्र निवासी अरुण कुमार दुबे अपनी मां को छोड़ने गया था और कटनी स्टेशन आकर घर जाने के लिए दूसरी गाड़ी का इंतजार कर रहा था। गुरुवार की रात को कटनी स्टेशन के भीड़ भाड़ वाले क्षेत्र में जीआरपी थाना के सामने ही बदमाशों ने गोली दागी, जो अरुण कुमार दुबे को लगी। गोली चलते ही दहशत फैल गई। लोगों ने पुलिस को सूचना देने के साथ ही घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया जहां से उसे मेडिकल कालेज जबलपुर रेफर कर दिया गया। पुराने विवाद पर एक युवक पर गोली चलाईघटना में पुराने विवाद पर एक युवक पर गोली चलाई गई थी। पुलिस मामले की जांच कर रही है। रात 11.30 बजे के लगभग वह नाश्ता करने के लिए स्टेशन के बाहर निकला। जैसे ही वह जीआरपी थाना के पास पहुंचा पीछे गोली चलने की आवाज आई और गोली उसके कमर के पास आकर लगी। यात्री मौके पर गिरा। गोली चलते ही दहशत फैल गई। रात को मेडिकल कालेज जबलपुर रेफर कर दिया गयालोगों ने घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया। साथ ही कोतवाली पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने स्थल का निरीक्षण किया और घायल से भी पूछताछ की। यात्री की हालत गंभीर होने के चलते उसे रात को मेडिकल कालेज जबलपुर रेफर कर दिया गया। कोतवाली प्रभारी बोले- गोली चलाने वाले तीन लोग थेकोतवाली प्रभारी आशीष शर्मा ने बताया कि गोली चलाने वाले तीन लोग थे, जिसमें तरुण जाटव, रितेश निषाद, विष्णु निषाद शामिल थे। जिन्होंने बैलट घाट निवासी ओम गोस्वामी पिता रंजन गोस्वामी के ऊपर पुराने विवाद पर कट्टे से फायर किया था और युवक हट गया तो गोली यात्री को जाकर लगी। पुलिस ने हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया है और आरोपितों की तलाश कर रही है। recent visitors 320

इंदौर में प्रशासन ने कांग्रेस के किसान न्याय यात्रा को घुसने से रोका

Administration stopped Congress' Kisan Nyay Yatra from entering Indore

Administration stopped Congress’ Kisan Nyay Yatra from entering Indore मध्य प्रदेश में सोयाबीन के भाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के बीच जमकर राजनीतिक रस्साकशी चल रही है. इसी के चलते आज (शुक्रवार, 20 सितंबर) पूरे मध्य प्रदेश में कांग्रेस आंदोलन कर रही है. सोयाबीन के दाम बढ़ाने को लेकर इंदौर में भी किसान न्याय यात्रा निकाली गई. इसे लेकर आंशिक रूप से अनुमति को रद्द कर दिया गया. शहर के बीच ट्रैक्टर यात्रा निकालने पर जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए. इंदौर कलेक्टर आशीष सिंह ने बताया कि कांग्रेस के आंदोलन को लेकर पुलिस विभाग के माध्यम से अनुमतियां जारी की गई थी. कांग्रेस नेताओं को स्पष्ट रूप से निर्देश दे दिए गए थे कि वे सांकेतिक रूप से कलेक्टर कार्यालय आ सकते हैं, लेकिन उन्हें शहर के बीच से ट्रैक्टर रैली के माध्यम से कलेक्टर कार्यालय आने की अनुमति नहीं है. इसी को लेकर कांग्रेस नेताओं द्वारा विरोध किया जा रहा था. बढ़ जाती है दुर्घटना की आशंका- कलेक्टरकांग्रेस नेताओं का कहना था कि वे ट्रैक्टर रैली के माध्यम से कलेक्टर कार्यालय में पहुंचेगे. इसे लेकर पुलिस महकमे ने अनुमति नहीं दी. इंदौर में पुलिस कमिश्नरी लागू है, इसलिए इस प्रकार की अनुमति को लेकर पुलिस विभाग के पास अधिकार है. कलेक्टर आशीष सिंह ने एबीपी न्यूज़ से कहा कि शहर में इतनी संख्या में ट्रैक्टर लेकर प्रवेश करने से दुर्घटना की आशंका बढ़ जाएगी. इसके अलावा यातायात व्यवस्था भी बाधित होगी है. इसी के चलते अनुमति नहीं दी गई है सोयाबीन के भाव को लेकर निकली जा रही है यात्रासोयाबीन के भाव को लेकर इंदौर में किसान न्याय यात्रा निकाली गई. इसका नेतृत्व कांग्रेस नेताओं ने किया. कांग्रेस नेता चाहते थे कि यह यात्रा शहर के बीच ट्रैक्टर के माध्यम से निकले. recent visitors 185