Saturday, July 4, 2026 9:00 am

अपने बर्थडे से पहले सरफराज खान को मिला सबसे बड़ा तोहफा, उनके घर आया नन्हा मेहमान

नई दिल्ली बेंगलुरु टेस्ट मैच में न्यूजीलैंड के खिलाफ शनिवार 19 अक्टूबर को 150 रनों की दमदार पारी खेलने वाले भारतीय बल्लेबाज सरफराज खान को दो दिन बाद सबसे बड़ी खुशी मिली। शनिवार को इंटरनेशनल क्रिकेट में उन्होंने पहला शतक जड़ा, जबकि दो दिन बाद सोमवार 21 अक्टूबर को वह पिता बन गए। उनके घर नन्हा मेहमान आया है। उनकी पत्नी रोमाना जहूर ने बेटे को जन्म दिया है। इसकी जानकारी खुद सरफराज खान ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल के जरिए दी। सरफराज खान और रोमाना जहूर की शादी पिछले साल अगस्त में हुई थी। सरफराज ने दो तस्वीरें इंस्टा स्टोरी पर शेयर कीं। एक में वह अपने बेटे के साथ नजर आ रहे हैं और इस पर लिखा है कि यह लड़का है, जबकि एक तस्वीर में वह अपने पिता और बेटे के साथ नजर आ रहे हैं। सरफराज खान और उनके परिवार के लिए पिछले कुछ दिन बड़े उतार-चढ़ाव वाले रहे हैं। सरफराज के छोटे भाई मुशीर खान और पिता नौशाद खान का एक कार एक्सीडेंट हो गया था, जिसमें मुशीर खान को चोट आई, लेकिन पिता नौशाद सुरक्षित रहे। इस वजह से वह मुंबई के लिए ईरानी कप में नहीं खेले। सरफराज खान ने वह मुकाबला खेला और दोहरा शतक जड़ा। इसके बावजूद उनकी भारतीय टीम में जगह नहीं बन रही थी, लेकिन शुभमन गिल को गर्दन में दर्द हुआ तो उनको टेस्ट टीम में फिर से मौका मिल गया। इसी साल की शुरुआत में टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू करने वाले सरफराज खान ने बेंगलुरु टेस्ट मैच की पहली पारी में तो खाता नहीं खोला, लेकिन दूसरी पारी में 150 रन बनाकर टीम इंडिया की वापसी कराई। हालांक बाद के बल्लेबाजों ने ज्यादा रन नहीं बनाए। ऐसे में टीम इंडिया को इस मैच में सिर्फ 106 रनों की बढ़त मिली थी और न्यूजीलैंड ने 107 रन दो विकेट खोकर बना दिए। 36 साल के लंबे अंतराल के बाद न्यूजीलैंड की टीम ने कोई टेस्ट मैच जीता था। recent visitors 71

घर के अंदर फंदे से लटकता मिला विवाहिता का शव, तलाक के बाद भी साथ

सिद्धार्थनगर यूपी के सिद्धार्थनगर में एक अधिकारी (अधिशासी अभियंता) की पूर्व पत्नी का शव पंखे से लटका मिला. मृतका मॉडलिंग फील्ड से जुड़ी हुई थी. शुरुआती जांच में फांसी लगाकर आत्महत्या करने की बात सामने आ रही है. अधिकारी और मृतका ने लव मैरिज की थी, लेकिन बाद में उनका तलाक हो गया. हालांकि, पिछले कुछ महीने से वे साथ रह रहे थे. इसी बीच ये घटना हो गई. दरअसल, बीती शाम सिद्धार्थनगर के नगर पंचायत इटवा में तैनात अधिशासी अभियंता संदीप कुमार की पूर्व पत्नी अंशी सोनी का उन्हीं के कमरे में शव मिलने से सनसनी फैल गई. अंशी सोनी मॉडलिंग के करियर से जुड़ी थी और तलाक के बाद जून से ही संदीप के साथ रह रही थी. बताया जा रहा है कि अंशी पिछले कुछ समय से डिप्रेशन की बीमारी से भी जूझ रही थी. कमरे में मिला शव रोज की तरह बीते दिन भी संदीप कुमार ऑफिस के लिए निकले. लेकिन जब शाम को लौटकर आए तो कमरे का दरवाजा खुला पाया. अंदर झांककर देखा तो उनके होश उड़ गए, क्योंकि अंशी पंखे से दुपट्टे से फांसी लगाकर लटकी हुई थी. जिसके बाद उन्होंने पुलिस और उच्च अधिकारियों को इसकी सूचना दी. मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा. लव मैरिज, तलाक, फिर साथ जानकारी के मुताबिक, ये कपल रायबरेली जिले का निवासी था. दोनों की उम्र में लगभग 15 वर्षो का अंतर है. संदीप कुमार 1982 में जन्मे थे, वहीं अंशी सोनी 1997 में. अंशी ने घर परिवार की रजामंदी के बिना संदीप से 2017 मे लव मैरिज की थी. दोनों कुछ वर्ष साथ रहे फिर 2022 में उनका तलाक हो गया. तलाक के बाद अंशी मॉडलिंग की दुनिया मे करियर बनाने दिल्ली चली गई. जबकि, संदीप अधिशासी अभियंता के पद पर सिद्धार्थनगर के विभिन्न नगर पंचायतो में कार्यरत रहे. वर्तमान में वह जिले की इटवा नगर पंचायत में अधिशासी अभियंता पद पर कार्यरत हैं और मुख्यालय स्थिति इंदिरा नगर में किराये के मकान में रहते हैं. मृतका अंशी सोनी संदीप कुमार के मुताबिक, कल सुबह (21 अक्टूबर) लगभग 9 बजे वह ऑफिस गये और शाम 6 बजे अपने कमरे पहुंचे. कमरे का दरवाजा खुला था, अंदर देखा तो अंशी का शव पंखे से लटक रहा है. जिसके बाद उन्होंने अपने ड्राइवर की मदद से शव को पंखे से उतारकर बेड पर लिटा दिया. साथ ही अधिकारियों को सूचित किया. सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. अधिशासी अभियंता संदीप ने बताया कि अंशी से उनका दो साल पहले तलाक हो चुका है. जून में यहां घूमने-फिरने आई थी ताकि डिप्रेशन दूर हो सके. सबकुछ ठीक था, पता नहीं अचानक ये सब कैसे हो गया. सुसाइट नोट में उसने डिप्रेशन का उल्लेख किया है. पुलिस ने क्या बताया? मामले में सीओ सदर अरुणकांत सिंह ने कहा कि सूचना मिली थी कि ईओ इटवा संदीप कुमार की एक्स वाइफ ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है. दोनों किराये के मकान में रह रहे थे. सूचना पर पुलिस घटनास्थल पहुंची और बॉडी को कब्जे में लिया. शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है. वहीं, ईओ द्वारा बताया कि मृतका मॉडलिंग की दुनिया में करियर बनाना चाहती थी, दिल्ली में रहती थी. जून से सिद्धार्थनगर उनके पास आई थी. हालांकि, मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी, डिप्रेशन में रहती थी. शायद इसी वजह से उसने फांसी लगाई है. फिलहाल, अब पुलिस इस मामले मे जांच-पड़ताल कर रही है. पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद अग्रिम कार्यवाही की जाएगी. फोरेंसिक टीम ने साक्ष्य इकट्ठा किए हैं. recent visitors 72

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा- समग्र विकास से सभी की खुशहाली के द्वार खुलेंगे

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि उज्जैन की पहचान साधु-संतों से है। उज्जैन में हरिद्वार के तर्ज पर साधु-संतों, महंत, अखाड़ा प्रमुखों और महामंडलेश्वर आदि को स्थायी आश्रम बनाने की अनुमति दी जाएगी। प्रत्येक 12 वर्षों में एक बार होने वाला सिहंस्थ का आयोजन वर्ष 2028 में किया जाएगा। साधु-संतों को उज्जैन में आने, ठहरने, कथा, भागवत इत्यादि अन्य आयोजन के लिए पर्याप्त रूप से भूमि-भूखंड की आवश्यकता पड़ती है। इसे ध्यान में रखते हुए प्रदेश सरकार द्वारा साधु-संतों के हित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए स्थायी आश्रम बनाए जाने की योजना बनाई गई हैं। निजी होटल्स में साधु-संतों और श्रद्धालुओं को इस प्रकार के आयोजनों के लिए चुनौतियां आती हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव  मेला कार्यालय, उज्जैन के ऑडिटोरियम में सिंहस्थ के संबंध में पत्रकारों से संवाद कर रहे थे। सांसद श्री अनिल फिरोजिया, राज्यसभा सांसद बालयोगी उमेशनाथ जी महाराज, विधायक श्री अनिल जैन कालूहेड़ा, विधायक श्री सतीश मालवीय, महापौर श्री मुकेश टटवाल, नगर निगम सभापति श्रीमती कलावती यादव, संभागायुक्त श्री संजय गुप्ता, आईजी श्री संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर श्री नीरज कुमार सिंह, एसपी श्री प्रदीप शर्मा सहित मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हरिद्वार में जिस प्रकार साधु-संतों के अच्छे आश्रम बने हुए हैं, उसी प्रकार उज्जैन में भी साधु-संतों के स्थायी आश्रम बनवाने के प्रयास किए जाएंगे। उज्जैन विकास प्राधिकरण के माध्यम से योजना को आकार दिया जाएगा। सिंहस्थ के दृष्टिगत सड़क, बिजली, पेयजल, जल-निकासी इत्यादि मूलभूत सुविधाओं के लिए भी स्थायी अधोसंरचना का निर्माण भी होगा, जिससे अस्थायी निर्माण से होने वाली समस्याएं निर्मित न हों। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हरिद्वार की तरह उज्जैन को धार्मिक शहर के रूप में विकसित करने के लिए सभी जन-प्रतिनिधियों के साथ मिलकर कार्य-योजना तैयार की गई है। सुगम यातायात के दृष्टिगत फोर-लेन, सिक्स-लेन और ब्रिज जैसे स्थायी अधोसंरचना विकास के कार्य किए जाएंगे। सभी मूलभूत सुविधाओं के विकास के साथ साधु-संतों के लिए आश्रम निर्माण के कार्य समानांतर रूप से होंगे। समाज के इच्छुक सनातन धर्मावलंबियों के माध्यम से अन्न क्षेत्र, धर्मशाला, आश्रम, चिकित्सा केंद्र, आयुर्वेद केंद्र आदि सार्वजनिक गतिविधियों के संचालन को भी प्राथमिकता दी जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उज्जैन सहित प्रदेश के सर्वांगीण विकास के लिए प्रदेश सरकार निरंतर आगे बढ़ रही है। समग्र विकास से सभी की खुशहाली के द्वार खुलेंगे। सभी देव-स्थानों के आसपास हमारे धर्माचार्य आ जाए यह हमारी प्राथमिकता हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि महंत, अखाड़ा प्रमुखों, महामंडलेश्वर को ही आश्रम निर्माण के लिए अनुमति इस प्रकार दी जाएगी कि एक हेक्टेयर के भूखंड पर 25 प्रतिशत पर ही भवन का निर्माण किया जा सकेगा। शेष 75 प्रतिशत भूखंड खुला रहेगा, जिसमें पार्किंग आदि व्यवस्थाओं के लिए पर्याप्त खुला स्थान रहे। आवासीय और कमर्शियल उपयोग के लिए इस प्रकार की अनुमति नहीं रहेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि महाकाल महालोक बनने के बाद से बड़ी संख्या में श्रद्धालु उज्जैन आते हैं। निरंतर धार्मिक आयोजनों का क्रम जारी रहता है, जो कि इसी को ध्यान में रखते हुए पूरी योजना तैयार की गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उज्जैन-इंदौर सिक्स-लेन कार्य की टेंडर प्रक्रिया हो गई है। वहीं उज्जैन- जावरा ग्रीन फील्ड फोर-लेन मार्ग का शीघ्र भूमि-पूजन किया जाएगा। इस वृहद् योजना में इंदौर, उज्जैन, धार, भोपाल, ग्वालियर, जबलपुर आदि को विकसित किया जाएगा। उज्जैन के धार्मिक मूल स्वरूप को ध्यान में रखते हुए विकास कार्य किए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इंदौर-उज्जैन मेट्रो ट्रेन संचालन की सैद्धांतिक स्वीकृति भी दी गई है। इसी के साथ उज्जैन, देवास, फतेहाबाद, इंदौर को जोड़ते हुए सर्किल वंदे मेट्रो ट्रेन का भी संचालन किया जाएगा। इसकी गति मेट्रो ट्रेन की तुलना में अधिक होगी। रेल रूट के साथ उज्जैन के सभी मार्गों का भी सुदृढ़ीकरण किया जा रहा है। उज्जैन से निकलने वाले सभी मार्ग फोर-लेन किए जाएंगे। वर्तमान एयर-स्ट्रिप का भी उन्नयन कर टेक्निकल रूप से एयरपोर्ट बनाया जायेगा, जिससे 12 महीने हवाई यातायात सुविधा भी उज्जैन को मिल सके।   recent visitors 71

भाजपा की सदस्यता: 40,49,158 सदस्य आनलाइन बनाए गए, आफलाइन बनाए गए 09,60,500 सदस्यों की डाटा एंट्री जारी

रायपुर भारतीय जनता पार्टी सदस्यता अभियान की अब तक की प्रगति की समीक्षा के लिए आहूत केंद्रीय समिति की बैठक में पार्टी की प्राथमिक सदस्यता की रिपोर्टिंग करके छत्तीसगढ़ की जानकारी प्रस्तुत की गई। सदस्यता अभियान के प्रदेश संयोजक व प्रदेश प्रवक्ता अनुराग सिंहदेव ने बैठक में बताया कि प्रदेश में पहाड़ी कोरवा समाज (पीवीजीटी) में भी भाजपा की सदस्यता के लिए कार्यकर्ता दुर्गम स्थानों तक पहुँचे। बैठक में प्रदेश में चल रहे अभियान, विशेषकर पहाड़ी कोरवा समाज में भाजपा सदस्यता, की प्रशंसा की गई। भाजपा सदस्यता अभियान के प्रदेश संयोजक व प्रदेश प्रवक्ता अनुराग सिंहदेव ने प्रदेश में भाजपा की सदस्यता का आँकड़ा 50 लाख पार कर लेने पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष किरणसिंह देव, संगठन महामंत्री पवन साय सहित सभी पदाधिकारियों व कार्यकतार्ओं को बधाई देते हुए सबके समन्वित पुरुषार्थ व पराक्रम को नमन किया है। विदित रहे, प्रदेश में विगत 3 सितम्बर से भाजपा के संगठन महापर्व सदस्यता अभियान की शुरूआत हुई थी। 19 अक्टूबर की रात्रि 8 बजे तक भाजपा ने अपनी रिकॉर्ड सदस्य संख्या 50,09,658 के आँकड़े को पार कर लिया है। अब प्रदेशभर में सक्रिय सदस्यता के लिए भी अभियान चल रहा है। सिंहदेव ने कहा कि भाजपा सदस्यता लेने के लिए प्रदेश में अभूतपूर्व उत्साह परिलक्षित हुआ और स्वस्फूर्त रिस्पॉन्स देकर ज्यादा-से-ज्यादा लोगों ने भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। यह प्रदेश में मुख्यमंत्री श्री साय के नेतृत्व वाली प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों और सुशासन का सुपरिणाम है। इस बार सदस्यता की विभिन्न स्तरों पर प्रक्रिया सुनिश्चित की गई थी, इसलिए इस अभियान में समय काफी लगा है। इधर इस पूरी अवधि में काफी तीज-त्योहार भी पड़े। बावजूद इसके, प्रदेश में भाजपा सदस्यों की संख्या 50 लाख पार हो जाना एक ऐतिहासिक उपलब्धि है। श्री सिंहदेव ने बताया कि प्रदेश में 34,09,158 लोगों को फार्म भरकर सदस्यता दिलाई गई, 06.40 लाख सदस्य मिस्ड कॉल के जरिए बने। इस प्रकार 40,49,158 सदस्य आॅनलाइन बनाए गए। 09,60,500 सदस्य आॅफलाइन बनाए गए, जिनकी डाटा एंट्री जारी है। recent visitors 63

अनूप जलोटा बोले ‘बिश्नोई समाज से माफी मांग लें सलमान खान’

मुंबई बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान एक बार फिर काले हिरण शिकार मामले में सवालों के घेरे में आ गए हैं. गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के साथ चल रहे विवाद की वजह से एक्टर मुश्किल में हैं. अब गायक अनूप जलोटा ने इस पूरे मामले पर टिप्पणी की है, उनका कहना है कि सलमान को बिश्नोई समुदाय से माफी मांग लेनी चाहिए, जिससे ये मामला रफा दफा हो सके. अनूप जलोटा की रिक्वेस्ट सलमान को कई बार जान से मारने की धमकी मिल चुकी है, इतना ही नहीं उनके घर पर भी गोलियां बरसाई जा चुकी हैं. इसके बाद से उनकी सिक्योरिटी हद से ज्यादा टाइट कर दी गई है. इन हमलों की जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई ने ली. हाल ही में एनसीपी लीडर बाबा सिद्दीकी की हत्या के भी तार सलमान खान से जोड़े गए. लॉरेंस बिश्नोई गैंग की ओर से कहा गया कि सलमान बिश्नोई समाज के मंदिर में जाएं और काले हिरण को मारने के लिए माफी मांगे. गैंगस्टर की इस डिमांड और सलमान को मुश्किल में देख सिंगर अनूप जलोटा ने एक रिक्वेस्ट की है. एबीपी न्यूज से अनूप ने कहा- मैं बस इतना कहना चाहता हूं कि ये समय इस बात पर विचार करने का नहीं है कि किसने मारा और किसने नहीं…. आपको ये समझना चाहिए कि सलमान के करीबी दोस्त बाबा सिद्दीकी की भी कथित तौर पर इसी वजह से हत्या की गई थी. अब, ध्यान इस विवाद को सुलझाने पर होना चाहिए. गलती किसने की सोचने का समय नहीं "मैं सलमान से एक छोटा सा अनुरोध करना चाहता हूं कि वो मंदिर में जाकर अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए माफी मांगे और अपने परिवार और करीबी दोस्तों की रक्षा करें. मुझे यकीन है कि वो उनकी माफी स्वीकार करेंगे. सलमान को जाना चाहिए और फिर एक सुरक्षित जीवन जीना चाहिए. ये मामले को जटिल बनाने का समय नहीं है. चाहे उन्होंने हत्या की हो या नहीं, सलमान को माफी मांगनी चाहिए. झगड़े में फंसने से किसी को कुछ नहीं मिलेगा.'' बता दें, सलमान और जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के बीच का विवाद 1998 से शुरू हुआ. जब एक्टर पर काला हिरण शिकार का मामला दर्ज हुआ था. लॉरेंस ने 2018 में जोधपुर में कोर्ट में पेशी के दौरान अभिनेता को जान से मारने की धमकी दी थी. तब से सलमान को जान से मारने की कई धमकियां मिल चुकी हैं. शिकार की ये घटना राजस्थान में फिल्म 'हम साथ-साथ हैं' की शूटिंग के दौरान हुई थी, जब लॉरेंस बिश्नोई उर्फ ​​बलकरन बरार पांच साल का था. इस इंसीडेंट ने बिश्नोई समुदाय को नाराज कर दिया, जो काले हिरण को पूजते हैं, उसका सम्मान करते हैं. सलमान इस मामले में मुख्य आरोपी थे और उन्हें 2018 में दोषी ठहराया गया था. हालांकि कोर्ट ने उन्हें बरी भी कर दिया था.   recent visitors 43

ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए भारत ए टीम का ऐलान, इस खिलाड़ी की लंबे समय बाद टीम में वापसी

नई दिल्ली इशान किशन की राष्ट्रीय टीम में वापसी हुई है और उन्हें आगामी ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए रुतुराज गायकवाड़ की अगुवाई में 15 सदस्यीय इंडिया ए टीम में शामिल किया गया। रणजी ट्रॉफी में मुंबई के खिलाफ शानदार शतक लगाने वाले महाराष्ट्र के गायकवाड़ को इंडिया ए टीम का कप्तान बनाया गया है। इंडिया ए की टीम मैके और मेलबर्न में ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ दो प्रथम श्रेणी मैच खेलेगी और फिर पर्थ में सीनियर इंडिया टीम के खिलाफ तीन दिवसीय ‘इंट्रा-स्क्वाड’ मैच में हिस्सा लेगी। गायकवाड़ के अलावा टीम में अभिमन्यु ईश्वरन और साई सुदर्शन जैसे अन्य सलामी बल्लेबाज भी शामिल हैं क्योंकि भारत को आगामी ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए अपने टेस्ट टीम में एक रिजर्व सलामी बल्लेबाज की आवश्यकता होगी। किशन को इस साल की शुरुआत में बीसीसीआई के केंद्रीय अनुबंधों से हटा दिया गया था। इस प्रकार है कार्यक्रम भारतीय ए टीम और ऑस्ट्रेलिया ए टीम के बीच दो मैचों की सीरीज खेली जाएगी। सीरीज का पहला मुकाबला 31 अक्टूबर से शुरू होगा, जबकि दूसरा मुकाबला 7 नवंबर से शुरू होगा। पहला मुकाबला मैके के ग्रेट बैरियर रीफ एरिना में खेला जाएगा। इसी तरह दूसरा मुकाबला मेलबर्न के मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में खेला जाएगा। ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए इंडिया ए टीम रुतुराज गायकवाड़ (कप्तान), अभिमन्यु ईश्वरन (उप कप्तान), साई सुदर्शन, नितीश कुमार रेड्डी, देवदत्त पडिक्कल, रिकी भुई, बाबा इंद्रजीत, ईशान किशन (विकेट कीपर), अभिषेक पोरेल (विकेट कीपर), मुकेश कुमार, खलील अहमद, यश दयाल, नवदीप सैनी, मानव सुथार, तनुश कोटियन। recent visitors 113

मप्र में इंडी गठबंधन में फूट, बुधनी में उपचुनाव के लिए सपा ने अपना प्रत्याशी उतारकर कांग्रेस को बड़ा झटका दिया

भोपाल मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव के बाद अब उपचुनाव में भी आइएनडीआइए में फूट देखने को मिली है। केंद्रीय मंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह के त्यागपत्र से रिक्त हुई बुधनी विधानसभा सीट के उपचुनाव में समाजवादी पार्टी (सपा) ने अपना प्रत्याशी उतारकर कांग्रेस को बड़ा झटका दे दिया है। सपा ने एक दिन पहले ही कांग्रेस से आए अर्जुन राय को प्रत्याशी बनाया है। वहीं, आइएनडीआइए की शर्तों के अंतर्गत सपा विजयपुर विधानसभा सीट के उपचुनाव में कांग्रेस का साथ दे रहा है। बता दें कांग्रेस ने बुधनी में पूर्व मंत्री राजकुमार पटेल पर दांव लगाया गया है तो विजयपुर में आदिवासी दांव खेलते हुए मुकेश मल्होत्रा पर भरोसा जताया है। कांग्रेस प्रदेश सचिव रहे हैं राय राय कांग्रेस में प्रदेश सचिव रहे हैं। वह विधानसभा चुनाव के पहले से क्षेत्र में सक्रिय हैं। विधानसभा चुनाव में भी यहां से टिकट मांग रहे थे, पर कांग्रेस ने विक्रम मस्ताल को उम्मीदवार बनाया था। वह किसान नेता के रूप में सक्रिय रहे हैं। क्षेत्र में पदयात्राएं भी कर चुके हैं। इस कारण कांग्रेस को उनके आने से बड़े नुकसान की आशंका है। राय जाट हैं। वह ओबीसी वर्ग से आते हैं। यही कारण है कि पार्टी सपा और अर्जुन राय को मनाने में लगी है। कांग्रेस बोली सपा से बनी थी सहमति कांग्रेस की प्रत्याशी चयन समिति के सदस्य शैलेन्द्र पटेल का कहना है कि अभी नामांकन और नाम वापसी के लिए समय है। हम मिलकर चुनाव लड़ेंगे। यहां प्रत्याशी उतारने के पहले कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और सपा के प्रदेश अध्यक्ष डा. मनोज यादव के बीच बैठक भी हुई थी। मनोज यादव से भी राय ली गई थी। पूरी उम्मीद है गठबंधन का पूरा सहयोग कांग्रेस को मिलेगा। सपा मांग रही थी एक सीट सपा के प्रदेश अध्यक्ष डा. मनोज यादव का कहना है कि हमने कांग्रेस से दो में से एक सीट मांगी थी, पर उन्होंने दोनों जगह प्रत्याशी उतार दिए। ऐसे में हमने भी बुधनी से अपना प्रत्याशी उतारा है। हमें भी जनता के बीच जाना है, इसलिए पार्टी का जनाधार खत्म नहीं कर सकते। आगे जो भी राष्ट्रीय नेतृत्व तय करेगा वह होगा। recent visitors 65