समन्वित प्रयासों से होगा विन्ध्य क्षेत्र का चहुंमुखी विकास: उप मुख्यमंत्री शुक्ल

समन्वित प्रयासों से होगा विन्ध्य क्षेत्र का चहुंमुखी विकास: उप मुख्यमंत्री शुक्ल मुख्यमंत्री डॉ. यादव 5041 करोड़ की सीतापुर-हनुमना सूक्ष्म दाब सिंचाई परियोजना का शीघ्र करेंगे शिलान्यास उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि विन्ध्य क्षेत्र में विकास के सभी संसाधन और अपार संभावनाएं भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि विन्ध्य क्षेत्र में विकास के सभी संसाधन और अपार संभावनाएं हैं। क्षेत्र के विकास के लिए स्वीकृत योजनाओं की सभी बाधाएं अधिकारी समन्वय बनाकर दूर करें। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के समन्वित प्रयासों से ही विन्ध्य क्षेत्र का चहुंमुखी विकास होगा। रीवा संभाग की विकास परियोजनाओं की उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने समीक्षा की। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि सतना में बरगी बांध और सिंगरौली और सीधी में गोड़ सागर परियोजनाओं को पूरा करने के लिए सभी बाधाओं को दूर करें। उन्होंने कहा कि गोविंदगढ़ से सिंगरौली तक रेलवे लाइन निर्माण के लिए भू अर्जन की प्रक्रिया लगभग पूरी हो गई है। इससे रेल परियोजना के कार्य में तेजी आएगी। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मऊगंज में 5041 करोड़ की सीतापुर-हनुमना सूक्ष्म दाब सिंचाई परियोजना का शिलान्यास कर रहे हैं। इस परियोजना से मऊगंज जिले के अधिकांश क्षेत्र, सीधी, सिंगरौली एवं रीवा जिले के गांवों में सिंचाई की सुविधा मिलेगी। इसका मुख्य बांध सोन घड़ियाल अभ्यारण्य में प्रस्तावित है। वन विभाग और जल संसाधन विभाग मिलकर परियोजना के संबंध में समस्त स्वीकृतियाँ जारी कराएं जिससे कार्य शुरू हो सके। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने विधायक निधि से स्वीकृत 15 करोड़ रुपए के निर्माण कार्यों की राशि लोक निर्माण विभाग तथा ग्रामीण यांत्रिकी सेवा विभाग को जारी करने के लिए वरिष्ठ कार्यालयों का ध्यान आकृष्ट किया जाएगा। बैठक में ग्रामीण विकास एवं आवास राज्यमंत्री श्रीमती राधा सिंह ने सीधी से सिंगरौली फोरलेन सड़क निर्माण का कार्य तेजी से पूरा कराने एवं सिंगरौली जिले में पुलिस बल में वृद्धि तथा पड़री बांध की नहरों को पक्का करने की बात रखी। अतिरिक्त मुख्य सचिव तथा महानिदेशक प्रशासन अकादमी जेएन कंसोटिया ने कहा कि संभागीय बैठक में दिए गए सभी सुझावों और मांगों पर संबंधित विभाग तत्परता से कार्यवाही करें। विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी तरह की देरी न करें। नगरीय विकास राज्य मंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी, विधायक चित्रकूट सुरेन्द्र सिंह गहरवार, विधायक मैहर श्रीकांत चतुर्वेदी, विधायक सीधी श्रीमती रीती पाठक, विधायक मनगवां नरेन्द्र प्रजापति, विधायक सिरमौर दिव्यराज सिंह, विधायक देवसर राजेन्द्र मेश्राम, विधायक सिंगरौली रामनिवास रावत, विधायक सिहावल विश्वामित्र पाठक सहित स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने विभिन्न जनहित के विषयों में अपनी बात रखी। कमिश्नर बीएस जामोद, आईजी एमएस सिकरवार, डीआईजी एसपी पाण्डेय, संभाग के सभी जिलों के कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी तथा संभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।   recent visitors 58

खुले बोरवेल से होने वाली दुर्घटनाओं से बचाव के लिए सरकार एवं जनता मिलकर अभियान चलाएं: गहलोत

जयपुर राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने खुले बोरवेल में गिरने से होने वाली जनहानि पर चिंता जताते हुए राज्य सरकार से ऐसे बोरवेल को बंद करवाने के लिए अभियान चलाने की मांग की। हाल में दौसा जिले में खुले बोरवेल में गिरे पांच साल के आर्यन की मौत हो गई थी। गहलोत ने इसे दुखद बताया है। गहलोत ने ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘दौसा में एक खुले बोरवेल में गिरने से मासूम आर्यन की मृत्यु बेहद दुखद है। तमाम चुनौतियों के बावजूद जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन एवं नागरिक सुरक्षा की टीम ने अच्छा कार्य किया।’’ उन्होंने कहा कि खुले बोरवेल में बच्चों के गिरने की घटनाएं लगातार होती रहती हैं। राज्य सरकार द्वारा कई बार इन्हें बंद करने के आदेश जारी किए जाते रहे हैं। इसके बावजूद गांवों में खुले बोरवेल सामान्य तौर पर मिल जाते हैं। इस तरह के बोरवेल के खिलाफ अभियान चलाने का आह्वान करते हुए उन्होंने कहा, ‘‘खुले बोरवेल से होने वाली दुर्घटनाओं से बचाव के लिए सरकार एवं जनता मिलकर अभियान चलाएं क्योंकि दूर-दराज के इलाकों में ऐसे बोरवेल की जानकारी प्रशासन को बिना जन सहयोग के नहीं चल सकती है। इसके लिए सरकार जिलावार अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करे एवं सर्वे करवाकर खुले बोरवेल बंद करवाने का अभियान चलाए जिससे भविष्य में ऐसी जनहानि ना हो।’’   recent visitors 61

सड़क, रेल और हवाई नेटवर्क की मजबूती से देश में न केवल आर्थिक विकास की रफ्तार में तेजी आई : पंकज चौधरी

नई दिल्ली वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने वर्ष 2029 तक देश के राजमार्गों पर चिह्नित सभी 13 हजार ब्लैक स्पॉट को भरने या समाप्त करने की घोषणा करते हुए कहा कि बीते 10 वर्षों में केंद्र सरकार ने सड़क से लेकर हवाई यातायात नेटवर्क का बड़े पैमाने पर विस्तार किया है, जिससे लोगों का सफर करना सुगम और सुविधाजनक हो गया है। चौधरी ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सड़क, रेल और हवाई नेटवर्क की मजबूती से देश में न केवल आर्थिक विकास की रफ्तार में तेजी आई है, बल्कि स्थानीय स्तर पर भी बुनियादी सुविधाएं बेहतर हुई हैं और इसका सीधा लाभ आम लोगों को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय राजमार्गों पर चिह्नित किए गए सभी ब्लैक स्पॉट को भरने या समाप्त करने की व्यवस्था की गई है, ताकि इन राजमार्गों को दुर्घटना मुक्त बनाया जा सके। ब्लैक स्पॉट पर दुर्घटना होने की संभावना बहुत अधिक होती है। चौधरी ने मोदी सरकार में सड़क, रेल और हवाई कनेक्टिविटी में हुए क्रांतिकारी बदलाव को रेखांकित करते हुए कहा कि 10 वर्षों में यातायात बुनियादी ढांचे में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है। इससे आर्थिक प्रगति के द्वार खुले हैं। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क में 1.6 गुना वृद्धि हुई है। वर्ष 2014 में 91,287 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्ग थे, जो नवंबर 2024 तक बढ़कर 1,46,195 किलोमीटर हो गए हैं। भारतमाला परियोजना के तहत, प्रथम चरण में 34,800 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्ग का निर्माण कराया जाना है। इसमें से 26,425 किलोमीटर के काम का देखा दिया जा चुका है, जबकि 18714 किलोमीटर का कार्य पूरा हो चुका है। इसके साथ ही नेशनल हाई-स्पीड कॉरिडोर (एचएससी) की लंबाई 2014 में 93 किलोमीटर थी जो 2024 में बढ़कर 2,474 किलोमीटर हो गई है। वर्ष 2014 में चार या अधिक लेन वाले राष्ट्रीय राजमार्ग 18,300 किलोमीटर थे, जो अब बढ़कर करीब 45,900 किलोमीटर हो गए हैं। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार में इसमें ढाई गुना की उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। निर्बाध माल ढुलाई और किफायती परिवहन को बढ़ावा देने के लिए 35 स्थानों की पहचान की गई है, जिसमें छह मल्टी-मॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क (एमएमएलपी) परियोजनाएं स्वीकृत की गई हैं। तीन अन्य के लिए टेंडर की प्रक्रिया चल रही है। चौधरी ने बताया कि नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने भारत को विमानन क्षेत्र में एक वैश्विक शक्ति के रूप में उभरने, आम लोगों को जोड़ने और विकास को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहित किया है। देश में चालू हवाई अड्डों की संख्या दोगुनी से अधिक हो गई है। 2014 में 74 हवाई अड्डों से उड़ानें संचालित होती थीं जबकि 2024 में देश के 158 हवाई अड्डों से हवाई सेवाएं संचालित हो रही हैं। उड़ान योजना के तहत 613 मार्गों पर सफलतापूर्वक हवाई सेवाएं शुरू की गई हैं। 87 हवाई अड्डों को जोड़ा गया है और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को बढ़ावा दिया गया है। डिजीयात्रा पहल के तहत, संपर्क रहित और निर्बाध यात्रा एक वास्तविकता बन गई है, जिसमें 24 हवाई अड्डों पर चेहरे की पहचान प्रौद्योगिकी (एफआरटी) लागू की गई है। भारत वैश्विक स्तर पर तीसरा सबसे बड़ा घरेलू विमानन बाजार बनकर उभरा है। वित्त राज्यमंत्री ने रेलवे की उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि रेल मंत्रालय ने विद्युतीकरण, आधुनिक बुनियादी ढांचे और बेहतर यात्री सुविधाओं पर ध्यान केंद्रित करते हुए बड़े पैमाने पर बदलाव किया है। उन्होंने बताया कि 97 प्रतिशत रेल मार्गों का विद्युतीकरण किया गया है, जिससे स्थिरता और दक्षता को बढ़ावा मिला है। अमृत ​​भारत योजना के तहत, देश भर में 1,337 स्टेशनों का विश्व स्तरीय मानकों के अनुसार पुनर्विकास किया जा रहा है। यह पूरे विश्व में अपने आप में अनूठा रेलवे स्टेशन पुनर्विकास कार्यक्रम है। 68 वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेनों, दो अमृत भारत ट्रेनों और एक नमो भारत रैपिड रेल की शुरूआत ने रेल यातायात में क्रांति ला दी है, जिससे रफ्तार के साथ-साथ यात्रियों की सुविधा में भी वृद्धि हुई है। डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर परियोजना का 96 प्रतिशत से अधिक काम पूरा हो चुका है। ईस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (ईडीएफसी) का काम पूर्ण हो चुका है जबकि वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (डब्ल्यूडीएफसी) का काम अंतिम चरण में है। चौधरी ने बताया कि यातायात नेटवर्क के मामले में पिछले दस वर्षों की उपलब्धियां भारत को कनेक्टिविटी, दक्षता और प्रगति का केंद्र बनाने के मोदी सरकार के गंभीर प्रयासों को रेखांकित करती हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली राजग सरकार बुनियादी ढांचे को मजबूत करने में कोई कसर बाकी नहीं रख रही है। recent visitors 77

भोपाल से रानी कमलापति से बनारस स्पेशल ट्रेन का संचालन16 जनवरी से शुरू होगा

 भोपाल  उत्तर प्रदेश प्रयागराज में 13 जनवरी 2025 से शुरू होने वाले महाकुंभ मेले को लेकर जहां एक तरफ प्रशासन ने तैयारी शुरू कर दी है। तो वही दूसरी तरफ पश्चिम मध्य रेलवे ने भोपाल से प्रयागराज के लिए स्पेशल ट्रेन चलाने का फैसला लिया है। जिसके लिए बुकिंग भी शुरू कर दी गई हैं।  स्पेशल ट्रेनों का संचालन इंदौर से 21 जनवरी 2025 से होगा। तो वही रानी कमलापति से बनारस स्पेशल ट्रेन (01661) 16 जनवरी से शुरू होगा। जिसको लेकर रेलवे ने तैयारी शुरू कर दी है। महाकुंभ  26 फरवरी तक चलेगा। 45 दिन तक चलने वाले इस  महाकुंभ मेला में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचेगे। जिसको देखते हुए रेलवे ने महाकुंभ स्पेशल ट्रेन चलाने का फैसला लिया है। ऐसे होगा स्पेशल ट्रेनों का संचालन 1- रानी कमलापति-बनारस स्पेशल ट्रेन (01661) 16 जनवरी से 20 फरवरी तक प्रत्येक सोमवार एवं गुरुवार को संचालित होगी। ट्रेन रानी कमलापति से सुबह 11:10 बजे प्रस्थान करेगी। शाम को जबलपुर और अगले दिन सुबह 10:15 बजे बनारस पहुंचेगी। 2- बनारस-रानीकमलापति स्पेशल ट्रेन (01662) से 17 जनवरी से 21 फरवरी तक प्रत्येक मंगलवार एवं शुक्रवार को संचालित होगी। ट्रेन बनारस से दोपहर 14:45 बजे प्रस्थान करेगी। अगले दिन भोर में जबलपुर और फिर आरकेएमबी सुबह 11:30 बजे पहुंचेगी। 3- सोगरिया-बनारस स्पेशल ट्रेन (09801) 17 जनवरी से 21 फरवरी तक प्रत्येक मंगलवार एवं शुक्रवार को संचालित होगी। ट्रेन सोगरिया स्टेशन से सुबह 8:15 बजे प्रस्थान करेगी। अगले दिन सुबह 10.15 बजे बनारस पहुंचेगी। 4- बनारस-सोगरिया स्पेशल ट्रेन (09802) 18 जनवरी से 19 फरवरी तक प्रत्येक बुधवार एवं शनिवार को संचालित होगी। ट्रेन बनारस स्टेशन से दोपहर 14:45 बजे प्रस्थान करेगी। अगले दिन दोपहर 15:45 बजे सोगरिया पहुंचेगी। इन स्टेशनों से गुजेरेगी गाड़ी रानी कमलापति-बनारस-रानी कमलापति कुम्भ मेला एक्सप्रेस स्पेशल ट्रेन जो कि भोपाल मंडल के रानीकमलापति, मण्डीदीप, औबेदुल्लागंज, बुदनी, नर्मदापुरम, इटारसी स्टेशन से होकर गुजरेगी एवं सोगरिया-बनारस-सोगरिया कुम्भ मेला एक्सप्रेस स्पेशल ट्रेन जो कि भोपाल मंडल के रूठियाई जंक्शन, गुना, अशोक नगर, मूंगावली स्टेशन से होकर गुजरेगी। महाकुंभ मेला में जाने के लिए अंचल के यात्रियों को दपूमरे की स्पेशल ट्रेन का भी लाभ मिलेगा। दक्षिण पूर्व मध्य रेल (दपूमरे) तीन महाकुंभ स्पेशल ट्रेन चलाएगा। यह ट्रेन अंचल के अन्य जिलों के श्रृद्धालुओं के लिए उपयोगी होगी। दपूमरे की बिलासपुर-प्रयारागज छिवकी-वाराणसी स्पेशल ट्रेन (08253/54) रायपुर, गोंदिया, बालाघाट, नैनपुर, जबलपुर, कटनी होकर चलेगी। इसके अतिरिक्त रायगढ़-वाराणसी (08251/52) और दुर्ग-वाराणसी (08791/92) स्पेशल ट्रेन बिलासपुर-अनूपपुर-शहडोल, उमरिया, कटनी होकर संचालित होगी   recent visitors 54

नशामुक्त भारत अभियान के तहत छात्रावासों में नशामुक्ति समिति का गठन किया जाएगा

भोपाल नशामुक्त भारत अभियान के अंतर्गत प्रदेश में आयुष विभाग द्वारा संचालित छात्रावासों में छात्रावास नशामुक्ति समिति का गठन किया जाएगा। प्रमुख सचिव सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन कल्याण श्रीमती सोनाली पोंक्षे वायंगणकर ने बताया कि छात्रावासों में नशामुक्ति समितियों के गठन का निर्णय राज्य स्तरीय समिति की बैठक में किया गया था। इसी क्रम में आयुष विभाग द्वारा अपने सभी छात्रावासों में संकायवार विद्यार्थियों की "छात्रावास नशामुक्ति समिति" का गठन किया जा रहा है। यह समितियां छात्रों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करेंगी।   recent visitors 60

मोहन यादव के नेतृत्व में बनी सरकार को एक साल हो गया है मगर राजनीतिक नियुक्तियां नहीं हो पा रही

भोपाल मध्य प्रदेश में निगम-मंडलों में नियुक्ति पाने के दावेदारों को अभी और इंतजार करना होगा। इसकी वजह भी है क्योंकि यह नियुक्तियां संगठन चुनाव के बाद होगी। इस बात के संकेत सत्ता और संगठन की ओर से दिए जा रहे हैं। राज्य में मोहन यादव के नेतृत्व में बनी सरकार को एक साल हो गया है मगर राजनीतिक नियुक्तियां नहीं हो पा रही हैं। तमाम दिग्गज नेता निगम और मंडलों में पद पाने की कतार में लगे हुए हैं। जो विधायक मंत्रिमंडल में जगह नहीं हासिल कर पाए थे वह भी इन पदों पर नियुक्ति पाने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगाए हुए हैं। वर्तमान में राज्य में 50 से ज्यादा निगम मंडल ऐसे हैं जहां नियुक्तियां होनी है। इन पदों पर नियुक्तियों के लिए कई बार कवायदें चली, मगर वह अंजाम तक नहीं पहुंच पाई हैं। इसकी बड़ी वजह नेताओं द्वारा अपने समर्थकों की नियुक्तियां कराने का दबाव बनाना रही है। राज्य के प्रमुख नेता केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान हों, ज्योतिरादित्य सिंधिया हों, विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर हों या भाजपा प्रदेश अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा सभी अपने-अपने करीबियों को बड़ी जिम्मेदारियां दिलाना चाहते हैं। सत्ता और संगठन के गलियारे से यह बात सामने आने लगी है कि राजनीतिक नियुक्तियां फिलहाल नहीं होने वाली। यह नियुक्तियां संगठन चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। यहां हम आपको बता दें कि संगठन चुनाव की प्रक्रिया पूरा होने में लगभग दो माह का वक्त लग सकता है। इस तरह इन दावेदारों को अभी और इंतजार करना होगा। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि राजनीतिक नियुक्तियों के लिए बहुत लंबी कतार है। एक तरफ भाजपा के पुराने कार्यकर्ता हैं तो दूसरी तरफ दल बदल कर पार्टी में आने वालों की संख्या भी कम नहीं है। ऐसे में स्थित एक अनार सौ बीमार जैसी बनी हुई है। पार्टी को सभी को संतुष्ट करने की बड़ी चुनौती है और यही कारण है कि राजनीतिक नियुक्तियां आसानी से नहीं हो पा रही हैं। बात संगठन चुनाव के बाद की कही जा रही है मगर ऐसा हो पाएगा यह भी बड़ा सवाल है।   recent visitors 62

रेलवे ने मध्य प्रदेश के स्टेशनों से चलने व गुजरने वाली 28 ट्रेनों में जनरल कोच की संख्या में इजाफा किया

भोपाल कड़ाके की ठंड के मौसम में आर्थिक रूप से कमजोर रेलवे यात्रियों के लिए रेलवे ने स्पेशल इंतजाम किया है। रेलवे ने लोगों को बैठकर यात्रा करने के लिए जनरल कोच बढ़ाने का फैसला लिया है। सीनियर डीसीएम सौरभ कटारिया ने बताया कि रेलवे ने मध्य प्रदेश के स्टेशनों से चलने व गुजरने वाली 28 ट्रेनों में जनरल कोच की संख्या में इजाफा किया है। इन 28 ट्रेनों में अब 2 की बजाय 4 जनरल कोच(Railways increased genral coaches) होंगे। भोपाल रेल मंडल ने बताया कि सामान्य कोच में सफर करने वाले रेल यात्रियों की संया को देखते हुए रेलवे ने यह निर्णय लिया है। 28 ट्रेनों में बढ़ी जनरल कोच की संख्या -11466/11465 जबलपुर-सोमनाथ-जबलपुर एक्सप्रेस -22181/22182 जबलपुर-हजरत निजामुद्दीन-जबलपुर गोंडवाना एक्सप्रेस -12192/12191 जबलपुर-हजरत निजामुद्दीन-जबलपुर श्रीधाम एक्सप्रेस -12121/12122 जबलपुर-हजरत निजामुद्दीन-जबलपुर संपर्क क्रांति एक्सप्रेस -11449/11450 जबलपुर-श्री माता वैष्णव देवी कटरा-जबलपुर एक्सप्रेस -12194/12193 जबलपुर-यशवंतपुर-जबलपुर एक्सप्रेस -12189/12190 जबलपुर-हजरत निज़ामुद्दीन-जबलपुर महाकौशल एक्सप्रेस -12160/12159 जबलपुर-अमरावती-जबलपुर एक्सप्रेस -19822/19821 कोटा-असारवा-कोटा एक्सप्रेस -19813/19814 कोटा-सिरसा-कोटा एक्सप्रेस -19807/19808 कोटा-सिरसा-कोटा एक्सप्रेस -12181/12182 जबलपुर-अजमेर-जबलपुर दयोदय एक्सप्रेस -22192/22191 जबलपुर-इंदौर-जबलपुर ओवर नाइट एक्सप्रेस -11464/11463 जबलपुर-सोमनाथ-जबलपुर एक्सप्रेस recent visitors 80