Saturday, July 4, 2026 1:35 pm

कांग्रेस की शिकायत के बाद EC का एक्शन, महाराष्ट्र की DGP रश्मि शुक्ला को हटाया गया

मुंबई महाराष्ट्र की डीजीपी रश्मि शुक्ला को हटा दिया गया है। कई दलों ने डीजीपी की शिकायत की थी। इसके बाद चुनाव आयोग ने यह कार्यवाही की है।चुनाव आयोग ने मुख्य सचिव को निर्देश दिया है कि वह कैडर के अगले सबसे सीनियर अधिकारी को उनका प्रभार सौंपे। मंगलवार दोपहर 1 बजे तक तीन आईपीएस अधिकारियों का पैनल भेजने का निर्देश दिया गया है। कांग्रेस की शिकायत पर की गई कार्रवाई महाराष्ट्र कांग्रेस की शिकायत पर रश्मि शुक्ला को हटाया गया है। महाराष्ट्र कांग्रेस के अध्यक्ष नाना पटोले ने चुनाव आयोग को पत्र लिखा था और रश्मि शुक्ला को हटाने की मांग की थी। नाना पटोले ने अपने पत्र में कहा था कि वह एक विवादित अधिकारी हैं और उन्होंने बीजेपी का पक्ष लिया है। नाना पटोले ने कहा था कि उनके पद पर बने रहने से पारदर्शी तरीके से चुनाव कराने पर संदेह पैदा होगा। मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने भी इससे पहले अधिकारियों को निष्पक्ष और उचित व्यवहार करने की चेतावनी दी थी। मुख्य चुनाव आयुक्त ने विधानसभा चुनाव के तारीख की घोषणा के दौरान कहा था कि अधिकारी अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते समय गैर पक्षपाती व्यवहार करें। रश्मि शुक्ला महाराष्ट्र की पहली महिला डीजीपी हैं। वह 1988 बैच की महाराष्ट्र कैडर की अधिकारी रह चुकी हैं। रश्मि शुक्ला SSB की महानिदेशक भी रह चुकी है। जब महाराष्ट्र में महाविकास आघाड़ी की सरकार थी। उस दौरान रश्मि शुक्ला खुफिया विभाग की प्रमुख थीं। महाराष्ट्र में कुछ वरिष्ठ राजनीतिक नेताओं के फोन टैपिंग के मामले सामने आए थे, जिनमें उनके खिलाफ तीन मुकदमे दर्ज किए गए थे। उन पर मुंबई में एक एफआईआर दर्ज है, जिसमें संजय राउत और एकनाथ खडसे के फोन टैप करने का आरोप है। संजय राउत ने लगाए थे आरोप 2 दिन पहले ही संजय राउत ने रश्मि शुक्ला को निशाने पर लिया था और कहा था कि वह सीधे-सीधे भाजपा के लिए काम करती हैं। संजय राउत ने कहा था कि महाराष्ट्र की पुलिस दबाव में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि हमारे कार्यकर्ताओं पर जबरन केस किया जा रहा है और फर्जी आधार कार्ड से वोटर लिस्ट में धांधली की जा रही है। संजय राउत ने कहा था कि रश्मि शुक्ला के बारे में बहुत ही गंभीर आरोप है और आज वह डीजीपी हैं।   recent visitors 86

मिथुन चक्रवर्ती की पहली वाइफ हेलेना ल्यूक का यूएसए में निधन

मुंबई बॉलीवुड से एक शॉकिंग खबर सामने आ रही है. मिथुन चक्रवर्ती की पहली वाइफ हेलेना ल्यूक की मौत हो गई है. इनके निधन की जानकारी डांसर और एक्टर कल्पना अय्यर ने सोशल मीडिया पर दिया है. खबर है कि हेलेना ल्यूक की तबीयत बीते कुछ दिनों से काफी खराब थी. लेकिन उन्होंने डॉक्टरों को नहीं दिखाया था. जिसके बाद उन्होंने 3 नवंबर को यूएसए में आखिरी सांस लिया है. तबीयत थी खराब मीडिया रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि हेलेना ल्यूक की लंबे वक्त से तबीयत ठीक नहीं चल रही थी. वो यूएसए में रह रही थीं, लेकिन डॉक्टर को नहीं दिखाया था. जिसके बाद 3 नवंबर को मौत को गले लगा लिया. हेलेना ल्यूक भी बॉलीवुड एक्ट्रेस थीं और कई फिल्मों में काम किया. सबसे ज्यादा पॉपुलर रोल अमिताभ बच्चन की फिल्म ‘मर्द’ का हुआ था, जिसमें वो ब्रिटिश रानी के रोल में थीं. इन फिल्मों में किया काम मिथुन चक्रवर्ती और हेलेना ल्यूक को पहली नजर में प्यार हो गया था. जिसके बाद दोनों ने शादी कर ली थी. लेकिन शादी महज 4 महीने बाद ही टूट गई थी. एक पुराने स्टारडस्ट को दिए इंटरव्यू में एक्ट्रेस ने शादी को बुरा सपना कहा था. साथ ही ये भी कहा था कि काश ये शादी एक बुरा सपना होती. इतना नहीं तलाक के बाद हेलेना ने मिथुन से ऐलिमनी भी नहीं ली थी और ये भी कहा था कि कभी मिथुन को उनसे प्यार था ही नहीं. मिथुन चक्रवर्ती से तलाक के बाद हेलेना ल्यूक फिल्मों में किस्मत आजमाई. महज 9 फिल्मों में काम किया. जिसमें ‘भाई आखिर भाई होता है’, ‘ये नजदीकियां’, ‘रोमांस’, ‘मर्द’, ‘साथ साथ’, ‘जुदाई’, ‘एक नया रिश्ता’, ‘आओ प्यार करें’ और ‘दो गुलाब’ शामिल हैं. फिल्मों में हेलेना को सक्सेस नहीं मिली तो वो सब कुछ छोड़कर फिर अमेरिका शिफ्ट हो गईं. recent visitors 84

ये चुनाव इस बात के लिए है कि हम आगे अपने देवी देवताओं की पूजा पाएंगे: सीएम यादव

 भोपाल /रांची मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव आज झारखंड की राजधानी रांची की कांके विधानसभा पहुंचे, उन्होंने यहाँ आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए झारखंड में हो रही घुसपैठ पर बड़ा हमला किया, मुख्यमंत्री ने कहा कि ये बांग्लादेशी घुसपैठिये आपके मकान, दुकान, रोजगार और हक़ पर कब्ज़ा कर रहे हैं और इसे झारखंड की सरकार संरक्षण दे रही है, इसे रोकना होगा। कांके विधानसभा रांची पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव का क्षेत्र के लोगों ने दिल से स्वागत किया,मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने उपस्थित जन समूह से कहा मैं बाबा महाकाल की धरती उज्जैन से आता हूँ यहाँ मुझे मालूम पड़ा है कि पहाड़ी बाबा भी महाकाल का ही रूप हैं मैं दोनों को प्रणाम करता हूँ, उन्होंने कहा कि ये जो झारखंड की सरकार है, कांग्रेस की सरकार है उसके पीछे कोई औ र्लोग हैं ये लोग केवल झूठ बोलते हैं। ये चुनाव इस बात के लिए है कि हम आगे अपने देवी देवताओं की पूजा पाएंगे? घुसपैठ पर हमला करते हुए सीएम ने कहा मैं आपको डरा नहीं रहा लेकिन ये बात सही है ये चुनाव इस बात का है कि हम आगे अपने देवी देवताओं की पूजा पाएंगे? होली दिवाली मना पाएंगे कि नहीं? क्योंकि घुसपैठ बहुत तेजी से हो रही है, उन्होंने कहाकि बांग्लादेश में हिन्दुओं का नर संहार हो रहा है लेकिन ये चुप है क्योंकि ये केवल कुर्सी चाहते है इसलिए ये षड्यंत्र कर रहे हैं। ये घुसपैठिये आपकी आने वाली पीढ़ी के लिए संकट बन रहे हैं   सीएम ने कहा मैं आबादी का रेशो देख रहा था यहाँ 7 प्रतिशत हिन्दू कम हुए है आदिवासी वर्ग जो कभी 41 प्रतिशत था आज 28 रह गया है, अरे जब आबादी बढ़ रही है तो ये लोग कम क्यों हो रहे हैं? वो इसलिए कि झारखंड सरकार घुसपैठ को शरण दे रही है मुख्यमंत्री ने कहा कि ये घुसपैठिये आपके रोजगार पर, दुकान पर, मकान पर कब्ज़ा कर रहे हैं इतना ही नहीं ये आपका हक़ भी छीन रहे है ये घुसपैठ आपकी आने वाली पीढ़ी के लिए संकट पैदा कर रही है डॉ मोहन यादव ने कहा कि कांग्रेस के कर्मों के कारण जनता ने उन्हें लोकसभा चुनावों में सबक दिखाया है, जम्मू कश्मीर में 40 हजार हत्याओं का पाप कांग्रेस के सिर पर है, कांग्रेस के कर्मों के कारण जो हालत जम्मू कश्मीर में हुई है यदि रोका नहीं गया तो वो हालत झारखंड की भी होगी। ये चुनाव ईमानदारों और बेईमानों के बीच है मुख्यमंत्री ने कहा झारखंड के लिए भाजपा ने सोचा, बिहार के साथ जुड़कर यहाँ की प्रगति रुकी हुई थी अटल जी ने इसे अलग राज्य बनाया, यहाँ प्राकृतिक सुन्दरता बहुत, है अटल जी ने कहा था कि ये देश का नंबर एक राज्य होगा लेकिन अटल जी को क्या पता होगा कि यहाँ ऐसी सरकार आयेगी जो भ्रष्टाचारी होगी, इस सरकार में बैठे लोगों ने इतना भ्रष्टाचार किया है कि यदि सौ सौ के नोट हो तो एक रेल गाड़ी भर जाएगी, इसलिए समझिये ये चुनाव ईमानदारी और बेईमानी के बीच है, बेईमानों का आपको बाहर का रास्ता दिखाना है। recent visitors 59

25 दिसंबर से 25 फरवरी तक लगने जा रहा है सबसे बड़ा मेला, 11 नवंबर तक स्वीकार की जाएंगी मेले के लिए निविदाएं

ग्वालियर ग्वालियर व्यापार मेला प्राधिकरण के सचिव से प्राप्त जानकारी के अनुसार ऑनलाइन निविदाएँ 11 नवम्बर को दोपहर 12 बजे तक प्रस्तुत की जा सकती हैं। पोर्टल पर प्राप्त निविदाएँ 12 नवम्बर को दोपहर 12 बजे खोली जायेंगीं। मेला की व्यवस्थाओं से संबंधित कार्यों के ठेके लेने के इच्छुक व्यक्ति एवं संस्थायें निर्धारित तिथि तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। पोर्टल पर निविदा की शर्तें उपलब्ध हैं। ग्वालियर व्यापार मेला में टीनशेड, बेरीकेटिंग, माइक, टेंट, टैक्सी, अस्थायी विद्युत फिटिंग, सजावट कार्य व सुरक्षा गार्ड व्यवस्था इत्यादि के ठेके के लिये पोर्टल पर निविदाएँ अपलोड कर दी गई हैं। इसके अलावा फ्लैक्स प्रिंटिंग कार्य, अस्थायी सीसीटीव्ही कैमरा, मंच पर प्रकाश व्यवस्था, सम्पूर्ण मेला परिसर की साफ-सफाई शिल्प बाजार की दुकानें तैयार करने, सीवर संधारण, होर्डिंग, दुपहिया व चार पहिया वाहन पार्किंग, पब्लिक एनाउंसमेंट सिस्टम, स्वच्छता परिसरों की साफ-सफाई, पानी की लाइन बिछाने इत्यादि व्यवस्थाओं के संबंध में भी निविदाएँ पोर्टल पर अपलोड की गई हैं। साथ ही विधिवत विज्ञापन भी प्रकाशित कराया गया है। ग्वालियर व्यापार मेला प्राधिकरण के सचिव से मिली जानकारी के अनुसार ऑनलाइन निविदाएं 11 नवंबर को दोपहर 12 बजे तक प्रस्तुत की जा सकती हैं। पोर्टल पर मिली निविदाएं 12 नवम्बर को दोपहर 12 बजे खोली जाएंगी। मेला की व्यवस्थाओं से संबंधित कार्यों के ठेके लेने के इच्छुक व्यक्ति एवं संस्थाएं निर्धारित तिथि तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। पोर्टल पर निविदा की शर्तें उपलब्ध हैं। मेला संबंधी इन व्यवस्थाओं की निविदाएं मांगी ग्वालियर व्यापार मेला में टीन शेड, बैरिकेडिंग, माइक, टेंट, टैक्सी, अस्थायी बिजली फ़िटिंग, सजावट कार्य व सुरक्षा गार्ड व्यवस्था के ठेके के लिए पोर्टल पर निविदाएं अपलोड कर दी गई हैं। इसके अलावा फ्लैक्स प्रिंटिंग कार्य, अस्थायी सीसीटीवी कैमरा, मंच पर प्रकाश व्यवस्था, सम्पूर्ण मेला परिसर की साफ-सफाई, शिल्प बाजार की दुकानें तैयार करने, सीवर संधारण, होर्डिंग, दोपहिया व चार पहिया वाहन पार्किंग, पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम, परिसरों की साफ-सफाई, पानी की लाइन बिछाने के संबंध में भी निविदाएं पोर्टल पर अपलोड की गई हैं। साथ ही विधिवत विज्ञापन भी प्रकाशित कराया गया है। 104 एकड़ में लगता है व्यापार मेला ग्वालियर व्यापार मेला की खासियत है कि यह 104 एकड़ में लगता है। यह मेला पहले सागर ताल के पास मैदान में लगता था। पर एक सदी पहले यह वर्तमान मेला मैदान में आया। इस मेला की एक और विशेषता है। यहां मध्य प्रदेश शासन द्वारा वाहन की खरीद पर 50 प्रतिशत की रोड टैक्स छूट मिलती है। इसके चलते मेले में लगने वाला ऑटो मोबाइल सेक्टर अपने आप में खास होता है। recent visitors 43

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने छत्तीसगढ़ के राज्योत्सव के लिए दी बधाई और शुभकामनाएं

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय तथा प्रदेशवासियों को राज्योत्सव की बधाई और शुभकामनाएं दीं हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मीडिया को दिए संदेश में कहा कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़, विकास के नए सोपानों की ओर बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि छत्तीसगढ़ द्वारा अपने स्थापना दिवस पर राज्य उत्सव का आयोजन हर्ष और प्रसन्नता का विषय है। मध्यप्रदेश से अलग होकर ही छत्तीसगढ़ राज्य का गठन हुआ, जिसमें तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई की महत्वपूर्ण भूमिका रही। मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ का बहुत पुराना संबंध है, दोनों राज्य, विकास और जन कल्याण की दिशा में समन्वित रूप से प्रगति पथ पर अग्रसर होने के लिए संकल्पबद्ध हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि छत्तीसगढ़ से बड़े समूह में आने वाले हाथियों की सूचना के आदान-प्रदान और उनके प्रबंधन के संबंध में कार्य योजना बनाने पर भी छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के साथ विचार-विमर्श किया जाएगा।   recent visitors 47

मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत “वंदे-मातरम” एवं राष्ट्र-गान “जन-गण-मन” का सामूहिक गायन

भोपाल नवम्बर माह के प्रथम शासकीय कार्य दिवस पर मंत्रालय स्थित सरदार वल्लभ भाई पटेल पार्क में राष्ट्र-गीत "वंदे-मातरम" एवं राष्ट्र-गान "जन-गण-मन" का सामूहिक गायन हुआ। इस अवसर पर पुलिस बैंड ने मधुर धुनें प्रस्तुत की। वंदे-मातरम गायन में पंचायत एवं ग्रामीण विकास, मंत्री श्री प्रहलाद सिंह पटेल, मुख्य सचिव, श्री अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव, श्री के.सी. गुप्ता, श्री संजय दुबे, प्रमुख सचिव श्री नीरज मंडलोई सहित सतपुड़ा-विंध्याचल भवन के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे। recent visitors 63

BMC की शहरवासियों के लिए स्वच्छ वातावरण को बढ़ावा देने की पहल, लगाएगी डस्टबिन

भोपाल बीएमसी यानि भोपाल नगर निगम इस साल के सर्वेक्षण से पहले स्वच्छ अंक हासिल करने के लिए कई सार्वजनिक स्थानों पर फिर से डस्टबिन लगाएगी। इन कूड़ेदानों का इस्तेमाल करने के पिछले प्रयास साल-दर-साल विफल रहे हैं। साथ में ही सार्वजनिक धन की काफी बर्बादी हुई है। हालांकि, बीएमसी आयुक्त हरेंद्र नारायण के अनुसार इस बार सफलता सुनिश्चित करने के लिए बीएमसी भोपाल में 100 से अधिक स्थानों पर ट्रिपल कूड़ेदान लगाने की योजना बना रही है। कूड़ेदानों की बहाली स्वच्छ सुविधाओं में पहचानी गई विसंगतियों के बीच हुई है। इससे बीएमसी द्वारा प्रबंधित कूड़ेदानों की प्रभावशीलता और रखरखाव के बारे में विपक्ष की चिंताएं बढ़ गई हैं। विपक्ष ने उठाए गंभीर सवाल बीएमसी विपक्षी नेता सबिस्ता जकी ने कूड़ेदानों की स्थिति के बारे में कई मुद्दे उठाए हैं, उनका दावा है कि ये कूड़ेदान क्वालिटी में से इतने खराब हैं कि नियमित उपयोग के बाद भी टिक नहीं पाते हैं या ध्वस्त हो चुके होते हैं। जकी ने बताया कि बीएमसी द्वारा लगाए गए प्लास्टिक के शौचालय भी टिक नहीं पाए हैं। लोगों के द्वारा दिए गए करोड़ों रुपये बर्बाद हो गए हैं। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि पिछले कूड़ेदानों का क्या हुआ? साथ ही बीएमसी से उनके गायब होने के लिए जवाबदेही की बात कही है। भोपाल नगर निगम में आर्थिक तंगी का दौर बीएमसी एक गंभीर वित्तीय संकट का सामना कर रही है। इसका असर वेतन देने, सड़कों की मरम्मत करने और एक नए सीवेज नेटवर्क के लिए निविदा जारी करने की उसकी क्षमता को प्रभावित कर रही है। फिर भी नागरिक निकाय इन कूड़ेदानों को फिर से शुरू करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्हे इस बार बेहतर परिणाम की उम्मीद है। लगेंगे ट्रिपल कूड़ेदान इस पहल का उद्देश्य सार्वजनिक स्थानों पर स्वच्छता बनाए रखना और निवासियों द्वारा उचित अपशिष्ट निपटान को प्रोत्साहित करना है। विभिन्न स्थानों पर 100 लीटर की क्षमता वाले ट्रिपल कूड़ेदानों की मरम्मत, स्थापना और रखरखाव के लिए एजेंसियों को सूचीबद्ध किया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, इन एजेंसियों का चयन आवश्यक मानकों को पूरा करने और आवश्यक कार्यों को तुरंत और प्रभावी ढंग से करने की उनकी क्षमता के आधार पर किया जाएगा। इस कारण से बीएमसी उठा रही कदम बीएमसी को उम्मीद है कि वह कचरा प्रबंधन के मुद्दों को अधिक प्रभावी ढंग से संबोधित करेगी। भोपाल में स्वच्छ सुविधाओं का सुचारू संचालन सुनिश्चित करेगी। प्रशासन को उम्मीद है कि इन प्रयासों से स्वच्छता लक्ष्य हासिल करने में मदद मिलेगी। शहर के निवासियों के लिए स्वच्छ वातावरण को बढ़ावा मिलेगा। recent visitors 74