विवाह के 30 साल बाद पत्नी ने लगाया दहेज प्रताड़ना का केस, चार दिन के सदमे के बाद उठाया ये कदम

भोपाल  शादी के 30 साल बाद एक पत्नी अपने पति के खिलाफ थाने पहुंची तो दुखी पति ने जहर खाकर खुदकुशी कर ली। अवधपुरी में रहने वाली पत्नी ने 26 जनवरी को महिला थाने में पति के विरूद्ध दहेज प्रताड़ना का केस दर्ज करवाया था। चार दिन तक सदमे में रहने के बाद पति ने शुक्रवार को जहर खा लिया। तबीयत बिगड़ने के बाद उसका बेटा अस्पताल लेकर पहुंचा। कुछ देर इलाज के बाद उसने दम तोड़ दिया। अवधपुरी पुलिस ने मर्ग कायम कर खुदकुशी के कारणों की जांच शुरू की है। दंपती की बेटी की शादी हो चुकी है अवधपुरी थाना प्रभारी के अनुसार 52 वर्षीय राजीव गिरी मूलत: रायसेन जिले के बरेली के रहने वाले थे। वर्तमान में वह सौम्य स्टेट कॉलोनी में रहते थे। वह पूर्व में राजीव सिविल ठेकेदार थे, फिलहाल खेती करते थे। करीब 30 साल पहले राजीव की जानकी गिरी से शादी हुई थी। उनके दो बच्चे हैं, एक बेटी की शादी हो चुकी है, जबकि बेटा अविवाहित है और प्राइवेट नौकरी करता है। दोनों के बीच पिछले कुछ समय से विवाद चल रहा था, जिसके बाद जानकी ने दहेज प्रताड़ना की शिकायत पुलिस से की थी, जिस पर प्रकरण भी दर्ज कर लिया गया था। पत्नी ने पुलिस से कहा केस खत्म करने का दबाव बना रहा है पति शुक्रवार को राजीव गिरी के जहर खाने के बाद उनका बेटा अस्पताल में इलाज के लिए पहुंचा। जबकि उनकी पत्नी जानकी पति की खैर मनाने की बजाए थाने पहुंच गई। पति वेंटिलेटर पर जिंदगी और मौत की लड़ाई लड़ रहा था, जबकि पत्नी पुलिस से कह रही थी कि उसका पति केस वापस लेने का दबाव बना रहा है, उस पर कार्रवाई की जाए। हालांकि पुलिस ने वह कार्रवाई नहीं की और फिर कुछ देर बाद राजीव गिरी ने दम तोड़ दिया। recent visitors 56

संबंध बनाने के दौरान ही रवीना ने इकबाल को गिराकर, गला घोंटकर की हत्या , शव को दरवाजे पर फेंका

 बरेली  बरेली में एक शादीशुदा महिला ने कथित तौर पर ब्‍लैकमेलिंग और बार-बार की धमकी से परेशान होकर शारीरिक संबंध बनाते समय अपने प्रेमी पड़ोसी युवक की गला दबाकर हत्‍या कर दी। प्रेमी से मिलने के लिए जाने से पहले महिला ने अपने पति को नशीली चाय पिलाकर सुला दिया था। पुलिस ने कारचोबी ठेकेदार इकबाल अहमद की हत्‍या का पर्दाफाश कर दिया है। इसके साथ ही उसकी प्रेमिका रवीना को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया है। पुलिस के सामने प्रेमिका ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। लेकिन इकबाल के परिवारीजन इस घटना में शामिल अन्‍य लोगों के शामिल होने का भी आरोप लगा रहे हैं। बरेली के भोजीपुरा के गांव घुर समसपुर के रहने वाले कारचोबी ठेकेदार इकबाल अहमद का शव 30 जनवरी की सुबह अपने ही घर के बाहर सीढ़ियों पर मिला था पोस्‍टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्‍या करने की पुष्टि हुई थी। इस मामले में इकबाल की पत्‍नी शहनाज ने शनिवार को गांव की रहने वाली महिला रवीना और उसके पति इदरीश के खिलाफ केस दर्ज कराया था। आरोप था कि रवीना से उसके पति के अवैध संबंध थे। इस वजह से रवीना ने अपने पति के साथ मिलकर इकबाल की हत्या कर दी है। रविवार दोपहर पुलिस ने रवीना को गिरफ्तार कर पूछताछ की तो उसने अपने जुर्म का इकबाल कर लिया। एसपी उत्तरी मुकेश चन्द्र मिश्र ने बताया कि इकबाल अहमद रवीना से जरी का काम कराता था। इसी दौरान दोनों में प्रेम संबंध हो गए। 29 जनवरी को इकबाल अपनी शहनाज के साथ ससुर की बरसी के लिए ससुराल गया और उसे वहां छोड़कर वापस आ गया। रात में इकबाल रवीना ने को कॉल करके मिलने की इच्छा जाहिर की और उसे नींद की दो गोलियां देकर पति को देने को कह दिया। पति को नशीली चाय पिलाने के बाद रात 11.40 बजे उसे इकबाल का फाेन आया। इकबाल ने उसे अपने घर आने को कहा। जब वह पहुंची तो इकबाल खिड़की से निकलकर बाहर चबूतरे पर खड़ा मिला। संबंध बनाने के दौरान ही रवीना ने इकबाल को गिराकर उसके दोनों हाथ पैरों से दबा दिए। एक हाथ से मुंह दबाया और दूसरे से गला घोंटकर हत्या कर दी। फिर शव को दरवाजे पर फेंककर चली गई। एसपी उत्तरी ने बताया कि रवीना ने इस बारे में अपने पति को भी जानकारी नहीं। रवीना बोली, ब्लैकमेल करता था इकबाल रवीना ने पुलिस को बताया कि काम के सिलसिले में नजदीकियां बढ़ने पर इकबाल से मोबाइल नंबर का आदान प्रदान हो गया। एक दिन इकबाल ने जबरन दुष्कर्म किया। उसने पति से शिकायत करने की बात कही तो इकबाल बातचीत की कॉल रिकॉर्डिंग के जरिये बदनाम करने की धमकी देने लगा। फिर इसी बहाने आए दिन उसे बुलाकर संबंध बनाने लगा। वह इससे परेशान हो गई थी, इसी वजह से हत्या कर दी। परिजनों ने खुलासे पर उठाए सवाल इस खुलासे को लेकर इकबाल के परिजन संतुष्ट नहीं हैं। इकबाल के भाई कल्लू का कहना है कि कोई भी महिला अकेले पुरुष की हत्या नहीं कर सकती। पुलिस रवीना के पति और इस वारदात में शामिल अन्य लोगों को बचा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि रवीना इतनी ताकतवर नहीं है, जो इकबाल की अकेले हत्या कर दे। recent visitors 56

नर्मदा जयंती 4 फरवरी 2025 मंगलवार को मनाई जाएगी, माघ मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को मनाई जाती

अमरकंटक नर्मदा नदी भारत की सात प्रमुख पवित्र नदियों में से एक है। हिंदू धर्म में गंगा के समान पवित्र माना जाता है। इसका उद्गम मध्यप्रदेश के अमरकंटक से हुआ है। नर्मदा के प्राकट्य होने के बाद से हर साल माघ मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को मनाई जाती है। इस वर्ष नर्मदा जयंती 4 फरवरी 2025 मंगलवार को मनाई जाएगी। क्या करना चाहिए नर्मदा जयंती के दिन नर्मदा नदी पर स्नान करने के बाद मां नर्मदा नदी के तट पर फूल, धूप, अक्षत, कुमकुम आदि से पूजन करना चाहिए। इस दिन नर्मदा नदी में 11 आटे के दीप जलाने चाहिए और उनका दीपदान करना चाहिए। यह बेहद शुभ माना जाता है। ऐसा करने से व्यक्ति की सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं। विष्णु पुराण के अनुसार नाग राजाओं द्वारा माँ नर्मदा को यह वरदान प्राप्त है कि जो व्यक्ति इनके जल का स्मरण भी करेगा उसके शरीर में कभी सर्प का विष नहीं फैलेगा। वायु पुराण के अनुसार माँ नर्मदा पितरों की पुत्री हैं, जो पत्थर को भी देवत्व प्रदान करती हैं और पत्थर के भीतर आत्मा प्रतिष्ठित करने वाली हैं। नर्मदेश्वर शिवलिंग- नर्मदा के तट से प्राप्त शिवलिंगों को नर्मदेश्वर शिवलिंग कहा जाता है। मान्यता है कि ये स्वयं प्रकट होते हैं और बिना किसी विशेष प्रक्रिया के पूजनीय होते हैं। नर्मदा पूजा विधि- नर्मदा जल लेकर भगवान शिव या किसी देवी-देवता पर अर्पण करें। स्नान करते समय “ॐ नमः शिवाय” या “नर्मदे हर” मंत्र का जाप करें। नर्मदा जल का प्रयोग- नर्मदा का जल घर में रखना शुभ माना जाता है। इसका उपयोग अभिषेक, हवन और अन्य धार्मिक कार्यों में किया जाता है।   recent visitors 45

बोर्ड परीक्षा में छात्रों को मुख्य उत्तर पुस्तिका में क्वेश्चन पेपर साल्व करना होगा, अब उत्तर पुस्तिका 32 पेज की होगी

भोपाल  माध्यमिक शिक्षा मंडल की 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा 24 फरवरी से शुरू होने जा रही है। इन दिनों छात्र पढ़ाई में जुट चुके हैं, क्योंकि उनके पास महज 22 दिन ही शेष बचे हैं। हर बार माध्यमिक शिक्षा मंडल की ओर से परीक्षा में कुछ बदलाव किए जाते हैं। इस बार छात्रों को सप्लीमेंट्री कापी नहीं मिलेगी। उन्हें मुख्य उत्तर पुस्तिका में क्वेश्चन पेपर साल्व करना होगा। यह उत्तर पुस्तिका 32 पेज की होगी। अब तक 20 पेज की ही आंसर शीट दी जाती थी। उत्तर पुस्तिका के पहले पेज पर बार कोड लगा रहेगा। उत्तर पुस्तिका की सिलाई उखड़ी तो नकल श्रेणी में दर्ज होगा एमपी बोर्ड परीक्षा में नकल पर पाबंदी लगाने के लिए कई ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। प्रश्नपत्रों के बंडलों को पुलिस स्टेशन से निकालने और वितरित करने में सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। क्वेशन पेपर के साथ उत्तर पुस्तिकाओं का वितरण क्रमवार किया जाएगा। सामाजिक विज्ञान में आसानी से स्कोर कर सकते हैं छात्र 10वीं की परीक्षा में सामाजिक विज्ञान में छात्र आसानी से स्कोर कर सकते हैं। छात्रों को तीन घंटे में 23 प्रश्नों के उत्तर देने होंगे। पिछले साल परिणाम 72.2 प्रतिशत था। मेधावी स्टूडेंट्स ने 90 से अधिक मार्क्स प्राप्त किए थे। परीक्षा में छात्र कुछ बातों का ध्यान रख अच्छा स्कोर कर सकते हैं। एग्रीकल्चर से जुड़े प्रश्न छात्र पढ़ लें परीक्षा में मैप वर्क चार मार्क्स का आता है। छात्र इसमें गलती कर देते हैं। यदि स्टूडेंट्स को प्रदेश और विशेषताओं की जानकारी होगी तो पूरे मार्क्स मिल सकते हैं। इसमें राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था की जीवन रेखाएं भारत में राष्ट्रवाद चैप्टर और परिवहन से संबंधी प्रश्न पूछे जाते हैं। एग्रीकल्चर से जुड़े प्रश्नों को छात्र पढ़ लें। मैप वर्क पर ध्यान दें, इस पर पूरे नंबर मिलते हैं चैप्टर के आखिरी में दिए गए बिंदुओं को पढ़ें। मैप वर्क पर ध्यान दें। इसमें पूरे अंक मिलते हैं। वहीं हिंदी में निबंध और पत्र लेखन में पूरे मार्क्स मिलते हैं। माध्यमिक शिक्षा मंडल ने प्रश्नों का पैटर्न वेबसाइट पर अपलोड कर दिया है। इसमें मार्क्स के साथ हर प्रश्नों के पैटर्न की जानकारी है। इसमें हर सब्जेक्ट के प्रश्नों का पैटर्न और अंक योजना को वेबसाइट पर अपलोड किया गया है। recent visitors 33

तीन दिन बाद प्रदेश में दिन-रात के पारे में 3 डिग्री की गिरावट की संभवना

भोपाल मध्यप्रदेश में सुबह और रात में ठंड का असर है, जबकि दिन में धूप चुभ रही है। इसके साथ अब कोहरा भी छा रहा है। रविवार को ग्वालियर, नीमच, मुरैना, श्योपुर, मंदसौर और भिंड में कोहरा रहा। ऐसा ही मौसम सोमवार सुबह भी है। मौसम विभाग के मुताबिक, तीन दिन बाद प्रदेश में दिन-रात के पारे में 2 से 3 डिग्री की गिरावट हो सकती है, जबकि 12, 13 और 14 फरवरी को बारिश होने का अनुमान भी है। ग्वालियर-जबलपुर समेत कई शहरों में दिन के पारे में गिरावट रविवार को ग्वालियर-चंबल में कहीं-कहीं बादल भी छाए रहे। वहीं, कई शहरों में दिन के तापमान में गिरावट देखने को मिली। ग्वालियर में 1.9 डिग्री की गिरावट के बाद पारा 27.4 डिग्री रहा। धार में 2.4 डिग्री की गिरावट हुई और तापमान 26.7 डिग्री पर आ गया। बैतूल, गुना, खंडवा, रतलाम, शिवपुरी, दमोह, जबलपुर, नौगांव, रीवा, सागर, सतना, सीधी, टीकमगढ़, उमरिया और मलाजखंड में भी पारा लुढ़क गया। इधर, शनिवार-रविवार की रात में भी कई शहरों में पारे में मामूली गिरावट देखने को मिली। आज से नया सिस्टम 3 फरवरी से वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) के एक्टिव होने के आसार है। वहीं, 8 फरवरी को भी एक सिस्टम एक्टिव हो सकता है। इस वजह से प्रदेश में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. वेदप्रकाश सिंह ने बताया, प्रदेश के कुछ हिस्से में पहले सप्ताह में बादल छाए रहेंगे। 12, 13 और 14 फरवरी को बारिश होने का अनुमान है। 20 फरवरी के बाद ठंड का असर और कम होगा। जिससे दिन-रात दोनों ही तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी। अगले 2 दिन ऐसा मौसम     3 फरवरी: मंदसौर, शिवपुरी, दतिया, भिंड में हल्के से मध्यम कोहरा रह सकता है। नीमच, ग्वालियर, मुरैना और श्योपुर में कहीं-कहीं घना कोहरा भी छाया रह सकता है।     4 फरवरी: प्रदेश में कहीं-कहीं पारे में हल्की गिरावट हो सकती है। दिन में धूप वाला मौसम रहेगा। recent visitors 74

मुस्लिम शायर डॉ. अंजुम बाराबंकवी ने प्रभु श्रीराम पर लिखी ऐसी गजल, तारीफ करने से खुद को रोक नहीं पाए पीएम मोदी

भोपाल अयोध्या में भगवान श्रीराम की स्थापना के एक वर्ष पूर्ण होने की खुशी और उत्साह हर तरफ छाया हुआ है। इसी उमंग को साहित्य में भी खूबसूरत अंदाज में परोसा जा रहा है। राजधानी भोपाल के प्रसिद्ध शायर डॉ अंजुम बाराबंकवी ने भी इस संदर्भ में एक गजल लिखी है। उन्होंने अपनी यह गजल पीएम नरेंद्र मोदी के अवलोकन के लिए भेजी थी। जिस पर प्रधानमंत्री कार्यालय से पीएम मोदी के हस्ताक्षरित पत्र डॉ अंजुम बाराबंकवी के नाम आया है। पीएम मोदी ने शायर की भगवान राम के लिए भावनाओं को सराहनीय बताया है। साथ ही कहा है कि आप जैसे देशवासियों द्वारा किए जा रहे प्रयास राष्ट्र को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाएंगे। यह लिखा चिट्ठी में नेहपूर्ण पत्र के माध्यम से अपने विचारों को मुझसे साझा करने के लिए आभार। अयोध्या धाम में प्रभु श्री राम लला की प्राण-प्रतिष्ठा के एक वर्ष पूर्ण होने पर अपनी प्रसन्नता को 'राम ग़ज़ल' लिखकर अभिव्यक्त करने के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद। 'राम ग़ज़ल' में प्रभु श्री राम के प्रति अपने प्रेम को आपने बहुत सुंदर ढंग से दर्शाया है। कहा भी गया है- 'रामो विग्रहवान् धर्मः' अर्थात् प्रभु श्री राम साक्षात् धर्म के, यानि कर्तव्य के सजीव स्वरूप हैं। हमारी संस्कृति के आधार प्रभु श्री राम से हमें विपरीत परिस्थितियों में भी धैर्य, दृढता, साहस, सत्यनिष्ठा और समभाव रखते हुए जीवन में आगे बढ़ने की सीख मिलती है। यह देखना सुखद है कि अयोध्या धाम में प्रभु श्री राम के भव्य मंदिर में उनके दर्शन के लिए देश-विदेश से अनेक श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं। आस्था और अध्यात्म के केन्द्रों के रूप में अयोध्या, प्रयागराज, वाराणसी व विन्ध्याचल सहित हमारे विभिन्न पावन स्थल स्थानीय अर्थव्यवस्था व रोजगार को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। अपनी समृद्ध विरासत पर गर्व के भाव के साथ अमृत काल में एक भव्य व विकसित भारत के निर्माण की दिशा में हम अग्रसर हैं। मुझे विश्वास है कि आप जैसे देशवासियों द्वारा किए जा रहे प्रयास राष्ट्र को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाएंगे। यह है डॉ अंजुम बाराबंकवी की राम गजल दूर लगते हैं मगर पास हैं दशरथ नन्दन मेरी हर साँस का विश्वास हैं दशरथ नन्दन दिल के काग़ज़ पे कई बार लिखा है मैंने इक महकता हुआ अहसास हैं दशरथ नन्दन दूसरे लोगों के बारे में नहीं जानता हूँ मेरे जीवन में बहुत ख़ास हैं दशरथ नन्दन और कुछ दिन में समझ जाएगी छोटी दुनिया हम ग़रीबों की बड़ी आस हैं दशरथ नन्दन आप इस तरह समझ लीजिए मेरी अपनी ज़िन्दगी के लिए मधुमास हैं दशरथ नन्दन ये जो दौलत है मेरे सामने मिट्टी भी नहीं मेरी क़िस्मत के मेरे पास हैं दशरथ नन्दन मेरी ये बात भी जो चाहे परख सकता है सच के हर रूप के अक्कास हैं दशरथ नन्दन   recent visitors 45

ऐतिहासिक भोजशाला में वाग्देवी पूजन की तैयारी पूरी, पुलिस प्रशासन ने किए सुरक्षा के इंतजाम

धार मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित मां सरस्वती मंदिर भोजशाला में 3 फरवरी को बसंत पंचमी पर्व मनाया जा रहा है। बसंत पंचमी पर ऐतिहासिक भोजशाला में मां वाग्‍देवी जन्‍मोत्‍सव मनाया जा रहा है। इसे लेकर भोजशाला परिसर को भगवा पताकाओं से सजाया गया है। साथ ही, यज्ञकुंड में आहुतियां दी जा रही है। यज्ञकुंड को गोबर से लीपकर आकर्षक सजावट की गई है। 3 फरवरी को बसंत पंचमी के साथ तीन दिनी बसंतोत्‍सव की भी शुरूआत हो गई।  सूर्योदय के साथ ही भोजशाला में मां वाग्‍देवी की पूजा का क्रम शुरू हो चुका है। दिनभर में हजारों लोग मां वाग्‍देवी के दर्शन के लिए पहुंचेंगे। साथ ही, यज्ञ में आहुतियां भी दी जाएगी। बसंतोत्‍सव के तहत लालबाग से मां वाग्‍देवी की शोभायात्रा निकाली जाएगी। इसमें हजारों भक्‍त सहभागिता करेंगे। शोभायात्रा प्रमुख मार्गों से होते हुए भोजशाला पहुंचेगी। जहां पर महाआरती के बाद धर्मसभा का आयोजन होगा। जोर शोर पर हुई तैयारियां भोज उत्‍सव समिति द्वारा आयोजित बसंतोत्‍सव के तहत धर्मसभा में इस बार संत उत्‍तम स्‍वामी जी शामिल होने के लिए धार पहुंच रहे है। शोभायात्रा में शामिल होने के बाद वे धर्मसभा को संबोधित करेंगे। आयोजन को लेकर पूरे शहर को भगवा पताकाओं से सजाया गया है। वहीं सुरक्षा के भी कड़े इंतजाम किए गए है। रविवार को भोजशाला में भी दिनभर साज-सज्‍जा का दौर चलता रहा। इधर, मोतीबाग चौक पर धर्मसभा के लिए टेंट लगाए गए। साथ ही, भगवा पताकाओं को पूरे परिसर में सजाया गया। वहीं, मातशक्ति द्वारा भी अपने स्‍तर पर तैयारियां की गई। ये होंगे आयोजन पहला दिन : भोजशाला परिसर में बसंत पंचमी पर सुबह 7 बजे से मां सरस्‍वती यज्ञ शुरु हुआ। जबकि, सुबह 11 बजे उदाजीराव चौराहा लालाबाग से मां वाग्‍देवी शोभायात्रा निकलेगी। वहीं, दोपहर 12.30 बजे धर्मसभा होगी। इसमें मुख्‍य वक्‍ता महर्षि उत्‍तम स्‍वामीजी महाराज रहेंगे। दोपहर 1.30 बजे महाआरती और शाम 5.50 बजे यज्ञ की पूर्णाहुति के साथ आरती होगी। दूसरा दिन : 4 फरवरी को सुबह 8.55 बजे मंगलवार को मां सरस्‍वती मंदिर भोजशाला में नियमित सत्‍याग्रह होगा। दोपहर 2.30 बजे मातशक्ति सम्‍मेलन होगा। मुख्‍य अतिथि धर्मजागरण प्रांत सह संयोजिका भारती दीदी होंगे। रात 8 बजे भजन संध्‍या होगी। इसमें भजन सम्राट द्वारका मंत्री भजनों की प्रस्‍तुतियां देंगी। तीसरा दिन : 5 फरवरी को रात 9 बजे अखिल भारतीय विराट कवि सम्‍मेलन होगा। जबकि 6 फरवरी को कन्‍या पूजन के साथ समापन होगा। सीसीटीवी कैमरों से निगरानी इधर, आयोजन को लेकर पुलिस भी पुख्ता बंदोबस्‍त कर चुकी है। सुरक्षा को लेकर भोजशाला के मुख्य द्वार से लेकर परिक्रमा मार्ग तक बैरिकेड्स लगाए गए हैं। दर्शन के लिए आने वाले लोग इन बैरिकेड्स से होकर गुजरेंगे। साथ ही, 70 से अधिक सीसीटीवी कैमरे भी चप्पे-चप्पे की निगरानी के लिए लगाए गए हैं। यहां अस्थाई थाना भी बनाया गया है। जहां से अधिकारी पूरे क्षेत्र की निगरानी रख सकेंगे। सुरक्षा के नोडल अधिकारी एएसपी डॉ इंद्रजीत बाकलवार हैं। भोजशाला समेत 200 मीटर के इलाके को आज से पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है। पड़ोसी जिलों से भी बुलवाया गया बल सोमवार सुबह यज्ञ के साथ ही दर्शन के लिए आने वाले लोगों का क्रम शुरू हो गया है। ऐसे में सुबह 6 बजे से ही पुलिस अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। रविवार दोपहर के समय एसपी मनोज कुमार सिंह और कलेक्टर प्रियंक मिश्रा भी कर्मचारियों को ड्यूटी को लेकर दिशा-निर्देश दिए। भोजशाला में सुरक्षा की दृष्टि से 9 राजपत्र अधिकारी, 19 थाना प्रभारी समेत 700 से अधिक का पुलिसबल ड्यूटी कर रहा है। यही नहीं, पड़ोसी जिलों से भी जरूरत के हिसाब से पुलिसबल धार भोजशाला परिसर में तैनात किया गया है। शोभायात्रा से लेकर धर्मसभा और परिक्रमा मार्ग को चार सेक्टरों में बांटा गया है। ऊंची इमारतों से रखी जा रही निगरानी शोभायात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरेगी, जिसमें हजारों की संख्या में लोग शामिल होंगे। ऐसे में यात्रा मार्ग की 20 हाईराइज बिल्डिंगों पर भी पुलिस जवान तैनात किए जा रहे हैं। साथ ही शहर के 34 चिन्हित स्थानों पर भी सुबह से लेकर शाम तक फिक्स पाईंट बनाए गए हैं। वहीं, 10 बाइक पुलिस टीम नगर के भीतरी हिस्से व चार मोबाइल पुलिस वाहन बाहरी हिस्से में लगातार भ्रमण कर हर गतिविधि पर नजर रख रही हैं। यात्रा और धर्मसभा में महिलाएं भी शामिल होती हैं, जिसके चलते महिला पुलिस अधिकारियों की ड्यूटी भी लगाई गई है। recent visitors 54