मध्य प्रदेश की टीम 13 साल बाद सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के फाइनल में पहुंची , रजत पाटीदार ने किया कमाल, मुंबई से होगा फाइनल मैच

भोपाल मध्य प्रदेश की टीम ने 13 साल बाद सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के फाइनल में प्रवेश करने में कामयाबी हासिल कर ली है। रजत पाटीदार की कप्तानी में मध्य प्रदेश की टीम ने सेमीफाइनल मुकाबले में दिल्ली को हराकर फाइनल में प्रवेश किया है। अब मुंबई और मध्य प्रदेश के बीच सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी 2024 का यह फाइनल मुकाबला खेला जाएगा। बता दें कि दोनों टीमों के बीच 2021-22 के रणजी ट्रॉफी के सीजन का फाइनल मुकाबला भी खेला गया था। जिस मैच में मध्य प्रदेश की टीम ने बाजी मारी थी। वहीं बीते दिन सैयद मुस्ताक अली T20 ट्रॉफी के दो सेमीफाइनल मुकाबले खेले गए। पहला मुकाबला बड़ौदा और मुंबई की टीम के बीच बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला गया। दूसरा मुकाबला भी मध्य प्रदेश और दिल्ली की टीम के बीच चिन्नास्वामी स्टेडियम में ही खेला गया। मुंबई ने बड़ौदा को सेमीफाइनल में हराया पहले मुकाबले में मुंबई की टीम ने हार्दिक पांड्या की कप्तानी वाली बड़ौदा को सेमीफाइनल मुकाबले में हरा दिया। बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में मुंबई की टीम ने टॉस जीत कर गेंदबाजी करने का निर्णय किया। बैटिंग करने उतरी बड़ौदा की टीम ने 20 ओवर में 7 विकेट के नुकसान पर 158 रन बनाए। मुंबई को फाइनल में प्रवेश करने के लिए 169 रनों की जरूरत थी। जवाब में मुंबई की टीम ने मात्र 17.2 ओवर में ही चार विकेट होकर यह लक्ष्य हासिल कर लिया। मुंबई की ओर से अजिंक्य रहाणे ने जबर्दस्त पारी खेली। अजिंक्य रहाणे ने मात्र 56 गेंदों पर 98 रन बनाए। हालांकि वह अपनी शतक से चूक गए। लेकिन उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। रजत पाटीदार ने शानदार पारी खेलकर मध्य प्रदेश को फाइनल में पहुंचाया वहीं दूसरे मुकाबले में मध्य प्रदेश की टीम ने शानदार प्रदर्शन किया। दूसरा मुकाबला भी बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला गया। इस मुकाबले में मध्य प्रदेश की टीम ने टॉस जीतकर गेंदबाजी करने का निर्णय लिया। बल्लेबाजी करने उतरी दिल्ली की टीम ने मध्य प्रदेश की टीम को 147 रन का लक्ष्य दिया। मध्य प्रदेश की ओर से कप्तान रजत पाटीदार ने आतिशी पारी खेली। रजत पाटीदार ने मात्र 29 गेंद पर नाबाद 66 रन बनाए। इस पारी में उन्होंने 2 छक्के और 6 चौके जड़े। रजत पाटीदार ने मध्य प्रदेश को फाइनल में पहुंचाने में सफलता प्राप्त की। recent visitors 150

मेरठ एसटीएफ के साथ मुठभेड़ में बदमाश सोनू मटका ढेर, दिल्ली डबल मर्डर केस में था वांटेड

 मेरठ मेरठ से एक बड़ी खबर सामने आई है। यहां मेरठ एसटीएफ और दिल्ली स्पेशल सेल ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए डबल मर्डर में वांटेड अनिल उर्फ सोनू मटका को मुठभेड़ में मार गिराया है। अधिकारी ने बताया कि शनिवार तड़के सुबह एसटीएफ टीम की सोनू के साथ मुठभेड़ हो गई। इसमें दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल भी शामिल थी। गोलीबारी के दौरान एक गोली सोनू को लग गई। पुलिस घायल अवस्था में उसे इलाज के लिए अस्पताल ले गई, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित किया। बता दें कि सोनू मटका पर 50 हजार रुपये का इनाम था। दिल्ली में डबल मर्डर की वारदात को दिया था अंजाम सोनू मटका ने दिवाली के दिन दिल्ली के शाहदरा में रहने वाले एक कारोबारी परिवार के चाचा और भतीजे की हत्या की थी। वारदात के बाद से आरोपी फरार था और दिल्ली पुलिस उसकी तलाश कर रही थी। लंबे समय की तलाश के बाद शुक्रवार रात उसकी लोकेशन मेरठ में मिली। उसकी लोकेशन के आधार पर दिल्ली स्पेशल सेल ने मेरठ एसटीएफ के साथ मिलकर ये ऑपरेशन प्लान किया। सोनू मटका के पास से STF को एक पिस्टल 30 बोर, एक पिस्टल 32 बोर, 10 जिंदा कारतूस, बाइक बरामद हुई। पुलिस अधिकारी ने बताया कि सोनू हाशिम बाबा गैंग का शूटर था। उस पर करीब 12 हत्या और डकैती के मुकदमे दिल्ली और यूपी में दर्ज थे। सोनू पर पुलिस ने 50 हजार का इनाम भी रखा था। नाम बदलकर रह रहा था आरोपी दिल्ली पुलिस 29 नवंबर को सोनू की तलाश में मेरठ पहुंची थी। पता चला था कि वह अपेक्स सिटी में दीपक जाट के नाम से रह रहा था। लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले वह फरार हो गया था। एसटीएफ मेरठ के एसपी बृजेश सिंह ने बताया कि दिल्ली का कुख्यात गैंगेस्टर सोनू मटका था। दिल्ली की स्पेशल टीम इसके पीछे पड़ी थी। एक सूचना पर दिल्ली की स्पेशल टीम ने मेरठ एसटीएफ से संपर्क किया। शनिवार सुबह पौने 8 बजे मुठभेड़ हुई। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई है। पुलिस जांच-पड़ताल में जुटी हुई है। recent visitors 64

Lal Krishna Advani की तबीयत बिगड़ी, दिल्ली के अपोलो अस्पताल में हुए भर्ती

 नई दिल्ली देश के पूर्व गृह मंत्री और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी को रूटीन चेकअप के लिए दिल्ली के अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है. वह फिलहाल डॉक्टरों की निगरानी में हैं और उनका स्वास्थ्य स्थिर बताया जा रहा है. गत दो सप्ताह से उनकी तबीयत नासाज चल रही है. आडवाणी को इस साल अगस्त महीने में भी अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था. तब वह न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. विनीत सूरी के ऑब्जर्वेशन में रहे थे और सेहत में सुधार होने के बाद उन्हें डिस्चार्ज कर दिया गया था. उसके एक महीने पहले, 26 जून की रात 10:30 बजे उन्हें दिल्ली एम्स के यूरोलॉजी डिपार्टमेंट में इलाज के लिए भर्ती कराया गया था. उनका इलाज डॉ. अमलेश सेठ की निगरानी में किया गया था और वह अगले दिन डिस्चार्ज हो गए थे. उन्हें 30 मार्च, 2024 को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा भारत रत्न से सम्मानित किया गया था. बता दें कि लाल कृष्ण आडवाणी का जन्म 8 नवंबर, 1927 को कराची (जो वर्तमान पाकिस्तान में है) में हुआ था. उन्होंने गत 8 नवंबर को अपना 98वां जन्मदिन मनाया था. पीएम मोदी ने उनके लिए अपने शुभकामना संदेश में लिखा था, 'श्री लालकृष्ण आडवाणी जी को उनके जन्मदिन पर हार्दिक शुभकामनाएं. यह वर्ष और भी विशेष है, क्योंकि हमारे राष्ट्र के प्रति उनकी उत्कृष्ट सेवा के लिए उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किया गया है. वह भारत के सबसे प्रशंसित राजनेताओं में से एक हैं, जिन्होंने भारत के विकास के लिए खुद को समर्पित कर दिया. उनकी बुद्धि और समृद्ध अंतर्दृष्टि के लिए उनका हमेशा सम्मान किया गया है. मैं भाग्यशाली हूं कि मुझे कई वर्षों तक उनका मार्गदर्शन मिला. मैं उनके लंबे और स्वस्थ जीवन की प्रार्थना करता हूं.' लालकृष्ण आडवाणी 1942 में एक स्वयंसेवक के रूप में आरएसएस से जुड़े. वह 1986 से 1990 तक, फिर 1993 से 1998 तक और 2004 से 2005 तक भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे. आडवाणी भाजपा की स्थापना (6 अप्रैल, 1980) के बाद से सबसे लंबे समय तक पार्टी के अध्यक्ष के रूप में काम करने वाले नेता रहे हैं. उन्होंने अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में 1999 से 2005 तक भारत के गृह मंत्री और उप प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया. साल 2009 के लोकसभा चुनाव में भाजपा ने उन्हें प्रधानमंत्री पद का चेहरा घोषित किया था, लेकिन पार्टी को जीत नहीं मिली.   recent visitors 70

लोकायुक्त ने जिला स्वास्थ्य अधिकारी को 25 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा

इंदौर लोकायुक्त ने धार जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सुधीर मोदी को 25 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई आशीष चौहान, प्रबंध संचालक श्रीश्याम हॉस्पिटल, धार द्वारा की गई शिकायत पर की गई। चौहान ने लोकायुक्त को बताया था कि डॉ. मोदी ने उनके हॉस्पिटल से संबंधित शिकायत के बाद रिश्वत की मांग की थी। सत्यापन के बाद, लोकायुक्त ने 13 दिसंबर 2024 को ट्रैप कार्रवाई की योजना बनाई। डॉ. मोदी को 25 हजार लेते हुए गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 की धारा-7 के तहत की गई। FD रिलीज करने के नाम पर एक लाख की घूस मांगने वाले तीन गिरफ्तारभोपाल में लोकायुक्त ने नगर पालिका परिषद बाड़ी के तीन कर्मचारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा। आरोपी ₹1,00,000 रिश्वत मांग रहे थे। ट्रैप के दौरान ₹40,000 नगद और ₹60,000 चेक लेते हुए गिरफ्तार किए गए। मामले की जांच जारी है। आवेदक राजेश मिश्रा ने शिकायत की थी कि वर्ष 2021 में नगर पालिका परिषद बाड़ी के श्मशान घाट निर्माण कार्य के लिए टेंडर के साथ 3 लाख 40 हजार रुपये की FD जमा की गई थी, जिसे रिलीज करने के लिए आरोपी बद्री प्रसाद शर्मा ने एक लाख रुपयों की मांग की थी। मिश्रा द्वारा पुलिस अधीक्षक विशेष पुलिस स्थापना भोपाल को शिकायत करने के बाद शिकायत का सत्यापन लोकायुक्त विभाग द्वारा किया गया। सत्यापन के दौरान यह पाया गया कि आरोपी बद्री प्रसाद शर्मा के साथ अन्य दो आरोपियों, शुभम जैन और जय कुमार ने मिलकर आवेदक को रिश्वत देने के लिए मजबूर किया था। recent visitors 160

खाद्य मंत्री राजपूत ने विकास कार्यों का किया लोकार्पण एवं भूमि-पूजन

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में सरकार हर वर्ग के लिए जनहितैषी योजनायें संचालित कर उनका कल्याण कर रही है। हर जरूरतमंद व्यक्ति तक शासन की जन-कल्याणकारी योजनाण्ं पहुंच रहीं हैं और लोग उनका लाभ उठा कर अपना जीवन स्तर सुधार रहे हैं। मुख्यमंत्री के जनकल्याण अभियान का मुख्य उद्देश्य है कि हर जरूरतमंद तक हमारी सरकार पहुंचे और उन्हें जन-कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ें। यह बात खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने सुरखी विधानसभा क्षेत्र के ग्राम जलंधर में मुख्यमंत्री जनकल्याण अभियान अन्तर्गत आयोजित कार्यक्रम में कही। मंत्री राजपूत ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने विश्व में भारत को अलग पहचान दिलायी तो वहीं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्यप्रदेश में जन-कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से और विकास कार्यों से प्रदेश को ऊंचाईयों पर पहुंचाया है। उसी तरह सुरखी विधानसभा क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों ने हमारी विधानसभा की अलग पहचान बना दी है। सुरखी विधानसभा के ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, पक्की सड़कें विकास की कहानी बयां कर रही है। वहीं दूसरी ओर युवाओं के लिए स्टेडियम, व्यायाम शालाएं तथा क्रिकेट टूर्नामेंट जैसे आयोजनों ने युवाओं को नई राह दी है। मंत्री राजपूत ने कहा कि सुरखी विधानसभा क्षेत्र में यह विकास का पहिया अनवरत चलता रहेगा। आज लगभग हर गांव में नल जल योजना के माध्यम से घर-घर पानी पहुंच रहा है। एक समय था कि लोग पानी के लिए कोसों दूर जाते थे लेकिन अब घर घर नल जल योजनाओं ने हमारी माताओं बहनों का जीवन स्तर सुधार दिया है। इसी तरह ऐसे कई विकास कार्य हैं जिन्होने सुरखी विधानसभा क्षेत्र की तस्वीर बदल दी है। छात्रों को बांटी साइकिल, स्मार्ट क्लास का किया शुभारंभ खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री राजपूत ने जलंधर में जनकल्याण शिविर में करोड़ों के विकास कार्यों का भूमिपूजन किया। इन विकास कार्यों में मुख्य रूप से ज्वाला माई प्रांगण में सीसी रोड़, स्टॉप डेम, स्कूलों में बाऊंड्रीबॉल सहित अन्य विकास कार्य शामिल है। साथ ही छात्र छात्राओं के लिए साईकिल वितरण कर स्मार्ट क्लास का शुभारंभ करते हुए क्षेत्रवासियों के लिए 80 लाख लागत की सीमेंट कंक्रीट मार्ग की घोषणा की। इस अवसर पर स्थानीय जन-प्रतिनिधि, अधिकारी एवं ग्रामीणजन उपस्थित थे। recent visitors 80

एमपी गजब: 108 एंबुलेंस को ऑक्सीजन सिलेंडर नहीं बातें एयर एम्बुलेंस की ,ऑक्सीजन के अभाव में युवक की मौत

खंडवा। मरीज को इंदौर रेफर करने के खेल और एंबुलेंस ड्राइवर की लापरवाही से एक युवक की ऑक्सीजन के अभाव में मौत हो गई। खंडवा में मेडिकल कॉलेज होने के बाद भी मरीज को उपचार के लिए इंदौर रेफर करने का सिलसिला यहां थम नहीं रहा है।ऐसे में मरीज को उपचार के अभाव में जान गंवानी पड़ रही है। वहीं मरीजों की सुविधा के लिए शासन द्वारा संचालित 108 एम्बुलेंस की सुविधा भी प्रभावी देखरेख, चालकों की मनमानी के अभाव में दम तोड़ रही है। सड़क हादसे में घायल मरीज को जिला अस्पताल से इंदौर रेफर करने के दौरान 108 एंबुलेंस के सिलिंडर में ऑक्सीजन खत्म होने से मरीज की मौत हो गई। युवक के स्वजनों का आरोप है कि ऑक्सीजन के लिए एंबुलेंस चालक दो घंटे तक एंबुलेंस हिला हवाला करता रहा। स्वजनों ने रात में मोघट पुलिस को शिकायती आवेदन दिया है। अस्पताल से एंबुलेंस निकलने के बाद पता चला कि सिलेंडर में ऑक्सीजन ही नहीं है। फिर कर्मचारी घायल को एंबुलेंस में लेकर इंदौर रोड स्थित ऑक्सीजन प्लांट पहुंचा। ऑक्सीजन लेने की प्रक्रिया में ही कर्मचारी को दो घंटे लग गए। तब तक घायल युवक के मुंह पर खाली मास्क ही लगा रखा था। पंधाना पुलिस के अनुसार टाकली कला ग्राम में रहने वाले 28 वर्षीय धर्मेंद्र पुत्र अमरचंद विद्युत कंपनी में लाइन हेल्पर था। गुरुवार रात करीब आठ बजे घर लौटते समय कोहड़द और टकली के बीच अज्ञात वाहन ने बाइक को टक्कर मार दी। दुर्घटना में धर्मेंद्र के सिर में गंभीर चोट आई थी। उपचार के लिए रात को जिला अस्पताल लाया गया। हालत गंभीर होने से रात करीब 10:30 बजे उसे 108 एंबुलेंस क्रमांक सीजी 04 एनजेड 6025 से इंदौर रेफर किया गया। युवक के भाई जितेंद्र दिलावरे ने बताया कि एंबुलेंस के सिलेंडर में ऑक्सीजन कम होने से चालक वाहन लेकर ऑक्सीजन सिलेंडर के गोदाम पर पहुंचा। 2 घंटे तक ऑक्सीजन के लिए माथा पच्ची चलती रही। मरीज के मुंह पर केवल ऑक्सीजन का खाली मास्क लगा रखा था। एंबुलेंस के ड्राइवर संदीप चौहान व ईएमटी ने बताया कि हम प्लांट पर ऑक्सीजन लेने पहुंचे। हमारे पास रुपए नहीं थे। इसलिए भोपाल में बैठे एचआर विभाग से ऑक्सीजन लेने के लिए आईडी लेनी पड़ती है। आईडी लेने हमने सात अधिकारियों को कॉल किया। इस प्रक्रिया में रात करीब एक बजे सिलिंडर मिला। यहां से एंबुलेंस आगे रवाना होने पर कुछ समय बाद ही युवक धर्मेंद्र की मौत हो गई। इस मामले में एंबुलेंस एजेंसी के जोनल मैनेजर अविनाश पांडे का कहना है कि एंबुलेंस में ऑक्सीजन कम होने से व्यवस्था कर रहे थे, मौत मरीज गंभीर होने के कारण हुई है। सिस्टम की लापरवाही और एंबुलेंस चालक की मनमानी से युवक धर्मेंद्र की मौत को लेकर आक्रोशित स्वजनों ने मोघट थाने में शिकायत की है। पुलिस द्वारा मामले की जांच की जा रही है। recent visitors 172

रीवा में 321 करोड़ रूपये से मदर चाइल्ड अस्पताल, एमरजेंसी मेडिसिन ओपीडी बनेगी

भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि पीड़ित मानवता की सेवा के लिये कर्तव्यनिष्ठा का मंत्र लेकर कार्य किया जाना चाहिए। शांत-भाव से सेवा के लिये जज़्बे के साथ मरीजों की सेवा के भाव होने चाहिए। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि सरकार की योजनाएँ एवं हमारे सेवाभाव के संस्कार देश को बदलने का कार्य कर रहे हैं। हमें ऐसा रीवा बनाना है जहाँ स्वास्थ्य के क्षेत्र में सभी सुविधाएँ हो और यहाँ के और आसपास के लोगों को इलाज के लिये बाहर न जाना पड़े बल्कि बाहर के लोग बेहतर इलाज के लिये रीवा आयें। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने रीवा के जीएमएच परिसर में ओपीडी में प्रधानमंत्री जन औषधि केन्द्र का शुभारंभ किया। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की मंशा के अनुरूप सस्ती दवाई व स्वास्थ्य सुविधाएँ देने का संकल्प पूरा किया जा रहा है। प्रधानमंत्री जन-औषधि केन्द्रों में सस्ती व अच्छी गुणवत्ता की दवाइयाँ उपलब्ध हैं। आयुष्मान योजना के तहत लोगों का नि:शुल्क इलाज व जांच भी की जा रही है। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि रीवा के जीएमएच परिसर में 321 करोड़ रूपये से मदर चाइल्ड अस्पताल तथा मेडिकल एमरजेंसी ओपीडी का निर्माण होगा। सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के लिये 10 करोड़ रूपये से एंजियोप्लास्टी की दूसरी मशीन उपलब्ध कराई जायेगी। अध्यक्ष नगर निगम रीवा व्यंकटेश पाण्डेय, डीन मेडिकल कालेज डॉ. सुनील अग्रवाल, अधीक्षक डॉ. राहुल मिश्रा, डॉ. अक्षय श्रीवास्तव सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, चिकित्सक व स्थानीय जन उपस्थित रहे।   recent visitors 65