छिंदवाड़ा जिले के 13.45 लाख राशन हितग्राहियों में से आज तक 12.25 लाख हितग्राहियों की ईकेवायसी हुई

छिंदवाड़ा  प्रदेश सरकार की राशन हितग्राहियों पर लागू ईकेवायसी योजना से जिले भर में करीब 1.20 लाख लोगों के नाम हट जाएंगे। अब तक 90 फीसदी हितग्राहियों की ईकेवायसी कराने में खाद्य आपूर्ति विभाग सफल रहा है। शेष 10 फीसदी में ऐसे लोग शामिल है जो मृत हो चुके है या फिर शहर व गांव से पलायन कर गए हैं। फिर भी इन्हें एक और मौका 31 मई तक दिया गया है। पिछले दो माह से नगर निगम से लेकर पंचायत तथा खाद्य आपूर्ति विभाग में राशन हितग्राहियों की ईकेवायसी होती रही। छिंदवाड़ा जिले के 13.45 लाख राशन हितग्राहियों में से आज तक 12.25 लाख हितग्राहियों की ईकेवायसी हो चुकी है। शेष 1.20 लाख की आबादी की ईकेवायसी शेष है। इनमें से कुछ लोग मृत हो चुके है, नौकरी के चक्कर में पलायन कर चुुके है, कुछ घर से बाहर जा चुके हैं। इन लोगों के नाम अब राशन पोर्टल से अपने आप कट जाएंगे। इनके नाम से अब तक कुछ परिवार राशन ले रहे थे, उन्हें इससे वंचित होना पड़ेगा। अपात्रों के चक्कर में आठ माह से पर्ची बंद सरकार ने अपात्रों के चक्कर में आठ माह से पात्रता पर्ची जारी करना बंद कर दी है। इस समय छिंदवाड़ा-पांढुर्ना जिले में करीब 15 हजार से ज्यादा आवेदन पैंडिंग है। जब तक सर्वेक्षण में अपात्रों के नाम नहीं हटाए जाएंगे, तब तक पात्र हितग्राहियों के नाम नहीं जुड़ेंगे। दरअसल केन्द्र सरकार की ओर से मप्र में राशन का कोटा बढ़ाए जाने से मना कर दिया गया है। तीन बार बढ़ाई ईकेवायसी कराने की तिथि राज्य शासन ने राशन दुकानों से अपात्रों के नाम हटाने ईकेवायसी योजना लागू की। पहले इसकी अवधि 30 अप्रेल तय की थी। उसके बाद उसे 15 मई तक किया गया। अब इस तिथि को पुन: आगे बढ़ाते हुए 31 मई तक कर दिया गया है। राशन दुकानों से हटाए 18 हजार अपात्रों के नाम इधर, नगर निगम और पंचायतों की ओर से अब तक अपात्र 18473 लोगों के नाम हटा दिए हैं। आगे और भी हटाने की प्रक्रिया चल रही है। इससे पहले छिंदवाड़ा जिले की राशन दुकानों में प्राथमिक श्रेणी के करीब 13.62 लाख लोग रियायती अनाज पा रहे थे। उन्हें तीन किलो गेहूं और दो किलो चावल प्रति सदस्य के हिसाब से वितरण हो रहा था। अपात्रों के नाम हटाने से उनकी संख्या कम हो गई है। 16 तारीख तक थी राशन वितरण में समस्या इस माह मई की 16 तारीख तक राशन वितरण में समस्या थी। इसके चलते राशन दुकानें नहीं खुल पाई। इसका कारण यहीं ईकेवायसी थी। फिलहाल 91 फीसदी राशन दुकानों में रियायती अनाज वितरण शुरू हो गया है। अब अगले माह से सरकार स्मार्ट राशन वितरण प्रारंभ करने जा रही है। जिसमें राशन दुकानों की पीएसओ मशीन में जिस व्यक्ति का नाम होगा, उसे ही रियायती अनाज दिया जाएगा। इनका कहना है… जिले की राशन दुकानों के हितग्राहियों की 90 फीसदी ईकेवायसी हो गई है। करीब 1.20 लाख लोग अभी भी ईकेवायसी नहीं करा पाए है। उन्हें 31 मई तक एक और मौक ा दिया गया है। इसी तरह अब तक 18473 अपात्र नाम हटाए गए हैं। -गंगा कुमरे,जिला आपूर्ति अधिकारी। recent visitors 64

ओंकारेश्वर में 126 हेक्टेयर में 4 चरण में एकात्म धाम बन रहा, दिखेंगी ये 7 विशेषताएं

खंडवा आचार्य शंकर ने जिस अद्वैत वेदांत का सिद्धांत देकर आत्मा और बह्म के बीच भेद को पाटने का काम किया, उसी का केंद्र बिंदु ओंकारेश्वर अब प्रकृति संरक्षण के सिद्धांत को दोहराने जा रहा है। मोहन सरकार ने 2195 करोड़ के जिस अद्वैत लोक के निर्माण को मंजूरी दी, वह गृह रेटिंग स्टार कॉन्सेप्ट के आधार पर बनेगा। इसमें जीरो वेस्ट पद्धति लागू की जाएगी। इस लोक में उपयोग हर सामग्री अपशिष्ट के रूप में प्रकृति और दुनिया के लिए खतरा पैदा नहीं करेगी। इन सुविधाओं से होगा लैस मठ-मंदिरों के भवनों, कॉरिडोर, परिसरों की डिजाइन ऐसी होगी कि अंदर बिजली की कम जरूरत पड़ेगी। जहां जरूरत होगी, वहां सौर ऊर्जा का प्रयोग होगा। इसके पीछे दुनिया के लिए चुनौती पैदा कर रहे थर्मल पावर प्लांटों में पैदा होने वाली कम से कम बिजली का उपयोग करना है। निर्माण कार्यों में पर्यावरण अनुकूल सामग्रियां उपयोग होंगी। नर्मदा के दोनों तट पर भगवान शिव, वेदव्यास से लेकर सम-सामयिक संतों की मूर्तियां लगेंगी। उनके दर्शन के लिए अद्वैत नौका विहार की सुविधा होगी। सबसे छोटी यात्रा 15 मिनट की होगी। एकात्म धाम का होगा हिस्सा ओंकारेश्वर में 126 हेक्टेयर में 4 चरण में एकात्म धाम (Ekatma Dham) बन रहा है। पहले चरण का काम 90% हो चुका है। एकात्मता की मूर्ति, अद्वैत लोक, वेदांत संस्थान, सूचना केंद्र व शंकर निलमय परिसर सहित कुल 4000 करोड़ खर्च होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव व मंत्रियों ने इंदौर की कैबिनेट बैठक में इस लोक को स्वीकृति देते समय तय किया कि ओंकारेश्वर वर्षों से धार्मिक आस्था का केंद्र रहा है, यहां से दुनिया भर में प्रकृति संरक्षण का संदेश भी जाना चाहिए। इंजीनियरों को लोक के सभी कामों में नर्मदा नदी व प्रकृति के संरक्षण का खास ध्यान रखने को कहा है। दिखेंगी ये 7 विशेषताएं     7 डायोरमा : आचार्य शंकर के चरित्र का रोबोटिक्स सहित नएमाध्यम से प्रदर्शन।     माया (3 डी डोम प्रोजेक्शन गैलरी) सृष्टि की उत्पत्ति, लय एवं विनाश का डोम प्रोजेक्शन से प्रदर्शन।     हाई स्क्रीन थिएटर आचार्य शंकर के जीवन पर फिल्म प्रदर्शन के लिए 500 की क्षमता का थिएटर बनेगा।     प्रादर्श वीथिकाएं सनातन के आयामों के प्रादर्श, विभिन्न शैलियां बताती कला वीथिका, शक्ति और संन्यास गैलरी     ध्यान केंद्र: श्रवण, मनन, निधिध्यासन पर आधारित ध्यान केंद्र बनेगा।     अन्नपूर्णा : राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय व्यंजनों को परोसे जाने की सुविधा।     लेजर लाइट-वाटर शो वेदांत की कथाओं पर शो। recent visitors 58

दिल्ली एनसीआर में भी कोरोना के मामले सामने आए, अब दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता सरकार भी हुई सर्तक, 23 नए मामले आये

नई दिल्ली देशभर के कई हिस्सों में कोरोना फिर पैर पसारता नजर आ रहा है। कई लोगो में कोरोना की पुष्टि हुई है। दिल्ली एनसीआर में भी कोरोना के मामले सामने आए हैं। ऐसे में अब दिल्ली की रेखा गुप्ता सरकार भी सर्तक हो गई है। कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए दिल्ली सरकार ने एडवाइजरी जारी की है जिसमें अस्पतालों से बेड, ऑक्सीजन, दवाओं और वैक्सीन की उपलब्धता के लिए तैयार रहने को कहा गया है। इसी के साथ सभी स्वास्थ्य संस्थानों को जीनोम सिक्वेसिंग के लिए सभी पॉजिटिव कोविड-19 सैंपल लोक नायक अस्पताल भेजने के लिए कहा गया है। एडवाइजरी में कहा गया है कि अस्पतालों को बेड, ऑक्सीजन, एंटीबायोटिक्स, अन्य दवाओं और वैक्सीन की उपलब्धता के मामले में तैयारी सुनिश्चित करनी चाहिए। वेंटिलेटर, बाई-पीएपी, ऑक्सीजन कंसंट्रेटर और पीएसए जैसे सभी उपकरण चालू हालत में होने चाहिए। इसके अलावा दिल्ली राज्य स्वास्थ्य डेटा प्रबंधन पोर्टल पर सभी मापदंडों की दैनिक रिपोर्टिंग भी की जानी चाहिए। दिल्ली में कोरोना के 23 नए मामले ये एडवाइजरी ऐसे समय में जारी की गई है जब दिल्ली में कोरोना के 23 मामले आ चुके हैं। दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री पंकज सिंह ने शुक्रवार को बताया कि शहर में 23 नए कोविड मामले सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार यह देख रही है कि मामले दिल्ली के हैं या दिल्ली के बाहर से आए थे। इसके अलावा दिल्ली से सटे गुरुग्राम और फरीदाबाद में कोरोना वायरस संक्रमण के तीन मामले सामने आए थे। इसके अलावा गाजियाबाद में भी चार नए मामले सामने आए थे। अधिकारी ने बताया कि गुरुग्राम से दो और फरीदाबाद से संक्रमण का एक मामला सामने आया है। अधिकारी के मुताबिक गुरुग्राम में हाल में मुंबई से लौटी 31 वर्षीय एक महिला में कोरोना वायरस संक्रमण की पुष्टि हुई है जबकि 62 वर्षीय एक अन्य व्यक्ति में भी संक्रमण की पुष्टि हुई है। दोनों मरीजों को पृथकवास में भेज दिया गया है। फरीदाबाद में पल्ला क्षेत्र के सेहतपुर का 28 वर्षीय एक व्यक्ति कोविड संक्रमित पाया गया। पिछले कई दिन से बुखार, खांसी और जुकाम से पीड़ित होने के बाद वह इलाज के लिए दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल गया था। अधिकारी ने बताया कि वहां की गयी जांच में उसमें कोरोना वायरस के संक्रमण की पुष्टि हुई। गुरुग्राम स्वास्थ्य विभाग के डॉ. जेपी राजलीवाल ने कहा, ‘गुरुग्राम में दोनों मरीजों को घर में पृथकवास में रखा गया है। स्वास्थ्य विभाग उन पर नजर बनाए हुए है। उन्हें अपने परिवार से दूर रहने की सलाह दी गई है। स्वास्थ्य विभाग उनके संपर्क में आए लोगों की पहचान कर रहा है ताकि उनके नमूनों की भी जांच की जा सके।   recent visitors 64

तंबाकू का सेवन मुंह के कैंसर सहित अनेक जानलेवा बीमारियों का मुख्य कारण: उप मुख्यमंत्री शुक्ल

भोपाल उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने रीवा से वर्चुअल माध्यम से राज्यभर के स्वास्थ्य अमले को तंबाकू नियंत्रण की शपथ दिलाई। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने अपने संदेश में कहा कि तंबाकू का सेवन मुंह के कैंसर सहित अनेक जानलेवा बीमारियों का मुख्य कारण है। तंबाकू नियंत्रण के परिप्रेक्ष्य में पूरे राज्य में जनजागरूकता और संवेदनशीलता बढ़ाने का विशेष अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमें आज की पीढ़ी को नशे की प्रवृत्तियों से बचाकर स्वस्थ और समर्थ राष्ट्र की नींव रखनी है। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने सभी स्वास्थ्य कर्मियों, अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे तंबाकू और नशे के अन्य रूपों के दुष्प्रभावों के प्रति समुदाय को जागरूक करें, ताकि यह सामाजिक रूप से अस्वीकार्य बने। उन्होंने कहा कि यह केवल स्वास्थ्य का मुद्दा नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों की सुरक्षा और समृद्धि का सवाल है। इस अवसर पर उन्होंने स्वास्थ्य अमले को यह शपथ भी दिलाई कि वे न केवल स्वयं तंबाकू और नशे से दूर रहेंगे, बल्कि समाज में इसके प्रति जागरूकता फैलाने में अग्रणी भूमिका निभाएंगे।   recent visitors 72

Corona का खतरा फिर लौट आया: देश में फिलहाल 254 एक्टिव केस दर्ज किए गए, तेजी से बढ़े नए केस, सतर्क रहने की अपील

नई दिल्ली कुछ वक्त की राहत के बाद एक बार फिर कोरोना वायरस का डर लौट आया है। खासतौर पर एशियाई देशों में कोविड के मामलों में तेजी देखी जा रही है और अब इसका असर भारत में भी दिखने लगा है। हाल ही में सामने आई हेल्थ रिपोर्ट्स के अनुसार, देश में फिलहाल 254 एक्टिव केस दर्ज किए गए हैं। इन मामलों में बढ़ोत्तरी ने स्वास्थ्य विभाग को एक बार फिर अलर्ट मोड पर ला दिया है। दिल्ली-गुरुग्राम और फरीदाबाद में मिले नए संक्रमित राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र यानी दिल्ली-NCR में भी कोरोना की आहट सुनाई देने लगी है। 22 मई को गुरुग्राम में तीन एक्टिव केस पाए गए हैं, जिनमें से एक 31 वर्षीय महिला हाल ही में मुंबई से लौटी थी। बाकी दो संक्रमितों में एक बुजुर्ग और एक 28 वर्षीय युवक फरीदाबाद से है। फरीदाबाद का युवक एक प्राइवेट कंपनी में सुरक्षा गार्ड के तौर पर कार्यरत है और उसकी कोई यात्रा की जानकारी नहीं मिली है। सभी संक्रमितों को आइसोलेट कर दिया गया है।   फरीदाबाद में मिले मरीज में कोरोना का नई वेरिएंट JN.1 पाया गया है। इस युवक को लक्षण महसूस होने पर पास के क्लीनिक में दिखाया गया और फिर जांच के लिए सफदरजंग अस्पताल भेजा गया, जहां उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई।  स्वास्थ्य विभाग ने बढ़ाई सतर्कता स्वास्थ्य विभाग ने सभी नए मामलों की ट्रैवल और मेडिकल हिस्ट्री खंगालनी शुरू कर दी है। इसके साथ ही उन लोगों पर भी नजर रखी जा रही है जो हाल ही में उन जगहों से लौटे हैं जहां कोविड फिर से सक्रिय हो चुका है। हालात अभी नियंत्रण में हैं, लेकिन स्वास्थ्य विभाग किसी भी ढिलाई के मूड में नहीं है।  लक्षणों को हल्के में न लें डॉक्टरों और हेल्थ डिपार्टमेंट की सख्त हिदायत है कि अगर किसी को सर्दी, खांसी, बुखार, बदन दर्द या सांस लेने में दिक्कत जैसे लक्षण महसूस हो रहे हैं, तो तुरंत जांच करवाएं और खुद को आइसोलेट करें। ऐसे मामलों में देरी और लापरवाही दूसरों के लिए खतरा बन सकती है।  क्या रखें सावधानियां?     भीड़भाड़ वाली जगहों से दूर रहें     मास्क का इस्तेमाल करें, खासकर सार्वजनिक स्थानों पर     हाथों की सफाई का ध्यान रखें     स्वस्थ खानपान अपनाएं     हल्के लक्षण दिखें तो टेस्ट जरूर कराएं   recent visitors 61

जर्मन विदेश मंत्री योहान वाडेफुल ने बर्लिन में विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ संयुक्त प्रेस वार्ता की

नई दिल्ली जर्मनी ने आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत की कार्रवाई का मजबूती से समर्थन किया है। जर्मन विदेश मंत्री योहान वाडेफुल ने शुक्रवार को बर्लिन में विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ संयुक्त प्रेस वार्ता की। इस दौरान उन्होंने कहा कि भारत को आतंकवाद के खिलाफ अपनी रक्षा करने का पूरा अधिकार है। वाडेफुल ने कहा, '22 अप्रैल को भारत पर हुए क्रूर आतंकी हमले से हम स्तब्ध थे। हम इस नागरिकों पर हुए हमले की कड़े शब्दों में निंदा करते हैं। हमारी गहरी संवेदनाएं सभी पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ हैं। दोनों पक्षों से सैन्य कार्रवाई के बाद भारत को निश्चित रूप से आतंकवाद के खिलाफ अपनी रक्षा करने का अधिकार है। अब युद्धविराम लागू हो गया है, इसे हम बहुत सराहते हैं।' विदेश मंत्री वाडेफुल ने कहा कि जर्मनी और भारत वर्षों से आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में समर्थन को बढ़ावा दे रहे हैं। हम इसे और गहरा करने का इरादा रखते हैं। उन्होंने कहा, 'जर्मनी आतंकवाद के खिलाफ किसी भी लड़ाई का समर्थन करेगा। आतंकवाद को विश्व में कहीं भी स्थान नहीं होना चाहिए। इसीलिए हम हर उस व्यक्ति का समर्थन करेंगे जो आतंकवाद से लड़ रहा है। हम इस बात की बहुत सराहना करते हैं कि युद्धविराम हो गया है। हमें उम्मीद है कि जल्द ही इसका समाधान निकलेगा।' भारत ने विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि जर्मन सरकार ने यह समझ व्यक्त की है कि प्रत्येक देश को आतंकवाद के खिलाफ अपनी रक्षा करने का अधिकार है। परमाणु ब्लैकमेल को लेकर क्या बोले जयशंकर एस जयशंकर ने कहा है कि भारत आतंकवाद को कतई बर्दाश्त नहीं करेगा और परमाणु ब्लैकमेल के आगे कभी नहीं झुकेगा। जर्मनी के विदेश मंत्री जोहान वेडफुल के साथ शुक्रवार को उन्होंने संयुक्त संवाददाता सम्मेलन किया। इस दौरान उन्होंने कहा, ‘भारत पाकिस्तान के साथ पूरी तरह से द्विपक्षीय तरीके से निपटेगा और इस संबंध में किसी को कोई भ्रम नहीं होना चाहिए।' विदेश मंत्री जयशंकर वर्तमान में तीन देशों की यूरोप यात्रा के तहत जर्मनी में हैं। जयशंकर ने कहा, ‘मैं पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत की प्रतिक्रिया के तुरंत बाद बर्लिन आया था। मैं आपको वह बताना चाहता हूं जो मैंने उस संदर्भ में वेडफुल को बताया। भारत आतंकवाद को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेगा। भारत कभी भी परमाणु ब्लैकमेल के आगे नहीं झुकेगा।’ उन्होंने कहा कि भारत पाकिस्तान के साथ पूरी तरह से द्विपक्षीय तरीके से निपटेगा। इस संबंध में किसी को कोई भ्रम नहीं होना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि भारत जर्मनी की इस समझ को महत्व देता है कि हर देश को आतंकवाद के खिलाफ खुद का बचाव करने का अधिकार है।   recent visitors 50

मंत्री सारंग ने कहा- नाथू बरखेड़ा में अंतर्राष्ट्रीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स को अत्याधुनिक बनाने के लिये बारीकी से गुणवत्ता पर ध्यान दें

भोपाल खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग ने कहा है कि नाथू बरखेड़ा में अंतर्राष्ट्रीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स को अत्याधुनिक बनाने के लिये बारीकी से गुणवत्ता पर ध्यान दें। उन्होंने पार्किंग, कैफेटेरिया, वॉटर सप्लाई, रिंग रोड, फायर सेफ्टी, वॉटर हार्वेस्टिंग आदि की सुव्यवस्थित प्लानिंग करने के निर्देश दिये। उन्होंने प्लान में अस्थाई पार्किंग और सोलर प्लांट को भी शामिल करने को कहा। मंत्री श्री सारंग शुक्रवार को टी.टी. नगर खेल स्टेडियम में नाथू बरखेड़ा अंतर्राष्ट्रीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर रहे थे। आवागमन के लिये मल्टीपल गेट बनाएं मंत्री श्री सारंग ने स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में मल्टीपल गेट बनाने को भी कहा, जिससे आवागमन में आसानी हो। उन्होंने कहा कि स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स में एक ही थीम पर साइनेज की व्यवस्था हो, इसके लिये एक ही कलर और एक ही फॉन्ट का उपयोग हो। मंत्री श्री सारंग ने ऑफिस स्पेस के लिये प्रॉपर व्यवस्था करने को भी कहा। मंत्री श्री सारंग ने पार्किंग तक पहुंच रोड बनाने और कनेक्टिविटी देने के निर्देश दिये। स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का 80 प्रतिशत कार्य पूर्ण मंत्री श्री सारंग ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय मापदण्डानुसार निर्माणाधीन अंतर्राष्ट्रीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का लगभग 80 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है और शेष कार्यों को तेजी व गुणवत्ता के साथ शीघ्र पूर्ण किया जा रहा है। उन्होंने निर्माण एजेंसियों को जल्द से जल्द गुणवत्तापूर्ण कार्य को पूर्ण करने के निर्देश दिए। अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त होगा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स मंत्री श्री सारंग ने एथलेटिक्स स्टेडियम, लाइटिंग सिस्टम, प्रैक्टिस हॉकी फील्ड, वार्म-अप ट्रैक, पार्किंग, फुटबॉल फील्ड, वॉटर एवं सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट और अन्य निर्माण कार्यों को तेज गति से करने के निर्देश दिये। उन्होंने प्रोजेक्ट की कंस्ट्रक्शन डिटेल्स का प्रस्तुतिकरण भी देखा और तकनीकी पहलुओं पर अधिकारियों से चर्चा की। मंत्री श्री सारंग ने कहा कि इस सर्व-सुविधायुक्त स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के तैयार होने से मध्यप्रदेश में खेलों के लिए एक नया आयाम स्थापित होगा। यहाँ के खिलाड़ियों को प्रशिक्षण से लेकर प्रतियोगिताओं तक की सभी सुविधाएं एक ही परिसर में मिलेंगी, जिससे उन्हें राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने में मजबूती मिलेगी। बैठक में खेल संचालक श्री राकेश कुमार गुप्ता, संयुक्त संचालक श्री बी.एस. यादव, उप सचिव श्री अजय श्रीवास्तव सहित इंजीनियर्स, प्रोजेक्ट मैनेजर और अन्य अधिकारी उपस्थित थे।   recent visitors 68